लहसुन करेगा बैड कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल, जानिए खाने का सही तरीका

लहसुन में पाए जाने वाले तत्व ओवरऑल हेल्थ के लिए काफी ज्यादा अच्छा होता है. हेल्थ को इम्प्रूव करने के लिए खाली पेट लहसुन आप आराम से खा सकते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं लहसुन खाने से बैड कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल में रहता है? अगर आपके शरीर में हद से ज्यादा बैड कोलेस्ट्रॉल बढ़ा हुआ है तो आप अपनी डाइट में लहसुन को जरूर शामिल करें. क्योंकि बैड कोलेस्ट्रॉल हार्थ हेल्थ को बुरी तरह से डैमेज कर सकती है. हार्ट हेल्थ के लिए लहसुन है फायदेमंद लहसुन, हार्ट हेल्थ के लिए काफी ज्यादा फायदेमंद होता है. लहसुन खाने से हार्ट हेल्थ अच्छा रहता है. आयुर्वेद के मुताबिक लबसुन और गुड़ बहुत अच्छा कॉम्बिनेशन होता है. दिल से जुड़ी किसी भी तरह की बीमारी से छुटकारा चाहिए तो आप इसका इस्तेमाल कर सकते हैं. कैसे खाएं लहसुन? बढ़े हुए कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल में रखना है तो आप कटोरी में लहसुन छीलकर रख दें. अब इसमें में एक चम्मच गुड़ पाउडर मिला दें. इन दोनों को अच्छे से मिला लें. लहसुन और गुड़ से बनी यह चटनी हार्ट हेल्थ के लिए अच्छी होती है. इससे कोलेस्ट्रॉल लेवल कंट्रोल में रहता है. खाली पेट खाएं चटनी हर रोज सुबह खाली पेट लहसुन और गुड़ की चटनी बनाएं और इसे खा लें. इसके बाद आप पानी पी लें. दिल से जुड़ी गंभीर बीमारी और और जानलेवा बीमारियों से बचने के लिए चटनी का इस्तेमाल करें.लहसुन और गुड़ दोनों में औषधीय गुण होते हैं. इसे खाने से गट हेल्थ इम्प्रूव होता है. साथ ही साथ पेट से जुड़ी समस्याओं से भी छुटकारा मिल सकता है. दोनों चीजों का कॉम्बिनेशन बहुत अच्छा होता है. यह स्किन हेल्थ के लिए बहुत अच्छा होता है. कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल में रखेगा डाइट आपको रोजाना सुबह ओट्स का सेवन करना चाहिए, इसकी मदद से आप कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं. इसके अलावा हरी सब्जियां जैसे पालक, मेथी, धनिया, पुदीना आदि. इन चीजों का सेवन कर आप खुद को तंदुरुस्त रख सकते हैं. कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए नट्स और बीज जैसे बादाम, अखरोट आदि का सेवन आप कर सकते हैं.इसके अलावा कुछ फल का सेवन करना बेहद जरूरी और फायदेमंद माना जाता है. आप रोजाना व्यायाम भी कर सकते हैं. इन सब चीजों को करने के बाद भी अगर आपका कोलेस्ट्रॉल स्तर कम नहीं होता है, तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें. हाई कोलेस्ट्रॉल के कारण कौन सी बीमारी हो सकती है? हाई कोलेस्ट्रॉल एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या है, जो दिल, किडनी, स्ट्रोक और अन्य समस्याओं का खतरा बढ़ा सकती है. इससे बचने के लिए आपको अपने आहार में बदलाव करने होंगे. सबसे पहले आपको कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करने के लिए संतुलित आहार का सेवन करना चाहिए आप अपनी डाइट में कुछ चीजों को शामिल कर कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं. हाई कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए आप अंडे का सेवन कर सकते हैं. इसके अलावा आप मछली और चिकन का सेवन भी कर सकते हैं इनमें प्रोटीन की मात्रा अधिक होती है जो कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करती है. recent visitors 121

यूआईडीएआई को पांच साल के लिए मिली आयकर भुगतान से छूट

नई दिल्ली  वित्त मंत्रालय ने भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) की आय को वित्त वर्ष 2027-28 तक पांच साल के लिए आयकर के भुगतान से छूट दे दी है। वित्त मंत्रालय के तहत केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने इस आशय की एक अधिसूचना जारी की है। आयकर विभाग सीबीडीटी के नियंत्रण में ही संचालित होता है। इस अधिसूचना के मुताबिक, प्राधिकरण को केंद्र सरकार से प्राप्त अनुदान/ सब्सिडी, आरटीआई शुल्क, निविदा शुल्क, कबाड़ की बिक्री, पीवीसी कार्ड सहित शुल्क/सदस्यता, सत्यापन, नामांकन और सूचनाओं को अद्यतन करने के लिए लिए जाने वाले सेवा शुल्क, सावधि जमा और बैंक जमा पर मिलने वाला ब्याज पांच साल तक आयकर से मुक्त होगा। यह अधिसूचना कर निर्धारण वर्ष 2024-2025, 2025-2026, 2026-2027, 2027-2028 और 2028-2029 के लिए लागू होगी। इसका मतलब है कि वित्त वर्ष 2023-24 से लेकर 2027-28 के दौरान प्राधिकरण को हुई आय पर कोई कर नहीं लगेगा। हालांकि, यह अधिसूचना तभी प्रभावी होगी जब यूआईडीएआई किसी भी वाणिज्यिक गतिविधि में शामिल नहीं होगा और उसकी गतिविधियां एवं निर्दिष्ट आय की प्रकृति पूरे वित्त वर्ष में अपरिवर्तित रहेगी। यूआईडीएआई देश में नागरिकों को विशिष्ट पहचान संख्या ‘आधार’ जारी करने का काम करता है। इसका गठन आधार अधिनियम, 2016 के प्रावधानों के तहत किया गया है जिसका उद्देश्य आधार अधिनियम का अनुपालन सुनिश्चित करना और अधिनियम के अनुरूप नियम और कानून बनाना है।     recent visitors 108

सरकार की महत्वपूर्ण खनिजों के विकास के लिए वित्तीय प्रोत्साहन देने की योजना

नई दिल्ली  सरकार की योजना लिथियम सहित महत्वपूर्ण खनिजों के विकास के लिए वित्तीय प्रोत्साहन देने की है।राष्ट्रीय महत्वपूर्ण खनिज मिशन पर बजट संगोष्ठी के दौरान संयुक्त खान सचिव वीना कुमारी डरमल ने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए बहुपक्षीय वित्तीय संस्थानों से कर्ज हासिल करने पर भी जोर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार महत्वपूर्ण खनिज मूल्य श्रृंखला में वैश्विक अनुसंधान एवं विकास सहयोग पर ध्यान केंद्रित करेगी। विदेशों में परिसंपत्तियों के अधिग्रहण में भारतीय सार्वजनिक तथा निजी क्षेत्र की कंपनियों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार खनन व निकासी बुनियादी ढांचे की स्थापना के लिए लक्षित सब्सिडी प्रदान करेगी। खान मंत्रालय खनिज निकालने की अवसंरचना के विकास में सहयोग के लिए विदेश मंत्रालय के साथ मिलकर काम करेगा। केंद्रीय बजट 2024-25 में घरेलू उत्पादन, महत्वपूर्ण खनिजों के पुनर्चक्रण तथा महत्वपूर्ण खनिज परिसंपत्तियों के विदेश में अधिग्रहण के लिए महत्वपूर्ण खनिज मिशन शुरू करने का प्रस्ताव किया गया था। महत्वपूर्ण खनिज मिशन का उद्देश्य घरेलू तथा विदेशी स्रोतों से खनिज उपलब्धता सुनिश्चित करके देश की महत्वपूर्ण खनिज आपूर्ति श्रृंखला को सुरक्षित करना है। इसका उद्देश्य खनिज अन्वेषण, खनन, लाभकारीकरण, प्रसंस्करण तथा पुनर्चक्रण में नवाचार, कौशल विकास व वैश्विक प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के लिए प्रौद्योगिकी, नियामकीय और वित्तीय परिदृश्य को बढ़ाकर मूल्य श्रृंखलाओं को मजबूत करना है।   recent visitors 89

प्रशासन ने शिफ्ट की मजार करीब है मंदिर, हिंदू जागरण मंच ने कार्यवाही पर उठाए सवाल

इंदौर  बियाबानी चौराहा स्थित मजार को सरकारी जमीन पर शिफ्ट करने का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया है। इसे लेकर एक जनहित याचिका प्रस्तुत हुई है। इसमें कहा है कि नगर निगम और जिला प्रशासन ने बगैर तथ्यों की जांच किए मजार को सरकारी जमीन पर शिफ्ट कर दिया। मजार की शिफ्टिंग से पहले क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति की जांच भी नहीं की गई। यह भी नहीं देखा गया कि पास ही में राम मंदिर है और राम नवमी के अवसर पर प्रतिवर्ष वहां बड़ा आयोजन होता है। याचिका में सवाल उठाया गया है कि प्रशासन बताए कि किस नियम और कानून के तहत के तहत मजार की सरकारी जमीन पर शिफ्टिंग की गई है। हाई कोर्ट में यह जनहित याचिका हिंदू जागरण मंच के संजय भाटिया ने एडवोकेट आशुतोष शर्मा के माध्यम से दायर की है। याचिका में यह कहा गया     याचिका में मजार को शासकीय भूमि से हटाने और नियम विरुद्ध कार्य करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की गई है।     बियाबानी चौराहा स्थित यह मजार लंबे समय से यातायात में बाधा बनी हुई थी।     मजार की वजह से अक्सर चौराहा पर जाम लगता था।     8 अगस्त को जिला प्रशासन ने नगर निगम की मदद से उक्त मजार को सेवालय अस्पताल के पास खाली पड़ी सरकारी जमीन पर शिफ्ट कर दिया था।     याचिकाकर्ता का कहना है कि उनका विरोध शिफ्टिंग को लेकर नहीं है।     यह विरोध मजार को शासकीय जमीन पर शिफ्ट करने को लेकर है।   recent visitors 118

अमृत उद्यान 16 अगस्त से 15 सितंबर तक जनता के लिए खुला रहेगा

नई दिल्ली राष्ट्रपति भवन परिसर में स्थित अमृत उद्यान शुक्रवार से एक महीने के लिए आम लोगों के लिए खुला रहेगा। राष्ट्रपति भवन ने यह जानकारी दी। इसके अनुसार राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की मौजूदगी में बुधवार को अमृत उद्यान को खोला गया। राष्ट्रपति भवन के बयान के अनुसार यह उद्यान शुक्रवार से 15 सितंबर तक सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक जनता के लिए खुला रहेगा। अंतिम प्रवेश शाम सवा पांच बजे तक ही होगा। इस दौरान सोमवार को रखरखाव कार्य के लिए उद्यान बंद रहेगा। बयान के मुताबिक 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर यह उद्यान खिलाड़ियों के लिए तथा पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षकों के लिए आरक्षित रहेगा। बयान के अनुसार प्रवेश के लिए पंजीकरण कराना अनिवार्य है। इस प्रसिद्ध उद्यान में प्रवेश नि:शुल्क होगा। उद्यान में नॉर्थ एवेन्यू रोड के समीप राष्ट्रपति भवन के 35 नंबर गेट से प्रवेश मिलेगा। बयान के अनुसार आंगुतकों की सुविधा के लिए केंद्रीय सचिवालय मेट्रो स्टेशन से गेट नंबर 35 तक के लिए नि:शुल्क शटल बस सेवा उपलब्ध होगी।   recent visitors 77

स्वतंत्रता दिवस पर प्रदेश की जेल से रिहा होंगे 177 बंदी, पांच महिलाएं भी शामिल

भोपाल  स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मध्यप्रदेश की जेलों में आजीवन कारावास की सजा काट रहे 177 कैदियों को रिहा कर दिया जाएगा। इन बंदियों में 05 महिलाएं भी शामिल हैं। इन बंदियों को मध्यप्रदेश शासन, जेल विभाग की रिहाई नीति-2022 के अंतर्गत सजा में छूट प्रदान की जा रही है। हालांकि रिहा होने वाले बंदियों में बलात्कार, पोक्सो आदि के प्रकरण में दंडित कोई कैदी शामिल नहीं है। जेल में मिला प्रशिक्षण जेल विभाग ने बताया कि इन बंदियों को जेल में सजा काटने के दौरान टेलरिंग, कारपेन्ट्री, लौहारी, भवन मिस्त्री, भवन सामग्री निर्माण आदि का प्रशिक्षण प्रदान किया गया है, ताकि रिहा होने के पश्चात ये जीवकोपार्जन के साधन अर्जित कर सकें। गौरतलब है कि सरकार हर साल 15 अगस्त को कुछेक कैदियों को उनके अच्छे आचरण और अन्य मापदंडों के आधार पर रिहा करती है। कहां, कितने कैदियों को मिलेगी आजादी जेल विभाग द्वारा जारी सूची के मुताबिक 15 अगस्त को सतना जेल से सर्वाधिक 24 कैदी रिहा किए जाएंगे। वहीं जबलपुर के केंद्रीय कारागार से 20 कैदियों को रिहाई मिलेगी। इसके अलावा सागर व उज्जैन की जेल से 19-19, इंदौर जेल से 18, ग्वालियर जेल से 16, भोपाल व नरसिंहपुर की जेल से 15-15, रीवा जेल से 14, बड़वानी जेल से 07, नर्मदापुरम जेल से 06 और टीकमगढ़ जेल से 04 कैदी रिहा किए जाएंगे। recent visitors 87

पीएम योजना में आईसीटी लैब की स्थापना

पीएम योजना में आईसीटी लैब की स्थापना विद्यार्थियों को दी जा रही है कम्प्यूटर की शिक्षा भोपाल प्रदेश में समग्र शिक्षा अभियान और पीएमयोजना के अंतर्गत करीब 1200 आईसीटी लैब सरकारी विद्यालयों में स्थापित की गई है। एक आईसीटी लैब की लागत 6 लाख 40 हजार है। एक लैब में 10 कम्प्यूटर स्थापित किये गये है। आईसीटी लैब के माध्यम से विद्यार्थियों को कम्प्यूटर की शिक्षा दी जा रही है। केन्द्र सरकार की स्मार्ट क्लास योजना के अंतर्गत स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा 891 सरकारी विद्यालयों में स्मार्ट क्लास बनाई गई है। एक स्मार्ट क्लास की लागत एक लाख 20 हजार रूपये है। स्मार्ट क्लास योजना में प्रत्येक सरकारी विद्यालय की दो क्लासों को स्मार्ट क्लास के रूप में विकसित किये जाने के प्रयास किये जा रहे है। इसके साथ ही स्टार्स प्रोजेक्ट के अंतर्गत प्रदेश के 52 सीएम राईज स्कूलों में रॉबोटिक्स लैब की स्थापना की गई है। समर कैम्प सीएम राईज स्कूल में पढ़ने वाले विद्यार्थियों में नेतृत्व एवं व्यक्तित्व विकास के लिये प्रदेश के 274 सीएम राईज स्कूल 30 हजार विद्यार्थियों ने और पीएम के 89 विद्यालयों के 7 हजार 500 से अधिक विद्यार्थियों ने समर कैम्प में भाग लिया। समर कैम्प के दौरान विद्यार्थियों में नेतृत्व विकास क्षमता, योग, खेल, नृत्य और गायन इत्यादि की विद्याएँ विषय विशेषज्ञों द्वारा सिखाई गई। ईको क्लब फॉर मिशन लाइफ स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों में पानी, स्वास्थ्य और विद्यालय के पर्यावरण के बीच सह संबंध की समझ विकसित करने के लिये ईको क्लब फॉर मिशन लाइफ के अंतर्गत गतिविधियां आयोजित किये जाने के लिये निर्देश दिये गये हैं। जिला शिक्षा अधिकारी को जारी किये गये निर्देश के अनुसार स्कूलों में समय-समय पर विषय विशेषज्ञों को बुलाकर पानी, स्वास्थ्य और विद्यालय के पर्यावरण के बीच सह संबंध की समझ विकसित करने के लिये व्याख्यान दिये जाने के लिये कहा गया है। इसके साथ ही विद्यालयों में सुरक्षित और स्वच्छ पेयजल का महत्व विषय पर निबंध प्रतियोगिता, साथ ही मानव स्वास्थ्य और अपशिष्ट पदार्थों के निपटान विषय पर भाषण प्रतियोगिता होंगी। यह गतिविधियां प्रत्येक शनिवार बस्ता विहीन दिवस आयोजित की जाएं।   recent visitors 109