आईपीएल में वाइड गेंदों को लेकर कई बार विवाद की स्थिति आई, IPL 2025 में क्या-क्या बदल गया, इड के लिए हॉक आई

नई दिल्ली आईपीएल के नए सीजन का आगाज बस एक दिन बाद ही हो जाएगा। इससे पहले आईपीएल के नियमों में काफी बदलाव भी हुआ है। अब गेंदबाज गेंद पर लार लगा सकते हैं। इसके अलावा दूसरी पारी में नई गेंद का इस्तेमाल और वाइड गेंदों के लिए हॉक आई का इस्तेमाल शामिल हैं।   वाइड बॉल के लिए हॉकआई आईपीएल में वाइड गेंदों को लेकर कई बार विवाद की स्थिति आई है। अगर आपको याद है मुंबई और चेन्नई के मैच में कीरेन पोलार्ड ने जमकर विरोध किया था। तब अंपायरों से भी उनकी बहस हुई है। अब ऐसी नौबत न आए, इसके लिए वाइड बॉल के लिए हॉक आई टेक्नीक का यूज होगा। इसका इस्तेमाल करके अंपायर खिलाड़ी के ऊपर से जाने वाली गेंद और ऑफ स्टंप के बाहर जाने वाली गेंद के बारे में फैसला कर सकेंगे। हट गया साल्विया बैन आईपीएल 2025 में एक और अहम बदलाव जो आया है वह है साल्विया बैन से प्रतिबंध हटना। असल में गेंदबाज गेंद को चमकाने के लिए थूक का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन कोरोना आने के बाद साल 2022 में आईसीसी ने ऐसा करना प्रतिबंधित कर दिया। इसके पीछे वजह क्रिकेटरों को कोरोना संक्रमण से बचाना था। अब सभी कप्तानों की सहमति मिलने के बाद बीसीसीआई ने आईपीएल में इस नियम को हटा दिया है। दूसरी पारी में दूसरी नई गेंद आईपीएल के कई मैचों में ओस एक अहम भूमिका निभाती है। इसके चलते कई बार दूसरी पारी में गेंदबाजी करने वाली टीम को नुकसान उठाना पड़ता है। गेंद ओस से गीली हो जाने के चलते गेंदबाजों का इस पर नियंत्रण नहीं रह जाता है और बल्लेबाज रन जुटा लेते हैं। आईपीएल में इस फैक्टर से निपटने के लिए दूसरी पारी के 11वें ओवर में नई गेंद के इस्तेमाल का प्रावधान किया जा रहा है। एक बीसीसीआई अधिकारी के मुताबिक यह नियमों में बदलाव नहीं हैं। यह मैच खेल रही दोनों टीमों और अंपायरों की सहमति से लिया जाने वाला फैसला होगा। दूसरी गेंद बिल्कुल नई नहीं होगी, बल्कि इसे घिसकर पुराना बनाया जाएगा। यह नियम भी रात वाले मैचों में लागू होगा। ओवर रेट के लिए कप्तानों पर बैन नहीं अभी तक ओवर रेट के लिए कप्तानों पर प्रतिबंध लगता था। लेकिन इस आईपीएल सीजन में ओवर रेट के लिए कप्तानों पर प्रतिबंध नहीं लगेगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक इसकी जगह कप्तानों को डिमेरिट प्वॉइंट्स दिए जाएंगे। हां, बहुत ज्यादा स्थिति खराब होने पर बैन भी लगाया जा सकता है। 2024 के सीजन में ऋषभ पंत और हार्दिक पांड्या को इस तरह के बैन का सामना करना पड़ा था। पंत तो आरसीबी के खिलाफ एक बेहद अहम मुकाबला खेलने से चूक गए थे। recent visitors 49

हाई स्कूल शिक्षक भर्ती को लेकर HC का बड़ा फैसला, 2 महीने के अंदर होगी टीचरों की भर्ती!

जबलपुर  मध्य प्रदेश में हाई स्कूल शिक्षक भर्ती परीक्षा 2018 को दोबारा कराने के निर्देश हाईकोर्ट ने दिए हैं। हाईकोर्ट की जबलपुर बेंच ने यह अहम फैसला सुनाया है। अदालत ने सरकार को नियमों को संशोधन कर दोबारा भर्ती करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने कहा कि पद नहीं है तो अतिरिक्त पद क्रिएट कर याचिकाकर्ताओं की भर्ती की जाए। 2 महीने के अंदर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश बता दें कि हाईकोर्ट ने स्कूल शिक्षा विभाग को 2 महीने के अंदर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। दरअसल,हाई स्कूल शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में SC, ST, OBC और हैंडिकैप्ड को कोई भी छूट नहीं दी गई थी। जबकि ऐसा प्रावधान नियमों में था। इसी को लेकर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी। नियमों का उल्लंघन इसके अलावा याचिका में ये भी आरोप लगाया गया था कि SC, ST और OBC उम्मीदवारों को शैक्षणिक योग्यता में छूट नहीं दी गई थी जो कि संविधान और संबंधित नियमों के उल्लंघन की श्रेणी में आता है। याचिका में यह भी कहा गया कि NCT के नियमों का उल्लंघन किया गया है। जिनके अनुसार 2011 से पहले पास होने वाले उम्मीदवारों के लिए 45% अंक का प्रावधान है जबकि SC, ST और OBC उम्मीदवारों को 5% की छूट दी जानी चाहिए। recent visitors 33

सीएम योगी ने साहित्य उत्सव टाइमलेस अयोध्या का किया शुभारंभ

अयोध्या मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज अयोध्या दौरे पर हैं। सुबह करीब सवा 10 बजे उनका हेलीकॉप्टर अयोध्या के रामकथा पार्क में लैंड हुआ। यहां से वह रामलला का दर्शन करने के लिए रवाना हो गए। उन्होंने पहले हनुमानगढ़ी के दर्शन किए और फिर रामलला के दरबार में हाजिरी लगाई। आज करीब साढ़े चार घंटे अयोध्या में रहेंगे। मुख्यमंत्री योगी ने महाराजा पैलेस राज सदन में दो दिनों तक चलने वाले साहित्य उत्सव टाइमलेस अयोध्या का शुभारंभ किया। यहां पर उनके साथ प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही, प्रख्यात लोक गायिका मालिनी अवस्थी, संगीत अध्येता और आयोजक यतींद्र मिश्र भी मौजूद रहे। सीएम योगी ने राज सदन में अशोक के वृक्ष को जल अर्पण कर टाइमलेस अय्योध्या कार्यक्रम उद्घाटन किया। उनके स्वागत के लिए सपा के बागी विधायक अभय सिंह भी पहुंचे हैं। सपा विधायक के खिलाफ जानलेवा हमले के मामले में जल्द ही फैसला आने वाला है। 20 अप्रैल 2024 को आए फैसले में दो जजों की बेंच में से एक जज ने उन्हें दोषी करार देते हुए तीन साल की सजा सुनाई थी।   recent visitors 48

बच्चे के लिए गेमचेंजर साबित होगा AI ‘अप्पू’

नई दिल्ली भारत में प्रारंभिक शिक्षा बड़े बदलाव के दौर से गुजर रही है. इसी दिशा में दिल्ली स्थित गैर-लाभकारी संगठन रॉकेट लर्निंग ने हाल ही में ‘अप्पू’ नामक एक AI-आधारित लर्निंग टूल लॉन्च किया है, जिसे Google के सहयोग से विकसित किया गया है. यह तीन से छह साल तक के बच्चों को व्यक्तिगत और संवादात्मक तरीके से सीखने में मदद करता है. खासतौर पर कमजोर वर्ग के बच्चों के लिए इसे गेमचेंजर माना जा रहा है. रॉकेट लर्निंग के को-फाउंडर विशाल सुनील और अज़ीज़ गुप्ता के अनुसार, पारंपरिक एडटेक प्लेटफॉर्म अक्सर एक जैसी सामग्री दोहराते हैं, जिससे बच्चों की बौद्धिक जिज्ञासा प्रभावित होती है. अप्पू इसे बदलता है, क्योंकि यह बच्चों को संवाद के जरिए सीखने में मदद करता है. अगर कोई बच्चा किसी विषय को समझने में संघर्ष करता है, तो यह उसे नए उदाहरणों और तरीकों से सिखाने की कोशिश करता है. आवाज के ज़रिए सीखने पर जोर भारत में वॉयस नोट्स का उपयोग दुनिया में सबसे अधिक होता है. इसे ध्यान में रखते हुए अप्पू को आवाज़-आधारित लर्निंग टूल के रूप में डिजाइन किया गया है. फिलहाल यह हिंदी में उपलब्ध है, लेकिन जल्द ही मराठी, पंजाबी समेत 20 भाषाओं में लॉन्च किया जाएगा. AI का मानवीय पक्ष अप्पू को केवल ज्ञान देने वाली मशीन नहीं, बल्कि एक संरचित और संवादात्मक अनुभव देने वाला ट्यूटर बनाया गया है. रॉकेट लर्निंग ने इसे विकसित करने से पहले बेहतर शिक्षकों और देखभालकर्ताओं के तरीकों का अध्ययन किया, ताकि यह बच्चों के लिए संस्कृति-संगत और व्यावहारिक बन सके. गूगल का सपोर्ट गूगल के ग्लोबल प्रोग्राम डायरेक्टर एनी लेविन के अनुसार, गूगल ऐसी संस्थाओं को समर्थन देता है, जो बड़े सामाजिक मुद्दों को हल करने के लिए AI का उपयोग कर रही हैं. उन्होंने बताया कि गूगल ने अब तक $200 मिलियन से अधिक की राशि AI-आधारित सामाजिक परियोजनाओं को दी है. चुनौतियां और आगे की राह हालांकि, AI पर अत्यधिक निर्भरता से बच्चों की सोचने-समझने की क्षमता पर असर पड़ सकता है. इसीलिए अप्पू को बच्चों के जिज्ञासु दिमाग को बढ़ावा देने के लिए डिज़ाइन किया गया है. एक बड़ी चुनौती डिजिटल साक्षरता की कमी भी है. इसे देखते हुए अप्पू को व्हाट्सएप के जरिए उपलब्ध कराया गया है, ताकि माता-पिता इसे आसानी से उपयोग कर सकें. साथ ही, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को इसमें सक्रिय रूप से जोड़ा गया है. 50 मिलियन बच्चों तक पहुंचने का लक्ष्य रॉकेट लर्निंग का लक्ष्य 2030 तक 50 मिलियन परिवारों तक अप्पू को पहुंचाना है. संगठन का मानना है कि अगर AI-आधारित शिक्षा का फायदा केवल विशेष वर्ग तक सीमित रहा, तो समाज में AI डिवाइड बढ़ सकता है. इसे रोकने के लिए वे इसे एक सार्वजनिक डिजिटल संसाधन के रूप में विकसित कर रहे हैं. सरकार के सहयोग से आंगनवाड़ी केंद्रों को शुरुआती शिक्षा के मजबूत केंद्र में बदलने की योजना है. AI की मदद से भारत में प्रारंभिक शिक्षा को समावेशी और प्रभावी बनाने की यह एक बड़ी पहल है. recent visitors 39

आज तड़के एक लड़की के उसके दोस्त गंभीर हालत में अस्पताल में एडमिट कराकर फरार हो गए

 इंदौर इंदौर शहर के महालक्ष्मी नगर में एक लड़की को आंख में गोली लगने की घटना सामने आई है। शुक्रवार तड़के दोस्त उसे गंभीर हालत में अस्पताल में एडमिट कराकर फरार हो गए। लड़की का नाम भावना है, जो मूलत: ग्वालियर की रहने वाली है। अस्पताल से सूचना मिलने के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की। लड़की का इलाज चल रहा है। लसूडिया पुलिस ने उस कार को ट्रेस कर लिया है, जिससे भावना के दोस्त भागे हैं। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। आशंका जताई जा रही है कि पार्टी के दौरान गोली चली है, जो लड़की की आंख में लग गई। recent visitors 36

कर्नाटक में MLA-MLC की सैलरी बढ़ाने के लिए बिल पास

बेंगलुरु कर्नाटक विधानसभा में विपक्ष के हंगामे के बीच अल्पसंख्यकों के लिए सरकारी ठेकों में 4 फीसदी का आरक्षण देने वाला बिल पास हो गया है. इसके साथ ही मंत्रियों और विधायकों के वेतन से जुड़ा बिल भी पारित हो गया है. सदन के अंदर भारी हंगामा होने के बाद विधानसभा की कार्यवाही को 01:30 बजे तक स्थगित कर दिया गया है. कर्नाटक के सरकारी टेंडर में मुस्लिमों को 4 प्रतिशत आरक्षण देने का रास्ता साफ हो गया है. टेंडर की अधिकतम सीमा 2 करोड़ की गई है.कर्नाटक की कांग्रेस सरकार ने मुस्लिम कॉन्ट्रैक्टर्स को सरकारी टेंडर में 4 फीसदी आरक्षण देने का फैसला किया है. इसी के लिए आज विधानसभा में बिल पेश किया गया और पास हुआ. सिद्धारमैया सरकार ने कर्नाटक पब्लिक प्रोक्योरमेंट एक्ट, 1999 में संशोधन को मंजूरी दी. मंत्रियों और विधायकों की कितनी बढ़ेगी सैलरी? कर्नाटक विधानसभा में मंत्रियों और विधायकों की सैलरी से जुड़ा बिल भी पास हो चुका है. इसके बाद विधायकों की बल्ले-बल्ले हो सकती है. दरअसल, इस बिल में 100% बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया गया है. आजतक के पास कर्नाटक विधानमंडल वेतन, पेंशन और भत्तों (संशोधन) विधेयक, 2025 का मसौदा हाथ लगा है, जिसमें विधायकों और अन्य महत्वपूर्ण अधिकारियों के वेतन और भत्तों में वृद्धि की योजना है. बिल पास होने जाने के बाद अब विधायकों और विधान परिषद के सदस्यों (MLA और MLC) का वेतन दोगुना हो जाएगा, जबकि मुख्यमंत्री का वेतन 75,000 रुपये से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपये प्रति माह कर दिया जाएगा. यह कदम विधायकों द्वारा वित्तीय कठिनाइयों और 2022 में निर्धारित वेतन बढ़ोतरी के स्थगित होने को लेकर किए गए दबाव के बाद उठाया गया है. मंत्रियों को होगा कितना फायदा मंत्री और मुख्यमंत्री के वेतन और भत्तों में भी वृद्धि प्रस्तावित है. मुख्यमंत्री का वेतन 75 हजार रुपये से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपये करने का प्रस्ताव है, जबकि एक मंत्री का वेतन 60 हजार रुपये से बढ़ाकर 1.25 लाख रुपये और उनके भत्तों को 4.5 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये किया जाएगा. कर्नाटक के विधायकों, मंत्रियों और विधानसभा नेताओं के लिए वित्तीय लाभ में भारी वृद्धि होगी, जो उनके वेतन और भत्तों में महत्वपूर्ण संशोधन को दर्शाता है. मंत्रियों का वेतन भी दोगुना होगा विधायकों के वेतन के अलावा कर्नाटक मंत्री वेतन और भत्ता अधिनियम, 1956 में भी संशोधन का प्रस्ताव है। इसके जरिए मंत्री का वेतन 60 हजार रुपए से बढ़ाकर 1.25 लाख रुपए किया जाएगा। वहीं, सप्लीमेंट्री अलाउंस 4.5 लाख रुपए से बढ़ाकर 5 लाख रुपए करने का प्रस्ताव है। अभी मंत्रियों को HRA के रूप में मिलने वाले 1.2 लाख रुपए बढ़कर 2 लाख रुपए हो सकते हैं। 6 साल में 10 पेशों में सिर्फ सांसदों-विधायकों का वेतन बढ़ा नीति आयोग के जुलाई, 2024 में पब्लिश वर्किंग पेपर से पता चलता है कि देश में साल 2018 से 2023 के बीच के 6 साल में सिर्फ सांसदों-विधायकों के वेतन और भत्ते ही बढ़े हैं। इसमें कहा गया है कि सांसदों-विधायकों को पीरियॉडिक लेबर फोर्स सर्वे के 10 विभिन्न पेशों की पहली श्रेणी में रखा गया है, जिनमें लैजिस्लेटिव प्रोफेशनल्स के अलावा सीनियर ऑफिसर्स और मैनेजर्स शामिल हैं। इसमें EPFO और अन्य आंकड़ों के बेस पर 6 साल में वेतन और भत्ते में हुई वृद्धि को आंका गया है। जनप्रतिनिधियों के अलावा प्लांट-मशीन वर्कर्स की श्रेणी में वेतन-भत्ते भी बढ़े हैं।   recent visitors 42

107 गांवों के 211 तालाबों को भरेगा खूंटाघाट जलाशय, आज खुलेंगे गेट

बिलासपुर भीषण गर्मी को देखते हुए ग्रामीण इलाकों में निस्तारी तालाबों को भरने के लिए खूंटाघाट जलाशय से आज पानी छोड़ा जाएगा. इससे 107 गांवों के 211 तालाबों को भरा जाएगा. क्षेत्रवासियों की मांग के बाद जल संसाधन विभाग ने डेम से पानी छोड़ने के निर्देश दिए हैं. बता दें कि गर्मी को ध्यान रखते हुए जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि नहर किनारे बसे गांवों से प्राप्त आवेदनों, जन प्रतिनिधियों की मांग और ग्रामों में जल की आवश्यकता को देखते हुए निस्तारी के लिए तालाब भर जाएं. इसके लिए खूंटाघाट जलाशय के बांयी तट एवं दांयी तट नहरों से 21 मार्च को सुबह 11 बजे से पानी छोड़ा जाएगा. निस्तारी के लिए 107 ग्रामों के 211 तालाबों को भरा जाना प्रस्तावित है. इसके साथ ग्रामवासियों से अपील की गई है कि नहर के पानी का उपयोग केवल निस्तारी के लिए तालाबों को भरने के लिए हो. वहीं जल संसाधन विभाग के मैदानी अमलों को भी निर्देशित किया गया है कि निस्तारी के अलावा अन्य प्रयोजन के लिए पानी न दिया जाए और न ही पानी का अपव्यय हो. recent visitors 34