कुछ लोग पाकिस्तान के पाखंडी प्रोपेगेंडा के प्रॉक्सी प्रमोटर्स की भूमिका निभा रहे हैं, जो ठीक नहीं है: मुख्तार अब्बास नकवी

नई दिल्ली लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान 'भारत के विमानों के लापता होने' को लेकर सवाल उठाया। एक्सपर्ट्स ने उनके प्रश्न पर हैरानी जताई तो भाजपा नेता उनकी समझ पर अफसोस कर रहे हैं। पूर्व केंद्रीय मुख्तार अब्बास नकवी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि वे अब हमारी सेना और राष्ट्रीय सुरक्षा पर भी सवाल उठा रहे हैं। भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने मीडिया से बात करते हुए कहा, "कुछ लोग पाकिस्तान के पाखंडी प्रोपेगेंडा के प्रॉक्सी प्रमोटर्स की भूमिका निभा रहे हैं, जो ठीक नहीं है। यह वही लोग हैं, जो कभी देश के संविधान पर, तो कभी संसद पर, तो कभी संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल खड़े करते हैं। अब वे सेना और हमारी सुरक्षा पर सवाल खड़ा कर रहे हैं। वे बुरी स्थिति में हैं। अब जो प्रतिनिधिमंडल विदेश जा रहा है, वह किसी पार्टी का नहीं, बल्कि देश का प्रतिनिधिमंडल है। जो देश की बात रखने जा रहा है, न कि किसी राजनीतिक पार्टी की बात रखेगा। अक्ल के दुश्मनों को समझ नहीं आ रहा है और वे सिर्फ सवाल करने की प्रतिस्पर्धा में लगे हुए हैं। यह उनकी सियासत के लिए हानिकारक है।" पाकिस्तान द्वारा भारत की नकल करते हुए विदेश में प्रतिनिधिमंडल भेजने पर मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा, "पाकिस्तान विदेश क्यों जा रहा है? क्या यह बताने जा रहा है कि उसके आतंकी कारखाने शांति के प्रतीक बन रहे हैं? क्या वे यह कहने की कोशिश कर रहे हैं कि उनके आतंकवाद के कारखाने अब सद्भाव की खाद पैदा कर रहे हैं?" उन्होंने आगे कहा, "क्या वे यह स्वीकार करेंगे कि उन्होंने आतंकवाद को बढ़ावा दिया और उसे संरक्षण दिया और अब उसे सुधार रहे हैं? नकल करने के लिए भी बुद्धि की आवश्यकता होती है। दुनिया में कौन उन पर विश्वास करेगा? पाकिस्तान को वैश्विक मंच पर केवल शर्मिंदगी का सामना करना पड़ेगा।" सुप्रीम कोर्ट में वक्फ मामले की सुनवाई पर भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा, "वक्फ संशोधन को इसके तार्किक अंत तक पहुंचना चाहिए, यह जरूरी है क्योंकि वक्फ व्यवस्था में मौजूद असंवैधानिक अराजकता और मनमानी को संवैधानिक प्रतिबद्धता के दायरे में लाना आवश्यक है। इस अराजकता को संवैधानिक व्यवस्था से बदलना महत्वपूर्ण है। कुछ लोग इस मामले को लेकर कोर्ट गए हैं और मुझे विश्वास है कि जो भी फैसला होगा, वह राष्ट्रीय हित में होगा।" recent visitors 54

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने खगोल वैज्ञानिक डॉ. नार्लीकर के निधन पर शोक व्यक्त किया

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रसिद्ध खगोल वैज्ञानिक डॉ. जयंत नार्लीकर के निधन पर शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोशल मीडिया" एक्स" पर कहा कि डॉ.नार्लीकर का निधन वैज्ञानिक जगत के लिए बड़ी क्षति है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डॉ. नार्लीकर की ख्याति मात्र वैज्ञानिक नहीं बल्कि एक संस्थान के रूप में थी। उन्होंने युवाओं के बौद्धिक भविष्य के लिए शिक्षण एवं नवाचार के केंद्र स्थापित किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डॉ. नार्लीकर ने विज्ञान को आम नागरिकों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बाबा महाकाल से दिवंगत आत्मा को शांति और शोकाकुल परिजन को इस असीम दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की है।   recent visitors 46

लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर को नमन से हुई मंत्रि-परिषद बैठक की शुरुआत

भोपाल इंदौर के राजवाड़ा में आयोजित मंत्रि-परिषद की महत्वपूर्ण बैठक का शुभारंभ लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर के नमन के साथ किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राजवाड़ा के समीप स्थित उद्यान में देवी अहिल्या बाई होल्कर की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। उप मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल तथा श्री जगदीश देवड़ा सहित मंत्रीगण श्री प्रहलाद सिंह पटेल, श्री राकेश सिंह, श्री कैलाश विजयवर्गीय, श्री तुलसीराम सिलावट और अन्य मंत्रीगणों ने भी पुष्पांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव सहित मंत्रि-परिषद के सदस्यों का मालवी परम्परा के अनुरूप पगड़ी पहनाकर स्वागत-सत्कार किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव और मंत्रीगणों ने इस स्मृति को चिर स्थायी बनाये रखने के लिये सामूहिक फोटो भी खिंचवाये। मुख्यमंत्री ने राजवाड़ा के दरबार हाल के जीर्णोद्धार कार्य का किया शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इंदौर के गौरव राजवाड़ा के प्रसिद्ध दरबार हाल के संरक्षण एवं पुनर्स्थापना कार्य का शुभारंभ किया। यह कार्य संस्कृति विभाग के पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय द्वारा प्रदेश की समृद्ध, सांस्कृतिक और स्थापत्य विरासत के संरक्षण की दिशा में कराया जा रहा है। इससे दरबार हॉल के गौरव को पुन: लौटाया जायेगा। दरबार हॉल के लिये 11 करोड़ 21 लाख रूपये सिंहस्थ मद के तहत स्वीकृत किये गये हैं। यह कार्य होने से इंदौर की पहचान होल्करकालीन स्थापत्य की कला को उसका मूल भव्य स्वरूप प्राप्त होगा। सांस्कृतिक गतिविधियों, धरोहर भ्रमण और विरासत पर्यटन के एक सक्रिय केन्द्र के रूप से पुनः: विकसित किया जायेगा। recent visitors 47

प्रधानमंत्री मोदी के मुख्य आतिथ्य में महिला सशक्तिकरण महा सम्मेलन 31 मई को भोपाल में

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर का जीवन समाज, संस्कृति और राष्ट्र के लिए समर्पित रहा। उनका व्यक्तित्व और कृतित्व भारत की अमोल निधि है। लोकमाता के सुशासन के साथ ही न्याय, शिक्षा, समाज कल्याण, धर्म कल्याण, जल संरक्षण और संवर्धन आदि के कार्यों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने और उनके जीवन से प्रेरणा लेने के लिए इंदौर में मंत्रि-परिषद की बैठक आयोजित की गई है। मालवा का गौरवशाली और स्वर्णिम इतिहास रहा है। इसे रेखांकित करने के आवश्यकता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मालवा के ऐतिहासिक व्यक्तित्व मल्हार राव होल्कर, लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर, बाजीराव आदि को स्मरण करते हुए मालवा की धरती को नमन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर के राजवाड़ा के दरबार हाल में मंत्रि-परिषद की बैठक के पहले सदस्यों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के प्रेरणा वाक्य "विरासत से विकास की ओर" से प्रेरणा लेकर विरासत के संरक्षण और संवर्धन करते हुए विकास की अवधारणा को मूर्त रूप दिया जा रहा है। मंत्रि-परिषद की पहली बैठक जनजातीय वीरांगना रानी दुर्गावती की स्मृति में जबलपुर में आयोजित की गई थी। आज लोकमाता अहिल्याबाई को समर्पित मंत्रि-परिषद की बैठक की जा रही है। उन्होंने कहा कि आगामी 3 जून को पचमढ़ी में जनजातीय राजा श्री भभूत सिंह की स्मृति में मंत्रि-परिषद की बैठक का आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश कृषि क्षेत्र में देश में अग्रणी प्रदेश है। कृषि और कृषि उत्पाद को बढ़ावा देने के साथ कृषकों के कल्याण के लिए प्रदेश सरकार कटिबद्ध है। खेत में उपज से कारखाने और कारखाने से उद्योग तक की संकल्पना को चरितार्थ करते हुए उप राष्ट्रपति श्री जगदीप धनखड़ के मुख्य आतिथ्य में नरसिंहपुर में 26 से 28 मई की अवधि में कृषि-उद्योग समागम का आयोजन किया जा रहा है। म.प्र. सरकार किसानों तक नवीनतम तकनीक पहुंचाने, खाद्य प्र-संस्करण उद्योगों को बढावा देने तथा किसानों को अपने उत्पाद का सही मूल्य दिलाने के हर प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी के मुख्य आतिथ्य में 31 मई को भोपाल में महिला सशक्तिकरण महा सम्मेलन आयोजित होगा। लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर की 300वीं जयंती वर्ष के अवसर पर संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार के साथ भोपाल के जम्बूरी मैदान में महिला उद्यमियों, कामगारों, महिला स्व-सहायता समूहों, लाड़ली बहनों का महिला सशक्तिकरण महा सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें प्रदेश से 2 लाख से अधिक महिलाओं की सहभागिता होगी। महा सम्मेलन में प्रधानमंत्री श्री मोदी इंदौर मेट्रो का लोकार्पण तथा सतना एवं दतिया एयरपोर्ट का वर्चुअल लोकार्पण भी करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर की 300वीं जयंती के अवसर पर प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर 20 मई से 31 मई 2025 तक कई भव्य कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान इंदौर, भोपाल, ग्वालियर, कालिदास संस्कृत अकादमी उज्जैन, नर्मदापुरम, ग्वालियर और अन्य स्थानों पर सांस्कृतिक और साहित्यिक आयोजन होंगे। 22 मई को कालिदास संस्कृत अकादमी उज्जैन में लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर पर केंद्रित महानाट्य "अहिल्याकथान संनादति" का मंचन किया जाएगा। 23 मई को ग्राम-महिदपुर, उज्जैन में देवी अहिल्या पर केंद्रीत महिला कवि सम्मेलन आयोजित होगा। ग्वालियर में 24 मई को नर्मदापुरम में 26 मई को, 27 मई को भोपाल में और बैतूल में 28 मई को महानाट्य "अहिल्याकथान संनादति" का मंचन होगा। इंदौर में 28 मई को लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर पर केंद्रीत एकल कविता पाठ और सांस्कृतिक गतिविधियां होंगी, वहीं 29 मई को लता मंगेशकर ऑडिटोरियम, इंदौर में देवी अहिल्या केंद्रीत महानाट्य "शिवयोगिनी अहिल्या" का मंचन होगा। अंतिम दिन, 31 मई को राजवाड़ा परिसर, इंदौर में लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर की प्रतिमा पर माल्यार्पण और लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर को समर्पित महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम के साथ प्रदेशव्यापी आयोजन का समापन होगा। यह आयोजन लोकमाता देवी अहिल्या बाई होल्कर के योगदान को याद करने और उनकी विरासत को सम्मान देने का एक प्रयास है। प्रधानमंत्री श्री मोदी को राहवीर योजना को लागू किए जाने के लिए मंत्रि- परिषद ने धन्यवाद ज्ञापित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार ने एक्सीडेंट में घायल प्रत्येक व्यक्ति के लिए "108 एम्बुलेंस, एयर एम्बुलेंस" तो शुरू की ही है, इसके साथ ही भारत सरकार सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा "राहवीर योजना” प्रारंभ की गई है। इस योजना को भी प्रदेश में लागू कर दिया है, इसके क्रियान्वयन के लिए जिला कलेक्टर को आदेशित कर दिया है। योजना में प्रावधान है कि यदि कोई नागरिक सड़क दुर्घटना में किसी घायल व्यक्ति को उसके गोल्डन-ऑवर (प्रारंभिक 1 घंटे) में चिकित्सा हेतु अस्पताल तक पहुंचाता है, और उसकी जान बच जाती है, उस स्थिति में उसे  25 हजार रूपये का ईनाम दिया जाएगा, जो पूर्व में 5 हजार रूपये था । recent visitors 55

विकसित मध्यप्रदेश @2047 दृष्टिपत्र पर मंत्रि-परिषद का मंथन

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर की 300वीं जयंती वर्ष पर राजवाड़ा इंदौर में विकसित मध्यप्रदेश @2047 दृष्टिपत्र पर मंत्रि-परिषद ने मंथन किया। लोकमाता देवी अहिल्याबाई के आदर्शो और मूल्यों अनुरूप विकसित मध्यप्रदेश बनाने के लक्ष्यों और प्रक्रिया पर सदस्यों की विस्तृत चर्चा हुई। वर्ष 2047 तक प्रदेश का समेकित विकास करते हुए सकल घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) को 15.03 लाख करोड़ से बढ़ाकर 250 लाख करोड़ (2 ट्रिलियन डॉलर) करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय को एक लाख 60 हजार रूपये से बढ़ाकर 22 लाख रूपये करने का भी लक्ष्य रखा गया है। अपर मुख्य सचिव श्री संजय कुमार शुक्ला ने बताया कि दृष्टि पत्र में वर्ष 2047 में एक समृद्ध मध्यप्रदेश की परिकल्पना की गयी है जो कि सभी के सामूहिक प्रयासों से संपन्न, सुखद और सांस्कृतिक मध्यप्रदेश की नींव पर निर्मित होगा। इस प्रकार वर्ष 2047 का मध्यप्रदेश प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के प्रेरणा मंत्र 'सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबके प्रयास के अनुसरण से निर्मित होगा। मध्यप्रदेश को वर्ष 2047 तक विकसित राज्य बनाने एवं प्रदेश के समग्र सामाजिक आर्थिक विकास के उद्देश्य से हितधारक परामर्श एवं जन सहयोग से विकसित मध्यप्रदेश@2047 दृष्टि पत्र को तैयार किया गया है। दृष्टि पत्र को धरातल पर वास्तविक रूप से साकार करने के लिए रोडमैप का मंत्रि-परिषद के सदस्यों के समक्ष सम्बंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रेजेंटेशन दिया। दृष्टि पत्र में वर्ष 2047 में अल्पकालिक और दीर्घकालिक लक्ष्यों के बारे में विस्तृत रूप से मंत्रि-परिषद के सदस्यों को अवगत कराया गया। 8 थीमैटिक ग्रुप्स में उद्योग, कृषि एवं सम्बंधित क्षेत्र तथा वनोत्पाद, सेवाएं और अधोसंरचना एवं नगरीय विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, सुशासन एवं नागरिक सेवाओं का प्रदाय और वित्तीय नियोजन एवं संवर्धन पर प्रेजेंटेशन दिया गया। मंत्रि-परिषद के सदस्यों ने सभी विषयों पर विस्तार से चर्चा की। मंत्रि-परिषद के सदस्यों को बताया गया कि मध्यप्रदेश @2047 दृष्टिपत्र के क्रियान्वयन के लिए उच्च स्तरीय क्रियान्वयन समिति का गठन किया जायेगा। राज्य के सभी विभागों की योजनाओं, लक्ष्यों एवं कार्य बिंदुओं की डिजिटल ट्रैकिंग की जाएगी। साथ ही लाइव डैशबोर्ड भी बनाया जाएगा। शत-प्रतिशत साक्षरता , नवकरणीय ऊर्जा को 75 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य मध्यप्रदेश @2047 दृष्टिपत्र अनुसार वर्तमान में राज्य की अर्थव्यवस्था कृषि आधारित है। सकल घरेलू उत्पाद में कृषि 43%, सेवाएं 36 और उद्योग 21% योगदान देते हैं। वर्ष@2047 तक उद्योगों और स्टार्ट-अप को बढ़ावा देकर, रोजगार के अवसर सृजित कर अर्थव्यवस्था को संतुलित करते हुए जीडीपी में कृषि का योगदान 24-28%, उद्योग का योगदान 21-25% और सेवाओं का योगदान 49-53 % तक लाने का प्रयास किया जायेगा। सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में कार्य करते हुए प्रति व्यक्ति औसत आयु को 67.4 वर्ष से बढ़ाकर वर्ष @ 2047 तक 84 वर्ष से अधिक करने का लक्ष्य रखा गया। साथ ही साक्षरता दर को 75.2% से बढ़ाकर वर्ष@ 2047 तक 100 प्रतिशत करने का प्रयास किया जाएगा। ऊर्जा के क्षेत्र में कुल ऊर्जा स्त्रोत में नवकरणीय ऊर्जा का प्रतिशत 22.5 से बढ़ाकर 75% से अधिक किया जाएगा। recent visitors 55

लोकमाता देवी अहिल्याबाई को समर्पित मंत्रि-परिषद की बैठक मुख्यमंत्री डॉ. यादव की अध्यक्षता में इंदौर के राजवाड़ा में हुई संपन्न

भोपाल लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर के 300 वें जयंती वर्ष पर उनके आदर्शो और मूल्यों को समर्पित मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक इंदौर में राजवाड़ा के दरबार हॉल में हुई। मंत्रि-परिषद ने 3 हजार 867 करोड़ रूपये की योजना और निर्माण कार्यों की स्वीकृति दी। मंत्रि-परिषद ने प्रदेश के युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर प्रशिक्षण कार्यकम योजना की सैद्धांतिक स्वीकृति दी। इसमें युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम संचालित किए जायेगे। योजना में जरूरतमंद व्यक्ति बैंक ब्याज में एक हजार रुपए प्रतिवर्ष छूट के साथ पूरे जीवनकाल के लिए अधिकतम 10 हजार रूपये प्रति व्यक्ति ऋण के ब्याज पर छूट प्राप्त कर सकेगा। प्रतिवर्ष योजना पर लगभग 100 करोड़ रूपए का व्यय किया जायेगा। मध्यप्रदेश महानगर क्षेत्र नियोजन एवं विकास अधिनियम- 2025 की स्वीकृति मंत्रि-परिषद ने "मध्यप्रदेश महानगर क्षेत्र नियोजन एवं विकास अधिनियम-2025" को स्वीकृत करने का निर्णय लिया हैं। अधिनियम-2025 लागू होने के बाद "महानगर योजना समिति" एवं "महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण" का गठन किया जा सकेगा। साथ ही प्रदेश में "इंदौर-उज्जैन-देवास-धार" एवं "भोपाल-सीहोर-रायसेन-विदिशा-ब्यावरा (राजगढ़)" के लिए महानगर योजना समिति एवं महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण का गठन राज्य सरकार द्वारा किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा भारतीय संविधान में विहित प्रावधानों के अनुसार राज्य सरकार द्वारा प्रदेश के 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले नगरों का क्षेत्रीय स्तर पर समग्र विकास को दृष्टिगत रखते हुए "महानगर योजना समिति" एवं "महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण" गठित करने के लिए घोषणा की गई थी। महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण द्वारा "महानगर क्षेत्र" के लिए विकास योजना प्रारूप तैयार कर महानगर योजना समिति से विकास योजना अनुमोदन हेतु राज्य सरकार को प्रेषित की जाएगी। राज्य सरकार द्वारा महानगर क्षेत्र की विकास योजना को अनुमोदन प्रदान करने के बाद विकास योजना का क्रियान्वयन महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण द्वारा किया जाएगा। महानगर क्षेत्र की विकास योजना में ऐसे क्षेत्र की भौगोलिक आवश्यकता अनुसार शैक्षणिक, औ‌द्योगिक, स्वास्थ्य आदि क्षेत्रों में विकास हो सकेगा, जिससे कि रोजगार एवं आर्थिक विकास संभव हो सकेगा। मुख्यमंत्री शहरी स्वच्छता मिशन कार्यक्रम की वित्तीय वर्ष-2028-29 तक निरंतरता की स्वीकृति मंत्रि-परिषद ने मुख्यमंत्री शहरी स्वच्छता मिशन कार्यक्रम की वित्तीय वर्ष-2028-29 तक निरंतरता की स्वीकृति दी। इसमें आगामी 4 वित्तीय वर्षों 2025-26, 2026-27, 2027-28 और 2028-29 के लिए राज्यांश राशि 167 करोड़ 74 लाख रूपये और निकाय अंशदान राशि 59 करोड़ 31 लाख रूपये, कुल राशि 227 करोड़ 5 लाख रूपये का व्यय अनुमानित है। योजना में राशि का प्रयोग प्रदेश के नगरीय निकायों में सेप्टिक टैंक से निकलने वाले स्लज के परिवहन के लिए डी-स्लजिंग वाहन, सीवर लाईन की सफाई के लिए सफाई उपकरणों, ठोस अपशिष्ट के संग्रहण एवं परिवहन के लिए वाहन तथा नगरीय निकायों में कार्यरत सफाई मित्रों के लिए व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण एवं पीपीई किट के लिए अनुदान प्रदान कर तकनीकी रूप से सक्षम बनाया जायेगा। राज्य स्तर पर संचालित नगरीय स्वच्छता की समस्त गतिविधियों को समेकित कर मुख्यमंत्री शहरी स्वच्छता कार्यक्रम का आरम्भ 28 अगस्त 2012 को किया गया था। प्रदेश के 04 औद्योगिक क्षेत्र में 249 करोड़ 66 लाख रूपये की लागत से वर्किंग वीमेन हॉस्टल के निर्माण की स्वीकृति मंत्रि-परिषद ने प्रदेश में महिला श्रम शक्ति भागीदारी दर को बढ़ाने , बेहतर वातावरण प्रदान करने और महिलाओं के कामकाजी जीवन को आसान बनाने के लिए प्रदेश के 04 औद्योगिक क्षेत्र में 249 करोड़ 66 लाख रूपये की लागत से वर्किंग वीमेन हॉस्टल के निर्माण की स्वीकृति दी है। विक्रम उद्योगपुरी जिला उज्जैन, पीथमपुर सेक्टर-1 एवं 2 जिला धार, मालनपुर घिरौंगी (भिंड) एवं मंडीदीप (रायसेन) में कामकाजी महिला छात्रावासों अन्तर्गत कुल 26 हॉस्टलों और भवनों का निर्माण किया जायेगा। प्रत्येक में 222 बेड की क्षमता होगी। इस प्रकार कुल 5 हजार 572 बेड क्षमता के हॉस्टलों का निर्माण भारत सरकार के सहयोग से औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग अन्तर्गत एमपीआईडीसी लि. द्वारा किया जायेगा। भारत सरकार द्वारा "स्पेशल असिस्टेंस टू स्टेटस फॉर कैपिटल इंवेस्टमेंट 2024-25" स्कीम में वर्किंग वीमेन हॉस्टल के निर्माण किया जाना है। वर्किंग वीमेन हॉस्टल्स में आधुनिक सुविधाएं, पर्याप्त पार्किंग, फूड कोर्ट और मनोरंजन तथा सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए स्थान उपलब्ध होगा। कामकाजी महिला छात्रावासों में महिलाओं की सुरक्षा, संरक्षा और नौकरी के अवसरों की उपलब्धता को प्राथमिकता दी जायेगी। रियायती दरों पर भोजन एवं न्यूनतम किराये पर बेड उपलब्ध कराया जायेगा। बुनियादी अधोसंरचनाओं जैसे-पार्किंग, रिक्रिएशनल रूम, पेन्ट्री, डायनिंग एरिया, कॉमन टॉयलेटस, कॉमर्शियल दुकानें इत्यादि सुविधाओं का निर्माण किया जायेगा। कार्यरत महिलाओं के बच्चों की उचित देखभाल के लिए झूला घर का भी प्रावधान किया गया है।   recent visitors 50

मुंबई से गोरखपुर जा रही काशी एक्सप्रेस की एक बोगी के पहियों में लगी आग, यात्रियों ने ट्रेन से कूदकर बचाई जान

खंडवा मंगलवार दोपहर लोकमान्य तिलक टर्मिनस मुंबई से गोरखपुर जा रही 15017 काशी एक्सप्रेस में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब ट्रेन के एक डिब्बे के पहियों से अचानक आग और धुआं निकलने लगा। यह घटना खंडवा जिले के चारखेड़ा रेलवे स्टेशन के पास स्थित तवा ब्रिज पर हुई।   यात्रियों ने खुद को बचाया यात्री धुआं उठते देख घबराकर तुरंत डिब्बे से बाहर कूद गए। सूचना मिलते ही ट्रेन को वहीं रोक दिया गया। संबंधित बोगी की जांच की गई। आग पर तुरंत काबू पा लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया। ब्रेक जाम से हुआ हादसा चारखेड़ा स्टेशन मास्टर ने बताया कि प्राथमिक जांच में ब्रेक जाम होने के कारण पहिए से धुआं उठने की बात सामने आई है। घटना के चलते दो से तीन ट्रेनें निर्धारित समय से देरी से रवाना हुईं। काशी एक्सप्रेस को आवश्यक जांच के बाद आगे रवाना कर दिया गया। recent visitors 43