Saturday, July 11, 2026 6:35 am

मुस्लिमों को सरकारी ठेकों में आरक्षण देने की मांग आई जरूर है, हालांकि सरकार के पास ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं आया

बेंगलुरु कर्नाटक में एक बड़ा विवाद शुरू हो गया है। इसकी शुरुआत उस रिपोर्ट के बाद हुई जिसमें कहा गया कि सरकारी ठेकों में मुस्लिमों को 4 फीसदी से ज्यादा आरक्षण दिया जा रहा है। हालांकि कुछ घंटों के बाद सरकार की तरफ से बयान आया है, जिसमें कहा गया कि ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं आया है। मुख्यमंत्री ऑफिस की तरफ से जारी बयान में कहा गया कि यह सच है कि मुस्लिमों को सरकारी ठेकों में आरक्षण देने की मांग आई जरूर है। हालांकि सरकार के पास ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं आया है। इससे पहला बताया गया था कि कर्नाटक की कांग्रेस सरकार एक प्रस्ताव पर विचार कर रही है। इसमें मुसलमानों को सरकारी ठेकों में आरक्षण देने पर विचार किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक सिद्दारमैया सरकार विंटर सेशन में इस बारे में बिल भी लाने की तैयारी में है। सूत्रों ने पहले दावा किया था कि एससी और एसटी समुदायों को दिए गए आरक्षण की तर्ज पर निर्माण (सिविल) के लिए पब्लिक कांट्रैक्ट्स में एक करोड़ रुपए तक के निर्माण कार्य में आरक्षण देने का प्रस्ताव है। राज्य सरकार ने पहले ही सरकारी अनुबंधों में एससी/एसटी और कुछ पिछड़े वर्गों को 24 प्रतिशत कोटा प्रदान किया है। वर्तमान में, राज्य में सरकारी ठेकों में 43 प्रतिशत आरक्षण है, इसमें श्रेणी -1 में ओबीसी (4 प्रतिशत) और श्रेणी-2 ए में (15 प्रतिशत)। यदि उक्त प्रस्ताव को मंजूरी दे दी जाती है, तो आरक्षण में मुस्लिम भी शामिल होंगे और आरक्षण की सीमा 47 प्रतिशत तक बढ़ जाएगी। ताजा प्रस्ताव के तहत कैटेगरी 2बी के तहत आने वाले मुस्लिमों को कॉन्ट्रैक्ट में 4 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। सूत्रों ने कहाकि सिर्फ मुस्लिम ही नहीं, अन्य पिछड़ा वर्ग को भी आरक्षण दिया जाएगा। कर्नाटक सरकार को सरकारी अनुबंधों में कुल मिलाकर 47 प्रतिशत आरक्षण होने की संभावना है, जबकि सीमा को बढ़ाकर 2 करोड़ रुपये करने की संभावना है। भाजपा की प्रतिक्रिया भाजपा नेता अमित मालवीय ने इस प्रस्ताव को लेकर सिद्धारमैया सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि धर्म आधारित आरक्षण संविधान की घोर अवमानना है। एक्स पर लिखी पोस्ट में उन्होंने लिखा कि कर्नाटक में सिद्धारमैया प्रशासन निर्माण (सिविल) कार्यों के लिए सार्वजनिक अनुबंधों में मुसलमानों को आरक्षण प्रदान करने के प्रस्ताव का मूल्यांकन कर रहा है। अगर कर्नाटक में मुसलमानों को यह कोटा दिया जाएगा तो किसका हिस्सा कटेगा- एससी, एसटी या ओबीसी? अमित मालवीय ने आगे लिखा कि तेलंगाना में भी, मुसलमानों को 4 फीसदी आरक्षण दिया गया है, जो सामाजिक रूप से पिछड़े समुदायों के लिए निर्धारित हिस्से को खा रहा है। महाराष्ट्र में कांग्रेस के नेतृत्व वाली एमवीए ने अखिल भारतीय उलेमा बोर्ड की जिन्ना जैसी मांग को स्वीकार कर लिया है। यह सब कांग्रेस के लिए मुस्लिम वोटों के बारे में है, जो संविधान की घोर अवमानना है, जो किसी भी धर्म-आधारित आरक्षण को रोकता है। recent visitors 62

यूरोप में भारत का परिष्कृत ईंधन निर्यात बढ़ा, नवंबर में रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा

नई दिल्ली भारत ने रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद से यूरोप को परिष्कृत ईंधन के निर्यात में लगातार वृद्धि की है। यूरोपीय संघ द्वारा रूस से तेल की खरीद पर प्रतिबंध लगाने के बाद, भारत ने यूरोप को परिष्कृत तेल उत्पादों का प्रमुख निर्यातक बनकर उभरते हुए अपनी निर्यात क्षमता को बढ़ाया है। नवंबर में हुआ रिकॉर्ड निर्यात केपलर के आंकड़ों के अनुसार, नवंबर 2024 में भारत से यूरोप को परिष्कृत ईंधन का निर्यात 400,000 बैरल प्रति दिन (बीपीडी) तक पहुंच गया, जोकि अबतक का सबसे उच्चतम स्तर है। यह संख्या 8 नवंबर को अपडेट की गई थी और महीने के अंत में इसे फिर से संशोधित किया जाएगा। इससे पहले अक्टूबर में भारत ने यूरोप को 335,000 बैरल प्रति दिन परिष्कृत ईंधन का निर्यात किया था, जो सितंबर के मुकाबले 59% अधिक था। भारत का परिष्कृत ईंधन निर्यात इस समय विशेष रूप से बढ़ा है क्योंकि सऊदी अरब की यानबू रिफाइनरी नवंबर और दिसंबर में रखरखाव के लिए बंद रहेगी। इसके कारण सऊदी अरब से यूरोप को परिष्कृत ईंधन का निर्यात कम हो जाएगा और भारत से डीजल की निर्यात की मांग बढ़ने की संभावना है। भारत का प्रमुख निर्यातक बनना भारत की रिलायंस जामनगर रिफाइनरी, जो परिष्कृत तेल उत्पादों का प्रमुख निर्माता है, ने यूरोप को बढ़े हुए निर्यात में अहम भूमिका निभाई है। रिलायंस की रिफाइनरी ने अक्टूबर में 335,000 बैरल प्रति दिन और नवंबर में 440,000 बैरल प्रति दिन तक निर्यात भेजने का अनुमान जताया है। रिफाइनरी के बंद होने से बढ़ी मांग यूरोप में रिफाइनरियों के रखरखाव के कारण उत्पादन में कमी आई है, जिससे यूरोप में परिष्कृत तेल उत्पादों की आपूर्ति सीमित हो गई है। साथ ही सर्दियों के मौसम में डीजल की खपत बढ़ने से भारत का निर्यात और अधिक बढ़ा है। भारत मुख्य रूप से यूरोप को डीजल और जेट ईंधन निर्यात करता है। भारत का निर्यात आंकड़ा बता दें कि 2024-25 के पहले 10 महीनों में भारत का यूरोप को ईंधन निर्यात 2,551 हजार बैरल प्रति दिन (केबीडी) रहा, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह आंकड़ा 2,672 केबीडी था। 2022 में यह आंकड़ा 1,459 केबीडी था, जो अब काफी बढ़ चुका है। भारत से यूरोप को निर्यात वहीं भारत ने अक्टूबर में यूरोप को 238,000 बीपीडी डीजल और 81,000 बीपीडी जेट ईंधन निर्यात किया जबकि सितंबर में ये आंकड़े क्रमशः 79,000 बीपीडी डीजल और 131,000 बीपीडी जेट ईंधन के थे। अंत में बता दें कि भारत का परिष्कृत ईंधन निर्यात इस समय यूरोप के लिए एक महत्वपूर्ण स्रोत बन चुका है, और आने वाले महीनों में यह निर्यात और बढ़ने की संभावना है।   recent visitors 111

देहरादून में हुआ भीषण हादसा; छह युवक-युवतियों की मौत

देहरादून. उत्तराखंड के देहरादून में एक सड़क हादसे (Dehradun Car Accident) में छह युवक-युवत‍ियों की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भीषण था क‍ि कार क परखच्‍चे उड़ गए। हादसे में एक शख्‍स घायल भी हुआ है। पुलिस ने कंटेनर को कब्जे में ले लिया है। मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। हादसा कैंट क्षेत्र में ओएनजीसी चौक के पास देर रात हुआ। इनोवा कार पहले कंटेनर और फिर पेड़ से टकरा गई। पुलिस के अनुसार, कार किशननगर चौक से रही थी। ओएनजीसी चौक पर तेज रफ्तार कार ने कंटेनर को टक्कर मारी। कार की टक्‍कर इतनी तेज थी कि कंटेनर के पीछे कार का बोनट ही चिपक गया। इसके बाद कार गलत दिशा में करीब 100 मीटर पर एक पेड़ से टकराई। छह युवक-युवत‍ियों की मौत हादसे में कार के परखच्‍चे उड़ गए। कार सवार छह युवक-युवत‍ियों की मौत हो गई। हादसे में कुछ के शरीर के  चिथड़े उड़ गए। मृतकों की पहचान गुनीत उम्र 19 वर्ष निवासी जीएमएस रोड, कुणाल उम्र 23 वर्ष वर्तमान निवासी राजेन्द्र नगर मूल निवासी चंबा हिमाचल प्रदेश, नव्या गोयल उम्र 23 वर्ष निवासी तिलक रोड, अतुल अग्रवाल उम्र 24 वर्ष निवासी कालिदास रोड, कामाक्षा उम्र 20 वर्ष निवासी कांवली रोड और ऋषव जैन निवासी राजपुर रोड के रूप में हुई है। सिधेश अग्रवाल उम्र 25 वर्ष गंभीर रूप से घायल है। recent visitors 61

मेगा जॉब फेयर/अप्रेंटिसशिप मेला के माध्यम से 669 युवाओं का हुआ प्रारंभिक चयन

युवाओं को मेला के माध्यम से रोजगार, स्वरोजगार उपलब्ध कराने के प्रयास सराहनीय-कुटीर एवं ग्रामोद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल कौशल उन्नयन के माध्यम से सरकार युवाओं का संवार रही भविष्य-कुटीर एवं ग्रामोद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल मेगा जॉब फेयर/अप्रेंटिसशिप मेला के माध्यम से 669 युवाओं का हुआ प्रारंभिक चयन अनूपपुर मध्यप्रदेश शासन के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिलीप जायसवाल ने कहा है कि कौशल उन्नयन के माध्यम से युवाओं को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने का कार्य प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा किया जा रहा है। किताबी ज्ञान के साथ ही युवाओं का कौशल उन्नयन भी आवश्यक है। सरकार द्वारा लगातार इस दिशा में कार्य किया जा रहा है। मध्यप्रदेश शासन के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिलीप जायसवाल शासकीय आईटीआई अनूपपुर परिसर में आयोजित प्रधानमंत्री नेशनल अप्रेन्टिश मेला मेगा जॉब फेयर 2024-25 कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर विंध्य विकास प्राधिकरण के पूर्व उपाध्यक्ष रामदास पुरी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी तन्मय वशिष्ठ शर्मा, एनआरएलएम के जिला परियोजना प्रबंधक शशांक प्रताप सिंह, आईटीआई के प्राचार्य वेद प्रकाश, जिला अग्रणी प्रबंधक सेन्ट्रल बैंक ऑफ इण्डिया अजीत नाम्बियार, जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक आर.एस. डावर, उद्यान विभाग के सहायक संचालक सुभाष चन्द्र श्रीवास्तव, नगर निरीक्षक पुलिस अरविन्द जैन सहित बड़ी संख्या में युवा तथा विभिन्न कम्पनियों के अधिकारी तथा जिले के विभिन्न विभागों के जिला प्रमुख अधिकारी उपस्थित थे। मध्यप्रदेश शासन के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिलीप जायसवाल ने कहा कि मध्यप्रदेश के अंतिम छोर के जिले अनूपपुर में 21 कम्पनियों द्वारा जिले के युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए जो प्रारम्भिक चयन किया गया है। वह युवाओं के भविष्य को गढ़ेगा। उन्होंने शासन के इस प्रयास की सराहना की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सरकार प्रदेश एवं देश को स्वर्णिम बनाने तथा दुनिया का नम्बर एक राष्ट्र बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि जब हमारा देश आजादी का 100 वाँ वर्ष मनाए, तो हम विकसित राष्ट्र की श्रेणी में हों, इस संकल्प के साथ सरकार द्वारा कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हर हाथ को काम, हर खेत को पानी तथा स्वास्थ्य एवं अन्य सुविधाएं सरल, सुलभ हों इस दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने मेगा जॉब फेयर/अप्रेंटिसशिप मेला के आयोजन के लिए जिला प्रशासन को भी धन्यवाद देते हुए युवाओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी। उन्होंने कार्यक्रम में खादी ग्रामोद्योग विभाग द्वारा संचालित स्वरोजगार योजनाओं की जानकारी देते हुए युवाओं का आव्हान किया कि वह विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं का लाभ उठाएं तथा 8 से 50 लाख तक के स्वरोजगार प्रकरण तैयार कर उद्यमशील बनें। उन्होंने युवाओं से खादी ग्रामोद्योग विभाग की योजनाओं का लाभ के लिए जिला पंचायत कार्यालय में स्थापित ग्रामोद्योग प्रकोष्ठ से सम्पर्क करने की अपील की। उन्होंने बताया कि खादी ग्रामोद्योग विभाग अंतर्गत संचालित योजनाओं में 30 से 35 प्रतिशत तक के अनुदान उपलब्ध कराने का प्रावधान रखा गया है। इस अवसर पर विंध्य विकास प्राधिकरण के पूर्व उपाध्यक्ष रामदास पुरी ने कहा कि केन्द्र एवं राज्य की सरकार लोककल्याणकारी कार्यक्रमों के माध्यम से हर जरूरतमंद को रोजगार एवं स्वरोजगार से जोड़ने के लिए कार्य कर रही है। उन्होंने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के संबंध में भी प्रकाश डाला तथा केन्द्र एवं राज्य सरकार के सद्प्रयासों की सराहना की। मेले में 21 कंपनियों के अंतर्गत रोजगार हेतु इच्छुक 1234 युवक-युवतियों ने अपना पंजीयन कराया, जिनमें से 669 युवक-युवतियों को प्रारंभिक चयन का जॉब आफर लेटर प्रदान किया गया। कार्यक्रम का संचालन एनआरएलएम के जिला प्रबंधक दीपक मोदनवाल द्वारा किया गया। मंत्री ने मौके पर वितरित किए हितलाभ व जॉब ऑफर लेटर   प्रधानमंत्री नेशनल अप्रेन्टिश मेला मेगा जॉब फेयर 2024-25 कार्यक्रम के अवसर पर मध्यप्रदेश शासन के कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दिलीप जायसवाल ने हितलाभ का वितरण किया। जिसमें लर्नेट स्किल्स अनूपपुर के लिए श्यामकली सिंह, पूनम चावले, एसआईएस अनूपपुर के लिए रोहित कुमार सिंह, गणेश सिंह, शिवशंकर सिंह, धर्मेन्द्र सिंह, न्यूट्रीएन्टी क्राप प्राईवेट लिमि. बिलासपुर के लिए विपांशु महरा, पीएमकेयूवाई अनूपपुर के लिए नीतीश कुमार सिंह, संदीप भगाड़े, टाटा मोटर्स के लिए 8 लोगों को, टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए 3, मदर्सन गुजरात के लिए 3, निवास कम्पनी के लिए 3, एफआईएटी के लिए 01, सागर मैन्यूफैक्चुरर के लिए 01 युवा को प्रारंभिक चयन के प्रमाण पत्र दिए गए। इसी तरह आजीविका मिशन के स्वसहायता समूह फुनगा, आमाडांड़, बिजुरी, बसनिहा, वेंकटनगर, जैतहरी, अनूपपुर के 48 प्रकरणों में सीसीएल राशि 01 करोड़ 22 लाख का चेक प्रदान किया गया। कार्यक्रम में उद्योग विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के रिटेल ट्रेड हेतु पुष्पेन्द्र त्रिपाठी अनूपपुर, संजय सोनकर अनूपपुर को चेक प्रदान किया गया। पशुपालन विभाग दीनदयाल राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया। recent visitors 100

विधानसभा चुनाव में सबसे रोचक लड़ाई बारामती सीट पर, अजित पवार के लिए इस चुनाव में बहुत कुछ दांव पर

महाराष्ट्र महाराष्ट्र में इस बार विधानसभा चुनाव काफी दिलचस्प हो गए हैं। कई सीटों पर रिश्तेदार आमने-सामने हैं। इसमें भी सबसे रोचक लड़ाई बारामती सीट पर है, जहां डिप्टी सीएम अजित पवार का मुकाबला अपने भतीजे युगेंद्र से है। छह बार के विधायक और पिछले चुनाव में 1 लाख 69 हजार वोटों से जीते अजित के लिए यह चुनाव काफी आसाना होना चाहिए था। लेकिन युगेंद्र पवार के सामने आ जाने से बारामती में फाइट बिल्कुल टाइट है और अजित पवार के लिए करो या मरो के हालात बन गए हैं। गौरतलब है कि लोकसभा चुनाव में अजित यहां मुंह की खा चुके हैं। तब उन्होंने सुप्रिया सुले के खिलाफ अपनी पत्नी को मैदान में उतारा था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। दांव पर बहुत कुछ अजित पवार के लिए इस चुनाव में बहुत कुछ दांव पर लगा हुआ है। पहले ही झटके खा चुके अजित अगर यहां हार जाते हैं उनकी सियासत ढलान की तरफ जाने लगेगी। इसकी झलक लोकसभा चुनाव में भी दिख चुकी है, जहां सुप्रिया सुले ने अजीत पवार की विधानसभा में भी अच्छी-खासी बढ़त बनाई थी। लोकसभा चुनाव में पत्नी की हार से अजित काफी दुखी थे। उन्होंने फैसला कर लिया था कि अब वह बारामती से कभी चुनाव नहीं लड़ेंगे, क्योंकि लोगों ने उनका काम पसंद नहीं किया। इसके बाद अजित के छोटे बेटे जय पवार को युगेंद्र के सामने उतारने की योजना बनी थी। लेकिन पार्टी द्वारा हुए दो सर्वे में इस बात के संकेत मिले थे कि जय पवार के सामने युगेंद्र बड़ी आसानी से जीत जाएंगे। बदली है रणनीति इस चुनाव में अजित पवार ने अपनी रणनीति भी बदली है। अब वह लोगों के बीच अधिक मुस्कुराते हैं। इतना ही नहीं, अजित ने अपना पहनावा भी बदला है। अब अजित पवार गुलाबी कपड़े पहनने पर अधिक जोर दे रहे हैं। हालांकि इसके बावजूद उनके लिए यह चुनाव आसान नहीं होने जा रहा है। वैसे तो अजित पवार की फैन फॉलोविंग बारामती में काफी है, लेकिन यह शहरी क्षेत्र में ज्यादा है। बारामती शहर के तमाम युवा और व्यवसायी अजित को ही वोट देने की बात कहते हैं। वहीं, तमाम लोगों का यह भी मानना है कि अजित पवार ने बारामती के लिए बहुत कुछ किया है। युगेंद्र पर शरद पवार का वरदहस्त दूसरी तरफ युगेंद्र के पक्ष में सबसे बड़ी बात उनके ऊपर शरद पवार का वरदहस्त होना है। इसके चलते लोग युगेंद्र को अधिक गंभीरता से ले रहे हैं। शरद पवार ने भी यह स्पष्ट संकेत दिया है कि यह चुनाव युगेंद्र बनाम अजित पवार नहीं, बल्कि शरद पवार बनाम अजित पवार है। युगेंद्र के नामांकन के दिन भी यह स्पष्ट नजर आया था। शरद पवार नामांकन के वक्त युगेंद्र के साथ मौजूद थे। जबकि लोकसभा चुनाव में जब उनकी बेटी सुप्रिया नामांकन करने गई थीं तब शरद पवार नहीं थे। शहरी वोटर बनाम ग्रामीण वोटर यह बात स्पष्ट है कि इस चुनाव में परिणाम शहरी वोटर बनाम ग्रामीण वोटर से तय होगा। वोटरों को लुभाने के लिए अजित का परिवार भी मैदान में हैं। जहां पत्नी सुनेत्रा गांव के लोगों से बात कर रही हैं, वहीं बेटा जय भी मैदान में पूरी तरह से सक्रिय है। इसके अलावा अजित खुद बारामती के 59 गांवों की यात्रा पर निकले हुए हैं। अजित पवार लोगों से यह भी कह रहे हैं कि लोकसभा में ताई यानी सुले को जिताया तो अब विधानसभा में दादा यानी मुझे जिताएं। उन्हें यह भी उम्मीद है कि महायुति सरकार की लड़की बहिन योजना उनके पक्ष में काम करेगी। ऐसा होने पर इस विधानसभा क्षेत्र की 1.87 लाख महिला वोटर उनके लिए वोट कर सकती हैं। recent visitors 92

उज्जैन में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का रेड कार्पेट स्वागत, राज्यपाल और सीएम ने किया अभिनंदन

Red carpet welcome of Vice President Jagdeep Dhankhar in Ujjain, Governor and CM congratulated उज्जैन। भारत के उप राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ आज मध्य प्रदेश की धर्म नगरी उज्जैन पहुंचे। यहां उनके स्वागत के लिए हैलीपेड पर रेड कार्पेट बिछाया गया। उज्जैन आगमन पर राज्यपाल मंगुभाई पटेल, सीएम डॉ. मोहन यादव ने उनका पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत किया। इस दौरान कौशल विकास व रोजगार एवं प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल और पर्यटन एवं धार्मिक न्यास राज्यमंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी भी मौजूद रहे। उप राष्ट्रपति जगदीप धनखड़ इसके बाद कालिदास संस्कृत अकादमी में आयोजित ’66वें अखिल भारतीय कालिदास समारोह की अध्यक्षता करने पहुंचे। इस दौरान उनके साथ मुख्यमंत्री डॉ. यादव भी मौजूद थे। बता दें कि समारोह का शुभारंभ शाम 4 बजे से हो गया है। सांस्कृतिक कार्यक्रम शाम 7 बजे से प्रस्तुत किए जायेंगे। बुधवार 13 नवम्बर को सुबह 10 बजे महाकवि कालिदास के साहित्य में पंच महाभूत विमर्श पर आधारित राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी का प्रथम सत्र, दोपहर 2 बजे विक्रम विश्वविद्यालय के अंतर्गत राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी और शाम 5 बजे पंडित सूर्यनारायण व्यास व्याख्यान माला का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद शाम 7 बजे शास्त्रधर्मी शैली पर आधारित तथा पारम्परिक शैली सेअनुप्रेरित नृत्य नाटिका का प्रस्तुतिकरण होगा। इसके पहले सोमवार को मंगल कलश यात्रा निकाली गई और कालिदास अकादमी में नान्दी-भक्ति संगीत का कार्यक्रम हुआ। recent visitors 157

उज्जैन में 66वें अखिल भारतीय कालिदास समारोह का शुभारंभ उप राष्ट्रपति जगदीश धनखड़ ने किया

उज्जैन उज्जैन में 66वें अखिल भारतीय कालिदास समारोह का शुभारंभ उप राष्ट्रपति जगदीश धनखड़ ने किया। उन्होंने अलग-अलग क्षेत्रों के कलाकारों को कालिदास राष्ट्रीय अलंकरण सम्मान दिए। उन्होंने जय महाकाल ने अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि भारत जैसा कोई दूसरा देश नहीं है, जहां ऐसी सांस्कृतिक विरासत हो। जो देश और समाज अपनी संस्कृति और सांस्कृतिक धरोहर को संभालकर नहीं रखता, वो ज्यादा दिन नहीं टिकता है। उपराष्ट्रपति ने जय महाकाल कहकर ही भाषण समाप्त किया। अखिल भारतीय कालिदास समारोह के शुभारंभ से पहले बच्चों ने सांस्कृतिक प्रस्तुति दी।मंच पर उनके साथ राज्यपाल मंगूभाई पटेल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव , संस्कृति, पर्यटन एवं धार्मिक न्यास राज्य मंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी, कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री व उज्जैन जिले के प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल मौजूद हैं। सारस्वत अतिथि रामजन्म भूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास अयोध्या के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंददेव गिरी जी महाराज भी आए हुए है।। इन लोगों को दिया गया राष्ट्रीय अलंकरण सम्मान     शास्त्रीय संगीत: पुणे के पं. उदय भवालकर, मुंबई के पं. अरविंद पारीख     शास्त्रीय नृत्य: मुंबई की डॉ. संध्या पुरेचा, मणिपुर की गुरु कलावती देवी     रूपंकर कला: दिल्ली के पीआर दारोच, मैसूर के रघुपति भट्ट     रंगकर्म: राजस्थान के भानु भारती, कोलकाता के रुद्र प्रसाद सेनगुप्ता     राष्ट्रीय कालिदास श्रेष्ठ कृति अलंकरण: इंदौर के आचार्य मिथिलाप्रसाद त्रिपाठी     प्रादेशिक भोज श्रेष्ठ कृति अलंकरण: ग्वालियर के आचार्य बालकृण शर्मा 7 दिन तक चलेगा समारोह 7 दिन तक चलने वाले समारोह का समापन 18 नवंबर को होगा। इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। राष्ट्रीय स्तर की कालिदास चित्र और मूर्तिकला प्रदर्शनी लगाई गई है। प्रदर्शनी सुबह 10 बजे से रात 8 बजे तक देख सकेंगे। recent visitors 204