याचिका एवं अभ्यावेदन समिति की बैठक में शामिल हुए विधायक

आष्टा आष्टा विधायक श्री गोपालसिंह इंजीनियर आज मप्र विधानसभा भवन के कक्ष क्र 6 में आयोजित याचिका एवं अभ्यावेदन समिति की बैठक में शामिल हुए । बैठक में अध्यक्ष एवं सभी सदस्यो के सामने रखे गये प्रस्तावों,आवेदनों का सभी ने बारीकी से परीक्षण कर चर्चा की एवं सम्बंधित विभाग प्रमुख से उसको लेकर किये कार्य एवं लिये निर्णयों की जानकारी ली एवं समीक्षा कर निर्देश दिये । recent visitors 60

प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य सरपंचों को डिजिटल उपकरणों और ई-गवर्नेस सेवाओं के उपयोग में सक्षम बनाना

रायपुर भारत सरकार, नीति आयोग नई दिल्ली द्वारा आकांक्षी जिला/ब्लॉक कार्यक्रम के तहत् नैस्कॉम फाउण्डेशन द्वारा जनपद पंचायत कोरबा के अंतर्गत समस्त ग्राम पंचायतों के सरपंचों को डिजिटली साक्षरता कार्यक्रम के तहत् डिजिटल रूप से सशक्त बनाने व उनके दैनिक कार्य को सरल बनाने के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन जनपद पंचायत कोरवा के सभाकक्ष में किया गया। यह पहल प्रधानमंत्री डिजिटल साक्षरता अभियान के अंतर्गत आती है. जिसका उद्देश्य ग्रामीण और पिछड़े क्षेत्रों में डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देना है।     इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य ग्राम पंचायतों के सरपंचों को डिजिटल उपकरणों और ई-गवर्नेस सेवाओं के उपयोग में सक्षम बनाना है, ताकि वे अपने दैनिक कार्यों को अधिक प्रभावी और पारदर्शी तरीके से कर सकें। नैस्कॉम फाउंडेशन की पहल, “डिजी-साक्षर“ विशेष रूप से वंचित समुदायों को डिजिटल कौशल प्रदान करने के लिए डिजाइन की गई है। इस कार्यक्रम के तहत, सरपंचों को कंप्यूटर कौशल, साइबर सुरक्षा और इंटरनेट के प्रभावी उपयोग जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया गया।     कार्यक्रम का उद्घाटन श्रीमती कौशाम्बी गबेल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत कोरवा, और श्रीमती महेश्वरी साव, विकास विस्तार अधिकारी जनपद पंचायत कोरबा द्वारा किया गया। संस्था की तरफ से लोकेश तिवारी प्रोजेक्ट फिल्ड ऑफिसर तथा प्रोग्राम के मास्टर ट्रेनर श्रीमती अनुसुईया ने डिजिटल साक्षरता का प्रशिक्षण दिया। इसमें 65 ग्राम पंचायतों के सरपंचों ने भाग लिया, जो स्थानीय शासन और प्रशासन में डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं।     श्रीमती गवेल के द्वारा आज के युग में डिजिटल साक्षरता के महत्व एवं आवश्यकता को बताया गया। वही लोकेश जी ने डिजिटल प्लेटफार्म के सुरक्षित उपयोग पर जोर देते हुए, प्रशिक्षण के माध्यम से कई उपयोगी टिप्स साझा किये।     नैस्कॉम फाउंडेशन ने वर्ष 2022 में “आकांक्षी जिला कार्यक्रम“ की शुरुआत की थी, जिसका उद्देश्य 55 आकांक्षी जिलों में डिजिटल साक्षरता, ई-गवर्नेस और कौशल विकास के माध्यम से अधिक लोगों को सशक्त बनाना है। इस पहल के तहत, डिजिटल संसाधन केंद्र स्थापित किए गए हैं, जो समुदायों को आवश्यक डिजिटल उपकरणों और सेवाओं तक पहुंच प्रदान करते हैं। recent visitors 62

जिला प्रशासन की सराहनीय पहल करते हुए प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए जेईई, नीट कोचिंग की व्यवस्था की गई- मंत्री लखनलाल देवांगन

रायपुर प्रदेश के वाणिज्य, उद्योग एवं श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन एवं अन्य अतिथियों की उपस्थिति में आज कलेक्ट्रेट के सभाकक्ष कोरबा में जिले के मेधावी विद्यार्थियों हेतु जेईई, नीट की निःशुल्क प्रशिक्षण हेतु बस से रवाना किया गया। उन्होंने सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए निरंतर कड़ी मेहनत कर लक्ष्य प्राप्त करने की शुभकामनाएं दी। मंत्री देवांगन ने कहा कि जो व्यक्ति संघर्ष करता है, उन्हें सफलता जरूर मिलती है। हम सभी मन लगाकर अच्छे से पढ़ाई करें और सफल होकर मुकाम हासिल करते हुए अपने माता-पिता, जिले का नाम रौशन करें। उत्कृष्ट अंक हासिल करने वाले दसवी के 100 तथा बारहवी बोर्ड के 50 विद्यार्थियों को राजधानी रायपुर में कोंचग के लिए भेजा गया। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उद्योग मंत्री देवांगन ने कहा कि कलेक्टर के दिशा निर्देशन में जिला प्रशासन द्वारा सराहनीय पहल करते हुए यहां के प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए राजधानी में जेईई, नीट कोचिंग की व्यवस्था की गई है। विगत वर्ष भी 100 विद्यार्थियों को रायपुर भेजा गया है। मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रशासन द्वारा निरंतर विकास कार्य किया जा रहा है। प्रधानमंत्री द्वारा उत्खनन वाले जिले में ही डाएमएफ की राशि को खर्च किए जाने का प्रावधान करने के बाद इस राशि का सदुपयोग जिले के विकास कार्यों और शिक्षा, स्वास्थ्य में हो रहा है। उन्होंने कहा कि खनिज प्रभावित जिलो में शिक्षा, स्वास्थ्य सहित अन्य क्षेत्रों में विकास हेतु सरकार प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि जिले के 100 मेधावी छात्र-छात्राओं को मेडिकल इंजीनियरिंग जैसे उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए राष्ट्रीय स्तर की जेईई, नीट जैसी प्रवेश परीक्षा की निःशुल्क तैयारी हेतु व्यवस्था की गई है। यह आप सभी के लिए सुनहरा अवसर है। इस अवसर का लाभ उठाएं, आप सभी आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़े, कार्ययोजना बनाकर परीक्षा की तैयारी करें, सफलता जरूर मिलेगी। मंत्री ने डीएमएफ की राशि से स्कूल में नाश्ता, शिक्षकों की व्यवस्था, जर्जर स्कूल भवनों का जीर्णाेद्धार, नवीन भवन निर्माण होने की बात कहते हुए जिला प्रशासन की पहल की सराहना की। विधायक कटघोरा पटेल ने बच्चों के बेहतर शिक्षा हेतु चलाए जा रहे जिला प्रशासन के इस पहल का सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा ही जीवन का मूल आधार है। उन्होंने छात्र-छात्राओं से अपना लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ने एवं कड़ी मेहनत से अपने मंजिल को हासिल करने की शुभकामनाएं दी। महापौर श्रीमती राजपूत ने कहा कि आप सभी  के बेहतर भविष्य के लिए आपके परिजन सहित जिला प्रशासन द्वारा सपना देखा गया है। उसे पूरा करने की शत प्रतिशत जिम्मेदारी आपकी है। इस हेतु आने वाले चुनौतियों के लिए खुद को अभी से तैयार करें। आपके कदमों में सफलता का मार्ग है और आप मेहनत से अपने सपनों को पूरा कर सकेंगें। कलेक्टर वसंत ने बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आपके जीवन का यह महत्वपूर्ण अवसर है। दो साल के समय का उपयोग अपने लक्ष्य को हासिल करने में लगाकर आप अपने जीवन को नई दिशा में ले जा कते हैं। आपके जीवन की सफलता की शुरुआत आज हो रही है। आप सभी ने बोर्ड परीक्षा में खूब मेहनत कर अच्छा परिणाम प्राप्त किया है,  इसी तरह आगे भी आप पूरी लगन से अध्ययन करते रहे। हरी झंडी दिखाकर बस को किया गया रवाना। कलेक्ट्रेट परिसर से उद्योग मंत्री देवांगन सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों द्वारा विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए विद्यार्थियों की बस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। मौके पर उपस्थित पालक और विद्यार्थियों ने कहा कि यह उनके लिए गौरव का पल है कि उनका चयन ऐलेन जैसे  प्रतिष्ठित कोचिंग संस्था में जेईई, नीट परीक्षा की तैयारी के लिए हुआ है। जहां अनुभवी व विषय विशेषज्ञ शिक्षक उनकी परीक्षा की तैयारी कराएंगे। इस हेतु वे सब उत्साहित है एवं परीक्षा में सफलता अर्जित कर प्रशासन द्वारा उन पर किए गए भरोसे को पूरा करेंगे। विद्यार्थियों ने प्रदेश सरकार एवं जिला प्रशासन को यह अवसर प्रदान  के लिए धन्यवाद दिया। गौरतलब है कि  जिला प्रशासन द्वारा जिला खनिज संस्थान मद से कोरबा जिले के शासकीय विद्यालय से शैक्षणिक सत्र 2024-25 में कक्षा 10वीं से मेरिट सूची में स्थान प्राप्त करने वाले 100 छात्र-छात्राओं तथा बारहवी उत्तीर्ण 50 विद्यार्थियों को नीट व जेईई  प्रवेश परीक्षा की गुणवत्तापूर्ण तैयारी हेतु रायपुर के प्रतिष्ठित कोचिंग संस्था ऐलेन में प्रवेश दिलाया गया है। संस्था में प्रवेश हेतु चयनित विद्यार्थियों का शैक्षणिक शुल्क, भोजन, आवास सहित अन्य सुविधाओं की व्यवस्था जिला प्रशासन द्वारा किया गया है। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ पवन सिंह कंवर,  निगम सभापति नूतन सिंह ठाकुर, सीईओ जिला पंचायत, जिला शिक्षा अधिकारी सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी कर्मचारी, विद्यार्थी एवं उनके पालक उपस्थित थे। recent visitors 55

शराब के विवाद में मर्डर, युवक के साथ मारपीट, इलाज के दौरान मौत

बेमेतरा बेमेतरा जिले में शराब पिलाने की बात को लेकर हुए विवाद में एक आरोपी ने युवक के साथ जमकर मारपीट की। युवक को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान युवक की मौत हो गई। पूरा मामला बेमेतरा जिले के बेरला थाना क्षेत्र के पाहंदा गांव का है। बेरला थाना प्रभारी टीआई कृष्णकांत सिंह ने बताया कि 22 मई को शाम लगभग 5:30 बजे गांव के दीपक निषाद ने शराब पिलाने की बात को लेकर मृतक रमेश साहू के साथ गाली-गलौच की। जान से मारने की धमकी देते हुए लात-मुक्का और पत्थर से हमला कर घायल कर दिया। इस मामले में आरोपी दीपक निषाद के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296, 351(3),115(2) के तहत मामला दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की गई। विवेचना के दौरान जानकारी मिली कि घायल रमेश साहू का उपचार मेकाहारा अस्पताल रायपुर में चल रहा था, जहां उनकी मौत हो गई। थाना मौदहापारा रायपुर से प्राप्त मर्ग डायरी के आधार पर थाना बेरला में धारा 194 BNS के तहत असल मर्ग कायम कर जांच की गई। मर्ग जांच में गवाहों के बयान व साक्ष्यों के आधार पर यह स्पष्ट हुआ कि आरोपी दीपक निषाद उम्र 22 वर्ष, निवासी ग्राम पाहंदा ने मृतक रमेश साहू को शराब पिलाने से मना करने पर गुस्से में आकर मारपीट की, जिससे सिर सहित अन्य अंगों में गंभीर चोटें आईं, जिनके कारण उपचार के दौरान मौत हो गई। विवेचना में आरोपी पर धारा 103(1) BNS को भी जोड़ा गया।कल 25 मई रविवार को देर शाम आरोपी दीपक निषाद को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में न्यायिक रिमांड के लिए प्रस्तुत किया गया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। recent visitors 60

शनि जयंती के मौके पर इन चीजों का करें दान

ज्येष्ठ मास की अमावस्या तिथि को शनि जयंती मनाई जाती है, जो इस वर्ष 27 मई 2025, मंगलवार को है. यह दिन भगवान शनि देव के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है और उनकी कृपा प्राप्त करने के लिए विशेष रूप से शुभ माना जाता है. यदि आप शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या, या किसी अन्य शनि दोष से पीड़ित हैं, तो इस दिन कुछ विशेष चीजों का दान करने से आपके सभी कष्ट दूर हो सकते हैं. यहां शनि जयंती के अवसर पर दान करने योग्य कुछ प्रमुख वस्तुएं दी गई हैं. ज्योतिष शास्त्र में शनि देव को विशेष स्थान दिया गया है. शनि न्यायाधीश हैं, वे लोगों को कर्मों के अनुसार फल देते हैं. इन चीजों का करें दान     काले तिल: काले तिल शनि देव को अत्यंत प्रिय हैं और उन्हें दान करने से शनि के नकारात्मक प्रभाव कम होते हैं. यह दुर्भाग्य को दूर करता है और घर में शांति व समृद्धि लाता है. किसी गरीब, जरूरतमंद व्यक्ति को या शनि मंदिर में दान करें.     उड़द की दाल (विशेषकर काली उड़द): काली उड़द भी शनि से संबंधित मानी जाती है. इसका दान करने से आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं, धन-धान्य में वृद्धि होती है और शनि देव प्रसन्न होते हैं. गरीबों को, विशेषकर शनि मंदिर के बाहर बैठे लोगों को, या किसी जरूरतमंद परिवार को.     सरसों का तेल: सरसों का तेल शनि देव को अत्यंत प्रिय है. शनि जयंती पर सरसों के तेल का दान करने और शनि मंदिर में दीपक जलाने से शनि देव शांत होते हैं और उनकी कृपा प्राप्त होती है. यह स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को भी दूर करता है. शनि मंदिर में या किसी गरीब को दान करें.     काले वस्त्र: काले वस्त्र शनि देव की ऊर्जा और प्रभाव का प्रतिनिधित्व करते हैं. काले वस्त्रों का दान करने से शनि देव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और शनि के शुभ फल प्राप्त होते हैं. यह अटके हुए कार्यों को भी पूरा करने में मदद करता है. किसी निर्धन या असहाय व्यक्ति को दान दें.     लोहे की वस्तुएं: लोहा शनि का धातु है. लोहे से बनी वस्तुओं का दान करने से शनि देव प्रसन्न होते हैं और सभी कष्टों को दूर करते हैं. लोहे के बर्तन या अन्य कोई लोहे की वस्तु किसी गरीब को दान करें.     जूते या चप्पल: शनि जयंती पर जूते या चप्पल का दान करना बहुत शुभ माना जाता है. इससे शनि से संबंधित कष्ट दूर होते हैं और जीवन की बाधाएं कम होती हैं. किसी जरूरतमंद व्यक्ति को दान करें, विशेषकर जो नंगे पैर हो. दान का महत्व दान हमेशा अपनी सामर्थ्य और पूर्ण श्रद्धा भाव से करें. दान को गुप्त रखना अधिक पुण्यकारी माना जाता है. दान ऐसे व्यक्ति को करें जिसे वास्तव में उसकी आवश्यकता हो. दान के साथ-साथ अपने कर्मों को शुद्ध रखें, ईमानदारी से जीवन जिएं और किसी को कष्ट न दें. शनि जयंती पर इन चीजों का दान करने से शनि देव की कृपा प्राप्त होती है और जीवन में आने वाले सभी कष्टों और बाधाओं से मुक्ति मिलती है. recent visitors 92

ट्रायल रूम में दुकान मालिक ने हिडन कैमरा लगाया, महिलाओं और लड़कियों के वीडियो होने लगे वायरल

शहडोल  अगर आप कपड़े खरीदने जा रहे हैं और वहां के ट्रायल रूम का इस्तेमाल कर रहे हैं तो काफी सोच समझकर करें. अच्छे से जांच परख कर लें, क्योंकि थोड़ी सी असावधानी आपको भारी पड़ सकती है. एक ऐसा ही मामला आदिवासी बहुल जिला शहडोल के बुढ़वा गांव से आया है. जहां कपड़े दुकान की ट्रायल रूम से हिडन कैमरा मिला है. कपड़े दुकान के ट्रायल रूम में सावधान आपने शहरों में हिडन कैमरे लगे होने की खबरें सुनी होंगी. लेकिन ग्रामीण इलाकों में भी इस तरह के केसेस सामने आने लगे हैं. ताजा मामला शहडोल जिले के देवलोंद थाना क्षेत्र अंतर्गत बुढ़वा गांव से सामने आया है. जहां कपड़े की दुकान में मालिक ने ट्रायल रूम में हिडन कैमरा लगा कर रखा था. जब महिलाओं को उनके ही आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर मिले तो उनके होश उड़ गए. चेंजिंग रूम में छुपा था सीक्रेट कैमरा इस मामले को लेकर कृष्ण कुमार नामक एक व्यक्ति ने देवलोंद थाने में जाकर शिकायत की और शिकायत में यह बताया कि कई महिलाओं के वीडियो उनकी जानकारी और अनुमति के बिना रिकॉर्ड किए गए हैं और सोशल मीडिया पर इसे वायरल किया जा रहा है. इस मामले को देवलोंद थाने की पुलिस ने गंभीरता से लिया और तुरंत ही जांच शुरू कर दी. शिकायत के बाद देवलोंद थाना प्रभारी सुभाष दुबे तत्काल ही एक्शन में आ गए और वहां पर छापा मार दिया. ट्रायल रूम की गहराई से जांच की. इस दौरान उन्हें चेंजिंग रूम में एक हिडन कैमरा मिला, जिसे बहुत ही शातिर अंदाज में छुपाया गया था. दुकानदार के बेटे की गलती से हुआ खुलासा आरोपी से पुलिस ने जब कड़ाई से पूछताछ की तो उसने यह स्वीकार भी किया कि उसने कैमरा लगाया था और इन वीडियो को बाद में अपने कंप्यूटर पर देखा करता था. जांच में यह भी सामने आई है कि आरोपी के नाबालिक बेटे को भी यह बात पता हो गई थी, और वो भी इन वीडियो देखा करता था और इसे अपने दोस्तों के साथ साझा भी करता था. इसलिए वहीं से यह वीडियो वायरल भी हुए. इस पूरे घटनाक्रम को लेकर शहडोल एसपी राम जी श्रीवास्तव का कहना है कि, ''एक कपड़ा व्यापारी के चेंजिंग रूम में कैमरा लगे होने की सूचना मिली थी. जिस पर दो लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है. आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है. recent visitors 52

मुजफ्फरनगर में बन रही मस्जिद को कर दिया गया सील और नियाजउद्दीन-यूनुस भेजे गए जेल

मुजफ्फरनगर उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में एक अवैध मस्जिद पर एक्शन हुआ है. पुलिस ने बगैर अनुमति के बनाई जा रही मस्जिद पर कार्रवाई करते हुए उसे सील कर दिया है. इसके साथ ही मामले में दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भी भेज दिया है. दरअसल, जिले के भोपा थाना क्षेत्र स्थित मोरना गांव में बगैर शासन की अनुमति के एक मस्जिद का निर्माण किया जा रहा था. जब इसकी सूचना जिला प्रशासन को मिली तो वह पुलिस की टीम के साथ जांच पड़ताल करने मौके पर पहुंची. जांच-पड़ताल के क्रम में ये मस्जिद अवैध पाई गई. जिसके चलते इसे सील कर दिया गया. साथ ही मौके से मस्जिद के संरक्षक नियाजउद्दीन और प्लॉट मालिक यूनुस को गिरफ्तार कर बीएनएस की धारा 170 में जेल भेज दिया गया. मालूम हो कि प्रदेश में बगैर शासन की अनुमति के किसी भी धार्मिक स्थल का निर्माण कराया जाना अवैध है. इसी के चलते मुजफ्फरनगर जिला प्रशासन के द्वारा इस अवैध मस्जिद पर कार्रवाई की गई है. मामले में एसपी ग्रामीण आदित्य बंसल ने बताया कि कल शाम थाना भोपा पर एक सूचना प्राप्त हुई थी कि कुछ लोगों द्वारा मोरना में बिना इजाजत के एक अवैध धार्मिक स्ट्रक्चर का निर्माण किया जा रहा है. यह सूचना तुरंत एसडीएम जानसठ के साथ शेयर की गई. जिसपर उनके द्वारा भी तहसीलदार की एक टीम मौके पर भेजी गई. मौके पर जाकर जांच-पड़ताल की गई तो पता चला कि धार्मिक स्ट्रक्चर नियमों का उल्लंघन कर बनाया जा रहा था. ऐसे में उस को प्रॉपर्टी को सील किया गया और शांति भंग करने के लिए दो लोगों- नियाजउद्दीन और यूनुस को गिरफ्तार कर लिया गया.   recent visitors 92