Sunday, July 5, 2026 5:37 am

मुख्यमंत्री डॉ. यादव को नदी जोड़ो परियोजना के अंतर्गत अनुबंध होने पर जनप्रतिनिधियों ने दी बधाई

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को नदी जोड़ो परियोजना के अंतर्गत पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना के लिए मंगलवार को जयपुर में हुए अनुबंध पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जनप्रतिनिधियों ने बधाई दी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव को पार्वती-कालीसिंध-चंबल और केन-बेतवा परियोजनाओं के अनुबंध होने पर मिष्ठान खिलाकर बधाई दी गई। नीमच विधायक दिलीप सिंह परिहार ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव से भेंट कर कहा कि पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना के क्रियान्वयन से संपूर्ण मालवा क्षेत्र का तीव्र विकास संभव होगा। जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को कहा कि केन-बेतवा परियोजना के शिलान्यास के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आगामी 25 दिसम्बर को मध्यप्रदेश आगमन एक शुभ अवसर है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से भेंट करने वालों में विधायक गोलू शुक्ला, रूद्राक्ष शुक्ला, मानसिंह यादव, मिलिंद मालवीय आदि शामिल थे।   recent visitors 18

1 जनवरी 2025 से आईटीसी डिमर्जर होगा प्रभावी, जल्द होगा कंपनी की लिस्टिंग

नई दिल्ली Maurya Sheraton के नाम से होटल कारोबार चलाने वाली आईटीसी (ITC) के होटल बिजनेस की नए साल 2025 में लिस्टिंग का रास्ता साफ हो गया है. एक जनवरी 2025 से आईटीसी लिमिटेड की होटल कारोबार से जुड़ी कंपनी आईटीसी होटल्स का डिमर्जर हो जाएगा. कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंजों के साथ इस जानकारी को साझा किया है. स्टॉक एक्सचेंज के पास रेगुलेटरी फाइलिंग में आईटीसी ने बताया कि आईटीसी होटल्स का डिमर्जर 1 जनवरी 2025 से प्रभावी हो जाएगा. रेगुलेटरी फाइलिंग में बताया गया कि आईटीसी लिमिटेड और आईटीसी होटल्स लिमिटेड ने डिमर्जर के लिए आपसी सहमति के साथ सभी जरूरी शर्तों को पूरा कर लिया है. कंपनी ने बताया कि उसे एनसीएलएटी के कोलकाता बेंच से 4 अक्टूबर 2024 को आईटीसी लिमिटेड से आईटीसी होटल्स के डिमर्जर की मंजूरी मिल चुकी है. आईटीसी लिमिटेड से होटल कारोबार से जुड़ी कंपनी आईटीसी होटल्स के डिमर्जर के फैसले पर शेयरधारकों ने अपनी मुहर लगा दी है. आईटीसी को 16 दिसंबर 2024 को NCLT से कॉपी मिल चुका है. आईटीसी ने होटल बिजनेस को अलग करने का ऐलान अगस्त, 2023 में किया था. इसके साथ ही डीमर्जर के बाद आईटीसी के शेयरधारकों को होटल बिजनेस कंपनी के शेयर दिए जाएंगे. ITC होटल्स के शेयर मिलेंगे ITC शेयरहोल्डर्स को इस डीमर्जर स्कीम के तहत सिगरेट से लेकर कई तरह के प्रोडक्ट बनाने वाली कंपनी आईटीसी की आईटीसी होटल्स (ITC Hotels) में 40 फीसदी हिस्सेदारी होगी. आईटीसी होटल्स में 60 फीसदी हिस्सेदारी आईटीसी के शेयरहोल्डर्स को दी जाएगी. इसका फैसला  इस तरह से आईटीसी के शेयरधारकों की आईटीसी होटल्स में भी हिस्सेदारी होगी. बीते वर्ष 14 अगस्त 2023 को कंपनी के बोर्ड की बैठक हुई थी जिसमें स्कीम ऑफ अरेंजमेंट को मंजूरी दी थी जिसमें ये तय किया गया कि आईटीसी के हर शेयरधारकों को पैरेंट कंपनी में 10 शेयर के बदले में होटल्स बिजनेस से जुड़ी कंपनी आईटीसी होटल्स का एक शेयर दिया जाएगा. डिमर्जर के बाद स्टॉक एक्सचेंजों से मंजूरी मिलने पर आईटीसी होटल्स की स्टॉक एक्सचेंज पर लिस्टिंग होगी. recent visitors 68

कोई भी स्कूल परिवहन (बस) फीस भी अब अलग से नहीं ले सकेगा, निजी स्कूलों के लिए फीस वृद्धि पर नया नियम लागू

भोपाल राज्य सरकार प्रदेश के निजी स्कूलों को बड़ी राहत देने जा रही है। अब ऐसे स्कूल जिनकी किसी भी कक्षा के लिए वार्षिक फीस 25 हजार रुपये से कम है, वे फीस नियंत्रण अधिनियम के दायरे में नहीं आएंगे। यदि ऐसे स्कूल 15 प्रतिशत से अधिक फीस वृद्धि करते हैं तो इसके लिए पहले जिला समिति से अनुमति लेनी होगी। ऐसा नहीं करने पर अधिनियम के प्रविधान के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। वाहन शुल्क वार्षिक फीस में होगा शामिल कोई भी स्कूल परिवहन (बस) फीस भी अब अलग से नहीं ले सकेगा। इसे भी वार्षिक फीस का ही भाग माना जाएगा। सरकार ने यह प्रविधान मध्य प्रदेश निजी विद्यालय अधिनियम-2024 में संशोधन के लिए प्रस्तुत विधेयक में किए हैं। सदन से विधेयक पारित होने के बाद राज्यपाल मंगुभाई पटेल की अनुमति मिलने पर प्रविधान प्रभावी होंगे। प्रदेश के आधे स्कूलों में वार्षिक फीस 25 हजार से कम प्रदेश में 34,652 निजी स्कूल हैं। इनमें से लगभग 16 हजार ऐसे हैं, जिनकी किसी भी कक्षा में वार्षिक फीस 25 हजार रुपये या इससे कम है। मध्य प्रदेश निजी विद्यालय अधिनियम-2017 के तहत वर्ष 2020 में नियम बनाए गए। इसके प्रविधान अनुसार सरकार को यह अधिकार दिया गया कि वह निजी स्कूलों की फीस और अन्य विषयों पर निर्णय लेकर फीस विनियमन कर सकेगी। 10 फीसदी तक बिना अनुमति के बढ़ाई जा सकती है फीस 10 प्रतिशत वार्षिक फीस बिना अनुमति के बढ़ाई जा सकती है लेकिन अधिक वृद्धि के लिए जिला समिति की अनुमति लेना आवश्यक है। स्कूल 25 हजार रुपये तक फीस लेने वाले स्कूलों को शिक्षकों के वेतन सहित अन्य व्यवस्थाओं के लिए वित्तीय प्रबंधन में परेशानी होती है। 25 हजार रुपये वार्षिक फीस वाले स्कूलों को छूट यदि दस प्रतिशत वृद्धि करते हैं तो अभिभावकों पर अधिक भार नहीं पड़ता है, इसलिए नई उपधारा प्रस्तावित की गई है कि 25 हजार रुपये वार्षिक फीस लेने वाले स्कूल अधिनियम के दायरे से बाहर रहेंगे। इसके साथ ही यह प्रविधान भी किया जा रहा है कि परिवहन फीस स्कूलों की वार्षिक फीस का भाग होगा। अभी स्कूल इसे वार्षिक फीस से अलग लेते हैं और इसमें वृद्धि भी अधिक होती है। इससे वार्षिक फीस नियंत्रित रहेगी। फीस बढ़ाने की शिकायत सुनने बनेगी समिति फीस बढ़ाने पर आपत्ति की अपील सुनने मंत्री की अध्यक्षता में समिति अधिनियम में यह संशोधन भी प्रस्तावित किया गया है कि वार्षिक फीस में 15 प्रतिशत से अधिक वृद्धि के आदेश के विरुद्ध अपील सुनने के लिए राज्य स्तरीय समिति होगी। इसके अध्यक्ष स्कूल शिक्षा मंत्री रहेंगे। recent visitors 38

अब रूस जाने के लिए नहीं पड़ेगी वीजा की जरूरत, पुतिन जल्द करेंगे घोषणा

नई दिल्ली भारतीय पर्यटकों के लिए एक अच्छी खबर है. भारत के लोग जल्द ही बिना वीजा के रूस घूम सकते हैं. भारत और रूस के बीच 2025 में इसे लेकर एक सिस्टम विकसित होने की संभावना है. अब कुछ ही समय बाद भारतीयों को रूस जाने के लिए टूरिस्ट वीजा की आवश्यकता नहीं होगी. इससे पहले रूस ने भारतीयों के लिए अगस्त 2023 से ई-वीजा की शुरुआत की थी जिसकी प्रक्रिया पूरे होने में लगभग 4 दिन लगते हैं. हालांकि, अब नई वीजा-फ्री व्यवस्था से भारतीयों के लिए रूस की यात्रा और भी सरल हो जाएगी. रिपोर्ट के अनुसार, पिछले साल रूस ने जितने ई-वीजा जारी किए, उसमें भारत टॉप पांच देशों में शामिल था. रूस ने भारतीयों को 9,500 ई-वीजा दिए. बिना वीजा के रूस जा सकेंगे भारतीय रूस और भारत के बीच द्विपक्षीय समझौते के तहत ग्रुप टूरिस्ट एक्सचेंज के लिए वीजा नियमों को आसान बनाने की प्रक्रिया जून 2023 में शुरू हुई थी. रूस के आर्थिक विकास मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी, निकिता कोंद्रात्येव ने कहा, “भारत इस समझौते को अंतिम रूप देने के अंतिम चरण में है.” माना जा रहा है कि यह समझौता साल के अंत तक पूरा हो जाएगा, जिसके बाद भारतीय नागरिक बिना वीजा के रूस की यात्रा कर सकेंगे. रूस में भारतीय यात्रियों की बढ़ती संख्या हाल के वर्षों में रूस जाने वाले भारतीय यात्रियों की संख्या में लगातार वृद्धि देखी गई है. 2023 में, रूस ने भारतीय यात्रियों को 9,500 ई-वीजा जारी किए, जो कुल ई-वीजा का 6% था. 2024 की पहली छमाही में, 28,500 भारतीय यात्रियों ने मॉस्को का दौरा किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 1.5 गुना अधिक है. 2023 में, 60,000 से अधिक भारतीयों ने रूस की यात्रा की, जो 2022 की तुलना में 26% अधिक है. मॉस्को सिटी टूरिज्म कमेटी के चेयरमैन, एवगेनी कोज़लोव ने बताया, "2023 की पहली तिमाही में, भारत गैर-CIS देशों के व्यापार पर्यटकों में तीसरे स्थान पर था." मॉस्को के अधिकारियों का मानना है कि भारत रूस के लिए एक प्राथमिक बाजार है, क्योंकि दोनों देशों के बीच मजबूत और ऐतिहासिक संबंध हैं. रूस और भारत के बीच गहरी ऐतिहासिक और कूटनीतिक मित्रता रही है. नई वीजा-फ्री नीति से न केवल पर्यटन बल्कि व्यापारिक संबंधों को भी बल मिलेगा. 58 देशों में भारतीयों की वीजा फ्री एंट्री वर्तमान में भारतीय पासपोर्टधारियों को 58 देशों में वीजा फ्री एंट्री का अधिकार हासिल है. हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2024 में भारत का पासपोर्ट 83वें स्थान पर है जिसकी मदद से भारतीय थाईलैंड, इंडोनेशिया, मालदीव, श्रीलंका , मोरिशियस और कतर जैसे ट्रैवल डेस्टिनेशन्स पर बिना वीजा के यात्रा कर सकते हैं. recent visitors 68

IRCTC Super App: रेलवे जल्द लॉन्च करेगा सुपर ऐप, यूजर्स को एक ही प्लेटफॉर्म पर हर तरह की सुविधाएं मिलेगी

इंदौर भारतीय रेलवे 'IRCTC Super App' नाम से एक ऐप लेकर आ रही है, जिससे यात्रियों का अनुभव बहुत ही शानदार हो जाएगा। इस एक ऐप में टिकट बुकिंग, कारगो बुकिंग, फूड ऑर्डर सहित कई सुविधाएं मिल जाएंगी। सेंटर फॉर रेलवे इंफॉर्मेशन सिस्टम (CRIS) के साथ पार्टनरशिप में IRCTC ने ये ऐप बनाई है। इस ऐप का उद्देश्य यूजर्स को एक ही प्लेटफॉर्म पर हर तरह की सुविधाएं देना है, जिससे उनको परेशानी न उठानी पड़े। पहले यूजर्स को हर चीज के लिए अलग-अलग ऐप में जाना पड़ता था, जिससे उनको मानसिक तनाव होता था।   सुपर ऐप के ये हैं फीचर्स सुपर ऐप के जरिए IRCTC के अलग-अलग ऐप से मिलने वाली सुविधाएं एक ही प्लेटफॉर्म पर जाएंगी। आप इस ऐप के जरिए ट्रेन टिकट को खरीदना, प्लेटफॉर्म पास लेना, टिकट रिजर्व और अनरिजर्व सहित कई चीजें कर सकते हैं। इस ऐप की मदद से ये काम जल्दी हो जाएंगे। आपको लाइन में लगकर भीड़ का सामना नहीं करना पड़ेगा। IRCTC Rail Connect, UTS, Rail Madad और दूसरे प्लेटफॉर्म पर आपको जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। रिजर्व टिकट बुकिंग सिस्टम करता रहेगा काम रेलवे ने अपनी सेवाओं को डिजिटल रूप से और अधिक सुगम बनाने के लिए एक नया सुपर ऐप लॉन्च किया है। इस ऐप के जरिए यात्री अपनी बुकिंग और अन्य सेवाओं का फायदा एक ही लॉगिन से उठा सकेंगे। यह ऐप यात्रा को और आरामदायक बनाने में मदद करेगा। भारतीय रेलवे के IT विभाग, CRIS द्वारा विकसित किए गए इस ऐप का उद्देश्य रेलवे सेवाओं को और अधिक सरल और सुविधाजनक बनाना है। हालांकि, इस ऐप के लॉन्च के बाद भी IRCTC का मौजूदा रिजर्व टिकट बुकिंग सिस्टम पहले की तरह काम करता रहेगा। यात्रियों के लिए यह ऐप एक बड़ा लाभ साबित होगा, जो रेलवे यात्रा को और अधिक सहज बनाएगा। recent visitors 42

छत्तीसगढ़ में वाहन मालिकों के लिए परिवहन विभाग ने शुरू की योजना, घर बैठे लगवाएं हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट

रायपुर वाहनों में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगवाने के लिए वाहन मालिकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। उन्हें यहां-वहां भटकने की कतई जरूरत नहीं है। वे घर बैठे कंपनी के कर्मचारियों को बुलाकर नंबर प्लेट लगवा सकते हैं। यह नई सुविधा परिवहन विभाग ने शुरू की है, ताकि वाहन मालिकों को इधर-उधर भटकना न पड़े। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रदेशभर में अब वाहन मालिक अपनी गाड़ियों में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगवाने के लिए दो अधिकृत वेंडरों के कर्मचारियों को सुविधा के अनुसार अपने घर बुला सकते हैं। यह योजना एक अप्रैल 2019 से पहले रजिस्टर्ड वाहनों पर लागू की गई है। नंबर प्लेट लगाने के लिए विभाग ने मेसर्स रियल मेजान इंडिया लिमिटेड और मेसर्स रास्मेर्टा सेफ्टी सिस्टम लिमिटेड को अधिकृत वेंडर नियुक्त किया है। वे विभाग द्वारा निर्धारित दरों पर ही नंबर प्लेट लगाएंगे। घर पहुंच सेवा का शुल्क अलग से लगेगा साथ ही परिवहन दफ्तरों को अलग-अलग जोन में बांटा गया है, ताकि लोग नंबर प्लेट लगवा सकें। अधिकारियों ने बताया कि हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगवाने के लिए परिवहन विभाग की वेबसाइट cgtransport.gov.in पर लॉग इन करना होगा। ऑनलाइन बुकिंग के लिए, डिजिटल मोड का ही इस्तेमाल किया जा सकता है। हर इंस्टालेशन के लिए 100 रुपये का अतिरिक्त शुल्क देना होगा। घर पहुंच सेवा के लिए भी अतिरिक्त शुल्क लगेगा। एचएसआरपी नंबर प्लेट लगवाने के लिए ध्यान रखना होगा कि रजिस्ट्रेशन के साथ वाहन मालिक का मोबाइल नंबर वाहन पोर्टल पर दर्ज होना चाहिए। अगर नंबर दर्ज नहीं है तो पहले नंबर दर्ज कराना होगा। पोर्टल में नंबर होने पर रजिस्ट्रेशन नंबर के साथ गाड़ी का चेसिस नंबर भी डालना होगा। इसके बाद, मोबाइल से वेरिफिकेशन होगा। 2019 से पुराने वाहनों की बदलेंगे नंबर प्लेट प्रदेश में वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगाना अनिवार्य किया है। अतिरिक्त परिवहन आयुक्त डी. रविशंकर ने वेंडरों को कहा है कि अब सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट लगाना ही होगा। हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट का खर्च     365 रुपये दोपहिया के लिए     427 रुपये तीनपहिया के लिए     656 रुपये चारपहिया के लिए     705 रुपये भारी वाहनों के लिए नंबर प्लेट की खासियत इसमें एक यूनिक कोड होता है, जिसमें उस गाड़ी से जुड़ी सभी जानकारी होती है। इसे निकाला नहीं जा सकता। इसमें दो नंबर प्लेट और तीसरा नंबर प्लेट भी होता है, जो विंड सीट में लगता है। जनरेटिव एआई की सुविधा फिलहाल एक्सपेरिमेंट के तौर पर उपलब्ध है। recent visitors 49

सुबह 7 बजकर 59 मिनट पर मकर राशि में होगा सूर्यनारायण का प्रवेश

उज्जैन सूर्य के उत्तरायण का पर्व मकर संक्रांति 14 जनवरी को मनाया जाएगा। इस दिन सुबह 7 बजकर 59 मिनट पर सूर्य का मकर राशि में प्रवेश होगा। ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, जब सूर्य का प्रवेश दिन में हो या सुबह सूर्योदय के तीन मुहूर्त के आसपास हो, तो मकर संक्रांति का अनुक्रम बनता है। धर्मशास्त्र की इसी मान्यता के अनुसार, 14 तारीख को मकर संक्रांति मनाई जाएगी। मोक्षदायिनी शिप्रा में पर्व स्नान होगा। ज्योतिषाचार्य पं. अमर डब्बावाला ने बताया, सूर्य के राशि परिवर्तन को सूर्य की संक्रांति कहा जाता है। सूर्य जब मकर राशि में प्रवेश करते हैं, तो इसे मकर संक्रांति कहा जाता है। सूर्य की मकर संक्रांति शुभ     सूर्य सिद्धांत की मान्यता के अनुसार, 14 जनवरी मंगलवार को पुनर्वसु नक्षत्र, विषकुंभ योग एवं बालव करण तथा कर्क राशि के चंद्रमा की साक्षी में सूर्य देवता का धनु राशि को छोड़कर के मकर राशि में प्रवेश करेंगे।     मकर राशि में प्रवेश होते ही सूर्य की मकर संक्रांति कहलाएगी। यह समय सुबह 7.59 पर होगा। सूर्य के मकर में प्रवेश करते ही खरमास का समापन होगा तथा उत्तरायण का पक्ष आरंभ हो जाएगा।     मांगलिक कार्य आरंभ होंगे। मकर संक्रांति का पर्व काल होने से यह स्नान, दान, तर्पण, पितरों के निमित्त श्रद्धा व्यक्त करने का दिवस है। इस दिन अन्नदान, वस्त्रदान करने का विशेष महत्व है।     तांबा, चांदी अथवा सोने के कलश में काले तिल भरकर के दान करने का महत्व भी बताया गया है। इस दिन जल में काले तिल डालकर स्नान करने से गरीबी दूर होती है तथा रोग, दोष समाप्त होते हैं। व्यापार में उतार चढ़ाव, भारत लाए जा सकते हैं वन्यप्राणी शास्त्रीय गणना व सूर्य सिद्धांत में संक्रांति के शुभ अशुभ फल में वाहन का विशेष महत्व होता है। इस बार संक्रांति का वाहन व्याघ्र तथा उप वाहन अश्व रहेगा। व्याघ्र पर सवार होकर आ रही संक्रांति वन्य प्राणियों के लिए विशेष प्रभावी रहेगी। इससे बाघ व कूनों में चीतों की संख्या में वृद्धि होगी। अन्य देशों से नए वन्यप्राणी भारत लाए जा सकते हैं। प्राणियों के जीवन पर कुछ संकट की स्थिति भी बन सकती है। recent visitors 57