अश्विन के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने से ब्रेट ली ‘स्तब्ध’

ब्रिस्बेन ऑस्ट्रेलिया के महान तेज गेंदबाज ब्रेट ली ने कहा कि ब्रिस्बेन में ड्रॉ हुए टेस्ट के बाद भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा से वे हैरान हैं। उन्होंने कहा कि अश्विन खेल के महान खिलाड़ियों में से एक के रूप में जाने जाएंगे। बुधवार को ब्रिस्बेन में तीसरे बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी टेस्ट के ड्रॉ होने के तुरंत बाद, अश्विन ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से तत्काल प्रभाव से संन्यास लेने के अपने फैसले की घोषणा की। उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच एडिलेड में डे-नाइट टेस्ट था, जहां उन्होंने 18 ओवर में 53 रन देकर 1 विकेट लिया था। “यह खिलाड़ी खेल के महान खिलाड़ियों में से एक है। मुझे लगता है कि आखिरी बार किसी स्पिनर ने सीरीज के बीच में संन्यास लिया था, वह ग्रीम स्वान थे।” पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कीपर ब्रैड हैडिन ने कहा कि अश्विन ने भारत के लिए अपने 14 साल के अंतरराष्ट्रीय करियर को खत्म करने का अधिकार अर्जित किया है। “जब अश्विन को बोलने का मौका मिलेगा, तब और बातें सामने आएंगी; पंक्तियों के बीच में पढ़ने से ऐसा लग रहा था कि वे पहले तीन टेस्ट मैचों में स्पिनिंग विकल्पों में किए गए बदलावों से थोड़े निराश हो सकते हैं। मेरे लिए, वे खेल के छात्र थे (और) हमेशा बेहतर होने के तरीकों की तलाश में रहते थे… उन्होंने यह अधिकार अर्जित किया है।” चेन्नई से आने वाले अश्विन ने 106 टेस्ट मैचों में 24 की औसत से 537 विकेट लेकर अपने करियर का अंत किया और दिग्गज लेग स्पिनर अनिल कुंबले के बाद भारत के दूसरे सबसे ज़्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे। उन्होंने बल्ले से छह टेस्ट शतक और 14 अर्द्धशतक भी लगाए। उनका आखिरी अंतरराष्ट्रीय मैच एडिलेड में डे-नाइट टेस्ट था, जिसमें उन्होंने 1-53 विकेट लिए। अश्विन ने भारत के लिए 116 वनडे मैच भी खेले, जिसमें उन्होंने 156 विकेट लिए और 2011 वनडे विश्व कप और 2013 चैंपियंस ट्रॉफी जीतने वाली टीमों के सदस्य रहे। अश्विन ने 65 टी20 मैच भी खेले और 72 विकेट लिए। इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने कहा कि उन्हें अश्विन को गेंदबाजी करते हुए देखना याद आएगा। “उसे शायद बताया गया होगा कि वह इस सीरीज़ में आगे नहीं खेलेगा, और सही भी है, (उसने) बस अपनी शर्तों पर खेलने का फैसला किया। मुझे उसकी गेंदबाजी, उसकी फ्लाइट, कैरम बॉल, हर परिस्थिति में गेंदबाजी करने की उसकी क्षमता की कमी खलेगी… (भारत में) जब आप उस गुणवत्ता वाले खिलाड़ी का सामना कर रहे हों तो बल्लेबाज के पास कोई मौका नहीं होता।” ऑस्ट्रेलिया के कप्तान पैट कमिंस ने भी मैच खत्म होने के बाद अश्विन की तारीफ की। “यह थोड़ा आश्चर्यजनक है, वह उनके लिए चैंपियन खिलाड़ी रहा है। पिछले 10 से ज़्यादा सालों में बहुत ज़्यादा खेलने वाले महान खिलाड़ियों में से एक। उसका करियर शानदार रहा है और हमारे चेंज रूम में उसके करियर के लिए बहुत सम्मान है।”   recent visitors 54

हरियाणा स्टीलर्स को हराकर अंक तालिका में तीसरे स्थान पर पहुंचे यूपी योद्धाज

पुणे यूपी योद्धाज ने प्रो कबड्डी लीग में अपना विजयी अभियान जारी रखते हुए हरियाणा स्टीलर्स को पटखनी दे डाली। यूपी ने इस मुकाबले में हरियाणा को 31-24 के अंतर से पराजित करते हुए अंक तालिका में तीसरा स्थान हासिल कर लिया। भावनी राजपूत ने सर्वाधिक 11 अंक हासिल किये। हरियाणा को छठी हार का सामना करना पड़ा है लेकिन इसका असर नहीं पड़ेगा क्योंकि टीम को पहले ही प्लेऑफ़ का टिकट मिल चुका है। हरियाणा का प्रदर्शन आज उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा। इसका फायदा यूपी के डिफेंस और रेडिंग विभाग ने उठाया और जीत हासिल कर ली। हालांकि शुरुआत में यूपी को परेशानी हुई और हरियाणा ने 4-0 का स्कोर हासिल करते हुए लीड बनाई। इसके बाद यूपी ने जवाबी पकार्रवाई करते हुए स्कोर 6-5 कर दिया। यहाँ से दोनों टीमों के बीच लगभग बराबरी की टक्कर देखने को मिली। हाफ टाइम तक यूपी के पास दो अंकों की लीड थी और स्कोर 15-13 था। इसके बाद यूपी ने हरियाणा को आउट कर स्कोर 23-14 कर दिया। अब यूपी के पास अच्छी लीड थी। भवानी ने नियमित अंतराल पर पॉइंट्स लेते हुए टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। हालांकि हरियाणा ने पीछा करने का र्प्यास किया लेकिन यूपी ने अंत तक दस पॉइंट्स की लीड हासिल कर ली थी। इसके बाद हरियाणा के लिए काम मुश्किल हो गया और हार का सामना करना पड़ा। दूसरे हाफ की शुरुआत में यूपी योद्धाज ने हरियाणा के डिफेंडर्स पर दबाव बनाया और अपनी बढ़त को और बढ़ाया। धीरे-धीरे हरियाणा की टीम दूसरी बार ऑलआउट होने के करीब पहुंची। भवानी राजपूत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए एक ही रेड में मनिकंदन और राहुल को आउट किया और हरियाणा को दूसरी बार ऑलआउट करने में सफलता हासिल की। हरियाणा ने वापसी की कोशिश की, लेकिन उनकी डिफेंसिव यूनिट ने निराशाजनक प्रदर्शन किया। भवानी राजपूत ने कुछ शानदार मल्टी-पॉइंट रेड किए, जिससे यूपी की लीड और भी मजबूत हुई। इसके साथ ही उन्होंने प्रो कबड्डी में अपना सुपर 10 भी पूरा किया। अंत में, यूपी योद्धाज ने आसानी से इस मैच को जीत लिया, जबकि हरियाणा को सिर्फ एक अंक ही मिला।   recent visitors 112

तोपाभ्यास के दौरान हुआ बम विस्फोट, राजस्थान-बीकानेर की महाजन फायरिंग रेंज में दो सैनिक शहीद और एक घायल

बीकानेर। राजस्थान के बीकानेर जिले के महाजन फील्ड फायरिंग रेंज के नॉर्थ कैंप में तोपाभ्यास के दौरान बम फटने से बड़ा हादसा हो गया। धमाके में दो सैनिक मौके पर ही शहीद हो गए जबकि एक अन्य सैनिक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल सैनिक को सूरतगढ़ के मिलिट्री अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हादसा फायरिंग रेंज के चार्ली सेंटर पर हुआ, जहां सैन्य अभ्यास चल रहा था। हादसे की सूचना मिलने के बाद वरिष्ठ सैन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे हैं। महाजन थाना पुलिस भी मौके पर मौजूद है। महाजन थानाप्रभारी कश्यप सिंह ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि घटना की जांच की जा रही है। कश्यप सिंह ने कहा कि प्रारंभिक तौर पर जो जानकारी सामने आई है उसके मुताबिक फील्ड फायरिंग रेंज में सेना का अभ्यास चल रहा था। इसी दौरान टैंक में ब्लास्ट होने के चलते यह हादसा हुआ। हादसे में दो सैनिकों की शहादत हो गई है, जबकि घायल जवान को सूरतगढ़ मिलिट्री अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बीकानेर जिले की महाजन फील्ड फायरिंग रेंज में एक हफ्ते के भीतर यह दूसरी घटना है जब जवानों को अपनी शहादत देनी पड़ी है। बीते 15 दिसंबर को तोपखाने की तैनाती के प्रशिक्षण अभ्यास के दौरान सेना के एक जवान की शहादत हो गई थी। घटना 15 दिसंबर को हुई, जब उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर के 31 वर्षीय गनर चंद्र प्रकाश पटेल प्रशिक्षण अभ्यास के दौरान गन बैटरी में टुकड़ी कमांडर के रूप में ड्यूटी कर रहे थे। चंद्र प्रकाश पटेल जब बंदूक को टोइंग वाहन से जोड़ रहे थे, तो बंदूक की खाई के रैंप पर बंदूक का ट्रैक्शन खो गया और वह पीछे की ओर फिसल गई। इससे जवान घायल हो गया। प्रवक्ता ने बताया कि उन्हें तुरंत एंबुलेंस में फील्ड अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम के बाद चंद्र प्रकाश पटेल का पार्थिव देह उनके परिजनों को सौंप दिया गया। recent visitors 72

अंत्यावसायी विकास समिति के बकायेदारी की एनओसी जरूरी, छत्तीसगढ़-निकाय और पंचायत चुनाव की तैयारियां

बिलासपुर। कहीं आप अंत्यावसायी विकास समिति के बकायेदार तो नहीं!, अगर हैं तो जल्द से बकाया चुकता कर लिजिए, नहीं तो आप स्थानीय निकायों का चुनाव लड़ने से वंचित हो सकते हैं. क्योंकि समिति से एनओसी लेने के बाद ही नामांकन फार्म भरा जाएगा. अन्यथा नाम निर्देशन पत्र रद्द हो जाएगा. नगरीय निकाय और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर चल रही तैयारियों के बीच कलेक्टर ने अंत्यावसायी विकास समिति के बकायादारों की सूची निगम आयुक्त, नगरीय निकायों के सीएमओ और जनपद पंचायतों के सीईओ को भेज दी है. नामांकन के दौरान इनके फार्मों पर निगाह रखने के निर्देश दिए हैं. बता दें कि अन्य योग्यताओं के साथ चुनाव लड़ने के इच्छुक उम्मीदवारों के उपर सरकारी टैक्स अथवा लोन का बकाया नहीं होने चाहिए. अंत्यावसायी सहकारी विकास समिति के कार्यपालन अधिकारी अनुराग भदौरिया ने बताया कि जिले में 1850 बकायादार हितग्राही हैं, जो लगभग 20-25 साल से लोन नहीं पटा रहे हैं. इनसे लगभग 10 करोड़ की राशि वसूल करना है. उन्होंने बताया कि इनमें अकेले बिलासपुर नगर निगम क्षेत्र के 1108 हितग्राही हैं. इसके अलावा मल्हार नगर पंचायत से दो, तखतपुर नपा से 5, बिल्हा से 3, कोटा से 28 तथा रतनपुर से 15 लोगों का नाम बकायादारों की सूची में शामिल है. ग्रामीण क्षेत्र में जनपद पंचायत बिल्हा के अंतर्गत विभिन्न ग्रामों से 115, तखतपुर जन पंचायत से 64, जनपद पंचायत कोटा से 52 तथा जनपद पंचायत मस्तुरी से 458 बकायादारों के नाम शामिल हैं. उल्लेखनीय है कि अंत्यावसायी विकास सहकारी समिति द्वारा अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक एवं सफाई कामगारों को अत्यंत किफायती ब्याज दर पर स्वरोजगार के लिए आसान ऋण दिया जाता है. बावजूद इसके ऋण पटाने में आना-कानी की जाती रही है. recent visitors 64

कैसे बनें स्मार्ट एम्प्लाई?

क्यों कोई छोटी-सी बात बड़ी बन जाती है! ऐसा क्यों होता है कि आप कुछ कहना चाहते हैं, लेकिन आपके सहयोगी उसका दूसरा अर्थ लेते हैं। आखिर यह क्यों नहीं होता कि आप जैसा चाहते हैं, लोग उन बातों को उसी रूप में लें, आदि तमाम सवाल हैं, जिनका हल निकालना एक बेहतर कामकाजी संबंध के लिए बहुत जरूरी होता है। लेकिन सच तो यह है कि आप बेहतर कामकाजी-संबंध बनाने में तभी सफल हो सकते हैं, जब कुछ खास बातों का ध्यान रखें। समय का रखें पूरा ध्यान:- ऑफिस में कई सारे काम ऐसे भी होते हैं, जिन पर आपसी सहमति की जरूरत होती है। इसलिए कामकाज की अत्यधिक व्यस्तता के बीच आपस में विचार-विमर्श करने का पर्याप्त समय जरूर निकालें। हां, कुछ खास समय होते हैं, जब थोड़ा कम वर्क-प्रेशर होता है, जैसे-काम के फस्र्ट ऑवर में, लंच के तुरंत बाद और ऑफिस ऑवर खत्म होने के बाद आप अपनी बात अपेक्षाकृत ज्यादा बेहतर ढंग से रख सकते हैं। दरअसल, ऐसा करने से इसका सकारात्मक आपके प्रोजेक्ट या काम पर भी पड़ेगा। रहें कूल कूल:- यदि आपको लगता है कि आपकी बात को आपके बॉस या कॅलीग ठीक से नहीं समझ पा रहे हैं, तो ऐसे समय में परेशान होने की बजाय कूल रहने का प्रयास करें। यदि आपकी बात में दम है और आपने उसे तार्किक रूप से पेश किया है, तो देर से ही सही, आपकी बात को वे जरूर समझेेंगे। हां, जब आपको कुछ समय बाद यह लगे कि आपको अपेक्षित रिस्पांस नहीं मिल पाया है, तो उस विषय पर आपको दोबारा जरूर मिलना चाहिए। लेकिन इस दौरान भी आपको अपनी बातें शांतिपूर्ण ढंग से ही रखनी चाहिए। ध्यान रहे, कूल रहकर आप अपनी बातों को और ज्यादा प्रभावी ढंग से कह सकते हैं। रखें अपनी बात:- यदि कोई बात आपको पसंद न आए या आपको लगता है कि किसी मसले पर आप अपनी राय देकर उसे और बेहतर बना सकते हैं, तो यह कहने में आपको बिल्कुल गुरेज नहीं करनी चाहिए। हां, इस दौरान यदि आप किसी की बात से आहत होते हैं, तो उस पर त्वरित प्रतिक्रिया देने की बजाय, आपको उस बात से क्या तकलीफ हुई है, यह भी जरूर व्यक्त करें, जैसे-यह सही है कि हर किसी को अपनी बात कहने की स्वतंत्रता होती है, लेकिन इसका अर्थ यह नहीं है कि किसी और की भावना को इससे आहत पहुंचे। समय रहते हो जाएं सतर्क:- यदि आपको लगता है कि आपकी बात को अन्यथा लिया जा रहा है, तो समय रहते इस स्थिति को जरूर सुधारने का प्रयास करें। मिलनसार बनें:- यदि आप मिलनसार हैं और सबसे मुस्कुराकर मिलते हैं और उनका अभिवादन करते हैं, तो इसमें कोई दो राय नहीं कि आपके कामकाजी संबंध जरूर अच्छे होंगे। दरअसल, मिलनसार व्यक्ति हमेशा एक सकारात्मक प्रभाव जरूर छोड़ते हैं। सच तो यह है कि ऐसे व्यक्तियों से मिलना हर किसी को अच्छा लगता है। वहीं दूसरी तरफ, जो मिलनसार या खुशमिजाज नहीं होते, उनके प्रति प्रायः एक नकारात्मक छवि बन ही जाती है। इसलिए हर कोई उनसे अत्यधिक जरूरत पडने पर मिलना पसंद करते हैं। जानें स्वभाव:- यदि आप अपने कॅलीग या बॉस का निजी स्वभाव जानते हैं और आपको यह अच्छी तरह पता होता है कि वे किस बात पर नाराज या खुश होते हैं, तो बेहतर संबंध स्थापना की दिशा में यह काफी मददगार हो सकता है।   recent visitors 65

टॉम क्रूज को मिला अमेरिकी नौसेना का सर्वोच्च नागरिक सम्मान

हॉलीवुड स्टार टॉम क्रूज अपनी एक्शन फिल्मों के लिए जाने जाते हैं। ऊपर से वो खतरनाक के खतरनाक स्टंट सीन खुद ही करते हैं। ऐसे स्टंट सीन, जिन्हें देखकर आपके रोंगटे खड़े हो जाएं। खैर। टॉम क्रूज को अमेरिकी नौसेना के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार से नवाजा गया है। आइये जानते हैं क्यों? वैराइटी के अनुसार, सोमवार को लंदन में एक इवेंट हुआ। यहां टॉम क्रूज को 'टॉप गन', 'बॉर्न ऑन द फोर्थ ऑफ जुलाई', 'ए फ्यू गुड मैन' और 'मिशन इम्पॉसिबल' फ्रेंचाइजी में उनके काम के जरिए 'नौसेना और मरीन क्रॉप्स में उनके शादार योगदान' के लिए नौसेना के सर्वोच्च सम्मान से नवाजा गया। यूएस नेवी के सचिव कार्लोस डेल टोरो ने टॉम को पदक दिया। एक बयान में नौसेना ने कहा कि टॉम क्रूज ने अपनी फिल्मों में उच्च प्रशिक्षित कर्मियों और वर्दी में रहते हुए उनके द्वारा किए गए बलिदानों के लिए पब्लिकली जागरुकता और सराहना बढ़ाई है। 43 साल से दर्शकों को कर रहे हैं एंटरटेन टॉम क्रूज ने साल 1981 में 'एंडलेस लव' फिल्म से एक्टिंग करियर की शुरुआत की थी। वो पिछले 43 साल से अपने फैंस को एंटरटेन कर रहे हैं। उन्हें 'टॉप गन' (1986), 'मिशन: इम्पॉसिबल' (1996), 'द मम्मी' (2017) जैसी सुपरहिट फिल्मों में देखा गया। टॉम क्रूज की अपकमिंग मूवीज टॉम को साल 2025 में Mission: Impossible – The Final Reckoning में देखा जाएगा। इसमें वो Ethan Hunt का किरदार निभाएंगे। ये 'मिशन इम्पॉसिबल' फ्रेंचाइजी की अगली किश्त है। इसके अलावा उनके पास 'Judy' फिल्म भी है। recent visitors 61

आबकारी नीति के निर्धारण के लिये मंत्रि-परिषद समिति का गठन

भोपाल राज्य शासन द्वारा वर्ष 2025-26 के लिये आबकारी नीति के निर्धारण एवं समय-समय पर अनुषांगिक विषयों पर निर्णय लेने के लिये मंत्रि-परिषद समिति का गठन किया गया है। समिति में उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह, महिला-बाल विकास मंत्री सुनिर्मला भूरिया और खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविन्द सिंह राजपूत को मनोनीत किया गया है। प्रमुख सचिव वाणिज्य कर समिति के सचिव होंगे।   recent visitors 68