Sunday, July 5, 2026 3:31 pm

ड़क सुरक्षा संबंधी मानकों के परिपालन के संबंध में ट्रक-माजदा वाहन संचालकों की बैठक 7 अप्रैल को

गौरेला पेंड्रा मरवाही, जिले में सुगम आवागमन के लिए जिला प्रशासन द्वारा सड़क सुरक्षा संबंधी मानक तैयार किया गया है। सुरक्षा संबंधी मानकों के परिपालन, सुझाव तथा आवश्यक चर्चा के लिए जिले के सभी ट्रक-माजदा वाहन संचालकों की बैठक आयोजित की गई है। यह बैठक जिला परिवहन अधिकारी द्वारा 7 अप्रैल सोमवार को सुबह 11 बजे गौरेला थाना के बाजू में पुलिस कंट्रोल रूम में रखा गया है। जिले के सभी ट्रक-माजदा व्यावसायिक वाहन संचालकों को परिपत्र जारी कर बैठक में अनिवार्य रूप से उपस्थित होने कहा गया है। recent visitors 23

हेयर ड्रेसिंग सैलून से आत्मनिर्भर बना पदमलोचन

  हर माह कमा रहे हैं 30 से 35 हजार रूपए    रायपुर छत्तीसगढ़ में युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है, इससे युवा आत्मनिर्भर हो रहे हैं। महासमुंद जिले में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम से मदद लेकर सरायपाली के पदमलोचन बारिक हेयर ड्रेसिंग सेलून शुरू किया जो चल निकला है। वे न केवल आत्मनिर्भर हुए हैं बल्कि अन्य युवाओं को रोजगार भी उपलब्ध करा रहे हैं।     सरायपाली के पदमलोचन बारिक ने बताया कि वे स्नातकोत्तर तक शिक्षित हैं उन्होंने स्वरोजगार के लिए छत्तीसगढ़ खादी और ग्रामोद्योग विभाग से संपर्क किया। उन्हें वहां प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की जानकारी मिली। इस योजना का लाभ लेकर उन्होंने हेयर ड्रेसिंग एवं सैलून व्यवसाय शुरू करने का निर्णय लिया।  भारतीय स्टेट बैंक, सरायपाली शाखा से पदमलोचन बारिक को 3,68,400 रुपए की राशि मंजूर की गई, जिसमें से 25 प्रतिशत अनुदान के रूप में प्राप्त हुआ। इस राशि से उन्होंने आवश्यक उपकरण और सामग्रियां खरीदा और अपना हेयर ड्रेसर सैलून का व्यवसाय शुरू किया। इस योजना के माध्यम से न केवल उन्हें स्वरोजगार मिला, बल्कि अब वे हर महीने नियमित रूप से 30 से 35 हजार रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं और अपनी किश्तें भी समय पर चुका रहे हैं।  गौरतलब है कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय के तहत संचालित एक प्रमुख योजना है, जिसका उद्देश्य बेरोजगार युवाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। इस योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में 35 प्रतिशत और शहरी क्षेत्रों में 25 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता है, जिससे लोग अपने व्यवसाय की शुरुआत कर सकें। recent visitors 24

सक्ती : न्योता भोज कार्यक्रम में शामिल हुए कलेक्टर एवं जिला पंचायत सीईओ

 सक्ती कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन में छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना के तहत जिले के विभिन्न स्कूलों में न्योता भोज कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा हैं। इसी क्रम में विगत दिवस जिला शिक्षा अधिकारी श्री एन के चंद्रा द्वारा अपने गृह ग्राम सोनादुला के शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय में न्योता भोज का आयोजन किया गया। शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय सोनादुला में आयोजित न्योता भोज कार्यक्रम में कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री अमृत विकास तोपनो और मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री वासु जैन भी शामिल हुए।     इस अवसर पर जिला कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो ने जिला शिक्षा अधिकारी के इस न्योता भोज पहल की सराहना करते हुए कहा कि अधिक से अधिक लोग इस न्योता भोज कार्यक्रम से जुड़े एवं शासन के मंशानुरूप इस योजना को सफल बनाने में अपना योगदान देवे। उन्होंने कहा कि न्योता भोज, विद्यालयों में उपलब्ध संशाधन के आधार पर आयोजित करावें। अनावश्यक विशेष प्रकार की साज सज्जा से बचे जिससे मितव्ययता से इस आयोजन को सफल बनाया जा सके। जिला पंचायत सक्ती के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री वासु जैन ने संबोधित करते हुए कहा कि सभी बच्चे शिक्षा की मुख्य धारा से जुड़कर सभी गतिविधियों में शामिल होवे एवं विद्या अध्ययन के साथ साथ अन्य कार्यक्रमों में भी भाग ले तथा अच्छे से पढ़ाई कर अच्छे अच्छे पदों को सुशोभित करें । जिला शिक्षा अधिकारी श्री एन के चंद्रा ने इस अवसर पर प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना के तहत संचालित मध्यान्ह भोजन योजना के तहत आयोजित न्योता भोज के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए उपस्थित सभी अभिभावकों व जनसामान्य से आग्रह करते हुए कहा कि आपके घरों में आयोजित उत्सव के अवसर जैसे जन्मदिन, विवाह, सालगिरह या किसी अन्य खुशी के  अवसर पर  स्थानीय विद्यालय के बच्चों के लिए न्योता भोज का आयोजन करें। शासन का लक्ष्य प्रधानमंत्री पोषण शक्ति योजना के तहत मिलने वाले भोजन की पौष्टिकता में वृद्धि करना तथा रुचिकर बनाना है। इस अवसर पर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व मालखरौदा श्री रूपेंद्र पटेल, तहसीलदार मालखरौदा श्री मनमोहन प्रताप सिंह, विकासखंड शिक्षा अधिकारी मालखरौदा श्री एम एल प्रधान, सांख्यिकी अन्वेषक श्री राकेश अग्रवाल, विकासखंड मालखरौदा के सीएसी, शाला विकास प्रबंधन समिति के सदस्य, गणमान्य नागरिक, शिक्षक, शिक्षिका तथा बड़ी संख्या में बच्चे  व उनके अभिभावक उपस्थित थे। recent visitors 32

हनुमान जयंती मेला 2025 के अवसर पर भोपाल – इटावा – भोपाल के बीच अनारक्षित मेला स्पेशल ट्रेन का संचालन

भोपाल यात्रियों की सुविधा को दृष्टिगत रखते हुए पश्चिम मध्य रेलवे, भोपाल मंडल द्वारा डॉ. हनुमान जयंती मेला 2025 के अवसर पर भोपाल – इटावा – भोपाल के मध्य अनारक्षित मेला स्पेशल ट्रेन का संचालन किया जा रहा है। डॉ. हनुमान जयंती मेला, उत्तर प्रदेश के इटावा ज़िले स्थित पथरेश्वर धाम में प्रतिवर्ष भव्य रूप से आयोजित होता है, जिसमें देशभर से लाखों श्रद्धालु भगवान श्री हनुमान जी के दर्शन हेतु एकत्र होते हैं। इस दौरान क्षेत्र में भारी संख्या में यात्रियों की आवाजाही होती है। श्रद्धालुओं की सुविधा एवं अतिरिक्त यात्रीभार को ध्यान में रखते हुए गाड़ी संख्या 01601/01602 भोपाल – इटावा – भोपाल मेला स्पेशल का संचालन कुल 07 फेरे के रूप में किया जाएगा। पथरेश्वर धाम, इटावा (उत्तर प्रदेश) – यह डॉ. हनुमान जयंती मेला का प्रमुख स्थल है, जहां श्रद्धालु बड़ी संख्या में भगवान बजरंगबली के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। इसका निकटतम रेलवे स्टेशन ‘इटावा जंक्शन (ETW)’ है, जो पथरेश्वर धाम मंदिर से मात्र 4 से 6 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री सौरभ कटारिया ने बताया कि गाड़ी संख्या 01601/01602 भोपाल-इटावा-भोपाल अनारक्षित मेला स्पेशल गाड़ी का संचालन कुल 07 फेरे के रूप में किया जाएगा। यह गाड़ी भोपाल से दिनांक 30 मार्च, 01, 03, 05, 07, 10 एवं 12 अप्रैल 2025 को एवं इटावा से भी इन्हीं तारीखों को चलाई जाएगी। गाड़ी संख्या 01601 भोपाल से इटावा यह गाड़ी भोपाल स्टेशन से प्रातः 04.50 बजे प्रस्थान करेगी और मार्ग में क्रमशः विदिशा (05.31 बजे), गंज बासौदा (06.01 बजे), मंडी बामौरा (06.24 बजे), बीना (06.45 बजे), मुंगावली (07.20 बजे), अशोक नगर (07.57 बजे), गुना (09.15 बजे), बदरवास (10.22 बजे), कोलारस (11.13 बजे), शिवपुरी (11.35 बजे), मोहाना (12.26 बजे), घाटीगांव (12.53 बजे), पनिहार (13.11 बजे), ग्वालियर (14.10 बजे), शनिचरा (14.32 बजे), मालनपुर (14.44 बजे), जांवल (15.01 बजे), सोनी (15.17 बजे), भिंड (15.55 बजे) होते हुए इटावा स्टेशन पर अपराह्न 16.55 बजे पहुंचेगी। गाड़ी संख्या 01602 इटावा से भोपाल वापसी दिशा में यह गाड़ी इटावा स्टेशन से सायं 17.40 बजे प्रस्थान करेगी और मार्ग में भिंड (18.25 बजे), सोनी (19.03 बजे), जांवल (19.22 बजे), मालनपुर (19.39 बजे), शनिचरा (20.10 बजे), ग्वालियर (21.15 बजे), पनिहार (21.45 बजे), घाटीगांव (22.33 बजे), मोहाना (23.03 बजे), शिवपुरी (00.20 बजे), कोलारस (00.45 बजे), बदरवास (01.08 बजे), गुना (02.50 बजे), अशोक नगर (03.54 बजे), मुंगावली (04.31 बजे), बीना (05.05 बजे), मंडी बामौरा (05.28 बजे), गंज बासौदा (05.49 बजे), विदिशा (06.16 बजे) होते हुए भोपाल स्टेशन पर प्रातः 08.05 बजे पहुंचेगी। यात्रियों से अनुरोध है कि असुविधा से बचने के लिए रेलवे द्वारा अधिकृत रेलवे पूछताछ सेवा NTES/139 से गाड़ी की सही स्थिति की जानकारी प्राप्त करके तदनुसार यात्रा प्रारम्भ करें। उक्त विशेष ट्रेनों के विस्तृत समय और ठहराव की विस्तृत जानकारी हेतु कृपया www.enquiry.indianrail.gov.in पर जाएं या NTES ऐप डाउनलोड करें। recent visitors 17

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने भारत की प्राचीन विधा योग को विश्वपटल पर किया स्थापित – मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय

 योग आयोग के नवनिर्वाचित अध्यक्ष के शपथ ग्रहण में शामिल हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय योग आयोग के नवनिर्वाचित अध्यक्ष के शपथ ग्रहण में शामिल हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी  ने भारत की प्राचीन विधा योग को विश्वपटल पर किया स्थापित – मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय स्वस्थ तन-मन के लिए योग को करें अपनी दिनचर्या में शामिल – मुख्यमंत्री रायपुर योग आत्मा, मन और शरीर को संतुलित करने का सबसे बड़ा माध्यम है। हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने योग को विश्वपटल पर स्थापित किया और आज पूरी दुनिया भारत की इस प्राचीन विधा को अपनाकर आरोग्य की प्राप्ति कर रही है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज छत्तीसगढ़ योग आयोग के नवनिर्वाचित अध्यक्ष श्री रूपनारायण सिन्हा के शपथ ग्रहण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही। मुख्यमंत्री श्री साय की उपस्थिति में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ राजधानी रायपुर के दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित गरिमामयी समारोह में अध्यक्ष श्री रूपनारायण सिन्हा ने आज शपथ ग्रहण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने संतों का अभिवादन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने योग आयोग के नव-नियुक्त अध्यक्ष श्री सिन्हा को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि श्री सिन्हा को छत्तीसगढ़ को जोड़ने और स्वस्थ रखने की बड़ी जिम्मेदारी मिली है। जनसेवा को समर्पित उनका सामाजिक जीवन और सांगठनिक दायित्वों के लंबे अनुभव का लाभ योग आयोग के साथ ही प्रदेशवासियों को भी मिलेगा। 2017 में स्थापित योग आयोग की अब तक की यात्रा शानदार रही है और श्री सिन्हा के नेतृत्व में यह नए कीर्तिमान स्थापित करेगी। मुख्यमंत्री  श्री साय ने कहा कि भारत में योग ऋषि-मुनियों की देन है और वे इस सुंदर परंपरा के संवाहक भी हैं। योग शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक अभ्यास है और इसका अर्थ है जुड़ना या एकजुट होना, जो शरीर और चेतना के मिलन का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों से ही योग रूपी इस चेतना का विश्वभर में विस्तार हुआ और संयुक्त राष्ट्र संघ ने 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने को मान्यता दी। श्री साय ने कहा कि योग विश्वभर में विभिन्न रूपों में प्रचलित है और इसकी लोकप्रियता निरंतर बढ़ रही है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर सभी से अपील करते हुए कहा कि हमें स्वस्थ तन-मन के लिए योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करना चाहिए और भावी पीढ़ी को योग से जोड़कर इसका महत्व समझाना चाहिए। योग आयोग के नवनियुक्त अध्यक्ष श्री रूपनारायण सिन्हा ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि योग सभी के लिए है और सभी को जोड़ने का काम करता है। संगठन में काम करते हुए सदैव मैंने लोगों को जोड़ने का कार्य किया है और आज मुझे योग आयोग के माध्यम से सभी को जोड़ने की बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। श्री सिन्हा ने कहा कि प्रकृति में अनेक महत्वपूर्ण संपदाएं उपलब्ध हैं, परंतु इनमें सर्वश्रेष्ठ मानव संपदा है। मुख्यमंत्री जी ने मुझे मानव संपदा को स्वस्थ रखने का जिम्मा सौंपा है और इसे पूरा करने के लिए योग को जन-जन तक पहुंचाना हमारा लक्ष्य है।हमारे प्रधानमंत्री जी नियमित योग करते हैं। उनकी ऊर्जा और कार्यक्षमता से आज सारी दुनिया वाकिफ है। श्री सिन्हा ने योग की विश्वव्यापी लोकप्रियता और प्रासंगिकता पर अपने विचार साझा किए। इस अवसर पर समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, पूर्व राज्यपाल श्री रमेश बैस, विधायक गुरु खुशवंत साहेब, विधायक श्री मोतीलाल साहू, विधायक श्री संपत अग्रवाल, विधायक श्री अनुज शर्मा, डॉ. रामप्रताप सिंह, श्री संजय श्रीवास्तव, महामंडलेश्वर श्री हरिहरानंद महाराज, पूज्य संत उदयनाथ जी महाराज, श्री वासु देवानंद जी महाराज, समाज कल्याण विभाग के सचिव श्री भुवनेश यादव, संचालक समाज कल्याण श्रीमती रोक्तिमा यादव सहित पूजनीय संत समाज, योग आचार्य और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। recent visitors 24

देश में मध्यप्रदेश एकमात्र ऐसा राज्य है, जिसने अपनी 7-8 साल पहले की सारी देनदारी चुकाने का कार्य किया: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि राज्य सरकार कुशल वित्तीय प्रबंधन के आधार पर अपनी पुरानी देनदारी चुका कर, नई दृष्टि से विकास के पैमानों पर आगे बढ़ रही है। देश में मध्यप्रदेश एकमात्र ऐसा राज्य है, जिसने अपनी 7-8 साल पहले की सारी देनदारी चुकाने का कार्य किया। हमारी सरकार ने एमएसएमई और हैवी इंडस्ट्रीज सहित सभी प्रकार की इकाइयों को गत एक वर्ष में लगभग 5 हजार 225 करोड़ की राशि देने का काम किया है। हमारी सरकार नवीन पहलों के माध्यम से उद्योगों के लिए निरंतर सकारात्मक वातावरण बना रही है। राज्य सरकार विकास के लिए प्रदेश से जुड़ने वाले उद्योगों से किये गये अपने सभी संकल्पों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरूवार को जारी संदेश में यह बात कही।   recent visitors 23

रिलेशनशिप टूटने का मतलब रेप केस नहीं : सुको

Sindhi culture and beautiful culture

 नई दिल्ली शादी का वादा करके संबंध बनाने के नाम पर रेप केस दर्ज कराए जाने के बढ़ते मामलों पर सुप्रीम कोर्ट ने चिंता जताई है। अदालत ने कहा कि ऐसी स्थिति बन गई है कि जो रिश्ते शादी तक नहीं पहुंच पा रहे हैं, उनमें केस दर्ज हो रहे हैं। ऐसा होना गलत है। ऐसी स्थिति बन गई है कि रिलेशनशिप में रहना ही एक अपराध हो गया है। जस्टिस एमएम सुंदरेश और जस्टिस राजेश बिंदल की बेंच ने कहा कि रोमांस खत्म होने या फिर ब्रेकअप होने का यह मतलब नहीं है कि मामला रेप का हो जाए। अदालत ने कहा कि अब समाज में जिस तरह से मूल्य बदल रहे हैं। हमें यह समझना होगा कि रिलेशनशिप टूटने का मतलब रेप केस ना बन जाए। अदालत ने यह टिप्पणी एक शख्स की अर्जी पर सुनवाई करते हुए की, जिसने रेप केस खारिज करने की अर्जी दी थी। उस शख्स के खिलाफ मंगेतर ने ही रेप का केस दाखिल किया था, जिससे उसकी सगाई हुई थी, लेकिन शादी नहीं हो पाई थी। महिला का दावा था कि शादी का गलत वादा करके उसके साथ संबंध बनाए गए। इस मामले में युवक का पक्ष वरिष्ठ वकील गीता लूथरा ने रखा, जबकि महिला की तरफ से माधवी दीवान ने दलीलें दीं। इस केस की सुनवाई करते हुए बेंच ने महिला से कहा, 'आप इतनी भोली होतीं तो हमारे पास नहीं आतीं। आप बालिग थीं। यह नहीं कहा जा सकता कि किसी ने आपको शादी का वादा करने के नाम पर मूर्ख बनाया। पूरे सम्मान के साथ कहना होगा कि आज नैतिकता और मूल्य बदल गए हैं। खासतौर पर युवा पीढ़ी में। यदि हम आपसे सहमत हो जाएं तो फिर कॉलेज में किसी लड़के और लड़की के बीच का रिलेशन दंडनीय हो जाएगा।' अदालत ने कहा, 'मान लीजिए कि कॉलेज के दो स्टूडेंट्स के बीच प्यार है। लड़की पीछे हटती है और युवक कहता है कि मैं तुमसे अगले सप्ताह शादी कर लूंगा। फिर वह बाद में ऐसा नहीं करता है। क्या ऐसा करना अपराध माना जाएगा?' बेंच ने यह भी कहा कि यह परंपरागत नजरिया है। जिसमें पूरी अपेक्षाएं पुरुषों पर ही डाल दी जाती हैं। इस पर महिला की वकील ने कहा कि यह मामला तो अरेंज मैरिज का है। वकील माधवी दीवान ने कहा, 'इस मामले में संबंध बनाने की मंजूरी फ्री कंसेंट का केस नहीं है। यहां मसला है कि युवती को लगा कि यदि वह मंगेतर को खुश नहीं करेगी तो वह शादी नहीं करेगा। दोनों की सगाई हुई थी। यह युवक के लिए कैजुअल सेक्स हो सकता है, लेकिन लड़की के साथ ऐसा नहीं था।' हालांकि बेंच इस दलील से सहमत नहीं हुई। जजों ने कहा कि आप ही बताएं कि क्या सिर्फ शादी न हो पाना रेप का अपराध मान लिया जाए। हम इस मामले को सिर्फ एक तरीके से नहीं देख सकते। हमें किसी एक जेंडर से ही अटैचमेंट नहीं है। मेरी भी एक बेटी है। यदि वह भी इस स्थिति में होती तो मैं भी इस व्यापक परिप्रेक्ष्य में देखता। अब खुद ही बताइए कि क्या इतनी कमजोर दलीलों के आधार पर यह केस बनता है। जस्टिस बिंदल ने कहा कि शिकायतकर्ता को पता था कि यह रिश्ता खत्म हो सकता है। फिर भी उन्होंने संबंध बनाए। अदालत ने युवक की अर्जी पर सुनवाई के लिए अगली तारीख तय की है। recent visitors 41