कच्चे तेल का भाव 70 डॉलर प्रति बैरल से नीचे, पेट्रोल-डीजल के दाम में आई बड़ी गिरावट

नई दिल्ली दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट देखी जा रही है. कच्चे तेल का भाव 70 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया है, और कहा जा रहा है कि इसकी कीमतों में आगे और कमी आ सकती है. ऐसे में पेट्रोल और डीजल के दाम भी घटने की उम्मीद है. आज, बुधवार को ब्रेंट क्रूड वायदा 0.3% गिरकर 70.80 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जबकि यूएस वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड 0.9% गिरकर 67.68 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया. भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें रोज़ाना बदलती हैं और सुबह 6 बजे नए रेट अपडेट होते हैं. सरकारी तेल कंपनियों ने आज के लिए ताजा कीमतें जारी कर दी हैं. अगर आप अपने वाहन में पेट्रोल या डीजल भरवाने जा रहे हैं, तो पहले अपने शहर के ताजा दाम जरूर जान लें. आपके शहर में पेट्रोल और डीजल की कीमतें     दिल्ली – पेट्रोल 94.72 रुपए , डीजल 87.62 रुपए प्रति लीटर     मुंबई – पेट्रोल 103.44 रुपए, डीजल  89.97 रुपए प्रति लीटर     कोलकाता – पेट्रोल  104.95 रुपए, डीजल  91.76 रुपए प्रति लीटर     चेन्नई – पेट्रोल  100.76 रुपए, डीजल  92.35 रुपए प्रति लीटर     नोएडा – पेट्रोल  94.87 रुपए, डीजल  88.01 रुपए प्रति लीटर     बेंगलुरु – पेट्रोल  102.86 रुपए, डीजल 88.94 रुपए प्रति लीटर     गुरुग्राम – पेट्रोल  95.19 रुपए, डीजल  88.05 रुपए प्रति लीटर     लखनऊ – पेट्रोल 94.73 रुपए, डीजल  87.86 रुपए प्रति लीटर     हैदराबाद – पेट्रोल 107.41रुपए , डीजल  95.65 रुपए प्रति लीटर     चंडीगढ़ – पेट्रोल 94.24 रुपए, डीजल  82.40 रुपए प्रति लीटर     जयपुर – पेट्रोल  104.91 रुपए, डीजल  90.21 रुपए प्रति लीटर     पटना – पेट्रोल  105.60 रुपए, डीजल 92.43 रुपए प्रति लीटर   recent visitors 38

कर्नाटक में मुस्लिम ठेकेदारों को 4% आरक्षण लाने की तैयारी, सिद्धारमैया का कदम अल्पसंख्यक समर्थन जुटाने का

बेंगलुरु कर्नाटक सरकार मुस्लिम ठेकेदारों को सरकारी निर्माण कार्यों में 4% आरक्षण देने का प्रस्ताव फिर से लाने वाली है। लगभग एक साल पहले इसी तरह का प्रस्ताव विवादों और तुष्टिकरण की राजनीति के आरोपों के बीच वापस ले लिया गया था। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया इस कदम से अहिंदा (अल्पसंख्यक, पिछड़ा वर्ग और दलित) का समर्थन जुटाना चाहते हैं। अहिंदा कांग्रेस का मुख्य वोट बैंक है। इधर सिद्धारमैया के इस प्रस्ताव पर सियासत गरमाने लगी है। बीजेपी ने कांग्रेस सरकार पर निशाना साधा है। सरकार कर्नाटक ट्रांसपेरेंसी इन पब्लिक प्रोक्योरमेंट्स एक्ट, 1999 में संशोधन करने की योजना बना रही है। यह संशोधन विधानसभा के मौजूदा बजट सत्र में लाया जाएगा। इसके जरिए आरक्षण लागू किया जाएगा। वित्त विभाग ने इसका खाका तैयार कर लिया है। कानून और संसदीय कार्य मंत्री एचके पाटिल ने कथित तौर पर संशोधन को मंजूरी दे दी है। कर्नाटक में ठेकेदारों को कितना कोटा? कर्नाटक में अभी एससी और एसटी ठेकेदारों के लिए 24%, ओबीसी वर्ग-1 के लिए 4% और ओबीसी वर्ग-2A के लिए 15% आरक्षण है। इन सबको मिलाकर कुल 43% कांट्रेक्ट आरक्षित होते हैं। अगर प्रस्तावित 4% मुस्लिम कोटा वर्ग-2B के तहत लागू होता है, तो सरकारी ठेकों में कुल आरक्षण 47% हो जाएगा। साथ ही, कांट्रेक्ट की अधिकतम सीमा दोगुनी होकर 2 करोड़ रुपये हो जाएगी। 2013-18 के कार्यकाल में सिद्धारमैया ने शुरू किया था आरक्षण अपने पहले कार्यकाल (2013-18) में, सिद्धारमैया ने सरकारी ठेकों में एससी/एसटी ठेकेदारों के लिए आरक्षण शुरू किया था। इस साल की शुरुआत में, दो ओबीसी वर्गों को भी ऐसा ही लाभ दिया गया था। बेस्टा, उप्पारा और दलित ईसाई जैसे समुदाय वर्ग-1 में आते हैं, जबकि कुरुबा, इडिगा और 100 से अधिक अन्य समुदाय वर्ग-2A का हिस्सा हैं। सिद्धारमैया खुद कुरुबा समुदाय से आते हैं। बीवाई विजयेंद्र ने साधा निशाना कर्नाटक सरकार के इस फैसले से वोक्कालिगा और लिंगायत समुदाय के ठेकेदार नाराज हैं। उन्हें ऐसा कोई आरक्षण नहीं मिलता। भाजपा ने इस कदम का कड़ा विरोध किया है। उसने इसे असंवैधानिक और तुष्टिकरण की राजनीति का उदाहरण बताया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बी वाई विजयेंद्र ने कहा, 'हम धर्म के आधार पर समाज को बांटने वाली कांग्रेस सरकार की नीति का विरोध करते हैं। कांग्रेस सिर्फ मुसलमानों को ही अल्पसंख्यक मानती है, और अन्य वास्तव में हाशिए पर रहने वाले समुदायों को नजरअंदाज करती है। मुसलमानों के पास पहले से ही शिक्षा और रोजगार में आरक्षण है, जो संविधान के खिलाफ है। अब, उन्हें सरकारी ठेकों में 4% आरक्षण देना तुष्टिकरण की राजनीति का चरम है। अगर यह सभी अल्पसंख्यकों के लिए होता, तो हमें कोई आपत्ति नहीं होती।' कर्नाटक विधानसभा में उठेगा मुद्दा विजयपुरा के विधायक बसनगौड़ा पाटिल यतनाल ने कहा कि कर्नाटक में कांग्रेस सरकार पूरी तरह से अल्पसंख्यक तुष्टिकरण पर ध्यान केंद्रित कर रही है। इस तरह का आरक्षण संविधान विरोधी है। उन्होंने दावा किया कि भारतीय संविधान के निर्माता बीआर आंबेडकर अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के खिलाफ थे। यतनाल ने आरोप लगाया कि सरकार संविधान और उसके बुनियादी सिद्धांतों के खिलाफ जा रही है। भाजपा नेताओं ने कहा कि वे इस मुद्दे को कर्नाटक विधानसभा के मौजूदा सत्र में उठाएंगे। इसको लेकर सरकार की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आयी। 'सत्ता का दुरुपयोग' कर भाजपा विधायक वाई. भरत शेट्टी ने कहा कि यह कांग्रेस की तुष्टिकरण की राजनीति का हिस्सा है। पार्टी अपने वोट बैंक को खुश करने की कोशिश कर रही है। उनकी तुष्टिकरण की राजनीति के कारण ही राज्य की कानून-व्यवस्था की बलि चढ़ गई है। अब वे एक कदम और आगे बढ़ गए हैं। अल्पसंख्यक ठेकेदारों के लिए चार प्रतिशत आरक्षण की नीति तुष्टिकरण की राजनीति का एक उच्च स्तर है, साथ ही यह सत्ता का दुरुपयोग है। इस प्रस्ताव पर बहस जारी है और आगे क्या होता है यह देखना होगा। क्या यह प्रस्ताव विधानसभा में पास हो पाएगा? क्या कोर्ट में इसकी चुनौती दी जाएगी? इन सब सवालों के जवाब आने वाले समय में ही मिलेंगे। लेकिन इतना तय है कि कर्नाटक की राजनीति में यह एक गरमागरम मुद्दा बना रहेगा। recent visitors 66

औरंगजेब का महिमामंडन करने वाले अबु आजमी जाएंगे जेल,देवेंद्र फडणवीस का बड़ा ऐलान

मुंबई  महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अबु आजमी को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने विधान परिषद में कहा कि समाजवादी पार्टी के विधायक अबु आसिम आजमी को सौ फीसदी जेल में डाला जाएगा। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने कहा कि औरंगजेब की प्रशंसा मराठा राजा छत्रपति शिवाजी महाराज और उनके योद्धा-पुत्र छत्रपति संभाजी महाराज का अपमान है। अबु आजमी को मुगल शासक औरंगजेब की प्रशंसा करने पर महाराष्ट्र विधानसभा से निलंबित किया गया है। बजट सत्र के समाप्त होने तक विधानसभा से निलंबित किए गए आजमी ने कार्रवाई का विरोध किया। उन्होंने कहा कि उन्हें विवादास्पद टिप्पणी वापस लेने के बावजूद दंडित किया गया है। बजट सत्र 26 मार्च को समाप्त होगा। अंबादास दानवे ने उठाया सवाल विधान परिषद में विपक्ष के नेता और उद्धव ठाकरे शिवसेना के सदस्य अंबादास दानवे ने फडणवीस से पूछा कि आजमी को उनकी टिप्पणी के लिए जेल क्यों नहीं भेजा गया? इस पर देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि मुंबई के मानखुर्द-शिवाजी नगर से विधायक आजमी को शत प्रतिशत जेल में डाला जाएगा। उद्धव ठाकरे भी अबु आजमी के खिलाफ शिवसेना के अध्यक्ष एवं विधान परिषद सदस्य उद्धव ठाकरे ने कहा कि किसी को भी राष्ट्रीय नायकों के खिलाफ बोलने की हिम्मत नहीं करनी चाहिए। यह सरकार की जिम्मेदारी है कि उनके खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। ठाकरे ने मांग की कि उन्हें (आजमी को) स्थायी रूप से (विधानसभा से) निलंबित किया जाना चाहिए। अबु आजमी ने जारी किया वीडियो इधर अबु आजमी के कार्यालय से एक वीडियो बयान में समाजवादी पार्टी के नेता ने दावा किया कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं कहा है, लेकिन सदन में सुचारू कामकाज सुनिश्चित करने के लिए उन्होंने विधानसभा के बाहर की गई टिप्पणियों को वापस ले लिया। उन्होंने कहा, 'फिर भी मुझे निलंबित कर दिया गया।' अबु आजमी ने औरंगजेब पर क्या कहा? अबु आजमी ने कहा था कि औरंगजेब के शासनकाल में भारत की सीमा अफगानिस्तान और बर्मा (म्यांमा) तक फैली हुई थी। हमारी जीडीपी (विश्व जीडीपी का) 24 प्रतिशत थी और भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था। औरंगजेब और मराठा शासक छत्रपति संभाजी महाराज के बीच लड़ाई के बारे में पूछे जाने पर आजमी ने इसे राजनीतिक लड़ाई करार दिया। ऐसे बढ़ा विवाद सपा विधायक की टिप्पणियों के चलते मंगलवार को राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों में भारी हंगामा हुआ। सत्ता पक्ष के सदस्यों ने उनके निलंबन और देशद्रोह का मामला दर्ज करने की मांग की। बुधवार को यह मुद्दा विधान परिषद में भी उठा, जहां विपक्ष ने अभिनेता राहुल सोलापुरकर और पूर्व पत्रकार प्रशांत कोराटकर के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, जो राष्ट्रीय नायकों पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों के लिए आलोचना का सामना कर रहे हैं। recent visitors 56

संभल में हिंसा में उपद्रवियों ने जिन ईंट-पत्थरों का इस्तेमाल किया,अब उन्हीं का उपयोग पुलिस चौकी के निर्माण में

 संभल उत्तर प्रदेश के संभल में हिंसा के दौरान उपद्रवियों द्वारा जिन ईंट-पत्थरों का इस्तेमाल किया गया था, अब उन्हीं ईंट-पत्थरों का उपयोग पुलिस चौकी के निर्माण में किया जाएगा. दरअसल, पिछले साल जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हुई हिंसा के बाद करीब 6 ट्रॉली ईंट-पत्थर जमा किए गए थे. ये ईंट-पत्थर हिंसा वाली जगह पर बिखरे पड़े थे. पुलिस-प्रशासन ने इन्हें इकट्ठा करवाकर रख लिया गया था. मामले में SP केके बिश्नोई ने कहा कि हिंसा के दौरान पत्थरबाजों के द्वारा फेंके गए पत्थरों को ही संभल के लोगों की सुरक्षा के लिए प्रयोग किया जाएगा. जिले के दीपा सराय और हिंदूपुराखेड़ा में बन रही पुलिस चौकियों के निर्माण में पत्थरबाजों के द्वारा फेके गए पत्थरों का भी प्रयोग किया जाएगा. शासन द्वारा दिए बजट का भी इस्तेमाल किया जाएगा. आपको बता दें कि हिंसा के बाद संभल में 38 आउटपोस्ट बनाई जा रही हैं. संभल की सुरक्षा के लिए 'SAFE SAMBHAL' प्रोजेक्ट लाया जा रहा है. साथ ही शहर के 200 चौराहों पर फेस आईडेंटिफिकेशन वाले CCTV कैमरे लगाए जाएंगे. जिले में नई पुलिस चौकियों के निर्माण में सरकार से बजट भी मिला है. दरअसल, संभल के विवादित ढांचे (जामा मस्जिद) में 24 नवंबर 2024 को एडवोकेट कमीशन सर्वे के दौरान मस्जिद के आसपास के इलाके में हिंसा भड़क गई थी और उग्र भीड़ ने पुलिस पर कई घंटे तक भारी पत्थरबाजी की थी. कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने हालात पर काबू पाया था. जिसके बाद पुलिस-प्रशासन ने नगर पालिका की टीमों को लगाकर हिंसा वाली जगह से 6 ट्रैक्टर-ट्रॉली भरकर ईंट-पत्थर हटवाए थे. हालांकि, इन्हें फेंकने के बजाय नगर पालिका ने ईंट पत्थरों को यार्ड में रखवा दिया था. जमा ईंट-पत्थर अब संभल पुलिस के एसपी केके बिश्नोई ने पत्थरबाजों के द्वारा फेंके गए इन्हीं ईंट पत्थरों से पुलिस चौकी बनाने का बड़ा फैसला किया है. स्थानीय सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क के गढ़ दीपासराय इलाके के मोहल्ला चौक में हजार स्क्वायर फीट में मुस्लिम आबादी के बीचोबीच बन रही नई पुलिस चौकी के निर्माण में पत्थरबाजों के द्वारा फेंके गए ईंट-पत्थरों का इस्तेमाल किया जाएगा. इसके अलावा हिंदूपुराखेड़ा में भी बन रही नई पुलिस चौकी के निर्माण में पत्थरबाजों के द्वारा फेंकी गई ईंटों का इस्तेमाल होगा.     recent visitors 69

मुख्यमंत्री की घोषणा पर मेले के आयोजन के लिए मिलेगी 50 लाख रुपए की राशि

रायपुर : गुरूदर्शन मेले में उमड़ रही श्रद्धा की बयार, देशभर से आ रहे श्रद्धालु गुरूदर्शन मेले में उमड़ रही श्रद्धा की बयार मुख्यमंत्री साय के निर्देश पर श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं और सुरक्षा का व्यापक विस्तार मुख्यमंत्री की घोषणा पर मेले के आयोजन के लिए मिलेगी 50 लाख रुपए की राशि मुख्य प्रवेश द्वार से मुख्य मंदिर तक स्थायी शेड का होगा निर्माण रायपुर बाबा गुरु घासीदास की जन्मस्थली और कर्मस्थली गिरौदपुरी में आयोजित गुरूदर्शन मेला अपनी भव्यता और आस्था के लिए देशभर में प्रसिद्ध है। 04 से 06 मार्च तक चलने वाले इस मेले में छत्तीसगढ़ सहित पूरे भारत से हजारों श्रद्धालु आशीर्वाद प्राप्त करने पहुंच रहे हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर इस वर्ष श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। मुख्यमंत्री साय ने इस बार मेले को भव्य स्वरूप में आयोजित करने  के लिए  50 लाख रुपए की राशि की घोषणा की है, जो पूर्व में 25 लाख रुपए थी। इसके साथ ही, मुख्य प्रवेश द्वार से मुख्य मंदिर तक स्थायी शेड के निर्माण की भी घोषणा की गई है। मुख्यमंत्री साय ने स्वयं गुरू गद्दी का दर्शन कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की प्रार्थना की और मेले की भव्यता बढ़ाने और श्रद्धालुओं को अधिक सुविधा प्रदान करने के लिए मेला बजट को दोगुना करने के साथ ही जिला प्रशासन को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएं। मुख्यमंत्री साय की घोषणा के बाद जिला प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को मुख्य प्रवेश द्वार से मुख्य मंदिर तक स्थायी शेड निर्माण के लिए स्थल निरीक्षण एवं माप-जोख करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के दिशानिर्देश पर  इस वर्ष मेले में  श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए बेहतर इंतजाम किए गए हैं। गुरूदर्शन मेला न केवल छत्तीसगढ़, बल्कि देशभर के श्रद्धालुओं के लिए आस्था और भक्ति का केंद्र है। इस वर्ष मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल से इसे और भव्य और सुव्यवस्थित बनाया गया है। प्रशासन द्वारा की गई इन सुविधाओं की बढ़ोतरी से श्रद्धालुओं को अधिक सुविधाजनक, सुरक्षित और आध्यात्मिक अनुभव मिलेगा। गुरूदर्शन मेले का यह ऐतिहासिक विस्तार श्रद्धालुओं की सेवा और आस्था को नई ऊँचाई पर ले जाने वाला साबित होगा। गुरुदर्शन मेले में श्रद्धालुओं को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ किया गया है, जिसके अंतर्गत चिकित्सा सहायता केंद्रों की संख्या 2 से बढ़ाकर 8 कर दी गई है और एंबुलेंस की संख्या 4 से बढ़ाकर 8 की गई है। निःशुल्क भोजन सेवा को भी विस्तार देते हुए अब 24 स्थानों पर 212 समूहों द्वारा भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, जो पहले 20 स्थानों पर 175 समूहों द्वारा संचालित थी। पेयजल व्यवस्था को भी सुदृढ़ किया गया है, जिसमें स्थायी नल कनेक्शन की संख्या 110 से बढ़ाकर 195 कर दी गई है और पानी टैंकरों की संख्या 8 से बढ़ाकर 18 कर दी गई है। मेले में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया गया है, जिसमें पुलिस कंट्रोल रूम की संख्या 3 से बढ़ाकर 9 कर दी गई है, सुरक्षा बलों की संख्या 450 से बढ़ाकर 1150 की गई है और पहली बार 36 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनकी नियमित मॉनिटरिंग हो रही है ।सुरक्षाकर्मियों को 130 वायरलेस सेट भी प्रदान किए गए हैं। अग्नि सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अब 1 के बजाय 3 अग्निशमन वाहन तैनात किए गए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके। मेले में विद्युत एवं प्रकाश व्यवस्था को और प्रभावी बनाया गया है, जिसमें ट्रांसफार्मरों की संख्या 10 से बढ़ाकर 13 कर दी गई है और विद्युत आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में बैकअप जनरेटर की संख्या 6 से बढ़ाकर 10 कर दी गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए शौचालयों की संख्या 4 से बढ़ाकर 16 कर दी गई है, स्नानागार की संख्या 6 से बढ़ाकर 10 की गई है, और अतिरिक्त रूप से 80 सीटर स्थायी शौचालय की भी व्यवस्था की गई है। स्वच्छता व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के लिए सफाई कर्मचारियों की संख्या 80 से बढ़ाकर 291 कर दी गई है ताकि मेले में स्वच्छता बनी रहे। इस वर्ष पहली बार गिरौदपुरी मेला डॉट कॉम नामक वेबसाइट लॉन्च की गई है, जिससे श्रद्धालुओं को मेला स्थल की जानकारी, आवश्यक मार्गदर्शन और अन्य आवश्यक सेवाओं की ऑनलाइन जानकारी मिल सके। इससे श्रद्धालु यात्रा संबंधी सूचनाएं, पार्किंग व्यवस्था, धार्मिक स्थलों की जानकारी और अन्य सुविधाओं की पूरी जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकते हैं। recent visitors 58

माधव नेशनल पार्क होगा प्रदेश का 9वां बाघ संरक्षित क्षेत्र, जल्द ही एक नए टाइगर रिजर्व पार्क की सौगात: मोहन यादव

भोपाल मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि भारत में टाइगर स्टेट का दर्जा हासिल कर चुके मध्यप्रदेश को जल्द ही एक नए टाइगर रिजर्व पार्क की सौगात मिलने जा रही है। शिवपुरी जिले का माधव नेशनल पार्क प्रदेश का 9वां बाघ संरक्षित क्षेत्र होगा, जो चंबल क्षेत्र में वन्य जीव प्रेमियों के लिए पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनकर उभरेगा। मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि वे स्वयं बाघों का एक जोड़ा माधव नेशनल पार्क में छोड़ेंगे। चंबल रेंज में पर्यटकों की संख्या में वृद्धि से स्थानीय युवाओं को रोजगार-स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे। एशिया में पहली बार चीते भी चंबल के कूनो नेशनल पार्क में दिखाई दे रहे हैं। चंबल नदी क्षेत्र में घड़ियाल एवं डॉल्फिन प्रोजेक्ट पर भी कार्य चल रहा है। मुख्यमंत्री यादव ने मीडिया को जारी संदेश में कहा कि देश में सबसे ज्यादा टाइगर मध्यप्रदेश में हैं, जिन्हें देखने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक मध्यप्रदेश आते हैं। बाघ संरक्षित क्षेत्र में जंगल सफारी का आनंद लेने के लिए सभी नेशनल पार्कों में सीजन भर पर्यटकों का आवागमन रहता है। recent visitors 52

न्यूजीलैंड तीसरी बार चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में, 25 साल पुराना बदला लेने उतरेगा भारत, फाइनल के लिए बिछ गई बिसात

लाहौर ICC चैम्प‍ियंस ट्रॉफी 2025 में दूसरा सेमीफाइनल न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका के बीच खेला गया. 5 मार्च (बुधवार) को लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में न्यूजीलैंड ने साउथ अफ्रीका पर 50 रनों से जीत हासिल की. साउथ अफ्रीका को जीत के लिए 363 रनों का टारगेट मिला था, जिसके सामने उसके बैटर्स बेबस नजर आए. साउथ अफ्रीकी टीम 50 ओवरों में 9 विकेट पर 312 रन ही बना सकी. यानी बड़े मुकाबलों में अफ्रीकी टीम एक बार फिर चोकर्स साबित हुई. फाइनल में न्यूजीलैंड VS भारत अब फाइनल में न्यूजीलैंड का सामना रोहित शर्मा की कप्तानी वाली भारतीय टीम से होगा. चैम्प‍ियंस ट्रॉफी का यह खिताबी मुकाबला 9 मार्च को दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जाएगा. बता दें कि भारतीय टीम ने पहले सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को 4 विकेट से हराकर फाइनल में एंट्री की थी. टारगेट का पीछा करते हुए साउथ अफ्रीका की शुरुआत खराब रही. उसने 5वें ही ओवर में रयान रिकेल्टन (17) का विकेट गंवा दिया, जो मैट हेनरी की बॉल पर माइकल ब्रेसवेल के हाथों कैच आउट हुए. इसके बाद कप्तान टेम्बा बावुमा और रासी वैन डुर डुसेन ने मिलकर साउथ अफ्रीका को संभाला. बावुमा-डुसेन के बीच दूसरे विकेट के लिए 105 रनों की पार्टनरशिप हुई. बावुमा ने चार चौके और एक सिक्स की मदद से 71 गेंदों पर 56 रन बनाए. बावुमा को कीवी कप्तान मिचेल सेंटनर ने चलता किया. फाइनल मुकाबला 9 मार्च को दुबई में खेला जाएगा. चैंपियंस ट्रॉफी के इतिहास में यह दूसरा मौका है जब भारत बनाम न्यूजीलैंड फाइनल होगा. 25 साल पहले भी ये दोनों टीमें फाइनल में टकराई थीं. तब न्यूजीलैंड ने भारत को हराकर खिताब अपने नाम किया था. अब भारत के पास 25 साल पुराना इतिहास बराबर करने का मौका आ गया है. आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी का दूसरा सेमीफाइनल बुधवार को लाहौर में खेला गया. न्यूजीलैंड ने इस मैच में पहले बैटिंग करते हुए 6 विकेट पर 362 रन बनाए. यह चैंपियंस ट्रॉफी के इतिहास में किसी भी टीम का सबसे बड़ा स्कोर था. जाहिर है कि अगर न्यूजीलैंड को जीतना था तो उसे भी रिकॉर्ड बनाना था. दक्षिण अफ्रीका डेविड मिलर के शतक के बाद भी इतिहास नहीं रच सका. अफ्रीकी टीम 50 ओवर में 9 विकेट पर 312 रन ही बना सकी. इस तरह न्यूजीलैंड ने 50 रन से मैच अपने नाम किया. उसकी जीत के 3 हीरो रहे. पहले रचिन रवींद्र (108) और केन विलियम्सन (102) ने शतक बनाए. फिर मिचेल सैंटनर (3 विकेट)  ने शानदार गेंदबाजी कर अपनी टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई. ग्रुप मैच में 4 विकेट से जीता भारत न्यूजीलैंड के इस प्रदर्शन ने भारतीय टीम को भी सतर्क कर दिया है. वैसे दोनों टीमें ग्रुप दौर में टकरा चुकी हैं. भारत ने तब न्यूजीलैंड को 4 विकेट से हराया था. लेकिन भारत को यह ध्यान रखना होगा कि अगर उसे किसी टीम ने अब तक टूर्नामेंट में चुनौती दी है तो वह न्यूजीलैंड ही है. इसके अलावा आईसीसी नॉकआउट मैचों में भी भारत के खिलाफ उसका बेहतरीन रिकॉर्ड है. आईसीसी नॉकआउट में 5वीं भिड़ंंत भारत और न्यूजीलैंड की टीमें आईसीसी नॉकआउट मैचों में 5वीं बार भिड़ेंगी. पहले 4 मुकाबलों में न्यूजीलैंड का पलड़ा भारी है. न्यूजीलैंड ने आईसीसी नॉकआउट में भारत को पहली बार साल 2000 में हराया था. यह चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल था, जिसमें भारत 4 विकेट से हार गया था. वर्ल्ड कप 2023 में भारत जीता भारत और न्यूजीलैंड आईसीसी नॉकआउट मैचों 2019, 2021 और 2023 में भी टकरा चुके हैं. भारत ने 2023 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड को 8 विकेट से हराया था. इससे पहले 2019 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में भारत को हार का सामना करना पड़ा था. साल 2021 के डब्ल्यूटीसी फाइनल में भी न्यूजीलैंड ने भारत का सपना तोड़ा था. Location : मिलर का शतक… कीवी स्पिनर्स ने बिगाड़ा SA का खेल टेम्बा बावुमा के आउट होने के बाद विकेटों की झड़ी लग गई. सेंटनर ने बावुमा के बाद अपना दूसरा शिकार रासी वैन डर डुसेन को बनाया, जो शानदार बैटिंग कर रहे थे. डुसेन ने चार चौके और दो छक्के की मदद से 66 बॉल पर 69 रन बनाए. फिर हेनरिक क्लासेन (3) भी सेंटनर की फिरकी में फंस गए. एडेन मार्करम (31) को रचिन रवींद्र ने चलता किया, जिससे साउथ अफ्रीका का स्कोर पांच विकेट पर 189 रन हो गया. इसके बाद वियान मुल्डर (8) स्पिनर माइकल ब्रेसवेल का शिकार बने. वहीं मार्को जानसेन (3) और केशव महाराज (1) को ग्लेन फिलिप्स ने चलता किया. 218 रनों पर आठ विकेट गिरने के बाद डेविड मिलर ने तूफानी शॉट्स लगाकर मैच का पासा पलटने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. मिलर ने मैच की आखिरी गेंद पर दो रन लेकर अपना शतक भी पूरा किया. मिलर ने 67 गेंदों पर नाबाद 100 रन बनाए, जिसमें 10 चौके और 4 छक्के शामिल रहे. न्यूजीलैंड के लिए कप्तान सेंटनर ने सबसे ज्यादा तीन विकेट लिए. वहीं ग्लेन फिलिप्स और मैट हेनरी को दो -दो विकेट हासिल हुए. माइकल ब्रेसवेल और रचिन रवींद्र ने भी एक-एक विकेट झटका. विलियमसन और रवींद्र के धमाकेदार शतक इससे पहले टॉस जीतकर पहले बैटिंग करते हुए न्यूजीलैंड ने 50 ओवरों में 6 विकेट पर 362 रन बनाए. चैम्पियंस ट्रॉफी के इतिहास का ये सबसे बड़ा स्कोर रहा. न्यूजीलैंड ने ऑस्ट्रेलिया का रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिसने मौजूदा संस्करण में इंग्लैंड के खिलाफ 5 विकेट पर 356 रन बनाकर मैच जीत लिया था. मुकाबले में न्यूजीलैंड की शुरुआत अच्छी रही. विल यंग और रचिन रवींद्र ने मिलकर 7.5 ओवरों में 48 रनों की पार्टनरशिप की. यंग 22 रन बनाकर लुंगी एनगिडी का शिकार बने. इसके बाद केन विलियमसन और रचिन रवींद्र ने मिलकर मिलकर दूसरे विकेट के लिए 164 रनों की पार्टनरशिप की. इस दौरान रचिन रवींद्र ने अपने वनडे इंटरनेशनल करियर का पांचवां शतक पूरा किया. खास बात यह है कि रवींद्र ने ये पांचों शतक आईसीसी टूर्नामेंट्स में बनाए हैं. रचिन रवींद्र ने 13 चौके और एक सिक्स की मदद से 101 गेंदों पर 108 रन बनाए. रवींद्र को कगिसो रबाडा ने हेनरिक क्लासेन के हाथों कैच आउट कराया. रवींद्र के आउट होने के कुछ देर बाद केन विलियमसन ने भी अपना शतक पूरा कर लिया. … Read more