सांसद प्रियंका चतुर्वेदी पाकिस्तान पर हमलावर रहीं, कहा-पाकिस्तान के घर में घुसकर आतंकी मॉडल को खत्म करेंगे

नई दिल्ली आतंकवाद को संरक्षण देने पर पाकिस्तान को शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान अगर भारत में आतंकवाद फैलाने की कोशिश करेगा तो हम पाकिस्तान के घरों में घुसकर उसके आतंकी मॉडल को खत्म करेंगे। अपनी सेना पर हमें गर्व है जिन्होंने पाकिस्तान में 9 आतंकी ठिकानों को तबाह किया। भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद के नेतृत्व में विदेश जाने वाले सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में प्रियंका चतुर्वेदी भी शामिल हैं। शनिवार को मीडिया से बातचीत के दौरान सांसद पाकिस्तान पर हमलावर रहीं। उन्होंने कहा कि जिस तरह से पाकिस्तान ने लगातार भारत में अपने 'आतंकिस्तान' मॉडल को आगे बढ़ाया है और उस ढांचे के तहत आतंकी हमलों को अंजाम दिया है उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उनका ये कृत्य केवल भारत तक ही सीमित नहीं है; यहां तक कि दुनिया भर में होने वाले आतंकी हमलों की जड़ें अक्सर पाकिस्तान से जुड़ी पाई जाती हैं, चाहे वह ओसामा बिन लादेन हो या हाफिज सईद। हमें दुनिया के सामने जाकर यह स्पष्ट करने की जरूरत है। भले ही हम विपक्ष में हैं, लेकिन आतंकवाद के प्रति हम एकजुट हैं और आतंक तो हमें कतई बर्दाश्त नहीं है। पाकिस्तान की आतंकी सोच की वजह से भारत को ऐसे पड़ोसी होने के दुष्परिणाम भुगतने पड़े हैं। अब समय आ गया है कि हम ग्लोबल अलायंस बनाएं और इसके जरिए आतंकवाद के प्रति अपनी जीरो टॉलरेंस की नीति को रेखांकित करे। जो भी देश आतंकी को पालता है उस देश को विश्व स्तर पर बेनकाब करने की जरूरत है। हम लोग इसी संदेश को लेकर विदेश जा रहे हैं। बीते 3 से 4 दशकों से हम पाकिस्तान पोषित आतंक को झेल रहे हैं। अब जागरूक होने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से पाकिस्तान बार-बार परमाणु की धमकी देता है और इसकी आड़ में आतंक फैला रहा है, पूरी दुनिया में उसका यह चेहरा भी बेनकाब होना चाहिए। नीति आयोग की बैठक पर उन्होंने कहा कि पीएम मोदी की अध्यक्षता में इस बैठक में उम्मीद है कि देश के सामने जो चुनौतियां हैं उस पर विचार किया जाएगा। recent visitors 89

छत्तीसगढ़ में नगरी-सिहावा के आंदोलन का एक चक्र हुआ पूरा, नक्सलवाद से घिरे क्षेत्र में अहिंसा की मिसाल

रायपुर तिहत्तर साल बीत गए, पांच पीढ़ियां खप गईं, तब जाकर छत्तीसगढ़ में नगरी-सिहावा के आंदोलन का एक चक्र पूरा हुआ। दुष्यंत कुमार की पंक्तियां याद आती हैं – “पिछले सफर की न पूछो, टूटा हुआ एक रथ है, जो रुक गया था कहीं पर फिर साथ चलने लगा है।” नक्सलवाद के लाल गलियारे के बीच नगरी-सिहावा अहिंसा का एक टापू है। 1952 से अब तक यहां के आदिवासियों ने पीढ़ी दर पीढ़ी अपने भूमि अधिकारों के लिए निरंतर अहिंसक संघर्ष किया। जब नया छत्तीसगढ़ राज्य बन रहा था, तब लंबे समय तक भूखे-प्यासे रहकर हजारों आदिवासी ने राजधानी रायपुर में डेरा डाले थे और देश की आज़ादी के बाद से चल रहे इस आंदोलन को गति दे रहे थे। डॉ. राममनोहर लोहिया सन् 1952 में छत्तीसगढ़ अंचल में धमतरी जिले के उमरादेहान गांव में आए थे। यहीं से उन्होंने जंगलों में बसे आदिवासियों के भूमि-अधिकार का मुद्दा उठाया था। आज भारत में आदिवासियों को आजीविका के लिए ज़मीन मिली है, वनग्रामों को राजस्व ग्राम जैसी सुविधाएं मिल रही हैं। इन सबके मूल में नगरी-सिहावा का ही आंदोलन है। इसी उमरादेहान गांव में आगामी 24 मई को डॉ. राममनोहर लोहिया की अर्ध-प्रतिमा का अनावरण होने जा रहा है। आदिवासियों ने एक-एक मुठ्ठी अनाज हर घर से लेकर प्रतिमा तैयार कराई है। लोहिया जी जब तक रहे, यानी 1967 तक, इस आंदोलन का नेतृत्व किया। 1977 के बाद इसकी बागडोर देश के सुप्रसिद्ध समाजवादी नेता रघु ठाकुर ने संभाली। उनका समूचा जीवन संघर्ष और आंदोलनों में बीता। आपातकाल में उन्नीस महीने जेल में रहे। अनेक संघर्षों के बाद सन् 1990 आते-आते नगरी-सिहावा के अठारह में से तेरह गांवों के आदिवासियों को ज़मीन का पट्टा मिल गया, पर पांच गांव फिर भी छूट गए। इससे पांच साल पहले प्रधानमंत्री राजीव गांधी यहां दुगली में आए थे, आदिवासियों की झोपड़ी के सामने चारपाई पर बैठे थे, पर आदिवासियों को उनके हक बिना पदयात्रा, प्रदर्शन व अनशन के नहीं मिले। रघु ठाकुर ने जाकर आदिवासियों के इस आंदोलन को तेज किया। उसी दुगली से रायपुर तक 120 किमी की पदयात्रा की जिसमें हजारों आदिवासी – आदमी, औरतें और बच्चे पैदल चले थे। इन आंदोलनों में पत्रकार मधुकर खेर, गोविंदलाल वोरा, सत्यनारायण शर्मा, नारवानी जी व रमेश वल्यानी का बड़ा सहयोग मिला। सरकार के मंत्रियों ने आकर आश्वासन देकर आंदोलन स्थगित कराया, पर वादा पूरा नहीं किया। रघु जी को फिर रायपुर आकर अंबेडकर चौक पर अनशन शुरू करना पड़ा। सांसद जॉर्ज फर्नांडीस और शरद यादव ने आकर गिरफ्तारियां दीं, मुख्यमंत्री मोतीलाल वोरा ने हस्तक्षेप किया, तब जाकर दोनों पक्ष में समझौते के कागज़ तैयार हुए। इसके तहत तय हुआ कि अठारह गांवों के कब्जे की ज़मीन की जांच कराई जाएगी और निर्धारित नियम के तहत पट्टे दिए जाएंगे। जिन पांच गांवों को उजाड़ा गया है, उन गांवों के लोगों की भी झोपड़ियों को दुरुस्त कराकर बसाया जाएगा, ज़मीन दी जाएगी। तेरह गांवों को तो पट्टा मिल गया, लेकिन यही पांच गांव को पट्टा मिलने में पच्चीस साल और लग गए। देश की जनता के सामने जब भी इस आंदोलन का इतिहास आएगा, सुखराम नागे, जुगलाल नागे, बिसाहूलाल साहू, रामू, बिसाहिन बाई, समरीनबाई, रामप्रसाद नेताम, गौड़ा राय, वंशी श्रीमाली, जालिम सिंह जैसे अनेक लोगों का संघर्ष सभी को प्रेरणा देगा। इस आंदोलन के संदर्भ में यह बताना भी जरूरी है कि कुछ लोग सत्ता में रहते हुए भी समय पर कुछ नहीं कर पाए, कुछ ने समय का लाभ उठाकर अपने वैचारिक समर्थकों को उपकृत किया, तो कुछ आदिवासियों को समाजवादी धारा से हटाकर अपनी-अपनी राजनीतिक ज़मीन पुख्ता करने का प्रयास किया। नगरी-सिहावा का तिहत्तर साल चला आंदोलन अभी थमा नहीं है। यह चिकित्सा और शिक्षा के मूल अधिकार की लड़ाई को आगे ले जाएगा। इस आंदोलन का कई कारणों से ऐतिहासिक महत्व है। नक्सली हिंसा से घिरे वनांचल में यह अहिंसा का टापू है। भारत का पहला वनग्राम सम्मेलन यहीं से शुरू हुआ। और, वन अधिकार कानून का जन्मदाता यही क्षेत्र है। यहां की महिलाओं की मुक्त भावना और संघर्ष के जज़्बे से शेष भारत प्रेरणा ले सकता है। recent visitors 60

ब्रिटनी स्पीयर्स ने प्राइवेट जेट में जला दी सिगरेट, मचा हंगामा

अमेरिका अमेरिकी सिंगर ब्रिटनी स्‍पीयर्स अक्सर चर्चा में रहती हैं। स्टारडम, नशे और उत्पीड़न को लेकर सुर्खियों में रहीं सिंगर इस बार प्राइवेट जेट में शराब और सिगरेट पीने के कारण विवादों में घिर गई हैं। हंगामा होने के बाद ऑफिसर्स ने उन्हें चेतावनी देकर छोड़ दिया। जानिए क्या है पूरा मामला। रिपोर्ट के अनुसार, 'ब्रिटनी अपने सिक्योरिटी गार्ड्स के साथ कैबो सैन लुकास, मेक्सिको से LAX जा रही थीं, तभी उन्होंने शराब पीना शुरू कर दिया। फिर उन्होंने सिगरेट निकाली, उसे जलाया और स्मोक करना शुरू कर दिया। इस पर कई लोगों ने उन्हें जेट के अंदर सिगरेट बुझाने के लिए कहा, क्योंकि ऐसा करना सख्त मना है। ब्रिटनी उनकी बात मान गईं, लेकिन तब तक हंगामा हो चुका था।' बर्ताव को लेकर सिंगर को दी चेतावनी रिपोर्ट में आगे कहा गया, 'सूत्रों का कहना है कि अधिकारियों ने उनसे मुलाकात की और उनके इस बर्ताव को लेकर चेतावनी दी। तब जाकर उन्हें जाने दिया।' बता दें कि प्राइवेट जेट कंपनी ने इस मामले पर कोई टिप्पणी नहीं की है। सोशल मीडिया पर शेयर करती हैं वीडियो ब्रिटनी अक्सर अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अजीबोगरीब वीडियोज शेयर करती हैं, जिसके कारण वो चर्चा में रहती हैं। वो मेंटल हेल्थ के बारे में भी बात कर चुकी हैं। पार्टनर से हुआ तलाक पर्सनल लाइफ की बात करें तो वो साल 2023 में सैम असगरी से सेपरेट हो गईं और मई 2024 में उनका तलाक फाइनल हुआ। सिंगर की बायोपिक का 2024 में हुआ था ऐलान ब्रिटनी का पिता जेमी स्पीयर्स के साथ 'कंजरवेटरशिप' को लेकर लंबा विवाद चला था। सिंगर की जीत होने के बाद उनकी बायोपिक का ऐलान किया गया था। हॉलीवुड स्टूडियो 'यूनिवर्सल पिक्‍चर्स' ने पॉप स्टार की बेस्‍ट सेलिंग ऑटोबायोग्राफी के अध‍िकार खरीद लिए हैं। recent visitors 77

अगर केंद्र और सभी राज्य एक साथ मिलकर टीम इंडिया की तरह काम करें तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं: पीएम मोदी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नीति आयोग की 10वीं गवर्निंग काउंसिल की बैठक में अपने उद्घाटन भाषण में कहा कि भारत को भविष्य के लिए तैयार शहरों के विकास की दिशा में काम करना चाहिए। उन्होंने केंद्र और सभी राज्यों से एक साथ मिलकर विकास की गति बढ़ाने का आग्रह किया। पीएम मोदी ने कार्यक्रम में कहा, "भारत में तेजी से शहरीकरण हो रहा है। हमें भविष्य के लिए तैयार शहरों की दिशा में काम करना चाहिए। विकास, नवाचार और स्थिरता हमारे शहरों के विकास का इंजन होना चाहिए।" उन्होंने आगे कहा, "हमें विकास की गति बढ़ानी होगी। अगर केंद्र और सभी राज्य एक साथ मिलकर टीम इंडिया की तरह काम करें तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं हो सकता है।" उन्होंने राज्यों से देश में पर्यटन को बढ़ावा देने में योगदान देने का भी आह्वान किया। उन्होंने कहा, "राज्यों को वैश्विक मानकों के अनुरूप तथा सभी सुविधाएं और इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध करवाते हुए प्रत्येक राज्य में कम से कम एक पर्यटन स्थल विकसित करना चाहिए। 'एक राज्य, एक वैश्विक गंतव्य' बनाया जाना चाहिए। इससे पड़ोसी शहरों का भी पर्यटन स्थल के रूप में विकास होगा।" पीएम मोदी ने 140 करोड़ नागरिकों की आकांक्षा को ‘विकसित होना’ बताया और कहा, "विकसित भारत हर भारतीय का लक्ष्य है। जब हर राज्य विकसित होगा तभी भारत भी विकसित होगा। यह 140 करोड़ नागरिकों की आकांक्षा है।" इसके अलावा, उन्होंने देश के वर्कफोर्स में महिलाओं की संख्या बढ़ाने का भी आह्वान किया। उन्होंने कहा, "हमें अपने वर्कफोर्स में महिलाओं को शामिल करने की दिशा में काम करना चाहिए। हमें ऐसे कानून और नीतियां बनानी चाहिए, जिससे महिलाओं को वर्कफोर्स में सम्मानपूर्वक शामिल किया जा सके।" भारत मंडपम, नई दिल्ली में आयोजित होने वाली इस गवर्निंग काउंसिल की बैठक का विषय ‘विकसित भारत : 2047 के लिए विकसित राज्य’ है। यह बैठक केंद्र, राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को 'विकसित भारत : 2047' के विजन को आगे बढ़ाने के उपायों पर विचार-विमर्श करने और इस बात पर आम सहमति बनाने के लिए एक मंच प्रदान करती है कि कैसे राज्य भारत को एक 'विकसित राष्ट्र' बनाने के लिए आधारशिला बन सकते हैं। इसके अलावा, बैठक में उद्यमिता को बढ़ावा देने, कौशल बढ़ाने और देश भर में स्थायी रोजगार के अवसर पैदा करने के उपायों पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा। recent visitors 90

ट्रेन यात्रा के बाद दिखे लक्षण, परिवार को रखा गया निगरानी में, 55 वर्षीय महिला हुई कोरोना पॉजिटिव

नई दिल्ली गौतमबुद्ध नगर जिले में कोरोना वायरस का पहला मामला सामने आया है। नोएडा के सेक्टर 110 में रहने वाली 55 वर्षीय महिला कोरोना पॉजिटिव पाई गई हैं। महिला को हल्के लक्षण दिखने पर उन्होंने एक निजी अस्पताल में जांच कराई थी, जहां से उनके सैंपल कोरोना टेस्ट के लिए भेजे गए। रिपोर्ट आने के बाद यह पुष्टि हुई कि महिला कोरोना संक्रमित हैं। महिला होम आइसोलेशन में, परिवार के सैंपल जांच को भेजे गए मिली जानकारी के मुताबिक, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेंद्र कुमार ने बताया कि महिला को होम आइसोलेशन में रखा गया है और उनका इलाज घर पर ही चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने तुरंत उनके घर जाकर महिला और उनके परिवार वालों को आइसोलेट कर दिया है। साथ ही, परिवार के बाकी सदस्यों के भी सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। ट्रेन यात्रा के बाद दिखे लक्षण, परिवार को रखा गया निगरानी में बताया जा रहा है कि महिला हाल ही में ट्रेन से सफर करके लौटी थीं। सफर के बाद उनमें कोरोना के शुरुआती लक्षण दिखे। उनके घर में पति और एक मेड भी रहते हैं, जिन्हें अब निगरानी में रखा गया है। डॉ. नरेंद्र कुमार ने बताया कि जिले के अस्पतालों में अब कोरोना टेस्टिंग की प्रक्रिया शुरू हो गई है और टेस्टिंग की संख्या भी बढ़ाई जाएगी ताकि किसी भी संभावित खतरे को समय रहते रोका जा सके। स्वास्थ्य विभाग की अपील– ना घबराएं, सावधानी और सफाई रखें बरकरार स्वास्थ्य विभाग ने जनपद के लोगों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं। भीड़भाड़ वाले स्थानों से दूर रहें, मास्क पहनें, हाथ धोने और साफ-सफाई का खास ध्यान रखें। नोएडा प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी सतर्कता के साथ इस मामले को देख रहे हैं और हर संभव कदम उठा रहे हैं ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके। recent visitors 88

हंसी की डोज देने आ रहा द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3

मुंबई  कपिल शर्मा अपने नेटफ्लिक्स सीरीज़ ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ के जरिए लोगों को खूब हंसाते हैं. वहीं अब कपिल इस सीरीज के नए सीज़न के साथ वापस आ रहे हैं. शनिवार को शो के निर्माताओं ने अपकमिंग सीजन का पहला प्रोमो भी जारी कर दिया साथ ही  ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3’ की स्ट्रीमिंग डेट भी अनाउंस कर दी. ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3’ का प्रोमो हुआ जारी ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3’ के प्रोमो की शुरुआत में कपिल शर्मा अर्चना पूरन सिंह को फोन करते हुए नजर आते हैं. वे अर्चना को कहते हैं कहां हो बेब्स. इसके बाद अर्चना कहती हैं मैं तो अपने बैंक आई हुई हूं. ये सुनकर कपिल कहते हैं अरे लोन-वोन लेने की जरूरत नहीं है. अपना सीजन 3 आ रहा है. इसके बाद अर्चना खुश होते हुए कहती हैं लवली. इसके बाद कपिल कीकू शारदा को फोन पर कहते नजर आते हैं, आप शो में कुछ नॉन्सेंस टाइप का कर सकते हो. ये सुनकर कीकू कहते हैं अरे नहीं भाई, कॉमेडी में कुछ उल्टा सीधा करो तो भागना पड़ता है, और आपको तो पता है मैं भाग नहीं सकता. इसके बाद कपिल और कृष्णा अभिषेक बात फोन पर बात करते नजर आते हैं. कृष्णा कपिल से कहते हैं डांस करूं, ये सुनकर कपिल बोलते हैं डांस तो कीकू भी कर लेता. फिर स्क्रीन पर सुनील ग्रोवर नजर आते हैं वे भी फोन पर कहते दिखते हैं हमने कौन सा लाइफ में कुछ इंटिलेक्चुअल किया है, नॉनसेंस ही तो किया है. ये सुनकर कपिल कहते हैं मेरा मतलब है पाजी कुछ ऐसा जो ऑडियंस ने अभी तक ना देखा हो. इसके बाद अर्चना नजर आती हैं और वे कहती हैं मैं अपने मुंह में 10 मिनट तक पानी भरकर फेंक सकती हूं कपिल. ये सुनकर कपिल कहते हैं एक काम करो आप बैंक ही निकलो. इसके बाद कपिल कृष्णा को भी कहते हैं वे भी बैंक चले जाएं. इसके बाद कपिल सुनील ग्रोवर से भी कुछ ऐसा ही कहते नजर आते हैं. आखिर में कपिल शर्मा स्क्रीन पर आते हैं और कहते हैं कि तो हम आर रहे हैं नेटफ्लिक्स पर द ग्रेट इंडियन कपिल शर्मा शो 3 लेकर बहुत जल्द. अब हर फनीवार बढ़ेगा हमारा परिवार.” ओवरऑल प्रोमो में इस बात का हिंट दिया गया है कि  दर्शकों को नए सीजन में हंसाने के लिए कुछ नया होने वाला है.  कब से स्ट्रीम होगा ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3’ वहीं प्रोमो को शेयर करते हुए नेटफ्लिक्स ने कैप्शन में लिखा है. “ हंसी होगी आउट ऑफ कंट्रोल क्योंकि कपिल और गैंग एक बार फिर कर रहे हैं कमबैक, अब हर फनीवार बढ़ेगा हमारा, द ग्रेट इंडियन कपिल शो के नए सीजन के साथ. नेटफ्लिक्स पर 21 जून से होगा स्ट्रीम.” यानी 21 जून से द ग्रेट इंडियन कपिल शो 3 से लाफ्टर की डोज मिलने वाली है. बता दें कि ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ में एक बार फिर कपिल शर्मा के साथ  सुनील ग्रोवर, कीकू शारदा और कृष्णा अभिषेक भी दर्शकों को अपने जोक और आइकॉनिक किरदारों से हंसाते नजर आएंगे. वहीं जज की कुर्सी पर विराजमान होकर अर्चना पूरन सिंह भी ठहाके लगाती हुई नजर आएंगीं. recent visitors 78

स्टीव राय पिछले 30 वर्षों से पुलिस सेवा में सक्रिय हैं, अब पुलिस विभाग के प्रमुख हुए नियुक्त

कनाडा पंजाबी समुदाय के लिए गर्व और प्रेरणा का क्षण सामने आया है। स्टीव राय को वैंकूवर पुलिस विभाग का प्रमुख नियुक्त किया गया है, जिससे वह इस पद पर पहुँचने वाले पहले पंजाबी मूल के अधिकारी बन गए हैं। इस ऐतिहासिक नियुक्ति ने न केवल कनाडा में बसे दक्षिण एशियाई समुदाय को गौरवान्वित किया है, बल्कि बहुसांस्कृतिक प्रतिनिधित्व की दिशा में एक बड़ा कदम भी साबित हुआ है। स्टीव राय की यह उपलब्धि इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ती है, जिसमें पंजाबी मूल का एक व्यक्ति दुनिया के अग्रणी शहरों में से एक की पुलिस फ़ोर्स का नेतृत्व करेगा। यह न केवल एक व्यक्तिगत सफलता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि विविधता और समावेशिता आज के समय में कितनी ज़रूरी और असरदार हैं।   स्टीव राय पिछले 30 वर्षों से पुलिस सेवा में सक्रिय हैं। हाल के वर्षों में वे वैंकूवर पुलिस विभाग में उप प्रमुख (Deputy Chief) के रूप में कार्य कर रहे थे। अपनी ईमानदारी, नेतृत्व क्षमता और सभी समुदायों के प्रति सम्मान एवं सेवा भावना के चलते उन्हें यह सर्वोच्च पद सौंपा गया।  नियुक्ति के बाद अपने पहले सार्वजनिक संदेश में स्टीव राय ने कहा कि "मैं वैंकूवर शहर को एक सुरक्षित, न्यायपूर्ण और विश्वासपूर्ण माहौल देने के लिए प्रतिबद्ध हूँ। मेरे लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता लोगों के भरोसे पर खरा उतरना है।" उन्होंने यह भी कहा कि वह सभी समुदायों के साथ मिलकर काम करेंगे ताकि सामाजिक एकता को मज़बूती मिल सके। उनकी नियुक्ति की खबर मिलते ही सिख और दक्षिण एशियाई समुदायों में ख़ुशी की लहर दौड़ गई। कनाडा में बसे कई सामाजिक कार्यकर्ताओं और नेताओं ने इस फ़ैसले की सराहना करते हुए कहा कि यह वैंकूवर की बहुसांस्कृतिक पहचान और समान अवसर नीति का प्रतीक है। समाजसेवी जसपाल सिंह ने कहा कि "यह नियुक्ति उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणा है जो कनाडा जैसे देशों में कड़ी मेहनत और ईमानदारी से कुछ बड़ा करना चाहते हैं।"वैंकूवर को इस समय कई सामाजिक और आपराधिक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। शहर में गैंग युद्ध, नशे की लत, और भाईचारे में बढ़ती दूरियाँ बड़ी समस्याएं बनी हुई हैं। ऐसे में उम्मीद जताई जा रही है कि स्टीव राय अपने अनुभव और सांस्कृतिक समझ के बल पर इन समस्याओं से निपटने में सफल रहेंगे। recent visitors 73