नीरज ने थ्रो 89.34 मीटर की दूरी पर फेंका और इस सीजन का अपना बेस्ट थ्रो का रिकॉर्ड बनाया, फाइनल बनाई जगह

नई दिल्ली   भारत के स्टार जेवल‍िन खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने पेरिस ओलंप‍िक शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल के लिए क्वाल‍िफाई कर ल‍िया है. उन्होंने पहला ही थ्रो 89.34 मीटर की दूरी पर फेंका और इस सीजन का अपना बेस्ट थ्रो का रिकॉर्ड बनाया. अब नीरज ने फाइनल मुकाबले में अपनी जगह बना ली है. भारत के स्टार भाला फेंक खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने अपनी जगह पक्की कर ली है. मुकाबले में उन्होंने पहले प्रयास में 89.34 का थ्रो फेंका. इसके साथ ही उन्होंने फाइनल में अपनी जगह बना ली है. नीरज का यह इस सीजन का बेस्ट थ्रो है. नीरज ने टोक्यो ओलंपिक में थ्रो 87.58 दूरी पर फेंका था. आपकी जानकारी के लिए बता दें, नीरज के बाद पाकिस्तान के अरशद नदीम ने भी फाइनल में जगह पक्की कर ली है. उन्होंने अपने पहले प्रयास में 86.59 थ्रो किया है.   जैसा की हम सभी जानते हैं कि टोक्यो ओलंपिक 2020 की पुरुष भाला फेंक स्पर्धा में जिस वक्त नीरज चोपड़ा ने अपना आखिरी थ्रो फेंका, ठीक उसी पल से उन्होंने इतिहास के पन्नों में अपनी कामयाबी को दर्ज कराने के लिए एक और जगह पक्की कर ली. 87.58 मीटर के अपने दूसरे थ्रो के साथ उन्होंने टोक्यो ओलंपिक खेल में स्वर्ण पदक जीता और इसी के साथ नीरज चोपड़ा ओलंपिक में पदक जीतने वाले पहले भारतीय ट्रैक एंड फील्ड एथलीट बन गए. टोक्यो ओलंपिक में नीरज चोपड़ा के स्वर्ण पदक ने भारतीय एथलेटिक्स के लिए एक नए युग की शुरुआत की है. बीजिंग 2008 में निशानेबाज अभिनव बिंद्रा की 10 मीटर एयर राइफल जीत के बाद यह ओलंपिक में भारत का दूसरा ओलंपिक स्वर्ण पदक था. ये है नीरज का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रयास नीरज चोपड़ा का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रयास 30 जून, 2022 को स्वीडन में स्टॉकहोम डायमंड लीग 2022 में आया, जहां उन्होंने अपने सर्वश्रेष्ठ 89.94 मीटर के अपने व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ रिकॉर्ड को स्थापित करने के साथ ही एक नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया. डायमंड लीग चैंपियन बनने वाले पहले भारतीय हैं नीरज चोपड़ा साल 2022 के सितंबर महीने में खेले गए ज्यूरिख डायमंड लीग के फाइनल मुकाबले में नीरज ने शदनार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की. इस जीत के साथ नीरज ने इतिहास रच दिया. नीरज ने मुकाबले में टोक्यो 2020 के रजत पदक विजेता और 2016 के चैंपियन जैकब वाडलेच को हराकर 88.44 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो रिकॉर्ड किया. मौजूदा यूरोपीय चैंपियन जर्मनी के जूलियन वेबर 83.73 मीटर थ्रो के साथ तीसरे स्थान पर रहे. recent visitors 122

उत्तर प्रदेश में अब पारिवारिक विभाजन और व्यवस्थापन में भी मिलने जा रही बड़ी सुविधा

लखनऊ सिर्फ 5,000 रुपये के स्टाम्प शुल्क के साथ अपनी अचल संपत्ति को रक्तसंबंधियों के नाम करने की बड़ी सहूलियत देने के बाद उत्तर प्रदेश में अब पारिवारिक विभाजन और व्यवस्थापन में भी बड़ी सुविधा मिलने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिए हैं कि एक परिवार के सदस्यों के बीच अचल संपत्ति के बंटवारे और जीवित व्यक्ति द्वारा अपनी संपत्ति को अपने परिजनों के नाम किए जाने पर देय स्टाम्प शुल्क भी 5,000 रुपये तय किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिक खर्च के कारण प्रायः परिवार में विभाजन की स्थिति में विवाद की स्थिति बनती है और कोर्ट केस भी होते हैं। न्यूनतम स्टाम्प शुल्क होने से परिवार के बीच सेटलमेंट आसानी से हो सकेगा। मंगलवार को एक महत्वपूर्ण बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार द्वारा आम आदमी के ईज ऑफ लिविंग के लिए अनेक प्रयास किए गए हैं। संपत्ति विभाजन और व्यवस्थापना प्रक्रिया में सरलीकरण से लोगों को और सुविधा होगी। यह होता है विभाजन     विभाजन विलेख में सभी पक्षकार विभाजित संपत्ति में संयुक्त हिस्सेदार होते हैं एवं विभाजन उनके मध्य होता है।     विभाजन विलेख में प्रस्तावित छूट एक ही मृतक व्यक्ति के समस्त लीनियल डीसेंडेंट्स, जो सहस्वामी हों, को आच्छादित करेगी अर्थात यदि दादा की मूल सम्पत्ति में वर्तमान जीवित हिस्सेदार चाचा/भतीजा / भतीजी हैं, तो वह इसका उपयोग कर सकते हैं। यह होता है व्यवस्थापन     व्यवस्थापन विलेख में व्यवस्थापन कर्ता पक्षकार (जीवित) अपनी व्यापक सम्पत्ति को कई पक्षकारों के मध्य निस्तारित करता है।     व्यवस्थापन विलेख में प्रस्तावित छूट के अधीन व्यवस्थापन कर्ता पक्षकार अपने समस्त लीनियल डीसेंडेंट्स/डीसेंडेंट्स, जो किसी भी पीढ़ी के हों, के पक्ष में व्यवस्थापन कर सकता है। अर्थात सम्पत्ति यदि परदादा परदादी जीवित हों, तो उनके पक्ष में, एवं यदि प्रपौत्र/प्रपौत्री जीवित हों, तो उनके पक्ष में भी किया जा सकता है।   recent visitors 134

विनेश फोगाट ने 3-2 से यह मुकाबला जीता और क्वार्टर फाइनल का टिकट कटा लिया, चार बार की वर्ल्ड चैंपियन को हराया

पेरिस भारत की स्टार महिला पहलवान विनेश फोगाट ने पेरिस ओलंपिक खेलों में धमाकेदार आगाज किया है। सोमवार को विनेश फोगाट को जब कड़ा ड्रॉ मिला था, तो सबकी निगाहें इस मुकाबले पर टिक गई थी। महिलाओं के 50 किग्रा में विनेश के सामने मौजूदा ओलंपिक चैंपियन और चार बार की वर्ल्ड चैंपियन युई सुसाकी की चुनौती थी। सुसाकी ने अपने इंटरनेशनल करियर में इससे पहले अभी तक एक भी हार का सामना नहीं किया था। विनेश फोगाट ने 3-2 से यह मुकाबला जीता और क्वार्टर फाइनल का टिकट कटा लिया। विनेश का मुकाबला जापान की उस खिलाड़ी से था, जिसने टोक्यो खेलों में एक भी अंक गंवाए बिना गोल्ड मेडल जीता था। विनेश अपना तीसरा ओलंपिक खेल रही हैं लेकिन वह पहली बार 50 किग्रा में चुनौती पेश करेंगी। इससे पहले वह 53 किग्रा में खेलती थीं।   रेसलिंग में भारत के लिए 5 अगस्त का दिन निराशा लेकर आया था क्योंकि महिलाओं की 68 किग्रा वर्ग में निशा दहिया को 8-2 की लीड के बावजूद 8-10 से हार का सामना करना पड़ा था। निशा उत्तर कोरिया की पहलवान सोल गम पाक के खिलाफ एक समय बहुत मजबूत स्थिति में थीं, लेकिन इसके बाद इंजरी के चलते उन्हें मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा। निशा को मैच के बाद स्कैन के लिए ले जाया गया है। विनेश की बात करें तो उन्हें मेडल की सबसे बड़ी उम्मीद के रूप में भी देखा जा रहा है। 29 साल की विनेश एशियन गेम्स में एक गोल्ड मेडल, कॉमनवेल्थ गेम्स में तीन गोल्ड मेडल और एशियन चैंपियनशिप में एक गोल्ड मेडल जीत चुकी हैं। वर्ल्ड चैंपियनशिप में उनके नाम पर तीन ब्रोन्ज मेडल भी दर्ज हैं। 2020 टोक्यो ओलंपिक गेम्स में विनेश को क्वार्टर फाइनल में बेलारूस की वेनेसा कालाद्जिंस्काया के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था। ओलंपिक गेम्स में रेसलिंग में विनेश से भारत को मेडल की आस लगी हुई है। recent visitors 129

लोगों में दहशत का माहौल, छत्तीसगढ़-जशपुर में जंगली हाथियों का आधी रात को हमला

जशपुर. जशपुर जिले में इन दिनों हाथियों का इंसानी बस्तियों में आना-जाना बढ़ गया है, जिससे इंसानों की जान को गंभीर खतरा पैदा हो गया है। बीते एक सप्ताह में हाथियों के हमलों में तीन लोगों की जान जा चुकी है। जबकि तमाम जागरूकता प्रयासों के बावजूद हमले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों का अनाज की तलाश में गांवों में घुसना इन हमलों का प्रमुख कारण है। ताजा घटना बादलखोल अभ्यारण्य के बुटंगा पंचायत के कोरवा बहुल गांव रंगपुर की है। जहां बीती रात एक हाथी ने कोहराम मचाया। दरअसल, आधी रात को दल से बिछड़ा एक हाथी गांव में घुस आया और कोटवार बुधराम का मकान तोड़ दिया। हाथी के आने की सूचना पर ग्रामीण इकट्ठा होकर उसे भगाने की कोशिश करने लगे। इसी दौरान हाथी ने पहाड़ी कोरवा नरेश राम को देखा और उसे दौड़ाने लगा। नरेश अपनी जान बचाने के लिए घर में घुस गया, लेकिन गुस्साए हाथी ने उसका घर तोड़ दिया। ग्रामीणों के हल्ला मचाने पर हाथी जंगल की ओर चले गए। जिससे नरेश, उसकी पत्नी और दो बच्चों की जान बच गई।नरेश राम ने अमर उजाला को बताया को कि अभी बरसात हो रही है और हाथी ने घर उजाड़ दिया है,ऐसे में हमारा जीना मुश्किल हो गया है। इस बढ़ती समस्या को देखते हुए स्थानीय लोगों ने सरकार और वन विभाग से अपील की है कि हाथियों के हमलों से निपटने के लिए उचित कदम उठाए जाएं। ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों की बढ़ती गतिविधियों को रोकने के लिए आवश्यक उपाय किए जाने चाहिए ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। recent visitors 122

हर घर तिरंगा अभियान को हर घर से जोड़ेगी भाजपा, वीडी शर्मा बोले- जिला स्तर पर बनेंगी समितियां, 11 अगस्त से तिरंगा यात्रा

भोपाल मध्यप्रदेश भाजपा स्वतंत्रता दिवस के मौके पर डेढ़ करोड़ घरों पर तिरंगा फहराएगी। इसके लिए 11 अगस्त से तिरंगा यात्रा शुरू की जाएगी। जिला स्तर पर समितियां भी बनाई जाएंगी।यह बात भोपाल में मंगलवार को सुबह 11 बजे प्रदेश भाजपा कार्यालय में हुई बैठक में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष वीडी शर्मा ने कही। बैठक में बीजेपी के सभी जिलाध्यक्ष, जिला प्रभारी, और प्रदेश पदाधिकारी शामिल रहे। स्वतंत्रता दिवस से पहले यह भाजपा की अहम बैठक है। वीडी शर्मा ने कहा कि प्रदेश में लगभग डेढ़ करोड़ घर हैं। इन घरों में तिरंगा फहराने का काम भाजपा कार्यकर्ता करेंगे। हर घर तिरंगा अभियान के लिए जिला मंडल की अभियान समितियाें का गठन किया जाएगा। प्रदेश स्तर पर अभियान की संयोजक राज्यसभा सांसद कविता पाटीदार हैं। वहीं, सदस्य केशव भदौरिया, मनीषा सिंह, आशुतोष तिवारी और वैभव पवार शामिल हैं। शर्मा ने कहा कि अभियान को सफल बनाने के लिए वार्ड से लेकर पंच स्तर तक जनप्रतिनिधियों से चर्चा की जाएगी। भाजपा की बैठक में सीएम डॉ. मोहन यादव समेत संगठन के पदाधिकारी मौजूद हैं। 35 जिलों के जिला संयोजक आए     7- 8 अगस्त को जिलों में बैठकें होंगी।     9-10 अगस्त को मंडलों की बैठकें होंगी।     1099 मंडल संयोजकों की नियुक्ति की जाएगी।     7 अगस्त को जनप्रतिनिधियों के साथ बैठकें होंगी।     64,523 बूथों तक तिरंगा पहुंचाएंगे। बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, राष्ट्रीय संगठन महामंत्री शिव प्रकाश, प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा, प्रदेश प्रभारी डॉक्टर महेंद्र सिंह मौजूद हैं। 7 अगस्त को जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक वीडी शर्मा ने कहा कि 7 अगस्त को जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक की जाएगी। 11, 12 और 13 अगस्त को प्रदेश भर में तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। उन्होंने कहा कि तिरंगे के साथ सेल्फी सोशल मीडिया पर भी अपलोड करें। recent visitors 115

पेरिस में पांचवीं बार चौथे स्थान पर रहकर पदक से चूका भारत

पेरिस पेरिस ओलंपिक में भारतीय खिलाड़ियो के चौथे स्थान पर रहने का सिलसिला खत्म ही नहीं हो रहा और सोमवार को बैडमिंटन में लक्ष्य सेन तथा निशानेबाजी में मिश्रित स्कीट टीम कांस्य पदक से चूक गई। भारत की झोली में अभी तक तीन कांस्य पदक ही आये हैं। मनु भाकर ने महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल और सरबजोत सिंह के साथ 10 मीटर मिश्रित टीम पिस्टल में कांस्य जीता। इसके अलावा स्वप्निल कुसाले ने 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस में कांसा हासिल किया था। इनके अलावा मनु भाकर 25 मीटर पिस्टल में चौथे स्थान पर रहीं। वहीं तीरंदाजी में धीरज बोम्मादेवरा और अंकिता भकत की जोड़ी मिश्रित टीम स्पर्धा में कांस्य पदक के मुकाबले में अमेरिकी जोड़ी से हार गई। पुरूषों की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में अर्जुन बबूता चौथे स्थान पर रहे थे। वहीं पदक के प्रबल दावेदार लक्ष्य बैडमिंटन पुरूष एकल मुकाबले में ली जी जिया से तीन गेम में 21.13, 16.21, 11.21 से हारकर कांस्य से चूक गए। वहीं निशानेबाज महेश्वरी चौहान और अनंत जीत सिंह नरूका को स्कीट मिश्रित टीम स्पर्धा के कांस्य पदक के मुकाबले में चीन की यितिंग जियांग और लियू जियानलिन की जोड़ी से 44.43 से हार का सामना करना पड़ा।   recent visitors 122

कुल्हाड़ी से घायल पिता को बचाया, छत्तीसगढ़-जगदलपुर में आठ बंदूकधारियों से भिड़ी बेटी

नारायणपुर. नारायणपुर जिले के झारा गांव में बीती रात एक 17 वर्षीय बेटी अपने पिता को आठ बंदूकधारियों से घिरा देखने के बाद भी हिम्मत नहीं हारी। पिता को कुल्हाड़ी मारने के बाद भी दूसरा वार करने से पहले ही उनके सामने अड़ गई। कुल्हाड़ी को छीनकर फेंकने के साथ ही शोर मचा दिया। जिसके बाद आसपास के लोग घर आ पहुंचे, जहां आठ बंदूकधारी मौके से फरार हो गए। घायल को बेहतर उपचार के लिए मेकाज लाया गया। मामले की जानकारी में बताया गया कि नारायणपुर जिले के झारागांव में बीती रात घर में मौजूद ग्रामीण को अज्ञात बंदूकधारियों के द्वारा हाथ में रखे कुल्हाड़ी से गले पर हमला कर दिया। घटना के तत्काल बाद ग्रामीण की बेटी ने अपने साहस का परिचय देते हुए पिता को बचाते हुए उसे बेहतर उपचार के लिए जिला अस्पताल नारायणपुर ले गई। वहां से ग्रामीण की खराब हालत को देखते हुए उसे मेकाज रेफर किया गया है। मामले की जानकारी देते हुए घायल ग्रामीण सोमधर कोर्राम 50 वर्ष की बेटी सुशीला कोर्राम ने बताया कि शाम को पिता खेत गए हुए थे। उसी समय शाम को मां सुदनी अपने घर के बगल में गई हुई थी, तभी शाम 6 बजे 8 अज्ञात बंदूकधारी आये, आने के बाद पिता के बारे में जानकारी लेने के बाद चले गए। जैसे ही पिता घर पहुंचे तो बेटी ने इसके बाद  बाजू घर चली गई। रात करीब सात बजे वापस अज्ञात लोग आए और पिता से बात करने के साथ ही हाथ में रखे कुल्हाड़ी से गले में वार कर दिया। इसी दौरान बगल घर गई बेटी भी वापस आ गई और अज्ञात लोगों के हाथ में पकड़े कुल्हाड़ी को छीनकर फेंकते हुए आवाज लगाई। जिसके बाद आसपास के लोग घर पहुंच गए। जहां से उसे जिला अस्पताल नारायणपुर फिर मेकाज लाया गया। जहां उसका उपचार जारी है। recent visitors 121