Saturday, July 4, 2026 6:27 pm

शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की मंत्री दिलीप जायसवाल ने समीक्षा की

भोपाल कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) तथा सीधी जिले के प्रभारी मंत्री श्री दिलीप जायसवाल ने शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने ग्रीष्म ऋतु को दृष्टिगत रखते हुए जल जीवन मिशन अंतर्गत किए जा रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए सभी बसाहटों में पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मंत्री श्री जायसवाल ने हैण्डपम्पों के संधारण के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश देते हुए कहा कि जिन गांवों में गंभीर जल संकट है वहां हैण्डपंप खनन की कार्यवाही भी की जाए। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना में सभी बसाहटों को जोड़ें मंत्री श्री जायसवाल ने निर्माण एजेन्सियों की समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि निर्माण कार्यों में समय-सीमा और गुणवत्ता से किसी भी प्रकार से समझौता नहीं होगा। उन्होंने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-4 में जिले की 250 जनसंख्या वाली सभी बसाहटों को जोड़ने के निर्देश दिए। मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि जिले के सभी मार्गों के मरम्मतीकरण का कार्य जून माह तक पूर्ण कर लें। मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि जनजातीय बाहुल्य क्षेत्रों में रोड कनेक्टिविटी तथा विद्युतीकरण के कार्य प्राथमिकता से करें। सभी मजरे-टोलों में विद्युतीकरण का कार्य इस अभियान के दौरान प्राथमिकता से कर लें। जल गंगा संवर्धन अभियान की समीक्षा करते हुए कहा कि यह अभियान मुख्यमंत्री डॉ. यादव की सर्वोच्च प्राथमिकता का अभियान है। लोगों को जोड़कर जल संरक्षण एवं जल संवर्धन को एक जन आंदोलन बनाएं। अभियान के दौरान चिन्हित कार्यों को 30 जून के पहले अनिवार्य रूप से पूर्ण कर लें। रोगी कल्याण समिति की बैठक मंत्री श्री जायसवाल ने जिला रोगी कल्याण समिति की सामान्य सभा की बैठककी अध्यक्षता करते हुए मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय सहित सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में चिकित्सक अपने निर्धारित समय पर उपस्थित रहें। मरीजों को निःशुल्क जांच और उपचार की सुविधा उपलब्ध करायें। सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में निःशुल्क दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। प्रभारी मंत्री श्री जायसवाल ने कहा कि 108 एम्बुलेंस सुविधा तथा जननी वाहनों की सेवाओं के संचालन में कड़ी निगरानी रखें। शिकायतों की जांच कर लापरवाही पाए जाने पर संचालक के विरूद्ध कार्रवाई करें। थाना मड़वास एवं सेमरिया का लोकार्पण मंत्री श्री जायसवाल ने चौकी से थाना में उन्नयन के बाद थाना मड़वास और सेमरिया का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में प्रदेश की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने तथा अपराधों में नियंत्रण रखने के लिए थानों के परिसीमन की कार्रवाई की गई है। थाना मड़वास और सेमरिया के उन्नयन से क्षेत्र की जनता को सहूलियत होगी। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से कहा कि पीड़ित व्यक्तियों के साथ सहानुभूति पूर्वक व्यवहार करें। आपराधिक मामलों में तत्परता से कार्यवाही करते हुए दोषियों को दण्ड दिलाने तथा पीड़ित को न्याय दिलाने का कार्य करें। तहसील कार्यालय मड़वास का लोकार्पण मंत्री श्री जायसवाल ने 1 करोड़ 24 लाख रूपये लागत से नवनिर्मित तहसील कार्यालय भवन मड़वास का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में केन्द्र और राज्य सरकार किसान के विकास के लिए अनवरत कार्य कर रही है। पीएम किसान योजना तथा मुख्यमंत्री किसान कल्याण योजना से किसानों को प्रति वर्ष 12 हजार रूपये की आर्थिक सहायता प्राप्त हो रही है। सरकार आज किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज पर ऋण देने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों की नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा संबंधी समस्याओं के निराकरण के लिए राजस्व महा अभियान का संचालन समय-समय पर किया जाता है, जिससे राजस्व न्यायालयों में लंबित प्रकरणों में कमी आई है।  recent visitors 46

विदिशा रेलवे स्टेशन का केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया निरीक्षण

 भोपाल  भोपाल मंडल में स्थित विदिशा रेलवे स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत जारी पुनर्विकास कार्यों की प्रगति का निरीक्षण आज माननीय केंद्रीय मंत्री, कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्रालय  भारत सरकार शिवराज सिंह चौहान द्वारा किया गया। इस दौरान उन्होंने स्टेशन परिसर का भ्रमण कर यात्री सुविधाओं, निर्माणाधीन संरचनाओं तथा आधुनिकीकृत यात्री प्रतीक्षालयों की स्थिति का जायज़ा लिया। निरीक्षण के दौरान माननीय मंत्री ने यात्रियों के हित में कार्यों की गति और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि स्टेशन का पुनर्विकास कार्य न केवल सुविधाजनक बल्कि सौंदर्यात्मक रूप से भी प्रभावशाली होना चाहिए ताकि यात्रियों को विश्वस्तरीय अनुभव मिल सके। साथ ही, उन्होंने स्टेशन परिसर को स्वच्छ, सुरक्षित एवं दिव्यांगजन अनुकूल बनाने के निर्देश दिए। श्री चौहान ने निर्माण कार्यों की स्थिति पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत विदिशा स्टेशन का कायाकल्प होने से पूरे क्षेत्र को लाभ मिलेगा। उन्होंने सुझाव दिया कि कार्यों की प्रगति में पारदर्शिता बनाए रखते हुए समयबद्ध रूप से निर्माण पूर्ण किया जाए। इस अवसर पर माननीय विधायक विदिशा मुकेश टंडन, माननीय विधायक कुरवाई  हरी सिंह सप्रे सहित अन्य जन प्रतिनिधि एवं रेलवे की ओर से मंडल रेल प्रबंधक देवाशीष त्रिपाठी, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ कटारिया, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (समन्वय) ऋतुराज शर्मा, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (मध्य) के. के. निगम एवं वरिष्ठ मंडल विद्युत अभियंता (सामान्य)  संजय मानोरिया उपस्थित रहे। मंडल रेल प्रबंधक ने माननीय मंत्री को कार्य की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि स्टेशन पर आधुनिक टिकट काउंटर, लिफ्ट, एस्केलेटर, विस्तारित फुट ओवर ब्रिज, बेहतर प्रकाश व्यवस्था तथा आकर्षक फसाड तैयार किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान आम जनता में भी विशेष उत्साह देखने को मिला। कई यात्रियों ने मंत्री जी से मिलकर स्टेशन विकास को लेकर अपने अनुभव साझा किए। माननीय मंत्री की यह यात्रा स्टेशन पुनर्विकास को नई दिशा प्रदान करने वाली साबित हुई, जिससे संबंधित अधिकारियों को प्रेरणा मिली और स्थानीय नागरिकों में रेलवे के प्रति विश्वास और सुदृढ़ हुआ। recent visitors 37

स्वास्थ्य अधोसंरचना विकास कार्यों को समय सीमा में करें पूर्ण : राज्य मंत्री पटेल

भोपाल लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्यमंत्री श्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल ने ग्वालियर में फूड एण्ड ड्रग टेस्टिंग लैब सहित स्वास्थ्य अधोसंरचना विकास कार्यों का निरीक्षण किया और निर्माण कार्य को शीघ्रता से पूर्ण करने के निर्देश दिए। राज्य मंत्री श्री पटेल ने हाउसिंग बोर्ड के सिविल इंजीनियरों एवं इलेक्ट्रिकल इंजीनियरों को निर्देशित किया कि वे निर्माण कार्य में तेजी लाएं और तय समय-सीमा में कार्य पूरा करें। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सचिन श्रीवास्तव को कार्य की नियमित निगरानी करने तथा इसे प्राथमिकता से पूर्ण कराने के निर्देश दिए। बैठक में स्वास्थ्य विभाग से मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सचिन श्रीवास्तव, डीएचओ-2 डॉ. प्रबल प्रताप सिंह, ड्रग इंस्पेक्टर कु. अनुभूति शर्मा, फूड ऑफिसर श्री लोकेन्द्र सिंह, एम.पी. हाउसिंग बोर्ड से ई.ई. श्री दास गुप्ता, श्रीमती नीरू राजपूत, श्री बसंत यादव, एसडीओ श्री रतन काकवानी, श्री शुभम गुप्ता तथा भोपाल से फूड एण्ड ड्रग टेस्टिंग लैब के प्रभारी श्री राकेश जैन भी मौजूद रहे।   recent visitors 36

खुशहाल कृषक और उन्नत कृषि मध्यप्रदेश की पहचान है, 6 हजार 850 लोगों को मिलेगा रोजगार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंदसौर जिले के सीतामऊ में आयोजित ‘कृषि उद्योग समागम-2025’ में 'खाद्य प्र-संस्करण उद्यमियों से संवाद' कार्यक्रम में कहा कि खुशहाल कृषक और उन्नत कृषि मध्यप्रदेश की पहचान है। खाद्य प्र-संस्करण से जहां उद्योगों को आगे बढ़ने का मौका मिलेगा, वहीं किसान भी आर्थिक रूप से समृद्ध होंगे। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में संचालित राज्य सरकार का संकल्प भी यही है। कृषि आधारित उद्योगों के लिए हमारी सरकार सरल व अनुकूल नीतियों का निर्माण कर उद्यमियों को बढ़ावा दे रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज 3812 करोड़ की लागत की 11 औद्योगिक इकाइयों का लोकार्पण, भूमि-पूजन हुआ है। इससे स्थानीय स्तर पर 6850 रोजगार के अवसर सृजित होंगे। कृषि संबंधी उद्योगों की संभावनाओं पर निवेशकों से चर्चा की। साथ ही नीमच-मंदसौर जिले में नवीन उद्योग स्थापित करने वाले निवेशकों को आशय प्रमाण पत्र (लेटर ऑफ इन्‍टरेस्‍ट) भी प्रदान किए गये हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सरकार के दरवाजे निवेशकों के लिए हमेशा खुले हैं। सरकार निवेशकों के मार्ग की सभी बाधाएं हटाने का काम कर रही है। हम सब प्रदेश की उन्नति के लिए संकल्पबद्ध हैं। सरकार हरसंभव सहयोग के लिए निवेशकों के साथ खड़ी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भोपाल ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में उद्यानिकी क्षेत्र में 30 लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में बिजली पानी एवं बेहतर सड़क की सुविधा के साथ ही औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीतियां उपलब्ध हैं। औद्योगिक निवेश के लिए प्रदेश में बेहतर वातावरण है। उन्होंने कहा कि प्रति बीघा गेहूं के उत्पादन में मध्यप्रदेश ने अमेरिका को भी पीछे छोड़ दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में डबल इंजन की सरकार रोजगार के अवसर बढ़ाने का हरसंभव प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि पहले इस तरह के आयोजन बड़े शहरों में ही होते थे, परंतु अब हमने संभाग एवं जिला स्तर पर भी इन्वेस्टर्स समिट आयोजित करने का निर्णय लिया है और इसकी शुरुआत आज मंदसौर जिले से हुई है। राज्य सरकार सभी प्रकार के निवेशकों को समान रूप से निवेश के अवसर उपलब्ध करा रही है। मुख्य सचिव श्री अनुरागजैन ने कहा कि मध्यप्रदेश को रोजगारोन्मुखी बनाना मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की प्राथमिकता है। उनका मानना है कि इसके लिए उद्योगों को प्रोत्साहित करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश की ग्रोथ रेट देश के बड़े राज्यों में सर्वाधिक है। जीडीपी में भी कृषि का योगदान 44 प्रतिशत है। प्रदेश में सिंचाई के रकबे में हुई वृद्धि से कृषि क्षेत्र में उत्पादन उल्लेखनीय रूप से बढ़ा है। मंदसौर, नीमच क्षेत्र मसालों के लिए विख्यात रहा है। यहां खाद्य प्र-संस्करण इकाइयों में पर्याप्त संभावनाएं विद्यमान हैं। औद्योगिक इकाइयों की स्थापना और विस्तार में सरलता के लिए राज्य सरकार ईज ऑफ डूईंग बिजनेस को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। अपर मुख्य सचिव उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण श्री अनुपम राजन ने कहा कि कृषि उद्योग समागम की पहली कड़ी सीतामऊ मंदसौर में आयोजित हुई है। इसमें विशेष रूप से कृषि के क्षेत्र में नई तकनीकों का प्रदर्शन किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मंशा के अनुरूप इस प्रकार के समागम संभाग और जिला स्तर पर भी आयोजित किए जाएंगे। प्रदेश में खाद्य प्र-संस्करण की पर्याप्त संभावना विद्यमान है। इस संबंध में राज्य शासन की नीतियां भी निवेशकों, उद्योगपतियों के लिए अनुकूल हैं और राज्य सरकार भी खाद्य प्र-संस्करण को प्रदेश में नई ऊंचाई देने के लिए प्रतिबद्ध है। एमपीआईडीसी के प्रबंध संचालक श्री चंद्रमौली शुक्ला ने निवेश प्रोत्साहन के अंतर्गत विभिन्न नीतियों के संबंध में जानकारी दी। उद्योगपति श्री अजय भटनागर ने भी अपने अनुभव साझा किए। निवेशकों से चर्चा के दौरान उप मुख्यमंत्री श्री जगदीश देवड़ा, कृषि मंत्री श्री एदल सिंह कंषाना, उद्यानिकी मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह, मंदसौर जिले की प्रभारी मंत्री सुश्री श्री निर्मला भूरिया, जन-प्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में उद्योगपति एवं निवेशक उपस्थित रहे। recent visitors 42

एमपी ट्रांसको रतलाम में हुआ निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर

भोपाल मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) के तत्वावधान में काकानी सोशल वेलफेयर फाउंडेशन एवं जिला रोगी कल्याण समिति रतलाम के सहयोग से रतलाम में निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर एवं कार्डियोपल्मोनरी पुनर्जीवन तकनीक (सीपीआर) का प्रशिक्षण आयोजित किया गया। सीपीआर प्रशिक्षण के साथ हुई स्वास्थ्य जांच शिविर के दौरान डॉ. राजेश मैडा एवं डॉ. शीतल पाटीदार के निर्देशन में चिकित्सा विभाग की टीम द्वारा सीपीआर सहित विभिन्न जीवन रक्षक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही एमपी ट्रांसको के कर्मचारियों की मधुमेह, रक्तचाप, दंत परीक्षण आदि की जांच की गई तथा आवश्यक परामर्श भी दिया गया। गर्मी के मौसम में लू, सड़क दुर्घटनाओं एवं विद्युत से संबंधित दुर्घटनाओं से बचाव के लिये जन-जागरूकता भी इस शिविर का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य था। recent visitors 39

यूसीसी पर फैलाई जा रही हैं भ्रांतियां, पहलगाम घटना पर सख्त रुख: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी

हरिद्वार उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शनिवार को हरिद्वार पहुंचे, जहां उन्होंने देव संस्कृति विश्वविद्यालय में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) पर आयोजित परिचर्चा में हिस्सा लिया। इस दौरान, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड की जनता ने हमें बहुमत दिया, हमने वादा निभाया। कुछ लोग यूसीसी को लेकर भ्रम फैला रहे हैं, लेकिन हम जन जागरूकता के जरिए हर भ्रम का जवाब देंगे। पहलगाम जैसी घटनाओं का जवाब देने के लिए भारत तैयार है। मीडिया से बात करते हुए सीएम धामी ने कहा कि यूसीसी को लेकर कई तरह की भ्रांतियां फैलाई जा रही हैं। उन्होंने साफ किया कि यूसीसी के तहत मूल निवास प्रमाण पत्र देने जैसी बातें पूरी तरह निराधार हैं। मुख्यमंत्री ने कहा, "महिला सशक्तिकरण और समाज में समानता लाने के लिए यूसीसी एक ऐतिहासिक कदम है। 2022 के चुनाव में उत्तराखंड की जनता ने इसे लेकर जो विश्वास दिखाया, हमने उस पर खरा उतरने का प्रयास किया है। अब यह कानून राज्य में लागू हो चुका है और इससे न्याय प्रक्रिया और अधिक सरल होगी।" सीएम धामी ने बताया कि सरकार जन जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को यूसीसी से जुड़ी सही जानकारी देगी। जातिगत जनगणना को लेकर भी सीएम धामी ने अपनी प्रतिक्रिया दी और कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं और इस दिशा में भी केंद्र सरकार गंभीरता से काम कर रही है। वहीं, पहलगाम हमले को लेकर मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि भारत अब कमजोर नहीं है और हर चुनौती का मुंहतोड़ जवाब देने में सक्षम है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं को अंजाम देने वाले दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। चारधाम यात्रा को लेकर भी सीएम ने कहा कि यह एक बड़ी चुनौती है, लेकिन राज्य सरकार ने इसके लिए सभी जरूरी तैयारियां कर ली हैं, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। recent visitors 35

नरवाई जलाने से बचें किसान : मशीनों से होगा नरवाई का निष्पादन, जमीन को बनाएं उपयोगी: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश आर्थिक रूप से सम्पन्न हो रहा है। नीति आयोग के अनुसार मध्यप्रदेश, देश में सबसे तेज गति से प्रगति करने वाला राज्य है। आने वाले समय में प्रगति की गति और तेज होने वाली है। राज्य सरकार कृषकों को बिजली में आत्मनिर्भर बनाने जा रही है। अब किसान सौर ऊर्जा से स्वयं बिजली बनाएंगे और पम्प चलाएंगे। उनके द्वारा अपनी आवश्यकता से अधिक बिजली पैदा करने पर राज्य सरकार किसानों से बिजली खरीदेगी और उसका भुगतान भी करेगी। किसानों को मात्र 10 प्रतिशत राशि पर सोलर पम्प उपलब्ध कराए जाएंगे। पांच, तीन, दो हार्स पॉवर तक के सौर पम्प के लिए मात्र 10 प्रतिशत राशि जमा कराने पर शेष राशि राज्य सरकार द्वारा किसानों को उपलब्ध कराई जाएगी। इस योजना से किसानों को बिजली के बिल से मुक्ति मिलेगी। तीन साल में 32 लाख सोलर पम्प उपलब्ध कराए जाएंगे। किसान, कृषि पम्प चलाने, घर में बिजली के उपयोग या अन्य प्रयोजनों के लिए अपनी बिजली स्वयं बना सकेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सीतामऊ (मंदसौर) में कृषि उद्योग समागम : 2025 को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मंदसौर, नीमच क्षेत्र के किसानों द्वारा ली जा रही विविधतापूर्ण उपजों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा इसे प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से ही सीतामऊ में उन्नत कृषि पर केन्द्रित यह आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विदेशी तकनीक से लेकर स्थानीय जुगाड़ तक को प्रोत्साहित करते हुए खेती को फायदेमंद बनाने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। हम उन्नत खेती को उद्योग का दर्जा दिलाने के उद्देश्य से कार्य कर रहे हैं, इसीलिए कृषि उत्पादों के उचित मूल्य, लंबे समय तक संधारण और स्थानीय स्तर पर खाद्य प्रसंस्करण की सुविधा उपलब्ध कराकर किसानों का लाभ सुनिश्चित करने के लिए प्रयास जारी हैं। मध्यप्रदेश में संतरा, केला सहित कई महत्वपूर्ण उत्पाद बड़ी मात्रा में होते हैं। इनकी ब्रांडिंग भी हमारे प्रदेश के नाम पर हो, यह सुनिश्चित करना आवश्यक है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी किसानों को उन्नत कृषि अपनाने और बागवानी, फलोद्यान, प्रसंस्करण सहित कृषि से जुड़ी अन्य गतिविधियां अपनाते हुए सम्पन्न बनने के लिए निरंतर प्रयत्नशील रहने का संकल्प दिलाया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि नरवाई जलाने की जानकारी सेटेलाइट के माध्यम से प्राप्त की जा सकती है। गेहूं की फसल के बाद बचे अवशेष में आग लगाने से खेत की उर्वरा शक्ति कम हो जाती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किसानों से नरवाई जलाने से बचने की अपील की। उन्होंने कहा कि इस स्थिति के निराकरण के लिए मशीनें उपलब्ध कराई जा रही है और उन पर अनुदान की व्यवस्था भी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पार्वती-कालीसिंध-चंबल नदी जोड़ों परियोजना से उज्जैन संभाग के सभी किसानों की जिन्दगी बदलेगी। हर खेत तक सिंचाई के लिये पानी पहुँचेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में गौपालन को प्रोत्साहित कर दुग्ध उत्पादन की क्षमता बढ़ाई जा रही है। गौमाता हमारी संस्कृति की प्रतीक हैं, गाय-भैंस पालन को प्रोत्साहित करने के लिए 25 गाय-भैंस पालने पर 25 प्रतिशत की सब्सिडी उपलब्ध कराई जाएगी। देश के कुल दुग्ध उत्पादन में मध्यप्रदेश का उत्पादन वर्तमान में 9 प्रतिशत है, इसे हमें 20 प्रतिशत तक ले जाना है। किसानों को 200 गाय-भैंस पालन अर्थात 8 यूनिट तक सब्सिडी उपलब्ध कराई जाएगी। दूध-दही हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है, "जिसके घर गाय वह गोपाल और जिस के घर गाय का कुल वह घर गोकुल" का भाव हमारा परिवेश में रचा-बसा है। अच्छी खेती के साथ दूध उत्पादन, बागवानी, फलोद्यान जैसी गतिविधियां बढ़ाने के लिए भी राज्य सरकार अनुदान उपलब्ध करा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अपना जीवन उपयोगी बनाने के लिए, किसान खेत की एक-एक इंच जमीन को बेहतर बनाएं। प्रदेश के हर जनपद में एक-एक वृंदावन गांव विकसित किया जाएगा, जहां उन्नत कृषि के लिए विशेष प्रोत्साहन के साथ स्कूल-कॉलेज सहित सभी अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। बेसहारा, लावारिस, अपाहिज गौमाता की देख-रेख के लिए 20 रूपए के स्थान पर 40 रूपए प्रति गाय की दर से अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। राज्य सरकार ने आपदा में तत्काल मदद करने के उद्देश्य से एयर एम्बुलेंस सेवा का संचालन आरंभ किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंदसौर, नीमच क्षेत्र की समृद्ध पुरातत्व सम्पदा का उल्लेख करते हुए कहा कि इनके संरक्षण के लिए राज्य सरकार संवेदनशीलता से प्रयास कर रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में किसान कल्याण के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सिंचाई का रकबा बढ़ाने, बिजली की उपलब्धता को सुगम बनाने के साथ ही किसान सम्मान निधि देते हुए किसान की मेहनत का सम्मान किया गया है। नदी जोड़ो अभियान के माध्यम से प्रदेश में सिंचाई के रकबे में और अधिक विस्तार होने जा रहा है। कृषि और उद्यानकी के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है प्रदेश : मंत्री श्री कुशवाह उद्यानकी एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री श्री नारायण सिंह कुशवाह ने कहा है कि मध्यप्रदेश कृषि प्रधान प्रदेश है, प्रदेश में कृषि और उद्यानकी के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रहा है राज्य शासन का प्रयास कृषि के साथ उद्यानकी के क्षेत्र में नवीन उन्नत तकनीकी अच्छी गुणवत्ता के बीज का प्रयोग करके उत्पादन को बढ़ावा देना है। उत्पादित माल की मूल्य संवर्धन के लिए खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को बढ़ावा देने का कार्य मध्यप्रदेश सरकार द्वारा किया जा रहा है। इसके लिए राज्य सरकार में अनेक अनुदान योजनाएं संचालित की जा रही है किसानों को उनके उत्पादन का बेहतर लाभ प्राप्त हो सके । इसके लिए क्रेता विक्रेता सेलर्स मीट का आयोजन राज्य सरकार द्वारा किया जा रहा है उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में उद्यानकी में बहुत तेजी से बढ़ोतरी हुई है प्रदेश मसाला फसलों का उत्पादन में देश में अग्रणी राज्य बन गया है राज्य सरकार का प्रयास है कि खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों की मध्यप्रदेश में स्थापना करके उत्पादित माल की बेहतर कीमत किसानों को प्राप्त हो सके। उन्होंने कृषि उद्योग समागम को इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन प्रदेश में अन्य स्थानों पर भी किए जाएंगे। 95 करोड़ के निर्माण कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने … Read more