IPL 2025 Mega Auction: केएल राहुल, मैक्सवेल, रचिन रवींद्र, एडन मार्करम और मिचेल मार्श को नहीं मिला उम्मीद के मुताबिक रकम

मुंबई आईपीएल 2025 मेगा ऑक्शन में करोड़ों रुपये पानी की तरह बह रहे हैं. लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) ने ऋषभ पंत को 27 करोड़ रुपये में खरीद कर इंडियन प्रीमियर लीग इतिहास का सबसे महंगा प्लेयर बना दिया है. उनके अलावा श्रेयस अय्यर पर लगी 26.75 करोड़ की बोली ने सनसनी मचा दी है, उन्हें पंजाब किंग्स ने खरीदा है. मगर नीलामी में अब तक कुछ ऐसे नाम भी हैं, जो बहुत महंगे बिक सकते थे लेकिन टीमों ने उन्हें बहुत सस्ते में खरीद कर खुद को बंपर फायदा पहुंचाया है. 1. केएल राहुल – 14 करोड़ (दिल्ली कैपिटल्स) केएल राहुल को आईपीएल 2024 के बाद लखनऊ सुपरजायंट्स ने रिलीज किया था. वो कप्तान रहे हैं, विश्व-स्तरीय विकेटकीपर हैं और एक टॉप बल्लेबाज भी हैं. इतनी प्रतिभाओं को देखते हुए उनपर बोली कम से कम 20-25 करोड़ जाने की उम्मीद की जा रही थी. मगर दिल्ली कैपिटल्स ने उन्हें महज 14 करोड़ रुपये में खरीद कर काफी बढ़िया खरीद को अंजाम दिया है. 2. ग्लेम मैक्सवेल – 4.20 करोड़ (पंजाब किंग्स) ग्लेन मैक्सवेल साल 2020 से RCB के लिए खेल रहे थे और पिछला सीजन खेलने के लिए उन्हें 11 करोड़ रुपये की सैलरी मिली थी. लेकिन इस बार पंजाब किंग्स ने उन्हें महज 4.20 करोड़ रुपये में खरीद लिया है. मैक्सवेल आखिरी बार साल 2017 में पंजाब के लिए खेलते दिखे थे. 3. रचिन रवींद्र – 4 करोड़ (CSK) रचिन रवींद्र ने पिछले सीजन चेन्नई सुपर किंग्स के लिए खेलते हुए अपना आईपीएल डेब्यू किया था. पिछले सीजन उन्होंने 10 मैचों में CSK के लिए 222 रन बनाए थे. वो अपने 160 से अधिक स्ट्राइक रेट की वजह से चर्चाओं में आए थे. रवींद्र के इंटरनेशनल क्रिकेट में बढ़ते कद को देखते हुए 4 करोड़ रुपये की रकम बेहद कम दिखाई पड़ती है. 4. एडन मार्करम – 2 करोड़ (LSG) एडन मार्करम दक्षिण अफ्रीकी टीम के मौजूदा कप्तान हैं. उन्हें लखनऊ सुपर जायंट्स ने उनके बेस प्राइस यानी 2 करोड़ रुपये में खरीदा है. मार्करम आईपीएल में सनराइजर्स हैदराबाद की कप्तानी भी कर चुके हैं और उनका क्रिकेट आईक्यू लाजवाब है. इसके बावजूद उनपर किसी ने 2 करोड़ रुपये से अधिक बोली नहीं लगाई. 5. मिचेल मार्श – 3.40 करोड़ (LSG) मिचेल मार्श बैटिंग में बड़े-बड़े हिट लगाने के लिए मशहूर हैं और गेंदबाजी से भी निरंतर विकेट चटकाते आए हैं. उन्होंने अपने आईपीएल करियर में 666 रन और 37 विकेट लिए हैं. पिछला सीजन खेलने के लिए उन्हें DC ने 6.50 करोड़ रुपये की सैलरी दी थी, लेकिन इस बार लखनऊ ने उन्हें 3.40 करोड़ की रकम देकर सस्ते में खरीदा है. recent visitors 145

ग्रामीण इलाके में पहुंचा 35 हाथियों का दल, हाथी जिले के लुण्ड्रा ब्लॉक के कछार गांव के जंगलों में घूम रहे हैं, जागने पर लोग मजबूर

सरगुजा छत्तीसगढ़ के सरगुजा में 35 हाथियों का दल फिर से ग्रामीण इलाके में पहुंच गया है. ये हाथी जिले के लुण्ड्रा ब्लॉक के कछार गांव के जंगलों में घूम रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. हाथियों के डर से ग्रामीण कड़कड़ाती ठंड के बीच पूरी रात जगराता करने को मजबूर हैं. वहीं वन अमला ग्रामीणों को हाथियों से दूर रहने और सतर्क रहने के लिए अपील कर रहा है. फसलों को पहुंचा रहे नुकसान बता दें, हाथियों का यह दल क्षेत्र में टमाटर और धान की फसलों को नुकसान पहुंचा रहा है, जिससे किसानों की मेहनत पर पानी फिर रहा है. ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल मदद की मांग की है. बता दें, सरगुजा में हाथियों का आतंक कोई नई बात नहीं है, लेकिन ठंड के इस मौसम में यह समस्या ग्रामीणों के लिए बड़ी मुसीबत बन गई है. वहीं और वन विभाग की टीम लगातार ग्रामीणों को सतर्क रहने व हाथियों से दूर रहने की सलाह दे रही है और साथ ही हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ने की कोशिश कर रही है. वन विभाग की अपील है कि ग्रामीण किसी भी परिस्थिति में हाथियों के करीब न जाएं और आस-पास हाथी दिखाई देने पर विभाग को तत्काल सूचित करें. recent visitors 137

भिलाई के एक भक्त ने गुप्त दान में बाबा महाकाल को चांदी की पालकी भेंट की

उज्जैन बाबा महाकाल के दरबार में छत्तीसगढ़ के एक शख्स ने रजत पालकी भेंट की। इसकी कीमत करीब 22 लाख रुपए बताई जा रही है। हालांकि, इसे दान करने वाले भक्त ने अपना नाम गुप्त रखा है। 100 दिन में बनकर तैयार हुई पालकी जानकारी के मुताबिक, छत्तीसगढ़ के भिलाई के एक भक्त ने गुप्त दान में बाबा महाकाल को चांदी की पालकी भेंट की। धर्मास्त्र पुजारी भावेश व्यास, लोकेंद्र व्यास की प्रेरणा से लगभग 100 दिनों में यह पालकी लगभग 20 किलो 600 ग्राम तैयार हुई है। पालकी पूजन में मंदिर समिति के सहायक प्रशासक प्रतीक द्विवेदी, राम जी पुजारी समिति सदस्य रामनाथ जी महाराज भरतरीगुफा, प्रशांत त्रिपाठी विशेष सबसे उपस्थित थे।   सुंदर तरीके से तैयारी की गई पालकी पुजारी भावेश व्यास ने बताया कि आज मार्गशीष मास की कृष्ण पक्ष की नवमी तिथि को छत्तीसगढ़ के भिलाई से आए जजमान ने महाकालेश्वर मंदिर समिति को रजत पालकी दान की है। उनकी काफी समय से इच्छा थी कि बाबा महाकाल को कुछ भेंट की जाए। भगवान महाकाल की पालकी बहुत सुंदर तरीके से तैयार की गई है। रजत पालकी में क्या है खास? पुजारी ने आगे बताया कि पालकी में भगवान को सूर्य मंडित किया गया है। स्वस्तिक अर्पित किया गया है। आगे के भाग में 2 सिंह का अनावरण किया गया है। कमल पुष्प से पालकी को सजाया गया है। इसे उज्जैन में बनवाया गया है। recent visitors 119

मुख्यमंत्री साय ओपन चैलेंज ट्रॉफी फुटबॉल प्रतियोगिता के समापन समारोह में हुए शामिल

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज जशपुर जिले के पत्थलगांव तहसील के ग्राम बागबहार मिनी स्टेडियम में आयोजित 33 वें ओपन चैलेंज ट्रॉफी फुटबॉल प्रतियोगिता के समापन समारोह में शामिल हुए। मुख्यमंत्री श्री साय ने इस मौके पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बागबहार के 10 बेड के अस्पताल को 30 बेड में उन्नयन करने की घोषणा भी की। उन्होंने बागबहार के शिव मंदिर के पास तालाब के सौंदर्यीकरण, विश्रामगृह निर्माण, बागबहार चौक- चौराहों में हाई मास्क लगाने, मिनी स्टेडियम में आवश्यक सुविधाओं का विकास तथा कोतबा में अपेक्स बैंक खोलने की घोषणा की। समापन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आयोजकों एवं खिलाडियों को इस प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हमारी सरकार राज्य में खेलों के विकास और प्रतिभावान खिलाडियों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने खेलों को आगे बढ़ाने के लिए खेलो इंडिया की शुरुआत की है। इससे भारत में कई प्रतिभावान खिलाड़ी उभर कर सामने आ रहे है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी हाल ही मैंने बिलासपुर की पर्वतारोही निशा यादव से फोन पर बात की। उसने मुझे बताया कि वह अफ्रीका सबसे ऊंची चोटी किलिमंजारों पर्वत पर तिरंगा फहराना चाहती है। मैंने उन्हें 3 लाख 45 हजार रुपए का चेक प्रदान किया, ताकि वह अपने सपने को पूरा कर सके। इसी तरह मैंने धमतरी की गरीब परिवार की बेटी बैडमिंटन खिलाड़ी बिटिया रितिका ध्रुव से भी फोन पर बात कर सरकार की तरफ से पूरी मदद करने की जिम्मेदारी ली गई है। इस अवसर पर विधायक श्रीमती गोमती साय एवं विधायक जशपुर श्री रायमुनी भगत ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा लोगों को विभिन्न योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने एफ. सी. माकरचुंवा, तहसील पत्थलगांव और गोंड ब्रदर्स किंजिरकेला उड़ीसा के बीच खेले गए फाइनल मुकाबले का आनंद लिया और खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। recent visitors 77

केंद्र ने व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए, 40 प्रतिशत दिव्यांग व्यक्तियों के लिए एकरूपता सुनिश्चित हो

नई दिल्ली केंद्र ने कम से कम 40 प्रतिशत दिव्यांग व्यक्तियों के लिए आरक्षण और पदों की पहचान सुव्यवस्थित करने के लिए व्यापक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसमें ऐसे पदों की समय-समय पर पहचान और उनका मूल्यांकन करने के लिए समितियों का गठन अनिवार्य किया गया है। दिशानिर्देशों में यह भी कहा गया है कि यदि कोई पद दिव्यांग व्यक्तियों के लिए उपयुक्त समझा जाता है, तो उसके बाद के सभी पदोन्नति वाले पद भी दिव्यांग व्यक्तियों के लिए आरक्षित रहेंगे। ये दिशानिर्देश दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम, 2016 के अनुरूप हैं। यह कदम दिल्ली उच्च न्यायालय द्वारा दिव्यांग व्यक्तियों के अधिकार (आरपीडब्ल्यूडी) अधिनियम, 2016 के कार्यान्वयन में विसंगतियों को चिन्हित करने तथा पदों की पहचान करने में अनधिकृत कार्यों के लिए केन्द्रीय विद्यालय संगठन (केवीएस) जैसी संस्थाओं की आलोचना करने के बाद उठाया गया है। उच्च न्यायालय ने इस महीने की शुरुआत में टिप्पणी की थी कि केवीएस ने दिव्यांग व्यक्तियों के लिए स्वतंत्र रूप से पदों की पहचान करके अपने अधिकार का अतिक्रमण किया है और विभिन्न विभागों के बीच अधिनियम की समझ में विसंगतियों को उजागर किया है। अदालत ने इसके साथ दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग (डीईपीडब्ल्यूडी) को एक समान दिशानिर्देश स्थापित करने का आदेश दिया। अद्यतन दिशानिर्देशों का उद्देश्य केंद्र सरकार के प्रतिष्ठानों में दिव्यांग व्यक्तियों के रोजगार में समावेशिता, निष्पक्षता और एकरूपता सुनिश्चित करना है। नये दिशा-निर्देशों में मंत्रालयों और विभागों से दिव्यांग के प्रतिनिधियों को शामिल करते हुए समितियां गठित करने को कहा गया है, ताकि सभी पदों की उपयुक्तता का आकलन किया जा सके। दिशानिर्देश के मुताबिक प्रौद्योगिकीय प्रगति और उभरती नौकरी आवश्यकताओं को शामिल करने के लिए चिह्नित पदों की हर तीन साल में व्यापक समीक्षा आवश्यक है। दिशा-निर्देशों में दृष्टि बाधित, चलने-फिरने में अक्षमता, श्रवण बाधिता और बौद्धिक अक्षमता सहित विभिन्न श्रेणियों में सीधी भर्ती और पदोन्नति में चार प्रतिशत आरक्षण का भी प्रावधान किया गया है। इसके अतिरिक्त दिशानिर्देश लंबित रिक्तियों को समय पर भरने, पहुंच सुनिश्चित करने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार तथा आरक्षण नीतियों से छूट के लिए तीन वर्ष की वैधता अवधि पर भी जोर देते हैं। राष्ट्रीय दिव्यांगजन रोजगार संवर्धन केन्द्र (एनसीपीईडीपी) के कार्यकारी निदेशक अरमान अली ने कहा कि मानक दिव्यांगता वाले व्यक्तियों के लिए उपयुक्त पदों की पहचान करना केवल आरक्षण संबंधी अनिवार्यताओं को पूरा करना नहीं है; यह करियर विकास को सक्षम करने की दिशा में एक कदम है।   recent visitors 75

MP में इज्तिमा की तैयारियां अंतिम चरण में, इस बार भी प्लास्टिक-फ्री भी होगा आयोजन

भोपाल भोपाल के ईंटखेड़ी स्थित घासीपुरा में शुक्रवार 29 नवंबर से शुरू होने वाले आलमी तब्लीगी इज्तिमा में इस बार 100 एकड़ क्षेत्र में पंडाल लगाया गया है, जहां प्रदेश सहित देशभर से आने वाली जमातों को ठहराया जाएगा। इधर, भारी तादाद में आने वाले वाहनों को व्यवस्थित खड़े करने और ट्रैफिक जाम से बचाने के लिए दो हजार वालेंटियर्स तैयार किए गए हैं। इन वालेंटियर्स की अलग-अलग जगहों पर तैनाती की जाएगी। यह वालेंटियर्स रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और शहर के प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक का संचालन करेंगे। इधर, इज्तिमा स्थल पर अलग-अलग कामों के लिए 25 हजार वालेंटियर्स को तैनात किया जा रहा है। इज्तिमा में शिरकत के लिए अमेरिका, इंग्लैंड, तुर्की सहित 100 से अधिक देशों की जमातों के शामिल होने की उम्मीद है। दो महीने से चल रही तैयारियां 29 नवंबर से शुरू होने वाले इज्तिमा की तैयारियां दो महीने पहले शुरू हो गई थीं। पिछले साल हुए इज्तिमा को क्लीन, ग्रीन और डस्ट मुक्त इज्तिमा का नाम दिया गया था। इस बार इसे प्लास्टिक मुक्त इज्तिमा के नाम से जाना जाएगा। इंतेजामिया कमेटी के प्रवक्ता उमर हफीज खान ने बताया कि इस बार इज्तिमागाह पर धूल वाले क्षेत्रों में पानी का छिड़काव किया जाएगा। इस बार भी फूड जोन में पॉलीथिन और तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर रोक रहेगी। प्लास्टिक पर पूरी तरह से रोक रहेगी। पानी की बोतलों को एकत्रित कर डिस्पोज किया जाएगा। शनिवार को संभागायुक्त संजीव सिंह ने इज्तिमा के इंतजामों का जायजा लिया। इस मौके पर उन्होंने नगर निगम, बिजली, पीएचई, पीडब्ल्यूडी, स्वास्थ्य सहित अन्य सरकारी विभागों के अधिकारियों को समन्वय से काम करने की हिदायत दी। 100 एकड़ में पंडाल, 65 पार्किंग इज्तिमा में आने वाले बंदों की तादाद को देखते हुए इस बार 100 एकड़ क्षेत्र में पंडाल लगाया गया है। जमातियों की तादाद को देखते हुए इसे बढ़ाया भी जा सकता है। इधर, अलग-अलग क्षेत्रों से आने वाले जमातियों के वाहनों के लिए 65 पार्किंग बनाई गई हैं। चालीस फूड और 25 नाश्ते के जोन रहेंगे, जहां रियायती दरों में खाद्य सामग्री बेची जा सकेगी। इमरजेंसी कॉरिडोर रहेगा आरक्षित चार दिनी इज्तिमा के आयोजन को लेकर इस बार भी इमरजेंसी कॉरिडोर बनाया गया है, जहां फायर ब्रिगेड और एंबुलेंस आसानी से पहुंच सकेगी। इस रास्ते पर किसी अन्य को जाने की इजाजत नहीं रहेगी। यहां पानी लाने वाले टैंकर भी आसानी से जा सकेंगे। अलर्ट रहेंगी बुलेट स्ट्रेचर एंबुलेंस इज्तिमा में सात से दस लाख तक बंदों की तादाद को देखते हुए इंतेजामिया कमेटी ने बुलेट स्ट्रेचर एंबुलेंस तैयार की है, जिससे अचानक से किसी की भी तबीयत बिगड़ने पर बुलेट एंबुलेंस से उसे बाहर तक आसानी से लाया जा सकेगा। यहां से एंबुलेंस की मदद से अस्पताल तक भेजा जाएगा। हालांकि, प्राथमिक उपचार के लिए 20 से अधिक निजी अस्पताल और सरकारी अस्पतालों के डॉक्टर मौजूद रहेंगे। recent visitors 76

मंकीपॉक्स संक्रमण कई तरह से स्वास्थ्य को गंभीर रूप से क्षति पहुंचाने वाला हो सकता है, कई देशों में फिर बढ़ने लगे उसके मामले

नई दिल्ली पिछले कुछ वर्षों में दुनिया के कई देशों में संक्रामक बीमारियों के मामले काफी तेजी से बढ़े हैं। साल 2019 के अंत में शुरू हुई कोरोना महामारी के बाद मंकीपॉक्स संक्रमण ने भी लोगों को खूब परेशान किया। मंकीपॉक्स (एमपॉक्स) संक्रमण कई तरह से स्वास्थ्य को गंभीर रूप से क्षति पहुंचाने वाला हो सकता है। न सिर्फ इसका संक्रमण दर ज्यादा है, बल्कि संक्रमण की स्थिति में गंभीर जटिलताओं का जोखिम भी अधिक हो सकता है। मंकीपॉक्स के वैश्विक खतरे को देखते हुए विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) इसे दो बार 'स्वास्थ्य आपातकाल' घोषित कर चुका है। हालिया रिपोर्ट्स से पता चलता है कि कई देशों में एक बार फिर से मंकीपॉक्स के मामले रिपोर्ट होने शुरू हो गए हैं। पब्लिक हेल्थ एजेंसी ऑफ कनाडा (पीएचएसी) ने जानकारी दी है कि देश में पहली बार क्लेड-1बी स्ट्रेन के मामले की पुष्टि की गई है। क्लेड-1 संक्रमण के कारण मृत्युदर और संक्रमण दोनों का खतरा अधिक माना जाता रहा है। इससे संक्रमित लोगों में एन्सेफलाइटिस और निमोनिया जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का भी जोखिम हो सकता है। पीएचएसी ने एक रिपोर्ट में बताया कि संक्रमित व्यक्ति ने हाल ही में एमपॉक्स प्रभावित देश की यात्रा की थी। वहां से लौटते ही उसमें संक्रमण के लक्षण देखे गए। मंकीपॉक्स की पुष्टि के बाद संक्रमित को आइसोलेट किया गया है। इसके साथ संक्रमित के संपर्क में आए लोगों की भी कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग की जा रही है। वैसे तो क्लेड II मंकीपॉक्स के मामले 2022 से कनाडा में देखे जाते रहे थे, लेकिन यह देश में क्लेड I मंकीपॉक्स का पहला पुष्ट मामला है। इससे पहले 15 नवंबर कैलिफोर्निया डिपार्टमेंट ऑफ पब्लिक हेल्थ ने अमेरिका में भी क्लेड 1 मंकीपॉक्स के पहले की पुष्टि की। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने संक्रमण के बढ़ते जोखिमों को देखते हुए फिर से सभी देशों को अलर्ट रहने की सलाह दी है। मंकीपॉक्स और इसका जोखिम स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सभी लोगों को मंकीपॉक्स के जोखिमों को लेकर विशेष सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता है, विशेषतौर पर जिन देशों में इसके मामले इन दिनों रिपोर्ट किए जा रहे हैं। एमपॉक्स (मंकीपॉक्स), मंकीपॉक्स वायरस से होने वाला एक संक्रामक रोग है। इससे दर्दनाक दाने, बढ़े हुए लिम्फ नोड्स के साथ तेज बुखार हो सकता है। इसका प्रकोप मुख्यरूप से समलैंगिक, बाइसेक्सुअल लोगों में अधिक देखा जाता रहा है। इसके नए स्ट्रेन क्लेड 1 के कारण अपेक्षाकृत अधिक स्वास्थ्य जटिलताएं हो सकती हैं। कुछ लोगों को इसके कारण मस्तिष्क में सूजन होने का जोखिम हो सकता है। recent visitors 100