हैंडपंप मेंटेनेंस का बिल पास करने मांगें 24 हजार रु.; EOW ने कार्यपालन यंत्री और क्लर्क को किया गिरफ्तार 

Demanded 24 thousand rupees to pass the bill of hand pump maintenance; EOW arrested the executive engineer and clerk  जितेन्द्र श्रीवास्तव विशेष संवाददाता  जबलपुर । आर्थिक अन्वेषण ब्यूरो (EOW) की टीम ने बुधवार को पीएचई विभाग में पदस्थ कार्यपालन यंत्री को 24 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। EOW की टीम ने अकाउंटेंट क्लर्क को भी पकड़ा है। कार्यपालन यंत्री ने हैंडपंप मेंटेनेंस का बिल पास करने के लिए ठेकेदार से रिश्वत मांगी थी। दमोह के रहने वाले ठेकेदार रोहित बरौलिया ने सिहोरा ब्लॉक में हैंडपंप मेंटेनेंस का काम लिया था। जिसे पूरा करने के बाद उन्होंने दमोह नाका स्थित मुख्य कार्यालय में 2 लाख 47 हजार रुपए का बिल लगाया था। बिल पास करने के लिए कार्यपालन यंत्री द्वारा 10% रिश्वत की मांग की जा रही थी। जिसकी शिकायत रोहित ने जबलपुर आर्थिक अन्वेषण ब्यूरो के एसपी अनिल विश्वकर्मा से लिखित में शिकायत दी। शिकायकर्ता का कहना है कि उसने सिहोरा ब्लॉक के कई क्षेत्रों में हैंडपंप मेंटेनेंस का काम किया था। उसका बिल पास करवाने के लिए कार्यपालन यंत्री शरद कुमार सिंह और क्लर्क विकास पटेल 24 हजार रुपए मांग रहे थे। यह काम का 10 प्रतिशत होता है। शिकायत का सत्यापन करने के बाद बुधवार दोपहर को EOW ने यह ने कार्रवाई की ।  recent visitors 114

बड़ा मलहरा: विधायक सुश्री रामसिया भारती मटकी फोड़ कार्यक्रम में शामिल, ग्रामीणों की सुनी समस्याएं

Bada Malhara: MLA Ms. Ramsiya Bharti participated in the Matki breaking program, listened to the problems of the villagers छतरपुर जिले की बड़ा मलहरा विधानसभा क्षेत्र की कांग्रेस विधायक सुश्री रामसिया भारती मंगलवार को नवीन फुटवारी पहुंचीं, जहां उन्होंने ग्रामवासियों द्वारा आयोजित मटकी फोड़ (दधी लीला) कार्यक्रम में शामिल होकर धर्म लाभ लिया। https://www.facebook.com/100095277861256/posts/809389495580305/?mibextid=rS40aB7S9Ucbxw6v कार्यक्रम में भाग लेने के दौरान विधायक ने क्षेत्रवासियों से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याएं सुनीं। ग्रामीणों ने बिजली, पानी और सड़क से जुड़ी कई शिकायतें उनके सामने रखीं। इस पर सुश्री भारती ने आश्वासन दिया कि वह संबंधित विभागों से बात कर इन समस्याओं का समाधान कराने का पूरा प्रयास करेंगी। गांव के लोगों ने विधायक का स्वागत किया और पारंपरिक माहौल में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मटकी फोड़ प्रतियोगिता में युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और उपस्थित जनसमूह ने उत्साहपूर्वक जयकारे लगाए। recent visitors 142

ऑनलाइन मनी गेम्स पर संसद की सख्ती: 3 साल की सजा और 1 करोड़ जुर्माना

Parliament’s strictness on online money games: 3 years imprisonment and 1 crore fine strictness online money games लोकसभा ने बुधवार को ऑनलाइन मनी गेम्स पर प्रतिबंध लगाने से जुड़े ‘ऑनलाइन गेमिंग संवर्धन और विनियमन विधेयक, 2025’ को ध्वनिमत से पारित कर दिया। इस विधेयक का उद्देश्य ऑनलाइन गेम्स की लत, मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय धोखाधड़ी जैसी बढ़ती समस्याओं पर अंकुश लगाना है। क्या है विधेयक की खास बातें? strictness online money games किन गेम्स पर लगेगा प्रतिबंध? strictness online money gamesयह कानून सभी प्रकार के ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुआ गतिविधियों पर लागू होगा। इसमें शामिल हैं: संसद में विरोध और पारित होने की प्रक्रिया strictness online money gamesविपक्षी दलों ने इस विधेयक का विरोध किया, लेकिन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने संक्षिप्त टिप्पणी के बाद इसे सदन में प्रस्तुत किया। बहस के बाद इसे ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। Read More: सरकारी स्कूल की किताबें कबाड़ी के पास कैसे पहुंचीं? ग्रामीणों ने पकड़ी गड़बड़ी, प्राचार्य कटघरे में आगे का रास्ताराज्यसभा से भी विधेयक पारित होने के बाद यह कानून लागू हो जाएगा। इसके बाद देशभर में ऑनलाइन मनी गेमिंग प्लेटफॉर्म्स पर कड़ी कार्रवाई शुरू की जाएगी। लोकसभा ने ऑनलाइन मनी गेम्स पर प्रतिबंध लगाने वाला विधेयक पारित किया। अब जुआ, सट्टा, पोकर, रम्मी और फैंटेसी गेम्स अवैध होंगे। उल्लंघन पर 3 साल कैद और 1 करोड़ रुपये जुर्माना। recent visitors 126

सरकारी स्कूल की किताबें कबाड़ी के पास कैसे पहुंचीं? ग्रामीणों ने पकड़ी गड़बड़ी, प्राचार्य कटघरे में

सरकारी स्कूल की किताबें कबाड़ी के पास कैसे पहुंचीं? ग्रामीणों ने पकड़ी गड़बड़ी, प्राचार्य कटघरे में

How did government school books reach the junk dealer? Villagers caught the discrepancy, principal in the dock books reach junk dealer सागर जिले के बंडा विकासखंड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मगरदा में सोमवार को उस समय हंगामा मच गया, जब ग्रामीणों ने स्कूल से पिकअप वाहन में किताबें ले जाते हुए पकड़ लिया। ग्रामीणों का आरोप है कि माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा वितरित की गई ये किताबें रद्दी में बेचने के लिए भेजी जा रही थीं। सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला हरकत में आया और मौके पर नायब तहसीलदार, बीईओ और बीआरसीसी पहुंचे। अधिकारियों ने किताबों को जब्त कर पंचनामा तैयार किया और स्कूल प्राचार्य आर.के. रोहित सहित अन्य संबंधितों के बयान दर्ज किए। प्राचार्य पर संदेह की सुई ग्रामीणों का कहना है कि पिकअप वाहन कबाड़ी का था, जिससे यह शक और गहरा हो गया कि किताबें बेचने की कोशिश की जा रही थी। जब्त पुस्तकों में पिछले वर्ष की किताबें भी थीं, जिनमें इस वर्ष कोई बदलाव नहीं हुआ है और इन्हें पुनः छात्रों को वितरित किया जा सकता था। Read More : छतरपुर का गौरव: धुबेला की ऐतिहासिक धरोहरें और महाराजा छत्रसाल की विरासत प्रशासन की कार्यवाही books reach junk dealer तहसीलदार विजयकांत त्रिपाठी ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही जांच शुरू कर दी गई है। उनके अनुसार—“प्राचार्य का कहना है कि जहां किताबें रखी थीं, वहां लैब का निर्माण होना है, इसलिए पुस्तकों को अतिरिक्त भवन में शिफ्ट किया जा रहा था। हालांकि वाहन कबाड़ी का था, इस पर प्रतिवेदन तैयार कर लिया गया है और जांच के बाद आगे की कार्रवाई होगी।” प्राचार्य की सफाई और उठते सवाल प्राचार्य आर.के. रोहित ने सफाई दी कि किताबों को बेचा नहीं जा रहा था, बल्कि उन्हें केवल दूसरी जगह रखने के लिए भेजा जा रहा था। लेकिन सवाल यह है कि यदि किताबें बच्चों के लिए थीं, तो उन्हें समय रहते बांटा क्यों नहीं गया? ग्रामीणों और अभिभावकों का यही गुस्सा अब प्रशासन के लिए चुनौती बन गया है। recent visitors 149

छतरपुर का गौरव: धुबेला की ऐतिहासिक धरोहरें और महाराजा छत्रसाल की विरासत

छतरपुर का गौरव: धुबेला की ऐतिहासिक धरोहरें और महाराजा छत्रसाल की विरासत

Pride of Chhatarpur: Historical heritage of Dhubela and legacy of Maharaja Chhatrasal छतरपुर ! Maharaja Chhatrasal in Chhatarpur मध्यप्रदेश का छतरपुर जिला न केवल प्राकृतिक सौंदर्य बल्कि अपने गौरवशाली इतिहास के लिए भी जाना जाता है। यही वह भूमि है जहां वीर योद्धा महाराजा छत्रसाल ने मुगलों के खिलाफ संघर्ष कर बुंदेलखंड में स्वतंत्र राज्य की स्थापना की थी। उनकी राजधानी रहा धुबेला गांव, आज भी अतीत की कहानियां समेटे खड़ा है। बुंदेलखंड में छत्रसाल का साम्राज्य Maharaja Chhatrasal in Chhatarpur 17वीं शताब्दी में स्थापित धुबेला गांव, महाराजा छत्रसाल की वीरता, कला और प्रेम का साक्षी है। कहा जाता है कि छत्रसाल ने मुगल सम्राट औरंगजेब को परास्त कर अपना स्वतंत्र राज्य खड़ा किया था। यही कारण है कि बुंदेलखंड की धरती पर आज भी उनका नाम सम्मान के साथ लिया जाता है। Read more: कांग्रेस के शहरी और ग्रामीण अध्यक्ष ने रखा लक्ष्य, ग्राउंड जीरो तक पहुंचेगा संगठन अद्भुत धरोहरें और स्थापत्य कला धुबेला की ऐतिहासिक धरोहरें आज भी अपनी भव्यता से लोगों को आकर्षित करती हैं। इनमें छत्रसाल महल, रानी कमलापति स्मारक, मस्तानी महल, हृदय शाह महल और शीतल गढ़ी प्रमुख हैं। धुबेला का ऐतिहासिक महत्व Maharaja Chhatrasal in Chhatarpur इतिहासकार मानते हैं कि धुबेला केवल छत्रसाल की राजधानी ही नहीं, बल्कि उनकी कर्मभूमि भी थी। यहां की धरोहरें न केवल स्थापत्य की उत्कृष्टता दिखाती हैं, बल्कि बुंदेलखंड की संस्कृति और वीरता की गाथा भी सुनाती हैं। छतरपुर का धुबेला गांव आज भी पर्यटकों और इतिहास प्रेमियों के लिए एक आकर्षण का केंद्र है। महाराजा छत्रसाल की गाथा, मस्तानी और बाजीराव की कहानी, तथा रानी कमलापति का स्मारक—ये सभी मिलकर बुंदेलखंड की पहचान को और भी मजबूत बनाते हैं। recent visitors 130

कांग्रेस के शहरी और ग्रामीण अध्यक्ष ने रखा लक्ष्य, ग्राउंड जीरो तक पहुंचेगा संगठन

Congress’s urban and rural president set the target, the organization will reach ground zero भोपाल। लंबे इंतजार के बाद आखिरकार कांग्रेस ने भोपाल जिले के जिलाध्यक्षों की स्थिति साफ कर दी है। शहर और ग्रामीण अध्यक्षों को पुन: संगठन को मजबूत करने की कमान सौंपी है। दोनों अध्यक्षों ने अपना कामकाज भी प्रारंभ कर दिया है। कमान मिलते ही रविवार को शहर अध्यक्ष प्रवीण सक्सेना और ग्रामीण अध्यक्ष अनोखी मानसिंह पटेल से मेल-मिलाप और बधाई देने का सिलसिला सुबह से शुरू हुआ, जो देररात तक जारी रहा है। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने कार्यकारिणी विस्तार में स्थान देने समेत अन्य जनहित के मुद्दों पर जिलाध्यक्ष और कार्यकर्ताओं के बीच विस्तृत चर्चा की। अब कार्यकर्ताओं में नई उम्मीद जाग गई है कि उन्हें भी जिले की नवीन कार्यकारिणी में काम करने का अवसर मिलेगा। शहर अध्यक्ष प्रवीण सक्सेना ने कहा कि संगठन को पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी के मार्गदर्शन में जल्द भोपाल शहर की कार्यकारिणी गठित करेंगे, ताकि पार्टी के कार्यकर्ता फिर से नए सिरे से समाज के बीच पहुंचेंगे और उनके जनहित के मुद्दे उठाएंगे और सरकार को इनका निराकरण के लिए मजबूर करेंगे।  वहीं ग्रामीण अध्यक्ष अनोखी मानसिंह पटेल ने नीलबड़ स्थित अपने कार्यालय पर अपनी प्राथमिकता बताते हुए कहा कि हाईकमान के निर्देशानुसार तकरीबन 60 दिनों के भीतर नवीन कार्यकारिणी गठित कर देंगे। इस बार विशेष तौर पर हर पंचायत स्तर पर संगठन को गढ़ा जाएगा। पंचायत कमेटी में करीब 20 पदाधिकारी नियुक्त किए जाएंगे। इसमें समाज के सभी वर्गों को प्राथमिकता मिलेगी। जल्द ही इस संबंध में पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों से मार्गदर्शन लेंगे और नियुक्तियां प्रारंभ कर दी जाएंगी। उन्होंने बताया कि एक ही लक्ष्य है कि पंचायत स्तर तक संगठन और पार्टी की विचारधारा से लोगों को जोडऩा है। उन्होंने बताया कि पंचायत स्तर के पदाधिकारियों से चर्चा कर जनहित के मुद्दों की एक सूची तैयार करेंगे। इसके बाद सरकार के खिलाफ पार्टी हल्लाबोल करेंगे। recent visitors 154

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की मनाने से जीवन में मंगल श्रीश्री 1008 महांमडलेश्वर डॉ पं मनेश्वरनंद महाराज ने दी शुभकामनाएं

Celebrating Shri Krishna Janmashtami brings good fortune in life, Shri Shri 1008 Mahamandaleshwar Dr. Pt Maneshwaranand Maharaj gave best wishes भोपाल। श्री प्रफुल्लित तीर्थ के पीठाधीश और महादेव धाम के महामंडलेश्वर डॉ पं मनेश्वरनंद महाराज ने श्री कृष्ण जन्माष्टमी और 79वें स्वतंत्रता दिवस पर सभी देशवासियों और प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। महामंडलेश्वर डॉ पं मनेश्वरनंद महाराज ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण सभी युगों में हमारे साथ रहे हैं। कथाओं और ग्रंथों के अनुसार इस वर्ष भगवान श्रीकृष्ण का 5250वां जन्मोत्सव मनाया गया है। इस वार उनके जन्मोत्सव पर बहुत अच्छे ग्रह और नक्षत्रों का योग बना है. पूरे विधि-विधान से भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव मनाने से सभी प्रकार के विघ्न-वाधा दूर होती हैं। इसलिए हमें भगवान के जीवन की तरह आनंद के साथ जीना चाहिए। उन्होंने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के महत्व को बताते हुए कहा कि भगवान श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार हम सभी के जीवन को मंगलमय और आनंदित बनाता है। भगवान का जीवन लीलाओं से ओतप्रोत है, जो हमारे जीवन को खुशियों से भर देता है. साथ ही यह त्योहार हिंदू धर्मावलंबियों को एक सूत्र में बांधने की राह भी दिखाता है। हर अधिकारी, नेता-मंत्री इमानदारी से करे कार्य, तभी साकार होगा स्वतंत्रता दिवस महामंडलेश्वर डॉ पं मनेश्वरनंद महाराज ने 79वें स्वतंत्रता दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मेरा राष्ट्र के हर भारतवासी के लिए संदेश है कि हर पांच साल के लिए सरकार बनती है। इस कालखंड में हर शासक और प्रशासक को ध्यान रखना होगा, चाहे मंत्री हो, नेता या अधिकारी हो, सभी अपने पद की गरिमा का ध्यान रखते हुए पूरी ईमानदारी से काम करे। कोई भी भ्रष्टाचार नहीं करे, तो मैं समझता हूं कि भारत देश 10 साल में नहीं, बल्कि ढाई साल में ही सोने की चिढिय़ा बन जाएगा। फिर सरकारों को मुफ्त की योजनाएं चलाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। सरकार को चाहिए कि वह लोगों को रोजगार के अवसर दे, ना कि उन्हें मुफ्त की योजनाएं चलाए। जब सभी के हाथ में रोजगार होगा, तो मुफ्त का सामान लेने किसी को लाइन में नहीं लगना पड़ेगा।महामंडलेश्वर डॉ पं महामंडलेश्वर मनेश्वरनंद पीठाधीश प्रफुल्लित तीर्थ मनेश्वर महादेव धाम महाराज ने हिंदू राष्ट्र की परिकल्पना, लोगों के निरोगी काया, धर्म-संस्कृति समेत अन्य विषयों पर विस्तृत चर्चा की। recent visitors 183