प्यार में रोड़ा बना प्रेमिका का पिता, दो दोस्तों के साथ मिलकर प्रेमी ने कर दी हत्या

महासमुंद जिले के ग्राम मालीडीह में एक प्रेमी ने दो दोस्तों के साथ मिलकर प्रेमिका के पिता को मौत के घाट उतार दिया. मामले में पुलिस ने तीनों आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. बिरबिरा के जंगल में घटना को अंजाम देकर आरोपियों ने लाश को वही छुपाकर दिया था. पूरा मामला तुमगांव थानाक्षेत्र का है. जानकारी के अनुसार, आरोपी मोहित अपनी प्रेमिका से प्यार करता था और शादी करना चाहता था. लेकिन लड़की के पिता हीराधर पटेल ने शादी से मना कर दिया था. जिससे आरोपी आक्रोश से भर गया. मोहित ने अपने दो दोस्त पंकज और मनोज ने लड़की के पिता को बिरबिरा के जंगल लेकर गया. यहां हीराधर को आरोपियों ने हथौड़े से वार कर मौत के घाट उतार दिया और वहीं लाश को छुपाकर फरार हो गए. प्रार्थी गोविन्द पटेल ने 17 दिसंबर की शाम को चाचा (51 वर्षीय) हीराधर पटेल की लापता होने की सूचना थाने में दी. पुलिस को जांच में पता चला कि मृतक हीराधर पटेल के साथ मोहित पटेल को देखा गया था. हिरासत मे लेकर पूछताछ के दौरान मोहित पटेल ने हत्या करना स्वीकार कर किया. पुलिस ने तीनो आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में इस्तेमाल बाइक और हथौड़ा जब्त कर धारा 103(1) , 61(2), 238, 3(5) BNS के तहत मामला दर्ज कर जेल भेज दिया. recent visitors 61

राहुल गांधी की अगुवाई वाली कांग्रेस पार्टी ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में अर्बन नक्सल संगठन शामिल थे: देवेंद्र फडणवीस

मुंबई महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने आरोप लगाया है कि राहुल गांधी की अगुवाई वाली कांग्रेस पार्टी 'भारत जोड़ो यात्रा' में "अर्बन नक्सल" संगठन शामिल थे। फडणवीस के मुताबिक, इन संगठनों ने नेपाल में एक बैठक आयोजित की थी, जिसका उद्देश्य भाजपा शासित सरकारों को अस्थिर करना था। फडणवीस ने विधानसभा में कहा कि यह बैठक महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से ठीक पहले 15 नवंबर को काठमांडू में हुई थी। इसका उद्देश्य मुंबई जैसे वित्तीय राजधानी में अशांति पैदा करना था। फडणवीस ने यह भी कहा कि एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) ने चुनावों में "आतंकी धन" के इस्तेमाल की जांच शुरू की है। उन्होंने यह दावा किया कि विदेशी हस्तक्षेप के सबूत मिले हैं। मुख्यमंत्री ने विधानसभा में कहा, "15 नवंबर को काठमांडू में एक बैठक हुई थी, जिसमें उन संगठनों ने भाग लिया था जो भारत जोड़ो यात्रा में शामिल थे। इस बैठक में ईवीएम का विरोध और महाराष्ट्र के साथ-साथ भाजपा शासित राज्यों की सरकार को अस्थिर करने और बैलट पेपर की वापसी जैसे मुद्दों पर चर्चा की गई थी।" फडणवीस ने आगे दावा किया कि राहुल गांधी की यात्रा में शामिल 180 संगठनों में से 40 को पूर्व गृह मंत्री आरआर पटिल ने कांग्रेस-एनसीपी सरकार के दौरान 'फ्रंटल संगठन' के रूप में नामित किया था। फडणवीस ने कहा, "18 फरवरी 2014 को मनमोहन सिंह सरकार के दौरान केंद्र ने लोकसभा में 72 फ्रंटल संगठनों का उल्लेख किया था, जिनमें से 7 भारत जोड़ो यात्रा का हिस्सा थे।" मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि इन संगठनों ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों में महा विकास आघाड़ी (MVA) के लिए प्रचार किया था। उन्होंने कहा, "भारत में चुनावों में विदेशी हस्तक्षेप के सबूत मिले हैं।" फडणवीस का यह दावा उस समय आया है जब सरकार ने विधानसभा में "महाराष्ट्र विशेष सार्वजनिक सुरक्षा अधिनियम, 2024" प्रस्तुत किया है, जो "शहरी नक्सलवाद" से निपटने के लिए कदम उठाने का प्रस्ताव करता है। यह कानून शहरी केंद्रों में नक्सलवाद की बढ़ती उपस्थिति से निपटने के लिए कदम उठाने का दावा करता है। recent visitors 104

पुलिस उप महानिरीक्षक शहडोल रेंज शहडोल द्वारा किया गया वार्षिक निरीक्षण

पुलिस उप महानिरीक्षक शहडोल रेंज शहडोल द्वारा किया गया वार्षिक निरीक्षण परेड एवं बलवा ड्रिल का हुआ आयोजन पुलिस सम्मेलन में  अधिकारी/ कर्मचारियों की सुनी समस्याएं पुलिस अधीक्षक कार्यालय, रक्षित केंद्र ,  यातायात एवं एस.डी. ओ. पी.कार्यालय का किया निरीक्षण समस्त थाना प्रभारी /चौकी प्रभारी एवं थाना चौकी का उपलब्ध बल हुआ शामिल अनूपपुर                     आज रक्षित केंद्र अनूपपुर में  पुलिस महानिरीक्षक शहडोल रेंज शहडोल महोदया सुसविता सोहने की वार्षिक निरीक्षण परेड एवं पुलिस सम्मेलन  कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें डीआईजी महोदया द्वारा परेड का निरीक्षण किया गया, जिसमें सभी अधिकारी कर्मचारियों के टर्नआउट चेक किए, ड्रिल अभ्यास करवाया गया, बलवा परेड का आयोजन हुआ , पुलिस वाहनों का निरीक्षण किया गया।  अच्छा प्रदर्शन करने वाले पुलिस अधिकारी कर्मचारियों को पुरस्कृत किया गया।  पुलिस सम्मेलन में अधिकारी कर्मचारियों द्वारा रखी गई समस्याओ को सुना उनके निराकरण के निर्देश दिए। सम्मेलन में सम्मिलित सभी अधिकारी कर्मचारियों को संबोधित करते हुए डीआईजी महोदय द्वारा कहा गया कि हमें अपना व्यवहार एवं आचरण हमेशा अच्छा रखना चाहिए, हमारा आचरण ऐसा हो की लोग उसका अनुकरण करें। गरीब अमीर के प्रति सम व्यवहार रखना चाहिए। सभी धर्मो के प्रति समान रूप से सम्मान का भाव रखना चाहिए । अपना टर्न आउट हमेशा अच्छा रखें । अनुशासन का विशेष ध्यान रखें । महिला पुलिस अधिकारी/कर्मचारी फील्ड की ड्युटियों से परहेज न करें कार्य की व्यवसायिक दक्षता हमेशा बनी रहनी चाहिए। सभी थानों में गुजारिश रजिस्टर होना चाहिए ,जिसमें तैनात कर्मचारियों की समस्याओं को अंकित करना चाहिए। पुलिस आवासों की मरम्मत एवं साफ सफाई का विशेष ध्यान रखें। हमें अपनी कार्यशैली से  आम पब्लिक में पुलिस के प्रति विश्वास कायम रखना है। पुलिस सम्मेलन के पश्चात डी आई जी महोदया द्वारा रक्षित केंद्र अनूपपुर ,ट्रैफिक थाना, एस डी ओ पी कार्यालय का निरीक्षण किया गया, रिकार्ड का रख रखाव एवं संधारण  कार्यालय की साफ सफाई आदि को चेक किया गया। *अनूपपुर पुलिस* recent visitors 32

जयपुर की सड़क दुर्घटना हृदय विदारक : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राजस्थान के जयपुर में भीषण सड़क दुर्घटना में कई अनमोल जिंदगियों के असमय काल कवलित होने का समाचार हृदय विदारक है। मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिजनों के साथ हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बाबा महाकाल से दिवंगतों की आत्मा को शांति और शोकाकुल परिजनों को असहनीय दु:ख सहने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है। उन्होंने सभी घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना भी की।   recent visitors 69

दमोह में निजी चिकित्सक ओपीडी प्रिस्क्रिप्शन में उप मुख्यमंत्री शुक्ल दे रहे जागरूकता संदेश

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल कहा है कि टीबी उन्मूलन के लिए सामूहिक प्रयास करने होंगे। नि:क्षय शिविर अभियान सामुदायिक भागीदारी से अपने लक्ष्य को प्राप्त करेगा। उन्होंने सभी सामाजिक संगठनों और समाजसेवकों से आह्वान किया है कि वे इस अभियान का हिस्सा बनें और हर टीबी मरीज तक जरूरी सहायता पहुंचाने में सहयोग करें। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने आस-पास के टीबी मरीजों की पहचान करने और उन्हें समय पर इलाज दिलाने में सहयोग करें। यदि किसी व्यक्ति को लगातार दो सप्ताह से अधिक खांसी, बुखार या वजन घटने जैसी शिकायत हो, तो उसे तुरंत स्वास्थ्य केंद्र ले जाएं। टीबी का इलाज पूरी तरह संभव है, इसके लिए समय पर पहचान और उपचार महत्वपूर्ण है। सभी के समेकित प्रयास से टीबी मुक्त मध्यप्रदेश का लक्ष्य हम शीघ्र प्राप्त करेंगे। उन्होंने अभियान में सक्रिय भूमिका निभा रहे स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, समाजसेवियों, संस्थाओं, नि:क्षय मित्रों की सराहना की है। मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य विभाग द्वारा वर्ष 2025 तक टीबी (क्षय रोग) को समाप्त करने के राष्ट्रीय लक्ष्य को साकार करने के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चला रहा है। इस अभियान में समाज के हर वर्ग को जोड़ते हुए, एनजीओ, समाजसेवी संगठनों, और आम जनता से सक्रिय सहयोग की अपील की जा रही है। 100 दिवसीय नि:क्षय शिविर अभियान में प्रदेश के 23 उच्च प्राथमिकता वाले जिलों में टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने, रोग की पहचान, रोकथाम और उपचार को गति देने के प्रयास किए जा रहे हैं। अभियान में टीबी की घटनाओं में 80% कमी लाने, मृत्यु दर में 90% गिरावट और मरीजों के चिकित्सा व्यय को शून्य करने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिये नि:क्षय मित्रों, स्वयं सेवकों और सामाजिक संगठनों को शामिल कर सघन प्रयास किये जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग ने टीबी के खिलाफ जागरूकता को जनआंदोलन का रूप देने के लिए विभिन्न रचनात्मक पहलें की हैं। सिवनी जिले में ‘न्यू पहल’ फाउंडेशन ने 400 मस्जिदों में उर्दू भाषा में जागरूकता सामग्री प्रदाय की है, जिससे समुदाय के हर वर्ग तक टीबी की जानकारी पहुंचे। मंदसौर में ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर कमलेश भाटी ने एक शादी समारोह में टीबी जागरूकता का संदेश देकर समाज के बीच जागरूकता का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया। इसी तरह, जबलपुर रेलवे स्टेशन पर लाखों यात्रियों को टीबी की जानकारी देने के लिए पोस्टर और फ्लेक्स लगाए गए हैं। विशेष शिविर लगाकर की जा रही हैं जाँच दमोह जिले में निजी चिकित्सकों ने अपने मरीजों के बीच जागरूकता फैलाने के लिए ओपीडी प्रिस्क्रिप्शन में टीबी जागरूकता के संदेश देने की पहल की है। सीधी जिले में स्थानीय "बघेली" भाषा में दीवार लेखन के माध्यम से सैकड़ों प्रेरक नारों को लिखा गया है, जो समुदाय के लोगों के बीच जागरूकता फैलाने में मदद कर रहे हैं। दतिया में आईसीएमआर टीम ने जेल के कैदियों की हैंडहेल्ड एक्स-रे तकनीक से स्क्रीनिंग की, जबकि मंडला जिले के कार्य स्थलों पर शिविर लगाकर 417 मजदूरों की जांच की गई। नीमच जिले में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने टीबी मरीजों को पोषण सामग्री उपलब्ध कराकर उनके समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा देने की कोशिश की है।   recent visitors 50

मुख्यमंत्री ने म.प्र. आईएएस एसोसिएशन के सिविल सर्विस मीट -2024 का किया शुभारंभ

भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी, जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव और व्यवस्थाओं को सुव्यवस्था में बदलने में सक्षम : मुख्यमंत्री डॉ. यादव विश्व में देश की विशिष्ट पहचान बनाने में आईएएस अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव सर्विस मीट का विचार मंथन नए दौर के नए मध्यप्रदेश के निर्माण में सहायक मुख्यमंत्री ने म.प्र. आईएएस एसोसिएशन के सिविल सर्विस मीट -2024 का किया शुभारंभ भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारत जैसे विशाल और विविधताओं वाले देश की विश्व में विशिष्ट छवि बनाने में भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। आज भारत की अलग पहचान बनी है और देश को आदर-सम्मान के साथ देखा जाता है। भारतीय प्रशासनिक सेवा का स्वरूप अन्य सेवाओं से भिन्न है। कठोर परिश्रम के साथ-साथ ईश्वर प्रदत्त भाग्य से ही मनुष्य को भारतीय प्रशासनिक सेवा से जन सेवा का अवसर प्राप्त होता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मध्यप्रदेश आईएएस ऑफिसर्स एसोसिएशन द्वारा आयोजित सिविल सर्विस मीट-2024 का प्रशासन अकादमी में शुभारंभ कर कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का अंगवास्त्रम् भेंट कर स्वागत किया गया। मुख्य सचिव अनुराग जैन ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को प्रतीक चिन्ह भेंट किया। दक्षता से लिए गए निर्णयों से ही अधिकारी इतिहास बनाते हैं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पौराणिक संदर्भ का उल्लेख करते हुए कहा कि ईश्वर प्रदत्त यश का सदुपयोग जनहित में करना ही श्रेष्ठतम है। भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी, लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और व्यवस्थाओं को सुव्यवस्था में बदलने में सक्षम हैं। व्यक्तिगत स्तर पर की गई ऐसी पहल, सुख और संतोष प्रदान करती है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के अनुसार बेहतर अवसरों के साथ अपनी दक्षता और सूझ-बूझ से लिए गए निर्णय और उनके बेहतर क्रियान्वयन से ही अधिकारी इतिहास बनाते हैं। निर्णयों के क्रियान्वयन में आईएएस अधिकारियों की दक्षता प्रशंसनीय मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि व्यवस्था संचालन में विधायिका, न्यायपालिका और कार्यपालिका के अलग-अलग दायित्व हैं। उनके निर्वहन की अपनी-अपनी विशेषज्ञता भी है। इन सभी संस्थाओं ने लोकतंत्र को बनाए रखने में अपने-अपने स्तर पर योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि निर्णय लेना या एक विचार देना सरल है, लेकिन बड़े फलक पर उसका क्रियान्वयन चुनौती पूर्ण होता है। भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों की निर्णयों के क्रियान्वयन में दक्षता प्रशंसनीय है। सेवाकाल के बाद भी देश की उन्नति और जनकल्याण में दें योगदान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सिविल सर्विस मीट का विचार मंथन नए दौर के नए मध्यप्रदेश के निर्माण में सहायक होगा। प्रशासनिक अधिकारियों के लंबे अनुभवों को साझा करने के लिए किसी संस्था की संरचना करने पर विचार होना चाहिए। इससे अलग-अलग क्षेत्र के व्यक्तियों के साथ विचारों के आदान-प्रदान तथा सेवाकाल के बाद भी देश की उन्नति और जन कल्याण में अपना योगदान देने के लिए मंच उपलब्ध हो सकेगा। वैश्विक परिदृश्य में हो रही घटनाओं की दृष्टि से भारत का वर्तमान समय बहुत अनुकूल और सकारात्मक है। पड़ौसी देशों में हो रहे घटनाक्रम से इसका आंकलन किया जा सकता है। विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र के रूप में भारत की व्यवस्थाएं विश्व में आदर्श प्रस्तुत कर रही हैं। इसमें भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों का योगदान महत्वपूर्ण है। सर्विस मीट, टीम भावना विकसित करने और नवाचारों को जानने व सीखने में सहायक एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहम्मद सुलेमान ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव से परिवार के मुखिया के रूप में सदैव मार्गदर्शन प्राप्त होता है। तीन दिवसीय सर्विस मीट से एसोसिएशन के सदस्यों में टीम भावना विकसित करने, नवाचारों को जानने और सीखने तथा बेहतर परिणाम देने के लिए स्वयं को तैयार करने का अवसर प्राप्त होता है। जी-20 इंडिया के शेरपा तथा नीति आयोग के पूर्व अध्यक्ष अमिताभ कांत रहे उपस्थित कार्यक्रम में मुख्य सचिव अनुराग जैन, जी-20 इंडिया के शेरपा तथा नीति आयोग के पूर्व अध्यक्ष अमिताभ कांत, प्रशासन अकादमी के महानिदेशक जे.एन. कंसोटिया, एसोसिएशन के पदाधिकारी अनुपम राजन, विवेक अग्रवाल सहित भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी उपस्थित थे।   recent visitors 81

वरिष्ठ आईएएस सुबोध सिंह को मिल सकती है सीएम सेक्रेटेरिएट में पोस्टिंग

रायपुर केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से लौटे 97 बैच के आईएएस अधिकारी सुबोध सिंह ने गुरुवार को सामान्य प्रशासन विभाग में ज्वाइनिंग दी. इस दौरान उन्होंने मुख्य सचिव अमिताभ जैन से भी मुलाकात की. सुबोध सिंह वर्ष 2019 से केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर थे. हाल ही राज्य सरकार के आग्रह पर डीओपीटी ने उन्हें छत्तीसगढ़ वापसी के लिए कार्यमुक्त किया. उनके साथ हाल ही में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से लौटे अमित कटारिया को जल्द ही पोस्टिंग मिलने की संभावना है. इसके साथ ही सचिवों और अफसरों के विभागों में भी बदलाव हो सकता है. बता दें कि सुबोध सिंह पूर्व में मुख्यमंत्री के सचिव रह चुके हैं, ऐसे में संभावना इस बात की है कि उन्हें एक बार फिर से सीएम सेक्रेटेरिएट में रखा जाए. recent visitors 113