देवेंद्र फडणवीस के शपथ ग्रहण समारोह में विशेष प्रसाद ले जा रहे महाकाल मंदिर के आशीष पुजारी

उज्जैन  देवेंद्र फडणवीस पांच दिसंबर को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। आजाद मैदान में शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। विधायक दल के नेता चुने जाने के बाद देवेंद्र फडणवीस ने महाकाल मंदिर के मुख्य पुजारी को फोन कर शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने का न्यौता दिया है। महाकाल मंदिर के मुख्य पुजारी अब शपथ ग्रहण समारोह में जाने की तैयारी में जुटे हैं। साथ ही वह शपथ ग्रहण के लिए विशेष प्रसाद लेकर जाएंगे। पुजारी को आया निमंत्रण उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी आशीष गुरु के पास शपथ विधि में शामिल होने का आमंत्रण आया है। खास बात तो यह है कि यह आमंत्रण खुद देवेंद्र फडणवीस की ओर से दिया गया है। पुजारी द्वारा आमंत्रण स्वीकार करते ही देवेंद्र फडणवीस के ऑफिस से पुजारी की फ्लाइट की टिकट करवा दी गई है। वह आज मुंबई पहुंचेंगे और कल शपथ विधि समारोह में शामिल होंगे। रुद्राक्ष की माला और भस्मी लेकर जाएंगे वहीं, देवेंद्र फडणवीस के लिए पुजारी आशीष गुरु ने खास तैयारी की है। वह यहां से बाबा महाकाल का प्रसाद, रुद्राक्ष की माला और भस्म आरती में चढ़ने वाली भस्मी के साथ ही बाबा महाकाल को अर्पित किया गया दुपट्टा लेकर जाएंगे। महाकाल के दरबार में 15 सालों से आ रहे देवेंद्र फडणवीस आशीष पुजारी ने बताया कि पिछले 15 सालों से देवेंद्र फडणवीस बाबा महाकाल के दरबार में आ रहे हैं। उनका पूजन आशीष पुजारी ही करवाते हैं। फडणवीस की बाबा महाकाल में गहरी आस्था है । यही कारण है कि वे वर्ष में दो से तीन बार बाबा महाकाल के दर पर मत्था टेकने जरूर आते हैं। इसके साथ ही कोई भी शुभ कार्य हो वह उसे करने से पहले बाबा महाकाल का आशीर्वाद लेना नहीं भूलते हैं। recent visitors 71

11 से 26 दिसंबर तक सभी जिलों जन कल्याण दिवस के रूप में बनाया जाएगा, सीएम वीडियो कॉन्फेसिंग लेंगे

भोपाल  मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आज बुधवार को सीएम मोहन यादव की अध्यक्षता में 11 बजे मंत्रालय में अहम कैबिनेट बैठक सम्पन्न हुई । इस बैठक में कई अहम फैसले लिए गए ।इसके अलावा मंत्रालय में हुई बैठक में सीएम मोहन यादव के जर्मनी और लंदन दौरे के दौरान मध्य प्रदेश में निवेश के लिए मिले 78 हजार करोड़ को लेकर चर्चा की गई। कैबिनेट बैठक के बाद ब्रीफिंग करते हुए कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि आने वाले समय में भोपाल के इन्वेंस्टर मीट में यूनाइडेट किंगडम और जर्मनी के निवेशक इसमें शामिल होंगे।सीएम के विदेश दौरे से इस मंदी के दौर में मध्य प्रदेश में निवेश के लिए 78 हजार करोड़ के प्रस्ताव मिले है। उद्योग विभाग से संबंधित रियायतों और आगामी विधानसभा शीतकालीन सत्र में पेश होने वाले विधेयकों पर भी मंत्रियों से विचार-विमर्श किया गया। कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि सरकार 25 करोड़ के निवेश वाला थर्मल पावर प्लांट स्थापित करेगी. इससे हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा. इसके लिए केंद्र ने भी मंजूरी दे दी है. 11 से 26 दिसंबर तक प्रदेश में जनकल्याण पर्व मनाया जाएगा. सरकार की कमेटी शराब नीति को लेकर काम करेगी. कैबिनेट मंत्री ने बताया कि उज्जैन सिंहस्थ बाईपास को फोरलेन किया जा रहा है. यह सड़क पीथमपुर के औद्योगिक क्षेत्र को जोड़ेगी. उन्होंने कहा कि हमारा प्रदेश विकास की नई गाथा लिखेगा. नर्मदापुरम के बाबई में मेगा औद्योगिक पार्क बनेगा. सिंहस्थ महाकुंभ को देखते हुए उज्जैन-इंदौर की टू लेन सड़क को फोरलेन किया जाएगा. इसके लिए कैबिनेट ने प्रशासकीय स्वीकृति दे दी है. हिंगोरिया-देपालपुर की सड़क को भी फोरलेन किया जाएगा. इस पर 239.8 करोड़ रुपये का खर्च आएगा. नवीनीकरण ऊर्जा में लगने वाले उपकरण के पार्क के लिए मध्य प्रदेश का चयन हुआ है. इसके लिए केंद्र सरकार 300 करोड़ की राशि देगी. मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने बताया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने संभागों में जाकर निवेश को लेकर बैठक की थी. इसके अलावा उन्होंने पिछले दिनों यूके और जर्मनी में भी निवेशकों से बातचीत की थी. इस तरह आने वाले दिनों में मध्य प्रदेश विकास का बहुत बड़ा डेस्टिनेशन बनने वाला है. विदेशी निवेश राज्य के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि- विजयवर्गीय विदेश के उद्योगपति मध्य प्रदेश में होने वाले निवेश में पार्टनर भी होंगे. सीएम यादव की इस विदेश यात्रा के बाद प्रदेश को 71000 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं. यह राज्य के लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है. मंदी के वातावरण में अगर मध्य प्रदेश में विदेशी निवेश आता है तो औद्योगिक क्षेत्र में बहुत बड़ा योगदान होगा. आने वाले दिनों में प्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा Mohan Cabinet Meeting के अहम फैसले     11 से 26 दिसंबर तक सभी जिलों जन कल्याण दिवस के रूप में बनाया जाएगा।इसमें सीएम वीडियो कॉन्फेसिंग भी लेंगे।     साल 2025 को प्रदेश में रोजगार और उद्योग वर्ष के रुप में बनाया जाएगा। जिसमें एमएसएमई और उद्योग विभाग के साथ विज्ञान टेक्नोलॉजी, कुटीर और ग्राम उद्योग, माइनिंग, नवीनीकरण ऊर्जा , उद्यानिकी, फूड प्रोसेसिंग आदि विभाग की साल भर गतिविधियां संचालित की जाएगी। किस क्षेत्र में कैसे निवेश आए, इसके लिए विभागों को जवाबदारी दी गई है चुनौती के रुप में।     7 दिसंबर को नर्मदापुर में रीजनल इन्वेस्टर सम्मिट का आयोजन किया जाएगा।     धान और सोयाबीन खरीदी जारी है, सीएम ने  सभी मंत्रियों को अपने अपने प्रभार के जिले में समीक्षा करने को कहा है।     पूरे प्रदेश में गीता जंयती धूमधाम से बनाई जाएगी ।8 से 11 दिसंबर तक उज्जैन में और 11 दिसंबर को भोपाल और अन्य जिलों में गीता जंयती के उपलक्ष्य में भव्य समारोह आयोजित किए जाएंगे।     हर वर्ष की तरह 15 से 19 दिसंबर तक ग्वालियर में तानसेन समारोह आय़ोजित किया जाएगा।     रातापानी में बहुत जल्द माधव टाइगर रिजर्व के लिए स्वीकृति देने जा रहे हैं।एनटीसीए से अनुमति प्राप्त हो चुकी है।आसपास के ग्रामीण क्षेत्र को बफर जोन के रुप में विकसित किया जाएगा।     भारत सरकार ने 41 हजार मेगावाट थर्मल पॉवर प्लांट के लिए कोयले की स्वीकृति दी है।इससे हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा।     पार्वती कालीसिंध और चंबल नदी जोड़ो अभियान को लेकर मध्य प्रदेश और राजस्थान के बीच 75 हजार करोड़ का एमओयू साइन हो चुकी है। इससे प्रदेश के 11 जिले गुना शिवपुरी सीहोर देवास राजगढ़ उज्जैन, आगर मालवा शाजापुर इदौर मंदसौर और मुरैना के 2094 गांवों में 6 लाख हेक्टेयर सिंचाई होगी।पेयजल की भी व्यवस्था होगी इसके लिए बजट शासन द्वारा जल्द स्वीकृत किया जाएगा।     उज्‍जैन सिंहस्‍थ से पहले इंदौर से उज्‍जैन के बीच के करोड़ों रुपयों के फोरलेन और टूलेन बनाएं जाएंगे। इससे उद्योगों के साथ-साथ रोजगार को भी लाभ मिलेगा।ईंदौर के देपालपुर से उज्जैन के हिंगोरिया तक 2 लेन 32 किमी की सड़क बनेगी।फोरलेन से पीथमपुर का औद्योगिक विकास भी होगा।     मध्य प्रदेश में बाबा साहब के पंच तीर्थ का किया जाएगा निर्माण,     नवीनीकरण ऊर्जा में लगने वाले उपकरण के पार्क के लिए मप्र का चयन हुआ है। इसके लिए केंद्र सरकार 300 करोड़ की राशि देगी।     नर्मदापुरम के बाबई में मेगा औद्योगिक पार्क बनाया जाएगा।     शराब नीति को लेकर कमेटी काम करेगी। recent visitors 116

बीजेपी को सीएम पोस्ट के बदले देनी पड़ेगी बड़ी कुर्बानी! अजित-शिंदे को देने होंगे ये बड़े मंत्रालय

मुंबई महाराष्ट्र में चुनाव नतीजे सामने आने के के बाद से चला आ रहा राजनीतिक गतिरोध समाप्त हो चुका है। इससे राज्य में नई सरकार के गठन का मार्ग प्रशस्त हो गया है। मंगलवार को बीजेपी के वरिष्ठ नेता देवेंद्र फडणवीस ने कार्यवाहक मुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख एकनाथ शिंदे से मुलाकात की। इस बैठक में नई सरकार के गठन के लिए एक अस्थायी व्यवस्था तय की गई। आपको बता दें कि नई सरकार का शपथ ग्रहण समारोह 5 दिसंबर को होगा। इससे पहले आज भाजपा विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान कर दिया जाएगा। फडणवीस और शिंदे ने अस्थायी रूप से विभागों और कैबिनेट में हिस्सेदारी के मुद्दों को टालने का फैसला किया है ताकि गुरुवार को नई सरकार कार्यभार संभाल सके। इन मुद्दों को सरकार बनने के बाद सुलझाया जाएगा। महाराष्ट्र का मुख्यमंत्री कौन होगा इसपर से सस्पेंस खत्म हो गया है, सर्व सम्मति से देवेंद्र फडणवीस के नाम पर सहमति बन गई है,  कोर कमेटी की बैठक में ये फैसला लिया गया,  देवेंद्र फडणवीस आज दोपहर 3:30 बजे राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे। अब तक जो जानकारी सामने आई है उसके मुताबिक मुंबई के आजाद मैदान में कल 5 दिसंबर को शपथ समारोह होगा जिसमें देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। उनके साथ कल ही एकनाथ शिंदे और अजीत पवार उप मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे, कल केवल ये तीन ही शपथ होंगी। केंद्रीय पर्यवेक्षकों की मौजूदगी में विधायक दल की बैठक केंद्रीय पर्यवेक्षकों केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण और गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी की मौजूदगी में महाराष्ट्र विधानसभा भवन में विधायक दल की बैठक शुरू हो गई है। जानकारी के मुताबिक भाजपा नेता चंद्रकांत पाटिल और सुधीर मुनगांटीवार देवेंद्र फडणवीस के नाम का प्रस्ताव रखेंगे और सभी विधायक नाम पर मुहर लगाएंगे। सुखबीर सिंह बादल पर हमला करने वाले नारायण सिंह चौरा का है लंबा आपराधिक रिकॉर्ड, खालिस्तानी आतंकी और चंडीगढ़ जेल ब्रेक का आरोपी कल 5 दिसंबर को आजाद मैदान में शाम 5 बजे शपथ ग्रहण समारोह निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक पांच दिसंबर यानि कल शाम पांच बजे दक्षिण मुंबई के आजाद मैदान में शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा कई केंद्रीय मंत्रियों और एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्री समारोह में हिस्सा लेंगे। तीसरी बार महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालेंगे देवेंद्र फडणवीस आपको बता दें कि देवेंद्र फडणवीस तीसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। वे पहली बार 2014 में मुख्यमंत्री बने थे और उन्होंने पांच साल का अपना कार्यकाल पूरा किया था लेकिन 2019 में वे केवल 80 घंटे ही सीएम की कुर्सी पर रहे। अब वे 5 दिसंबर को एक बार फिर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालेंगे। 30 से अधिक विधायक लेंगे शपथ महायुति गठबंधन (बीजेपी, शिवसेना और एनसीपी) के 30 से अधिक विधायकों को मुंबई के आजाद मैदान में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में कैबिनेट में शामिल किया जाएगा। हालांकि, चुनाव परिणाम घोषित होने के 10 दिन बाद भी महायुति के तीनों सहयोगी दल कैबिनेट में हिस्सेदारी और विभागों के आवंटन को लेकर सहमति नहीं बना सके हैं। एकनाथ शिंदे की मांगें एकनाथ शिंदे शिवसेना के शानदार प्रदर्शन के बावजूद मुख्यमंत्री पद बीजेपी को सौंप चुके हैं। उन्होंने डिप्टी सीएम और गृह मंत्रालय की मांग की है। इसके अलावा, उन्होंने कुछ अन्य प्रमुख विभागों और विधानसभा अध्यक्ष का पद भी मांगा है। हालांकि बीजेपी गृह मंत्रालय और विधानसभा अध्यक्ष का पद देने को तैयार नहीं है, लेकिन अन्य विभागों पर बातचीत करने को तैयार है। बातचीत से टूटा गतिरोध सोमवार को बीजेपी नेता गिरीश महाजन ने ठाणे स्थित एकनाथ शिंदे के आवास पर उनसे मुलाकात की। इसके बाद मंगलवार को मुंबई के ‘वर्षा’ निवास पर शिंदे और फडणवीस के बीच करीब 30 मिनट की बैठक हुई। सूत्रों के अनुसार, दोनों नेताओं ने शपथ ग्रहण में शामिल किए जाने वाले मंत्रियों की संख्या तय कर ली है। शिवसेना और एनसीपी की मांगें एनसीपी प्रमुख अजीत पवार ने सात कैबिनेट और चार राज्य मंत्री पद, केंद्र में एक कैबिनेट मंत्री और राज्यपाल का पद मांगा है। वहीं, शिवसेना ने गृह मंत्रालय और विधानसभा अध्यक्ष का पद मांगा है। वहीं, बीजेपी ने संकेत दिया है कि शिवसेना को 11-12 मंत्री पद और एनसीपी को 9-10 मंत्री पद दिए जा सकते हैं, जबकि बीजेपी 22-23 मंत्री पद अपने पास रखेगी। बीजेपी के सामने चुनौती बीजेपी शिंदे को इस तरह नाराज नहीं करना चाहती जिससे यह लगे कि पार्टी ने शिवसेना को तोड़ने के बाद उन्हें किनारे कर दिया। साथ ही मुंबई और आसपास के क्षेत्रों में आगामी नगर निगम चुनावों में शिंदे की अहम भूमिका को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। शिंदे अपने समर्थकों और पार्टी में अपनी साख बनाए रखने के लिए गृह मंत्रालय जैसे प्रमुख विभाग की मांग पर अड़े हैं। अजित पवार गुट ने किया बीजेपी का समर्थन  मुंबई में बीजेपी की बैठक से पहले नई सरकार में बीजेपी, शिवसेना और एनसीपी कोटे से कितने-कितने मंत्री होंगे, इसे लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं. 23 नवंबर 2024 को आए महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजे के बाद महायुति के भीतर नई सरकार में हिस्सेदारी को लेकर काफी बवाल हो रहा है. इसे लेकर देवेंद्र फडणवीस, एकनाथ शिंदे, अजित पवार कई बार दिल्ली का दौरा भी कर चुके हैं. बताया जा रहा है कि अजित पवार के गुट ने सीएम पद को लेकर बीजेपी का समर्थन किया, जिसके बाद शिवसेना (शिंदे गुट) कमजोर पड़ गई. ऐसे में अब शिवसेना का पूरा फोकस बड़े मंत्रालयों पर है. इस बार महाराष्ट्र चुनाव में महायुति को प्रचंड बहुमत मिली है. बीजेपी महायुति से किसी भी तरह मनमुटाव नहीं चाहने के साथ-साथ यह भी संदेश देना चाहती है कि सीएम पद और मंत्रालयों का बंटवारा अपनी सहमति से हुआ है. हालांकि एकनाथ शिंदे और अजित पवार यह कह चुके हैं कि वे बीजेपी हाईकमान के फैसले के साथ हैं. बीजेपी को देनी होगी कुर्बानियां बताया जा रहा है कि नई सरकार में बीजेपी करीब 22 मंत्रालय का दावा कर रही है. बीजेपी गृह मंत्रालय भी अपने पास रखना चाहती है. वहीं शिवसेना 12 मंत्रालय अपने पास रखना चाहती है. पिछली सरकार में जब … Read more

मध्य प्रदेश में हिंदू संगठन हुए लामबंद, बांग्लादेश के खिलाफ प्रदर्शन, जन आक्रोश रैली निकाली

भोपाल/ इंदौर  बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार और तोड़े जा रहे मंदिरों के विरोध में आज प्रदेश के शहरों में प्रदर्शन हो रहा है। प्रदर्शन में हिंदूवादी संगठन, धार्मिक व सामाजिक संगठनों की सहभागिता के साथ आमजन, व्यापारी समेत सभी वर्ग के लोग सम्मिलित होकर जुलूस भी निकाल रहे हैं। इसके साथ ही बुद्धिजीवी वर्ग से कई साहित्यकार, शिक्षक, सेना के पूर्व कमांडर, सेवानिवृत्त अफसर, डॉक्टर, प्रोफेशनल, भी शामिल होकर अपना विरोध जता रहे हैं। भोपाल के कार्यक्रम में भाजपा नेता और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता अश्विनी उपाध्याय मुख्य वक्ता रहेंगे। इंदौर में लाल बाग तक जुलूस निकाला जा रहा है। आरएसएस और हिंदू संगठन ने झोंक दी ताकत  इस प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए आरएसएस, बीजेपी, बजरंग दल, विश्व हिंदू परिषद और सभी हिंदू संगठनों ने पूरी ताकत झोंक दी। लगभग एक हफ्ते तक इंदौर में 5000 से अधिक बैठक गली मोहल्ले और कॉलोनी में की गई और उसका परिणाम यह रहा कि यह इंदौर का सबसे बड़ा विरोध प्रदर्शन बन गया। लाखों की संख्या में लोग एक दिन पहले ही इस प्रदर्शन में शामिल होने के लिए तैयार हो चुके थे।   इंदौर में रैली का रूट पड़ा छोटा इंदौर में अब तक कि सबसे बड़ी जनआक्रोश रैली निकाली। बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यक पर हो रहे अत्याचार के विरोध में निकली रैली में रूट छोटा पड़ गया। रैली कलेक्टर चोराहे पर पहुंच गई थी, जबकि लोग दशहरा मैदान तक खड़े रहे, ग्रामीण क्षेत्रों से आए लोग लालबाग भी नहीं पहुंच सके। रैली का रूट पड़ा छोटा। मानव अधिकार की बात करने वाले लोग कहां हैं कलेक्टर चौराहे पर जनसभा में मुख्य वक्ता खगेन्द्र भार्गव ने कहा कि कुछ, लोग कहते हैं कि यहां रैली करने से क्या होगा। यहां रैली करने से बांग्लादेश में सांत्वना उठेगी, अब इंग्लैंड की संसद में भी हिन्दू अत्याचार की मांग उठने लगी है। जहां- जहां हिन्दू है वहां अब आवाज उठेगी, हिन्दू अत्याचार नहीं सहेगा। जैसा तिरंगा और भगवा यहां लहरा रहा है, वैसा भगवा बांग्लादेश की संसद में लहराया जाएगा। भार्गव ने कहा- कोई अखलाख मरता है, कश्मीर में आतंकवादी मरता है, तो मानव अधिकार आयोग आ जाता है। कसाब और अन्य आतंकवादी पर आंसू बहाने वाले मानव अधिकार के लोग कहा हैं। इधर… भोपाल रैली में जवाहर चौक पर बदले रहेंगे मार्ग सकल हिंदू समाज द्वारा बुधवार को दोपहर एक से शाम सात बजे तक भारत माता चौराहा से जवाहर चौक के मध्य सभा एवं विशाल रैली प्रस्तावित है। लिहाजा, यातायात का दबाव रहने के लिए कुछ मार्ग परिवर्तित रहेंगे। साथ ही कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों के वाहनों के लिए पार्किंग की भी व्यवस्था की गई है। ट्रैफिक थाना पुलिस के मुताबिक कार्यक्रम के दौरान भारत माता चौराहा (डिपो) से जवाहर चौक आने-जाने वाले मार्ग पर अत्यधिक यातायात दबाव होने से उक्त मार्ग प्रभावित रहेगा। इसके तहत रैली के दौरान जवाहर चौक, रंगमहल, न्यू मार्केट क्षेत्र में सामान्य यातायात कुछ समय के लिए परिवर्तित मार्गों पर चलाया जाएगा। आगंतुकों के लिए मार्ग एवं पार्किंग व्यवस्था – मिसरोद, कोलार, एमपी नगर क्षेत्र से आने वाले लोग प्लेटिनम प्लाजा से अटलपथ पर वाहनों को पार्क कर पैदल कार्यक्रम स्थल पहुच सकेंगे। – रातीबड़, नीलबड़, नेहरू नगर की ओर से आने वाले लोग अपने वाहन प्रेमपुरा एवं वन विहार रोड पर वाहन पार्क कर कार्यक्रम स्थल पहुच सकेंगे। – पुराने शहर से आने वाले लोग अपने वाहन अटल पथ के बायीं ओर पार्क कर पैदल कार्यक्रम स्थल पहुंच सकेंगे। बांग्लादेश में फंसे हिंदुओं की रक्षा के लिए समर्पित रहा सुंदरकांड भोपाल में बाबा नीब करौरी का 125वां प्रकटोत्सव मंगलवार को धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर रविन्द्र भवन के मुक्ताकाश मंच पर सुंदरकांड, रासलीला सहित अनेक कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, मंत्री कैलाश विश्वास सारंग, बाबा नीब करौरी के पोते डा. धनंजय शर्मा विशेष रूप से उपस्थित थे। यह कार्यक्रम बाबा नीब करौरी भक्त मंडल, बाबा नीब करौरी रामबेटी एजुकेशनल एवं चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से किया गया। इस बार भक्त मंडल ने सुंदरकांड का पाठ बांग्लादेश में फंसे हिंदुओं की रक्षा और कल्याण के लिए समर्पित किया। इस मौके पर दिल्ली से आए विजेंद्र चौहान ने सुंदरकांड की प्रस्तुति दी। इस दौरान भजन गायक सुधीर व्यास भजनों से पूरे वातावरण को भक्तिमय कर दिया। गौरतलब है कि ब्रज से आए आचार्य भारती शर्मा ने अपने साथी कलाकार के साथ रासलीला की प्रस्तुति दी। recent visitors 53

हम सब मिलकर छत्तीसगढ़ को विकसित छत्तीसगढ़ बनाएंगे:विष्णु देव साय

रायपुर  भारतीय जनता पार्टी के कुशाभाऊ ठाकरे परिसर स्थित प्रदेश कार्यालय में मंगलवार को छत्तीसगढ़ में भाजपा की ऐतिहासिक और शानदार जीत के एक साल पूरे होने पर 'जनादेश दिवस' का आतिशी आयोजन रखा गया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय,  उप मुख्यमंत्री अरुण साव की उपस्थिति में पार्टी पदाधिकारियों, नेताओं व कार्यकर्ताओं ने आतिशबाजी और ढोल-नगाड़ों की थाप पर नृत्य करते हुए पार्टी की जीत की सालगिरह मनाई और अपने उत्साह व उल्लास को व्यक्त किया। उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष 3 दिसम्बर, 2023 को छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनावों के नतीजे घोषित हुए थे, जिसमें भाजपा ने ऐतिहासिक जनादेश के साथ शानदार जीत अर्जित की थी। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस अवसर पर उपस्थित पार्टी नेताओं, पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज 3 दिसंबर को हम सभी लोग जनादेश दिवस के रूप में मना रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ,मा.राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा,केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह व  सभी केंद्रीय नेताओं के मार्गदर्शन में जनता ने मोदी जी की गारंटी पर मुहर लगाई।तत्कालीन प्रदेश भाजपा अध्यक्ष के तौर पर  मौजूदा उप मुख्यमंत्री अरुण साव की संघर्षपूर्ण महती भूमिका का उल्लेख कर साय ने कहा कि तब साव ने नेतृत्व महिला मोर्चा, युवा मोर्चा सहित सभी मोर्चा-प्रकोष्ठों को साथ लेकर कांग्रेस के कुशासन को उखाड़ फेंकने के लिए, कांग्रेस की भूपेश सरकार के गलत कार्यों के विरुद्ध जनमत तैयार करने के लिए संघर्ष और आंदोलन किए। पूरे प्रदेश में घूम-घूमकर हमारे कार्यकर्ताओं ने उत्साह का संचार किया और इसका परिणाम हुआ कि 2023 में विधानसभा चुनाव में छत्तीसगढ़ की 3 करोड़ जनता का भरपूर आशीर्वाद भारतीय जनता पार्टी को मिला। 3 दिसंबर 2023 को विधानसभा चुनाव के परिणाम आए और भाजपा को शानदार व ऐतिहासिक विजय मिली। छत्तीसगढ़ की जनता ने दिल खोलकर भाजपा को सत्ता सौंपी।  54 सीटों में भाजपा को जिताकर सरकार चलाने का जनादेश दिया। साय ने आज जनादेश दिवस की सभी लोगों को, छत्तीसगढ़ की 3 करोड़ जनता को, यहां के देव दुर्लभ मतदाताओं व पार्टी कार्यकर्ताओं को बधाई दी। प्रदेश के मुख्यमंत्री साय ने कहा कि तब कोई यह मानने को तैयार ही नहीं था कि भाजपा की सरकार बनेगी। तत्कालीन कांग्रेस सरकार तो इतना ओवर कॉन्फिडेंस में थी कि सरकार तो कांग्रेस की बनेगी, सबने मिलकर तत्कालीन सरकार और कांग्रेस पार्टी की मुखालफत की और चुनाव जीतने में सफल हुए। छत्तीसगढ़ की 3 करोड़ जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी पर विश्वास किया। उन्होंने चुनाव प्रचार के दौरान छत्तीसगढ़ की जनता से जो वादा किया था, उस पर यहाँ की जनता ने विश्वास किया। सभी कार्यकर्ताओं ने खूब मेहनत की, पसीना बहाया जिसका परिणाम हुआ कि हम लोग बड़ा जनादेश लेकर सरकार में बैठे हैं। साय ने कहा कि हमारी सरकार ने पूरी ईमानदारी के साथ मोदी की गारंटी को पूरा किया है और अधिकांश वादे हमारी सरकार ने पूरे कर दिए हैं। चाहे वह प्रधानमंत्री आवास देने की बात हो या किसानों के साथ न्याय करने की बात हो, 3100 रु. प्रति एकड़ धान खरीद और अंतर की राशि एकमुश्त देने की बात हो। 70 लाख से ज्यादा माताओं-बहनों को महतारी वंदन योजना की राशि उनके खाते में हस्तांतरित कर रहे हैं और आज भी रायगढ़ से महतारी वंदन योजना की लाभार्थी के हाथों से बटन दबाकर महतारी वंदन योजना की किश्त जारी की गई है। रामलला दर्शन योजना की शुरुआत हो गई है। तेंदूपत्ता संग्रहण की दर को 4000 से बढ़ाकर 5500 रु. कर दिया गया है। मोदी की गारंटी का अधिकांश वादा हम लोगों ने पूरा किया है। पीएससी घोटाले की भी जाँच सीबीआई कर रही है। उसमें जो दोषी है, उनके लगातार जेल जाने का सिलसिला जारी है। पूरे प्रदेश में सुशासन देने का हमारा संकल्प है। साय ने कहा कि आज कई क्षेत्रों में जो भ्रष्टाचार का रास्ता था, हम उसे बंद कर रहे हैं। कोयला में 25 रुपए प्रति टन के हिसाब से अगर पैसा नहीं मिलता था तो टोकन नहीं कटता था, उसको भी हमने बंद करके ऑनलाइन कर दिया है। कांग्रेस की सरकार ने 2000 करोड़ रु. का शराब घोटाला भी किया। आज हम सुशासन स्थापित कर रहे हैं और भ्रष्ट व आपराधिक मामलों में संलिप्त लोगों पर लगातार कार्रवाई हो रही है। बस्तर क्षेत्र में भी शांति प्रदान करने का काम हमारी सरकार कर रही है। नक्सलवाद के साथ जो हमने मजबूती के साथ लड़ाई लड़ी है और डबल इंजन की सरकार का लाभ हमें मिल रहा है इसकी तारीफ पूरे देश में हो रही है। यह सब आप लोगों के आशीर्वाद का परिणाम है। हम सभी लोग मिलकर छत्तीसगढ़ को विकसित छत्तीसगढ़ के रूप में खड़ा करें, प्रधानमंत्री मोदी के विकसित भारत की कल्पना को साकार करने में सहभागी होना है। भूपेश सरकार के डंडों और दमन से भाजपा कार्यकर्ता डरा नहीं,जनता ने जिस भावना से जनादेश दिया ,सरकार ने उसी अनुरूप काम किया:अरुण साव प्रदेश के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने अपने संबोधन में कहा कि एक साल पहले छत्तीसगढ़ की जनता-जनार्दन ने कांग्रेस की अत्याचारी और भ्रष्टाचारी सरकार को उखाड़ फेंका था। आज राज्य में 'विष्णु का सुशासन' है और प्रदेश विकास की ओर तेज गति से बढ़ रहा है। मोदी की हर-एक गारंटी पूरी हो रही है। आज छत्तीसगढ़ के गांव और शहरों में तेज गति से विकास हो रहा है।  छत्तीसगढ़ की जनता ने जो जनादेश दिया, उसके लिए छत्तीसगढ़ की जनता को हम प्रणाम करते हैं। आज का ऐतिहासिक दिन हमेशा छत्तीसगढ़ के इतिहास में 3 दिसंबर 2023 का दिन स्वर्णिम अक्षरों में लिखा जाएगा जब एक बार फिर छत्तीसगढ़ में नई सुबह हुई थी। आज छत्तीसगढ़ नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर हो रहा है। सभी कार्यकर्ताओं ने अथक संघर्ष व प्रयास किया है, मुकदमे झेले, लाठी-डंडा खाए, लेकिन डिगे नहीं। साव ने तब कही गई अपनी बात को भी याद किया कि भारतीय जनता पार्टी का एक-एक कार्यकर्ता न डरेगा, न झुकेगा और राज्य की अन्यायी, अत्याचारी और भ्रष्ट सरकार को उखाड़ फेंके बिना चैन की नींद नहीं सोएगा। साव ने कहा कि हर-एक कार्यकर्ता ने पूरी ताकत लगाई और जनता का आशीर्वाद मिला। छत्तीसगढ़ के हर वर्ग का आज कल्याण हो रहा है। पार्टी कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम से छत्तीसगढ़ नये  इतिहास की … Read more

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा इस पृथ्वी पर जन्म लेने वाले प्रत्येक मनुष्य की मृत्यु अनिवार्य है

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि इस पृथ्वी पर जन्म लेने वाले प्रत्येक मनुष्य की मृत्यु अनिवार्य है। आने-जाने के इस क्रम में महत्वपूर्ण यह है कि जीवन के प्रत्येक क्षण का उपयोग मानव सेवा के लिए किया जाए। यह मनुष्य का सौभाग्य है कि इस धरती पर आदिकाल से परमात्मा की लीला देखने को मिलती रही है। हमारे 33 करोड़ देवी-देवताओं ने सदियों तक अपनी आभा बिखेरी है। इतनी कि इसके लिए हमारा अम्बर भी कम पड़ जाए। हमारे बीच देवता विभिन्न रूप में आते हैं। हम उन्हें पहचानें या न पहचानें, वे हमारे बीच रहते हैं। ऐसे ही देवता नीब करौरी वाले बाबा हैं। इनको मानने वालों में देश- विदेश के करोड़ों लोग शामिल हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आज शाम रविन्द्र भवन बहिरंग में अनंत विभूषित बाबा नीब करौरी महाराज के 125वें प्राकट्योत्सव को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बाबा नीब करौरी महाराज के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि संत-महंत की अपनी महत्ता है। उनके जीवन के रहस्यों को जानना मुश्किल भी है। इनका जब मनुष्यों से साक्षात्कार होता है तो लोग अपने जीवन में परिवर्तन होते देखते हैं। निश्चित ही इससे आस्था की जड़ें गहरी हो जाती हैं। वास्तव में सारी सत्ताओं के ऊपर एक सत्ता है जो परम सत्ता है। जीवन के आरोह-अवरोह में हमें उमड़ते-घुमड़ते प्रश्नों का उत्तर भी मिल जाता है। ऐसी व्यवस्थाओं को जोड़कर सनातन धर्म की परम्परा राष्ट्र के गौरव में वृद्धि करती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने स्वामी विवेकानंद का स्मरण करते हुए कहा कि स्वामी जी के जीवन का वह पक्ष भी जानने योग्यव है जब वे बी.एससी. के विद्यार्थी थे और कभी इन व्यवस्थाओं पर विश्वास नहीं करते थे। उन्हें गुरू के रूप में रामकृष्ण परमहंस मिले, जिन्होंने उनका काली मां से सीधा परिचय करवा दिया। स्वामी विवेकानंद को सभी प्रश्नों के उत्तर मिल गए और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान भी हुआ। इसी तरह जीवन में परिवर्तन का अनुभव नीब करौरी वाले बाबा और अन्य संतों के दर्शन के पश्चात लोगों में दिखाई देता है। सच्चे अर्थों में देवी देवताओं से मिलकर भक्ति की शक्ति मिल जाया करती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया कलाकारों का सम्मान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर सुंदर काण्ड की प्रस्तुति के लिए आए विजयेंद्र चौहान, शिव ताण्डव स्रोत प्रस्तुत करने वाले काली चरण जी, लोक प्रिय भजन गायक पंडित सुधीर व्यास, रासलीला प्रस्तुति के लिए भारतीय शर्मा और बाबा नीब करौरी महाराज के पौत्र डॉ. धनंजय शर्मा का स्वागत एवं सम्मान किया। उन्होंने वरिष्ठ पत्रकार राकेश अग्निहोत्री का इस कार्यक्रम के लिए आमंत्रित किए जाने पर आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव एवं अन्य अतिथियों को बाबा नीब करौरी महाराज की लघु प्रतिमा स्मृति चिन्ह के रूप भेंट की गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पंडित सुधीर व्यास के स्वर में उनके अति लोकप्रिय भजन "तू है मोरा सजन….. ये चमक ये दमक ….. फूलवन मा महक …की" प्रस्तुति भी सुनी। खेल एवं युवक कल्याण मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि आज यहां इस कार्यक्रम में बाबा नीब करौरी महाराज के पौत्र सहित उनकी पांच पीढ़ियां उपस्थित हैं। बाबा नीब करौरी महाराज ने पूरी दुनिया में ख्याति अर्जित की है। उनका आशीर्वाद भोपाल के नागरिकों को विशेष रूप से प्राप्त हुआ है। वर्तमान में बाबा के पौत्र भोपाल में ही अरेरा कालोनी में निवास करते हैं। बाबा नीब करौरी महाराज भोपाल आगमन पर नेवरी स्थित मंदिर में विश्राम किया करते थे। इस मंदिर में बाबा द्वारा सनातन धर्म परम्परा के निर्वाह की स्मृति को बनाए रखने के लिए नेवरी धाम पर बाबा की मूर्ति स्थापित की जाएगी। आगामी 22 दिसम्बर को यह प्रतिमा स्थापित करने का कार्यक्रम है। इस अवसर पर रामलीला का प्रस्तुतिकरण भी होगा। कार्यक्रम में बताया गया कि उत्तरप्रदेश में जन्मे बाबा नीब करौरी महाराज ने जीवन में अनेक सेवा कार्यों का नेतृत्व किया। वे जीवन के अनेक वर्ष उत्तराखंड में रहे। उनके अनुयायियों में अनेक विश्व विख्यात लोग शामिल हैं। कार्यक्रम में हितानंद शर्मा, वरिष्ठ नेता सुरेश पचौरी के अलावा राहुल कोठारी एवं आशीष अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में उपस्थित नागरिकों ने देर रात्रि तक भजनों का आनंद लिया।   recent visitors 91

अपनी समुद्री ताकत को बढ़ाने भारतीय नौसेना दो महीने में फ्रांस से 26 राफेल-एम फाइटर जेट की डील फाइनल कर देगा

नई दिल्ली अपनी समुद्री ताकत को बढ़ाने के लिए भारतीय नौसेना दो महीने के अंदर फ्रांस के साथ 26 राफेल-एम फाइटर जेट की डील फाइनल कर देगा. इसकी पुष्टि नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी ने खुद की है. 60 हजार करोड़ रुपए की इस डील से पूरे इंडो-पैसिफिक रीजन में शांति बहाल होगी. नेवी की ताकत बढ़ेगी. राफेल मरीन फाइटर जेट (Rafale Marine Fighter Jet/ Rafale M) को भारतीय एयरक्राफ्ट कैरियर INS Vikrant और INS Vikramaditya पर तैनात किया जाएगा. ये जेट्स शॉर्ट टेकऑफ करने में सक्षम हैं. लेकिन लैंडिंग के लिए अरेस्टेड रिकवरी स्टोबार तकनीक का इस्तेमाल करेंगे. भारत इस डील में फ्रांस से 22 सिंगल सीटर फाइटर जेट और चार डबल सीटर फाइटर जेट खरीदेगा. डबल सीटर फाइटर जेट ट्रेनिंग के लिए काम आएंगे. Rafale-M एक मल्टीरोल फाइटर जेट है. दक्षिण एशिया की बात करें तो भारत और चीन के अलावा किसी अन्य देश के पास एयरक्राफ्ट कैरियर नहीं है. स्पीड 2205 km/hr, रेंज 3700 किलोमीटर राफेल-एम 50.1 फीट लंबा है. इसे 1 या 2 पायलट उड़ाते हैं. राफेल का वजन सिर्फ 15 हजार kg है. यानी हल्का है. राफेल-एम की फ्यूल कैपेसिटी करीब 11,202 kg है. यानी ज्यादा देर तक फ्लाई कर सकता है. गति 2205 km/hrहै. राफेल-एम की रेंज 3700 km है. 52 हजार फीट की ऊंचाई तक जा सकता है.   14 हार्डप्वाइंट्स, हथियारों का जखीरा लग जाए राफेल-एम में 30 mm की ऑटोकैनन गन लगी है. इसके अलावा 14 हार्डप्वाइंट्स हैं. इसमें तीन तरह के हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइलें, हवा से सतह पर मार करने वाली सात तरह की मिसाइलें, एक परमाणु मिसाइल या फिर इनका मिश्रण लगा सकते हैं. यह फाइटर जेट एंटी-शिप वॉरफेयर के लिए बेस्ट है. इसमें प्रेसिशन गाइडेड बम और मिसाइलें लगा सकते हैं. जैसे- मेटियोर, स्कैल्प, या एक्सोसैट. इस फाइटर जेट के आने से हवा, पानी और जमीन तीनों जगहों से सुरक्षा मिलेगी. नौसेना एक देश के चारों तरफ अदृश्य कवच बना सकेगी. राडार ऐसा कि दुश्मन बच न पाए, खुद रहे सुरक्षित इसका AESA राडार टारगेट डिटेक्शन और ट्रैकिंग के लिए बेहतरीन है. इसमें स्पेक्ट्रा इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर सिस्टम है जो इसे स्टेल्थ बनाता है. इसमें बीच हवा में ही रीफ्यूलिंग हो सकती है. यानी इसकी रेंज बढ़ जाएगी. राफेल-एम फाइटर आने से भारतीय समुद्री क्षेत्र में निगरानी, जासूसी, अटैक जैसे कई मिशन किए जा सकेंगे. डील में मेंटेनेंस, ट्रेनिंग और कई चीजें शामिल इसके आने से चीन और पाकिस्तान समेत इंडो-पैसिफिक में जो स्थितियां हैं, उनसे निपटना आसान हो जाएगा. साथ ही इस डील में ऑफसेट प्रोविजन है. इससे भारत के मेक इन इंडिया मुहिम को भी बढ़ावा मिलेगा. ये डील 60 हजार करोड़ रुपए की है. लेकिन इसमें सिर्फ खरीद की कीमत नहीं है. डील में पैकेज है. इसमें मेंटेनेंस और लॉजिस्टिक सपोर्ट भी शामिल है. नौसैनिकों की ट्रेनिंग, ऑपरेशन और मेंटेनेंस की ट्रेनिंग भी शामिल है. यह डील पूरी होते ही भारतीय नौसेना के पास एयरक्राफ्ट कैरियर पर नए और आधुनिक फाइटर जेट्स हो जाएंगे.   recent visitors 75