T20 World Cup 2024 बांग्लादेश से होगा किसी ओर शिफ्ट! ICC ने कर ली है तैयारी

नई दिल्ली  इसी साल अक्टूबर के महीने में बांग्लादेश में आईसीसी महिला टी20 वर्ल्ड कप-2024 का आयोजन होना है। इस टूर्नामेंट पर हालांकि संकट के बादल मंडरा रहे हैं। इसका कारण बांग्लादेश के मौजूदा राजनीतिक हालत हैं। बांग्लादेश की प्रधानमंत्री ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है और देश छोड़कर चली गई हैं। सेना ने इस देश को अपने हाथों में ले लिया है और जल्द ही अंतरिम सरकार के गठन की बात कही है। आईसीसी की नजरें बांग्लादेश की मौजूदा स्थिति पर है और उसने कहा है कि वह इस मामले पर काफी बारीक नजर रखे हुए है। टूर्नामेंट शुरू होने में दो ही महीने का समय बचा है। ऐसे में वर्ल्ड कप को किसी और जगह शिफ्ट कराने की अटकलें भी लगाई जा रही हैं। सुरक्षा है प्राथमिकता आईसीसी ने कहा कि वह इस मामले पर नजरें बनाए हुए है और बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के साथ मिलकर विचार कर रहा है। आईसीसी के प्रवक्ता ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "आईसीसी, बीसीबी की सुरक्षा एजेंसी और अपने सुरक्षा सलाहकारों के साथ मिलकर मामले पर गंभीर नजर रखे हुए है। हमारी प्राथमिकता सुरक्षा और हिस्सा लेने वाले सभी लोगों की खैरियत है।" पिछले महीने कोलंबो में हुई आईसीसी की वार्षिक कॉन्फ्रेंस में कुछ देशों ने बांग्लादेश के हालात का मुद्दा उठाया था, लेकिन ये इस कॉन्फ्रेंस का हिस्सा नहीं था। बांग्लादेश में नौकरी में कोटा सिस्टम के विरोध में आंदोलन हो रहा है। 18 दिन का है टूर्नामेंट महिला टी20 वर्ल्ड कप-2024 में कुल 23 मैच होने हैं। ये टूर्नामेंट 18 दिन तक खेला जाना है। बांग्लादेश के ढाका के शेर-ए-बांग्ला स्टेडियम और सिलहट में सिलहट इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में ये मैच खेले जाने हैं लेकिन मौजूदा स्थिति को देखते हुए इस वर्ल्ड कप का आयोजन मुश्किल लग रहा है। आईसीसी सूत्र ने कहा कि मार्च 2022 में श्रीलंका में अशांति की ऐसी ही स्थिति थी जब प्रदर्शनकारियों ने भ्रष्टाचार और मुद्रास्फीति का हवाला देते हुए पूर्व राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे के आधिकारिक आवास पर धावा बोल दिया था. इस घटना के बाद ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट टीम ने जून में द्विपक्षीय श्रृंखला के लिए वहां की यात्रा की थी. बांग्लादेश में वर्ल्ड कप ढाका और सिलहट में आयोजित होने वाला है. भारत के विदेश मंत्रालय (एमईए) ने अगली सूचना तक भारतीय नागरिकों को बांग्लादेश की यात्रा न करने की सख्त सलाह दी है. बीसीसीआई इस तरह की स्थितियों में हमेशा सरकार की सलाह मानता है. तो श्रीलंका में हो सकता है टी20 वर्ल्ड कप  आईसीसी के पास अपरिहार्य स्थितियों के लिए आकस्मिक योजनाएं हैं और इस मामले में श्रीलंका एक विकल्प हो सकता है. श्रीलंका ने 2012 का पुरुष टी20 वर्ल्ड कप सितंबर और अक्टूबर के बीच वहां आयोजित किया था. यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या एसईएनए देश (दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड और ऑस्ट्रेलिया) अपनी महिला टीमों को ऐसे देश में भेजते हैं जहां सुरक्षा स्थिति कमजोर रह सकती है. ICC ने बांग्लादेश और अक्टूबर में महिला टी20 वर्ल्ड कप की मेजबानी के उनके अधिकार पर प्रतिक्रिया दी है. ICC प्रवक्ता ने कहा- ICC बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) उनकी सुरक्षा एजेंसियों और हमारे अपने स्वतंत्र सुरक्षा सलाहकारों के साथ समन्वय में घटनाक्रमों पर बारीकी से नजर रख रहा है. हमारी प्राथमिकता सभी प्रतिभागियों की सुरक्षा और भलाई है.  क्यों हो रहा है विवाद?  बांग्लादेश में विवादास्पद आरक्षण प्रणाली को समाप्त करने की मांग को लेकर प्रदर्शन हो रहा है. इसके तहत 1971 में बांग्लादेश के मुक्ति संग्राम में हिस्सा लेने वाले लड़ाकों के रिश्तेदारों को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान किया गया था. recent visitors 109

प्रदेश में इंसानियत फिर शर्मसार, दलित को पीटा, पेशाब पीने के लिए किया मजबूर

 नरसिंहपुर  नरसिंहपुर जिले से हैरान करने वाला मामला सामने आया है. जहां बारहा ग्राम स्थित एक दलित के साथ दो लोगों ने शर्मसार करने वाला कृत्य किया. युवकों ने दलित को 2 लाख रुपये दिलाने के नाम पर घर से बाहर ले गए और फिर रास्ते में उसके साथ मारपीट करने लगे. इसके बाद उसे बंधक बना लिया और पेशाब पिलाई. फिलहाल मामला संज्ञान में आते ही पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी नरसिंहपुर के पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने इस घटना को लेकर बयान भी जारी किया है. उन्होंने कहा कि जिले में एक दलित व्यक्ति के साथ अभद्रता का मामला सामने आया है. दो युवकों ने पहले दलित को मारा पीटा, वहीं इसके बाद पेशाब पिलाई और फिर पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी. इसके अलावा दोनों ने दलित को जाति सूचक गालियां भी दी. मामले में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है. साथ ही नरसिंहपुर जिले के आदिम जाति कल्याण थाने में रिपोर्ट भी दर्ज कर लिया है. वहीं,पीड़ित मोहन अहिरवार ने बताया कि 30 जुलाई को गाडरवारा मंडी के पास आरोपियों ने प्रेमनारायण वर्मा से 2 लाख रुपए दिलाने की बात कहते हुए गालियां दी और जाती सूचक शब्दों से अपमानित किया. इसके बाद दोनों अपने गांव बारहा लेकर गए, जहां दोनों ने रास्ते में पेशाब भी पिलाई. इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला पीड़ित की शिकायत पर दोनों आरोपियों सिल्लू बुधौलिया और सूरज कचेरा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति 3 (1) A सहित अन्य गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है. साथ ही पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भी भेज दिया है.   recent visitors 85

आज BSE के टॉप 30 शेयरों की बात करें तो सभी शेयरों में तूफानी तेजी, बैंक निफ्टी 600 अंक चढ़ा

मुंबई पिछले दो दिनों की भारी गिरावट के बाद शेयर बाजार में शानदार तेजी देखी जा रही है. मंगलवार को Sensex 944 चढ़कर 79,693.64 पर कारोबार कर रहा है. वहीं निफ्टी की बात करें तो 278 अंक चढ़कर 24,334.10 पर कारोबार कर रहा है. वहीं बैंक निफ्टी 600 अंक चढ़कर 50,660 लेवल पर कारोबार कर रहा था. अमेरिकी शेयर बाजार रातों-रात 3 प्रतिशत तक गिरकर बंद हुए. इससे पहले, सोमवार को Sensex 2,222.55 अंक या 2.74 प्रतिशत की गिरावट के साथ 78,759.40 पर बंद हुआ था. Nifty 662.10 अंक या 2.68 प्रतिशत की गिरावट के साथ 24,055.60 पर बंद हुआ. यह Nifty के 23 जुलाई के 24,074.20 के निचले स्तर से काफी कम है. इन शेयरों में शानदार तेजी BSE के टॉप 30 शेयरों की बात करें तो सभी शेयरों में तूफानी तेजी देखी जा रही है. Tata Motors में सबसे ज्‍यादा 4 प्रतिशत की तेजी देखी जा रही है. इसके बाद, LT, Maruti Suzuki, Adani Port और टाटा स्‍टील के शेयर 2 फीसदी से ज्‍यादा तेजी पर है. इसके अलावा, इंफोसिस और महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयरों में भी उछाल है. GE Shipping के शेयर 5.37 प्रतिशत, पतंजलि फूड के शेयर 4 प्रतिशत से ज्‍यादा, गोदरेज प्रॉपर्टीज में 4.68 प्रतिशत, Zomato के शेयरों में 4.61 प्रतिशत चढ़कर 268 रुपये पर कारोबार कर रहा है. वहीं DLF के शेयर आज 4 प्रतिशत चढ़कर 841 पर कारोबार कर रहे हैं. 50 शेयरों में अपर सर्किट NSE के 2,160 शेयरों में से 1,921 स्‍टॉक उछाल पर कारोबार कर रहे हैं, जबकि 194 शेयर गिरावट पर हैं. 34 शेयरों में 52 सप्‍ताह की तेजी देखी जा रही है, जबकि 7 शेयर 52 सप्‍ताह के निचले स्‍तर पर कारोबार कर रहे हैं. इसके अलावा, 50 अपर सर्किट और 21 लोअर सर्किट पर कारोबार कर रहे हैं. IT सेक्‍टर में तेजी शेयर बाजार में आज आईटी सेक्‍टर में शानदार तेजी देखी जा रही है. यह 2 फीसदी से ज्‍यादा चढ़कर कारोबार कर रहा है. वहीं रियल्‍टी सेक्‍टर में भी करीब 3 फीसदी की उछाल देखी जा रही है. इसके अलावा FMCG, Media, Metal और पीएसयू बैंक में भी 1 फीसदी से ज्‍यादा की बढ़ोतरी हुई है. जापान से लेकर अमेरिका तक कैसा मार्केट? जापान (NIKKEI 225) और दक्षिण कोरिया (COSPI) के स्‍टॉक एक्‍सचेंज पर 11 प्रतिशत तक की उछाल आई, जबकि पिछले सत्र में भारी गिरावट आई थी, जबकि अमेरिकी शेयर बाजार में अभी गिरावट जारी है. वहीं हांगकांग के शेयर बाजार में मामूली तेजी देखी गई है.   recent visitors 135

Mp में भोपाल समेत कई जिलों में हुई बारिश, डेमों के गेट खुले, बारिश का अलर्ट

भोपाल मध्यप्रदेश में भारी बारिश का दौर अगले एक सप्ताह थमा रहेगा। मानसून ट्रफ के प्रदेश से ऊपर निकलने और साइक्लोनिक सर्कुलेशन के कमजोर होने से ऐसा होगा। एमपी में मानसून की एंट्री से अब तक 45 दिन हो गए, इस दौरान औसत 24.4 इंच बारिश हो चुकी है, जो सीजन की 65% है। भोपाल, मंडला, सिवनी, नर्मदापुरम समेत 7 जिले ऐसे हैं, जहां पर 30 इंच से ज्यादा पानी गिर चुका है। मंडला में सबसे ज्यादा 36.67 इंच बारिश हो चुकी है। आईएमडी भोपाल की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया, मानसून ट्रफ मध्यप्रदेश के ऊपर है। ईस्ट-वेस्ट ट्रफ भी गुजर रही है। ट्रफ साउथ राजस्थान से नॉर्थ केरल तक जा रही है। इस वजह से भारी बारिश का अलर्ट नहीं है। एक सप्ताह तक ऐसा ही दौर रहेगा। प्रदेश में औसत से 22 फीसदी हुई बारिश मध्य प्रदेश मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के मध्य प्रदेश में 1 जून से 05 अगस्त 2024 की लंबी अवधि के औसत से 22 फीसदी अधिक बारिश हुई है। वहीं पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 19 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में औसत से 26 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है। जानकारी के लिए बता दें कि मध्य प्रदेश में 21 जून को मानसून ने प्रवेश किया था तब से लगातार बारिश हो रही है। शुरुआती दौर में पश्चिम क्षेत्र में कम बारिश डर की गई थी लेकिन पिछले दो सप्ताह से हो रही तेज बारिश ने कोटा पूरा कर लिया और औसत से ज्यादा बारिश हो चुकी है। मध्य प्रदेश के इन जिलों में बारिश का अलर्ट मध्य प्रदेश मौसम विभाग ने प्रदेश के भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। जिसके अनुसार इंदौर, उज्जैन, भोपाल, ग्वालियर, चंबल संभाग में बारिश होने का अलर्ट जारी किया है। जबकि राजगढ़, बड़वानी, बुरहानपुर, खंडवा के ओंकारेश्वर, खरगोन के महेश्वर, अलीराजपुर, रतलाम, मंदसौर, नीमच, झाबुआ में मध्यम बारिश जबकि भोपाल, सीहोर, उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, देवास में हल्की बारिश होने की संभावना है। इंदौर, धार के मांडू, बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सीधी, सिंगरौली, रीवा, बालाघाट, सिवनी, मंडला, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, हरदा, विदिशा, रायसेन के भीमबेटिका और सांची, नर्मदापुरम के पचमढ़ी, नरसिंहपुर, सागर जिलों में भी मौसम के बदलने का अनुमान है। भोपाल में चार दिन में महीने की आधी बारिश हुई राजधानी भोपाल में सोमवार शाम को तेज बारिश हुई। इससे पहले सुबह हल्की फुहारें भी गिरती रही। इधर कलियासोत डैम के 13 में 11 गेट खुले हुए हैं। वहीं, भदभदा डैम के 2 में से एक गेट सुबह 8 बजे बंद कर दिया गया। यानी, एक गेट खुला रखा गया है। कोलार के दोनों गेट सोमवार सुबह बंद कर दिए गए। राजधानी भोपाल में 4 दिन में ही अगस्त के कोटे की आधी बारिश हो गई। इस महीने औसत 13 इंच पानी बरसता है, लेकिन इस बार 1 से 4 अगस्त के बीच 6.9 इंच बारिश हो गई है। इसे मिलाकर सीजन में 31 इंच से ज्यादा पानी गिर चुका है, जो 85% से ज्यादा है। वहीं, पिछले साल पूरे सीजन के मुकाबले इस बार ज्यादा बारिश हो चुकी है। पिछली बार पूरे सीजन 30.9 इंच बारिश ही हुई थी। recent visitors 87

जाने कब है हरियाली तीज? जानें शुभ मुहूर्त, पूजन विधि और उपाय

इस साल हरियाली तीज 7 अगस्त, बुधवार को मनाई जाएगी. हिंदू पंचांग के अनुसार, श्रावण शु्क्ल पक्ष की तृतीया तिथि को सौभाग्य प्राप्ति के लिए तीज मनाते हैं. इसे अखंड सौभाग्य की प्राप्ति वाला व्रत माना जाता है. इस दिन सुहागिन महिलाएं पति की आरोग्यता और सुखी जीवन के लिए निर्जल व्रत रखती हैं. वहीं कुंवारी लड़कियां भी अच्छे वर की कामना के साथ इस व्रत को रखती हैं. इस दिन मां पार्वती और भगवान शिव की विधिपूर्वक पूजा की जाती है. पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन माता पार्वती ने भगवान शिव को अपनी कठोर तपस्या से प्राप्त किया था. इस दिन वृक्ष, नदियों और जल के देवता वरुण की भी उपासना की जाती है. हरियाली तीज को छोटी तीज व श्रावण तीज के नाम भी जाना जाता है. हरियाली तीज शुभ मुहूर्त हरियाली तीज की तृतीया तिथि की शुरुआत 6 अगस्त को रात 7 बजकर 52 मिनट पर होगा और तिथि का समापन 7 अगस्त को रात 10 बजकर 05 मिनट पर होगा. उदयातिथि के अनुसार, इस बार हरियाली तीज 7 अगस्त को ही मनाई जाएगी. हरियाली तीज शुभ योग हरियाली तीज पर इस बार परिघ योग, शिव योग और रवि योग का निर्माण होने जा रहा है. इस दिन रवि योग रात 8 बजकर 30 मिनट से लेकर अगले दिन 8 अगस्त को सुबह 5 बजकर 47 मिनट तक है. वहीं, परिघ योग सुबह से लेकर 11 बजकर 42 मिनट तक है और शिव योग अगले दिन रहेगा. हरियाली तीज पूजन विधि हरियाली तीज के दिन उपवास रखना बहुत ही लाभकारी होता है. अगर व्रत ना रख पाएं तो केवल सात्विक आहार ग्रहण करें. इस दिन महिलाओं को श्रृंगार जरूर करना चाहिए, साथ ही मां पार्वती को श्रृंगार की सामग्री जरूर अर्पित करें. किसी सुहागिन स्त्री को श्रृंगार की सामग्री को उपहार में दें. इस दिन महिलाओं को काले, सफेद या भूरे कपड़े नहीं पहनने चाहिए. हरियाली तीज पर प्रदोष काल में ही पूजा करना सबसे उत्तम होता है. हरियाली तीज पूजन सामग्री केले के पत्ते, बेल पत्र, धतूरा, अंकव पेड़ के पत्ते, तुलसी, शमी के पत्ते, काले रंग की गीली मिट्टी, जनेऊ, धागा और नए वस्त्र. माता पार्वती जी के श्रृंगार के लिए चूडियां, महौर, खोल, सिंदूर, बिछुआ, मेहंदी, सुहाग पूड़ा, कुमकुम और कंघी. इसके अलावा पूजा में नारियल, कलश, अबीर, चंदन, तेल और घी, कपूर, दही, चीनी, शहद ,दूध और पंचामृत.   इन मंत्रों का करें जाप तीज के दिन विवाह संबंधी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए इस मंत्र का श्रद्धा पूर्वक 11 माला जाप करें. मंत्र का जाप रुद्राक्ष की माला से करें और संपूर्ण श्रृंगार करके ही करें, शाम को मंत्र जाप करना सर्वोत्तम होगा. मंत्र है- 'हे गौरीशंकर अर्धांगी, यथा त्वां शंकर प्रिया तथा माम कुरु कल्याणी, कान्ताकांता सुदुर्लभाम'. हरियाली तीज उपाय अगर दांपत्य जीवन बैलेंस ना हो दांपत्य जीवन में सही तालमेल की कमी है तो हरियाली तीज के दिन निर्जला या फलाहार उपवास रखें. शाम के समय सम्पूर्ण श्रृंगार करके शिव मंदिर जाएं. शिवजी को इत्र और जल अर्पित करें. पार्वती जी को सिंदुर और चुनरी अर्पित करें. "ऊं गौरीशंकराय नमः" का 108 बार जाप करें. अर्पित की गई चुनरी में 11 रुपये बांधकर हमेशा अपने पास रखें. ये एक उपाय करने से आपका दांपत्य जीवन खुशियों से भर जाएगा. अगर पति-पत्नी में दूरियां आ गई हों तो क्या करें अगर पति-पत्नी के बीच दूरियां आ गई हों तो सुबह से निर्जला या जल पीकर उपवास रखें. प्रदोष काल में सम्पूर्ण श्रृंगार करें और शिव मंदिर जाएं. मंदिर में घी का एक चौमुखी दीपक जलाएं. शिव को चंदन और माता पार्वती को सिन्दूर और लाल चूड़ियां अर्पित करें. फिर "नमः शिवाय" मंत्र का 108 बार जाप करें. चूड़ियों को प्रसाद स्वरूप अपने साथ लाएं और हमेशा इन्हें पहने रहें. recent visitors 109

कई रिकॉर्ड रच चुके नीरज चोपड़ा अपने दूसरे ओलंपिक में एक बार फिर अपने भाले से इतिहास रचने उतरेंगे

पेरिस भारतीय एथलेटिक्स के लिए कई रिकॉर्ड रच चुके नीरज चोपड़ा अपने दूसरे ओलंपिक में एक बार फिर अपने भाले से इतिहास रचने उतरेंगे. उनकी निरंतरता की एक बार फिर परीक्षा होगी, क्योंकि पूरे सीजन में वह जांघ के भीतरी हिस्से की मांसपेशी में (एडक्टर) परेशानी से जूझते आए हैं. वह मंगलवार को क्वालिफिकेशन दौर में उतरेंगे और फाइनल 8 अगस्त को खेला जाएगा. 26 साल के नीरज चोपड़ा अगर स्वर्ण जीतते हैं तो ओलंपिक के इतिहास में खिताब बरकरार रखने वाले 5वें खिलाड़ी हो जाएंगे. इसके साथ ही ओलंपिक व्यक्तिगत वर्ग में 2 स्वर्ण पदक जीतने वाले पहले भारतीय भी बनेंगे. ये 4 दिग्गज हासिल कर चुके हैं यह उपलब्धि ओलंपिक की पुरुष भालाफेंक स्पर्धा में अभी तक एरिक लेमिंग (स्वीडन 1908 और 1912), जोन्नी माइरा (फिनलैंड 1920 और 1924), नीरज के आदर्श जान जेलेंजी (चेक गणराज्य 1992 और 1996) और आंद्रियास टी (नॉर्वे 2004 और 2008) की ओलंपिक में भालाफेंक स्पर्धा में खिताब बरकरार रख सके हैं. इस साल चोपड़ा ने सिर्फ तीन स्पर्धाओं में भाग लिया, लेकिन उनके बाकी प्रतिस्पर्धी भी अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं. दोहा डायमंड लीग में मई में चोपड़ा ने 88.36 मीटर का थ्रो फेंका, वहीं एडक्टर में असहजता के कारण 28 मई को ओस्ट्रावा गोल्डन स्पाइक में एहतियात के तौर पर भाग नहीं लिया. एकदम फिट हैं गोल्डन बॉय नीरज चोपड़ा उन्होंने जून में फिनलैंड में पावो नुरमी खेलों में 85.97 मीटर का थ्रो फेंककर स्वर्ण के साथ वापसी की. इसके बाद 7 जुलाई को पेरिस डायमंड लीग में भाग नहीं लिया. उनके कोच ने फिटनेस को लेकर चिंताओं को खारिज करते हुए कहा कि अब उनके एडक्टर में कोई परेशानी नहीं है और वह कड़ा अभ्यास कर रहे हैं. टोक्यो ओलंपिक के रजत पदक विजेता चेक गणराज्य के याकूब वालेश, जर्मनी के जूलियन वेबर और पूर्व विश्व चैम्पियन ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स उन्हें फिर चुनौती देंगे. भारत के किशोर जेना भी दौड़ में हैं, जिन्होंने पिछले साल एशियाई खेलों में 87.54 मीटर का थ्रो फेंककर क्वालिफाई किया था. उसके बाद से वह हालांकि 80 मीटर तक भी नहीं पहुंच पाए हैं. recent visitors 105

Kedarnath बचाव टीम का अभियान… हेलीकॉप्टर से लोगों का रेस्क्यू

रुद्रप्रयाग भारी बारिश और बादल फटने के कारण अचानक आई बाढ़ से क्षतिग्रस्त केदारनाथ यात्रा मार्ग पर बचाव अभियान  लगातार 6 वें दिन भी जारी रहा, जहां सुबह 133 लोगों को हेलीकॉप्टर के माध्यम से सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया। रूद्रप्रयाग में अधिकारियों ने बताया कि केदारघाटी में मौसम साफ होने से हवाई मार्ग से चलाए जा रहे बचाव अभियान में तेजी आई है और छोटे हेलीकॉप्टर के साथ ही भारतीय वायुसेना के चिनूक व एमआई17 हेलीकॉप्टर ने केदारनाथ धाम में फंसे कई यात्रियों को बाहर निकाला। अधिकारियों के मुताबिक, सुबह नौ बजे तक 133 लोगों को केदारनाथ धाम से बाहर निकालकर सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया जा चुका था। उन्होंने बताया कि इसके अलावा, 100 अन्य लोगों को राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) और अन्य बचाव दलों की देखरेख में केदारनाथ धाम से लिंचोली के लिए रवाना किया गया, जहां से उन्हें हेलीकॉप्टर के जरिये शेरसी हेलीपैड ले जाया जाएगा। उत्तराखंड के आपदा प्रबंधन और पुनर्वास अधिकारी विनोद कुमार सुमन ने रविवार रात कहा था कि केदारनाथ यात्रा मार्ग के विभिन्न पड़ावों-केदारनाथ, लिंचोली, भीमबली और गौरीकुंड से 10,374 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है तथा अब केवल केदारनाथ में 350 व लिंचोली में 50 यात्री फंसे हुए हैं। सुमन ने बताया था कि केदारनाथ और आसपास के क्षेत्रों में घने बादल छाए रहने के कारण हवाई अभियान के संचालन में बाधा आ रही है तथा रविवार को चिनूक हेलीकॉप्टर एक भी उड़ान नहीं भर पाया, जबकि एमआई17 हेलीकॉप्टर की तीन उड़ानों से केवल 60 लोगों को ही निकाला जा सका। सुमन के अनुसार, मौसम के मिजाज को देखते हुए राज्य सरकार ने पांच छोटे हेलीकॉप्टर से हवाई अभियान चलाया। उन्होंने बताया था कि केदारनाथ और गौरीकुंड में तीर्थयात्रियों के अलावा अब केवल तीर्थ पुरोहित, दुकानदार, घोड़ा एवं पालकी संचालक बचे हैं और अगर वे आना चाहेंगे, तो उन्हें भी वहां से बाहर निकाला जाएगा। सुमन के मुताबिक, सोनप्रयाग, शेरसी, चौमासी, चारधाम हेलीपैड और केदारनाथ हेलीपैड पर लोगों के लिए खाने, पानी व ठहरने की व्यवस्था की गई है। बुधवार रात अतिवृष्टि और बादल फटने के कारण केदारनाथ पैदल मार्ग पर लिंचोली, भीमबली, घोड़ापड़ाव और रामबाड़ा सहित कई स्थानों पर मार्ग बह गया था, जबकि अन्य जगहों पर पहाड़ी से भूस्खलन और बड़े-बड़े पत्थर आने से मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया था, जिससे जगह-जगह पर श्रद्धालु फंस गए थे। इस बीच, केदारनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर सोनप्रयाग-गौरीकुंड के बीच बह गए मार्ग पर सेना की ओर से पैदल पुल का निर्माण शुरू कर दिया गया है। सेना ने सोनप्रयाग में दिव्यांगों, बीमारों और बुजुर्गों की आवाजाही के लिए एक ट्रॉली भी लगा दी है। तलाश एवं बचाव अभियान में सेना के दो खोजी कुत्तों की भी मदद ली जा रही है। लिंचोली से रामबाड़ा तक तलाश अभियान पूरा किया जा चुका है, जिसमें कोई व्यक्ति नहीं मिला। एनडीआरएफ की टीमें जंगल और मंदाकिनी नदी के आसपास भी लगातार तलाश अभियान चला रही हैं। अधिकारियों का मानना है कि कई लोग बारिश के डर से जान बचाने के लिए जंगलों की तरफ बढ़े होंगे और इस दौरान उनके रास्ता भटकने की आशंका के मद्देनजर उनकी खोजबीन के लिए खोजी कुत्तों की मदद ली जा रही है। खोज एवं बचाव अभियान की निगरानी कर रहे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्थानीय लोगों की भागीदारी की सराहना की है। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में मुख्यमंत्री ने कहा कि यही तो देवभूमि की ‘अतिथि देवो भव:’ की संस्कृति है। कई लोगों के नाम का जिक्र करते हुए धामी ने लिखा, “केदारनाथ क्षेत्र में जारी बचाव अभियान में प्रशासन को स्थानीय लोगों का पूर्ण सहयोग मिल रहा है।” उन्होंने लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आपके अथक प्रयास से अतिवृष्टि से होने वाले बड़े नुकसान को रोकना संभव हुआ।   recent visitors 102