MP सरकार ने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक और ठोस कदम उठाया, सागर जिले में 258.64 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को प्रदेश का 25वां अभयारण्य प्रदान किया

सागर राज्य शासन ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में एक अहम पर्यावरणीय निर्णय लेते हुए सागर जिले के 258.64 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को ‘डॉ. भीमराव अंबेडकर अभयारण्य’ के रूप में अधिसूचित किया है। यह प्रदेश का 25वां अभयारण्य होगा। मध्य प्रदेश सरकार ने भारत के संविधान निर्माता डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के नाम पर वन्यजीव अभयारण्य की घोषणा की है। एक अधिकारी ने इसके बारे में जानकारी दी। सरकार ने शुक्रवार को डॉ. भीमराव अंबेडकर अभ्यारण्य के गठन के बारे में अधिसूचना जारी की। यह घोषणा 14 अप्रैल को मनाई जाने वाली अंबेडकर की 134वीं जयंती से पहले की गई है। इसके साथ ही, बाघ अभयारण्यों के लिए मशहूर राज्य में 25 वन्यजीव अभयारण्य हो गए हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने एक बयान में कहा कि नए अभयारण्य के बनने से संरक्षण प्रयासों को बल मिलेगा और वन एवं वन्यजीवों को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के अलावा, नए अभयारण्य से पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा और इससे स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। डॉ. भीमराव अंबेडकर अभ्यारण्य सागर जिले के उत्तर सागर वन प्रभाग, तहसील बंडा और शाहगढ़ वन के 258.64 वर्ग किलोमीटर आरक्षित वन क्षेत्र में फैला होगा। नए अभ्यारण्य की जानकारी संपर्क अधिकारी केके जोशी ने दी। उन्होंने बताया कि अभयारण्य के गठन से वन एवं वन्य-प्राणियों का संरक्षण एवं संवर्धन होगा। यह नया संरक्षित क्षेत्र उत्तर सागर वन मंडल की तहसील बंडा एवं शाहगढ़ के आरक्षित वन क्षेत्र को सम्मिलित करता है। अभयारण्य का उद्देश्य वन एवं वन्य-प्राणियों के संरक्षण और पारिस्थितिकीय संतुलन को सुदृढ़ बनाना है। इसके साथ ही, राज्य सरकार को उम्मीद है कि यह कदम पर्यटन को प्रोत्साहित करेगा और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा। प्राकृतिक पारिस्थितिक तंत्र को संरक्षित करने की दिशा में यह कदम राज्य की पर्यावरणीय प्रतिबद्धता को दर्शाता है। recent visitors 36

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आप सुजिरा अमृतः सुवर्चाः शंभू मयोभू,अर्थात जल न केवल अमृतस्वरूप है

जल गंगा संवर्धन भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि “आपः सुजिरा अमृतः सुवर्चाः शंभू मयोभूः", अर्थात जल न केवल अमृतस्वरूप है, बल्कि शुभ, पवित्र और जीवनदायक भी है। उन्होंने कहा है कि जल जीवन जीने का संसाधन मात्र नहीं, अपितु हमारा सनातन संस्कार है। हमारे ग्रंथ कहते हैं कि जल की हर बूंद में जीवन है और हर स्रोत में आने वाले कल का भविष्य छिपा है। इसलिए इस अमूल्य धरोहर की किसी भी मूल्य पर रक्षा करना हमारा दायित्व है। इसी दायित्व की पूर्ति के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में प्रदेश में ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ संचालित किया जा रहा है। इसमें नवीन जल संग्रहण संरचनाओं के साथ-साथ पूर्व से मौजूद जल संग्रहण संरचनाओं का जीर्णोद्धार, जल स्त्रोतों और जल वितरण प्रणालियों की साफ सफाई, जल स्त्रोतों के आस-पास पौध रोपण के कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। जन-जागरुकता अभियानों के माध्यम से प्रदेश के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में इस अभियान में जन-भागीदारी सुनिश्चित की जा रही है। छिंदवाड़ा जिले में सक्रिय जनसहयोग छिंदवाड़ा जिले के ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में 30 मार्च से शुरू हुए कार्यों के अंतर्गत कलेक्टर शीलेंद्र सिंह ने जनपद पंचायत जुन्नारदेव पहुंच कर बुधवारा गांव में तालाब के गहरीकरण हेतु ग्रामवासियों के साथ मिलकर श्रमदान किया। तालाब के जीर्णोद्धार के साथ ही इसमें जमा गाद निकालकर सफाई की जा रही है। इसी के साथ छिंदवाड़ा जिले की जन अभियान परिषद शाखा ने कन्हांन नदी तट की सफाई करते हुए जल संरक्षण की शपथ दिलाई। बुरहानपुर में जल संरक्षण के साथ पर्यावरण संतुलन का प्रयास जल गंगा संवर्धन अभियान में वन विभाग द्वारा जिले के वन क्षेत्रों में स्थित जल-स्त्रोतों की सफाई, तालाब, बावड़ियों, स्टॉप डेम का गहरीकरण और पौधारोपण का कार्य किया जा रहा है। सोलाबरडी और गढ़ताल रेंज वन क्षेत्रों समेत जिले के 67 चिन्हित जल-स्त्रोतों की सफाई और गहरीकरण का काम किया जा रहा है। वन विभाग का अमला स्थानीय नागरिकों की भागीदारी से नदी, तालाबों, बावड़ियों में जमा कचरा, सूखे पत्ते, गाद और झाड़ियां को हटा रहा है। अमरावती नदी के तटों पर भी वृहद स्तर पर सफाई अभियान जारी है। इससे मानसून के दौरान इन स्त्रोतों में पानी का भराव आसानी से हो सकेगा। जल संरचनाओं में पानी का भराव होने से वन्य जीवों और पक्षियों को भी राहत मिलेगी और भूजल स्तर बना रहने से पर्यावरण भी संतुलित रहेगा। देवास जिले में नये एवं पुराने जल संरचनाओं का जीर्णोद्धार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्पों को साकार करने के उद्देश्य से देवास जिले में भी ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ 30 मार्च से 30 जून तक चल रहा है। कलेक्टर ऋतुराज सिंह एवं जिला पंचायत के सीईओ हिमांशु प्रजापति के मार्गदर्शन में नये तालाबों का निर्माण किया जा रहा है। इसके साथ ही पुराने तालाबों, बावड़ियों, नदियों एवं कुँओं का जीर्णोद्धार व पौधारोपण के कार्य जन-भागीदारी से किये जा रहे हैं। जिले की जनपद पंचायत खातेगांव में ग्राम पंचायत बछखाल के बोरदा गांव में तालाब का गहरीकरण किया गया है। इसी क्रम में जिला प्रशासन एवं ग्रामीणों के जनसहयोग से जिले की जनपद पंचायत देवास की ग्राम पंचायत गदाईशा पीपल्या में तालाब का गहरीकरण किया जा रहा है। इससे बारिश के दिनों में जल-संचय बढ़ेगा जिससे पेयजल एवं कृषि दोनों के लिए पानी उपलब्ध हो सकेगा।  शिवपुरी एवं शहडोल में हनुमान जन्मदिवस पर सामुदायिक श्रमदान शिवपुरी जिले के विकासखंड शिवपुरी में निवर्तमान नवांकुर संस्था, ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति बूढ़ीबरोद, सेक्टर सुरवाया व ग्राम विकास समिति धुवानी के संयुक्त प्रयास से ग्राम धुवानी तालाब में श्रमदान कर मिट्टी हटाई गई और जल संरक्षण हेतु प्रेरणा दी गई। वहीं, शहडोल जिले में हनुमान जयंती के अवसर पर जिला प्रशासन एवं नगरपालिका के संयुक्त तत्वावधान में प्राचीन विराटेश्वर मंदिर परिसर में स्थित बाणगंगा कुण्ड में सफाई अभियान चलाया गया। विधायक मनीषा सिंह, कलेक्टर डॉ. केदार सिंह एवं अन्य जनप्रतिनिधियों ने इस अभियान में भाग लेते हुए जल संरक्षण की शपथ भी ली। अभियान का समग्र उद्देश्य इस अभियान के अंतर्गत नई जल संरचनाओं का निर्माण और पुरानी संरचनाओं का जीर्णोद्धार किया जा रहा है। जल स्रोतों और जल वितरण प्रणालियों की सफाई के साथ-साथ उनके आस-पास पौधारोपण को प्राथमिकता दी जा रही है। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में जन-जागरुकता अभियानों के माध्यम से लोगों में जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा रही है। ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ का उद्देश्य न केवल जल संरचनाओं के संरक्षण एवं जीर्णोद्धार में सहायता प्रदान करना है, बल्कि सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले जल स्रोतों को पुनर्जीवित करते हुए वर्तमान एवं भविष्य की पीढ़ियों में भारत के स्वर्णिम अतीत से परिचय एवं प्रेरणा का संचार करना भी है। अभियान में मशीन, सामग्री व श्रम का समुचित नियोजन कर आमजन, स्थानीय समुदाय, जनप्रतिनिधि एवं सरकार का संयुक्त प्रयास सुनिश्चित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे इस महत्त्वपूर्ण अभियान में एकजुटता के साथ भाग लेकर जल संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाएं, क्योंकि “जल है तो कल है”।   recent visitors 38

CMAM प्रोटोकॉल से गंभीर कुपोषित बच्चों का प्रबंधन और 6 वर्ष से कम बच्चों को मोटापे से बचाने पर फोकस किया जा रहा

भोपाल मध्यप्रदेश में 8 से 22 अप्रैल 2025 तक सातवां “पोषण पखवाड़ा” पूरे जोश और जागरूकता के साथ मनाया जा रहा है। हर वर्ष की तरह इस बार भी राज्य में विभिन्न जनजागरूकता गतिविधियों के माध्यम से कुपोषण की रोकथाम और संतुलित जीवनशैली को बढ़ावा देने का कार्य किया जा रहा है। केंद्र सरकार के इस महत्वपूर्ण अभियान का उद्देश्य आमजन, महिलाओं और बच्चों को पोषण के महत्व को समझाकर एक स्वस्थ समाज की नींव रखना है। पोषण पखवाड़ा 2025 में प्रमुखता से 4 विषयों जीवन के पहले 1000 स्वर्णिम दिवसों का महत्व, पोषण ट्रैकर ऐप के हितग्राही मॉड्यूल की जानकारी और उपयोगिता, CMAM प्रोटोकॉल से गंभीर कुपोषित बच्चों का प्रबंधन और 6 वर्ष से कम बच्चों को मोटापे से बचाने पर फोकस किया जा रहा है। स्वर्णिम 1000 दिवस – जीवन की मजबूत नींव गर्भावस्था से लेकर जन्म के बाद पहले दो वर्षों तक के 1000 स्वर्णिम दिवस बच्चे के मानसिक और शारीरिक विकास के लिए बेहद अहम होते हैं। इस दौरान उनके जीवनकाल का 85 प्रतिशत बौद्धिक विकास हो जाता है। पोषण पखवाड़ा में इस अवधि के दौरान पोषण और देखभाल पर विशेष बल देते हुए माताओं को संतुलित आहार और स्तनपान के लिए प्रेरित किया जा रहा है। पोषण ट्रैकर ऐप – पोषण की डिजिटल निगरानी पोषण ट्रेकर ऐप ‘poshantracker.in’ के माध्यम से घर बैठे ही पोषण स्तर की निगरानी करना अब संभव है। यह ऐप आंगनवाड़ी सेवाओं का डिजिटलीकरण करने के साथ हितग्राहियों को भी बच्चों और माताओं के पोषण पर नज़र रखने में सक्षम बनाता है। भारत सरकार द्वारा पोषण ट्रेकर ऐप के अंतर्गत हितग्राही मॉड्यूल विकसित किया गया है। इसमें हितग्राही अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर से लॉग-इन बच्चों के पोषण स्तर के विकास की निगरानी के साथ उन्हें केन्द्र से मिलने वाले पोषण आहार की निगरानी घर बैठे कर सकते हैं। CMAM रणनीति से कुपोषण पर नियंत्रण प्रदेश में कम्युनिटी मैनेजमेंट ऑफ एक्यूट मॉलन्यूट्रिशन (CMAM) यानी गंभीर कुपोषण का समुदाय स्तर पर प्रबंधन मुख्यमंत्री बाल आरोग्य संवर्धन कार्यक्रम के तहत वर्ष-2020 से प्रारंभ हुआ। पोषण पखवाडा़ में अति गंभीर कुपोषित (SAM), अति कम वजन (SUW) एवं मध्यम गंभीर कुपोषित (MAM) बच्चों का चिन्हांकन कर उनकी स्वास्थ्य जाँच तथा अति गंभीर कुपोषित (SAM) बच्चों की भूख की जाँच कर आवश्यकतानुसार उपचार एवं सामुदायिक स्तर पर परिवार के सहयोग से पोषण प्रबंधन किया जा रहा है। बचपन में मोटापे से सतर्कता नेशनल फेमिली हेल्थ सर्वे (NFHS) रिपोर्ट के अनुसार बच्चों में मोटापे की दर में वृद्धि चिंताजनक है। इसे ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा बच्चों को जंक फूड से दूर रखने और पौष्टिक भोजन को बढ़ावा देने की नीति अपनाई गई है। पोषण पखवाड़ा में बच्चों को पौष्टिक खाना खिलाना और स्कूलों में पौष्टिक भोजन के बढ़ावा देने के लिये पोषण ट्रेकर के माध्यम से मोटापे के जोखिम वाले बच्चों की पहचान कर उनके अभिभावकों को पोषण परामर्श दिया जा रहा है। प्रदेशभर में जागरूकता की लहर आंगनवाड़ी केंद्रों पर थीम आधारित गतिविधियों, योग सत्र, खेलकूद, पोषण रैली, साइकिल रैली, एनीमिया जागरूकता शिविर, लंच बॉक्स प्रतियोगिता और समूह चर्चाओं का आयोजन हो रहा है। पोषण ट्रैकर में रजिस्ट्रेशन को प्रोत्साहित किया जा रहा है ताकि माताओं और बच्चों के पोषण स्तर की निगरानी और समस्याओं का समय पर निदान सुनिश्चित किया जा सके।   recent visitors 38

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ के विकास में युवाओं की भागीदारी को लेकर की चर्चा

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज नवा रायपुर में विचार फॉर विकसित छत्तीसगढ़ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने युवाओं के साथ आत्मीय संवाद कर छत्तीसगढ़ के उज्ज्वल भविष्य और विकास में उनकी सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने युवाओं से सीधा संवाद करते हुए उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अधिकाधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए संकल्पबद्ध है। उन्होंने बताया कि स्किल डेवलपमेंट, स्टार्टअप प्रमोशन और उद्योगों से जुड़ाव जैसी योजनाओं के माध्यम से युवाओं को सशक्त किया जा रहा है। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ें और राज्य के समग्र विकास में अपनी अहम भूमिका निभाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सलवाद छत्तीसगढ़ में अब अंतिम साँसें गिन रहा है और मार्च 2026 तक नक्सल का समूल नाश होगा। छत्तीसगढ़ की यह सुंदर धरती विकास की नई ऊँचाइयों को छुएगी और शांत, सुरक्षित, खुशहाल और समृद्ध प्रदेश के रूप में इसे नई पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज नवा रायपुर में एएनआई द्वारा आयोजित विचार फॉर विकसित छत्तीसगढ़ कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने एएनआई की संपादक श्रीमती स्मिता प्रकाश के साथ पॉडकास्ट में अपने पारिवारिक, राजनीतिक जीवन और मुख्यमंत्री के रूप में अब तक के सफर और उपलब्धियों पर खुलकर बातचीत की। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हमने प्रदेशवासियों के हित में मोदी की गारंटी की बात कही थी और हमारी सरकार ने बड़े निर्णय लेते हुए इसे पूरा करने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाए हैं। उन्होंने बताया कि अधिकांश मोदी की गारंटी पूरी कर दी गई हैं। हमारी सरकार ने पहले ही कैबिनेट में 18 लाख गरीब परिवारों को आवास मुहैया कराने का बड़ा फैसला लिया था। प्रदेश की माताओं-बहनों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रतिमाह ₹1000 की राशि प्रदान की जा रही है। पीएससी की परीक्षाओं में युवाओं के साथ हुए अन्याय के खिलाफ सीबीआई जांच जैसे बड़े निर्णय हमारी सरकार ने लिए हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के आर्थिक विकास को गति देने के लिए निवेश अनुकूल नई औद्योगिक नीति लागू की गई है। इस नीति की सफलता का प्रमाण इस बात से मिलता है कि इसके लागू होने के बाद से सरकार को करोड़ों रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। हमारा उद्देश्य निवेश के साथ-साथ स्थानीय युवाओं को रोजगार देना भी है। साय ने कहा कि हमने विकसित छत्तीसगढ़ का विजन डॉक्युमेंट तैयार किया है और विकसित भारत के लक्ष्य को पाने में हर प्रदेशवासी की अहम भूमिका होगी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार पंकज झा सहित बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे। recent visitors 39

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कन्नौद में एक करोड़ 46 लाख के विकास कार्यों का लोकार्पण और 10 करोड़ 53 लाख के विकास कार्यों का भूमि पूजन किया

कन्नौद   केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कन्नौद में हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास के स्वीकृति पत्र वितरित किए और कई विकास कार्यों का भूमिपूजन-लोकार्पण किया। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक करोड़ 46 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण और 10 करोड़ 53 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि पूजन किया। प्रधानमंत्री आवास योजना की हितग्राहियों को दिए प्रमाणपत्र प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण अंतर्गत पात्र हितग्राहियों और अन्य योजनाओं के हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र वितरण कार्यक्रम कन्नौद में आयोजित हुआ। इस दौरान केन्द्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक करोड़ 46 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 10 करोड़ 53 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमिपूजन भी किया। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि खातेगांव विधानसभा क्षेत्र में मां रेवा उद्यम सिंचाई योजना सहित अन्य योजनाओं से पानी पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। इन योजनाओं से विधानसभा क्षेत्र में सिंचाई के लिए और घर-घर पानी मिलेगा। गांवों में पाइपलाइन का जाल बिछाया जा रहा है उन्होंने कहा कि किसानों की सबसे बड़ी समस्या पानी है। हम सिंचाई परियोजनाओं के माध्यम से खेतों में पानी पहुंचाने का कार्य कर रहे हैं। किसानों को पानी उपलब्ध करवा रहे हैं। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा गांव-गांव जल जीवन मिशन अभियान के माध्यम से पानी पहुंचाया जा रहा है। ग्रामों में टंकी बनाकर पाइपलाइन का जाल बिछाया जा रहा है, जिससे नल के माध्यम से घर में पानी मिल रहा है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन इस बात का ध्यान रखें की जल जीवन मिशन में कार्य अच्छी गुणवत्ता का हो मेरे लिए जनता की सेवा ही भगवान की पूजा है। केंद्र सरकार किसानों को आगे बढ़ने का काम कर रही है केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा किसानों को आगे बढ़ाने के लिए कार्य किया जा रहा है। किसानों से एमएसपी पर फसल खरीदी जा रही है। किसानों की आईडी बनाई जा रही है, जिसमें परिवार, पशु, फसल, कृषि संबंधित सभी जानकारियां होगी। उन्होंने कहा कि रिमोट सेंसिंग से फसल का नुकसान का आकंलन किया जाएगा। डिजिटल कृषि स्ट्रक्चर बनाया जा रहा है। recent visitors 51

अपने सांसद रामजी लाल सुमन से मिलने 19 अप्रैल को आगरा आएंगे अखिलेश यादव

आगरा उत्तर प्रदेश के आगरा में आज शनिवार को करणी सेना की प्रस्तावित 'स्वाभिमान रैली' को लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं. राणा सांगा जयंती पर आयोजित यह जनसभा एतमादपुर क्षेत्र के गढ़ी रामी गांव में हो रही है. समाजवादी पार्टी के सांसद रामजी लाल सुमन द्वारा राणा सांगा को लेकर दिए गए बयान के बाद से बवाल मचा हुआ है. करणी सेना ने चेतावनी दी है कि अगर सपा सांसद के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो उनके आवास की ओर मार्च किया जाएगा. करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज शेखावत ने चेतावनी दी है कि अगर शाम 5 बजे तक सपा सांसद रामजी लाल सुमन के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो वे आगरा में उनके आवास तक मार्च करेंगे. करणी सेना की रैली में शामिल होने के लिए शुक्रवार रात से ही अलग-अलग जिले और शहरों से लोग पहुंचने शुरू हो गए. इस रैली के लिए लगभग 50,000 स्क्वायर मीटर के खेत को समतल कर सभा स्थल में तब्दील किया गया है और हजारों की संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना है. केंद्रीय मंत्री एसपी सिंह बघेल भी करणी सेना की रैली में शामिल होने आगरा पहुंचे हैं. ओकेंद्र राणा का ऐलान अगर 5 बजे तक मांगे पूरी नहीं तो होगा शक्ति प्रर्शन  ओकेंद्र राणा ने ऐलान किया कि अगर शाम 5 बजे तक मांगें पूरी नहीं हुईं तो शक्ति प्रदर्शन होगा। सपा संसद भवन तक मार्च करेगी। उन्होंने शपथ ली कि 2027 में हम सपा का बहिष्कार करेंगे। वोट नहीं देंगे। शाम 5 बजे के बाद तैयार रहें। मार्च होगा।  करणी सेना कली है, ये बीजेपी वाले हैं; बोले अखिलेश  अखिलेश यादव ने कहा है, "अगर कोई हमारे रामजीलाल सुमन या हमारे कार्यकर्ता का अपमान करेगा तो हम समाजवादी लोग भी उनके साथ खड़े दिखाई देंगे, उनके सम्मान की लड़ाई लड़ने का काम करेंगे और यह सेना वेना सब नकली है, यह सब बीजेपी वाले हैं। रामजीलाल सुमन जी के ऊपर किसी तरह का अपमान का व्यवहार नहीं कर पाएंगे और अगर अभी भी सरकार ने खुली छूट दे रखी है तो सरकार इसके लिए जिम्मेदार है।" युवक ने अखिलेश यादव को गोली मारने की दी धमकी  आगरा में करणी सेना की स्वाभिमान रैली के दौरान एक युवक का बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। युवक ने यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को गोली मारने की धमकी दी। उसने कहा कि भारत पूर्वजों का अपमान नहीं सहेगा।  रामजी लाल सुमन से मिलने 19 अप्रैल को आगरा आएंगे अखिलेश यादव सपा के राज्यसभा सांसद रामजी लाल सुमन के राणा सांगा पर दिए गए बयान से राजनीति गर्म हो गई है। BJP और विपक्ष के नेता आपस में बयानबाजी कर रहे हैं। करणी सेना के सदस्‍यों ने शुक्रवार को रामजी लाल सुमन के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। इस बीच, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव 19 अप्रैल को आगरा जाएंगे। वे दोपहर 11:30 बजे सांसद रामजीलाल सुमन के घर जाकर उनसे और उनके परिवार से मिलेंगे। अखिलेश यादव का यह दौरा इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि रामजीलाल सुमन के बयान पर विवाद हो रहा है। BJP इस बयान का विरोध कर रही है और राजपूत समाज के लोग भी नाराज हैं। हालांकि, सपा ने अपने सांसद का समर्थन किया है। रामजीलाल सुमन ने हाल ही में एक ऐसा बयान दिया था, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई। BJP ने इस बयान की कड़ी आलोचना की। राजपूत समुदाय के लोगों ने भी इस पर नाराजगी जताई है. लेकिन, सपा ने अपने सांसद का बचाव करते हुए कहा कि जब इतिहास के पन्ने पलटे जाएंगे तो हम भी इतिहास की बात करेंगे। 'मेरी जान को खतरा' इस बीच सपा के राज्यसभा सांसद रामजी लाल सुमन का बयान आया है. उन्होंने कहा है कि हर किसी को विरोध की आजादी है, देश में विरोध करने का भी तरीका है. लेकिन करणी सेना ने जो तरीका अपनाया है, वह अराजकता का तरीका है. मेरा विचार है, यह मेरे ऊपर नहीं बल्कि PDA पर हमला हुआ है. उन्होंने कहा कि मुझे और मेरे परिवार को जान-माल का खतरा था, इसलिए मैंने राज्यसभा के उपसभापति को सुरक्षा के लिए पत्र लिख कर दिया था. पुलिस प्रशासन को लगता है कि मेरी हत्या हो सकती है, इसलिए सुरक्षा रखी है. हिंसा रोकने के लिए पुलिस ने कसी कमर पुलिस किसी भी प्रकार की हिंसा को रोकने के लिए कमर कस चुकी है. एडीसीपी संजीव त्यागी के मुताबिक, सोशल मीडिया पर नजर रखी जा रही है और अब तक 1300 लोगों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं. एक कंपनी रैपिड एक्शन फोर्स (RAF), आठ कंपनी पीएसी और बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश पुलिस के जवान और अधिकारी सभा स्थल से लेकर सुमन के घर तक के पूरे रूट पर तैनात किए गए हैं. सभा स्थल से लेकर सांसद रामजीलाल सुमन के घर तक की पूरी दूरी को पुलिस ने सुरक्षा घेरे में ले लिया है. सात थाना क्षेत्रों की सड़कें इस रूट से गुजरती हैं, जिन पर सीसीटीवी निगरानी और फिजिकल पेट्रोलिंग की व्यवस्था की गई है. जवानों को अतिरिक्त लाठियां और हेलमेट भी वितरित किए गए हैं, और सुरक्षा वाहनों पर लोहे की जालियां लगाई गई हैं. 26 मार्च को हुआ था बवाल बता दें कि समाजवादी पार्टी के राज्यसभा सांसद रामजी लाल सुमन द्वारा राणा सांगा को लेकर दिए गए बयान के बाद से बवाल मचा हुआ है. इससे पहले करणी सेना ने 26 मार्च को रामजी लाल सुमन के आवास पर प्रदर्शन कर तोड़फोड़ की थी, जिसमें कई लोग घायल हो गए थे, जिनमें कुछ पुलिसकर्मी भी शामिल थे. घटना के संबंध में 27 मार्च को आगरा के हरिपर्वत थाने में हत्या के प्रयास सहित गंभीर धाराओं में दो मुकदमे दर्ज किए गए थे.   recent visitors 41

सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य : वर्तमान और भावी पीढ़ियां भारत के स्वर्णिम अतीत से होंगी परिचित: प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव की पहल पर दिल्ली के लाल किले में हो रहे सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य की प्रस्तुति की पहल को सराहा सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य :यह पहल देश की सांस्कृतिक चेतना को सशक्त करेगी : प्रधानमंत्री मोदी सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य : वर्तमान और भावी पीढ़ियां भारत के स्वर्णिम अतीत से होंगी परिचित: प्रधानमंत्री मोदी भारतीय संस्कृति की पहचान है विक्रम संवत परंपरा भोपाल प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल पर दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किला मैदान में होने वाले तीन दिवसीय 'सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य' और इससे जुड़ी प्रदर्शनियों के आयोजन सराहना की है। प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश में कहा है कि "मुझे खुशी है कि मध्यप्रदेश के ऊर्जावान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी के मार्गदर्शन में आयोजित इस महोत्सव के माध्यम से सम्राट विक्रमादित्य की गौरवगाथा और वैभव को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।" प्रधानमंत्री मोदी ने कार्यक्रम के आयोजकों एवं इसमें हिस्सा ले रहे देश के कलाकारों को आयोजन की सफलता की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने संदेश में लिखा है कि युगपुरुष सम्राट विक्रमादित्य का शासनकाल जनकल्याण, सुशासन और सांस्कृतिक पुनरुत्थान के लिए जाना जाता है। वह भारत की न्यायप्रिय और लोक कल्याणकारी नेतृत्व परंपरा के प्रतीक थे। उन्होंने साहित्य, कला और विज्ञान को जिस रूप में प्रोत्साहित किया, वह आज भी हमारे लिए आदर्श है। उनके काल की 'विक्रम संवत' परंपरा आज भी भारतीय संस्कृति की पहचान है। सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य और प्रदर्शनी का महत्व एक सांस्कृतिक आयोजन से कहीं अधिक है। इसका उद्देश्य हमारे इतिहास, हमारी जड़ों और हमारे आत्मबोध को एक उत्सव के रूप में मनाने का है। मुझे विश्वास है कि ऐसे आयोजनों से वर्तमान और भविष्य की पीढ़ियां भारत के स्वर्णिम अतीत से परिचित होंगी और उससे प्रेरणा लेकर राष्ट्र निर्माण में आगे बढ़ेंगी। प्रधानमंत्री मोदी ने लिखा है कि सांस्कृतिक मूल्यों को आधार बनाकर, आधुनिकता और विरासत को साथ लेकर, इस अमृत काल में विकसित भारत की ओर अग्रसर राष्ट्र पर सभी को गर्व है। इस यात्रा में सम्राट विक्रमादित्य समेत हमारे महापुरुषों से मिली न्याय, पराक्रम और सेवा जैसी शिक्षाएं हमारा मार्गदर्शन करेंगी। यह आयोजन देश की सांस्कृतिक चेतना को और सशक्त बनाते हुए युवा पीढ़ी को अपने गौरवशाली अतीत से जोड़कर आत्मविश्वास से पूर्ण, जागरूक औ कर्तव्यनिष्ठ नागरिक के रूप में तैयार करने में सहायक सिद्ध होगा।   recent visitors 33