Sunday, July 5, 2026 10:00 pm

‘सिंधु जल संधि को अनिश्चितकाल के लिए निलंबित करने का आ गया है समय, पहलगाम आतंकी हमला पर बोले- पूर्व राजदूत कंवल सिब्बल

नई दिल्ली जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के कुलाधिपति और रूस में भारत के पूर्व राजदूत कंवल सिब्बल ने पहलगाम आतंकी हमले के मद्देनजर पाकिस्तान के साथ हुए सिंधु जल संधि (आईडब्ल्यूटी) को अनिश्चित काल के लिए निलंबित करने की वकालत की है. दिवंगत प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल में भारत के विदेश सचिव रहे सिब्बल ने एक्स पर किए अपने पोस्ट में कहा कि पाकिस्तान द्वारा उकसाए गए पहलगाम में नवीनतम आतंकवादी हमले के लिए वास्तव में सार्थक प्रतिक्रिया के रूप में सिंधु जल संधि को अनिश्चित काल के लिए निलंबित करने का समय आ गया है. हमने पहले भी कहा है कि खून और पानी एक साथ नहीं चल सकते. आइए हम अपनी घोषित स्थिति पर काम करें. यह एक रणनीतिक प्रतिक्रिया होगी.” लेकिन सिब्बल आईडब्ल्यूटी को निलंबित करने के लिए क्यों दबाव डाल रहे हैं? दरअसल, सिंधु नदी और उसकी 5 सहायक नदियों के पानी के उपयोग को नियंत्रित करने वाली सिंधु जल संधि पर भारत और पाकिस्तान के बीच 1960 में हस्ताक्षर किए गए थे. इस संधि के अनुसार, भारत रावी, ब्यास और सतलुज के पानी का उपयोग कर सकता है जबकि पाकिस्तान को सिंधु, झेलम और चिनाब का पानी आवंटित किया गया है. भले ही वितरण समान लगता हो, लेकिन संधि पाकिस्तान के पक्ष में है क्योंकि देश को सिंधु नदी प्रणाली के कुल जल प्रवाह का लगभग 80 प्रतिशत प्राप्त होता है. पाकिस्तान का कृषि क्षेत्र सिंधु, झेलम और चिनाब के पानी पर बहुत अधिक निर्भर है, खासकर पंजाब और सिंध में. सिब्बल ने पोस्ट में आगे कहा कि व्हाइट हाउस में ट्रम्प प्रशासन के साथ, भारत अमेरिका के साथ इस मुद्दे पर अनुकूल स्थिति में है, क्योंकि हमला अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की भारत यात्रा के दौरान हुआ था. उनका मानना ​​है कि इस कार्रवाई से बांग्लादेश को भी कड़ा संदेश जाएगा. “ट्रंप और वेंस के इस्लामी चरमपंथ और आतंकवाद पर कड़े विचार हैं. इस कदम से बांग्लादेश को भी अच्छा संदेश जाएगा.” बता दें कि 2019 के पुलवामा हमले के बाद जम्मू-कश्मीर में हुए सबसे घातक आतंकी हमलों में से एक में 2 विदेशी नागरिकों सहित कम से कम 26 लोगों की जान चली गई है. हमलावर आतंकी समूह लश्कर-ए-तैयबा (LeT) की शाखा द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) से जुड़े हैं. recent visitors 20

पहलगाम में आतंकी हमले के शिकार अधिकारी का शव देर रात इंदौर पहुंचेगा

 अलीराजपुर  जम्मू कश्मीर पहलगाम आतंकी हमले में मध्य प्रदेश के अलीराजपुर में पदस्थ एलआईसी अफसर की भी हत्या कर दी गई। उनकी बेटी के पैर पर भी गोली चलाई। जोबट विधायक सेना महेश पटेल ने घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने घटना पर दुख जताते हुए परिवार का ढाढस बढ़ाया। कांग्रेस MLA ने सरकार से एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता और बेटी के इलाज की मांग की है। जोबट विधायक ने परिजनों का बंधाया ढांढस, सरकार से की ये मांग जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई। जिसमें मध्य प्रदेश के अलीराजपुर में पदस्थ एलआईसी अफसर सुशील नथानियल भी शामिल है। इसकी खबर मिलते ही जोबट विधायक सेना महेश पटेल उनके घर पहुंची। घटना पर दुख जताते हुए परिजनों को ढांढस बंधाया। विधायक सेना महेश ने मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता के रूप में एक करोड़ रुपये देने और बेटी के इलाज की मांग की है। वहीं सेना महेश ने इस घटना को सरकार की विफलता बताई है। उन्होंने देश की व्यवस्था को भी कमजोर बताया है। इंदौर कलेक्टर ने सुशील के परिवार से की मुलाकात इधर, इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह ने सुशील नथानियल के घर पहुंचकर परिवार से मुलाकात की। कलेक्टर ने कहा कि हर संभव मदद का प्रयास किया जाएगा। पहलगाम से मृत शरीर इंदौर के लिए रवाना होगा। इसके साथ ही उनकी बेटी को कुछ माइनर इंज्रीज है। उसका इंदौर में इलाज कराया जाएगा और प्रशासन की तरफ से हर संभव मदद की जाएगी। आतंकी हमले में 26 की मौत आपको बता दें कि मंगलवार को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम से करीब 6 किलोमीटर दूर बैसरन घाटी में आतंकियों ने पर्यटकों पर अंधाधुंध गोलीबारी कर दी। जिसमें अब तक 26 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। मारे गए लोगों में दो विदेशी नागरिक भी शामिल है। जबकि 12 से ज्यादा लोग घायल हुए। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हमलावरों ने पहले नाम पूछा और फिर गोलियों से भून डाला। MP के LIC अफसर को भी मारी गोली इस हमले में मध्य प्रदेश के अलीराजपुर जिले में स्थित एलआईसी की सैटेलाइट शाखा में पदस्थ सुशील कुमार नथानियल की भी जान चली गई। वहीं उनकी बेटी आकांक्षा के पैर में गोली लगी है। वे चार दिन पहले ही अपनी पत्नी जेनिफर का जन्मदिन मनाने के लिए बेटी आकांक्षा (30) और बेटे आस्टन (21) के साथ कश्मीर गए हुए थे। सुशील की पत्नी जेनिफर खातीपुरा के सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं। वहीं घायल आकांक्षा सूरत में बैंक ऑफ बड़ौदा में नौकरी करती है। सुशील का परिवार वर्तमान में इंदौर के वीणा नगर में रहता है। वे मूल रूप से अलीराजपुर के जोबट के रहने वाले है। जम्मू-कश्मीर में साल 2019 के पुलवामा अटैक के बाद यह सबसे बड़ा हमला है। पहलगाम की घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। recent visitors 42

पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को हिला कर रख दिया, विराट कोहली समेत कई क्रिकेटरों ने इस घटना पर दुख जताया

नई दिल्ली भारत के स्टार बल्लेबाज विराट कोहली और उनकी वाइफ अनुष्का शर्मा ने पहलगाम में हुए आतंकी हमले मारे गए लोगों के लिए शोक व्यक्त किया है। पहलगाम में हुए इस आतंकी हमले में कम से कम 26 नागरिक मारे गए। इनमें ज्यादातर पर्यटक थे। 2019 में पुलवामा हमले के बाद घाटी में यह सबसे घातक हमला है। हमला बैसरन में हुआ, जो एक घास का मैदान है और वहां पैदल या टट्टू से ही पहुंचा जा सकता है। विराट और अनुष्का ने इंस्टाग्राम पर पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और उम्मीद जताई कि इस घटना के अपराधियों को सजा दी जाएगी। कोहली के अलावा, केएल राहुल और शुभमन गिल सहित कई अन्य क्रिकेटरों ने भी पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को हिला कर रख दिया है। इस हमले में कई निर्दोष लोगों की जान चली गई। विराट कोहली समेत कई क्रिकेटरों ने इस घटना पर दुख जताया है। उन्होंने पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। साथ ही, उन्होंने इस हमले के दोषियों को जल्द से जल्द पकड़ने की मांग की है।   विराट कोहली ने सोशल मीडिया पर लिखा- पहलगाम में निर्दोष लोगों पर हुए जघन्य हमले से बहुत दुखी हूं। पीड़ितों के परिवारों के प्रति हार्दिक संवेदना। उन सभी परिवारों को शांति और शक्ति के लिए प्रार्थना करता हूं जिन्होंने अपनी जान गंवाई और इस क्रूर कृत्य के लिए न्याय मिले। दूसरी ओर, अनुष्का ने लिखा- कश्मीर के पहलगाम में निर्दोष लोगों पर हुए निर्दयी आतंकी हमले के बारे में सुनकर दिल टूट गया। उनके परिवारों के प्रति हार्दिक प्रार्थनाएं और संवेदनाएं। यह एक जघन्य हमला है जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकेगा विराट कोहली के इस ट्वीट के बाद कई अन्य क्रिकेटरों ने भी इस घटना पर दुख जताया। केएल राहुल ने लिखा- कश्मीर में हुए आतंकी हमले के बारे में सुनकर दुख हुआ। मेरी प्रार्थनाएं पीड़ितों के परिवारों के साथ हैं। शांति और शक्ति के लिए प्रार्थना करता हूं। शुभमन गिल ने कहा- पहलगाम में हुए हमले के बारे में सुनकर दुख हुआ। मेरी प्रार्थनाएं पीड़ितों और उनके परिवारों के साथ हैं। हमारे देश में इस तरह की हिंसा का कोई स्थान नहीं है। अनिल कुंबले ने अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा- पहलगाम में हुए दुखद हमले के बारे में सुनकर दुख हुआ। निर्दोष लोगों की जान चली गई। प्रभावित परिवारों के लिए शक्ति और शांति के लिए प्रार्थना करता हूं। आइए, नफरत के खिलाफ एक साथ खड़े हों। recent visitors 30

दोस्तों के साथ पिज्जा खाने जा रहे युवक पर बदमाश युवकों ने चाकू से किया हमला, दो आरोपी गिरफ्तार

नागौर शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र में कल रात हुई एक सनसनीखेज वारदात में पिज्जा खाने जा रहे एक युवक पर कुछ बदमाशों ने चाकू से हमला कर दिया। घटना रात लगभग 9 बजे हुई, जब रोल थाना क्षेत्र के सलावा गांव निवासी युवक अपने दोस्तों के साथ मोटर साइकिल पर सवार होकर दिल्ली दरवाजा स्थित होटल पर खाना खाने जा रहा था। जैसे ही वे शहर की ए रोड पर पहुंचे, पीछे से आ रहे कुछ युवकों ने उनसे पैसे मांगे और जब युवक ने पैसे देने से इंकार कर दिया तो आरोपियों ने उसके साथ गाली-गलौच शुरू कर दी और अपने अन्य साथियों को बुलाकर मारपीट शुरू कर दी। इस दौरान एक आरोपी ने चाकू से युवक पर 4-5 बार वार कर दिए। घटना के तुरंत बाद घायल युवक को उसके दोस्त अस्पताल लेकर गए, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे जोधपुर रैफर कर दिया गया। सूचना मिलने पर कोतवाली थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और मौका-मुआयना किया और अस्पताल जाकर घायल युवक से बातचीत की। इसके बाद बुधवार सुबह पुलिस ने खींवसर उपखंड के कड़लू गांव से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि कल देर रात घटना के बाद फरार चल रहे मुख्य आरोपी पर दबाव बनाने के लिए पुलिस ने उसके पिता सहित पांच लोगों को हिरासत में लिया था, जिन्हें बाद में रिहा कर दिया गया। गौरतलब है कि इसी इलाके में 3 अप्रैल भी को लेनदेन के विवाद को लेकर फायरिंग की घटना भी हो चुकी है, जिसमें पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए नागौर के नायब तहसीलदार नरसिंह टाक भी कोतवाली थाना पहुंचे और स्थिति पर स्वयं नजर बनाए हुए हैं। पुलिस द्वारा मामले की तेजी से जांच की जा रही है। recent visitors 31

पहलगाम में आतंकी हमला : रायपुर के कारोबारी दिनेश मिरानिया की मौत, आज छतीसगढ़ पहुंचेगा शव

रायपुर  जम्मू-कश्मीर के टूरिस्ट हॉटस्पॉट पहलगाम में मंगलवार को आतंकियों के हमले में रायपुर के कारोबारी दिनेश मिरानिया की मौत हो गई थी. आज दोपहर करीबन तीन बजे उनका पार्थिव शरीर श्रीनगर से रायपुर लाया जाएगा. जानकारी के अनुसार, सैकड़ों लोग अमरनाथ यात्रा के लिए छत्तीसगढ़ से गए है. प्रदेश के अलग-अलग जिले से गए सैकड़ों लोगों के पहलगाम में फंसने की खबर है. दरअसल, पहलगाम से होकर अमरनाथ जाना होता है. दिनेश मिरानिया की मौत की खबर पर मंगलवार को कलेक्टर गौरव सिंह, एसपी लाल उमेद सिंह और निगम आयुक्त विश्वदीप उनके समता कालोनी स्थित निवास पर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात कर सांत्वना देने के साथ परिवार को हर संभव मदद की भी बात कही थी. जानकारी के अनुसार, राजधानी रायपुर के समता कॉलोनी निवासी बिजनेसमैन दिनेश मिरानिया अपनी पत्नी नेहा मिरानिया और दो बच्चों शौर्य व लक्षिता मिरानिया के साथ पहलगाम घूमने गए थे. इसी दौरान आतंकियों ने घुड़सवारी कर रहे पर्यटकों पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी थी. recent visitors 19

भारतीय रेलवे में क्रांति: अमृत भारत ट्रेन के साथ आरामदायक और सुरक्षित यात्रा का नया युग

भोपाल भारतीय रेलवे ने "अमृत भारत" ट्रेन के रूप में एक नवीनतम पहल की शुरुआत की है, जो यात्रियों को न केवल सुविधाजनक बल्कि अत्यंत सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का अनुभव प्रदान करेगी। यह पूरी तरह से गैर-वातानुकूलित ट्रेन स्लीपर-कम-अनारक्षित सेवा के साथ लंबी दूरी के यात्रियों के लिए किफायती विकल्प उपलब्ध कराएगी। "अमृत भारत" ट्रेन की विशेषता इसकी अत्याधुनिक डिजाइन और सुविधाएं हैं। इसमें एर्गोनॉमिक रूप से डिज़ाइन की गई सीटें और बेहतर प्रकाश व्यवस्था है, जिससे यात्रियों का सफर बेहद आरामदायक होगा। मॉडर्न इंटीरियर के साथ-साथ मोबाइल चार्जिंग पॉइंट, अपग्रेडेड टॉयलेट और एंबिएंट लाइटिंग यात्रियों को अधिक सुविधाजनक यात्रा अनुभव प्रदान करेंगी। यह ट्रेन पारंपरिक ट्रेनों की तुलना में उच्च गति और बेहतर दक्षता के लिए तैयार की गई है। दोनों सिरों पर इंजन के साथ पुष-पुल ऑपरेशन सिस्टम, बेहतर गति नियंत्रण और ईपी-असिस्टेड ब्रेक सिस्टम से लैस यह ट्रेन यात्रा के समय को काफी कम कर देगी। सुरक्षा की दृष्टि से भी "अमृत भारत" ट्रेन में महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं। इसमें अत्याधुनिक ब्रेकिंग सिस्टम और उन्नत फायर प्रोटेक्शन मेज़र्स शामिल हैं। प्रत्येक कोच में इमरजेंसी टॉकबैक सुविधा, बाहरी आपातकालीन लाइटें, और मॉड्यूलर टॉयलेट्स यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा को और मजबूत बनाते हैं। विशेष रूप से डिज़ाइन किए गए स्लीपर और सामान्य कोच यात्रियों की यात्रा को अत्यंत आरामदायक बनाते हैं। स्लीपर कोचों में 60mm मोटी गद्देदार सीटें और अतिरिक्त हैंडल्स की सुविधा दी गई है, वहीं सामान्य कोचों में 50mm मोटी गद्दी और फुल-हाइट बैकरेस्ट की सुविधा उपलब्ध है। रेल यात्रियों की खान-पान आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पहली बार गैर-वातानुकूलित LHB ट्रेनों में अत्याधुनिक हाई-कैपेसिटी पैंट्री कार की सुविधा दी गई है, जिसमें कॉम्बी ओवन, इंडक्शन हॉट प्लेट, डीप फ्रायर और वाटर प्यूरिफायर जैसे आधुनिक उपकरण शामिल हैं। इसके अतिरिक्त ट्रेन में प्रत्येक यात्री के लिए मोबाइल और बोतल होल्डर, CCTV कैमरा, पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम और LED डेस्टिनेशन बोर्ड जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएं भी प्रदान की गई हैं। "अमृत भारत" ट्रेन न केवल यात्रा को सुखद और सुरक्षित बनाएगी, बल्कि क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को भी मजबूती प्रदान करेगी, जिससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। भारतीय रेलवे की यह नई पहल निश्चित ही यात्रा के अनुभव को एक नया आयाम देगी।   recent visitors 22

इंदौर के सुशील नथानियल की पहलगाम हमले में मौत, बेटी आकांक्षा को भी लगी गोली, पत्नी भी घायल

इंदौर  जम्मू-कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसारन घाटी में मंगलवार दोपहर 2:45 बजे हुए आतंकी हमले में 28 लोगों की जान चली गई। इस भीषण हमले में इंदौर के वीणा नगर निवासी सुशील नथानियल की गोली लगने से मौत हो गई, जबकि उनकी बेटी आकांक्षा नथानियल गोली लगने से घायल हो गई हैं। घूमने गया था परिवार परिवार परिवार हाल ही में कश्मीर घूमने गया था। सुशील, जो अलीराजपुर जिले में एलआईसी की सैटेलाइट शाखा में पदस्थ थे, अपने बेटे आस्टन, बेटी आकांक्षा और पत्नी जेनिफर के साथ चार दिन पहले ही कश्मीर पहुंचे थे। एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) अमित सिंह ने उनकी मौत की पुष्टि की है। आखिरी क्षणों में दिखाया साहस सुशील के छोटे भाई विकास नथानियल ने बताया कि हमलावरों ने पहले सुशील को घुटनों पर बैठाया और उनसे कलमा पढ़ने के लिए कहा। जब उन्होंने अपना धर्म ईसाई बताया, तो आतंकियों ने उन्हें गोलियों से छलनी कर दिया। हमले के दौरान सुशील ने अपनी पत्नी को छिपा दिया और खुद सामने आकर आतंकियों का सामना किया। बेटी को पैर में लगी है गोली आकांक्षा को पैर में गोली लगी है, जबकि जेनिफर भागते समय गिरने से घायल हुईं। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पत्नी का जन्मदिन मनाने पहुंचा था परिवार परिवार मूल रूप से अलीराजपुर के जोबट का रहने वाला है, लेकिन वर्तमान में इंदौर के एमआर-10 क्षेत्र के वीणा नगर में निवास कर रहा था। सुशील नथानियल अपनी पत्नी जेनिफर का जन्मदिन मनाने अपने 21 वर्षीय बेटे और 30 वर्षीय बेटी के साथ पहलगाम गए थे। जेनिफर खातीपुरा के एक सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं और आकांक्षा सूरत स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा में कार्यरत हैं। बेटा आस्टन और जेनिफर फिलहाल सुरक्षित हैं। इंदौर की दो महिलाएं घायल पहलगाम में हुए आतंकी हमले में शहर की दो महिलाएं बाल-बाल बचीं। एक महिला तो भगदड़ में घायल भी हो गई। दूसरी महिला गोलियों की आवाज और पर्यटकों के शव देखने के बाद अवसाद में चली गईं। उनका उपचार चल रहा है। सेना ने इंदौर पुलिस को सूची साझा करते हुए कहा कि महिलाओं का नाम जेनिफर और आकांक्षा है। उनके सामने ही आतंकवादियों ने गोलियां चलाईं। पास से निकल गई गोलियां अंधाधुंध फायरिंग के बाद महिलाएं भागी थीं। एक महिला भागने के दौरान गिरकर घायल हो गई। एक महिला के पास से गोलियां निकल गईं। वह सदमे में है। एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून) अमित सिंह ने इसकी पुष्टि की है। हमारे महू प्रतिनिधि के अनुसार किशनगंज क्षेत्र के निवासी सुमित शर्मा भी जम्मू-कश्मीर घूमने गए थे। घटना के आधा घंटे पहले ही वे घाटी से नीचे आ गए थे। जेनिफर-आकांक्षा अस्पताल में भर्ती सेना ने इंदौर पुलिस को पहलगाम हमले के मृतकों और घायलों की लिस्ट भेजी है। इसके आधार पर एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून एवं व्यवस्था) अमित सिंह ने बताया- अंकिता को पैर में गोली लगी है जबकि जेनिफर भागते समय गिरने से घायल हुई। दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हमारे निकलने के 15 मिनट बाद ही हमला जिस जगह आतंकी हमला हुआ, वहां मध्य प्रदेश के महू के किशनगंज में रहने वाले होटल और प्रॉपर्टी कारोबारी सुमित शर्मा भी परिवार के साथ मौजूद थे। वे 15 मिनट पहले ही परिवार के साथ वहां से निकले थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने की निंदा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले की निंदा की है। उन्होंने दिवंगत नागरिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि पहलगाम में हुआ आतंकी हमला कायराना और अमानवीय कृत्य है। इसमें कई निर्दोष लोगों की जान चली गई है। टीआरएफ ने ली हमले की जिम्मेदारी मंगलवार को हुए इस आतंकी हमले की जिम्मेदारी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े टीआरएफ ने ली है। रिपोर्ट्स के अनुसार, आतंकियों ने एक पर्यटक से नाम पूछकर उसे सिर में गोली मारी और फिर अंधाधुंध फायरिंग करते हुए फरार हो गए। मृतकों में इटली और इजराइल के एक-एक नागरिक के साथ दो स्थानीय लोग शामिल हैं। अन्य मृतक पर्यटक मध्यप्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और ओडिशा से हैं। recent visitors 19