बबीता ने बताया- एक तरफ कांग्रेस, आप पार्टी जैसे दलों ने इसे साजिश करार दिया तो वहीं भाजपा ने इस पर दुख जताया

नई दिल्ली भारत की दिग्गज महिला पहलवान विनेश फोगाट को ओलंपिक के गोल्ड मेडल मुकाबले में बुधवार को करारा झटका लगा था। उन्हें महज 100 ग्राम वजन अधिक होने के चलते बाहर कर दिया गया था। इसे लेकर तरह-तरह के दावे भी शुरू हो गए थे और राजनीतिक आरोपों का दौर भी चला। एक तरफ कांग्रेस, आम आदमी पार्टी जैसे दलों ने इसे साजिश करार दिया तो वहीं भाजपा ने इस पर दुख जताया। खुद पीएम नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर विनेश फोगाट को चैंपियनों का चैंपियन बताया था। वहीं कांग्रेस के भूपिंदर सिंह हुड्डा ने तो यहां तक कहा कि अगर हमारे पास एक राज्यसभा सीट होती तो विनेश तो भेज देते। इससे ज्यादा क्या सम्मान होगा। हुड्डा की इस बात का उनके सांसद बेटे दीपेंदर सिंह हुड्डा ने समर्थन किया था। उन्होंने कहा था कि मैं हरियाणा के सभी दलों से आग्रह करूंगा कि वे एकमत होकर इस पर गंभीरता से विचार करें। वहीं इस पोस्ट पर विनेश फोगाट की चचेरी बहन ने हुड्डा फैमिली पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि आप लोग आपदा में राजनीतिक अवसर तलाश रहे हैं। बबीता फोगाट ने एक्स पर लिखा, 'आपदा में राजनीतिक अवसर ढूंढना कोई कांग्रेस से सीखे!एक ओर देश व विनेश ओलंपिक में अयोग्य घोषित होने के सदमे से उभर नहीं पा रहा है। दूसरी ओर दीपेंद्र जी आप और आपके पिता जी ने विनेश की हार के ऊपर राजनीति करना शुरू कर दिया है।' इसके आगे बबीता फोगाट लिखती हैं, 'विनेश चैंपियनों की चैंपियन है और कांग्रेस पार्टी राजनीति का चैंपियन जिन्हे खिलाड़ियों के दर्द से भी कोई फर्क नहीं पड़ता। यह बहुत ही शर्मनाक और चिंताजनक है।' बबीता फोगाट 2019 में भाजपा में शामिल हो गई थीं और उन्होंने विधानसभा का चुनाव भी लड़ा था, लेकिन उन्हें हार मिली थी। बबीता फोगाट के पिता महावीर सिंह फोगाट भी उनके साथ भाजपा में शामिल हुए थे। गौरतलब है कि विनेश फोगाट कुछ महीने पहले हुए पहलवानों के आंदोलन में शामिल थीं, जो कुश्ती महासंघ के तत्कालीन अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ हुआ था। इसी के चलते उन्हें लेकर राजनीति भी होती रही है। recent visitors 109

उद्यमियों और उद्योगों को प्रोत्साहन-सहायता और मार्गदर्शन उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि अपनी उद्यमशीलता, परिश्रम, व्यवस्थित कार्य पद्धति और मानव मूल्यों को समाहित करते हुए सबको साथ लेकर चलने की क्षमता के परिणाम स्वरुप ही, भारत विश्व में सदियों से सोने की चिड़िया के रूप में विख्यात रहा है। विश्व में हमारी यह पहचान भारत की उद्यमशीलता, बौद्धिकता, कल्पनाशीलता और व्यावसायिक निपुणता की परिचायक है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने उपलब्ध संसाधनों और बौद्धिक क्षमता के बल पर देश को विश्व की पहली 5 अर्थव्यवस्थाओं में स्थान दिलाया है, यह प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व और विजन का परिणाम है। इस उपलब्धि में उद्योगपतियों का भी विशेष योगदान है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बेंगलुरु में आयोजित इन्वेस्ट मध्यप्रदेश : इन्टरेक्टिव सेशन ऑन इन्वेस्टमेंट अर्पोच्यूनिटीज इन मध्यप्रदेश के संवाद-सत्र को संबोधित कर रहे थे। "एडवांटेज एमपी" फिल्म का हुआ प्रदर्शन मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बैंगलुरू में इन्वेस्ट मध्यप्रदेश के दूसरे दिन इन्टरैक्टिव सेशन का दीप प्रज्जवल और तुलसी के पौधे में जल अर्पित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर मणिपाल समूह के अध्यक्ष श्री मोहनदास पाई, ग्रीनको ग्रुप के अध्यक्ष श्री अनिल चलमाशेट्टी, लैप इंडिया के मुख्य परिचालन एवं प्रौद्योगिकी अधिकारी डॉ. शिववेंकट रमानी साथ थे। मध्य प्रदेश सीआईआई के उपाध्यक्ष एवं प्रबंध संचालक इन्फ़ोबींस लिमिटेड श्री सिद्धार्थ सेठी ने मध्य प्रदेश में निवेश के अवसरों और उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण पर प्रकाश डाला। उद्योगपतियों को राज्य में उद्योग स्थापित करने के लिए निवेश की सुविधाओं की जानकारी देती फिल्म-"एडवांटेज-एमपी" का प्रदर्शन किया गया। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में देश, प्रगति पथ पर है अग्रसर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बदलते परिदृश्य में देश के सम्मुख अनुकूल अवसर होने के साथ चुनौतियां भी विद्यमान हैं। अपनी क्षमताओं के आधार पर यह विश्वास है कि हमारा भविष्य उज्ज्वल है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में तीसरी बार बनी केन्द्र सरकार के मार्गदर्शन में देश प्रगति के पथ पर निरंतर अग्रसर है। उचित मार्गदर्शन, अद्यतन तकनीक के उपयोग, आगे बढ़ने की इच्छा शक्ति, लगन और परिश्रम के साथ नवीन अनुसंधान की परंपरा के बल पर भारत औद्योगिक केंद्र के रूप में विश्व में अपना स्थान बना रहा है। देश में आरंभ नवीन स्टार्ट-अप भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। सभी को प्रोत्साहन और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना भारत की रही है परंपरा मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत में पुरुषार्थ और पराक्रम की परंपरा रही है। शासन व्यवस्था द्वारा सभी को प्रोत्साहन और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने की परंपरा के निर्वहन के प्रतीक स्वरूप ही विक्रम संवत की शुरूआत हुई। भारतीय परंपरा में शासन का स्वरूप सहायता प्रदान करने का रहा है, जो जिस क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहता है उसे मदद उपलब्ध कराने से ही उद्यमशीलता आरंभ होती है और व्यक्ति की क्षमता-दक्षता और परिश्रम का लाभ संपूर्ण समाज को मिलता है। भारत में विद्यमान इस व्यवस्था के परिणाम स्वरुप ही भारतीय संस्कृति का विश्व में सदैव मान- सम्मान रहा। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार द्वारा जो उद्यमी और उद्योग जिस क्षेत्र में आगे बढ़ने के इच्छुक हैं, उन्हें प्रोत्साहन स्वरूप उपयुक्त सहायता व मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके परिणाम स्वरूप प्रदेश में सभी सेक्टरों में समान रूप से प्रगति हुई है। सरकार व्यापार-व्यवसाय के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं करने के लिए तत्पर है। मध्यप्रदेश उद्योग और निवेश के लिए उद्योगपतियों को आमंत्रित कर रहा है। उद्योगपतियों द्वारा मध्यप्रदेश में किया गया निवेश निश्चित ही अधिकाधिक रिटर्न देगा। आईटी, ऊर्जा, पर्यटन, खाद्य प्र-संस्करण सहित सभी क्षेत्रों में है पर्याप्त संभावनाएं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश वर्तमान में सरप्लस एनर्जी स्टेट के रूप में जाना जाता है, ऊर्जा उत्पादन में 23% नवकरणीय ऊर्जा का योगदान है। आईटी, ऊर्जा के साथ ही पर्यटन में भी पर्याप्त संभावनाएं हैं। धार्मिक, स्वास्थ्य, पर्यटन के साथ ही शिक्षा, एमएसएमई, खाद्य प्र-संस्करण के क्षेत्र में पर्याप्त संभावनाएं हैं। कृषि में मध्यप्रदेश का सर्वाधिक ग्रोथ रेट रहा है। देश में गेहूँ के सर्वाधिक उपार्जन के साथ ही मध्यप्रदेश दलहन उत्पादन में भी अग्रणी है। इसके साथ ही उद्यानिकी क्षेत्र में भी प्रदेश ने अल्प समय में बहुत अधिक प्रगति की है। प्रदेश में सभी क्षेत्रों में उद्योग स्थापित करने की पर्याप्त संभावनाएं हैं। देश की 4 बड़ी कंपनियों के साथ हुए एमओयू मुख्यमंत्री डॉ. यादव की उपस्थिति में मध्यप्रदेश इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड और इंडिया इलेक्ट्रॉनिक्स सेमीकंडक्टर एसोसिएशन (आईईएसए), टाई ग्लोबल, इलेक्ट्रॉनिक इंडस्टरीज एसोसिएशन ऑफ़ इंडिया (ईएलसीआईएनए)और एसोसिएशन ऑफजियो स्पेशियल इंडस्ट्रीज (एजीआई) के मध्य एमओयू पर हस्ताक्षर भी हुए।  recent visitors 124

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 अगस्त को उद्यमी सम्मेलन सह रक्षाबंधन कार्यक्रम में प्रदेश की महिला उद्यमियों से संवाद करेंगे

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 13 अगस्त को उद्यमी सम्मेलन सह रक्षाबंधन कार्यक्रम में प्रदेश की महिला उद्यमियों से संवाद करेंगे। कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर भोपाल में होने वाले इस कार्यक्रम में प्रदेश की 500 से अधिक महिला उद्यमी बहनें शामिल होंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के साथ महिला उद्यमी अपने अनुभव भी साझा करेंगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव उद्यमियों को अनुदान भी वितरित करेंगे। सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम मंत्री श्री चेतन्य कुमार काश्यप भी कार्यक्रम में सम्मिलित होंगे। कार्यक्रम का सीधा प्रसारण क्षेत्रीय टीवी न्यूज चैनल और सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर किया जायेगा। सचिव एमएसएमई डॉ. नवनीत मोहन कोठारी ने बताया कि महिला सशक्तिकरण के राज्य सरकार के संकल्प को पूरा करने के लिये यह आयोजन किया जा रहा है। इसमें सफल महिला स्टार्ट-अप के साथ महिला संगठनों के प्रतिनिधियों द्वारा भी अपने अनुभव साझा किये जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव कई इकाइयों का भूमि-पूजन और लोकार्पण भी करेंगे। महिला उद्यमी सम्मेलन में मध्यप्रदेश एसोसिएशन ऑफ वूमेन इंटरप्राइजेज, फिक्की, सीआईआई का इंडियन वूमेन नेटवर्क, लघु उद्योग भारती, डिक्की, बी.आई.सी.बी.आई., पीएचडी चेंबर, बीएनआई और आईएम स्टार्ट-अप संगठन की महिला उद्यमी और पदाधिकारी शामिल होंगे।   recent visitors 93

जनदर्शन कार्यक्रम में किया वितरण, छत्तीसगढ़-मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने तीन दिव्यांगों को दीं ई-ट्राई साइकिल

रायपुर. मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज निवास कार्यालय में आयोजित जनदर्शन कार्यक्रम के दौरान तीन दिव्यांगों को बैटरी चलित मोटराइज्ड ट्राई साइकिल प्रदान की। इस अवसर पर दिव्यांग कोमल लहरे, सना परवीन, और ठगिया साहू ने मुख्यमंत्री श्री साय का आभार व्यक्त किया। रायपुर जिले के चौरसिया कॉलोनी की 18 वर्षीय सना परवीन, ग्राम सेरीखेड़ी की निवासी कोमल लहरे, और धमतरी जिले के ग्राम कचना के निवासी ठगिया साहू को पहले आने-जाने के लिए अपने परिजनों या किसी अन्य व्यक्ति का सहारा लेना पड़ता था। मोटराइज्ड ट्राई साइकिल मिलने के बाद अब उन्हें गांव के भीतर और बाहर आने-जाने में और अपने कामों को पूरा करने में सुविधा होगी। दिव्यांग कोमल लहरे ने बताया कि उनके पास पहले एक ट्राई साइकिल थी, जो अब खराब हो चुकी है। आज जनदर्शन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री द्वारा बैटरी चलित ट्राई साइकिल मिलने से अब उन्हें अपने व्यवसाय के जरिए अपनी आर्थिक स्थिति सुधारने का मौका मिलेगा। वे ग्राम सेरीखेड़ी में आलू-प्याज बेचकर अपना जीवनयापन करते हैं। समाज कल्याण विभाग द्वारा 80 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले तीनों व्यक्तियों को ऑटोमेटिक ट्राई साइकिल प्रदान की गई है, ताकि वे अपने रोजमर्रा के कार्यों को सरलता से कर सकें और स्व-रोजगार के माध्यम से अपना जीवनयापन कर सकें। recent visitors 117

सीएम मान को पंजाब में तिरंगा नहीं फहराना चाहिए क्योंकि पंजाब भारत का हिस्सा नहीं: खालिस्तानी समर्थक पन्नू

चंडीगढ़ सिख फॉर जस्टिस के आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को धमकी दी है। खालिस्तानी समर्थक पन्नू ने कहा कि सीएम भगवंत मान को पंजाब में तिरंगा नहीं फहराना चाहिए क्योंकि पंजाब भारत का हिस्सा नहीं है। भारत के तिरंगे के नेतृत्व में सिखों के साथ नस्लकुशी हुई और आज पंजाब के किसानों के साथ बेइन्साफी हो रही है। पंजाब के लोगों को उकसाने वाले आतंकी पन्नू ने वीडियो जारी कर कहा कि 15 अगस्त सिख पंथ और पंजाब की आजादी का दिवस नहीं है। भगवंत मान जालंधर में तिरंगा फहरा रहे हैं। इस तिरंगे के नीचे हमारे सिखों की नस्लकुशी हुई है। हमारे राज्य के सिख किसानों की खुदकुशी की जिम्मेदार भगंवत मान की सरकार है। जो तिरंगा फहराने से रोकेगा, एक करोड़ दूंगा आतंकी पन्नू ने कहा कि 15 अगस्त को भगवंत मान को तिरंगा फहराने से रोका जाएगा। जो ऐसा करेगा, सिख फार जस्टिस 1 करोड रुपए उसे देगा, जो मुख्यमंत्री भगवंत मान को तिरंगा चढ़ाने से रोकेगा।भगवंत मान ही पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह है। ये 15 अगस्त पंजाब और सिख पंथ की आजादी का दिवस नहीं है। पंजाब को भारत से अलग करने की साजिश आतंकी पन्नू बार बार भारत के खिलाफ जहर उगलता रहता है और खलिस्तान का समर्थन करता है। पन्नू बीते साल कनाडा में मारे गए आतंकी हरदीप सिंह निज्जर का साथी है। निज्जर की हत्या के बाद से ही पन्नू लगातार देश विरोधी बयान देता है और देश के विभिन्न शहरों में आतंकवाद के समर्थन में नारे लिखवाता है। गौरतलब है कि पंजाब को भारत से अलग करने के लिए पन्नू ने रेफरेंडेम 2020 भी शुरू कर रखा है। जिसमें वे सिखों को उकसा वोटिंग करवा रहा है। भारत सरकार ने 2019 में आतंकी गतिविधियां चलाने के आरोप में गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम के तहत पन्नू के संगठन सिख फॉर जस्टिस पर बैन लगा दिया था। केंद्र सरकार ने 1 जुलाई 2020 को पन्नू को आतंकी घोषित किया था। recent visitors 109

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा- मध्यप्रदेश और कर्नाटक का भाई-भाई का संबंध : निवेश के लिए आमंत्रित हैं

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि गूगल क्लाउड ने कुशल कार्यबल को बढ़ाने के लिए मध्यप्रदेश में स्टार्टअप हब और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना का प्रस्ताव दिया है। तेजस विमान के निर्माता हिन्दुस्तान ऐरोनाटिक्स लिमिटेड से मध्यप्रदेश में रक्षा संबंधी उद्योग स्थापना के संबंध में चर्चा हुई है, जिसके सकारात्मक परिणाम आने की संभावना है। इसी प्रकार एन वीडिया ने मध्यप्रदेश को 'भारत की इंटेलिजेंस राजधानी' के रूप में स्थापित करने के लिए ब्लू प्रिंट तैयार करने का सुझाव दिया है। बेंगलुरू में इन्वेस्ट मध्यप्रदेश सत्र के अंतर्गत इन्वेस्टमेंट अर्पोच्यूनिटिज इन मध्यप्रदेश के इंटरेक्टिव सत्र में प्रदेश में लगभग 3200 करोड़ रूपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, इससे लगभग रोजगार के 7 हजार अवसर सृजित होंगे। यह दौरा निवेश की दृष्टि से सकारात्मक रहा। मध्यप्रदेश और कर्नाटक का भाई-भाई का संबंध है, दोनों राज्यों में एक सा वातावरण है। कर्नाटक में व्यापार, व्यवसाय और उद्योग संचालकों को अपनी गतिविधियों के विस्तार के लिए और स्थान मिले, इसी उद्देश्य से इन्वेस्ट मध्यप्रदेश कार्यक्रम कर्नाटक में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बेंगलुरू में हुए इन्वेस्ट मध्यप्रदेश के इंटरेक्टिव सत्र के बाद पत्रकार वार्ता में यह जानकारी दी। मध्यप्रदेश और कर्नाटक के संबंध समय के साथ अधिक समृद्ध व प्रगाढ़ होंगे मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बेंगलुरू में प्राप्त निवेश प्रस्तावों के सकारात्मक परिणाम, 28 अगस्त को ग्वालियर में होने वाली रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में दिखेंगे। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में निवेश आमंत्रित करने के लिए राज्य सरकार ने अलग-अलग राज्यों में जाकर वहाँ के उद्यमियों और उद्योगपतियों से चर्चा की योजना बनाई थी। इस दिशा में ठोस परिणाम सामने आ रहे हैं। आशा है कर्नाटक के साथ बने संबंध समय के साथ अधिक समृद्ध व प्रगाढ़ होंगे। इन्वेस्ट मध्यप्रदेश में कर्नाटक सहित अन्य राज्यों के 500 से अधिक प्रतिभागियों ने की भागीदारी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि आईटी कंपनियों की ख्यातिनाम संस्था नैसकॉम और स्पेस टेक्नोलॉजी सेक्टर के प्रतिनिधियों तथा इन्फोसिस, काग्निज़ेंट, टीसीएस, हैपियस माइन्स और सैप इत्यादि के साथ प्रदेश में आईटी के विकास और उनके भविष्य की योजनाओं के संबंध में चर्चा हुई, जिसके सकारात्मक परिणाम आने की संभावना है। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में कर्नाटक सहित आसपास के राज्यों के 500 से अधिक प्रतिभागियों ने भागीदारी की। लैप इंडिया, रिलायंस कंज्यूमर, डीएचएल ग्लोबल, टेक महिंद्रा, माइक्रोसॉफ्ट, केनेस टेक्नोलॉजी, किर्लोस्कर सिस्टम्स सहित 30 से अधिक प्रमुख उद्योगपतियों से वन-टू-वन मीटिंग की गई। ब्रिटेन, इटली, फ्रांस, ऑस्ट्रेलिया, स्विट्जरलैंड सहित कई देशों के प्रतिनिधि हुए शामिल मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि इन्वेस्ट मध्यप्रदेश में ऑस्ट्रेलिया, स्विट्जरलैंड, इटली और फ्रांस के महावाणिज्यकों के साथ-साथ ब्रिटेन के उप उच्चायुक्त और फिनलैंड, पोलैंड, कंबोडिया, मोरक्को, पेरू, ट्यूनीशिया, नामीबिया, स्पेन के मानद वाणिज्यिक दूत शामिल हुए। इसके साथ ही कार्यक्रम में नैसकॉम, कनफ़ेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्रीज, आइएसा, एक्लिना, टाई, सीआईएमआई, कसिआ, फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेशन, एपेरल एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल और फेडरेशन ऑफ कर्नाटक चैम्बर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधि शामिल हुए। प्रदेश में निवेश के लिए प्रस्तुतिकरण, राउंट टेबल मीटिंग के साथ अनुभवों का हुआ आदान-प्रदान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि प्रदेश में निवेश के लिए वातावरण बनाने के उद्देश्य से कार्यक्रम में राज्य शासन की ओर से औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, साइंस एवं टेक्नोलॉजी, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग और पर्यटन के क्षेत्र में प्रदेश में विद्यमान संभावनाओं, सुविधाओं और प्रोत्साहन व सहयोग नीतियों पर प्रस्तुतिकरण दिया गया। मध्यप्रदेश इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कार्पोरेशन द्वारा आईटी सेक्टर में इंडिया इलेक्ट्रॉनिक्स सेमीकंडक्टर एसोसिएशन, टाई ग्लोबल, इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ऑफ इंडिया और एसोसिएशन ऑफ जियो स्पेशियल इंडस्ट्रीज के साथ एम.ओ.यू. संपादित किए गए। इन्वेस्ट मध्यप्रदेश के अंतर्गत स्पेस टेक्नोलॉजी सेक्टर, ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स, आईटी-आईटीईएस व ईएसडीएम सेक्टर तथा एपेरल इंडस्ट्री के साथ राउंड टेबल बैठकें की गईं। कार्यक्रम में मनिपाल ग्रुप के श्री मोहनदास पाई, लैप इंडिया के चीफ ऑपरेशन ऑफीसर श्री शिव वेंकटरामानी और इन्फ़ोबीन्स के एमडी श्री सिद्धार्थ सेठी ने अपने अनुभव साझा किए।   recent visitors 84

जीसीसी के लिए संवाद का क्रम लगातार रहेगा जारी: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (जीसीसी) को स्थापित एवं विकसित करने के लिए हर संभव मदद और सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव बैंगलुरू में इन्वेस्ट मध्यप्रदेश रोड-शो के दौरान जीसीसी पर राउंडटेबल मीटिंग को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योगपतियों और इन्वेस्टर्स को आश्वस्त किया कि बैंगलुरू जैसे टियर-1 शहर की सभी आवश्यकताएं एवं अनुकूलता प्रदेश के विभिन्न शहरों में विकसित की जाएगी। जीसीसी एवं उसके लिए आवश्यक सभी क्षेत्रों में समान रूप में अधोसंरचना और सुविधाओं का विकास किया जाएगा, जिससे कि प्रदेश के जीसीसी को स्थापित होने के लिए अनुकूल ईको-सिस्टम मिल सकें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जीसीसी को प्रदेश में स्थापित करने के लिए उद्योगपतियों से लगातार संवाद का क्रम जारी रहेगा। राउंड-टेबल मीटिंग में जीसीसी की स्थापना, अनुकूलता, संभावना और निवेश पर विस्तृत चर्चा की गई। बैंगलुरू एवं देशभर से प्रसिद्ध जीसीसी कंपनी के प्रतिनिधियों ने जीसीसी के लिए आवश्यक टैलेंट बिल्डिंग, अधोसंरचना, निवेश, इको सिस्टम, कोलेब्रशन, कनेक्टिविटी, रोजगार के अवसर विकसित करने संबंधी विचार रखे और आवश्यक सुझाव दिए। मीटिंग में विभिन्न उद्योगपतियों सहित प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहें।   recent visitors 94