भोपाल मेट्रो ट्रेन का ट्रायल रन 90 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से किया जाएगा, क्यूआर कोड आधारित टिकटिंग सिस्टम

भोपाल भोपाल मेट्रो रेल परियोजना अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। राजधानी के पांच स्टेशनों पर फिनिशिंग कार्य तेजी से चल रहा है, जबकि तीन स्टेशनों पर इंट्री और एग्जिट प्वाइंट्स पर काम जारी है। स्टेशनों के भीतर फॉल सीलिंग, लाइटिंग, टाइल्स और अन्य सौंदर्यीकरण कार्य किए जा रहे हैं। अधिकांश स्टेशनों पर एस्केलेटर और लिफ्ट का काम पूरा हो चुका है। भोपाल मेट्रो के पहले चरण में 7 किलोमीटर लंबा रूट सुभाष नगर से एम्स तक खोला जाएगा, जिसमें कुल 8 स्टेशन होंगे। यह रूट एलिवेटेड कॉरिडोर के रूप में विकसित हो रहा है। इसमें रानी कमलापति रेलवे स्टेशन (आरकेएमपी) पर स्काईवॉक बनेगा। 700 मीटर का स्काईवॉक का एक सिरा मेट्रो स्टेशन के कॉनकोर्स और दूसरा सिरा रेलवे स्टेशन के कॉनकोर्स से जुड़ा होगा। आरडीएसओ की टीम आ सकती है जल्द मेट्रो ट्रेन का ट्रायल रन 90 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से किया जाएगा। इस ट्रायल की निगरानी आरडीएसओ (रिसर्च डिजाइन एंड स्टैंडर्ड्स ऑर्गनाइजेशन) द्वारा की जाएगी। यह संस्था हर स्पीड पर ट्रेन की ब्रेकिंग, स्थिरता और तकनीकी सुरक्षा का आकलन करेगी। आरडीएसओ की टीम के इसी माह के अंत तक आने की संभावना है। इसके बाद रेलवे सेफ्टी कमिश्नर मेट्रो के ट्रैक, सिविल वर्क, ट्रेन, सिग्नलिंग सिस्टम और सार्वजनिक सुविधाओं की व्यापक जांच करेगा। एक माह की प्रक्रिया के बाद ट्रेन का कमर्शियल रन शुरू किया जाएगा। तीन कोच 900 यात्रियों को ले जाने में सक्षम अब तक सात मेट्रो ट्रेनें भोपाल पहुंच चुकी हैं। कुल 27 ट्रेनों का संचालन प्रस्तावित है। प्रत्येक ट्रेन तीन कोच की होगी, जो लगभग 900 यात्रियों को ले जाने में सक्षम होगी। इनमें 150 लोगों के बैठने की व्यवस्था भी होगी। ट्रेनों में दिव्यांगों के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। सितंबर तक चल सकती है मेट्रो यदि सभी परीक्षण समय पर सफलतापूर्वक पूरे होते हैं, तो अगस्त-सितंबर तक भोपाल मेट्रो का संचालन शुरू हो सकता है। ट्रायल और सुरक्षा अनुमोदन के बाद राज्य सरकार अंतिम निर्णय लेगी। इंदौर मेट्रो का परीक्षण कार्य पहले ही पूर्ण हो चुका है, जिसका कमर्शियल रन जल्द शुरू होगा। क्यूआर कोड आधारित टिकटिंग सिस्टम भोपाल मेट्रो में क्यूआर कोड आधारित टिकटिंग सिस्टम लागू किया जाएगा। यात्रियों को एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं मिलेंगी, जिसमें पेयजल, स्वच्छता और दिव्यांग अनुकूल सुविधाएं शामिल हैं। सुरक्षा के लिए  रिटायर्ड फौजियों और निजी सुरक्षा एजेंसियों की भी मदद ली जाएगी। सभी स्टेशनों पर एएफसी (ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन) गेट लगाए जा रहे हैं, जहां बारकोड टिकट से प्रवेश मिलेगा।   recent visitors 44

पाकिस्तान से बांग्लादेश होते हुए तुर्किये… ट्रंप परिवार का ये दोस्त कौन, जो बुन रहा डील का जाल

नई दिल्ली  अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल के दिनों में उन देशों के साथ पींगें बढ़ाई है जिनके साथ भारत के अच्छे रिश्ते नहीं हैं। इनमें पाकिस्तान, बांग्लादेश और तुर्की शामिल हैं। यह भारत के लिए चिंता का विषय है। ऐसा लगता है कि पाकिस्तान में ट्रंप की दिलचस्पी केवल क्रिप्टो करेंसी के कारोबार तक ही सीमित नहीं है। उनके सहयोगियों ने हाल ही में इस्लामाबाद के साथ उनके परिवार की कंपनी के लिए क्रिप्टो करेंसी का सौदा किया था। अब एक नई बात सामने आई है। डोनाल्ड ट्रंप के बेटे डोनाल्ड ट्रंप जूनियर के कॉलेज के दोस्त जेंट्री बीच ने जनवरी में पाकिस्तान का दौरा किया था। इसके बाद वह बांग्लादेश और तुर्की भी गए थे। फिर उन्होंने मार-ए-लागो में ट्रंप सीनियर और उनके करीबी सहयोगियों को पाकिस्तान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान एक अद्भुत जगह है। वहां दुर्लभ खनिज, तेल, गैस और रियल एस्टेट के क्षेत्र में अरबों डॉलर के सौदे किए जा सकते हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने जेंट्री बीच की दो बार मेजबानी की। जेंट्री बीच पहली बार जनवरी में पाकिस्तान आए थे। इस दौरान शरीफ ने उनकी मेजबानी की थी। इस दौरान वरिष्ठ कैबिनेट मंत्री, वित्त मंत्री और विदेश मंत्री भी शामिल थे। शरीफ दूसरी बार 11 फरवरी को दुबई में वर्ल्ड गवर्नमेंट समिट के दौरान जेंट्री बीच से मिले। शरीफ ने कई विदेशी गणमान्य व्यक्तियों और राष्ट्राध्यक्षों के साथ तस्वीरें पोस्ट की थीं। लेकिन जेंट्री बीच उनमें से एक अनजान चेहरा थे। उनकी तस्वीर @PakPMO पर पोस्ट की गई थी। विवादों से पुराना नाता जेंट्री बीच ने बांग्लादेश में मुहम्मद यूनुस से मुलाकात की। यूनुस बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार हैं। यह मुलाकात पाकिस्तानी पीएम से मिलने के एक दिन बाद (29 जनवरी को) हुई थी। ट्रंप के करीबी सहयोगी जेंट्री बीच ने ढाका को तेल और गैस की खोज, एयरोस्पेस, रक्षा और रियल एस्टेट में भारी FDI लाने का वादा किया। शेख हसीना का तख्तापलट होने के बाद से भारत और बांग्लादेश के रिश्ते ठीक नहीं चल रहे हैं। ट्रंप जूनियर और उनके दोस्त जेंट्री बीच का विवादों से पुराना नाता है। 2018 में द गार्डियन ने लिखा था कि कैसे ट्रंप जूनियर के शिकार के साथी जेंट्री बीच ने डोनाल्ड ट्रंप के 2016 के चुनाव अभियान के लिए लाखों डॉलर जुटाए थे। इससे उन्हें ट्रंप के शीर्ष प्रशासनिक अधिकारियों तक पहुंच मिली। उन्होंने नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के अधिकारियों पर वेनेजुएला में अमेरिकी प्रतिबंधों को कम करने और वहां अमेरिकी कंपनियों के लिए व्यापार खोलने की योजना बनाने का दबाव डाला। शहबाज से मुलाकात, अरबों डॉलर का वादा जेंट्री थॉमस बीच ने इस दौरे में पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ से मुलाकात की और अरबों डॉलर निवेश का वादा किया. डॉन न्यूज की 30 जनवरी की रिपोर्ट के अनुसार जेंट्री थॉमस ने तब कहा था कि राष्ट्रपति ट्रंप आर्थिक कूटनीति में विश्वास करते हैं और उनका ये दौरा इसी के तहत हो रहा है. जेंट्री थॉमस ने कहा था, "हम पाकिस्तान में अलग अलग सेक्टर में अरबों डॉलर निवेश करने योजना बना रहे हैं, इनमें खनिज और प्रॉपर्टी सेक्टर शामिल है." जेंट्री थॉमस ने कहा था कि वे पाकिस्तान में ऐसी लग्जरी इमारतें बनाएंगे जैसी पाकिस्तान में अबतक नहीं बनी है, सोने की खान पर ट्रंप के करीबी की नजर एनबीटी की रिपोर्ट के अनुसार इस ट्रिप में जेंट्री थॉमस ने पाकिस्तान की कंपनी एपेक्स एनर्जी से एक डील साइन की थी. इस डील का मकसद था, सिंधु नदी के किनारे मिले 'प्लेसर गोल्ड' के भंडार को खोजना और विकसित करना. बता दें कि पाकिस्तान में हाल ही में सोना मिलने की खबर आई है. इस सोने की अनुमानित कीमत अरबों डॉलर बताई जा रही है. कुछ महीने पहले, पाकिस्तान की नेशनल इंजिनियरिंग सर्विसेज ने दावा किया था कि उन्होंने अटक में सिंधु नदी के पास 80,000 करोड़ रुपये मूल्य का एक विशाल प्लेसर गोल्ड ब्लॉक पाया है, बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार जियोलॉजिकल सर्वे ऑफ़ पाकिस्तान (जीएसपी) की साल 2022-23 की रिपोर्ट के अनुसार देश में कई जगहों पर खनिजों और बहुमूल्य धातुओं की खोज का काम जारी है. जीएसपी ने पाकिस्तान पंजाब के ज़िला अटक में और ख़ैबर पख़्तूनख़्वाह के ज़िला मानसहरा में जियोकेमिकल तकनीक से प्लेसर गोल्ड और दूसरी धातुओं की मौजूदगी का पता लगाने की कोशिश की है. रिपोर्ट के अनुसार अटक में सोने की मौजूदगी का पता लगाने के लिए जियो फिजिकल सर्वे और नमूने जमा किए गए हैं और इन पर काम जारी है. कहा जाता है कि ये सोना लाखों साल पहले हिमालय से बहकर आया है. और सिंधु नदी के तलछटों में है. इस्लामाबाद के बाद ढाका जेंट्री थॉमस का अगला पड़ाव 30 जनवरी को जेंट्री थॉमस इस्लामाबाद में थे तो 31 जनवरी को उनका चार्टर्ड प्लेन ढाका में था. यहां भी जेंट्री थॉमस ने मोहम्मद यूनुस को ढाका में भारी भरकम निवेश का लालच दिया.  यूनुस से मुलाकात में जेंट्री थॉमस ने कहा था कि अब समय आ गया है कि इस देश में और अधिक निवेश आए. हम यहां आकर उत्साहित हैं, उन्होंने कहा कि उनकी कंपनी रियल एस्टेट, खासकर कम लागत वाले सामाजिक आवास, एयरोस्पेस और रक्षा में निवेश करने में भी रुचि रखती है. जेंट्री थॉमस को बांग्लादेश में सोना तो नहीं मिला लेकिन यहां पर वो जिस डील पर विचार कर रहे हैं उसकी वैल्यू सोने से कम नहीं है. हाईग्राउंड होल्डिंग्स के मुख्य कार्यकारी और संस्थापक बीच ने कहा था उनकी कंपनी ने पहले ही बांग्लादेश में कई परिसंपत्तियां हासिल कर ली हैं और वे देश के ऊर्जा, वित्त और अन्य क्षेत्रों में और अधिक निवेश करना चाहेंगे. जेंट्री थॉमस ने यूनुस सरकार की हिन्दू अल्पसंख्यकों पर किए जाए अनैतिक और अवैध कार्यों को नजरअंदाज करते हुए कहा था कि आपने बहुत अच्छा काम किया है. और बांग्लादेश में लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति अच्छी हुई है. बीच की यात्रा से सवाल उठना लाजिमी है बीच और ट्रंप जूनियर की दोस्ती वॉर्टन बिजनेस स्कूल, यूनिवर्सिटी ऑफ पेंसिल्वेनिया से है, जहां वे 1990 के दशक में साथ थे. टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार जब पाकिस्तान पहलगाम आतंकी हमले की साजिश रचने में व्यस्त था, इस दौरान जेंट्री … Read more

Pakistan पर आर्थिक चोट, FATF की ग्रे लिस्ट में फिर आएगा नाम, भारत ने कर ली पूरी तैयारी

नई दिल्ली  जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के करीब दो हफ्ते बाद भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाली जम्मू-कश्मीर (POK) में कुल नौ आतंकी शिविरों को निशाना बनाते हुए उस पर एयर स्ट्राइक किया।भारत की यह कार्रवाई पहलगाम आतंकी हमले के ठीक बाद हुई कई असैन्य और रणनीतिक कार्रवाई के बाद हुई, जिसमें सिंधु जल संधि को स्थगित किए जाने समेत कई अन्य फैसले लिए गए। इस दौरान भारत की तरफ से पाकिस्तान को एक बार फिर से फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) की ग्रे लिस्ट में डाले जाने की कूटनीतिक विवाद की व्यापक चर्चा हुई। भारत पाकिस्तान में एक्टिव आतंकवादी इंफ्रास्ट्रक्चर के संबंध में फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) को नई खुफिया जानकारी सौंपने की प्लानिंग कर रहा है. FATF मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवाद को मिलने वाली आर्थिक सहायता पर नजर रखने वाली वैश्विक संस्था है जिसने पाकिस्तान को कुछ सालों पहले तक आतंक के समर्थन के लिए ग्रे लिस्ट में रखा था. पहलगाम हमले के बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया और पूरी दुनिया को दिखाया कि कैसे पाकिस्तान आतंक के इंफ्रास्ट्रक्चर को सपोर्ट कर रहा है. भारत पहले ही वैश्विक मुद्रा कोष, आईएमएफ सहित दुनिया की वित्तीय संस्थाओं से पाकिस्तान की आर्थिक मदद रोकने की अपील कर चुका है. भारत का कहना है कि पाकिस्तान इन पैसों को आतंकवाद के लिए इस्तेमाल कर रहा है. भारत इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय मंच पर उठाने की सोच रहा है. भारत नए सबूत दिखाने वाला है जिससे साफ होता है कि पाकिस्तान का सरकारी तंत्र आतंकी समूहों को लगातार संरक्षण दे रहा है. ऐसे में पाकिस्तान एक बार फिर FATF की ग्रे लिस्ट में जा सकता है. भारत ने पहलगाम आतंकवादी हमले में संलिप्तता के लिए पाकिस्तान के खिलाफ अपना कूटनीतिक अभियान तेज कर दिया है तथा एशियाई विकास बैंक (एडीबी) और अन्य अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों से पाकिस्तान को धनराशि उपलब्ध न कराने को कहा है। इसके अलावा भारत ने पश्चिमी देशों से पाकिस्तान को वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (एफएटीएफ) की ग्रे सूची में डालने को कहा है। बताते चलें कि एफएटीएफ की अगली बैठक जून महीने में प्रस्तावित है। पाकिस्तान पिछले कई वर्षों तक ग्रे लिस्ट में शामिल रहा और 2022 में वह इस सूची से बाहर हुआ था। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए  भारत ने कहा था कि एफएटीएफ की निगरानी की वजह से पाकिस्तान को 26/11 मुंबई हमले में शामिल आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए मजबूर होना पड़ा था। बताते चलें कि 2021 में एफएटीएफ की अहम बैठक से पहले पाकिस्तान ने मुंबई हमलों के आरोपी और लश्कर-ए-तैयबा के ऑपरेशनल कमांडर जकी-उर-रहमान को टेरर फंड्स का इस्तेमाल करने के आरोप में गिरफ्तार किया था। एफएटीएफ ने 27 प्वाइंट एक्शन प्लान को जारी करते हुए पाकिस्तान को 2018 में ग्रे लिस्ट में डाल दिया था। यह एक्शन प्लान मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फंडिंग पर रोक लगाने की कार्रवाई से संबंधित था। अब एक बार फिर से पाकिस्तान को इस सूची में शामिल किए जाने की मांग जोर पकड़ रही है। क्या है FATF? फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) वैश्विक तौर पर मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फाइनेंसिंग की निगरानी करने वाली संस्था है। पेरिस स्थित 40 सदस्यों वाली इस संस्था की स्थापना 1989 में हुई थी। एफएटीएफ अपने सभी निर्णय एफएटीएफ प्लेनरी के जरिए लेता है और साल में तीन बार इसकी बैठक होती है। इस बैठक में उन देशों की जवाबदेही तय की जाती है, जो इसके मानकों का पालन नहीं करते हैं। FATF की ग्रे लिस्ट से पाकिस्तान का पुराना नाता पाकिस्तान आतंकवाद के लिए कई बार FATF की ग्रेल लिस्ट में डाला जाता रहा है. आतंकवाद और टेरर फाइनेंसिंग पर नजर रखने वाली FATF ने पाकिस्तान को जून 2018 में ग्रे लिस्ट में डाला था. FATF का कहना था कि पाकिस्तान ने संयुक्त राष्ट्र के नामित आतंकवादी समूहों को टार्गेट करने में कमी दिखाई है. FATF के मुताबिक, पाकिस्तान आतंकवादी समूहों की संपत्ति फ्रीज करने, उन्हें सजा देने और उनके खिलाफ प्रतिबंध लगाने में नाकाम रहा था. इसके बाद से पाकिस्तान के FATF की ब्लैक लिस्ट में डाले जाने का डर भी बना हुआ था. लेकिन अक्टूबर 2022 में FATF ने पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट से हटा दिया. पाकिस्तान पहले भी कई बार FATF की ग्रे लिस्ट में डाला-निकाला जाता रहा है. पाकिस्तान को सबसे पहले 2008 में ग्रे लिस्ट में डाला गया था और 2009 में हटा लिया गया था. 2012 और 2015 के बीच भी पाकिस्तान FATF की ग्रे लिस्ट में था. पहलगाम हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के आतंकी ढांचे को बनाया निशाना 22 अप्रैल को पाकिस्तान स्पॉन्सर आतंकवादियों ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम की बैसरन घाटी में हमला किया था जिसमें 26 लोग मारे गए थे और 17 अन्य घायल हुए थे. इस हमले के लिए भारत ने पाकिस्तान को जिम्मेदार बताया और 6-7 अक्टूबर को पाकिस्तान और पाकिस्तान के अवैध कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाकर एयरस्ट्राइक किए. भारत के हमले में कम से कम 100 आतंकी मारे गए जिन्हें पाकिस्तानी सरकार ने शह दे रखा था. भारत की कार्रवाई के जवाब में पाकिस्तान ने सैन्य और नागरिक ठिकानों को निशाना बनाने की कोशिश की जिसे नाकाम कर दिया गया. दोनों देशों के बीच लड़ाई करीब 4 दिनों तक चली जिसके बाद दोनों संघर्षविराम पर राजी हुए. हालांकि, भारत ने साफ कहा है कि आगे से किसी भी आतंकी कृत्य को युद्ध की कार्रवाई माना जाएगा. क्या है ग्रे और ब्लैक लिस्ट? एफएटीएफ की वेबसाइट पर मौजूद जानकारी के मुताबिक, यदि कोई देश एफएटीएफ के मानकों को लागू करने में विफल रहता है, तो उसे बढ़ी हुई निगरानी (इनक्रीज्ड मॉनिटरिंग) और अधिक जोखिम वाले क्षेत्राधिकार (हाई रिस्क ज्यूरिसडिक्शंस) में डाला जाता है और इसे ही सामान्य भाषा में ग्रे और ब्लैक लिस्ट कहा जाता है। ब्लैक लिस्ट में वे देश शामिल हैं, जहां मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फाइनेंसिंग को रोकने के लिए गंभीर रणनीतिक क्षमता का अभाव होता है। इस सूची में फिलहाल तीन देश शामिल हैं: डेमोक्रेटिक पीपल्स रिपब्लिक ऑफ कोरिया, ईरान और म्यांमार। वहीं, बढ़ी हुई निगरानी वाले क्षेत्राधिकार, जिन्हें ग्रे लिस्ट कहा जाता है, में … Read more

पहला मौका होगा जब कैबिनेट की सुरक्षा के दौरान बॉडी वॉर्न कैमरों का भी इस्तेमाल किया जाएंगा

इंदौर  मध्य प्रदेश सरकार की कैबिनेट बैठक मंगलवार को इंदौर में आयोजित होने वाली है. ये पहला मौका होगा जब कैबिनेट की सुरक्षा के दौरान बॉडी वॉर्न कैमरों का भी इस्तेमाल किया जाएंगा. इंदौर के राजवाड़ा पर आयोजित होने वाली इस कैबिनेट बैठक में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री सहित तमाम मंत्री उपस्थित रहेंगे. ऐसे में उनकी सुरक्षा में किसी भी तरह की कोई चूक न हो इसके लिए इंदौर पुलिस ने व्यापक स्तर पर सिक्योरिटी प्लानिंग की है. मोहन कैबिनेट की सुरक्षा में 1 हजार जवान एडिशनल पुलिस कमिश्नर अमित सिंह ने बताया, '' 20 मई को इंदौर के राजवाड़ा पर कैबिनेट मीटिंग का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें भाग लेने के लिए मुख्यमंत्री मोहन यादव के साथ ही मंत्रिमंडल के समस्त मंत्री भी इंदौर आएंगे. कैबिनेट मीटिंग की सुरक्षा व्यवस्था या किसी भी तरह की स्थिति को लेकर इंदौर पुलिस काफी अलर्ट है. राजवाड़ा क्षेत्र को नो व्हीकल जोन बनाया गया है साथ ही यहां 1000 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है, जो सभी परिस्थितियों से निपटने के लिए सक्षम होंगे.'' पहली बार बॉडी वॉर्न कैमरा का इस्तेमाल एडिशनल पुलिस कमिश्नर ने आगे बताया, '' कैबिनेट मीटिंग जिस क्षेत्र में होगी, उस क्षेत्र में ड्रोन और सीसीटीवी फुटेज के साथ अलग-अलग तरह से निगरानी रखी जाएगी. पहली बार इंदौर पुलिस के द्वारा बॉडी वॉर्न कैमरा के माध्यम से निगरानी रखी जाएगी. इससे पुलिस को रियल टाइम और लाइव फुटेज कंट्रोल रूम में मिलेंगे और किसी भी स्थिति में तुरंत एक्शन लिया जा सकेगा.'' क्या होता है बॉडी वॉर्न कैमरा? जैसा की नाम है बॉडी वॉर्न कैमरा इस तरह का कैमरा होता है, जिसे शरीर पर पहना जा सकता है. ये हाथ, चेस्ट, सिर आदि जगहों पर यूनिफॉर्म के साथ फिट किए जा सकते हैं, जिससे लाइव स्ट्रीमिंग भी होती है. आमतौर पर पुलिस के द्वारा बॉडी वॉर्न कैमरे का प्रयोग वाहन चेकिंग सहित अन्य जगहों पर किया जाता है लेकिन पहली बार कैबिनेट बैठक की सुरक्षा में इनका इस्तेमाल हो रहा है. recent visitors 45

मंगलवार 20 मई 2025: बदल जाएगी इन राशियों की किस्मत

मेष राशि- मन प्रसन्न रहेगा। वैवाहिक जीवन में खुशहाली आएगी, लेकिन क्षणे रुष्टा-क्षणे तुष्टा के भाव रहेंगे। आत्मसंयत रहे। खर्चों की अधिकता से मन चिंतित रहेगा। धन आगमन के नए मार्ग प्रशस्त होंगे। पारिवारिक जीवन की दिक्कतें दूर होंगी। रिश्तों में प्यार बढ़ेगा। बच्चों के सेहत को लेकर मन परेशान रहेगा। शैक्षिक कार्यों में सकारात्मक परिणाम मिलेंगे। जीवनसाथी का सहयोग मिलेगा। मानसिक तनाव से मुक्ति मिलेगी। वृषभ राशि- आज का दिन सामान्य रहने वाला है। व्यापार में धन लाभ होगा। आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा, लेकिन धन से जुड़े फैसले बड़ी सावधानी से लें। बजट के अनुसार ही खर्च करें। मुश्किल घड़ी से निपटने के लिए धन बचत जरूर करें। पारिवारिक जीवन में खुशियां आएंगी। वैवाहिक जीवन की दिक्कतें दूर होंगी। आज जीवनसाथी से वाद-विवाद करने से बचें। इससे रिश्तों में मनमुटाव बढ़ सकता है। मिथुन राशि- पारिवारिक जीवन में खुशनुमा माहौल होगा। नौकरी और कारोबार में वातावरण अनुकूल रहेगा। धन आगमन के नए मार्ग बनेंगे, लेकिन खर्चों की अधिकता से मन परेशान रहेगा। व्यावसायिक लाभ होगा। पैतृक संपत्ति से धन लाभ होगा। भैतिक सुख-संपदा में वृद्धि होगी। परिजनों का सपोर्ट मिलेगा। कार्यों में आ रही बाधाएं दूर होंगी। स्वास्थ्य में सुधार आएगा। रिलेशनशिप की दिक्कतें दूर होंगी। भावुकता से बचें। माता-पिता के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। कर्क राशि– कार्यों की चुनौतियों का आत्मविश्वास के साथ सामना करेंगे। कार्यों की जिम्मेदारियां बड़ी सावधानी से संभालें। जीवन में बड़े बदलावों के लिए तैयार रहें। आज आपका किसी अज्ञात भय से मन परेशान रह सकता है। पॉजिटिव माइंडसेट के साथ सभी टास्क को कंपलीट करें और अपने सपनों को साकार करने के लिए कड़ी मेहनत करते रहें। इससे आपको मनचाही सफलता जरूर मिलेगी। व्यापारियों के लिए आज का दिन शुभ है। व्यापार में विस्तार के योग बनेंगे। सिंह राशि- ऑफिस में उच्चाधिकारियों का सहयोग मिलेगा। कार्यों की चुनौतियां दूर होंगी। ऑफिस में व्यर्थ के वाद-विवाद से बचें। क्रोध पर नियंत्रण रखें। आय के नए स्त्रोतों से धन लाभ होगा। रिश्तों में अनबन के संकेत हैं। वाणी में सौम्यता रहेगी। परिजनों के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। शैक्षिक कार्यों में अपार सफलता मिलेगी। नौकरी और कारोबार में तरक्की के नए अवसर मिलेंगे। मन प्रसन्न रहेगा। हेल्दी लाइफस्टाइल फॉलों करें। भावनाओं को वश में रखें। सोच-समझकर फैसले लें। कन्या राशि- आज आपका दिन बेहद शुभ रहने वाला है। भौतिक सुख-संपदा में वृद्धि होगी। पार्टनर के साथ क्वालिटी टाइम स्पेंड करेंगे। नया बजट बनाएं। आर्थिक फैसले बड़ी होशियारी से लें। वैवाहिक जीवन सुखद रहेगा। जीवनसाथी का सपोर्ट मिलेगा। कुछ फीमेल्स को आज प्रपोजल मिल सकता है। जीवन में छोटी-मोटी चुनौतियां रहेंगी। पॉजिटिव माइंडसेट के साथ सभी टास्क कंपलीट करें। बिजनेसमेन को व्यापार में बढ़ोत्तरी के नए अवसर मिलेंगे। तुला राशि- सफलता प्राप्त करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी। लेखानादि-बौद्धिक कार्यों से आय के नए साधन बनेंगे। नौकरी में स्थान परिवर्तन के योग बन सकते हैं। कार्यों की जिम्मेदारियां बढ़ेंगी। किसी मित्र के सहयोग से धन लाभ के नए मार्ग खुलेंगे। पारिवारिक जीवन सुखमय व्यतीत होगा। संतान पक्ष से शुभ समाचार मिलेंगे। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। माता-पिता के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। वृश्चिक राशि– आज आपका दिन बेहद शुभ रहने वाला है। भौतिक सुख-संपदा में वृद्धि होगी। पार्टनर के साथ क्वालिटी टाइम स्पेंड करेंगे। नया बजट बनाएं। आर्थिक फैसले बड़ी होशियारी से लें। वैवाहिक जीवन सुखद रहेगा। जीवनसाथी का सपोर्ट मिलेगा। कुछ फीमेल्स को आज प्रपोजल मिल सकता है। जीवन में छोटी-मोटी चुनौतियां रहेंगी। पॉजिटिव माइंडसेट के साथ सभी टास्क कंपलीट करें। बिजनेसमेन को व्यापार में बढ़ोत्तरी के नए अवसर मिलेंगे। धनु राशि– सफलता प्राप्त करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी। लेखानादि-बौद्धिक कार्यों से आय के नए साधन बनेंगे। नौकरी में स्थान परिवर्तन के योग बन सकते हैं। कार्यों की जिम्मेदारियां बढ़ेंगी। किसी मित्र के सहयोग से धन लाभ के नए मार्ग खुलेंगे। पारिवारिक जीवन सुखमय व्यतीत होगा। संतान पक्ष से शुभ समाचार मिलेंगे। धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। माता-पिता के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। मकर राशि- पारिवारिक जीवन में खुशियां आएंगी। धन आगमन के नए मार्ग प्रशस्त होंगे। व्यावसायिक लाभ होगा। घर में मांगलिक कार्यों का आयोजन हो सकता है। धार्मिक कार्यों में रूचि बढ़ेगी। ऑफिस में उच्चाधिकारियों का सहयोग मिलेगा। क्रोध के अतिरेक से बचें। शांत दिमाग से फैसले लें। ऑफिस में वाद-विवाद से बचें। बिजनेस में किसी पर आंख मूदंकर भरोसा न करें। पिता के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। शैक्षिक कार्यों में भाग्य साथ देगा। नौकरीपेशा वालों को जॉब स्विच करने का अवसर मिल सकता है। कुंभ राशि- आज आपका दिन बेहद शुभ रहने वाला है। भौतिक सुख-संपदा में वृद्धि होगी। पार्टनर के साथ क्वालिटी टाइम स्पेंड करेंगे। नया बजट बनाएं। आर्थिक फैसले बड़ी होशियारी से लें। वैवाहिक जीवन सुखद रहेगा। जीवनसाथी का सपोर्ट मिलेगा। कुछ फीमेल्स को आज प्रपोजल मिल सकता है। जीवन में छोटी-मोटी चुनौतियां रहेंगी। पॉजिटिव माइंडसेट के साथ सभी टास्क कंपलीट करें। बिजनेसमेन को व्यापार में बढ़ोत्तरी के नए अवसर मिलेंगे। मीन राशि- एक्स-पार्टनर से मुलाकात हो सकती है। रिश्ते की नई शुरुआत कर सकते हैं। विद्यार्थियों को परीक्षाओं में सफलता प्राप्त होगी। कारोबारियों को आंख मूंदकर किसी पर भरोसा नहीं करना चाहिए। दोस्त की सहायता से नौकरी-कारोबार में आ रही बाधाएं दूर होंगी। धन का आवक बढ़ेगा। प्रोफेशनल लाइफ में थोड़े उतार-चढ़ाव आएंगे, लेकिन परिस्थियां जल्द ही सामान्य हो जाएंगी। recent visitors 69

भारत के सिर्फ एक कदम से बांग्लादेश को 770 मिलियन डॉलर का नुकसान होने वाला ……

नई दिल्ली पहलगाम आतंकी हमले के बाद (Pahalgam Terror Attack) के बाद भारत लगातार एक्शन मोड में है. पाकिस्तान को करारा सबक सिखाने के बाद अब सरकार के निशाने पर Pakistan का समर्थन करने वाले देश और उनसे नजदीकी रखने वाले मुल्क हैं. इनमें जहां तुर्की और अजरबैजान (Turkey-Azerbaijan) शामिल हैं, तो वहीं चीन के साथ गहरी दोस्ती निभाने वाला बांग्लादेश (Bangladesh) भी भारतीय राडार पर है. दरअसल, मोहम्मद युनूस द्वारा बीते दिनों चीन में भारत के लिए विवादित टिप्पणियां की गईं और अब वो इसकी बड़ी कीमत चुकाने वाला है. भारत के सिर्फ एक कदम से ही ड्रैगन के इस दोस्त को 770 मिलियन डॉलर या करीब 6581 करोड़ रुपये (लगभग 9,367 करोड़ बांग्लादेशी टका) का नुकसान होने वाला है. आइए समझते हैं कैसे… बांग्लादेश के लिए भारत के लैंड पोर्ट बैन सबसे पहले बात करते हैं भारत की ओर से बांग्लादेश के खिलाफ की गई इकोनॉमिक स्ट्राइक के बारे में, तो बता दें कि भारत ने बांग्लादेश के कई सामानों के लिए भारतीय लैंड पोर्ट्स को बैन (India Bans Land Port For Bangladesh) कर दिया है. भारत की ओर से यह कदम बीते 9 अप्रैल को भारत द्वारा 2020 में दी गई ट्रांसशिपमेंट सुविधा को वापस लेने के बाद उठाया गया है, जिसने बांग्लादेश को भारतीय बंदरगाहों और यहां तक ​​कि दिल्ली हवाई अड्डे के माध्यम से मध्य पूर्व और यूरोप को निर्यात करने की अनुमति दी थी. बीते शनिवार 17 मई को बांग्लादेश से आयातित कई तरह के सामानों को इन बंदरगाहों पर प्रतिबंधित कर दिया गया है, जिनमें रेडीमेड गारमेंट और प्रोसेस्ड फूड प्रोडक्ट समेत अन्य सामान शामिल हैं. विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) द्वारा शनिवार को जारी नोटिफिकेशन को देखें, तो इसमें कहा गया है कि बांग्लादेश से रेडीमेड कपड़ों का आयात अब केवल सिर्फ दो बंदरगाहों न्हावा शेवा और कोलकाता पोर्ट तक ही सीमित रहेगा, जबकि अन्य सभी लैंड पोर्ट्स से आयात प्रतिबंधित रहेगा. मतलब साफ है कि अब Bangladesh लैंड पोर्ट की बजाए सी पोर्ट के जरिए ही निर्यात कर पाएगा. GTRI ने बताया बांग्लादेश को कितना नुकसान यह कदम डायरेक्टर जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) के निर्देश के बाद उठाया गया है, जिसमें भारत सरकार ने बांग्लादेशी सामानों को लैंड पोर्ट्स पर तत्काल प्रतिबंधित कर दिया है और सिर्फ दो समुद्री-पोर्ट (Sea Ports) तक सीमित किया है. भारत की ओर से लिए गए इस एक्शन से बांग्लादेश को कितना नुकसान होने वाला है, इसे ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव (GTRI) ने एक रिपोर्ट जारी कर समझाया है. इसमें कहा गया है कि लैंड पोर्ट के माध्यम से बांग्लादेशी आयात बैन करने के भारत के फैसले से पड़ोसी मुल्क के 770 मिलियन डॉलर (लगभग 9,367 करोड़ बांग्लादेशी टका) मूल्य के सामानों पर प्रभाव दिख सकता है और ये आंकड़ा कुल द्विपक्षीय आयात (Bilateral Imports) का करीब 42 फीसदी होता है. GTRI के मुताबिक, रेडीमेड गारमेंट, प्रोसेस्ड फूड और प्लास्टिक प्रोडक्ट प्रभावित होने वाले प्रमुख सामानों में सबसे ऊपर हैं. अकेले गारमेंट्स की अगर बात करें, तो इनकी वैल्यू सालाना 618 मिलियन डॉलर है और भारतीय प्रतिबंधों के बाद ये अब केवल कोलकाता और न्हावा शेवा बंदरगाहों से होकर ही भारत में एंट्री कर सकते हैं. यानी बांग्लादेश की महत्वपूर्ण लैंड ट्रेड कॉरिडोर्स तक पहुंच कट गई है. जीटीआरआई के मुताबिक, भारत के फैसले से Bangladesh के सबसे प्रॉफिटेबल एक्सपोर्ट रूट पर गंभीर असर पड़ने वाला है. निर्यात की लागत में होगा इजाफा भारत के इस कदम से बांग्लादेश को बड़ी आर्थिक चोट कैसे लगने वाली है, इसे आसान शब्दों में इस तरह समझ सकते है कि बांग्लादेश और भारत के बीच अब तक जो भी व्यापार होता था, उसका करीब 93 फीसदी लैंड पोर्ट्स के जरिए ही होता था, लेकिन अब इन Land Ports को बंद किए जाने के बाद बांग्लादेशी प्रोडक्ट्स कोलकाता या फिर महाराष्ट्र के न्हावा शेवा बंदरगाह के जरिए ही आ सकेंगे और इसका सीधा असर बांग्लादेशी निर्यात की लागत में बढ़ोतरी के रूप में दिखेगा, जो उसके लिए भारी नुकसानदायक साबित होगा. आखिर क्यों भारत के निशाने पर बांग्लादेश बता दें कि बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) द्वारा की गई विवादास्पद टिप्पणियों के बाद भारत और बांग्लादेश के बीच संबंधों में ये तनाव देखने को मिला है और खास बात ये है कि उन्होंने ये टिप्पणियां चीन में जाकर की हैं. हाल ही में चीन के इशारे पर नाच रहे यूनुस ने वहां का दौरा किया और इस दौरान दावा किया था कि भारत के पूर्वोत्तर राज्य भूमि से घिरे हुए हैं और समुद्र तक पहुंच के लिए बांग्लादेश पर निर्भर हैं. उन्होंने बांग्लादेश को इस क्षेत्र में हिंद महासागर का एकमात्र संरक्षक बताते हुए China को अपने व्यापार मार्गों का उपयोग करने का निमंत्रण दिया. ऐसे में इसके जवाब में भारत की ओर से बांग्लादेशी सामानों के आयात के लिए पोर्ट्स बैन करने का कदम उसकी हेकड़ी निकालने की दिशा में उठाया गया. इसके अलावा अन्य कारण भी हैं, जिनके चलते भारत ने ये बड़ा एक्शन बांग्लादेश के खिलाफ लिया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले महीने ढाका द्वारा कुछ भारतीय उत्पादों पर लगाए गए इसी प्रकार के प्रतिबंधों के जवाब में ये कदम उठाया गया है. बीते साल 2024 के अंत से ही बांग्लादेश ने भारतीय सामनों पर व्यापार प्रतिबंधों को बढ़ाना शुरू कर दिया था और पिछले महीने अप्रैल 2025 में बांग्लादेश ने 5 प्रमुख लैंड पोर्ट्स के जरिए भारतीय धागे के आयात पर बैन लगाया था और इसके साथ ही दर्जनों अन्य सामानों को भी प्रतिबंधित किया था. यही नहीं ढाका द्वारा भारतीय कार्गो पर प्रति टन प्रति किलोमीटर 1.8 टका की ट्रांसिट फीस लगाने से मामला और भी जटिल हो गया था.   recent visitors 75

जर्मनी से आए बैंक के तकनीकी अधिकारी ने इस परियोजना के अंतर्गत निर्मित मंदसौर 400 केवी सबस्टेशन का निरीक्षण किया

 मंदसौर जर्मनी के के.एफ.डब्ल्यू. डेवलपमेंट बैंक के अधिकारियों ने प्रधानमंत्री कार्यालय की मॉनिटरिंग में पूरी की गई उन परियोजनाओं का निरीक्षण किया, जिन्हें ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर-1 योजना के अंतर्गत मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी द्वारा निर्धारित लक्ष्य से पूर्व सफलतापूर्वक पूर्ण किया गया था। जर्मनी से आए बैंक के तकनीकी अधिकारी वाल्टर क्लोट्ज ने इस परियोजना के अंतर्गत निर्मित मंदसौर 400 केवी सबस्टेशन का निरीक्षण किया। उन्होंने एमपी ट्रांसको द्वारा कराए गए कार्यों की उच्च गुणवत्ता और उत्कृष्ट तकनीकी तरीकों की सराहना की। अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप कार्य जर्मन प्रतिनिधि वाल्टर क्लोट्ज ने निरीक्षण के दौरान कहा कि ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर के अंतर्गत के.एफ.डब्ल्यू. डेवलपमेंट बैंक द्वारा वित्त पोषित कार्य अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप किए गए हैं और अब इनका संचालन एवं संधारण एमपी ट्रांसको की कुशल टीम द्वारा प्रभावी रूप से किया जा रहा है। सब स्टेशन का सूक्ष्म निरीक्षण क्लोट्ज ने सब स्टेशन के रखरखाव, स्काडा सिस्टम के माध्यम से डेटा मॉनिटरिंग, जैसे कार्यों का सूक्ष्म निरीक्षण कर उन्हें अत्यंत उत्कृष्ट बताया। उन्होंने स्वयं भी परिसर में वृक्षारोपण किया। निरीक्षण के दौरान के.एफ.डब्ल्यू. बैंक के भारतीय प्रतिनिधि रमन रेड्डी, एमपी ट्रांसको के वाय.आर. मांडलेकर, मनीष महावर, पंकज कुमार राय एवं राजेश भूरिया सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।   recent visitors 66