निर्वाचन कार्य में लगे सभी अधिकारी-कर्मचारी तत्परता से कार्य करें: राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह

रायपुर आगामी नगरीय निकाय चुनावों को लेकर राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह ने आज जगदलपुर के धरमपुरा स्थित मॉडल कालेज में बनाए गए स्ट्रांग रूम का निरीक्षण किया और मतदान सामग्री वितरण एवं मतगणना स्थल की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को कमिशनिंग की तिथि, सुरक्षा व्यवस्था, स्ट्रांग रूम की सुरक्षा व्यवस्था सहित अन्य व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी लेकर आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने नगरीय निकाय चुनाव हेतु ईवीएम मशीनों की कमिशनिंग प्रक्रिया तथा मशीनों के परिवहन की व्यवस्था का भी संज्ञान लिया। अधिकारियों ने बताया कि मशीनों की जांच के बाद  स्ट्रांग रूम तक सुरक्षित पहुंचाने की व्यवस्था की गई है। राज्य निर्वाचन आयुक्त सिंह ने कहा कि निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव संपन्न कराने के लिए हरसंभव कदम उठाए जाए। उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया में लगे अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित किया कि वे पूरी तत्परता से कार्य करें और सभी आवश्यक तैयारियों को समय पर पूरा करें। इस निरीक्षण के दौरान कमिश्नर डोमन सिंह, आई जी सुंदरराज पी., राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव डॉ सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे, नोडल अधिकारी पुलिस ओ पी पाल, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी हरिस एस, पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा और अन्य संबंधित अधिकारी भी मौजूद रहे। recent visitors 48

रायपुर : नगर पंचायत बसना में एक नगर पंचायत अध्यक्ष, और 33 पार्षद निर्विरोध चुने गए

रायपुर नगर पालिक निगम बिलासपुर वार्ड क्रमांक 13 से रमेश पटेल, नगर पालिक निगम कोरबा के वार्ड क्रमांक 18 से नरेन्द्र कुमार देवांगन, नगर पालिक निगम दुर्ग के वार्ड क्रमांक 21 से विद्यावती सिंह, रायगढ़ जिला के नगर पालिक निगम रायगढ़ के वार्ड क्रमांक 18 से श्रीमती पूनम दिबेश सोलंकी और वार्ड क्रमांक 45 से नारायण पटेल पार्षद पद हेतु नगरीय निकाय निर्वाचन 2025 में निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। मुंगेली जिले के नगर पालिक परिषद लोरमी के वार्ड क्रमांक 10 से धारनी पुरूषोत्तम राठौर, वार्ड क्रमांक 17 से भीखम शिवशंकर यादव, कोरबा जिला के नगर पालिका परिषद दीपका के वार्ड क्रमांक 8 से आलोक परेडा, नगर पालिका परिषद कटघोरा वार्ड क्रमांक 13 श्रीमती शिवमती पटेल (नीतू), महासमुंद जिले के नगरपालिका परिषद सरायपाली के वार्ड क्रमांक 5 से रोहित प्रधान एवं वार्ड क्रमांक 13 से गंगाराम पटेल पार्षद पद हेतु निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। नगर पंचायत बसना से अध्यक्ष पद हेतु डॉ. खूशबू अभिषेक अग्रवाल निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। इसी प्रकार नगर पंचायत बसना के वार्ड क्रमांक 4 से आशीष साहू (तिरथो होटल), वार्ड क्रमांक 11 से महेन्दर सिंह (पिन्टू), वार्ड क्रमांक 13 से राकेश डड़सेना पार्षद पद हेतु निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। मुंगेली जिले के नगर पंचायत पथरिया के वार्ड क्रमांक 5 से मनोज कुमार पाण्डे और वार्ड क्रमांक 7 से मेला राम जायसवाल, सक्ती जिला के नगर पंचायत नया बाराद्वार के वार्ड क्रमांक 7 से जितेश शर्मा (अन्नपूर्णा), नगर पंचायत डभरा के  वार्ड क्रमांक 7 से राधा देवी टंडन एवं वार्ड 15 से जयशंकर पटेल, सारगढ़-बिलाईगढ़ जिले के नगर पंचायत बिलाईगढ़ के वार्ड क्रमांक 2 से घनश्याम कहार, वार्ड क्रमांक 3 से मुकेश जायसवाल उर्फ लालू, वार्ड क्रमांक 8 से सौभाग्य शरण सिंह पार्षद पद के लिए निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। सूरजपुर जिले के नगर पंचायत प्रतापपुर के वार्ड क्रमांक 7 से सीता पैकरा, सरगुजा जिले के नगर पंचायत सीतापुर के वार्ड क्रमांक 14 से विवेक कुमार नामदेव, जशपुर जिले के नगर पंचायत बगीचा के वार्ड क्रमांक एक से रामनिवास गुप्ता, रायपुर जिले के नगर पंचायत समोदा के वार्ड क्रमांक 15 से सत्येन्द्र चेलक एवं गरियाबंद जिले के नगर पंचायत फिंगेश्वर के वार्ड क्रमांक 6 से दीपक श्रीवास पार्षद पद के लिए निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। इसी प्रकार बालोद जिले के नगर पंचायत डौण्डी के वार्ड क्रमांक 8 से माधुरी रावटे, वार्ड क्रमांक 9 से राजेन्द्र कुमार मानकर और नगर पंचायत चिखलाकसा के वार्ड क्रमांक 4 से राजू रावटे एवं दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा जिले के नगर पंचायत बारसूर के वार्ड क्रमांक एक से श्रीमती गीता बघेल पार्षद पद हेतु निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। नगर पालिका उप निर्वाचन 2025 के लिए नगरपालिक निगम भिलाई के वार्ड क्रमांक 35 से चंदन यादव और नगर पंचायत कोटा के वार्ड क्रमांक 13 से पी. विजय कुमार परिमि पार्षद पद हेतु निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। recent visitors 48

आज दो बजे चुनाव आयोग करेगा तारीखों का एलान, दिल्ली में एक चरण में हो सकता है चुनाव

नई दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली में चुनावी बिगुल बजने वाला है।  चुनाव आयोग आज विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा करेगा। चुनाव आयोग दोपहर दो बजे चुनावी कार्यक्रम साझा करने के लिए एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगा। दिल्ली में 70 विधानसभा सीटें हैं। मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 23 फरवरी को समाप्त होने वाला है। दिल्ली में एक चरण में चुनाव हो सकता है। इस बार भी दिल्ली में आम आदमी पार्टी, भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखा जा सकता है। सोमवार को ही चुनाव आयोग ने अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी है। इस चुनाव में दो लाख के करीब मतदाता 18 से 19 वर्ष के हैं। वह पहली बार विधानसभा चुनाव में अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस सूची में कुल एक करोड़ 55,24,858 मतदाता हैं। चुनाव आयोग ने दर्ज की आठ प्राथमिकी इस सूची में पुरुष मतदाता 85,49,645 हैं, जबकि 71,73,952 महिला मतदाता हैं। इस अंतिम मतदाता सूची के बाद अब आयोग आज चुनाव की तिथियों की घोषणा कर सकता है। थर्ड जेंडर 1,261 हैं। पिछले 20 दिन में रिकार्ड 5.1 लाख फार्म 6 नए मतदाताओं ने आवेदन किया। चुनाव आयोग ने 8 प्राथमिकी दर्ज की है। इसमें 24 लोगों पर गलत सूचना और जानकारी देकर मतदाता पहचान पत्र बनाने का आरोप है। इसे लेकर चुनाव आयोग ने चुनाव पंजीकरण अधिकारियों से एक एक आवेदन की गहन जांच कराने के आदेश दिए हैं। प्रक्रिया के तहत नाम जोड़े और हटाए जाते हैं चुनाव आयोग ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची के लिए नाम प्रक्रिया के तहत जोड़े और हटाए जाते हैं। इसके लिए फॉर्म 6 और फार्म सात होता है। नामों के घटाने और जोड़ने की जानकारी समय-समय पर राजनीति दलों को दी जाती है। 1,67,329 नए मतदाता जुड़े चुनाव आयोग से मिली जानकारी के मुताबिक दिल्ली में एक महीने में 29 अक्तूबर से 28 नवंबर तक 1,35,089 मतदाताओं ने फार्म- 6 और 83,825 ने फार्म 8 के तहत मतदाता सूचियों में नाम जुड़वाने, पता बदलने, नाम को सूची से हटाने और आपत्तियां और सुझाव के लिए आवेदन किया। चुनाव आयोग के संबंधित अधिकारियों ने सभी आवेदनों को 24 दिसंबर तक सुलझा दिया। इस तरह से अंतिम मतदाता सूची जारी होने तक 3,08,942 नए नाम मतदाता सूचियों में जुड़े। 1,41,613 नाम हटाए गए। इस दौरान कुल 1,67,329 मतदाता नए जुड़े। दिल्ली में मतदाता बढ़े वहीं, 2020 के विधानसभा चुनाव की तुलना में इस बार 7.26 लाख और 2024 के लोकसभा चुनाव की तुलना में 3.10 लाख वोटर्स दिल्ली में बढ़े हैं। 2020 के चुनाव में दिल्ली में 1.47 करोड़ मतदाता थे, जबकि, पिछले साल हुए लोकसभा चुनाव में दिल्ली में मतदाताओं की संख्या 1.52 करोड़ से अधिक थी। हर आवेदन को जांचा गया चुनाव आयोग ने पाया की 16 दिसंबर से एक माह में 5.10 लाख नए लोगों ने अपना नाम जुड़वाने के लिए आवेदन किया। ऐसा पहली बार हुआ। ऐसा तब हुआ जबकि तय समय में तीन लाख से ज्यादा मतदाता नई सूची में जुड़ चुके थे। क्योंकि ऐसा 20 दिन के भीतर हो रहा था जब आपत्तियां, जांच का समय गुजर चुका था। यह तत्काल जांच का विषय था। सभी चुनाव पंजीकरण अधिकारियों- ईआरओ को जांच के लिए निर्देशित किया गया। हर आवेदन को जांचा गया। संबंधित अधिकारियों को सौ फीसदी सत्यापन के लिए कहा गया है। फरवरी में खत्म हो रहा दिल्ली विधानसभा का कार्यकाल विधानसभा का कार्यकाल 23 फरवरी, 2025 तक का है। इससे पहले दिल्ली विधानसभा का गठन करने के लिए चुनाव होने हैं। इसके लिए दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। साल 2020 में दिल्ली में ये रहे थे नतीजे साल 2020 के चुनाव में आम आदमी पार्टी ने 62 सीटों पर जीत दर्ज की थी। भाजपा के खाते में आठ सीटें आईं थीं। जबकि, कांग्रेस का खाता भी नहीं खुला था। दो चुनाव से एक भी सीट नहीं जीत सकी है। साल 2015 के चुनाव में भी आम आदमी पार्टी ने 67 सीटों पर जीत दर्ज की थी। भाजपा को तीन सीटें मिलीं थीं। जबकि कांग्रेस का हाथ खाली रहा था। recent visitors 75

विजयपुर में 77.76 प्रतिशत एवं बुधनी में 77.07 प्रतिशत मतदान हुआ

भोपाल मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी सुखवीर सिंह ने बताया कि प्रदेश की विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 02-विजयपुर एवं विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 156-बुधनी में 13 नवम्बर को सफलतापूर्वक मतदान सम्पन्न हुआ। पीठसीन अधिकारियों की डायरी एवं अन्य दस्तावेजों से दर्ज की गई जानकारी के अनुसार दोनों ही विधानसभा क्षेत्रों में हुए मतदान की अंतिम जानकारी निम्नानुसार है- विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 02-विजयपुर में कुल 77.76 प्रतिशत मतदान हुआ। यहां 79.14 प्रतिशत पुरूष मतदाताओं और 76.24 प्रतिशत महिला मतदाताओं ने मतदान किया। इसी प्रकार विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 156-बुधनी में कुल 77.07 प्रतिशत मतदान हुआ। यहां 80.10 प्रतिशत पुरूष मजदाताओं और 73.82 प्रतिशत महिला मतदाताओं ने मतदान किया। उल्लेखनीय है कि इस मतदान प्रतिशत में पोस्टल बैलेट तथा अनुपस्थित मतदाताओं (Absentee voters) के मतदान की जानकारी सम्मिलित नहीं है। मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण सम्पन्न होने पर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सिंह ने दोनों ही विधानसभा क्षेत्रों के सभी मतदाताओं, राजनैतिक दलों, अभ्यर्थियों, मतदान दल में सम्मिलित सभी अधिकारियों/कर्मचारियों, सुरक्षा व्यवस्था में लगे सभी केन्द्रीय पुलिस सुरक्षा बल एवं राज्य के पुलिस बल तथा मीडिया प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा है कि उप निर्वाचन में शांतिपूर्ण मतदान कराने में सभी का महत्वपूर्ण योगदान रहा। 23 नवम्बर को सुबह 8 बजे से आरंभ होगी मतगणना मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुखवीर सिंह ने बताय कि विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 02-विजयपुर की मतगणना शासकीय पॉलीटेक्निक महाविद्यालय, जिला श्योपुर एवं विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र क्र. 156-बुधनी की मतगणना शासकीय महिला पॉलीटेक्निक महाविद्यालय, जिला सीहोर में 23 नवम्बर को सुबह 8 बजे से आरंभ होगी।   recent visitors 73

विधानसभा चुनाव खर्च पर्यवेक्षक उम्मीदवारों के खर्चों का तीन बार ऑडिट करेंगे

मुंबई  महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में खड़े उम्मीदवारों के खर्च पर चुनाव आयोग की पैनी नजर रहेगी। चुनाव खर्च पर्यवेक्षक उम्मीदवारों के खर्चों का तीन बार ऑडिट करेंगे। पहला निरीक्षण 8-9 नवंबर को होगा, जो उम्मीदवारों के नाम वापस लेने की आखिरी तारीख 4 नवंबर के बाद होगा। इसके बाद 18 नवंबर तक दो और बार जांच की जाएगी। चुनाव आयोग ने उम्मीदवारों के खर्च की सीमा 12 लाख रुपये बढ़ाकर 40 लाख रुपये कर दी है। पहले यह सीमा 28 लाख रुपये थी। उम्मीदवार लंबे समय से खर्च सीमा बढ़ाने की मांग कर रहे थे। चुनाव खर्च में बड़ा बदलाव कब? चुनाव आयोग ने 2022 में लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की खर्च सीमा 75 लाख रुपये से बढ़ाकर 90 लाख रुपये और विधानसभा चुनाव के लिए 28 लाख रुपये से बढ़ाकर 40 लाख रुपये कर दी थी। चुनाव खर्च सीमा में आखिरी बड़ा बदलाव 2014 में किया गया था, जिसे 2020 में 10 प्रतिशत और बढ़ा दिया गया था। 2022 में ही चुनाव आयोग ने लागत फैक्टर और अन्य संबंधित मुद्दों का अध्ययन करने और उचित सिफारिशें करने के लिए एक समिति का गठन किया था। 2014 में किस आधार पर हुआ था बदलाव? समिति ने राजनीतिक दलों, मुख्य निर्वाचन अधिकारियों और चुनाव पर्यवेक्षकों से सुझाव आमंत्रित किए थे। समिति ने पाया कि मतदाताओं की संख्या में वृद्धि हुई है और 2014 के बाद से लागत मुद्रास्फीति सूचकांक में भी वृद्धि हुई है। इसने प्रचार के बदलते तरीकों पर भी विचार किया, जो धीरे-धीरे वर्चुअल प्रचार की ओर बढ़ रहे हैं। चुनाव अधिकारियों ने बताया कि उम्मीदवारों को खर्च के रजिस्टर में बदलाव करते समय विवरण जमा करना होगा और अगर कोई उम्मीदवार सीमा से अधिक खर्च करता है, तो नोटिस जारी किए जाएंगे। कैसे तय किया जाता है चुनाव खर्च खर्च प्रकोष्ठ को सौंपे गए खर्चों में गड़बड़ी के लिए चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के खिलाफ नोटिस जारी किए जा सकते हैं। लोकसभा चुनाव के दौरान भी प्रमुख उम्मीदवारों को नोटिस जारी किए गए थे। उम्मीदवारों को 48 घंटे के भीतर नोटिस का जवाब देने का समय दिया जाता है। एक अधिकारी ने बताया कि अगर तय समय सीमा के भीतर खर्च का विवरण जमा नहीं किया जाता है, तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। विधानसभा चुनाव से पहले जिला निर्वाचन अधिकारी उन वस्तुओं की दरें तय करते हैं जिनका उपयोग उम्मीदवार करेंगे, और वही दर चुनावी खर्च के तहत दिखानी होगी। दरें तय करने से पहले विचार-विमर्श किया जाता है। 10 रुपये की चायआने-जाने के लिए रिक्शा, टेंपो, एसयूवी किराए पर लेने की दरें चुनाव व्यय प्रकोष्ठ की ओर से निर्धारित मूल्य सूची में लिखी गईं हैं। इन दरों के आधार पर चुनावी खर्चों की जांच की जाती है। इसमें चाय की कीमत 10 रुपये और कॉफी की कीमत 15 रुपये तय करने से लेकर स्टॉल लगाने के लिए फर्नीचर और प्रचार सामग्री के उपयोग तक, चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवार इन्हीं दरों के आधार पर खर्च दिखा सकते हैं। सभी हितधारकों से चर्चा के बाद दरें तय की जाती हैं। यह चुनाव आयोग का एक महत्वपूर्ण कदम है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि चुनाव निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हों। इससे यह भी सुनिश्चित होगा कि पैसे वाले उम्मीदवारों को अनुचित लाभ न मिले। recent visitors 100

बुधनी और विजयपुर में 13 नवम्बर को होगा मतदान, सम्पूर्ण सीमाक्षेत्र में लागू रहेगी आदर्श आचार संहिताः सुखवीर सिंह

भोपाल सीईओ सुखवीर सिंह ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने विधानसभा क्षेत्र में उप निर्वाचन कार्यक्रम की घोषणा कर दी है। घोषणा के साथ ही सीहोर जिले की सम्पूर्ण सीमाक्षेत्र में आदर्श आचार संहिता पूरी तरह से प्रभावशील हो गई है। उन्होंने दल पदाधिकारियों से आदर्श आचार संहिता का शब्दशः पालन करने की अपील की। उन्होंने दल पदाधिकारियों को बताया कि उप निर्वाचन के लिए 18 से 25 अक्तूबर तक नाम-निर्देशन पत्र भरे जाएंगे। नाम-निर्देशन पत्रों की संवीक्षा 28 अक्तूबर को होगी और 30 अक्तूबर तक नाम-निर्देशन पत्र वापस लिये जा सकेंगे। मतदान 13 नवंबर को एवं मतगणना 23 नवंबर को होगी। सीईओ सिंह ने बताया कि बुदनी विधानसभा क्षेत्र में 363 मतदान केन्द्र बनाये गये हैं। बुधनी में मतदाता बता दें कि सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा क्षेत्र में वर्तमान में 2 लाख 76 हजार 591 मतदाता हैं, जिसमें 1 लाख 33 हजार 280 महिला मतदाता और 1 लाख 43 हजार 111 पुरूष मतदाता हैं। थर्ड जेण्डर 06 और सर्विस वोटर्स 194 हैं। उप निर्वाचन कार्यक्रम 18 अक्तूबर को उप निर्वाचन के गजट नोटिफिकेशन के साथ नाम-निर्देशन पत्र भरने की प्रक्रिया होगी शुरू, 25 अक्तूबर- नाम-निर्देशन पत्र भरने की अंतिम तारीख, 28 अक्तूबर- नाम-निर्देशन पत्रों की संवीक्षा, 30 अक्तूबर- नाम वापसी की अंतिम तारीख, 13 नवंबर – मतदान दिवस, 23 नवंबर मतगणना होगी। विजयपुर में 327 एवं बुधनी में हैं 363 मतदान केंद्र सीईओ सुखवीर सिंह ने बताया कि विजयपुर विधानसभा क्षेत्र में 327 एवं बुदनी विधानसभा क्षेत्र में 363 मतदान केन्द्र बनाये गये हैं। विजयपुर एवं बुधनी में मतदाता उन्होंने बताया कि श्योपुर जिले की विजयपुर विधानसभा क्षेत्र में वर्तमान में 2 लाख 54 हजार 750 मतदाता हैं, जिसमें 1 लाख 21 हजार 01 महिला मतदाता और 1 लाख 33 हजार 554 पुरुष मतदाता हैं। थर्ड जेण्डर मतदाता 02 और सर्विस वोटर्स 103 हैं। इसी प्रकार सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा क्षेत्र में वर्तमान में 2 लाख 76 हजार 591 मतदाता हैं, जिसमें 1 लाख 33 हजार 280 महिला मतदाता और 1 लाख 43 हजार 111 पुरूष मतदाता हैं। थर्ड जेण्डर 06 और सर्विस वोटर्स 194 हैं। बैठक में अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी राजेश कुमार कौल, संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बसंत कुर्रे, विवेक श्रोतिय, मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय राजनीतिक दल भारतीय जनता पार्टी से एसएस उप्पल, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस से जेपी धनोपिया, आम आदमी पार्टी से सुमित चौहान एवं बहुजन समाज पार्टी से पूर्णेंद्र अहिरवार उपस्थित रहे। उप निर्वाचन कार्यक्रम – 18 अक्टूबर को उप निर्वाचन के गजट नोटिफिकेशन के साथ नाम-निर्देशन पत्र भरने की प्रक्रिया होगी शुरू – 25 अक्टूबर – नाम-निर्देशन पत्र भरने की अंतिम तारीख – 28 अक्टूबर – नाम-निर्देशन पत्रों की संवीक्षा – 30 अक्टूबर – नाम वापसी की अंतिम तारीख – 13 नवम्बर – मतदान दिवस – 23 नवम्बर – मतगणना दिवस recent visitors 101

हरियाणा के 2 दिग्गजों को हरा, दुष्यंत चौटाला की जब्त कराई जमानत तक, 32 वोट से जीते देवेंद्र अत्री

रोहतक हरियाणा में बीजेपी 48 सीटें जीतकर लगातार तीसरी बार सरकार बनाने जा रही है. इस बार हरियाणा में सबसे बड़ी जीत फिरोजपुर झिरका सीट से कांग्रेस प्रत्याशी मामन खान ने दर्ज की है. नूंह दंगों में गिरफ्तार हुए मामन खान 98 हजार से ज्यादा वोटों से जीते हैं. उन्होंने बीजेपी कैंडिडेट नसीम अहमद को हराया है. वहीं अगर सबसे कम अंतर वाली जीत की बात करें तो उचाना कलां में बीजेपी कैंडिडेट देवेंद्र अत्री सबसे कम वोटों से जीते हैं.   फिरोजपुर झिरका से कांग्रेस विधायक मामन खान को नूंह हिंसा भड़काने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. इन आरोपों के बावजूद मामन खान सबसे ज्यादा जीत के अंतर से विजेता बनकर उभरे. हालांकि हरियाणा में उनकी पार्टी सरकार नहीं बना सकी. मामन खान को मिले एक लाख 30 हजार वोट मामन खान को जहां 1,30,497 वोट मिले, वहीं  नसीम अहमद को केवल 32 हजार 56 वोट मिले. इसके अलावा आईएनएलडी प्रत्याशी मोहम्मद हबीब को 15,638 वोट ही मिले. इस सीट पर जेजेपी प्रत्याशी जान मोहम्मद को केवल 720 वोट मिले और वो 5वें नंबर पर रहे. इस सीट पर आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी वसीम जफर को NOTA से भी कम वोट मिले. जहां NOTA को 439 वोट मिले, जबकि AAP कैंडिडेट को केवल 234 वोट मिले.   BJP के देवेंद्र अत्री सबसे कम वोटों से जीते इसके अलावा अगर सबसे कम अंतर से जीत की बात करें तो वो उचाना कलां से बीजेपी प्रत्याशी देवेंद्र अत्री की हुई है. इस सीट पर देवेंद्र अत्री ने कांग्रेस उम्मीदवार बृजेंद्र सिंह को महज 32 वोटों से हराया है. जहां देवेंद्र अत्री को 48,968 वोट मिले हैं, वहीं बृजेंद्र सिंह को 48,936 वोट मिले. इसके अलावा इस सीट पर सबसे चर्चित नाम पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला का था, जो इस बार 5वें नंबर पर रहे. दुष्यंत को महज 7,950 वोट ही मिले. जबकि आम आदमी पार्टी के कैंडिडेट पवन फौजी 8वें नंबर पर रहे. हरियाणा में क्या रहे चुनाव के नतीजे? हरियाणा में बीजेपी ने इस बार शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत की हैट्रिक लगाई है. बीजेपी को इस बार 48 सीटों पर जीत मिली है, जबकि कांग्रेस 37 सीटों पर ही जीत सकी. इस चुनाव में जनता ने दुष्यंत चौटाला की जननायक जनता पार्टी को पूरी तरह से नकार दिया. जेजेपी ने चंद्रशेखर की पार्टी एएसपी के साथ गठबंधन किया था. इसके बाद भी दोनों में से किसी का खाता नहीं खुला. इसके अलावा इंडियन नेशनल लोकदल (INLD) का इस बार ठीक प्रदर्शन रहा. पार्टी दो सीटें जीतने में कामयाब रही. हालांकि ऐलनाबाद सीट से अभय चौटाला की हार हुई. चुनावों में INLD और BSP ने मिलकर चुनाव लड़ा था. उसके बाद भी BSP अपना खाता नहीं खोल पाई. राज्य में तीन निर्दलीय उम्मीदवारों की भी जीत हुई है. इनमें हिसार से सावित्री जिंदल, गनौर से देवेंद्र काद्यान और बहादुरगढ़ से राजेश जून की जीत हुई है.   recent visitors 76