भारी बारिश और बाढ़ के कारण सूडान में कम से कम 32 की मौत, 107 घायल

खार्तूम  सूडान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि देश के कई हिस्सों में हुई मूसलाधार बारिश और बाढ़ के कारण कम से कम 32 लोगों की मौत हो गई और 107 अन्य घायल हो गए। अल-फादिल मोहम्मद महमूद ने  एक बयान में कहा, “बारिश और बाढ़ से सात राज्य प्रभावित हुए हैं और 5,575 घर क्षतिग्रस्त हुए हैं।” समाचार एजेंसी शिन्हुआ के अनुसार, उन्होंने बताया कि भारी बारिश और बाढ़ के कारण डायरिया के कई मामले सामने आए हैं, जिनमें से 102 मामले कसाला, चार खार्तूम में और गीजीरा राज्य में 16 मामले सामने आए हैं।   उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में स्वास्थ्य की स्थिति स्थिर है। मंत्रालय वर्षा ऋतु में होने वाली महामारियों से निपटने के लिए जरूरी उपाय अपनाने के प्रति चिंतित है। एक पूर्व रिपोर्ट में, सूडानी मौसम विज्ञान प्राधिकरण ने गश नदी के जलस्तर में वृद्धि की आशंका जताई थी, जो कि कसाला शहर से होकर बहती है। नागरिकों से सतर्क रहने और नदी के किनारों से दूर रहने का आग्रह किया गया है। सूडान में बाढ़ एक वार्षिक घटना है, जो आमतौर पर जून और अक्टूबर के बीच होती है। पिछले तीन वर्षों में भारी बारिश ने सैकड़ों लोगों की जान ले ली है और कृषि भूमि का बड़ा हिस्सा नष्ट हो गया है। इस साल की बारिश के मौसम उन लोगों की कठिनाइयों को और बढ़ा दिया है जो सूडानी सशस्त्र बल (एसएएफ) और पैरामिलिटरी रैपिड सपोर्ट फोर्सेज (आरएसएफ) के बीच चल रहे संघर्ष से प्रभावित हैं। सूडान में 15 अप्रैल 2023 से एसएएफ और आरएसएफ के बीच घातक संघर्ष चल रहा है, जिसके कारण कम से कम 16,650 लोगों ने जान गंवा दी है।   recent visitors 115

सूटकेस में मिली 2 लाश, चेकिंग के दौरान सुरक्षाबलों के हत्थे चढ़े, डेडबॉडी की शिनाख्त हो गई

मुंबई महाराष्ट्र में एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। दो लोग हत्या के बाद शव को सूटकेस में छिपाकर ले जा रहे थे। यह लोग शव को लेकर ट्रेन में सवार हुए थे और ऐसी आशंका है कि उसे ठिकाने लगाने जा रहे थे। लेकिन दादर स्टेशन पर ट्रेन में चेकिंग के दौरान यह सुरक्षाबलों के हत्थे चढ़ गए। पुलिस के मुताबिक डेडबॉडी की शिनाख्त हो गई है। वहीं, सूटकेस में शव लेकर जा रहे लोगों को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की जानकारी संबंधित थाने को दे दी गई है। खास बात यह है कि जिस शख्स का शव मिला है वह भी दिव्यांग था और दोनों आरोपी भी दिव्यांग हैं। जानकारी के मुताबिक दो लोग एक सूटकेस लेकर ट्रेन में यात्रा कर रहे थे। इसी दौरान आरपीएफ और जीआरपी ने चेकिंग शुरू कर दी। इस दौरान शक होने पर सूटकेस खुलवाया गया तो उसमें से शव निकला। इसी दौरान एक आरोपी वहां से भाग निकला, जबकि दूसरे को पुलिस ने पकड़ लिया। बाद में दूसरे आरोपी को भी उल्हासनगर से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के दौरान पता चला कि घटना पिढ़ौनी थाना क्षेत्र में हुई है। आरोपियों की पहचान जय प्रवीण चावड़ा और सुजीत सुरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। मारे गए व्यक्ति की पहचान अरशद खान के रूप में हुई है। मारा गया व्यक्ति दिव्यांग है और उसके शव के साथ पकड़े गए दोनों आरोपी भी दिव्यांग हैं। पुलिस के साथ पूछताछ में आरोपी सुजीत ने बताया कि कुछ दिन पहले वह अरशद और प्रवीण के साथ थे। उसने बताया कि आधी रात के करीब अचानक किसी बात पर बहस होने लगी। इसी दौरान गुस्से में सुजीत ने अरशद के सिर पर हथौड़ा दे मारा। इसके तत्काल बाद अरशद की मौत हो गई।   recent visitors 116

‘तुम नागिन हो’… स्कूल के वॉ़ट्सऐप ग्रुप में महिला टीचर को भेजा GIF,बीएसए ने टीचर को कर दिया सस्पेंड

'You are a serpent'… GIF sent to female teacher in school's WhatsApp group

‘You are a serpent’… GIF sent to female teacher in school’s WhatsApp group

पेपर्स लेकर आइए, सहारा का पैसा देने को तैयार, लोकसभा में बोलीं निर्मला सीतारमण

नई दिल्ली  वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में कहा कि सहारा समूह के जिन निवेशकों के पास काग़ज़ात पूरे हैं उन्हें पैसे वापस करने में कोई बाधा नहीं है। सीतारमण ने प्रश्नकाल के दौरान एक पूरक प्रश्न का जवाब देते हुए कहा कि सरकार तो हाथ जोड़कर खड़ी है कि आइए सारे कागजात लाइए और अपने पैसे ले जाइए। लेकिन कोई आ नहीं रहा है। उन्होंने विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि आप बाहर जाकर यह न कहें कि सरकार पैसा नहीं दे रही है। सरकार तो पूरी तरह से तैयार है। इस मामले की शीर्ष न्यायालय निगरानी कर रही है। 138 करोड़ रुपये जारी किए गएः वित्त मंत्री वित्त मंत्री ने कहा कि 138.07 करोड़ रुपये क्लेम किए गए थे जो जारी कर दिए गए हैं. 25781 करोड़ पूरा वितरित नहीं किया जाना है.  उन्होंने बताया कि सहारा इंडिया की 18 संपत्तियां अटैच की गई हैं. कोऑपरेटिव मिनिस्ट्री बनाए जाने के बाद क्लेम देने के लिए फंड की मांग की. इसमें 1.21 करोड़ क्लेम आए. 374 करोड़  रुपये क्लेम के रिलीज कर दिए गए हैं. जस्टिस सुभाष रेड्डी कमेटी इस मामले की निगरानी कर रही है.  पर्ल एग्रो कोऑपरेटिव में 1.25 करोड़ क्लेम आए. इनमें रिफंड्स 1021 करोड़ रुपये के क्लेम दे दिए गए हैं. जस्टिस लोढ़ा इसकी निगरानी कर रहे हैं. वित्त मंत्री ने कहा कि जो भी लोग हैं वो ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर क्लेम करें. तीन जजों की कमेटी देखेगी और क्लेम जारी किए जाएंगे. सुप्रीम कोर्ट के तीन रिटायर्ड जज इसकी निगरानी कर रहे हैं. सीकर सांसद ने उठाए थे सवाल राजस्थान के सीकर से सांसद अमरा राम ने सदन में सवाल किया था कि सहारा और पीएचसीएल में अब तक कितने निवेश हुए थे और कितना पैसा रिफंड किया गया है. उन्होंने पूछा था कि 15 हजार करोड़ से ज्यादा जमा होने के बाद भी 138 करोड़ ही क्यों लौटाए गए.  इस पर पंकज चौधरी ने सेबी के आदेश का हवाला देते हुए कहा कि 17 हजार के करीब लोगों ने ही आवेदन किया. इसमें 138 करोड़ रुपये दे दिया गया है.  उन्होंने कहा कि सरकार ने कोर्ट में जाकर खुद लोगों से क्लेम करने की अपील की है. वहीं, मध्य प्रदेश के सतना से बीजेपी सांसद गणेश सिंह ने कहा कि सहारा और पीसीएल में निवेश करने वालों की संख्या लाखों में है. सभी लोगों को अभी पैसा नहीं मिला. कुछ लोगों के पास तो कागजात भी नहीं है. पोर्टल में यह तभी मान्य होगा जब पेपर हो. एजेंट्स के माध्यम से जिन लोगों ने निवेश किया है, क्या सरकार उनके लिए कोई मैकेनिज्म डेवलप करेगी. इसपर वित्त मंत्री ने कहा कि निर्णय जजों की कमेटी ही करेगी, हम इस सुझाव को उनके साथ शेयर कर सकते हैं. पर्ल कंपनी की 50 हजार करोड़ रुपये की प्रॉपर्टी कुर्क करके निवेशकों के पैसे वापस करने को लेकर भी सवाल हुआ. इसके जवाब में वित्त मंत्री ने कहा कि 1017 करोड़ पर्ल एग्रो से रिकवर किए गए हैं. लिटिगेशन की वजह से कई प्रॉपर्टी का ऑक्शन नहीं किया जा सकता. एम्बी वैली का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि पेपर होने के आधार पर ही हम ऑक्शन नहीं कर सकते. प्रॉपर्टी को ऑक्शन करके देना होगा, निश्चित रूप से देंगे. जो पैसा हमारे हाथ में है, उसी को लेने वाले आएं पहले. हम भी चाहते हैं आपकी चिंता में शामिल होंगे. मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के अमरा राम ने पूछा था कि सहारा ग्रुप में निवेश करने वाले कितने लोगों को पैसा वापस किया और कितना किया? इसका शुरू में जवाब वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने दिया। पंकज चौधरी ने सेबी के आदेश का हवाला देते हुए कहा कि 17 हजार के करीब लोगों ने ही आवेदन किया। इसमें 138 करोड़ रुपये दे दिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अदालत में जाकर खुद लोगों से क्लेम करने की अपील की है। जवाब से संतुष्ट नहीं होने पर अमरा राम ने फिर से सवाल पूछ लिया। इसके बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, “अदालत में जाइए। अदालत में पूछिए हम भी इंतजार में खड़े हैं। सुप्रीम कोर्ट हमें सुपरवाइज कर रहा है। हमारे ऊपर हाथ उठाने का कोई फायदा नहीं है।” उन्होंने कहा , “यह अदालत के जरिए होने वाला है। हम सरकार के स्तर पर निर्णय नहीं कर सकते हैं। कोई सदस्य गलत फहमी न फैलाए। कोई सदस्य बाहर जाकर यह न बोले कि सरकार पैसे नहीं दे रही है। सरकार हाथ जोड़कर बुला रही है कि लोग कागजात के साथ आएं। हम पैसा देने के लिए तैयार हैं। आप भी ले आइए, हम दें देंगे। वित्त राज्य मंत्री ने कहा- सरकार की मंशा सही सांसद अमरा राम के सवाल का जवाब देते हुए वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा कि साल 2012 में सुप्रीम कोर्ट ने सहारा ग्रुप को आदेश दिया था कि 3.7 करोड़ निवेशकों की करीब 26 हजार करोड़ रुपये की रकम 15 फीसदी ब्याज के साथ वापस की जाए। बाद ने सेबी ने सहारा इंडिया का अकाउंट खोला जिसमें से 15775 करोड़ रुपये वसूले गए। इसके बाद निवेशकों की रकम वापस करने के लिए कोर्ट की तरफ से एक कमेटी बनाई गई थी। इस कमेटी ने विज्ञापन दिया जिसमें कहा गया था कि निवेशक आएं और अपनी रकम ले जाएं। इसके लिए निवेशकों के आवेदन मंगाए गए थे। पंकज चौकरी ने कहा कि इसके तहत सिर्फ 17526 निवेशकों ने आवेदन किया जिन्हें 138 करोड़ रुपये वापस कर दिए गए थे। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा निवेशकों की रकम वापस देने की है। बाद में नहीं आए आवेदन वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने कहा कि बार-बार विज्ञापन देने के बाद भी निवेशकों के अपनी रकम वापस लेने के लिए आवेदन नहीं आए। बाद में सेबी राय मांगने के लिए सुप्रीम कोर्ट गई। सुप्रीम कोर्ट में सेबी ने कहा कि 15775 करोड़ रुपये में से जो रकम निवेशकों को वापस नहीं हुई है, वह सहारा ग्रुप की को-ऑपरेटिव कंपनी में ट्रांसफर कर दी जाए। इस रकम में से कोर्ट ने 5 हजार करोड़ रुपये की रकम ट्रांसफर करने की अनुमति दी थी।     recent visitors 124

अमरनाथ यात्रा: 1873 तीर्थयात्रियों का जत्था जम्मू से रवाना, करीब 5 लाख श्रद्धालुओं ने किए बाबा बर्फानी के दर्शन

श्रीनगर Jammu के भगवती नगर आधार शिविर से Tuesday को 1,873 तीर्थPassengers का एक और जत्था कश्मीर के लिए रवाना हुआ. Monday को अनुच्छेद 370 के किए जाने की पांचवी वर्षगांठ के चलते सुरक्षा कारणों से सभी आधार शिविरों से किसी भी यात्री को आगे बढ़ने की इजाजत नहीं दी गई थी. पिछले 38 दिनों में 5 लाख के करीब श्रद्धालुओं ने अमरनाथ की पवित्र गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन किए हैं. 1,873 श्रद्धालुओं के जत्थे में 1579 पुरुष, 202 महिलाएं, 65 साधु और 27 साध्वियां शामिल हैं. यह सभी 69 वाहनों से कड़ी सुरक्षा के बीच सुबह 3ः30 बजे भगवती नगर यात्री निवास से बालटाल बेस कैंप के लिए रवाना हुए. अमरनाथ पवित्र गुफा कश्मीर हिमालय में समुद्र तल से 3,888 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है. श्रद्धालु पारंपरिक दक्षिण कश्मीर पहलगाम मार्ग या उत्तर कश्मीर बालटाल मार्ग से गुफा मंदिर तक पहुंचते हैं. पहलगाम-गुफा तीर्थस्थल की लंबाई 48 किलोमीटर है और तीर्थPassengers को तीर्थस्थल तक पहुंचने में 4-5 दिन लगते हैं. बालटाल-गुफा तीर्थस्थल की लंबाई 14 किलोमीटर है और तीर्थPassengers को दर्शन करने और बेस कैंप पर लौटने में एक दिन लगता है. उत्तरी कश्मीर मार्ग पर बालटाल और दक्षिण कश्मीर मार्ग पर चंदनवाडी में तीर्थPassengers के लिए हेलीकॉप्टर सेवाएं भी उपलब्ध हैं. इस वर्ष की यात्रा 52 दिनों के बाद 19 अगस्त को श्रावण पूर्णिमा और रक्षा बंधन त्योहारों के साथ संपन्न होगी. recent visitors 111

मथुरा में ट्रैक्टर ट्रॉली से टकराई बाइक, 3 युवा कांवड़ियों की दर्दनाक मौत, मचा कोहराम

मथुरा हरियाणा के गुरुग्राम में डीजे को लेकर हुए पुराने विवाद को लेकर कांवड़ियों के दो ग्रुप आपस में भिड़ गए. दोनों पक्षों में हुई मारपीट और पथराव में छह लोग घायल हो गए. पुलिस ने इस मामले में दोनों पक्षों के पांच लोगों को गिरफ्तार किया है और उनसे पूछताछ की जा रही है. पुलिस ने सोमवार को बताया कि प्रेम नगर कॉलोनी की झुग्गियों में रहने वाले अरुण, विक्की, नितिन, विकास और सुमित को रविवार रात गिरफ्तार कर लिया गया. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि वे आरोपियों से पूछताछ कर रहे हैं. कांवड़ियों के दो गुट भिड़े, आपस में मारपीट और पथराव न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, पुलिस ने बताया कि शुक्रवार को जब कांवड़ियों का एक समूह मंदिर में जल चढ़ाकर लौट रहा था तो दूसरे समूह के कांवरियों ने उन पर हमला कर दिया. इस हाथापाई में छह लोग घायल हो गए क्योंकि समूहों ने एक-दूसरे पर पथराव भी किया. पुलिस ने बताया कि झड़प में कुछ वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए. सेक्टर 14 थाने में केस दर्ज झड़प की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर किया. उन्होंने बताया कि बाद में इस मामले में थाना सेक्टर 14 एक प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई.     recent visitors 109

गुरुग्राम में कावड़ियों के 2 गुट आपस में भिड़े.. खूनी संघर्ष में कई लोग घायल, 5 अरेस्ट

गुरुग्राम हरियाणा के गुरुग्राम में डीजे को लेकर हुए पुराने विवाद को लेकर कांवड़ियों के दो ग्रुप आपस में भिड़ गए. दोनों पक्षों में हुई मारपीट और पथराव में छह लोग घायल हो गए. पुलिस ने इस मामले में दोनों पक्षों के पांच लोगों को गिरफ्तार किया है और उनसे पूछताछ की जा रही है. पुलिस ने सोमवार को बताया कि प्रेम नगर कॉलोनी की झुग्गियों में रहने वाले अरुण, विक्की, नितिन, विकास और सुमित को रविवार रात गिरफ्तार कर लिया गया. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि वे आरोपियों से पूछताछ कर रहे हैं. कांवड़ियों के दो गुट भिड़े, आपस में मारपीट और पथराव न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, पुलिस ने बताया कि शुक्रवार को जब कांवड़ियों का एक समूह मंदिर में जल चढ़ाकर लौट रहा था तो दूसरे समूह के कांवरियों ने उन पर हमला कर दिया. इस हाथापाई में छह लोग घायल हो गए क्योंकि समूहों ने एक-दूसरे पर पथराव भी किया. पुलिस ने बताया कि झड़प में कुछ वाहन भी क्षतिग्रस्त हो गए. सेक्टर 14 थाने में केस दर्ज झड़प की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर किया. उन्होंने बताया कि बाद में इस मामले में थाना सेक्टर 14 एक प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई. recent visitors 89