कर्नाटक शराब घोटाला: विधायकों की रातभर की विधानसभा पैदल मार्च और प्रदर्शन की नाटकीय कहानी

बेंगलुरु भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और जनता दल-सेक्युलर (जेडीएस) के विधायकों ने कथित शराब घोटाले को लेकर आबकारी मंत्री आरबी थिम्मापुर के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए कर्नाटक विधानसभा में रात गुजारी। बुधवार सुबह भी भाजपा-जेडीएस विधायकों का प्रदर्शन जारी रहा। कर्नाटक भाजपा के अध्यक्ष व विधायक बीवाई विजयेंद्र और विपक्ष के नेता आर. अशोक समेत कई विधायक विधानसभा परिसर में मॉर्निंग वॉक करते हुए नजर आए। बाद में सभी विधायक एक जगह इकट्ठा हुए, चाय पी और आगे की कार्रवाई पर चर्चा की। कुछ देर बाद विरोध प्रदर्शन फिर से शुरू हुआ, जिसमें भाजपा और जेडीएस के विधायक विधानसभा के प्रवेश द्वार की सीढ़ियों पर बैठ गए और एक्साइज मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए नारे लगाए। उन्होंने गाने भी गाए और 'भारत माता की जय' के नारे लगाए। भाजपा विधायक चन्नाबसप्पा ने एक भक्ति गीत भी गाया। विजयेंद्र, अशोक और विधानसभा में विपक्ष के उपनेता अरविंद बेल्लाड समेत अन्य विधायक भी उनके साथ शामिल हुए। कथित शराब घोटाले के केस में भाजपा-जेडीएस के विधायक राज्य के आबकारी मंत्री आरबी थिम्मापुर का इस्तीफा मांग रहे हैं। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आर. अशोक ने दावा किया कि कर्नाटक के इतिहास में पहली बार शराब एसोसिएशन ने खुद एक्साइज डिपार्टमेंट में 6,000 करोड़ रुपए के घोटाले का आरोप लगाया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि आबकारी मंत्री हर महीने 250 करोड़ से 300 करोड़ रुपए वसूल रहे थे। उनके मुताबिक, हर डिप्टी कमिश्नर की पोस्ट के लिए कथित तौर पर 2 करोड़ रुपए और कांस्टेबल लेवल की पोस्टिंग के लिए भी 10 लाख रुपए लिए जा रहे थे। आर. अशोक ने एक ऑडियो रिकॉर्डिंग का भी जिक्र किया, जिसमें कथित तौर पर एक डिप्टी कमिश्नर ने कहा था कि मंत्रियों को 'कट' देना पड़ता है। नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि मंत्री के खिलाफ लोकायुक्त में शिकायत दर्ज की गई है। अशोका ने आरोप लगाया, "इन सबके बावजूद मंत्री सबूत मांग रहे हैं और मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, जिनके पास वित्त मंत्रालय भी है, सहित पूरी सरकार उनका साथ दे रही है। इससे पता चलता है कि कांग्रेस हाईकमान के पास बहुत सारा पैसा पहुंच रहा है। चुनावों के लिए यह भारी भरकम 6,000 करोड़ रुपए का कलेक्शन हुआ है। हम धरना दे रहे हैं और जब तक एक्साइज मंत्री थिम्मापुर इस्तीफा नहीं देते, तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रखेंगे।" recent visitors 58

नर्मदा की सुरक्षा पर हाई अलर्ट, NGT ने मध्य प्रदेश सरकार को भेजा नोटिस

भोपाल नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) की भोपाल बेंच ने पर्यावरण के प्रधान सचिव को नर्मदा नदी को साफ रखने के लिए दिए गए निर्देशों पर एक अनुपालन रिपोर्ट पेश करने का आदेश दिया है। यह रिपोर्ट विभिन्न एजेंसियों, विभागों, जिला कलेक्टरों और नगर निगम आयुक्तों से संकलित की जाएगी। NGT ने यह निर्देश एक याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। नर्मदा को जीवन रेखा बनाए रखने के लिए निर्देश NGT ने नर्मदा नदी के बाढ़ क्षेत्र को चिह्नित करने, उस क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने, नदी में बिना उपचारित सीवेज और ठोस कचरा बहाने पर रोक लगाने, अवैध रेत खनन बंद करने और पूरे साल नदी के प्रवाह को स्थिर रखने जैसे कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। ये निर्देश नर्मदा नदी को मध्य प्रदेश की जीवन रेखा बनाए रखने के लिए हैं। रिपोर्ट के आधार पर होगी कार्रवाई यह अनुपालन रिपोर्ट 1 सितंबर, 2025 को NGT द्वारा जारी आदेश के अनुसार तैयार की जानी है। यह रिपोर्ट याचिकाकर्ता कीर्ति कुमार सदाशिव भट्ट की याचिका पर आधारित है। रिपोर्ट को NGT के रजिस्ट्रार को सौंपा जाएगा, जो इसे ट्रिब्यूनल के सामने पेश करेंगे। इसके बाद, रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। निष्पादन याचिका पर सुनवाई NGT ने यह टिप्पणी जबलपुर की सामाजिक कार्यकर्ता पी.जी. नज्पांडे द्वारा दायर एक निष्पादन याचिका पर सुनवाई करते हुए की। NGT यह सुनिश्चित करना चाहता है कि उसके द्वारा जारी किए गए निर्देशों का ठीक से पालन हो रहा है या नहीं। इसी के लिए NGT ने अब मुख्य सचिव (पर्यावरण) को इस मामले में निर्देशित किया है।   recent visitors 41

मुनव्वर राना की बेटी हिबा राना की निजी जिंदगी में तूफ़ान, पति ने किया तीन तलाक

सआदतगंज दिवंगत मशहूर शायर मुनव्वर राना की बेटी हिबा राना को उनके पति ने तीन तलाक दे दिया. सआदतगंज पुलिस केस दर्ज कर मामले की जांच में जुट गई है. हिबा राना ने अपने पति मोहम्मद साकिब और ससुर हसीब अहमद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है. 2013 में सुन्नी रीति रिवाज से हुई हिबा राना की शादी मुनव्वर राना की बेटी हिबा राना की शादी साल 2013 में सुन्नी रीति रिवाज के अनुसार हुई थी. एफआईआर की कॉपी के मुताबिक शादी में दहेज के रूप में पिता और घरवालों ने साकिब को सोने और हीरे के गहनों के अलावा 10 लाख रुपये भी दिए थे. दहेज लोभियों ने की 20 लाख रुपये और देने की मांग थाने में दर्ज एफआईआर के मुताबिक जब हिबा राना शादी के बाद विदा होकर ससुराल गई तो साकिब और उसके पिता की ओर से बीस लाख रुपये और देने की मांग की जाने लगी. कई बार दहेज लोभियों की मांग पूरी भी की गई ताकि वैवाहिक जीवन पर खराब असर न पड़े. हिबा राना और साकिब के दो बच्चे हैं. एक बेटा और बेटी है. साकिब आए दिन अपनी पत्नी हिबा राना के साथ मारपीट भी करता था. तीन बार तलाक देते हुए हिबा राना को घर से निकाला एफआईआर में इस बात का भी जिक्र है कि 9 अप्रैल 2025 को हिबा राना के साथ उसके पति ने काफी मारपीट और गाली गलौज की थी. जब पीड़िता की बहन आर्शिया राना उनसे मिलने के लिए गई तो साकिब काफी उग्र हो गया और गाली गलौज करते हुए हमले का प्रयास किया. इस बीच साकिब ने हिबा राना को तीन बार तलाक देते हुए उसे अपने घर से धक्के मारकर बाहर निकाल दिया. साथ ही दोनों बच्चों को घर के कमरे में बंद कर दिया.  एफआईआर के मुताबिक पीड़िता मानसिक रूप से परेशान हो गई है और काफी डरी हुई है. पति साकिब और उसके ससुर की ओर से हिबा राना के परिवार को लगातार धमकी भी दी जा रही है.  recent visitors 50

सोना-चांदी की कीमतों में भूचाल, चार दिन बाद पलटी बाज़ार की चाल—तेज हुई महंगाई

 नई दिल्ली सोना-चांदी की कीमतों लगातार चार दिन क्रैश (Gold-Silver Price Crash) होने के बाद आखिरकार मंगलवार को तेज उछाल आया था और ये सिलसिला तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भी जारी रहा. एमसीएक्स पर खुलने के साथ ही Gold-Silver रॉकेट की रफ्तार से भागते हुए नजर आए. मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर वायदा कारोबार की शुरुआत होने के साथ ही दोनों कीमती धातुएं महंगी हो गई. एक ओर जहां 1 Kg Silver Price अपने पिछले बंद के मुकाबले 15,000 रुपये से ज्यादा चढ़ गया, तो वहीं 10 Gram 24 Karat Gold भी अचानक 5000 रुपये से ज्यादा महंगा हो गया. दो दिन में इतनी महंगी हुई चांदी सबसे पहले बात करते हैं चांदी की कीमत के बारे में, तो बीते 2 फरवरी तक महज चार दिन में ही करीब 2 लाख रुपये तक सस्ती हो गई थी, लेकिन इसके बाद इसमें जोरदार रिकवरी देखने को मिली है. बीते कारोबारी दिन मंगलवार को एमसीएक्स पर 5 मार्च की एक्सपायरी वाली चांदी का भाव तेज उछाल के बाद 2,68,801 रुपये प्रति किलो पर क्लोज हुआ था और बुधवार को ये खुलते ही 2,84,094 रुपये पर पहुंच गई. यानी एक झटके में ये 15,293 रुपये प्रति किलो तक महंगी हो गई.  बीते सोमवार तक 1 Kg Silver Price गिरते हुए 2.25 लाख रुपये के आसपास आ गया था, लेकिन इस लो-लेवल से इसके भाव में जो रैली शुरू हुई, उसने महज दो कारोबारी दिनों में ही चांदी का भाव करीब 60,000 रुपये प्रति किलो बढ़ा दिया है. Gold भी चांदी से कुछ कम नहीं  बात करें, सोने की कीमत के बारे में, तो ये कीमती धातु भी चांदी की तरह ही बीते कुछ दिनों में लगातार क्रैश के बाद अब तूफानी तेजी से भाग रही है. बीते कारोबारी दिन MCX Gold Rate 1,53,809 रुपये पर क्लोज हुआ था और बुधवार वायदा कमोडिटी मार्केट में कारोबार की शुरुआत होते ही 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्ड का रेट उछलकर 1,60,755 रुपये प्रति किलो पर पहुंच गया. यहां ये 6,946 रुपये तक महंगा हो गया. हाई से सोना-चांदी अब इतना सस्ता Gold-Silver Rate के हाई लेवल से अगर तुलना करें, तो ये हालिया तेजी के बाद भी अभी काफी सस्ते मिल रहे हैं. बता दें कि बीते 29 जनवरी को चांदी की कीमत ने इतिहास रचते हुए पहली बार 4 लाख रुपये प्रति किलो का ऐतिहासिक स्तर पार किया था और 4,20,048 रुपये पर पहुंच गई थी, लेकिन इस स्तर को छूने के बाद ये बिखरती चली गई थी. हालांकि इस हाई लेवल से कैलकुलेशन करें, तो वायदा चांदी 1,35,954 रुपये प्रति किलो तक सस्ती (Silver Cheaper From High) मिल रही है.   चांदी की तरह ही सोने की कीमत ने भी 29 जनवरी को ही अपना नया लाइफ टाइम हाई लेवल छुआ था और 1,93,096 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गई थी. इस स्तर से सोना भी अब तक गिरते हुए 32,341 रुपये तक सस्ता हो चुका है.  recent visitors 52

U-19 विश्व कप: फाइनल का टिकट दांव पर, अफगानिस्तान के खिलाफ भारत की ताकत बन सकते हैं वैभव सूर्यवंशी

नई दिल्ली अब तक खेल के हर विभाग में अच्छा प्रदर्शन करने के कारण आत्मविश्वास से भरी भारतीय टीम बुधवार को हरारे में आईसीसी अंडर-19 विश्व कप के सेमीफाइनल में अफगानिस्तान के खिलाफ जीत के प्रबल दावेदार के रूप में शुरुआत करेगी। रिकॉर्ड छठी बार खिताब जीतने की ओर भारत इस प्रतियोगिता के इतिहास में भारत सबसे सफल टीम है। उसने पांच बार (2000, 2008, 2012, 2018, 2022) खिताब जीते हैं। उसके बाद ऑस्ट्रेलिया का नंबर आता है जिसने चार बार ट्रॉफी जीती है। इस तरह से भारत रिकॉर्ड छठी बार खिताब जीतने की दिशा में बुधवार को एक कदम और आगे बढ़ाने की कोशिश करेगा। इस विश्व कप में अब तक अजेय रहा है भारत भारत ने अब तक टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया है। उसने अपने सभी पांच मैच आसानी से जीते हैं, जिसमें सुपर सिक्स चरण में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान पर 58 रन की जीत भी शामिल है। भारतीय टीम हालांकि अफगानिस्तान को कम करके आंकने की गलती नहीं करेगी। अफगानिस्तान का भी टूर्नामेंट में प्रदर्शन काफी अच्छा रहा है। उसने अपने पांच मैचों में से चार जीते हैं। उसे एकमात्र हार श्रीलंका से मिली थी। लेकिन खिलाड़ियों की फॉर्म और खेल के हर क्षेत्र में अच्छा प्रदर्शन करने के कारण अफगानिस्तान के खिलाफ भारत का पलड़ा भारी नजर आता है। सूर्यवंशी, कुंडू, मल्होत्रा से बैटिंग में उम्मीदें विकेटकीपर बल्लेबाज अभिज्ञान कुंडू ने बल्लेबाजी में शानदार प्रदर्शन किया है। इस बाएं हाथ के बल्लेबाज ने अब तक पांच मैचों में दो अर्धशतकों की मदद से 199 रन बनाए हैं। बड़े-बड़े शॉट खेलने में माहिर सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (पांच मैचों में दो अर्धशतकों सहित 196 रन) भी अच्छी फॉर्म में हैं, लेकिन टीम प्रबंधन चाहेगा कि वह अपने अर्धशतकों को शतकों में तब्दील करें। ऑलराउंडर विहान मल्होत्रा ​​(पांच मैचों में 172 रन) एक और भारतीय बल्लेबाज हैं जिन पर सभी की नजर रहेगी। उन्होंने ग्रुप चरण में जिम्बाब्वे के खिलाफ शतक (109 नाबाद) लगाया था। कप्तान आयुष म्हात्रे और आरोन जॉर्ज को फॉर्म का इंतजार कप्तान आयुष म्हात्रे ने गेंदबाज़ी में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है। उन्होंने पांच मैचों में अपनी ऑफ-ब्रेक गेंदबाजी से छह विकेट लिए हैं, लेकिन उनकी बल्लेबाजी में सुधार की गुंजाइश है। उन्होंने पांच मैचों में सिर्फ 99 रन बनाए हैं जिसमें उनका उच्चतम स्कोर 53 रन है। सलामी बल्लेबाज आरोन जॉर्ज की फॉर्म भी भारत के लिए चिंता का विषय है क्योंकि दाएं हाथ का यह बल्लेबाज तीन पारियों में केवल 46 रन ही बना सका है। भारतीय गेंदबाजी की कमान दाएं हाथ के तेज गेंदबाज हेनिल पटेल और आरएस अंबरीश के हाथ में है। इन दोनों तेज गेंदबाजों को स्पिनर खिलन पटेल का भी अच्छा सहयोग मिला है, जिन्होंने पांच मैचों में आठ विकेट लिए हैं। म्हात्रे और मल्होत्रा गेंदबाजी में भी अपनी भूमिका निभाएंगे। मल्होत्रा ने अभी तक टूर्नामेंट में अपनी ऑफ-ब्रेक गेंदबाजी से पांच विकेट लेने के अलावा भारत की तरफ से एकमात्र शतक भी लगाया है। टीम इस प्रकार हैं: भारत अंडर-19: आरोन जॉर्ज, अभिज्ञान कुंडू, हरवंश पंगालिया, वैभव सूर्यवंशी, वेदांत त्रिवेदी, आयुष म्हात्रे (कप्तान), विहान मल्होत्रा, आरएस अंबरीश, कनिष्क चौहान, खिलन पटेल, दीपेश देवेंद्रन, हेनिल पटेल, मोहम्मद एनान, उधव मोहन, किशन सिंह। अफगानिस्तान अंडर-19: महबूब खान (कप्तान), अजीजुल्लाह मियाखिल, फैसल शिनोजादा, खालिद अहमदजई, उस्मान सादात, उजैरुल्लाह नियाजई, अब्दुल अजीज, अकील खान, खातिर स्टानिकजई, नाजीफुल्लाह अमीरी, नूरिस्तानी उमरजई, रूहुल्लाह अरब, सलाम खान, वहीदुल्लाह जादरान, जैतुल्लाह शाहीन। समय: मैच दोपहर 1:00 बजे भारतीय समयानुसार शुरू होगा।   recent visitors 45

शरद पवार की अंतिम इच्छा पर उठे सवाल, प्रफुल्ल पटेल की चाल से मची हलचल

मुंबई  महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम रहे अजित पवार की पिछले दिनों एक विमान हादसे में हुई मौत के बाद एनसीपी की राजनीति पूरी तरह बदल गई है. उनके निधन के चौथे दिन ही उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार राज्य के डिप्टी सीएम पद की शपथ दिला दी गई. उनके निधन को अभी केवल सात दिन हुए हैं लेकिन, ऐसा लगता है कि राज्य और एनसीपी की राजनीति में व्यापक बदलाव आ गया है. अजित पवार ने राज्य में स्थानीय निकाय चुनावों के दौरान अपनी इच्छा जताई थी कि एनसीपी के दोनों गुटों के कार्यकर्ता एकजुट होना चाहते हैं. इसको लेकर उनकी और उनके चाचा शरद पवार के बीच कई दौर की बातचीत भी हुई है. दोनों पक्षों और शरद पवार के परिवार से भी कई ऐसे बयान आए थे जिससे लगता था कि अब फिर से परिवार एकजुट हो गया है. अजित पवार के निधन के बाद परिवार ने एकजुट होकर इस दर्द को भी झेला. सुनेत्रा पवार और उनके बेटों के साथ हर कदम पर परिवार का सदस्य दिखा. 85 वर्षीय वयोवृद्ध नेता शरद पवार ने भी मीडिया से बातचीत में यह कहा कि अजित की इच्छा एनसीपी को फिर से एकजुट करने की थी. लेकिन, उसके कुछ ही घंटों के भीतर एनसीपी की राजनीति ने करवट ले ली. सुनेत्रा पवार ने उनके निधन के महज चौथे दिन डिप्टी सीएम की शपथ ली. हद तो तब हो गई जब शरद पवार ने यह कह दिया कि उनको इस बारे में कोई जानकारी नहीं थी. तमाम रिपोर्ट में दावा किया गया कि एनसीपी के कार्यकारी अध्यक्ष और अजित पवार के करीबी दोस्त रहे प्रफुल्ल पटेल और प्रदेश एनसीपी के सुनील तटकरे इस पूरे मामले को हैंडल कर रहे हैं. सुनेत्रा पवार को पार्टी की कमान देने की तैयारी दरअसल, डिप्टी सीएम बनने के बाद सुनेत्रा पवार को पार्टी अध्यक्ष बनाने की तैयारी चल रही है. निधन से पहले अजित पवार के पास ही पार्टी अध्यक्ष की जिम्मेदारी थी. प्रफुल्ल पटेल पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष हैं. प्रफुल्ल पटेल ने खुद को इस रेस से बाहर करने के फैसला किया है. टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक पटेल ने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता चाहते हैं कि अध्यक्ष का पद सुनेत्रा पवार संभालें. इस बीच महाराष्ट्र सरकार ने पुणे और बीड़ के पालक मंत्री की जिम्मेदारी भी सुनेत्रा पवार को दे दी है. ये जिम्मेदारी भी दिवंगत अजित पवार के पास थी. प्रफुल्ल पटेल ने कहा कि हम सभी चाहते हैं कि सुनेत्रा पवार पार्टी अध्यक्ष का पद संभालें. हम सभी पार्टी को आगे बढ़ाने में उनके साथ हैं. यह दिवंगत अजित दादा को सच्ची श्रद्धांजलि होगी. हमें पार्टी की एक बैठक बुलानी पड़ेगी और पार्टी व जनता की भावनाओं के अनुरूप फैसला लेना पड़ेगा. प्रुफल्ला पटेल ने विलय से किया इनकार प्रफुल्ल पटेल ने साफ किया कि इस वक्त एनसीपी और शरद पवार के गुट वाली एनसीपी के विलय को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई. हमारा फोकस पार्टी के मसले सुलझाने पर है. विलय की बात को खारिज करते हुए प्रफुल्ल पटेल ने कहा कि अजित दादा ने कम से कम दो बार टीवी चैनलों पर अपनी स्थिति स्पष्ट की थी. उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा था कि ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं है और दोनों दलों के बीच कॉऑर्डिनेशन केवल स्थानीय निकाय चुनाव तक सीमित थे. पटेल ने कहा कि स्थानीय निकाय चुनाव में एनसीपी ने अहिल्यानगर में भाजपा और नासिक में शिव सेना के साथ भी गठबंधन किया था. पटेल ने कहा कि अजित दादा ने यह कहा था कि कुछ लोग चाहते है कि दोनों पार्टियों को मिलकर काम करना चाहिए लेकिन इसको लेकर कोई गंभीर चर्चा नहीं हुई थी. उन्होंने उस वीडियो को भी खारिज किया जिसमें एनसीपी और शरद गुट के नेताओं के मिलने को दिखाया गया है. उन्होंने कहा कि हम मिलते रहते हैं क्योंकि हम एक समय एक ही परिवार के हिस्से थे. शरद पवार को झटका अब सवाल यह है कि एनसीपी के इस इनकार के बाद क्या 85 वर्षीय शरद पवार को पार्टी और परिवार को एकजुट करने की उनकी संभवतः अंतिम इच्छा अधूरी रह जाएगी. शरद पवार बुजुर्ग हो चुके है. शरद पवार के लिए अजित पवार बेटे जैसे थे. वह महाराष्ट्र में शरद पवार के स्वाभाविक उत्तराधिकारी माने जाते थे. उनके निधन से शरद पवार को गहरा झटका लगा है. लेकिन, एनसीपी का नया नेतृत्व जिस तरह से शरद पवार से दूरी बना रहा है उससे लगता है कि महाराष्ट्र की राजनीति के चाणक्य कहे जाने वाले वयोवृद्ध शरद पवार का सपना अधूरा रहा जाएगा. recent visitors 50

यात्रियों में दहशत, AI-इंडिगो विमानों की टक्कर की चर्चा—हकीकत क्या है?

मुंबई  मुंबई एयरपोर्ट पर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब दो प्लेन आपस में ही टकरा गए. जी हां, एयर इंडिया और इंडिगो के प्लेन के बीच मुंबई एयरपोर्ट पर ग्राउंड कोलिजन हो गया. दोनों विमानों के पंख आपस में टकरा गए. इसके बाद विमानों को जांच के लिए ग्राउंडेड कर दिया गया. जैसे ही एयर इंडिया और इंडिगो के विंग्स आपस में टकराए, प्लेन में बैठे यात्रियों की सांसें फूल गईं. एयरपोर्ट पर हलचल मच गई. कारण कि दोनों विमान में यात्री सवार थे. राहत की बात यह रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ. चलिए जानते हैं कि आखिर कैसे दो प्लेन के विंग्स आपस में टकरा गए और कैसे एक बड़ा हादसा होते-होते बच गया. कब और कैसे घटी यह घटना? मुंबई के छत्रपति शिवाजी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर  यह असामान्य घटना घटी. जिसमें एयर इंडिया (एअर इंडिया) और इंडिगो के दो विमानों के पंखों के किनारे एक दूसरे से टकरा गए, जिसके बाद विमानों को जांच के लिए खड़ा कर दिया गया. ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक, टैक्सीवे पर विमानों के पंखों के सिरे आपस में टकरा गए. यह घटना तब हुई जब एयर इंडिया की फ्लाइट AI 2732 (मुंबई-कोयंबटूर) डिपार्चर के लिए पीछे हट रही थी, उसी समय इंडिगो की फ्लाइट 6E 791 (हैदराबाद-मुंबई) लैंडिंग के बाद टैक्सी कर रही थी. असल में क्या हुआ था? दरअसल, एयर इंडिया का विमान उड़ान भरने के लिए तैयार हो रहा था. वहीं, इंडिगो का विमान लैंडिंग के बाद पार्किंग-वे की तरफ जा रहा था. मुंबई से कोयम्बटूर जा रही फ्लाइट संख्या AI 2732 उड़ान भरने के लिए पुशबैक की स्थिति में थी. ठीक उसी समय हैदराबाद से आई इंडिगो की फ्लाइट 6E 791 लैंडिंग करने के बाद टैक्सी-वे से गुजर रही थी. इसी दौरान दोनों विमानों के पंख एक-दूसरे के बेहद करीब आ गए और उनमें टक्कर हो गई. दोनों विमानों के दाहिने पंख (Right Wingtips) एक-दूसरे से टकरा गए. टक्कर होते ही विमान में झटका महसूस हुआ, जिससे यात्रियों में हड़कंप मच गया. गनीमत रही कि इस घटना में किसी को कुछ नहीं हुआ. एयर इंडिया ने क्या कहा जानकारी के मुताबिक, एअर इंडिया का विमान रवाना हो रहा था, जबकि इंडिगो का विमान उतर रहा था. मुंबई एयरपोर्ट पर समानांतर रनवे हैं। दोनों ही विमान एयरबस ए320 थे. एअर इंडिया के प्रवक्ता के मुताबिक, तीन फरवरी को मुंबई से कोयंबटूर जाने वाली उड़ान एआई2732 में देरी हुई, क्योंकि निर्धारित विमान रवाना होने से पहले टैक्सीवे पर प्रतीक्षा के दौरान एक अन्य विमानन कंपनी के विमान के संपर्क में आ गया। दोनों विमानों के पंखों के किनारे टकराने से हमारे विमान के पंख के किनारे को नुकसान पहुंचा. इंडिगो ने क्या कहा? वहीं, इंडिगो के प्रवक्ता ने कहा कि हैदराबाद से मुंबई आ रही उड़ान 6ई791 के पंख का किनारा उतरने के बाद एक अन्य विमानन कंपनी के विमान से संपर्क में आ गया. इसके अलावा, नागरिक उड्डयन मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) की एक टीम मौके पर मौजूद है और दोनों विमानों को जांच के लिए वापस उनके स्थान पर ले जाया गया. कितने यात्री थे सवार रिपोर्ट्स में आगे बताया गया है कि यह घटना तब हुई जब दोनों विमानों में यात्री सवार थे. किसी के घायल होने की खबर नहीं है. हालांकि, विमानों में सवार यात्रियों की संख्या का तत्काल पता नहीं चल सका है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सभी यात्री सुरक्षित हैं. यह घटना  मुंबई एयरपोर्ट पर शाम करीब 7.30 बजे हुई, जो देश के सबसे व्यस्त एयरपोर्ट में से एक है. दोनों प्लेन में टक्कर के बाद क्या हुआ?     एअर इंडिया के विमान के विंगटिप को नुकसान पहुंचा, इसलिए इसे ग्राउंडेड कर दिया गया। यात्रियों को दूसरी फ्लाइट्स में रीबुक किया गया।.     इंडिगो के विमान में भी जांच हुई, लेकिन ज्यादा डैमेज नहीं था. उसके यात्री भी सुरक्षित उतारे गए.     DGCA (डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन) ने तुरंत जांच शुरू कर दी.अधिकारी मौके पर पहुंचे और पूरे मामले की छानबीन करने लगे.     दोनों एयरलाइंस ने बयान जारी कर कहा कि सभी यात्री सुरक्षित हैं और कोई घायल नहीं हुआ.   recent visitors 44