सीएम धामी आज अनुसूचित जाति सम्मेलन को करेंगे संबोधित

देहरादून. विधानसभा की केदारनाथ सीट के उपचुनाव के लिए भाजपा अब चुनावी माहौल गरमाने जा रही है। इस कड़ी में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मंगलवार को चंद्रापुरी में अनुसूचित जाति सम्मेलन को संबोधित करने के साथ ही पार्टी प्रत्याशी के समर्थन में जनसंपर्क भी करेंगे। यही नहीं, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट भी 15 नवंबर तक केदारघाटी के चुनावी दौरे पर रहेंगे। इस बीच राज्य सरकार के मंत्रियों समेत स्टार प्रचारकों की भी ताबड़तोड़ सभाओं के कार्यक्रम निर्धारित किए गए हैं। भाजपा के लिए केदारनाथ सीट का उपचुनाव उसकी प्रतिष्ठा से जुड़ा है और उसके सामने अपनी इस सीट को बचाए रखने की चुनौती है। इसे देखते हुए भाजपा संगठन व सरकार दोनों ही मोर्चे पर डटे हैं। अब जबकि मतदान की तिथि नजदीक आ रही है तो भाजपा अपने चुनाव अभियान को और तेज करने जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चंद्रापुरी में होने वाले अनुसूचित जाति सम्मेलन से हुंकार भरेंगे। धामी के अलावा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भी सम्‍मेलन को करेंगे संबोधि‍त भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने बताया कि सम्मेलन में मुख्यमंत्री धामी के अलावा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट भी संबोधित करेंगे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भट्ट 15 नवंबर तक क्षेत्र के विभिन्न गांवों में जनसंपर्क करने के साथ ही 14 नवंबर को गोचर मेले में शामिल होंगे। माइक्रो प्रोग्राम और बूथ मैनेजमेंट की रणनीति चौहान ने बताया कि उपचुनाव में माइक्रो प्रोग्राम और बूथ मैनेजमेंट की रणनीति पर पार्टी कार्य कर रही है। इसके तहत बड़े कार्यक्रमों व सम्मेलन के अलावा बूथ इकाइयों की सक्रियता और घर-घर संपर्क समेत छोटे-छोटे कार्यक्रमों पर जोर दिया जा रहा है। recent visitors 74

अमित शाह ने कहा सत्ता में आने पर महिलाओं की संपत्ति का पंजीकरण एक रुपए में होगा, मोदी की गारंटी पत्थर पर लकीर

झरिया केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने झारखंड के झरिया विधानसभा में जनसभा को संबोधित करते हुए कई बड़े ऐलान किए। इसमें उन्होंने संपत्ति पर पंजीकरण से जुड़ा ऐलान भी किया। अमित शाह ने कहा कि सत्ता में आने पर महिलाओं की संपत्ति का पंजीकरण एक रुपए में होगा। इसके अलावा भी उन्होंने कई बाते कहीं। अमित शाह बोले, मैं आज ये कहने आया हूं कि नरेंद्र मोदी की गारंटी पत्थर पर लकीर होती है। ये एक-एक गारंटी को पूरा करने का काम हम करेंगे। संपत्ति खरीदने से जुड़ा ऐलान अमित शाह ने कहा कि जब यहां बीजेपी की सरकार थी तो बहनों को 50 लाख तक की संपत्ति खरीदने पर सिर्फ एक रुपया स्टांप ड्यूटी देनी होती थी, लेकिन इन लोगों ने बंद कर दी। अमित शाह ने ऐलान करते हुए कहा कि हम स्टांप ड्यूटी को फिर से लागू करने का काम करेंगे। संपत्ति खरीदने से जुड़ी एक रुपया योजना फिर से लागू होगी। गोगो दीदी योजना और मुफ्त गैस सिलेंडर हमने कहा है कि गोगो दीदी योजना के तहत 2100 रुपया आपके बैंक अकाउंट में हर महीना जमा होगा। देश में कितना भी गैस के सिलेंडरा का भाव हो, आपको अपने यहां 500 रुपए से ज्यादा दाम गैस सिलेंडर के लिए नहीं चुकाना होगा। और हर दिवाली और रक्षाबंधन को दो गैस के सिलेंडर मुफ्त में देने का काम बीजेपी की सरकार करेगी। बेरोजगारी भत्ता देने का किया ऐलान इसके साथ ही हेमंत सरकार पर हमला भी बोला। उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन ने वादा किया था कि हम युवाओं को बेरोजगारी भत्ता देंगे, इसके बाद उन्होंने सभा में मौजूद लोगों से पूछा कि क्या आप लोगों को बेकारी भत्ता मिला? इसके बाद उन्होंने कहा कि हमारी दीदी को जिताकर ला दो, आपको हर महीना दो हजार रुपए का चेक मिलेगा। इसके साथ ही अमित शाह ने वर्तमान सरकार को आड़े हाथों भी लिया। recent visitors 87

हिन्दी के प्रसिद्ध साहित्यकार गजानन माधव मुक्तिबोध की जयंती पर मुख्यमंत्री साय ने किया नमन

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने हिन्दी के प्रसिद्ध साहित्यकार श्री गजानन माधव मुक्तिबोध की 13 नवम्बर को जयंती पर उन्हें नमन किया है। श्री साय ने कहा कि हमारे लिए यह गर्व की बात है कि हिन्दी साहित्य के सशक्त हस्ताक्षर और इस युग के महान कवि गजानन माधव मुक्तिबोध जी की कर्मभूमि छत्तीसगढ़ की संस्कारधानी राजनांदगांव रही है।कवि, आलोचक, निबंधकार, कहानीकार तथा उपन्यासकार के रूप में उन्होंने अमूल्य साहित्य की रचना की है। उन्हें आधुनिक हिंदी कविता के अग्रदूतों में से एक माना जाता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गजानन माधव मुक्तिबोध को स्मरण करते हुए कहा है कि मुक्तिबोध जी ने साहित्य की अनेक विधाओं में अपनी लेखनी से अमिट छाप छोड़ी है। recent visitors 118

ऐप को डिलीट करने के बाद भी रह जाती है आपकी पर्सनल इनफार्मेशन

आजकल सभी के स्मार्टफोन में तमाम तरीके के ऐप भरे रहते हैं, कुछ तो उन्होंने अपने काम करने के लिए इंस्टॉल किया होता है लेकिन बहुत सारे ऐसे ऐप होते हैं जो बेवजह ही आपके फोन में रहते हैं और आपको इसका पता भी नहीं रहता है। इसके अलावा बहुत सारे ऐसे ऐप होते हैं जिन्हें आप वन टाइम इस्तेमाल के लिए इंस्टॉल करते हैं और उसको अनइनस्टॉल भी कर दिए होते हैं, लेकिन यहां इस लेख में हम इस बात का जिक्र करने जा रहे हैं कि आपने जिन वन टाइम इस्तेमाल वाले ऐप को अनइनस्टॉल कर दिया है, उनके पास आपकी कुछ जरूरी इंफॉर्मेशन जैसे आपकी लोकेशन, आपका एड्रेस, आपका मोबाइल नंबर, आपका जीमेल, नंबर सोशल मीडिया फाइल एक्सेस की परमिशन आदि इनफॉरमेशन उसे अप में सेफ रहती है। तो अनइनस्टॉल होने के बाद भी उस ऐप में आपके इंफॉर्मेशन सेफ है और किस तरीके से आप इस ऐप से अपने इनफॉरमेशन को लॉगआउट कर पाएंगे यही इस आर्टिकल के माध्यम से हम आपको बताने की कोशिश कर रहे हैं। आईए जानते हैं क्या है वह स्टेप जिससे आप किसी भी अननोन ऐप से अपनी इंफॉर्मेशन को हटा सकते हैं। – सबसे पहले आपको अपने फोन की सेटिंग में जाना है और इसे ओपन करना है। – इसके बाद आपको गूगल सर्विसेज का ऑप्शन दिखाई देगा, वहां पर क्लिक करके आपको मैनेज योर अकाउंट पर जाना है। – यहां से आपको डाटा एंड प्राइवेसी का ऑप्शन दिखाई देगा और इसी के नीचे आपको हिस्ट्री सेटिंग दिखाई देगी। – हिस्ट्री सेटिंग का ऑप्शन क्लिक करते ही आपको वेब एंड एक्टिविटी का ऑप्शन दिखाई देगा। – इस पर क्लिक करते ही आपके सामने उन सभी ऐप्स की पूरी लिस्ट आ जाएगी जिनके पास आपका लोकेशन समेत अन्य इनफॉरमेशन को एक्सेस है। – ऐसे में आप जिन भी वेबसाइट से अपनी इनफॉरमेशन हटाना चाहते हैं आप उस पर क्लिक करें और वहां से अपनी इंफॉर्मेशन को आसानी से डिलीट कर सकते हैं।   recent visitors 116

राज्य सरकार ने वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत पीवीटीजी की बसाहटों का भी संरक्षण किया

भोपाल जनजातीय कार्य, लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन एवं भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत पीवीटीजी की बसाहटों का भी संरक्षण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा डिण्डोरी जिले की 7 एवं मंडला जिले की 14, कुल 21 बैगा जनजाति बहुल बसाहटों के हेबिटेट राइट को मान्यता दे दी गई है। इसी प्रकार छिंदवाड़ा जिले में 12 भारिया जनजाति बहुल बसाहटों के हेबिटेट राइट को भी मान्यता प्रदान कर दी गई है। पर्यावास अधिकार (हेबिटेट राइट) मिलने से आशय यह है कि इस विशेष अधिकार से पिछड़ी जनजातियों को उनकी पारम्परिक आजीविका स्त्रोत और पारिस्थितिकीय ज्ञान को सुरक्षित रखने में भरपूर मदद मिलेगी। ये अधिकार इन पीवीटीजी समुदायों को खुद के विकास के लिए शासकीय योजनाओं और विकास नीतियों/कार्यक्रमों तक पहुंचने के लिए सशक्त बनाते हैं। जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. शाह ने बताया कि हैबिटेट राइट्स की मान्यता मिलने के बाद ये पिछड़ी जनजातियां अपने जीवन में एक सकारात्मक बदलाव ला रही है। अब वे अपने परम्परागत जंगलों में अपनी आजीविका को बेहतर तरीके से चला रही हैं और अपनी आने वाली पीढ़ियों को यह धरोहर के रूप में भी सौंप सकते हैं। हेबिटेट राइट मिलने से ये जनजातियां अब न केवल अपने जल, जंगल, जमीन, जानवर का संरक्षण करने के लिए सक्षम हुए हैं, बल्कि अपनी पारम्परिक कृषि, औषधीय पौधों, जड़ी-बूटियों के संरक्षण और प्राकृतिक संसाधनों के यथा आवश्यकतानुसार उपयोग को लेकर भी स्वायत्त धारणाधिकारी (स्वतंत्र) हो गई हैं। उल्लेखनीय है कि प्रदेश के सुदूर वन क्षेत्रों में बसीं बैगा और भारिया जनजातियां लंबे समय से जंगलों और पहाड़ियों में अपनी परम्परागत जीवन शैली जीने की आदी हैं। पहले इन जनजातियों के पास न तो अपनी जमीन का अधिकार था, न ही जंगल पर अपना नियंत्रण। यही उनकी संस्कृति और अस्तित्व के लिए एक बड़ा अवरोध था। बैगा और भारिया जनजातियां मध्यप्रदेश की विशेष रूप से पिछड़े एवं कमजोर जनजातियों (पीवीटीजी) में आती हैं। इनकी जीवन शैली पूरी तरह से प्रकृति पर निर्भर करती है। इनके लिए जंगल केवल जीविका का साधन नहीं है, बल्कि यह उनकी परंपराओं, रीति-रिवाजों, और पहचान का अभिन्न हिस्सा है। ये समुदाय सरकार से अपने जंगल और जीवन पर अधिकार की सुरक्षा और अपनी देशज पुरा संस्कृति की सुरक्षा की मांग कर रहे थे। सरकार ने इनकी इस मांग को गंभीरता से लिया और 21 बैगा बसाहटों तथा 12 भारिया बसाहटों के पर्यावास अधिकार (हैबिटेट राइट्स) को मान्यता प्रदान कर दी। हैबिटेट राइट केवल एक कानूनी अधिकार ही नहीं है, बल्कि इन पीवीटीजी की मूल पहचान और प्राकृतिक संस्कृति को बचाने की दिशा में सरकार का एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम साबित हो रहा है।   recent visitors 78

कार्तिक माह का अंतिम प्रदोष व्रत कब मनाएं? जानिए महत्व, शुभ मुहूर्त

रायपुर प्रदोष व्रत हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण उपवास है, जो हर महीने के कृष्ण और शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है। यह व्रत विशेष रूप से भगवान शिव की पूजा के लिए समर्पित होता है। प्रदोष व्रत के दौरान व्रति उपवासी रहकर पूजा, उपासना और मंत्र जाप करते हैं, जिससे जीवन में सुख, समृद्धि और मोक्ष की प्राप्ति होती है। कार्तिक प्रदोष व्रत का विशेष महत्व होता है। ऐसे में क्या आप जानते हैं कि कार्तिक माह का आखिरी प्रदोष व्रत कब पडऩे वाला है।   कार्तिक महीने का प्रदोष महत्वपूर्ण होता है, क्योंकि 4 महीने के लिए योग निद्रा में जाने से पहले भगवान विष्णु सृष्टि के संचालन की जिम्मेदारी महादेव को देते हैं। ऐसे में कार्तिक शुक्ल एकादशी पर यह भार महादेव फिर से भगवान विष्णु पर डाल देते हैं। ऐसे में यह पहला और कार्तिक माह का आखिरी प्रदोष व्रत होता है। हिंदू पंचाग की मानें तो कार्तिक माह का आखिरी प्रदोष व्रत 13 नवंबर को मना जाएगा। इसका समापन 14 नवंबर को हो जाएगा। ऐसे में आप प्रदोष व्रत का उपवास बुधवार के दिन रख सकते हैं। कार्तिक शुक्ल त्रयोदशी का आरंभ: 13 नवंबर दोपहर 01 बजकर 01 मिनट कार्तिक शुक्ल त्रयोदशी का समापन: 14 नवंबर सुबह 09 बजकर 43 मिनट recent visitors 92

एक बार फिर से देखीं डीएम और एसएसपी ने शहर की व्यवस्थाएं

देहरादून. जिलाधिकारी सविन बंसल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह 15 सितंबर के बाद एक बार फिर बुलेट पर सवार हुए और शहर की नब्ज टटोली। इस बार भी उन्होंने स्वयं मोटरसाइकिल थामी और पीछे एसएसपी को बैठाया। जिलाधिकारी (डीएम) और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) के काफिले ने शहर के बड़े हिस्से का भ्रमण कर सड़कों पर यातायात व्यवस्था, अतिक्रमण, पार्किंग, सुंदरीकरण, ड्रेनेज और चौराहों की दशा का जायजा लिया। इसके साथ ही महिला सुरक्षा और सुविधा के दृष्टिगत पिंक बूथ और पिंक टायलेट निर्माण की संभावनाओं को भी टटोला। सोमवार को जिलाधिकारी सविन बंसल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह का काफिला घंटाघर से रवाना हुआ। यहां से अधिकारी एमकेपी चौक, आराघर होते हुए रिस्पना पुल पहुंचे। इसके बाद हरिद्वार बाईपास रोड पर कारगी चौक, आइएसबीटी का निरीक्षण करते हुए लालपुल, सहारनपुर चौक और प्रिंस चौक तक का जायजा लिया गया। इस दौरान विभिन्न स्थलों पर जिलाधिकारी ने अन्य विभागों के अधिकारियों के साथ विभिन्न व्यवस्था को लेकर विचार विमर्श किया और बेहतरी के प्रस्ताव मांगे। शहर भ्रमण के दौरान सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यूष सिंह, एसपी ट्रैफिक मुकेश कुमार समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल रहे। तीन जगह पिंक बूथ और एक स्थल पर बनेगा पिंक टॉयलेट अपने पिछले शहर भ्रमण में जिलाधिकारी ने पलटन बाजार में महिला सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए सीएनआइ कालेज चौक पर पिंक बूथ का निर्माण करवाया था। साथ ही पलटन बाजार क्षेत्र में 15 से अधिक उच्च क्षमता वाले सीसीटीवी कैमरे लगाने का कार्य भी गतिमान है। अब जिलाधिकारी शहर के बाकी हिस्सों में भी महिला सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गांधी पार्क, एमकेपी चौक और लालपुल पर पिंक बूथ की संभावना देखी। साथ ही लालपुल पर पुलिस बूथ पर पिंक टॉयलेट के निर्माण के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि पुलिस प्रस्ताव बनाकर दे और शीघ्र बज्र स्वीकृत किया जाएगा। जलभराव के तीन स्थलों का होगा समाधान, मांगे प्रस्ताव जिलाधिकारी के संज्ञान में आया कि रिस्पना पुल, प्रिंस चौक और आइएसबीटी पर वर्षाकाल में जलभराव की समस्या बढ़ जाती है। जनता को इस समस्या से निजात दिलाने के लिए जिलाधिकारी ने लोनिवि और राजमार्ग के अधिकारियों से प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा। ताकि अगले मानसून सीजन से पहले समस्या को दूर किया जा सके। आईएसबीटी पर विकट होते हैं हालात मानसून सीजन में शहर का प्रवेश स्थल आईएसबीटी पानी-पानी नजर आता है। आईएसबीटी फ्लाईओवर की एक सर्विस लेन (देहरादून शहर की तरफ वाली) की हालत स्विमिंग पूल जैसी नजर आती है। यहां सुधार के अब तक जो भी प्रयास किए गए, वह असफल साबित हुए। क्योंकि, यहां न सिर्फ सर्विस लेन संकरी है, बल्कि नाले का आकार छोटा है। जिसके चलते इस भाग पर पानी ओवरफ्लो होकर सड़क पर आ जाता है। इससे निजात पाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग खंड देहरादून ने बीते वर्ष 27 करोड़ रुपए का प्रस्ताव तैयार किया था, लेकिन भी नहीं मिल पाया। जलभराव की समस्या के लिए होगा निदान यहां पर जब तक नाले का आकार नहीं बढ़ा दिया जाता, तब तक जलभराव से पूरी तरह निजात मिल पाना संभव नहीं है। इसके लिए सर्विस लेन को चौड़ा कर नाले को भी भीतर की तरफ शिफ्ट करना पड़ेगा। भीतर की तरफ ऊर्जा निगम का बिजली घर है और तमाम भूमिगत लाइनें भी हैं। लिहाजा, ऊर्जा निगम की जमीन का अधिग्रहण करना पड़ेगा। इसी तरह मोहब्बेवाला की तरफ राजा राम मोहन राय एकेडमी की भूमि के भी कुछ हिस्से के अधिग्रहण की जरूरत पड़ेगी। यह कार्य दो चरणों में किया जा सकता है। लिहाजा, इस प्रस्ताव पर आगे बढ़ने के लिए करीब 27 करोड़ रुपए के बजट की जरूरत पड़ेगी। इसलिए नाले को चौड़ा करना जरूरी वर्तमान में जो नाला सर्विस रोड से गुजर रहा है, उसका आकार 01 गुणा 01 मीटर है। अधिकारियों के मुताबिक इस नाले का निर्माण करीब 15 साल पहले किया गया था। इस अवधि में ने सिर्फ शहर का घनत्व बढ़ा है, बल्कि नाले में पानी का प्रवाह भी बढ़ा है। इसलिए नाले का आकार अब कम से कम 1.5 गुणा 1.5 मीटर करना होगा। आइएसबीटी चौक होगा चौड़ा, जमीन का होगा अधिग्रहण आइएसबीटी चौक पर जिस तरह चौतरफा वाहनों का दबाव देखने को मिलता है, उसके हिसाब से इसकी चौड़ाई अपर्याप्त नजर आती है। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी सविन बंसल ने भी इस बात को महसूस किया। उन्होंने लोनिवि और राजमार्ग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह चौक क्षेत्र में जहां भी चौड़ीकरण के लिए जमीन अधिग्रहण की जरूरत है, उसका प्रस्ताव तैयार किया जाए। पूर्व में भी इस तरह की बात आई थी, लेकिन बात चर्चा तक सीमित रह गई। तब राजमार्ग देहरादून खंड के अधिकारियों ने आइएसबीटी क्षेत्र में सुगम यातायात के लिए दूसरी तरफ की सर्विस लेन से लगी दुकानों को शिफ्ट करने की आवश्यकता पर बल दिया था। ताकि यहां से बाईपास रोड के विकल्प पर आगे बढ़ा जा सके। recent visitors 77