पवनदीप राजन की भयानक एक्सीडेंट के बाद पहली बार सामने आई तस्वीर

मुंबई 'इंडियन आइडल 12' के विनर पवनदीप राजन का हाल ही में भयानक कार एक्सीडेंट हो गया था। अब होश में आने के बाद उनकी पहली तस्वीर सामने आई है, जिसमें वो मुस्कुराते हुए नजर आ रहे हैं। अब वो खतरे से बाहर हैं। इस फोटो को देखने के बाद फैंस ने राहत की सांस ली है। ये फोटो इंटरनेट पर वायरल भी हो रही है। पवनदीप राजन का 5 मई को उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद के पास कार एक्सीडेंट हुआ था। उनकी कार सड़क पर खड़े कैंटर ट्रक से भिड़ गई थी। हादसे में गाड़ी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और पवनदीप के अलावा दो अन्य भी गंभीर रूप से घायल हो गए थे। पवनदीप के दोनों पैर और हाथ में हुआ फ्रैक्चर पवनदीप को प्राथमिक उपचार के बाद दिल्ली रेफर कर दिया गया था। बताया जा रहा है कि हाथ और दोनों पैर में फ्रैक्चर हुआ है। अब वो खतरे से बाहर हैं। वायरल फोटो में वो अस्पताल के बेड पर लेटे हुए हैं और उनका चेहरे पर सूजन भी नजर आ रही है। हालांकि, वो दर्द में भी मुस्कुरा रहे हैं, जिसे देखकर फैंस ने राहत की सांस ली है। सड़क दुर्घटना के बाद उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी उनकी सेहत के लिए कामना की थी। उन्होंने X पर लिखा था, 'सुप्रसिद्ध गायक, देवभूमि उत्तराखंड के सपूत श्री पवनदीप राजन जी के सड़क दुर्घटना में घायल होने का दुखद समाचार प्राप्त हुआ। ईश्वर से उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूं।' पवनदीप राजन की टीम का पोस्ट पवनदीप की टीम ने भी एक बयान जारी किया था, जिसमें लिखा था, 'सभी को हैलो, आप सभी पवनदीप राजन के दुखद सड़क हादसे के बारे में जानते हैं, जो 5 मई की सुबह यूपी के मुरादाबाद के पास हुआ, जब वो दिल्ली लौट रहे थे। उन्हें एक इवेंट में शामिल होने के लिए दिल्ली की फ्लाइट पकड़नी थी। उन्हें दिल्ली एनसीआर में अच्छे हॉस्पिटल में शिफ्ट कर दिया गया। उन्हें कई सारे मेजर फ्रैक्चर्स और छोटी चोट आई है। ये दिन परिवार और फैंस के लिए बुरा रहा। पूरे दिन वो दर्द में और अचेत अवस्था में रहे। हालांकि, हर तरह से जांच करने के बाद उन्हें ऑपरेशन थिएटर ले गए और 6 घंटे तक ऑपरेशन हुआ। अभी वो ICU में हैं। 3-4 दिनों तक रेस्ट करने के बाद फिर फ्रैक्चर्स और इंजरी के लिए ऑपरेशन होगा।' recent visitors 47

हाई स्कूल और हायर सेकेण्डरी परीक्षाओं के परिणाम जारी : मुख्यमंत्री साय ने सफल अभ्यर्थियों को दी बधाई और शुभकामनाएं

रायपुर  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज मंत्रालय महानदी भवन में छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा आयोजित हाई स्कूल एवं हायर सेकेण्डरी परीक्षाओं का परिणाम जारी किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने सभी सफल विद्यार्थियों के उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए उनके परिजनों और गुरूजनों को भी बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। मुख्यमंत्री साय ने परीक्षा में किसी कारणवश अनुत्तीर्ण रह जाने वाले विद्यार्थियों को अगली परीक्षा के लिए फिर से दोगुने उत्साह के साथ तैयारी करने की समझाईश दी है। उन्होंने कहा कि असफलता से विद्यार्थी निराश न हो, क्योंकि जीवन में असफलता ही सफलता की पहली सीढ़ी है। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल की अध्यक्ष एवं अपर मुख्य सचिव रेणु पिल्ले, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव डॉ. बसवराजु एस., स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव सिद्धार्थ कोमल सिंह परदेशी, माध्यमिक शिक्षा मण्डल के सदस्य मोती लाल साहू, माध्यमिक शिक्षा की सचिव पुष्पा साहू सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे। recent visitors 28

आतंकवाद पर करारा प्रहार ऑपरेशन सिंदूर : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

आतंकवाद पर करारा प्रहार ऑपरेशन सिंदूर : उप मुख्यमंत्री शुक्ल पूरे देश में खुशी की लहर प्रधानमंत्री मोदी का व्यक्त किया आभार भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आतंकवाद के खिलाफ “ऑपरेशन सिंदूर” के तहत निर्णायक और योजनाबद्ध कार्रवाई की गई है, उससे पूरे देश में खुशी की लहर है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने “ऑपरेशन सिंदूर” के तहत की गई कार्यवाही पर मीडिया से विचार साझा करते हुए कहा कि देश की जनता को भरोसा था कि मोदी जी पहलगाम में हुए उस कायराना हमले का, जिसमें हमारी बहनों और माताओं के सिंदूर को उजाड़ने का कुत्सित प्रयास किया गया था, ठोस और निर्णायक जवाब जरूर देंगे। आज पूरा देश देख रहा है कि किस प्रकार आतंक के बड़े अड्डों को ध्वस्त कर आतंकवाद को जड़ से समाप्त करने की दिशा में कदम बढ़ाया गया है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने प्रधानमंत्री मोदी को इस दृढ़ और साहसी नेतृत्व के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि अब समय आ गया है जब राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर समस्त देशवासी एकजुट हों। उन्होंने कहा कि यह आवश्यक है कि हम सभी एक स्वर में राष्ट्रहित में खड़े हों और सरकार का समर्थन करें। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि “ऑपरेशन सिंदूर” के सफल संचालन से यह स्पष्ट हो गया है कि भारत अब किसी भी आतंकी हमले को सहन नहीं करेगा और हर हमले का जवाब दोगुनी ताकत से देगा।   recent visitors 35

Sony लॉन्‍च कर रही नया Xperia 1 VII स्‍मार्टफोन

नई दिल्ली आज से करीब 10 साल पहले सोनी स्‍मार्टफोन मार्केट में अलग पहचान बनाकर चलती थी। उसके एक्‍सपीरिया फोन जिस हाथ में होते, अलग ही लुक्‍स बिखेरते थे। उसके स्‍पीकरों की छनछनाहट कानों में घुल जाती थी। तब एमपी3 म्‍यूजिक प्‍लेयर सोनी एक्‍सपीरिया के फोन में खूब बजाया जाता था। वक्‍त ने करवट बदली और चीनी कंपनियों के आगे सोनी की चमक फीकी पड़ गई। ये और बात है कि तमाम चीनी कंपनियां अपने स्‍मार्टफाेन कैमरों में सोनी का सेंसर लगाती आई हैं। सोनी अब एक बार फ‍िर से स्‍मार्टफोन मार्केट में नया फोन लेकर आ रही है। Sony Xperia 1 VII को 13 मई को लॉन्‍च किया जाएगा। पर क्‍या यह फोन भारतीय मार्केट में खरीदा जा सकेगा, आइए जानते हैं। Sony Xperia 1 VII लॉन्‍च डेट Sony Xperia 1 VII की घोषणा 13 मई को की जाएगी। एंड्रॉयड हेडलाइंस की एक रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी जापान में लॉन्‍च इवेंट करने जा रही है। हालांकि यह फोन ग्‍लोबल मार्केट्स में थोड़े दिनों बाद ही आएगा। रिपोर्टों के अनुसार, जापान से बाहर यह डिवाइस जुलाई में दस्‍तक दे सकती है। भारत में फोन आएगा या नहीं, अभी जानकारी नहीं है। उसके बाद ही पता चलेगा कि भारतीय यूजर्स इसे कब और कैसे खरीद पाएंगे। सोनी ने इस बारे में अभी कुछ नहीं बताया है। सिर्फ लॉन्‍च डेट का खुलासा किया है। पुराने फोन्‍स जैसा डिजाइन रिपोर्टों के अनुसार, Sony Xperia 1 VII में इसके पिछले मॉडल जैसा डिजाइन ही दिया जाएगा। रेंडर्स में भी फोन का डिजाइन सामने आ चुका है। खास बात है कि कंपनी लंबे वक्‍त से एक जैसा डिजाइन फॉलो कर रही है। इसीलिए सोनी फोन्‍स भीड़ में भी अलग दिखाई देते हैं। अपकमिंग सोनी स्‍मार्टफोन को गीकबेंच पर भी स्‍पॉट किया जा चुका है। इसमें अबतक का सबसे तेज स्‍नैपड्रैगन 8 एलीट प्रोसेसर मिलेगा। फोन में 12 जीबी रैम दी जाएगी। Sony Xperia 1 VII के अनुमानित फीचर्स Sony Xperia 1 VII में 6.5 इंच का डिस्‍प्‍ले दिया जा सकता है। रिपोर्टों के अनुसार यह फोन एंड्रॉयड 15 ओएस पर चलेगा और लॉन्‍च होने के कुछ टाइम बाद ही इसमें एंड्रॉयड 16 सपोर्ट भी आ जाएगा। कहा जाता है कि फोन में 48 मेगापिक्‍सल का मेन कैमरा दिया जाएगा, जो ऑप्टिकल इमेज स्‍टैबलाइजेशन को सपोर्ट करता है। साथ में 12 मेगापिक्‍सल का अल्‍ट्रा वाइड कैमरा फोन में होगा। तीसरे सेंसर के तौर पर 12 मेगापिक्‍सल का पेरिस्‍कोप कैमरा दिया जाएगा। फोन में 12 मेगापिक्‍सल का फ्रंट कैमरा मिलेगा। हाल ही में इस डिवाइस को US FCC से सर्टिफ‍िकेशन मिला है। इससे पता चलता है कि अन्‍य स्‍मार्टफोन्‍स के मुकाबले डिजाइन में यह थोड़ा मोटा होगा। फोन में 5 हजार एमएएच की बैटरी दी जाएगी। चार्जिंग स्‍पीड के बारे में अभी जानकारी नहीं है। recent visitors 57

एमसीबी जिले में कानून व्यवस्था की धज्जियाँ: अवैध कारोबारियों का साम्राज्य, प्रशासन मौन

एमसीबी जिले में कानून व्यवस्था की धज्जियाँ: अवैध कारोबारियों का साम्राज्य, प्रशासन मौन जुआ,सट्टा,नशा,अवैध शराब और कबाड़ कारोबार का अड्डा बनता जा रहा एमसीबी जिला एमसीबी एमसीबी जिला आज अपराधियों के लिए ‘स्वर्ग’ बनता जा रहा है। जिले के हर शहर, गाँव, गली और चौक-चौराहे पर अब कानून की नहीं, बल्कि अवैध कारोबारियों की हुकूमत चल रही है। सट्टा, गांजा, नाइट्रा गोली, एविल इंजेक्शन, महुआ शराब से लेकर अवैध कबाड़ तक – हर प्रकार का गैरकानूनी धंधा दिनदहाड़े, प्रशासन की नाक के नीचे फल-फूल रहा है। सबसे बड़ी बात यह है कि यह सब कुछ आबकारी विभाग और पुलिस प्रशासन की संभावित मिलीभगत से संचालित हो रहा है। कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाते इन अपराधियों पर किसी भी प्रकार की सख्त कार्यवाही न होना, खुद एक बड़ा सवाल बनकर खड़ा हो गया है। विधायक की चेतावनी हवा में, अपराधियों की मौज चुनाव जीतने के बाद जिले के प्रथम दौरे में छत्तीसगढ़ सरकार के मंत्री एवं एमसीबी विधायक श्याम बिहारी जयसवाल ने मंच से कड़ा संदेश देते हुए कहा था, "अवैध कारोबार करने वालों की अब खैर नहीं", लेकिन वर्तमान स्थिति को देख यह बयान खोखला प्रतीत हो रहा है। जिला मुख्यालय से लेकर सुदूर ग्राम पंचायतों तक अवैध शराब, नशा और कबाड़ माफिया का आतंक है। पुलिस की आंखों के सामने ही गांजा और नाइट्रा जैसे घातक नशे की बिक्री हो रही है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि क्या प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की कथनी और करनी में फर्क है? नशे में डूबता युवा वर्ग, खोता भविष्य एमसीबी जिले के गाँवों और शहरों के वार्डों में युवा वर्ग तेजी से गांजा, नाइट्रा गोली और एविल इंजेक्शन जैसे नशे की गिरफ्त में आ रहा है। यह नशे की लत न केवल उनके स्वास्थ्य को बर्बाद कर रही है, बल्कि सामाजिक और पारिवारिक ढांचे को भी तोड़ रही है।      कई परिवारों ने गुमनाम शिकायतें कर जिला प्रशासन से गुहार लगाई, लेकिन कार्यवाही के नाम पर केवल ‘कागजी खानापूर्ति’ ही होती है। कबाड़ माफियाओं की चांदी अवैध कबाड़ कारोबार जिले में एक अलग ही उफान पर है। चोरी के सामान से लेकर एसईसीएल संस्थानों के उपकरण,तांबे के तार,सिल्वर,लोहा एवं हाइवे 43 सड़क किनारे लगे साइन बोर्ड आदितक कबाड़ के नाम पर बेचे जा रहे हैं। "सइयां भए कोतवाल तो डर काहे का" — यह कहावत अब एमसीबी में अक्षरश: चरितार्थ हो रही है। जनता की उम्मीद: कब जागेगा प्रशासन? अब जनता के मन में सिर्फ एक ही सवाल है — कब तक प्रशासन सोता रहेगा? कब होगी सख्त कार्यवाही? क्यों नहीं हो रही बड़े स्तर पर छापेमारी? क्या मंत्री का बयान सिर्फ राजनीतिक स्टंट था या फिर वाकई कुछ बदलाव आएगा? एमसीबी की जनता अब प्रशासन और सरकार की तरफ टकटकी लगाए बैठी है। जरूरत है साहसी निर्णयों की, निष्पक्ष कार्यवाही की, और यह संदेश देने की कि कानून का शासन अब भी जिंदा हैं। recent visitors 33

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कुपोषण मुक्त झाबुआ के लिए चलाए गए मोटी आई नवाचार की हुई सराहना

प्रदेश के सभी शहरों में कामकाजी महिलाओं के लिए हॉस्टल उपलब्ध कराएं : मुख्यमंत्री डॉ. यादव बच्चों के पोषण और सही शारीरिक विकास के लिए महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य और आयुष विभाग परस्पर समन्वय से करें कार्य:मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कुपोषण मुक्त झाबुआ के लिए चलाए गए मोटी आई नवाचार की हुई सराहना मुख्यमंत्री ने की महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि कामकाजी महिलाओं की सुविधा के लिए प्रदेश के सभी शहरों में हॉस्टल सुविधा उपलब्ध कराई जाए। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा मिशन शक्ति के अंतर्गत संचालित "सखी-निवास" सुविधा का विस्तार उन औद्योगिक क्षेत्रों में भी किया जाए, जहां महिला कर्मचारी अधिक संख्या में हैं। बालिकाओं और महिलाओं को रोजगारपरक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने तथा उनके कौशल उन्नयन के लिए विभागीय समन्वय से गतिविधियां संचालित की जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य, शारीरिक विकास और पोषण की उचित उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य और आयुष विभाग निश्चित कार्य योजना बनाकर उसका क्रियान्वयन करें। आंगनवाड़ी भवनों की उपलब्धता और रख रखाव के लिए नगरीय निकायों और पंचायतराज संस्थाओं से भी आवश्यक समन्वय सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को महिला एवं बाल विकास विभाग की गतिविधियों की मंत्रालय में समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिए। बैठक में कुपोषण मुक्त झाबुआ के लिए चलाए गए "मोटी आई" अभियान पर लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई। नवाचार को अनुकरणीय बताया गया। समीक्षा में महिला एवं बाल विकास मंत्री सुनिर्मला भूरिया, मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा, विभागीय प्रमुख सचिव श्रीमती रश्मि अरूण शमी, आयुक्त महिला बाल विकास श्रीमती सूफिया फारूखी बली सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आंगनवाड़ियों में पूरक पोषण आहार उपलब्ध कराने की व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए एक माह में कार्य योजना प्रस्तुत की जाए। प्रोटीन युक्त भोजन सामग्री उपलब्ध कराने के लिए चना और अन्य प्रोटीन स्रोत अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। दुग्ध संघों से आंगनवाड़ी के बच्चों को दूध भी आवश्यक रूप से उपलब्ध कराया जाए। गर्भवती तथा धात्री महिलाओं को भी सम्पूर्ण पौष्टिक आहार उपलब्ध करायें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश की सामाजिक संस्थाओं, औद्योगिक इकाइयों के साथ मंदिरों में उपलब्ध संसाधनों का उपयोग भी आंगनवाड़ियों की बेहतरी के लिए किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सुरक्षित प्रसव के लिए प्रसव की संभावित तिथि से पहले सुदूरवर्ती ग्रामों तथा अन्य स्थानों से अस्पताल पहुंचने वाली गर्भवती महिलाओं के रहने तथा उनकी देखरेख के लिए आवश्यक व्यवस्था विकसित की जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि समय-सीमा निर्धारित कर यह सुनिश्चित किया जाए की सभी जिलों में आंगनवाड़ियां शासकीय भवनों में संचालित हों। इसके लिए स्कूल शिक्षा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, नगरीय विकास और जनजातीय कार्य विभाग सहित अन्य विभागों के उपलब्ध भवनों का भी उपयोग किया जाए। जिला स्तर पर पंचायत राज संस्थाओं, नगरीय निकायों के सहयोग तथा सांसद-विधायक निधि, डीएमएफ एवं अन्य संसाधनों से प्राथमिकता के आधार पर आंगनवाड़ियों के लिए भवनों का निर्माण कराया जाए। भवनों में जहाँ पर्याप्त स्थान और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध हों, वहीं आंगनवाड़ियों का संचालन हो। मिशन शक्ति में हिंसा से पीड़ित महिलाओं की सहायता के लिए प्रदेश में संचालित 57 वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से वर्ष 2024-25 में 31 हजार 726 महिलाओं को सहायता उपलब्ध कराई गई। महिला हेल्प लाइन-181 से इस वर्ष 82 हजार 552 महिलाओं को सहायता दी गई। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में गर्भवती महिलाओं को मजदूरी की हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में 58 लाख 70 हजार हितग्राहियों को एक हजार 878 करोड़ रूपए का भुगतान किया गया। सशक्त वाहिनी नवाचार में 11 हजार 321 युवतियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया और 156 युवतियां विभिन्न शासकीय विभागों में चयनित हुईं। बैठक में मिशन वात्सल्य, पूरक पोषण आहार कार्यक्रम, सक्षम आंगनवाड़ी केन्द्रों के उन्नयन, पोषण भी पढ़ाई भी, लाड़ली लक्ष्मी योजना और लाड़ली बहना योजना की समीक्षा भी हुई।   recent visitors 32

मुस्लिम समाज के हित में है वक्फ संशोधन कानून: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

मुस्लिम समाज के हित में है वक्फ संशोधन कानून: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्यमंत्री ने वक्फ सुधार जनजागरण कार्यक्रम को किया संबोधित: कहा – सभी सम्मिलित प्रयास कर वक्फ संशोधन कानून की भ्रांतियों को करें दूर रायपुर वक्फ संशोधन कानून मुस्लिम समाज के खिलाफ नहीं, बल्कि उनके हित में है। हम सभी का सम्मिलित प्रयास और उद्देश्य होना चाहिए कि वक्फ कानून को लेकर समाज में किसी भी प्रकार का भ्रम न फैले। सभी को वास्तविकता को समझना चाहिए और दूसरों को भी इसकी जानकारी देनी चाहिए। वक्फ संशोधन कानून को लेकर देशभर में जनजागरण अभियान चलाया जा रहा है, और इसी कड़ी में आज मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अपने निवास कार्यालय में आयोजित वक्फ सुधार जनजागरण कार्यक्रम में यह बात कही। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि वक्फ बोर्ड संशोधन अधिनियम  मुस्लिम समुदाय के हितों की रक्षा हेतु एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा कि वक्फ बोर्ड का गठन बहुत ही पुनीत उद्देश्य के साथ किया गया था, ताकि मुस्लिम समाज, विशेषकर गरीब वर्ग और पसमांदा मुसलमानों को लाभ मिल सके। लेकिन विगत वर्षों में कुछ रसूखदार लोगों ने इस कानून का लाभ उठाकर अपना स्वार्थ सिद्ध किए, जिससे गरीब मुसलमान अपने अधिकारों से वंचित रह गए। श्री साय ने कहा कि हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने ‘विकसित भारत’ का जो लक्ष्य रखा है, उसे प्राप्त करने में सभी देशवासियों की भूमिका आवश्यक है। यदि कोई भी वर्ग पीछे छूटता है, तो हम अपना संकल्प पूर्ण नहीं कर पाएंगे। आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री रामविचार नेताम ने कहा कि हमारी सरकार सभी के हितों की चिंता करती है। वक्फ कानूनों में हुए संशोधनों का उद्देश्य मुस्लिम समाज को सशक्त बनाना है। अब वक्फ संपत्तियों की आमदनी का एक-एक पाई का लेखा-जोखा रखा जाएगा और यह राशि समाज के लोगों की भलाई, उनकी शिक्षा और जीवन स्तर को ऊंचा उठाने में उपयोग की जाएगी। इस अवसर पर विधायक श्री किरण देव, वक्फ बोर्ड के चेयरमैन डॉ. सलीम राज, आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव श्री सोनमणि बोरा, वक्फ बोर्ड के सीईओ डॉ. एस. एफ. फारूकी एवं मुस्लिम समाज के अनेक प्रबुद्धजन उपस्थित थे। recent visitors 40