पहलगाम आतंकी हमले के बाद एक्शन में भारतीय सेना और सरकार, गृह मंत्री शाह की दो टूक- कायराना आतंकी हमले के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा

 पहलगाम  जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले से पूरा देश आहत है। जिस तरह से आतंकियों ने कायराना हरकत को अंजाम दिया और पर्यटकों को अपना निशाना बनाया, उसने पूरे देश को झकझोर के रख दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस टेरर अटैक पर रिएक्ट किया है। उन्होंने दो टूक कहा कि इस कायराना आतंकी हमले के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने बुधवार को पहलगाम में बैसरन का दौरा किया। उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए लोगों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। अमित शाह ने क्या कहा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, 'भारी मन से पहलगाम आतंकी हमले के मृतकों को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। भारत आतंक के आगे नहीं झुकेगा। इस नृशंस आतंकी हमले के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।' पहलगाम टेरर अटैक के बाद पहली बार अमित शाह ने प्रतिक्रिया दी है। आतंकी हमले में जान गंवाने वालों को शाह ने दी श्रद्धांजलि केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने बुधवार को पहलगाम में बैसरन का दौरा किया। जम्मू कश्मीर में ‘मिनी स्विट्जरलैंड’ के नाम से मशहूर इस पर्यटन स्थल में मंगलवार को आतंकवादियों के नृशंस हमले में 28 पर्यटक मारे गए थे। अधिकारियों ने बताया कि आतंकवादी हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए पुलिस नियंत्रण कक्ष में आयोजित शोक समारोह में पुष्पचक्र अर्पित करने के बाद अमित शाह हेलिकॉप्टर से यहां से करीब 110 किलोमीटर दूर बैसरन के लिए रवाना हुए। उन्होंने बताया कि शाह को सुरक्षा अधिकारियों ने घटना के बारे में जानकारी दी। पहलगाम अटैक में 28 पर्यटकों ने गंवाई जान आतंकवादियों ने मंगलवार को दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में एक प्रमुख पर्यटक स्थल पर हमला किया, जिसमें 28 लोग मारे गए और 16 लोग घायल हो गए। इनमें ज्यादातर पर्यटक थे तो पहलगाम घूमने के लिए आए थे। अमित शाह हमले के कुछ घंटों के भीतर मंगलवार रात को यहां पहुंचे और उन्हें पुलिस महानिदेशक नलिन प्रभात ने स्थिति के बारे में जानकारी दी। गृह मंत्री ने एक सुरक्षा समीक्षा बैठक की भी अध्यक्षता की, जिसमें उपराज्यपाल भी शामिल हुए। recent visitors 37

आतंकी हमले में शहीद हुए अधिकारी के घर पहुंचे कलेक्टर, जाने कब इंदौर पहुंचेगा शव

 इंदौर  जम्मू-कश्मीर के पहलगाम (Pahalgam Terror Attack) में हुए आतंकी हमले में इंदौर के वीणा नगर निवासी सुशील नथानियल की मौत हो गई। सुशील नथानियल का पार्थिव शरीर एयर इंडिया की उड़ान संख्या AI 803 से आज देर शाम 8:15 बजे इंदौर लाया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घटना पर शोक व्यक्त करते हुए आज सुबह शोकाकुल परिवार से मुलाकात की थी। मामले की सूचना पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस दुखद घटना पर शोक व्यक्त करते हुए सुबह हीरानगर क्षेत्र में जाकर शोकाकुल परिवार से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि, दुख की इस घड़ी में शासन और प्रशासन पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है। वहीं इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह ने सुशील नथानियल के घर पहुंचकर परिवार से मुलाकात की। कलेक्टर ने कहा कि हर संभव मदद का प्रयास किया जाएगा। पहलगाम से सुशील नथानियल का पार्थिव शरीर एयर इंडिया की उड़ान संख्या AI 803 से आज देर शाम 8:15 बजे इंदौर लाया जाएगा। इसके साथ ही उनकी बेटी को कुछ माइनर इंज्रीज है। उसका इंदौर में इलाज कराया जाएगा और प्रशासन की तरफ से हर संभव मदद की जाएगी। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में बैसारन घाटी इलाके में मंगलवार दोपहर 2.45 बजे हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हुई। इस हमले में इंदौर के वीणा नगर निवासी सुशील नथानियल भी मारे गए। वहीं उनकी बेटी आकांक्षा को भी चोट लगी है। सुशील आलीराजपुर में एलआईसी की सैटेलाइट शाखा में पदस्थ थे। आज सुबह जोबट विधायक सेना महेश पटेल ने घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की थी। उन्होंने घटना पर दुख जताते हुए परिवार का ढाढस बढ़ाया। कांग्रेस MLA ने सरकार से एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता और बेटी के इलाज की मांग की है।  मध्य प्रदेश के आर्थिक नगर इंदौर के हीरानगर थाना इलाके में आने वाले वीणा नगर के बी-सेक्टर के मकान नंबर-68 में रहने वाले एलआईसी अधिकारी सुशील नथानियल की मंगलवार को जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में आतंकवादियों ने गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। घटना के बाद से उनके घर ही नहीं बल्कि पूरे इलाके में मातम पसरा हुआ है तो वहीं, शहर के साथ साथ प्रदेशभर में शोक की लहर है। हत्या की सूचना फैलते ही रिश्तेदारों के साथ-साथ बड़ी संख्या में शहरवासी बुधवार सुबह से ही सुशील के घर पहुंच रहे हैं तो वहीं, कलेक्टर आशीष सिंह और शहर के सभी राजनैतिक दलों के नेता लगातार शोकाकुल परिवार से ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं।  आतंकी हमले के शिकार हुए एलआईसी अफसर सुशील नथानियल के घर बुधवार सुबह कलेक्टर आशीष सिंह पहुंचे। सबसे पहल उन्होंने शोकाकुल परिवार के साथ घटना पर ढांढस बंधाया। साथ ही शोकाकुल परिवार के साथ-साथ पड़ोसियों और रिश्तेदारों तक को विश्वास दिलाया कि, दोषियों को किसी शर्त पर बख्शा नहीं जाएगा। साथ ही, पीड़ित परिवार को शासन से हर संभव मदद मुहैय्या कराने का आश्वासन भी दिया। इस दौरान कलेक्टर सिंह ने शोकाकुल परिवार के सदस्यों के संबंध में तो जानकारी ली ही, साथ ही सवाल किया कि, हादसा का शिकार हुए सदस्य कब गए थे कश्मीर। परिवार से मिले कलेक्टर कलेक्टर आशीष जैन के अनुसार, देर रात तक सुशील का शव इंदौर आ जाएगा और गुरुवार को अंतिम संस्कार किया जाएगा। आपको बता दें कि सुशील की मौत के शोक में आज लगभग पूरा शहर बंद है। विधायक मेंदोला और प्रभारी महापौर भी पहुंचे आतंकी घटना को लेकर इलाके के रहवासियों में काफी आक्रोश है। रात से लेकर अबतक मृतक सुशील के घर शहरवासियों का तांता लगा हुआ है। इसी क्रम में बुधवार को क्षेत्रीय विधायक रमेश मेंदोला और प्रभारी महापौर राजेन्द्र राठौर के अलावा भाजपा-कांग्रेस के कई नेता भी पहुंचे हैं। उन्होंने वहां मौजूद मृतक नथानियल के रिश्तेदार विकास और अन्य से मिलकर उन्हें ढांढस बंधाया। साथ ही मृतक और उसके बारे में जानकारी भी ली और परिवार को हर संभव मदद करने का भरोसा दिलाया है। इस आतंकी घटना में घायल मृतक की बेटी आकांक्षा की हालत ठीक है। उसके पैर में गोली लगने की जानकारी सामने आई है। प्राथमिक इलाज के बाद उसे भी पिता के शव के साथ इंदौर लाया जा रहा है। अलीराजपुर में पदस्थ थे सुशील नथानियल मिली जानकारी के अनुसार अलीराजपुर में पदस्थ बीमा अधिकारी सुशील नथानियल 15 अप्रैल को पत्नी जेनिफर, बेटे ऑस्टिन उर्फ गोल्डी जो खिलाड़ी है और बैंक ऑफ बड़ौदा गुजरात में पदस्थ बेटी आकांक्षा के साथ जम्मू कश्मीर रवाना हुए थे। पड़ोसियों ने बताया- परिवार काफी मिलनसार है और सबके दुख सुख में खड़े रहने के लिए तत्पर रहता है, जब लोगों ने इस तरह की घटना उनके साथ होना सुनी तो सभी स्तब्ध रह गए। बताया जा रहा है कि आतंकी द्वारा चलाई गई गई गोली बीमा अधिकारी सुशील की बेटी आकांक्षा के पैर में लगी है। 30 साल पहले इंदौर आकर बसे थे सुशील घटनाक्रम को लेकर क्षेत्रीय पार्षद राजू भदौरिया ने बताया कि, रिश्तेदार और परिवार के कुछ लोग कल ही घटना स्थल के लिए रवाना हो चुके हैं। रात तक सुशील के शव को इंदौर लाया जाएगा। आतंकियों की गोली की शिकार घायल महू मेन स्ट्रीट की जेनिफर तथा सुशील नथानियल की बेटी आकांक्षा को इंदौर लाया जा रहा है। सुनील का पैतृक घर जोबट में है। 30 साल पहले वे इंदौर में रहने आए थे। फिलहाल, सुशील का शव इंदौर लाने की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। अंतिम संस्कार कल किया जाएगा। हालात सामान्य बनाए रखने के लिए सुनील के घर के आसपास भारी पुलिसबल तैनात किया गया है। 4 दिन पहले कश्मीर घूमने निकला था परिवार ये भी बता दें कि, बीमा अधिकारी सुशील नथानियल के परिवार में 4 सदस्य हैं। ये सभी चार दिन पहले ही एक साथ जम्मू कश्मीर घूमने गए थे। राहत की बात ये है कि, घर के सभी सदस्यों की जांन बच गई है। बस बेटी के पैर में गोली लगने की खबर है। जबकि, घर के अन्य सदस्य ठीक हैं। recent visitors 33

एजेंसियों का दावा हमलावर आतंकी पाकिस्तान में बैठे ऑपरेटिव के साथ प्रत्यक्ष रूप से संपर्क में

श्रीनगर जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को हुए आतंकी हमले के डिजिटल सबूत पाकिस्तान से जुड़ते नजर आ रहे हैं. भारत की खुफिया एजेंसियों ने कहा है कि हमले के संदिग्ध आतंकियों के डिजिटल फुटप्रिंट मुजफ्फराबाद और कराची स्थित सेफ हाउस तक पहुंच रहे हैं. इससे इस हमले के क्रॉस बॉर्डर लिंक का सबूत मिल रहा है. बता दें कि इस हमले में अबतक 28 सैलानियों की मौत हो चुकी है, जबकि दर्जन भर से ज्यादा लोग घायल हैं. खुफिया सूत्रों ने घटनास्थल से बरामद फॉरेंसिक एनालिसिस और हमले में बचे लोगों से मिली जानकारी के आधार पर कहा है कि आतंकियों ने सेना के लिए इस्तेमाल होने वाले हथियारों का इस्तेमाल हमले के लिए किया. इसका ये अर्थ निकलता है कि हमलावर पूरी तरह से ट्रेंड थे और उन्हें सभी जरूरी हथियार मिले थए. भारत की एजेंसियों को घटनास्थल के आस-पास एडवांस कैटेगरी के संचार उपकरण मिले हैं. इससे ये संकेत मिलता है कि आतंकियों को बाहर से लॉजिस्टिक सपोर्ट और सहयोग मिल रहा था.   खुफिया एजेंसियों का दावा है कि हमलावर आतंकी पाकिस्तान में बैठे ऑपरेटिव के साथ प्रत्यक्ष रूप से संपर्क में थे. पहलगाम हमले के संदिग्धों के डिजिटल कनेक्शन पाकिस्तान स्थित मुजफ्फराबाद और कराची के 'सेफ हाउस' पर पाए गए, जिससे सीमा पार आतंकियों के संबंध के साक्ष्य मजबूत हुए. सुरक्षा अधिकारियों ने पुष्टि की है कि हथियारों की प्रकृति और हमले की सटीकता से पता चलता है कि आतंकियों ने प्रशिक्षित संचालकों से सैन्य सहायता ली थी. बता दें कि द रेजिस्टेंस फ्रंट (टीआरएफ) जो छद्म नाम लेकर आतंकी हमले करता है ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है. खुफिया एजेंसियों के अनुसार आतंकवादी पूरी तैयारी के साथ हमले के लिए आए थे. आतंकवादियों ने अपनी पीठ पर बैग टांग रखे थे, जिसमें सूखे मेवे, दवाइयां और संचार उपकरण थे.  5 से 6 विदेशी आतंकवादियों का एक समूह कुछ समय से जंगल में छिपा हुआ था और स्थानीय लोगों की मदद से पहलगाम की रेकी कर रहा था. तैयारी पूरी होने के बाद दहशतगर्दों ने मौका देखकर हमला कर दिया. खुफिया एजेंसियों का दावा है कि 3 से4 आतंकवादियों ने एके-47 से लगातार फायरिंग की. इस दौरान 2 पाकिस्तानी आतंकवादी पश्तो भाषा बोल रहे थे. उनके साथ 2 स्थानीय आतंकी (आदिल और आसिफ) भी थे. ये दो स्थानीय आतंकवादी बिजभेरा और त्राल के हैं. पाकिस्तानी आतंकियों ने बॉडी कैमरा पहनकर सब कुछ रिकॉर्ड किया. माना जा रहा है कि पहलगाम में आतंकवादी हमला 26/11 मुंबई आतंकवादी हमले की तर्ज पर किया गया था. इस आतंकवादी हमले का उद्देश्य जम्मू-कश्मीर की अर्थव्यवस्था को निशाना बनाना था. इस हमले के पीछे संभवतः पाकिस्तानी एजेंसी आईएसआई का हाथ है. खुफिया एजेंसियों ने इस हमले को अंजाम देने वाले 4 आतंकियों की एक साथ तस्वीरें जारी की है. इन तस्वीरों में सबसे दायीं ओर पाकिस्तानी सेना से रिटायर आसिफ फौजी भी शामिल है. जांच से ताल्लुक रखने वाले एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी ने कहा, "यह सिर्फ एक अलग-थलग आतंकी घटना नहीं है. हमलावरों को सीमा पार से निर्देशित, सुसज्जित किया गया था और उन्हें सपोर्ट दिया गया. उनका उद्देश्य क्षेत्र को अस्थिर करना और शांति को पटरी से उतारना है." गृह मंत्रालय स्थिति पर कड़ी नजर रख रहा है और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सुरक्षा तैनात की गई है. वरिष्ठ खुफिया और सैन्य अधिकारियों की अध्यक्षता में इस सप्ताह के अंत में एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक होने की उम्मीद है. यह घटना क्षेत्र में सक्रिय आतंकवादी समूहों द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली रणनीति में बदलाव का संकेत देती है. अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि सैन्य-ग्रेड हथियारों और एन्क्रिप्टेड संचार प्रणालियों का उपयोग कश्मीर में हाइब्रिड युद्ध के एक नए चरण की ओर इशारा करता है. राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) द्वारा जांच की जिम्मेदारी संभालने की उम्मीद के साथ, हमले की योजना बनाने और उसे अंजाम देने में शामिल व्यापक नेटवर्क के बारे में अधिक विवरण सामने आने की संभावना है. पाकिस्तान ने अपनी पहली प्रतिक्रिया में क्या कहा? बता दें कि पहलगाम अटैक के बाद पाकिस्तान की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है. पाकिस्तान ने इस घटना से पल्ला झाड़ते हुए कहा है कि उसका इससे कोई लेना-देना नहीं है. रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि पहलगाम आतंकी हमले से पाकिस्तान का कोई लिंक नहीं है. हमारा इससे कोई लेना-देना नहीं है. हम हर तरह के आतंकवाद की निंदा करते हैं. उन्होंने कहा कि पहलगाम की घटना से हमारा कोई ताल्लुक नहीं है.     recent visitors 35

भोपाल में आतंकवादियों के खिलाफ मुस्लिम समाज का फूटा गुस्सा, पुतला फूंककर लगाए पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे

भोपाल भोपाल आज बुधवार दोपहर में वक्फ बोर्ड परिसर में पाकिस्तान का पुतला दहन किया गया। इस दौरान उन्होंने कहा कि संपूर्ण कश्मीर भारत का अभिन्न अंग हे और वहां हमारे हिन्दू भाइयों के आस्था केंद्र धार्मिक स्थल भी हैं। कश्मीर का मुसलमान भी इन धार्मिक स्थलों की यात्रा में सदैव हिन्दू भाइयों का सहयोगी रहा है। निर्दोष यात्रियों के कत्लेआम से शेष भारत का मुस्लिम समुदाय भी आहत हुआ है। मध्यप्रदेश में भी लोगों ने आतंकवादियों की इस कायराना हरकत की निंदा की है। भोपाल में जय हिंद सेना ने भारत माता चौराहे पर प्रदर्शन किया, तो मध्य प्रदेश वक्फ बोर्ड के कार्यालय के बाहर बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोगों ने पाकिस्तान और आतंकवाद का पुतला जलाया। भोपाल के चार बत्ती चौराहे पर कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद के नेतृत्व में प्रदर्शन किया गया। इस दौरान 'आतंकवाद मुर्दाबाद' और 'मोदी जी 56 इंच का सीना दिखाना होगा' जैसे नारे लगाए गए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ पूरा देश एकजुट है। इस कुकृत्य का मुंहतोड़ जवाब आतंकियों को जरूर मिलेगा। पूर्व सीएम कमलनाथ और पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने भी इस हमले की निंदा की है। सीएम बोले- आतंकियों को मुंह तोड़ जवाब मिलेगा सीएम डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर लिखा, जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुआ कायराना आतंकी हमला घोर निंदनीय है। इस कायराना और अमानवीय कृत्य में कई निर्दोष लोगों की जान गई है। मैं सभी दिवंगतों की पुण्यात्माओं को श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। इस घृणित कृत्य में अपने प्रियजनों को खोने वाले सभी शोकाकुल परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। बाबा महाकाल से प्रार्थना है कि हमले में सभी घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्रदान करें। गंजबासौदा में संगठन के लोगों ने पाकिस्तान और आतंकवाद का पुतला फूंका गंजबासौदा में बुधवार को पहलगाम में आतंकी हमले के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने आतंकवाद और पाकिस्तान का पुतला जलाया है। इस दौरान बरेठ रोड स्थित संजय गांधी स्मृति महाविद्यालय के पास ABVP के करीब 50-60 पदाधिकारी कार्यकर्ता एकत्रित हुए. अभाविप के जिला संयोजक बोले- आतंकवाद को खत्म करने का समय आ गया प्रदर्शन के दौरान अभाविप के जिला संयोजक शुभम सिंह ठाकुर ने कहा कि आतंकवाद और उसके समर्थकों को समाप्त करने का समय आ गया है। जब तक आतंक की जड़ प्रहार नहीं किया जाएगा, तब तक देश के निर्दोष नागरिक ऐसी घटनाओं का शिकार होते रहेंगे। ABVP कार्यकर्ताओं ने आतंकवाद के खिलाफ किया प्रदर्शन अभाविप के कार्यकर्ताओं ने आतंकवाद के खिलाफ कड़ा संदेश दिया और पाकिस्तान की आतंक समर्थक नीतियों की निंदा की। कार्यक्रम में अभाविप के कई कार्यकर्ताओं ने भाग लिया और सभी ने एकजुट होकर आतंकवाद के खिलाफ आवाज उठाई। recent visitors 33

सीएम विष्णुदेव साय का पहलगाम आतंकी हमले पर बड़ा बयान, बोले – इस तरह की घटना का बदला लेगा देश

 रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पहलगाम में पर्यटकों पर आतंकी हमले की निंदा करते हुए कहा कि इस तरह की घटनाओं का देश बदला लेगा. इसके साथ ही छत्तीसगढ़ से पहलगाम गए पर्यटकों के बारे में मुख्य सचिव, कलेक्टर व पुलिस अधीक्षक से जानकारी ली. साथ ही आतंकी हमले में मारे गए रायपुर के कारोबारी दिनेश मिरानिया के परिवार की हरसंभव मदद करने के निर्देश दिए. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मुंबई दौरे पर रवाना होने से पहले एयरपोर्ट पर मीडिया से चर्चा में कहा कि इस तरह की घटनाओं पर देश ने करारा जवाब दिया है. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सऊदी अरब के दौरे के बीच से वापस लौट गए हैं. उन्होंने लौटते ही एयरपोर्ट पर बैठक ली, इससे घटना को लेकर उनकी गंभीरता समझ आती है. सीएम साय ने सभी मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस आतंकी हमले में रायपुर के दिनेश मिरानिया का भी दुखद निधन हुआ है। स्थानीय प्रशासन परिवार के संपर्क में है। शासन-प्रशासन की ओर से पूरा सहयोग दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज सुबह मुंबई के लिए रवाना हुए, जहां वे बॉम्बे एग्ज़िबिशन सेंटर में आयोजित कार्यक्रमों में शिकरत करेंगे। उन्होंने कार्यक्रम को लेकर बताया कि मुंबई का दो दिवसीय दौरा है, आज टेक्सटाइल पर MOU कार्यक्रम है. वे अंतर्राष्ट्रीय स्टील कार्यक्रम में भी शामिल होंगे। इस दौरान उद्योगपतियों को निवेश के लिए आमंत्रित किया जाएगा। recent visitors 22

पाकिस्तान और दहशतगर्दों को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए भारत एकजुट: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

इंदौर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले में इंदौर निवासी सुशील नथानियल की असामयिक मृत्यु पर गहन शोक व्यक्त किया। उन्होंने बाबा महाकाल से दिवंगत पुण्यात्मा की शांति के लिए प्रार्थना की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को मीडिया को जारी संदेश में कहा कि सुशील नथानियल अलीराजपुर में एलआईसी कार्यालय में पदस्थ थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि वे स्वयं इंदौर में नथानियल की पार्थिव देह पर पुष्पांजलि अर्पित करेंगे। प्रदेश सरकार हमले में घायल नथानियल की बेटी आकांक्षा की मदद के लिए हर स्तर पर प्रयास कर रही है। दुख की इस घड़ी में सरकार मृतक के परिवार के साथ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित पूरा केंद्रीय नेतृत्व इस मामले पर पल-पल नजर रखे हुए हैं। कश्मीर में पर्यटकों पर हमला पाकिस्तान की कायराना हरकत है। यह घटनाक्रम पूरे देश पर वज्रपात के समान है। पाकिस्तान और उसके हिमायती दहशतगर्दों को इस हमले का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए पूरा देश एकजुट है।   recent visitors 29

इंदौर के सुशील नथानियल की पहलगाम हमले में मौत, बेटी आकांक्षा को भी लगी गोली, पत्नी भी घायल

इंदौर  जम्मू-कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसारन घाटी में मंगलवार दोपहर 2:45 बजे हुए आतंकी हमले में 28 लोगों की जान चली गई। इस भीषण हमले में इंदौर के वीणा नगर निवासी सुशील नथानियल की गोली लगने से मौत हो गई, जबकि उनकी बेटी आकांक्षा नथानियल गोली लगने से घायल हो गई हैं। घूमने गया था परिवार परिवार परिवार हाल ही में कश्मीर घूमने गया था। सुशील, जो अलीराजपुर जिले में एलआईसी की सैटेलाइट शाखा में पदस्थ थे, अपने बेटे आस्टन, बेटी आकांक्षा और पत्नी जेनिफर के साथ चार दिन पहले ही कश्मीर पहुंचे थे। एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून-व्यवस्था) अमित सिंह ने उनकी मौत की पुष्टि की है। आखिरी क्षणों में दिखाया साहस सुशील के छोटे भाई विकास नथानियल ने बताया कि हमलावरों ने पहले सुशील को घुटनों पर बैठाया और उनसे कलमा पढ़ने के लिए कहा। जब उन्होंने अपना धर्म ईसाई बताया, तो आतंकियों ने उन्हें गोलियों से छलनी कर दिया। हमले के दौरान सुशील ने अपनी पत्नी को छिपा दिया और खुद सामने आकर आतंकियों का सामना किया। बेटी को पैर में लगी है गोली आकांक्षा को पैर में गोली लगी है, जबकि जेनिफर भागते समय गिरने से घायल हुईं। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पत्नी का जन्मदिन मनाने पहुंचा था परिवार परिवार मूल रूप से अलीराजपुर के जोबट का रहने वाला है, लेकिन वर्तमान में इंदौर के एमआर-10 क्षेत्र के वीणा नगर में निवास कर रहा था। सुशील नथानियल अपनी पत्नी जेनिफर का जन्मदिन मनाने अपने 21 वर्षीय बेटे और 30 वर्षीय बेटी के साथ पहलगाम गए थे। जेनिफर खातीपुरा के एक सरकारी स्कूल में शिक्षिका हैं और आकांक्षा सूरत स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा में कार्यरत हैं। बेटा आस्टन और जेनिफर फिलहाल सुरक्षित हैं। इंदौर की दो महिलाएं घायल पहलगाम में हुए आतंकी हमले में शहर की दो महिलाएं बाल-बाल बचीं। एक महिला तो भगदड़ में घायल भी हो गई। दूसरी महिला गोलियों की आवाज और पर्यटकों के शव देखने के बाद अवसाद में चली गईं। उनका उपचार चल रहा है। सेना ने इंदौर पुलिस को सूची साझा करते हुए कहा कि महिलाओं का नाम जेनिफर और आकांक्षा है। उनके सामने ही आतंकवादियों ने गोलियां चलाईं। पास से निकल गई गोलियां अंधाधुंध फायरिंग के बाद महिलाएं भागी थीं। एक महिला भागने के दौरान गिरकर घायल हो गई। एक महिला के पास से गोलियां निकल गईं। वह सदमे में है। एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून) अमित सिंह ने इसकी पुष्टि की है। हमारे महू प्रतिनिधि के अनुसार किशनगंज क्षेत्र के निवासी सुमित शर्मा भी जम्मू-कश्मीर घूमने गए थे। घटना के आधा घंटे पहले ही वे घाटी से नीचे आ गए थे। जेनिफर-आकांक्षा अस्पताल में भर्ती सेना ने इंदौर पुलिस को पहलगाम हमले के मृतकों और घायलों की लिस्ट भेजी है। इसके आधार पर एडिशनल पुलिस कमिश्नर (कानून एवं व्यवस्था) अमित सिंह ने बताया- अंकिता को पैर में गोली लगी है जबकि जेनिफर भागते समय गिरने से घायल हुई। दोनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हमारे निकलने के 15 मिनट बाद ही हमला जिस जगह आतंकी हमला हुआ, वहां मध्य प्रदेश के महू के किशनगंज में रहने वाले होटल और प्रॉपर्टी कारोबारी सुमित शर्मा भी परिवार के साथ मौजूद थे। वे 15 मिनट पहले ही परिवार के साथ वहां से निकले थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने की निंदा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों पर हुए आतंकी हमले की निंदा की है। उन्होंने दिवंगत नागरिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि पहलगाम में हुआ आतंकी हमला कायराना और अमानवीय कृत्य है। इसमें कई निर्दोष लोगों की जान चली गई है। टीआरएफ ने ली हमले की जिम्मेदारी मंगलवार को हुए इस आतंकी हमले की जिम्मेदारी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े टीआरएफ ने ली है। रिपोर्ट्स के अनुसार, आतंकियों ने एक पर्यटक से नाम पूछकर उसे सिर में गोली मारी और फिर अंधाधुंध फायरिंग करते हुए फरार हो गए। मृतकों में इटली और इजराइल के एक-एक नागरिक के साथ दो स्थानीय लोग शामिल हैं। अन्य मृतक पर्यटक मध्यप्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और ओडिशा से हैं। recent visitors 23