Monday, July 6, 2026 11:09 pm

बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में करंट से एक बाघ की मौत के बाद शिकारियों को लेकर अलर्ट और बाघों की सुरक्षा पर उठे सवाल

उमरिया बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में करंट से एक बाघ की मौत के बाद प्रदेश में जारी किए गए शिकारियों को लेकर अलर्ट और बाघों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है। यह सवाल इसलिए भी बड़ा है क्योंकि बांधवगढ़ के कटनी जिले से लगे हिस्से में बाघों की सबसे ज्यादा मौत होती है। पिछले कई साल से लेकर इस साल तक का आंकड़ा यही बताता है। इस साल भी बांधवगढ़ में दो बाघों की मौत हुई है और दोनों ही मौतें पनपथा रेंज में हुई है। पांच सालों में 51 में से 17 पनपथा में मरे बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में वर्ष 2020 से पिछले पांच सालों में 51 बाघों की मौत हो चुकी है। वर्ष 2020 में नौ बाघों की मौत हुई। वर्ष 2021 में 15 बाघों ने बांधवगढ़ में अपनी जान गंवाई। वर्ष 2022 में सात बाघ मरे। वर्ष 2023 में 13 एक-एक करके बाघों की जान गई। वर्ष 2024 में 13 बाघों की मौत का आंकड़ा रहा और वर्ष 2025 शुरू होते ही बांधवगढ़ के तीन बाघ मौत के मुंह में समा गए। जबकि इन आंकड़ों का सबसे अहम पहलू यह है कि मरने वाले कुल बाघों में से 17 बाघों की बांधवगढ़ के पनपथा रेंज में मौत हुई है। recent visitors 23

अनन्या प्रसाद ने 52 दिनों में यह कठिन यात्रा पूरी कर रचा नया इतिहास, अटलांटिक महासागर को अकेले किया पार

नई दिल्ली क्या आपने कभी सोचा है कि समुद्र की गहराइयों में अकेले 3,000 मील की यात्रा करना कैसा एक्सपीरियंस होगा? बेंगलुरु की रहने वाली अनन्या प्रसाद ने यही किया, और वो भी अकेले! 34 साल की अनन्या ने अटलांटिक महासागर को अकेले पार किया और 52 दिनों में यह कठिन यात्रा पूरी की। इस दौरान उन्होंने न केवल अपनी शारीरिक और मानसिक ताकत का परिचय दिया, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य और बच्चों के लिए 1.5 लाख पाउंड से अधिक की रकम भी जुटाई। अनन्या का यह साहसिक कदम न सिर्फ एक व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि समाज में पॉजिटिव बदलाव लाने की भी एक बड़ी कोशिश है। एक अनोखी यात्रा की शुरुआत अनन्या की यात्रा 11 दिसंबर, 2024 को कैनरी द्वीप समूह के ला गोमेरा से शुरू हुई और 31 जनवरी, 2025 को एंटीगुआ में समाप्त हुई। अनन्या, जो प्रसिद्ध कन्नड़ कवि जी एस शिवरुद्रप्पा की पोती हैं, ने अपनी सांस्कृतिक धरोहर और व्यक्तिगत आकांक्षाओं को मिलाकर इस यात्रा को संभव किया।अनन्या ने अपनी यात्रा की तैयारी में तीन साल से भी अधिक समय बिताया। इसमें विशेष रोइंग तकनीकों, शारीरिक सहनशक्ति बनाने और मानसिक दृढ़ता को बढ़ाने के लिए प्रशिक्षण शामिल था।   समुद्र की चुनौतियों से जूझना इस अकेली यात्रा के दौरान अनन्या को कई कठिनाईयों का सामना करना पड़ा। उन्हें खतरनाक समुद्री हालात, ओर्का व्हेल से मिलना, खराब मौसम से जूझना और एक गंभीर समस्या का सामना करना पड़ा जब उनके रडर (स्टीयरिंग यंत्र) को मध्य यात्रा में नुकसान हो गया। लेकिन अपनी तकनीकी विशेषज्ञता और मानसिक मजबूती के साथ उन्होंने उसे ठीक किया और यात्रा जारी रखी। अनन्या ने रोजाना लगभग 60-70 किलोमीटर की दूरी तय की। उनके द्वारा बनाई गई आहार और जल योजना ने उन्हें इन कठिन परिस्थितियों में टिके रहने में मदद की। समाज के लिए योगदान अनन्या की यह यात्रा केवल एक व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं थी, बल्कि इसका उद्देश्य समाज में पॉजिटिव बदलाव लाना था। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य फाउंडेशन और दक्षिण भारत के अनाथ बच्चों के लिए काम करने वाले दीनबंधु ट्रस्ट के लिए 1,50,000 पाउंड से अधिक धन जुटाया। यह योगदान यह दिखाता है कि व्यक्तिगत प्रयासों से समाज में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है। सबके लिए यादगार प्रेरणा अनन्या की यह यात्रा केवल शारीरिक कड़ी मेहनत की कहानी नहीं है, बल्कि यह एक मजबूत संदेश भी देती है। यह उन महिलाओं और रंगीनी जातियों को साहस और प्रेरणा देती है जिन्हें साहसिक खेलों में पारंपरिक रूप से स्थान नहीं मिला है। अनन्या ने अपने संघर्ष को सभी के साथ साझा किया और सोशल मीडिया पर अपनी यात्रा के बारे में जानकारी दी, जिससे वह दूसरों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गईं। नई सोच की ओर कदम "द लॉजिकल इंडियन" अनन्या प्रसाद को एक प्रेरणा के रूप में मानता है। उनका यह संघर्ष और सफलता साहस, जिम्मेदारी और बदलाव की ताकत को दर्शाती है। यह यात्रा हमें एक महत्वपूर्ण सवाल देती है: हम कैसे और अधिक समावेशी प्लेटफ़ॉर्म बना सकते हैं जो विविध आवाज़ों को सुनने और समाज के मौजूदा दृष्टिकोणों को चुनौती देने का मौका दे? recent visitors 55

राहगीरों से मोबाइल और पैसे छीनने वाले दो युवकों भीड़ ने बुरी तरह से पीटा

बीकानेर शहर के सदर थाना इलाके के चौखूंटी पुलिया के पास राहगीरों से मोबाइल और पैसे छीनने वाले दो युवकों को यहां इकट्ठा हुई भीड़ ने बुरी तरह से पीटा। घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के अनुसार मोबाइल की छीना-झपटी करने वाले युवकों में एक युवक भागने में सफल रहा, लेकिन दूसरा भीड़ के हत्थे चढ़ गया और गुस्साई भीड़ ने उसकी जमकर धुनाई कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार इलाके में लंबे समय से मोबाइल और पैसे छीनने की घटनाएं बढ़ रही थीं। इसी के चलते इलाके में जब लोगों ने इन युवकों को संदिग्ध हरकत करते देखा और फिर एक राहगीर से मोबाइल छीनते हुए पकड़ा तो युवक को घेर लिया और लात-घूंसों से उसकी पिटाई शुरू कर दी। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और किसी तरह भीड़ को शांत करवाकर आरोपी को हिरासत में ले लिया। अब पुलिस आरोपी युवक से उसके साथियों के बारे में पूछताछ की आगे की कार्रवाई में लगी है। recent visitors 60

भोपाल एवं इटारसी स्टेशन पर वंदे भारत एक्सप्रेस के समय में किया संशोधन

भोपाल रेलवे प्रशासन द्वारा 20911/20912 इंदौर-नागपुर-इंदौर वंदे भारत सुपरफास्ट एक्सप्रेस के नर्मदापुरम स्टेशन पर ठहराव प्रदान करने के कारण इसके भोपाल एवं इटारसी स्टेशन के समय में संशोधन किया गया , जो 10 फरवरी 2025 से प्रभावी होगा। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि इटारसी जंक्शन पर 20911 वंदे भारत एक्सप्रेस अब 10:45 बजे पहुंचेगी और 10:50 बजे प्रस्थान करेगी, जबकि 20912 वंदे भारत एक्सप्रेस इटारसी में 19:00 बजे आएगी और 19:05 बजे रवाना होगी। इसीप्रकार  20912 वंदे भारत एक्सप्रेस भोपाल  में 20.38 बजे आएगी और 20.43 बजे रवाना होगी। यात्रियों से अनुरोध है कि वे यात्रा से पूर्व रेलवे की आधिकारिक वेबसाइट अथवा संबंधित रेलवे स्टेशन से अद्यतन समय-सारणी की जानकारी प्राप्त कर लें। recent visitors 44

क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर ने कहा- राष्ट्रपति की गर्मजोशी और आतिथ्य ने मेरे राष्ट्रपति भवन दौरे को खास बना दिया

नई दिल्ली क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर ने राष्ट्रपति भवन की अपनी यात्रा के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के "गर्मजोशी और आतिथ्य" के लिए उनका आभार व्यक्त किया और कहा कि हर पल बेहद निजी लगा। तेंदुलकर ने अपने परिवार के सदस्यों के साथ गुरुवार को राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति मुर्मू से मुलाकात की। राष्ट्रपति और तेंदुलकर ने अमृत उद्यान का भी दौरा किया। "राष्ट्रपति भवन के ऐतिहासिक अतिथि विंग में अपने परिवार के साथ रहना एक सम्मान की बात है, जिसे हम हमेशा याद रखेंगे।'' "माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू जी द्वारा दी गई गर्मजोशी और आतिथ्य ने इस यात्रा को खास बना दिया। सचिन ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, "डिनर पर दिल से की गई बातचीत से लेकर इतिहास से जुड़े गलियारों में घूमने तक, हर पल बेहद निजी लगा।" तेंदुलकर ने राष्ट्रपति भवन की पहल 'राष्ट्रपति भवन विमर्श सम्मेलन' के तहत एक संवादात्मक सत्र में हिस्सा लिया और एक क्रिकेटर के रूप में अपनी यात्रा के किस्सों के माध्यम से प्रेरणा के सिद्धांतों को साझा किया। "विमर्श सम्मेलन का हिस्सा बनकर आभारी हूं, यह एक खूबसूरत पहल है जो सार्थक बातचीत को बढ़ावा देती है और भावी पीढ़ियों को प्रेरित करती है। उन्होंने कहा, "कुछ अनुभव हमेशा आपके साथ रहते हैं और यह उनमें से एक था।" इस सत्र में महत्वाकांक्षी खिलाड़ियों और विभिन्न स्कूलों और कॉलेजों के छात्रों ने भाग लिया, उन्होंने टीम वर्क, दूसरों का ख्याल रखने, दूसरों की सफलता का जश्न मनाने, कड़ी मेहनत, मानसिक और शारीरिक मजबूती विकसित करने और जीवन निर्माण के कई अन्य पहलुओं के महत्व पर प्रकाश डाला। पोस्ट के अंत में लिखा गया, "हर किसी को राष्ट्रपति भवन की भव्यता और विरासत को देखने के लिए वहां जाना चाहिए।" हाल ही में सचिन को बीसीसीआई के लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया, जिसमें क्रिकेट के दिग्गज के असाधारण 24 साल के अंतरराष्ट्रीय करियर को मान्यता दी गई, जहां व्यक्तिगत उपलब्धियों और राष्ट्रीय जीत, चुनौतियों और जीत के माध्यम से उन्होंने न केवल अपने बल्ले बल्कि पूरे देश की उम्मीदों को आगे बढ़ाया। इसने न केवल एक क्रिकेटर को बल्कि एक ऐसी घटना को मान्यता दी, जिसने भारतीय क्रिकेट को एक वैश्विक महाशक्ति में बदल दिया। recent visitors 46

राजस्थान रोडवेज बस में शराबी कंडक्टर ने महिला यात्री से बदसलूकी, लोगों ने पकड़कर पुलिस को सौंपा

सवाई माधोपुर सवाई माधोपुर रोडवेज डिपो से जयपुर जा रही बस में कंडक्टर पर महिला यात्री से अभद्र व्यवहार करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम सवाई माधोपुर आगार की रोडवेज बस के कंडक्टर देवीलाल जाट शराब के नशे में धुत होकर यात्रियों के टिकट बना रहा था। इस दौरान उसने एक महिला यात्री को गलत टिकट दिया और विरोध करने पर उससे बदसलूकी की। इससे  गुस्साएं यात्रियों ने बस रोक दी और थाना पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने कंडक्टर को हिरासत में ले लिया। घटना का वीडियो वायरल होने के बाद रोडवेज प्रबंधन ने आरोपी कंडक्टर को रूट से हटा दिया और विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए। जानकारी के मुताबिक सवाई माधोपुर रोडवेज डिपो से एक बस वाया बौंली होते हुए जयपुर की ओर जा रही थी। इस इस दौरान बस कंडक्टर देवीलाल जाट शराब के नशे में धुत होकर बस में यात्रियों के टिकट बनाने लगा। इस दौरान एक महिला यात्री ने बस कंडक्टर से बार-बार जामडोली का टिकट मांगा, लेकिन नशे में धुत बस कंडक्टर ने महिला यात्री का टिकट जामडोली की बजाय निवाई का बना दिया। जिस पर महिला यात्री ने बस कंडक्टर को टोका तो बस कंडक्टर महिला यात्री के साथ बदसलूकी पर उतर आया। इस दौरान नशे में धुत बस कंडक्टर अन्य यात्रियों के साथ भी गलत तरीके से पेश आया। आरोप है कि कंडक्टर ने शराब पी रखी थी और नशे में धुत था। लगातार बस में सवार यात्रियों से दुर्व्यवहार कर रहा था। शराबी बस कंडक्टर की हरकतों से तंग आकर गुस्साए बस यात्रियों ने टोरडा गांव में रोडवेज बस को रोक लिया और सभी आक्रोशित यात्री बस से नीचे आ गए। हंगामा देख गांव के ग्रामीण भी मौके पर जमा हो गए और बौंली थाना पुलिस को भी मौके पर बुला लिया। ग्रामीणों ने कहा कि कंडक्टर देवीलाल जाट आए दिन शराब पीकर ही बस में अपनी ड्यूटी करता है और यात्रियों से दुर्व्यवहार करता है। ऐसे में ड्यूटी पर लापरवाही बरतने वाले कंडक्टर के खिलाफ कार्रवाई होनी ही चाहिए। भीड़ का गुस्सा देखकर पुलिस ने कंडक्टर को हिरासत में ले लिया। उसके बाद रोडवेज बस को रवाना किया गया। इस दौरान ग्रामीणों ने घटना का वीडियो भी बना लिया और वायरल कर दिया। रोडवेज ने जारी किया नोटिस शराब के नशे में धुत बस कंडक्टर द्वारा महिला यात्री सहित अन्य यात्रियों के साथ बदसलूकी करने का वीडियो वायल होने के बाद सवाई माधोपुर रोडवेज आगार प्रबंधक पीयूष जैन द्वारा आरोपी बस कंडक्टर देवीलाल जाट को रूट से हटा दिया गया। साथ ही नोटिस जारी किया गया है। मामले को लेकर रोडवेज आगार प्रबंधक पीयूष जैन का कहना है कि उच्च अधिकारियों के निर्देश पर आरोपी बस कंडक्टर के खिलाफ आवश्यक विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। वहीं बौंली थाना पुलिस आरोपी बस कन्डेक्टर की शांतिभंग में गिरफ्तार किया है। recent visitors 112

मुख्यमंत्री साय ने त्वरित प्रशासन की दिशा में कदम बढ़ाते हुए ई-ऑफिस के क्रियान्वयन के लिए मंत्रियों को लिखा पत्र

रायपुर  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने त्वरित प्रशासन की दिशा में कदम बढ़ाते हुए ई-ऑफिस के क्रियान्वयन के लिए मंत्रिमंडलीय सहयोगियों को पत्र लिखा है. इस कार्य के लिए 31 मार्च की समय सीमा निर्धारित की गई है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्र में 1 जनवरी को विभागीय सचिवों की बैठक में तमाम शासकीय विभागों में ई-ऑफिस के क्रियान्वयन के लिए निर्देशित किए जाने का जिक्र किया. इसके साथ ही बताया कि वे स्वयं सामान्य प्रशासन विभाग की अधिकतर फाइलें ई-ऑफिस के माध्यम से सम्पादित कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि ई-ऑफिस की दिशा में कदम बढ़ाते हुए कार्यालयीन स्टॉफ को भी प्रशिक्षण दिया गया है. इसके साथ जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त प्रशिक्षण सत्र भी आयोजित किए जाएंगे. recent visitors 20