महासमुंद : सुशासन तिहार : राजस्व प्रकरणों का त्वरित समाधान और जमीन स्तर पर बदलाव की नई शुरुआत

महासमुंद : सुशासन तिहार : राजस्व प्रकरणों का त्वरित समाधान और जमीन स्तर पर बदलाव की नई शुरुआत महासमुंद जिले में ‘सुशासन तिहार’ अंतर्गत राजस्व विभाग द्वारा  त्वरित समाधान हेतु किए जा रहे पहल प्रशासनिक दक्षता का प्रतीक हैं, बल्कि आम जनता को राहत देने वाले ठोस प्रयास भी हैं। कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह के सतत मार्गदर्शन में राजस्व विभाग की टीम द्वारा जिस तत्परता से प्रकरणों का समाधान किया जा रहा है, वह सराहनीय है। सीमांकन प्रकरणों का त्वरित निराकरण सुशासन तिहार के इतर सामान्य दिनों में राजस्व विभाग के समक्ष आने वाले सबसे सामान्य लेकिन जटिल प्रकरणों में सीमांकन की समस्या प्रमुख है। पहले इन प्रकरणों के निराकरण में समय लग जाते थे, जिससे आम जनता को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। लेकिन सुशासन तिहार के दौरान, इन प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर समाधान गया। उदाहरणस्वरूप, ग्राम चौकबेड़ा के किसान श्री ब्रज प्रसाद की भूमि का सीमांकन वर्षों से लंबित था, जिससे खेती करना मुश्किल हो गया था। अभियान के दौरान राजस्व विभाग ने दो दिनों के भीतर सीमांकन कर रिपोर्ट प्रदान की, जिससे किसान परिवार में खुशी की लहर दौड़ गई। इसी तरह उपतहसील पटेवा अंतर्गत किसान पंचराम और झाखरमुडा में ग्रामीणों सीमांकन की कारवाई की गई । छोटी-छोटी लेकिन महत्वपूर्ण समस्याओं का समाधान इस अभियान में केवल बड़े प्रकरणों पर ही नहीं, बल्कि आम जनजीवन से जुड़ी छोटी-छोटी समस्याओं पर भी ध्यान दिया गया। भू-अभिलेख की प्रतिलिपि, सीमांकन रिपोर्ट की प्रति,  किसान किताब ,भूमि स्वामित्व की त्रुटियों का संशोधन, खातों की अद्यतन जानकारी जैसी मामूली लेकिन समय-संवेदनशील समस्याओं का तत्काल समाधान किया गया जा रहा है। किसान किताब और दस्तावेजों का वितरण अभियान के दौरान राजस्व विभाग द्वारा बसना तहसील अंतर्गत ग्राम डूमरपाली के किसान महेशराम, ग्राम जगत के मीन केतन और राजकुमार को तहसीलदार ममता ठाकुर द्वारा किसान किताब वितरण किया गया। इसके अलावा  बागबाहरा के ग्राम तेंदुलोथा के श्रीमती पुरी हरपाल को भी किसान किताब एक सप्ताह के भीतर मिल गया। इस अभियान की सबसे बड़ी खासियत यह है कि आम जनता में प्रशासन के प्रति विश्वास बढ़ा है। लोग अब यह महसूस कर रहे हैं कि उनका शासन उनके द्वार पर है। बसना के किसान पंचराम ने कहा, “अब हमें तहसील के चक्कर नहीं लगाने पड़ते, अफसर खुद गांव आकर समाधान कर रहे हैं।” मुख्यमंत्री विष्णु देव साय जी सरकार की यह पहल वास्तव में समाधान कारक है।‘सुशासन तिहार’ केवल एक प्रशासनिक अभियान नहीं, बल्कि जनता से जुड़ने और उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुलझाने की एक सशक्त पहल है। महासमुंद जिले में इस अभियान ने प्रशासन की संवेदनशीलता और जवाबदेही को जमीन स्तर पर सिद्ध करने का प्रयास किया है। यदि इसी गति और भावना से कार्य होते रहे, तो सुशासन की यह अवधारणा एक स्थायी बदलाव का माध्यम बन सकती है।` recent visitors 20

रायपुर : फसलों को बचाने के साथ अब सब्जी भी उगा सकेंगे चंदाराम और टकेश्वर

रायपुर : फसलों को बचाने के साथ अब सब्जी भी उगा सकेंगे चंदाराम और टकेश्वर सुशासन तिहार में मिला सिंचाई पंप रायपुर सुशासन तिहार सुशासन तिहार में बिलासपुर जिला प्रशासन ने दो किसानों के आवेदनों पर तत्परता से कार्यवाही करते हुए उन्हें अनुदान पर सिंचाई पंप प्रदान किया है। मस्तूरी विकासखण्ड के ग्राम पताईडीह के दो किसानों श्री चंदाराम जांगड़े और श्री टकेश्वर केंवट ने बीज निगम द्वारा संचालित चौंप्स योजना के तहत पेट्रोल चलित सिंचाई पंप की मांग की थी। उनकी मांग पर त्वरित कार्यवाही करते हुए कृषि विभाग ने दोनों को अनुदान पर सिंचाई पंप उपलब्ध कराया है। ये दोनों सीमांत किसान अब अपने फसलों को बचाने के साथ ही सब्जियों की खेती भी कर सकेंगे। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार जताया है। बिलासपुर जिले के मस्तूरी विकासखण्ड के ग्राम पताईडीह के किसान श्री चंदाराम जांगड़े ने बताया कि वे डेढ़ एकड़ में खेती करते हैं। उसे लंबे समय से सिंचाई पंप की आवश्यकता थी, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण खरीद नहीं पा रहे थे। शासकीय योजना के माध्यम से अनुदान पर पंप लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करने की प्रक्रिया की जानकारी नहीं होने के कारण वे इसके लिए आवेदन नहीं कर पा रहे थे। सुशासन तिहार में गांव में आवेदन के लिए पेटी लगने पर उसने अपना आवेदन डाला। कृषि विभाग ने उसके आवेदन पर तत्परता से कार्यवाही कर अनुदान पर उसे पेट्रोल चलित सिंचाई पंप प्रदान किया। पताईडीह के ही किसान श्री टकेश्वर केंवट ने बताया कि उसके पास करीब एक एकड़ कृषि भूमि है। सिंचाई पंप खरीदने की इच्छा लंबे समय से थी, लेकिन घर की खराब माली हालत के कारण संभव नहीं हो पा रहा था। सुशासन तिहार में कृषि विभाग ने उसे बहुत कम दर पर सिंचाई पंप उपलब्ध कराया है। उसे 25 हजार रुपए का पंप अनुदान पर आधी कीमत पर मिला है। सिंचाई के लिए पंप मिलने पर अब वह बेहतर ढंग से खेती कर पाएगा। धान के साथ अब वह सब्जी-भाजी भी उगा सकेगा जिससे आमदनी बढ़ेगी। सुशासन तिहार के दौरान आवेदन पर त्वरित कार्यवाही होने और सिंचाई पंप मिलने पर टकेश्वर ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है। recent visitors 30

CM यादव ने कहा कि कानून और व्यवस्था की दृष्टि से पूरे प्रदेश के साथ हर जिले को आदर्श रूप में लाना

जबलपुर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर में संभाग के अन्य जिलों में कानून-व्यवस्था बनाये रखने, आपराधिक तत्वों पर नियंत्रण करने के निर्देश दिये। उन्होंने जबलपुर में कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विशेष रूप से बालाघाट, मंडला, डिंडोरी में नक्सल गतिविधियों के उन्मूलन की समीक्षा कर नक्सल उन्मूलन की दिशा में प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विशेष रूप से कहा कि कानून और व्यवस्था की दृष्टि से पूरे प्रदेश के साथ हर जिले को आदर्श रूप में लाना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जुआं, सट्टा, अवैध मादक पदार्थ व अवैध रेत उत्खनन व परिवहन पर कठोर कार्रवाई करें। धार्मिक स्थलों पर ध्वनि विस्तारक यंत्रों, खुले में मांस बिक्री, गौवंश की तस्करी पर भी प्रभावी नियंत्रण और सख्ती से रोकथाम सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई करें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जनजातियों से विवाह कर भूमि व संपत्ति के मालिक बनने की साजिश पर कड़ी निगरानी रखें, सतर्कता दिखायें। उन्होंने कहा कि कानून और व्यवस्था बनाये रखने में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। बैठक में डीजीपी कैलाश मकवाना, एसडीजी पंकज श्रीवास्तव, एडीजी साईं मनोहर सहित संभाग के वरिष्ठ पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।   recent visitors 23

राज्य सरकार स्व. दिनेश मिरानिया जी के शोकाकुल परिवार को 20 लाख रुपए की देगी सहायता : मुख्यमंत्री श्री साय

 राज्य सरकार स्व. दिनेश मिरानिया जी के शोकाकुल परिवार को 20 लाख रुपए की देगी सहायता : मुख्यमंत्री श्री साय आतंकी हमले में हुई हत्या को बताया अत्यंत पीड़ादायक और अपूरणीय क्षति रायपुर मुख्यमंत्री श्री साय ने घोषणा की कि राज्य सरकार दिवंगत श्री मिरानिया जी के शोकाकुल परिजनों को 20 लाख रुपए की आर्थिक सहायता प्रदान करेगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले में रायपुर के श्री दिनेश मिरानिया जी की हत्या की दुर्भाग्यपूर्ण घटना को अत्यंत पीड़ादायक बताते हुए इसे प्रदेश के लिए एक अपूरणीय क्षति कहा। उन्होंने कहा कि पूरा छत्तीसगढ़ इस दुःखद घड़ी में मिरानिया परिवार के साथ है। यह केवल एक परिवार की नहीं, पूरे समाज की क्षति है। श्री साय ने कहा कि जो आतंकवादी इस जघन्य कृत्य के दोषी हैं, उन्हें कड़ी से कड़ी सजा अवश्य मिलेगी। उन्होंने यह भी विश्वास व्यक्त किया कि देश की सुरक्षा एजेंसियाँ इस मामले में शीघ्र न्याय सुनिश्चित करेंगी। recent visitors 25

रायपुर : महतारी वंदन योजना की 15वीं किश्त के तहत 648 करोड़ रुपये की सहायता राशि जारी

रायपुर : महतारी वंदन योजना की 15वीं किश्त के तहत 648 करोड़ रुपये की सहायता राशि जारी रायपुर छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महतारी वंदन योजना के अंतर्गत आज एक तारीख को माह मई 2025 की पंद्रहवीं किश्त का भुगतान जारी कर दिया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा प्रदेश की 69.32 लाख से अधिक महिलाओं को कुल 648.38 करोड़ रुपये की सहायता राशि उनके बैंक खाते में अंतरित की गई। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत करने के लिए इस योजना की शुरुआत मार्च 2024 में की गई थी। अब तक लगातार 15 माहों में 9788.78 करोड़ रुपये की राशि प्रदेश की महिलाओं को प्रदाय की जा चुकी है। योजना के अंतर्गत 21 से 60 वर्ष आयु वर्ग की विवाहित, विधवा, तलाकशुदा एवं परित्यक्ता महिलाओं को प्रतिमाह एक हजार रूपए की सहायता राशि प्रदान की जाती है। आधार कार्ड अपडेट कराने की अपील महिला एवं बाल विकास विभाग ने हितग्राही महिलाओं से अपील की है कि वह अपना आधार कार्ड अपडेट कराएं, ताकि राशि के भुगतान में किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो। ज्ञात हो कि आधार कार्ड को हर 10 वर्षों में अपडेट करना अनिवार्य है। कई हितग्राहियों का भुगतान आधार इनएक्टिव होने के कारण निरस्त किया गया है। ऐसे हितग्राहियों को आधार केंद्र में जाकर पहचान एवं निवास प्रमाण-पत्र के साथ आधार अपडेट कराना आवश्यक है, ताकि आगामी किश्त का भुगतान सुनिश्चित हो सके। recent visitors 21

कृषि नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने 3 मई को मंदसौर में राज्य स्तरीय कृषक सम्मेलन एवं कृषि उद्योग समागम-2025 का शुभारंभ

उन्नत कृषि और किसानों की समृद्धि के लिए 3 मई को मंदसौर में होगा किसान मेले का आयोजन कृषि उद्योग समागम : प्रदेश में कृषि नवाचार और उद्यमिता का अभिनव संगम  कृषि नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने 3 मई को मंदसौर में राज्य स्तरीय कृषक सम्मेलन एवं कृषि उद्योग समागम-2025 का शुभारंभ भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कृषि नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिये 3 मई 2025 को मंदसौर में एक दिवसीय राज्य स्तरीय कृषक सम्मेलन एवं कृषि उद्योग समागम-2025 का शुभारंभ करेंगे। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, कृषि मंत्री एदल सिंह कंषाना, उद्यानिकी एवं खाद्य प्र-संस्करण मंत्री नारायण सिंह कुशवाह, जन-प्रतिनिधि, कृषक, उद्यमी, निर्यातक एवं एफपीओ प्रतिनिधि बड़ी संख्या में भाग लेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आयोजन में खाद्य प्र-संस्करण के क्षेत्र में कार्य करने के लिये इच्छुक निवेशकों के साथ संवाद भी करेंगे, जिससे नये निवेशक मंदसौर जिले में निवेश के लिये आकर्षित होंगे और उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। मंदसौर जिला औषधीय और मसाला खेती में अग्रणी है। मेले के आयोजन से मंदसौर जिले में औषधीय फसलों को और अधिक बढ़ावा मिल सकेगा। उन्नत कृषि और किसानों की समृद्धि के लिए 3 मई को मंदसौर जिले के सीतामऊ में किसान मेला एवं एग्री-हॉर्टी एक्सपो का आयोजन किया जायेगा। किसान मेले में किसानों को उन्नत तकनीकों, बीज, आधुनिक कृषि उपकरणों, शासन की योजनाओं एवं कृषि प्रबंधन की विस्तार से जानकारी दी जाएगी। कार्यक्रम में आधुनिक कृषि यंत्रों, नवीनतम बीजों, संरक्षित खेती, प्राकृतिक कृषि, मत्स्य पालन, खाद्य प्र-संस्करण एवं जैविक उत्पादों का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही कृषि आधारित उद्योगों, एफपीओ, निर्यातकों हेतु संगोष्ठी एवं नेटवर्किंग सत्र आयोजित होंगे। कृषक सम्मलेन एवं एग्री-हॉर्टी एक्सपो में किसानों से जुड़े विविध तरह के राज्य स्तरीय स्टॉल लगाए जाएंगे। इन स्टॉल्स के माध्यम से कृषकों को उन्नत तकनीकी, खेती-किसानी की जानकारी और नवाचारों के संबंध में बताया जाएगा। कृषि अभियांत्रिकी, कृषि विभाग, उद्यानिकी विभाग, एम.पी. एग्रो, एमएसएमई, मत्स्य, पशुपालन, नवकरणीय ऊर्जा विभाग, राजस्व विभाग द्वारा कृषि यंत्र, ड्रोन एवं उपकरण, कृषि आदान व्यवस्था नवीन प्रजातियों के बीज उवर्रक, पेस्टीसाइड आदि, बैंकर्स एवं फसल बीमा, सूक्ष्म सिंचाई संयंत्र, संरक्षित खेती, वर्मी बेड, मल्चिंग, पौंड प्लास्टिक लाइन (पोली/शेडनेट हाउस आदि), खाद्य प्र-संस्करण, ओडीओपी, रिसर्कुलेटरी एक्वाकल्चर सिस्टम (आर.ए.एस), केज कल्चर, बायोफलॉक एवं मत्स्य महासंघ का डिस्पले, चलित पशु चिकित्सा इकाई, आदर्श गौशाला, सार्टेड सेक्सड सीमन, एंब्रियो ट्रांसफर तकनीक, सांची मिल्क पार्लर एवं मिल्क क्वालिटी टेस्टिंग, एग्री फोटो वॉल्टाइक एग्री स्टेक के स्टॉल लगाए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव समागम में आये अतिथि निवेशकों के साथ संवाद करेंगे और राज्य सरकार की योजनाओं के हितग्राहियों को हितलाभ वितरण करेंगे। यह समागम प्रदेश के किसानों के लिए नवाचार, तकनीकी उन्नयन और उद्यमिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा। recent visitors 18

जल गंगा संवर्धन अभियान में जनप्रतिनिधियों और आमजनों की भागीदारी सुनिश्चित करें – कमिश्नर

जल गंगा संवर्धन अभियान में जनप्रतिनिधियों और आमजनों की भागीदारी सुनिश्चित करें – कमिश्नर पेयजल व्यवस्था और सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण पर विशेष ध्यान दें – कमिश्नर सीधी    कमिश्नर बीएस जामोद ने संभागीय समीक्षा बैठक में शासन की उच्च प्राथमिकता की योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। कमिश्नर कार्यालय सभागार में आयोजित बैठक में कमिश्नर ने कहा कि जल गंगा संवर्धन अभियान को जन आंदोलन बनाएं। जल संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। वर्षा जल को संचित करके ही हम अपना जीवन सुरक्षित कर सकते हैं। जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत हैण्डपंप तथा कुओं में रिचार्ज पिट बनाने का विशेष प्रयास करें। जिन क्षेत्रों में पेयजल संकट होता है वहाँ जल संरक्षण के कार्य अनिवार्य रूप से कराएं। नदियों के उद्गम स्थल की साफ-सफाई, घाटों की साफ-सफाई, चेकडैम तथा बोरी बांध निर्माण एवं खेत तालाबों का निर्माण अनिवार्य रूप से कराएं। मनरेगा योजना से स्वीकृत तथा अधूरे कार्यों को भी अभियान की अवधि में पूरा कराएं। इस अभियान में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, स्वयंसेवी संस्थाओं तथा सबसे बढ़कर आमजनता की भागीदारी सुनिश्चित करें। सबके सहयोग और प्रयास से ही पानी को सहेजने का प्रयत्न सफल हो पाएगा।           बैठक में कमिश्नर ने वर्चुअल माध्यम से बैठक में शामिल विभिन्न जिलों के कलेक्टर्स को निर्देश देते हुए कहा कि पेयजल व्यवस्था की सतत निगरानी रखें। हैण्डपंपों तथा नलजल योजनाओं के सुधार के संबंध में मिली सूचनाओं पर 24 घंटे के अंदर कार्यवाही सुनिश्चित करें। हर बसाहट में पेयजल की आपूर्ति अनिवार्य रूप से कराएं। सीएम हेल्पलाइन में 50 दिवस से अधिक समय से बड़ी संख्या में आवेदन पत्र लंबित हैं। इनके निराकरण पर विशेष ध्यान दें। अप्रैल माह में मऊगंज जिले ने आवेदनों के निराकरण में शानदार कार्य करते हुए प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। इसके लिए कलेक्टर और अन्य अधिकारियों को बहुत-बहुत बधाई। सिंगरौली जिला भी लगातार टाप टेन जिलों में शामिल होकर अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। कलेक्टर राजस्व विभाग, पीएचई, खाद्य विभाग, स्वास्थ्य विभाग, ग्रामीण विकास विभाग तथा श्रम विभाग की शिकायतों के निराकरण पर विशेष ध्यान दें। ऊर्जा विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग में भी बड़ी संख्या में आवेदन लंबित हैं। सभी संभागीय अधिकारी आवेदनों का निराकरण कराएं। सीएम हेल्पलाइन में बी श्रेणी से नीचे रहने वाले विभागों के अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस दें।           कमिश्नर ने कहा कि संभाग में गेंहू उपार्जन की प्रगति धीमी है। पंजीकृत किसानों से अंतिम तिथि पाँच मई तक गेंहू उपार्जन के प्रयास करें। उपार्जित गेंहू का परिवहन कराकर सुरक्षित भण्डारण कराएं। खाद्य सुरक्षा योजना के हितग्राहियों तथा संबल पोर्टल में दर्ज हितग्राहियों की ई केवाईसी तय समय सीमा में अनिवार्य रूप से कराएं। पंचायतों में शिविर लगाकर ई केवाईसी अपडेशन कराएं। ई ऑफिस प्रणाली लागू कर दी गई है। इसमें शेष बचे विभागों को ऑनबोर्ड कर फाइलों का मूवमेंट पोर्टल के माध्यम से कराएं। रीवा जिले ने ई ऑफिस प्रणाली से दो सौ फाइलों का मूवमेंट करके अच्छा कार्य किया है। सभी अधिकारी संभागीय समीक्षा बैठक के एजेण्डा बिन्दुओं पर तत्परता से कार्यवाही करके पालन प्रतिवेदन ऑनलाइन दर्ज कराएं। बैठक में कमिश्नर ने पेंशन प्रकरणों के निराकरण, भू अर्जन, रीवा-सिंगरौली रेलवे लाइन निर्माण, सीधी-सिंगरौली हाईवे निर्माण, एयर एंबुलेंस सेवा तथा निवेश संवर्धन के प्रयासों के संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए।     वीडियो कान्फ्रेंसिंग से बैठक में शामिल कलेक्टर स्वरोचिष सोमवंशी ने विभागीय गतिविधियों की जानकारी दी। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अंशुमन राज, उपखण्ड अधिकारी गोपद बनास नीलेश शर्मा, मझौली आर पी त्रिपाठी, चुरहट शैलेश द्विवेदी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। recent visitors 18