मुख्यमंत्री डॉ. यादव बोले केवल शासकीय न बने हर घर तिरंगा अभियान

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेशवासियों से पूरे उत्साह और सबकी भागीदारी के साथ हर घर तिरंगा अभियान मनाने का आव्हान किया है। उन्होंने कहा कि यह स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों द्वारा किए गए कठिन संघर्ष और उनके बलिदान को स्मरण करने का अवसर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हर घर तिरंगा अभियान के साथ हम एक बार फिर स्वतंत्रता दिवस की वर्षगांठ मनाने जा रहे हैं। प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में भारत विश्व में अपनी पहचान बना रहा है, भारत को दुनिया का नम्बर वन देश बनाने और मध्यप्रदेश को देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए हम संकल्पित हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर घर तिरंगा अभियान को सफल बनाने के लिए प्रदेशवासियों के नाम जारी संदेश में यह बात कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हर घर तिरंगा अभियान केवल शासकीय कार्यक्रम न बने, हम सभी गलियों, मोहल्लों और कालोनियों के हर घर पर तिरंगा लहराने का प्रण लें। तिरंगा हमारे स्वाभिमान का आधार और देश को विशेष पहचान दिलाने का माध्यम है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने हर घर तिरंगा अभियान के लिए प्रदेशवासियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि आजादी के 78वें वर्ष में हमारा यह प्रयास हो कि माताओं-बहनों और युवाओं को प्रगति के अधिक से अधिक अवसर प्राप्त हों।   recent visitors 87

एक पेड़ मॉ के नाम अभियान: एम.पी. ट्रांसको के भोपाल कार्यालय में हुआ पौधारोपरण

भोपाल प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देशानुार एम.पी. ट्रांसको मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कंपनी के गोविंदपुरा भोपाल स्थित परिसर एवं भोपाल के विभिन्न एकस्ट्रा हाईटेंशन सबस्टेशनों में पौधारोपण किया गया। एक पेड़ मॉ के नाम अभियान के तहत प्रदेश भर में एम.पी. ट्रांसको के सभी 42 ट्रांसमिशन लाइन मेटेनेन्स (टी.एल.एम.), 416 एकस्ट्रा हाईटेंशन सबस्टेशनों तथा प्रदेश में एम.पी. ट्रांसकों के सभी कार्यालयों में करीब 19 हजार से अधिक पौधो का रोपण किया जा रहा है। भोपाल में हुए पौधारोपण कार्यक्रम में श्री राजेश शांडिल्य, श्री डी.एस. बिसेन, श्री जे.एन. श्रीवास्तव, श्री अतुल नावर, श्री अशोक श्रीवास्तव, श्री राजेश्वर सिंह ठाकुर, श्री अनुराग पंत, श्री विपिन खरे, श्री आशीष जैन सहित अन्य कार्मिकों ने हिस्सा लिया। recent visitors 84

जयपुर सहित राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश, रामगढ़ पचवारा में सर्वाधिक 258 मिलीमीटर वर्षा हुई

जयपुर  राजधानी जयपुर सहित कई जिलों में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है और स्कूलों में आज छुट्टी की घोषणा की गई है। राजधानी जयपुर में बीते चौबीस घंटे में रिकॉर्ड 118 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है। जयपुर में कल दोपहर बाद से ही रुक रुक कर बारिश हो रही है। कई इलाकों में सोमवार को सुबह लगभग पांच बजे शुरू हुई तेज बारिश रुक रुक कर नौ बजे तक जारी थी। इससे अनेक निचले इलाकों में पानी भर गया। भारी बारिश को देखते हुए शिक्षा विभाग की ओर से राजधानी जयपुर सहित कई जिलों में स्कूलों में सोमवार को अवकाश की घोषणा की गई है। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, सोमवार को सुबह साढ़े आठ बजे तक, बीते चौबीस घंटे के दौरान जयपुर हवाई अड्डे पर 118 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। राज्य के अनेक जिलों में कई दिन से हो रही बारिश व आगामी कई दिन मानसून सक्रिय रहने की चेतावनी के बीच मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को उच्चाधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों में हरसंभव और त्वरित राहत पहुंचाने तथा बचाव-राहत कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आपदा प्रबंधन गतिविधियों को अधिक सक्रिय बनाने के लिए निर्देश दिए। राज्य में बारिश जनित हादसों के कारण बीते चौबीस घंटे में कम से कम 14 लोगों की मौत हो चुकी है। आपदा राहत प्रबंधन विभाग के अधिकारियों के अनुसार करौली और हिंडौन में भारी बारिश के कारण अनेक जगह जलभराव की स्थिति है। मौसम विभाग का कहना है कि पूर्वी राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा संभाग के कई भागों में आगामी 4-5 दिन मानसून सक्रिय रहने तथा कहीं-कहीं भारी व कहीं-कहीं अति भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर संभाग के कई इलाकों में अगले 3-4 दिन मध्यम व कहीं-कहीं तेज बारिश होने की संभावना है। जयपुर सहित राजस्थान के कई जिलों में भारी बारिश, रामगढ़ पचवारा में सर्वाधिक 258 मिलीमीटर वर्षा हुई  राजस्थान की राजधानी जयपुर सहित राज्य के कई जिलों में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है और बीते 24 घंटे में दौसा के रामगढ़ पचवारा में सर्वाधिक 258 मिलीमीटर बारिश हुई। इस अवधि के दौरान जयपुर में रिकॉर्ड 118 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है और यह दौर अभी जारी है। जयपुर सहित कई जिलों में स्कूलों में आज छुट्टी की घोषणा कर दी गई है। राजधानी जयपुर में कल दोपहर बाद से ही रुक-रुक कर बारिश हो रही है। कई इलाकों में सोमवार सुबह लगभग पांच बजे शुरू हुआ तेज बारिश का दौर रुक-रुक कर नौ बजे तक जारी रहा जिससे कई निचले इलाकों में पानी भर गया। भारी बारिश को देखते हुए शिक्षा विभाग की ओर से जयपुर, भरतपुर, सवाई माधोपुर, करौली और दौसा सहित कई जिलों में सोमवार को स्कूलों की छुट्टी की घोषणा कर दी गई। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के जयपुर केंद्र के अनुसार सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे तक चौबीस घंटे में जयपुर हवाई अड्डे पर 118 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि में दौसा के रामगढ़ पचवारा में 258 मिलीमीटर व करौली के सापोटरा में 207 मिलीमीटर बारिश हुई जो ‘अत्यधिक भारी बारिश’ की श्रेणी में आती है। इसने बताया कि दौसा जिले में लालसोट व राउवास सहित अनेक जगह 132 से 178 मिलीमीटर, जयपुर में 126 मिलीमीटर, सवाई माधोपुर के खंडार व बोनली में कई जगह 117 से 168 मिलीमीटर बारिश हुई जो ‘बहुत भारी बारिश’ की श्रेणी मे आती है। राज्य के अनेक जिलों में कई दिन से हो रही बारिश व आगामी कई दिन मानसून सक्रिय रहने की चेतावनी के बीच मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को उच्चाधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने प्रभावित क्षेत्रों में हरसंभव और त्वरित राहत पहुंचाने तथा बचाव-राहत कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आपदा प्रबंधन गतिविधियों को अधिक सक्रिय बनाने के लिए निर्देश दिए। राज्य में बारिश जनित हादसों के कारण बीते चौबीस घंटे में कम से कम 14 लोगों की मौत हो चुकी है। आपदा राहत प्रबंधन विभाग के अधिकारियों के अनुसार करौली और हिंडौन में भारी बारिश के कारण अनेक जगह जलभराव की स्थिति है। मौसम विभाग का कहना है कि पूर्वी राजस्थान के जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा संभाग के कई भागों में आगामी 4-5 दिन मानसून सक्रिय रहने तथा कहीं-कहीं भारी व कहीं-कहीं अति भारी बारिश होने की प्रबल संभावना है। पश्चिमी राजस्थान के बीकानेर संभाग के कई इलाकों में अगले 3-4 दिन मध्यम व कहीं-कहीं तेज बारिश होने की संभावना है।   recent visitors 126

नशे को जड़ से समाप्त करने का अभियान अनवरत जारी रहेगा: उप-मुख्यमंत्री शुक्ल

रीवा को नशामुक्त बनाकर सुनहरे भविष्य की ओर बढ़ने का लें संकल्प भोपाल उप-मुख्यमंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि नशे को जड़ से समाप्त करने का अभियान अनवरत जारी रहेगा। नशे के अपराध में लिप्त लोगों को जेल भेजा जाएगा। नशे से दूर रहने के लिए लोगों के जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नशा-सुधार केन्द्रों में नशे की लत से छुटकारा दिलाने का कार्य किया जाएगा। उप-मुख्यमंत्री श्री शुक्ल रीवा के कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम में नशामुक्त भारत अभियान कार्यक्रम में शामिल हुए। उप-मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि रीवा विकास की मुख्य धारा से जुड़ रहा है। आने वाली पीढ़ी यदि नशे में रहेगी तो विकास के फल का स्वाद उसे नहीं मिल पाएगा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बच्चे शामिल हो रहे हैं जिनके माध्यम से आने वाली पीढ़ी को नशे से दूर रहने का संदेश पहुंचेगा। अभियान चलाकर नशे को जड़ से समाप्त करने का कार्य किया जा रहा है। रीवा जिले को नशामुक्त बनाने के लिए पुलिस विभाग द्वारा सक्रियता से कार्य किया जा रहा है। गत दिनों मेडिकल नशे की बड़ी खेप को पकड़कर अपराधियों को जेल भेजा जा चुका है। उप-मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने आह्वान किया कि सभी नागरिक रीवा को नशामुक्त बनाकर सुनहरे भविष्य की ओर आगे बढ़ने का संकल्प लें। इस कार्य में सभी की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उप मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर नशामुक्ति की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से नशे की बुराईयों के प्रति जागरूक कर नशे के प्रतिषेध का संदेश दिया गया। सांसद श्री जनार्दन मिश्र, कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल, अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती नीता कोल, अध्यक्ष नगर निगम श्री व्यंकटेश पाण्डेय, कमिश्नर रीवा संभाग श्री बीएस जामोद, आईजी श्री एमएस सिकरवार, डीआईजी श्री एसपी पाण्डेय सहित विभागीय अधिकारी, छात्र-छात्राएं, खिलाड़ी, स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि तथा बुद्धजीवी उपस्थित रहे। recent visitors 69

भूस्खलन प्रभावित वायनाड में तलाशी अभियान फिर शुरू, 150 अभी भी लापता

वायनाड केरल के वायनाड जिले में भूस्खलन की घटनाओं में अपना सब कुछ खो चुके लोगों के सरकारी दस्तावेज उन्हें दोबारा दिलाने के लिए सोमवार को आपदा प्रभावित क्षेत्रों में एक विशेष शिविर शुरू किया गया। लापता लोगों की खोज के लिए भी अभियान जारी है। स्थानीय स्वशासन विभाग, जिला प्रशासन और केरल सूचना प्रौद्योगिकी मिशन द्वारा संयुक्त रूप से प्रमाणपत्र/दस्तावेज दिलाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है जिसके तहत यहां मेप्पाडी के चुनिंदा स्कूलों में ये शिविर आयोजित किए गए हैं। जिलाधिकारी ने सोमवार को सोशल मीडिया मंच ‘फेसबुक’ पर पोस्ट कर कहा कि भूस्खलन में जीवित बचे लोगों के लिए शिविरों में व्यवस्था की जा रही है ताकि वे अपने खोए हुए दस्तावेज या प्रमाण पत्र हासिल कर सकें। ये लोग या तो शिविरों या अन्य स्थानों पर आश्रय लिये हुए हैं। इस बीच, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), पुलिस, अग्निशमन दल, नागरिक सुरक्षा दल, वन विभाग और बचाव स्वयंसेवकों की 190 सदस्यीय टीम ने आज सुबह आपदा प्रभावित क्षेत्र के पांच इलाकों में तलाशी अभियान फिर से शुरू किया। मुंडक्कई और चूरलमाला क्षेत्रों में भारी बारिश के बाद लापता लोगों की तलाश का अभियान रविवार को रोक दिया गया था। राज्य सरकार के अनुसार, भूस्खलन में 229 लोगों की जान चली गई, जबकि 130 से अधिक लोग अभी भी लापता हैं। उन्होंने बताया कि बरामद किए गए कुल शवों में से 51 की पहचान अभी नहीं हो पाई है।     recent visitors 119

HWPL विश्व शांति शिखर सम्मेलन, 10वीं वर्षगांठ शांति के लिए वैश्विक प्रतिबद्धता के एक दशक का जश्न

भोपाल सियोल, दक्षिण कोरिया – 18 सितंबर, 2024 को, HWPL विश्व शांति शिखर सम्मेलन की 10वीं वर्षगांठ दक्षिण कोरिया और दुनिया भर के लगभग 50 देशों में विभिन्न स्थानों पर मनाई जाएगी। 'क्षेत्रीय सहयोग के माध्यम से विश्व शांति समुदाय का निर्माण' विषय के तहत, यह कार्यक्रम वैश्विक नेताओं और नागरिकों की शांति के प्रति प्रतिबद्धता को याद करता है जो एक दशक तक चली, साथ ही वैश्विक सद्भाव को बढ़ावा देने के लिए भविष्य की रणनीतियों पर भी नज़र रखता है। 2014 में, स्वर्गीय संस्कृति, विश्व शांति, प्रकाश की बहाली (HWPL), एक अंतरराष्ट्रीय शांति संगठन, ने राजनीति, धर्म, महिला समूहों, युवा संगठनों और मीडिया से लगभग 140 देशों के एक हजार से अधिक वैश्विक नेताओं को सियोल में HWPL विश्व शांति शिखर सम्मेलन के उद्घाटन के लिए बुलाया। शिखर सम्मेलन ने संघर्ष समाधान, धार्मिक सद्भाव और स्थायी शांति सुनिश्चित करने के लिए कानूनी साधनों के कार्यान्वयन के मुद्दों को संबोधित किया। HWPL ने कहा कि वर्षगांठ का उद्देश्य 2014 से उपलब्धियों की समीक्षा करना और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा करना है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य क्षेत्रीय प्रतिभाओं को इकट्ठा करना और स्थानीय शांति खतरों से निपटने और सामूहिक क्षमताओं का दोहन करने के लिए क्षेत्रीय नेटवर्क को मजबूत करने, अनुरूप शांति रणनीतियों के लिए आवश्यक नेटवर्क स्थापित करना है। इसे प्राप्त करने के लिए, प्रत्येक देश में विभिन्न स्तरों पर विभिन्न सत्र आयोजित किए जाएंगे। "आइए सभी लोग शांति के दूत बनें" नारे के तहत, HWPL सभी स्तरों पर शांति को बढ़ावा देने में व्यक्तिगत जिम्मेदारी की वकालत करता है। HWPL की योजना दुनिया भर के लोगों से शांति के संदेश एकत्र करने और उन्हें इस कार्यक्रम में प्रकट करने की है, जो शांति के नाम पर दुनिया भर के सभी क्षेत्रों के लोगों की शांति और एकता की इच्छा का प्रतिनिधित्व करता है। 2014 में हस्ताक्षरित समझौतों से प्रेरित होकर, पिछले एक दशक में, HWPL, अपने वैश्विक भागीदारों के साथ, क्षेत्रीय सहयोग और सामूहिक कार्रवाई के माध्यम से सैन्य तनाव, आर्थिक विवाद, जलवायु परिवर्तन और साइबर सुरक्षा खतरों जैसी वैश्विक चुनौतियों का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है। HWPL अंतरराष्ट्रीय संगठनों, सरकारों और नागरिक समाजों को जोड़ते हुए एक मजबूत शांति शासन ढांचा स्थापित करने के लिए समर्पित है। 2023 में 9वीं वर्षगांठ पर, HWPL के अध्यक्ष ली मान-ही ने कहा, "क्यों युवा लोगों के जीवन की बलिदानी युद्ध में हो? राजनीति क्या है और यह किसके लिए है? जब युद्ध छिड़ता है, तो युवा लोगों की जान जाती है। शांति केवल शब्दों से हासिल नहीं की जा सकती। अगर इस दुनिया में शांति की जीत होती, तो कोई अफसोसजनक मौत नहीं होती। हमें वैश्विक समुदाय के लिए शांति को विरासत के रूप में छोड़ना चाहिए, जहां हमारे वंशज रहेंगे। recent visitors 91

एक माह से फरार मुख्य आरोपी गिरफ्तार, राजस्थान-सिरोही में हाईवे पर बस में डकैती

सिरोही. आबूरोड सदर पुलिस द्वारा ओर फोरलेन हाईवे पर एक महीने पूर्व ट्रेवल्स बस में डकैती के मामले में वांछित मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। वह घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था।आबूरोड सदर पुलिस थानाधिकारी राजीव भादू की अगुवाई में टीम ने निचलागढ़ पीएस आबूरोड सदर निवासी दिनेश पुत्र सिंघाराम गरासिया को गिरफ्तार किया है। गौरतलब है कि गत माह 10 जुलाई 2024 की रात में मुख्य आरोपी ने अपने पांच अन्य सहयोगियों के साथ वारदात को अंजाम दिया था। फोरलेन हाईवे पर खराब हुई एक निजी ट्रेवल्स बस में सवार यात्रियों के साथ मारपीट की थी। साथ ही उनके मोबाइल फोन और अन्य सामान लूटकर फरार हो गए थे। इस दौरान उन्होंने बस पर पथराव भी किया था। इस मामले में परिवादी भुवनेश दिवाकर ने रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। घटना के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। रात में ही पिंडवाड़ा एवं सरूपगंज थानों से पुलिसकर्मी बुलाकर संदिग्ध लोगों की तलाश में उनके ठिकानों पर दबिश दी गई। इसके साथ ही अलग-अलग टीमें गठित की गई। घटनास्थल का तकनीकी अनुसंधान एवं विश्लेषण किया गया। पिछले वर्षों में चोरी, नकबजनी तथा लूट में चालानशुदा अपराधियों की व्यू की जाकर ठिकानों का पता लगाया गया। साथ ही करीब एक सौ संदिग्ध लोगों से पूछताछ की गई। recent visitors 115