कृषि मंत्री ने बताया- बोवनी की प्राथमिकता और जिले में उपलब्ध खाद के भंडार को देखते हुए उर्वरक व्यवस्था की जा रही है

भोपाल प्रदेश में कई स्थानों पर खाद के लिए रात में लाइनें लगने और धरना-प्रदर्शन जैसी स्थिति सामने आ रही है। कांग्रेस इसे लेकर हमलावर है तो सरकार भी दावा कर रही है कि खाद की कोई कमी नहीं है। पिछले वर्ष की तुलना में वर्तमान स्थिति में अधिक खाद उपलब्ध है। विपणन संघ के गोदामों से खाद टोकन पर ही दी जाएगी। निजी क्षेत्र के उर्वरक विक्रय केंद्रों की भी निगरानी की जाएगी ताकि कोई गड़बड़ी न हो। कृषि मंत्री एदल सिंह कंषाना ने बताया कि बोवनी की प्राथमिकता और जिले में उपलब्ध खाद के भंडार को देखते हुए उर्वरक व्यवस्था की जा रही है। अक्टूबर, 2023 में यूरिया का विक्रय 4.67 लाख टन हुआ था, जिसके विरुद्ध इस वर्ष अक्टूबर में 8.53 लाख टन परिवहन मिलाकर उपलब्ध है। इसमें से 2.40 लाख टन यूरिया का विक्रय हुआ है और 6.13 लाख टन भंडार में है।   इसी तरह डीएपी और एनपीके अक्टूबर, 2023 में 4.37 लाख टन बिका था, जबकि इस वर्ष अक्टूबर, 2024 में 5.58 लाख मीट्रिक टन ट्रांजिट सहित उपलब्ध है। 2.20 लाख मीट्रिक टन डीएपी और एनपीके का विक्रय हो चुका है। भारत सरकार से भी यूरिया, डीएपी, एनपीके की आपूर्ति हो रही है। विपणन संघ के डबल लाक केंद्रों (गोदाम) पर टोकन से ही खाद देने की व्यवस्था बनाई गई है। दो दिसंबर से होगा धान का उपार्जन, 7.85 लाख किसानों ने कराया पंजीयन प्रदेश में न्यूनतम समर्थन मूल्य पर धान का उपार्जन दो दिसंबर से किया जाएगा। वहीं, ज्वार और बाजरा 22 नवंबर से खरीदा जाएगा। इसके लिए 7 लाख 85 हजार 41 किसानों ने पंजीयन कराया है। इनका क्षेत्र 14 लाख 12 हजार 857 लाख हेक्टेयर है। इसका सत्यापन राजस्व विभाग के कर्मचारियों से कराया जा रहा है। खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया कि धान, ज्वार और बाजरा के उपार्जन की तैयारी हो चुकी है। सर्वाधिक एक लाख 29 हजार 373 किसानों ने बालाघाट में पंजीयन कराया है। रीवा में 64 हजार 215, सतना में 58 हजार 960, जबलपुर में 54 हजार 546, सिवनी में 52 हजार 407, कटनी में 52 हजार 279, मंडला में 41 हजार 461, पन्ना में 33 हजार 472, शहडोल में 33 हजार 661, मैहर में 26 हजार 757 किसान उपार्जन केंद्रों पर उपज विक्रय के लिए पंजीयन कराया है। सबसे कम 880 किसान विदिशा में पंजीकृत हुए हैं। recent visitors 63

सिरोही जिले में सड़क हादसे में एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत

 सिरोही राजस्थान में ब्यावर-पिंडवाड़ा हाईवे (NH-62) पर गुरुवार सुबह करीब 7.15 बजे टायर फटने के कारण बड़ा हादसा हो गया है। कार नाले में गिर गई और एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत हो गई। कार सवार पिंडवाड़ा से जोधपुर की तरफ जा रहे थे।एसपी सिरोही अनिल कुमार ने बताया है कि कार का संतुलन बिगड़ने से यह हादसा हुआ है। पांच लोगों की मौत हो गई है। जबकि, एक महिला घायल हो गई है। अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सिरोही में सारनेश्वर ब्रिज के पास यह हादसा हुआ है। कार का टायर फटने से कार बेकाबू हो गई और यह हादसा हो गया। दूसरी तरफ सिरोही कोतवाली थानाधिकारी कैलाश दान ने बताया कि कार में सवार एक परिवार गुजरात से जोधपुर की तरफ जा रहा था। तभी सारनेश्वर जी पुलिए के पास कार के आगे का टायर फट गया, जिससे कार अनियंत्रित होकर डिवाडर को पार करते हुए नाले में गिर गई। हादसा इतना दर्दनाक था फलोदी के खारा गांव के निवासी दो महिला, दो पुरुष और एक बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक महिला घायल हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही सीओ मुकेश चौधरी, कोतवाली थानाधिकारी मय टीम के मौके पर पहुंचे और घायल महिला को जिला अस्पताल पहुंचाया। साथ ही मृतकों के शवों को मोर्चरी में रखवाया है। सीआई कैलाशदान ने बताया कि जानकारी में सामने आया है कि सभी मृतक एक ही परिवार के हो सकते हैं। सभी गुजरात गए थे और वापस अपने गांव खारा लौट रहे थे। इस दौरान हादसे का शिकार हो गए। हादसे में घायल महिला का जिला अस्पताल में उपचार जारी है। दिवाली मनाने आ रहा था परिवार पुलिस के मुताबिक, फलोदी (राजस्थान) का परिवार 40 साल से गुजरात के दाहोद में रहता था। परिवार दिवाली मनाने गुजरात से फलोदी आ रहे थे। गुरुवार सुबह 7 बजे तेज रफ्तार कार कोतवाली थाना इलाके में ब्यावर-पिंडवाड़ा NH-62 पर थानेश्वरजी पुलिया के पास पहुंची ही थी कि अचानक टायर फट गया। स्विफ्ट कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर तोड़ते हुए हाईवे से नीचे नाले में गिर गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। क्षतिग्रस्त कार को क्रेन की मदद से बाहर निकलवाया। घायल महिला को सिरोही हॉस्पिटल पहुंचाया। हादसे में इनकी गई जान एक्सीडेंट में दाहोद (गुजरात) निवासी प्रताप (53) पुत्र कांती लाल भाटी, रामूराम (50) पुत्र प्रेमाराम भाटी, उषा (50) पत्नी प्रताप भाटी, पुष्पा (25) पत्नी जगदीश भाटी और आशु (11 महीने) पुत्र जगदीश भाटी की मौत हो गई। शारदा (50) पत्नी रमेश भाटी घायल हो गईं। परिवार गुजरात का रहने वाला था। आशु, पुष्पा का बेटा था। इस हादसे में दोनों की जान चली गई है। recent visitors 81

Rewa Industry Conclave में 31 हजार करोड़ रुपये के मिले प्रस्ताव, बदल जाएगी एमपी की सूरत

रीवा  CM मोहन यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस, रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव पर प्रेस कॉन्फ्रेंस. रीवा अंचल में औद्योगिक क्रांति की दिशा में बड़ा कदम, 4 हजार निवेशकों ने भाग लिया, रीवा ही नहीं 10 से ज्यादा राज्य के लोग शामिल, 120 से ज्यादा उद्योगपतियों ने भाग लिए, उद्योगपतियों ने की MP की नीति की तारीफ, पतंजलि 1 हजार करोड़ फूड इंडस्ट्री में निवेश करेगा. उज्जैन में वेलनेस सेंटर शुरू करेंगे, डालमिया 3 हजार करोड़ निवेश करेंगे, रामा ग्रुप सतना में 500 करोड़ निवेश करेगा. रीवा रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में मध्य प्रदेश सरकार को हजारों करोड़ रुपये के प्रस्ताव मिले. इसके समापन पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि रीवा का आयोजन सबसे सफल रहा. इस कॉन्क्लेव में 31 हजार करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं. रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव रीवा के औद्योगिक विकास के लिए क्रांतिकारी कदम साबित होगा. इसमें भाग लेने 4 हजार से अधिक उद्यमियों ने पंजीयन कराया. इसमें 10 राज्यों के निवेशकों ने भागीदारी की. कार्यक्रम में 150 से ज्यादा विशिष्ट अतिथियों ने भाग लिया. प्रदेश का पांचवां रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव रीवा के कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया. इसमें विन्ध्य में औद्योगिक निवेश की संभावनाओं पर मुख्यमंत्री डॉ यादव के सामने उद्योगपतियों ने खुलकर अपने विचार रखे. आचार्य बालकृष्ण ने कहा- पतंजलि यहां फूड प्रोसेसिंग, पर्यटन, आईटी और सोलर के क्षेत्र में काम करेगी। ये निवेश शुरुआती है। सफलतापूर्वक संचालन के बाद इसे और बढ़ाया जाएगा। कॉन्क्लेव में सीएम डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की कि रीवा में मल्टी माॅडल लॉजिस्टिक पार्क बनेगा। संजय दुबरी नेशनल पार्क को इंटरनेशनल लेवल का बनाएंगे। हेल्थ टूरिज्म डेवलप करेंगे। नए और आवटिंत मिलाकर सबसे बड़े निवेशकों के प्रोजेक्ट 1) केजीएस सीमेंट- 14 हजार करोड़ रुपए 2) सिद्धार्थ इंफ्राटेक- 12 हजार 800 करोड़ रुपए 3) अल्ट्राटेक सीमेंट लि.- 3000 करोड़ रुपए 4) आडानी ग्रुप-2528 करोड़ रुपए 5) पतंजलि ग्रुप-एक हजार करोड़ रुपए 6) रामा ग्रुप- 500 करोड़ रुपए विन्ध्य में बिजली, पानी, परिवहन के अच्छे साधन पर्याप्त खनिज, वन संपदा और औद्योगिक निवेश के लिए सकारात्मक वातावरण से उद्योगपति खुश हुए. समारोह में डालमिया ग्रुप के महाप्रबंधक पुनीत डालमिया, पतंजलि ग्रुप के महाप्रबंधक आचार्य बालकृष्ण, रामा ग्रुप के सीएमडी  नरेश गोयल, अडाणी ग्रुप के भिमसी कचोट सहित अन्य उद्यमी उपस्थित थे. मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सिद्धार्थ इंफाटेक ने 12 हजार 800 करोड़ रुपये, ऋत्विक प्रोजेक्ट ने 4 हजार करोड़ रुपये, केजीएस सीमेंट ने 14 हजार करोड़ रुपये, पतंजलि ग्रुप ने एक हजार करोड़ रुपये, रामा ग्रुप ने 500 करोड़ रुपये, सोलर एएमसी सर्विस प्रा.लि. ने 400 करोड़ रुपये, बीपीसीएल पेट्रोकेमिकल ने 300 करोड़ रुपये के निवेश का प्रस्ताव दिया है. ये भी निवेश को तैयार इनके अलावा शारदा मिनरल्स ग्रुप से 225 करोड़ रुपये, एस. गोयंका ग्रुप से 200 करोड़ रुपये, शिव शिक्त कंस्ट्रक्शन कंपनी से 175 करोड़ रुपये, आडानी ग्रुप से 2528 करोड़ रुपये, जय प्रकाश पावर बेंचर से 750 करोड़ रुपये, एनटीपीसी से सोलर प्लांट के लिए 103 करोड़ रुपये, अल्ट्राटेक सीमेंट लि. से 3000 करोड़ रुपये, निसर्ग इस्पात से एक हजार करोड़ रुपये तथा अन्य उद्योगों में 2063 करोड़ रुपये के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं. इनसे लगभग 30 हजार लोगों को रोजगार का अवसर मिलेगा. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि पतंजलि ग्रुप उज्जैन में योग और आयुर्वेद का संस्थान बनाने जा रहा है. रीवा में पांचवें रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से विन्ध्य के विकास को नई दिशा मिलेगी. पीथमपुर की 5 इंडस्ट्रियल यूनिटों का वर्चुअल भूमिपूजन किया सीएम ने पीथमपुर की 5 इंडस्ट्रियल यूनिटों का वर्चुअली भूमि पूजन भी किया। इनमें पिनेकल मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड EV बस और लाइट कॉमर्शियल व्हीकल बनाने के लिए यूनिट लगाएगी। इसमें 1600 करोड़ का निवेश करेगी। यहां 500 से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलेगा। यह मध्य प्रदेश की पहली डेडिकेटेड ईवी बस और लाइट कॉमर्शियल व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट होगी। पिनेकल ग्रुप पहले ही यहां वंदे भारत के स्लीपर कोच बनाने के प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है, जिसकी शुरुआत अगले साल मार्च से होने की संभावना है। कोर ब्लॉक स्केफ होल्डिंग एण्ड फॉर्म वर्क प्रालि कंपनी द्वारा मेटल पाइप बनाने के लिए यूनिट लगाई जाएगी। इसमें 150 करोड़ रुपए का डाइरेक्ट फॉरेन ​​​​इन्वेस्टमेंट किया जाएगा। इस निवेश से 350 लोगों को रोजगार मिलेंगे। बीज को पौधा बनना है तो मिट्‌टी में गाड़ना पड़ता है-सीएम सीएम ने कहा चुनाव का समय नहीं है। पुनित डालमिया से बात कर रहा था। मैं एज ए सीएम की तरह बैठा हूं। मेरा एक-एक अधिकारी भाषण दे रहा है। सीएस से लेकर पीएस तक। मुझे भी मजा आ रहा है। मंत्री बोल रहे हैं। उद्योगपति बोल रहे हैं। बीज से पौधा निकलने की कल्पना करना। पौधे को बनने से पहले बीज को अपने आपको मिट्टी में गाड़ना पड़ता है। अस्तित्व मिटाना पड़ता है। अहंकार निकालना पड़ता है। हम एक परिवार हैं। कोई सीएम-अफसर नहीं है। सब परिवार की तरह काम करें। सारे पीएस हिंदी में इतना अच्छा भाषण दे रहे कि इनकी प्रतियोगिता कराओ तो पुरस्कार देना पड़ जाए। सारी बातें आज ओपन ट्रांसपैरेंट बातें हुई हैं। यही तो मोदीजी का सपना है। कलेक्टर भी ध्यान देते हैं कि सरकार का मूड क्या है। अपने आप ही चमत्कार होता है। हमारी क्षमता से काम करेंगे तो बदलाव होगा। अफसरों ने दी विभाग से जुड़ी जानकारी अफसरों ने कॉन्क्लेव में अपने विभाग की ओर से औद्योगिक विकास के लिए किए जा रहे काम बताए। ऊर्जा विभाग और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग के अपर सचिव मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि रीवा की बिजली से दिल्ली की मेट्रो चल रही है। हर जिले में सरकारी बिल्डिंग पर सोलर पैनल लगेगा। कारनिश पॉवर जोन प्रालि द्वारा इलेक्ट्रिक मशीनरी और इक्यूपमेंट्स के लिए यूनिट लगाई जाएगी। इसमें 1.5 करोड़ का निवेश और 27 लोगों को रोजगार मिलेगा। मां तुलजा इंडस्ट्रीज द्वारा हातोद में प्लास्टिक प्रोडक्ट और पैकेजिंग यूनिट की स्थापना की जाएगी। इसमें 13 लोगों को रोजगार मिलेगा। श्री गजानन इन्टरप्राइजेस द्वारा रेहटा खडकोद में नॉनफेरस मेटल एंड प्रोडक्ट यूनिट की स्थापना की जाएगी। recent visitors 83

मुख्यमंत्री यादव ने किया रीवा रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का शुभारंभ, 4 हज़ार से अधिक उद्योगपति शामिल

 रीवा सीएम डॉ. मोहन यादव ने आज दीप प्रज्वलन करते हुए रीवा में 5वें रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया। कृष्णा राज कपूर सभागार में आयोजित इस कॉन्क्लेव में 4,000 से अधिक प्रतिभागी शामिल हो रहे हैं, जिसमें प्रमुख निवेशक और 3,000 एमएसएमई उद्यमी शामिल हैं। इस कॉन्क्लेव का मुख्य उद्देश्य विंध्य क्षेत्र को औद्योगिक अवसरों का केंद्र बनाना है, जिससे निवेश को आकर्षित किया जा सके। बता दें कि मुख्यमंत्री ने 2025 को ‘उद्योग एवं रोजगार वर्ष’ घोषित किया है, जिससे प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन मिलेगा। आज हो रहे पांचवें इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का केंद्र ऊर्जा, खनन, कृषि, डेयरी, खाद्य प्र-संस्करण, पर्यटन और हस्तशिल्प जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निवेश को प्रोत्साहित करना है। इस कॉन्क्लेव में प्रेजेंटेशन, राउंडटेबल और सेक्टोरल सत्र हैं, जिनमें नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा पर विशेष चर्चा हो रही है। रीवा में 5वें रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का शुभारंभ मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री मोहन यादव के कार्यकाल में इससे पहले चार प्रमुख इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन हो चुका है। इनमें पहला इंडस्ट्री कॉन्क्लेव उज्जैन में आयोजित किया गया था, जिसमें कई बड़े उद्योगपतियों और निवेशकों ने भाग लिया। दूसरा कॉन्क्लेव जबलपुर में हुआ, जहां विभिन्न उद्योगों के लिए निवेश के अवसरों पर चर्चा की गई। तीसरा इंडस्ट्री कॉन्क्लेव ग्वालियर आयोजित किया गया, जिसमें स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों ने भाग लिया और हाल ही में 27 सितंबर को सागर में चौथा इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आयोजित किया गया, जिसमें देश-विदेश के साढ़े चार हजार से अधिक उद्योगपति शामिल हुए थे। मध्यप्रदेश के औद्योगिक परिदृश्य को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से अब पांचवां रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव रीवा में हो रहा है। विंध्य में विकास का नया कीर्तिमान मुख्यमंत्री ने रीवा के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह अंचल विंध्य और बुंदेलखंड को जोड़ते हुए विकास के नए कीर्तिमान स्थापित करेगा। उन्होंने यह भी बताया कि अब तक उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर और सागर में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आयोजित किए जा चुके हैं और उन्हें सफल बनाने के लिए मुंबई, कोयंबतूर, बेंगलुरु और कोलकाता में रोड शो किए गए, जिनके परिणाम बेहद सकारात्मक रहे हैं। नए उद्योगों की शुरुआत होगी इस कॉन्क्लेव के दौरान प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में कई उद्योगों का भूमि पूजन और लोकार्पण भी किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र और राज्य की डबल इंजन सरकार के तहत प्रदेश के विकास को और तेज गति से आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया।   मध्य प्रदेश को औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने की पहल यह कॉन्क्लेव न सिर्फ विंध्य क्षेत्र के औद्योगिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, बल्कि पूरे मध्य प्रदेश को एक औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। ‘इन्वेस्ट मध्यप्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025’ के लिए जारी किए गए विशेष आमंत्रण के साथ, यह सम्मेलन राज्य के आर्थिक विकास के लिए नए द्वार खोलेगा। इस कॉन्क्लेव में ओडीओपी (एक जिला-एक उत्पाद) और जी-2-सी (सरकार से नागरिक) स्टॉल भी स्थापित किए गए हैं। यहां एमपी इंडस्ट्रियल डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन, एमपी स्टेट इलेक्ट्रॉनिक डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन, डायरेक्टोरेट ऑफ़ फ़ॉरेन ट्रेड, कस्टम विभाग, ईसीजीसी लिमिटेड, फेडरेशन ऑफ़ इंडियन एक्सपोर्ट और हस्तशिल्प विकास निगम सहित 16 से अधिक विभाग और संस्थान शामिल हैं। recent visitors 112

देश के उद्योगपतियों को प्रोत्साहित करना हमारी प्राथमिकता है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

प्रदेश को समृद्ध और संपन्न बनाना हमारा संकल्प : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा प्रदेश को समृद्ध और संपन्न बनाना हमारा संकल्प है देश के उद्योगपतियों को प्रोत्साहित करना हमारी प्राथमिकता है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश को समृद्ध और संपन्न बनाना हमारा संकल्प है। उद्योग और निवेश गतिविधियों को विस्तार देने के लिए आवश्यक सभी व्यवस्थाएँ मध्यप्रदेश में विद्यमान हैं। प्रदेश के उद्योगपतियों को प्रोत्साहित करना हमारी प्राथमिकता है। राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कार्यरत उद्योग समूहों को प्रदेश में अपनी गतिविधियों के विस्तार के लिए आमंत्रित किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश और प्रदेश विकास पथ पर निरंतर अग्रसर हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव रीवा के लिए प्रस्थान करने से पहले निवास पर अपने संदेश में यह बात कही। प्रदेश में गतिविधियों के विस्तार के लिए उद्योगपति रूचि प्रकट कर रहे हैं मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर और सागर में हुई रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से 3 लाख 25 हजार से अधिक रोजगार के अवसर सॄजित करने में मदद मिली और लगभग 2 लाख 45 हजार करोड़ रूपये के निवेश प्रस्ताव भी तैयार हैं। प्रदेश में निवेश की संभावनाओं के दृष्टिगत निवेशक और उद्योगपति अपनी गतिविधियों के विस्तार में रुचि प्रकट कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को अपनी बौद्धिक क्षमता के अनुरूप स्थानीय स्तर पर कार्य करने का अवसर मिले, ब्रेन ड्रेन रुके, इस उद्देश्य से भी राज्य सरकार कार्य कर रही है। साथ ही प्रदेश में विभिन्न विभागों में 1 लाख से अधिक नौकरियों के लिए भर्ती प्रक्रिया आरंभ हो रही है।   recent visitors 107

5वीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का M मोहन ने किया शुभारंभ करेंगे, झोली भरकर विंध्य आये खास मेहमान

रीवा  मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि 5वीं रीजनल इंडस्ट्री कांन्क्लेव आज रीवा में है, जो सबसे ज्यादा सफल होगी। अभी तक मप्र में 2.45 लाख करोड़ का निवेश मिला… तीन लाख से ज्यादा लोगों को रोजगार के अवसर मिले। रोजगार की दिशा में लगातार युवाओं को अवसर मिलेंगे मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार अपने गठन के साथ ही लगातार मध्य प्रदेश के औद्योगिक निवेश और रोजगार की दिशा में लगातार युवाओं को अवसर मिले, हमारे हर युवा के हाथ में काम मिले इसलिए सभी सेक्टर में समान रूप से काम कर रही है। खासकर के हमारे आईटी का सेक्टर हो या एमएसएमई उद्योग का सेक्टर हो, हेवी इंडस्ट्री से लेकर फूड इंडस्ट्री तक सभी क्षेत्रों में लगातार रोजगार निवेश के अभियान में हम लगे हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि अभी तक प्रदेश के अंदर उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर और सागर में हम रीजनल इंडस्ट्री कांन्क्लेव कर चुके हैं और इसे सफल बनाने के लिए मुंबई, कोयंबतूर, बेंगलुरु और कोलकाता इत्यादि स्थानों पर रोड शो करके भी आए हैं, जिसके सुखद परिणाम भी मिले हैं। डॉक्टर यादव ने कहा कि आज रीवा में पांचवीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आयोजित हो रही है। मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि रीवा महत्वपूर्ण अंचल हैं जो विंध्य और बुंदेलखंड को जोड़ते हुए विकास के लिए एक नया कीर्तिमान बनाएगा। निवेश प्रस्तावों के संबंध में उद्योगपतियों से वन टू वन चर्चा करेंगे उद्घाटन समारोह के बाद मुख्यमंत्री विन्ध्य क्षेत्र में निवेश प्रस्तावों के संबंध में उद्योगपतियों से वन टू वन चर्चा करेंगे। कार्यक्रम के समापन के बाद मुख्यमंत्री शाम 6 बजे एयरपोर्ट रीवा से वायुयान से प्रस्थान कर शाम 6.50 बजे एयरपोर्ट भोपाल पहुंचेगे। विन्ध्य क्षेत्र में औद्योगिक विकास की अपार संभावनाएं: उप मुख्यमंत्री मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में औद्योगिक विकास की अपार संभावनाएँ हैं और इसे साकार करने के लिए राज्य सरकार द्वारा प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव (आरआईसी) जैसे आयोजन आज के समय में अत्यंत प्रासंगिक हैं। मुख्यमंत्री के विजनरी नेतृत्व में प्रदेश के समग्र विकास को मिल रही है नई दिशा यह क्षेत्रीय विशेषताओं के आधार पर निवेश संभावनाओं को प्रस्तुत कर औद्योगिक विकास में संतुलन लाने का एक महत्वपूर्ण माध्यम बन रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के विजनरी नेतृत्व में यह पहल प्रदेश के समग्र विकास को एक नई दिशा प्रदान कर रही है। इसका पाँचवां संस्करण 23 अक्टूबर को रीवा में आयोजित किया जा रहा है। यह क्षेत्र निवेशकों के लिए एक आदर्श गंतव्य बन गया पहले उज्जैन, जबलपुर, ग्वालियर और सागर में सफलतापूर्वक कॉन्क्लेव आयोजित किए जा चुके हैं। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने मंत्रालय वल्लभ भवन में मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा की।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में औद्योगिक विकास के लिए आधुनिक और सशक्त इंफ्रास्ट्रक्चर, सड़क, रेलवे और हवाई मार्ग का निरंतर विस्तार किया जा रहा है, जिससे यह क्षेत्र निवेशकों के लिए एक आदर्श गंतव्य बन गया है। सहयोगी पहलों से निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण बना क्षेत्र में सीमेंट, खनिज और सरप्लस पावर जैसी प्राकृतिक संपदाओं की प्रचुरता इसे औद्योगिक गतिविधियों के लिए अत्यंत उपयुक्त बनाती हैं।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश में ईज़ ऑफ डूइंग बिज़नेस और सिंगल विंडो क्लीयरेंस और औद्योगिक सहयोगी पहलों से निवेशकों के लिए अनुकूल वातावरण बना है। विन्ध्य क्षेत्र में उद्योगों के लिए 9,000 हेक्टेयर से अधिक का भूमि बैंक उपलब्ध इसी सकारात्मक माहौल के चलते अब तक 4,000 से अधिक निवेशकों ने रीवा में होने वाले इस कॉन्क्लेव के लिए पंजीकरण कराया है।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि विन्ध्य क्षेत्र में उद्योगों के लिए 9,000 हेक्टेयर से अधिक का भूमि बैंक उपलब्ध है। यह कॉन्क्लेव विन्ध्य क्षेत्र के विकास में एक नया अध्याय लिखेगी कॉन्क्लेव में आईटी, पर्यटन, माइनिंग, एमएसएमई, कुटीर उद्योग, और कृषि क्षेत्र में निवेश पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। विन्ध्य क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएँ हैं, जिनका विकास प्रदेश के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान देगा। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने विश्वास जताया कि यह कॉन्क्लेव विन्ध्य क्षेत्र के विकास में एक नया अध्याय लिखेगी। मध्यप्रदेश के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र में औद्योगिक विकास का नया केंद्र बना रीवा संभाग रीवा संभाग, जो मध्य प्रदेश के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र में स्थित है, आज तेजी से एक उभरते औद्योगिक केंद्र के रूप में अपनी पहचान बना रहा है। अपनी सांस्कृतिक धरोहर, प्राचीनता, प्राकृतिक संसाधनों की प्रचुरता और खनिज भंडारों के साथ यह क्षेत्र निवेशकों के लिए अनगिनत अवसर प्रस्तुत करता है। यहां न सिर्फ औद्योगिक विकास के लिए मजबूत आधारभूत संरचना तैयार की गई है, बल्कि इसके पर्यटन और ऐतिहासिक महत्व ने भी इसे और अधिक आकर्षक बना दिया है। रीवा संभाग के औद्योगिक क्षेत्र चोरहटा, गुढ़, बाईपास, और त्योथर जैसे प्रमुख औद्योगिक क्षेत्र राज्य के आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन क्षेत्रों में निर्माण सामग्री, कृषि आधारित उद्योग, धातु उद्योग, और खाद्य प्रसंस्करण जैसे उद्योग प्रमुखता से उभर रहे हैं। रीवा का हवाई संपर्क जुड़ने के बाद इन क्षेत्रों में व्यापारिक गतिविधियों की रफ्तार और भी बढ़ गई है, जिससे निवेशकों को माल की ढुलाई और उत्पादों की आपूर्ति में आसानी हो रही है। सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर रीवा संभाग का सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व इसे पर्यटन के नजरिए से भी महत्वपूर्ण बनाता है। यहां स्थित रीवा किला, गोविंदगढ़ का किला, और मुक्ति धाम जैसे स्थान न केवल ऐतिहासिक धरोहर हैं, बल्कि सांस्कृतिक रूप से भी अत्यधिक महत्वपूर्ण हैं। इसके अलावा, रीवा के साथ जुड़ी बघेलखण्ड की संस्कृति ने भी इस क्षेत्र को एक विशिष्ट पहचान दी है। खनिज और प्राकृतिक संसाधनों की प्रचुरता रीवा संभाग खनिज संसाधनों से समृद्ध है। यहां प्रचुर मात्रा में चूना पत्थर, डोलोमाइट, और बॉक्साइट जैसे खनिज पाए जाते हैं, जो औद्योगिक गतिविधियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इन खनिज संसाधनों का दोहन स्थानीय उद्योगों को कच्चा माल उपलब्ध कराता है, जिससे क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बल मिलता है। पर्यटन और पौराणिक महत्व रीवा संभाग अपने प्राकृतिक सौंदर्य और पर्यटक स्थलों के लिए भी प्रसिद्ध है। केऊटी जलप्रपात, चित्रकूट और सिद्ध बाबा जैसे स्थानों का पर्यटन महत्व है, जो न सिर्फ स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाते हैं बल्कि सांस्कृतिक रूप से भी महत्वपूर्ण हैं। इसके अलावा, इस क्षेत्र … Read more

बाबा सिद्दीकी हत्या मामले में खुलासा लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई का शूटर्स से सीधा लिंक मिला

 मुंबई बाबा सिद्दीकी की हत्या मामले की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच ने खुलासा किया है कि शूटर्स लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोन बिश्नोई के सीधे संपर्क में थे. क्राइम ब्रांच के मुताबिक, आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि शूटर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई के सीधे संपर्क में थे. हालांकि पूछताछ में हत्या का कारण पता नहीं चला है. क्राइम ब्रांच को मिला लिंक मुम्बई क्राइम ब्रांच को NCP नेता बाबा सिद्दीकी हत्या मामले की जांच के दौरान पहली बार लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई का शूटर्स से सीधा लिंक मिल गया है. सामने आया है कि, हत्या करने वाले संदिग्ध तीन शूटर्स ने हत्या से पहले एक इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप (स्नैपचैट) के जरिए जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई से बातचीत की थी. अनमोल बिश्नोई भी एक शूटर और साजिशकर्ता प्रवीण लोनकर के संपर्क में था. अनमोल कनाडा और अमेरिका से आरोपियो के संपर्क में था. आरोपियों के पास से चार मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं. 10 आरोपी अब तक हुए गिरफ्तार क्राइम ब्रांच ने बाबा सिद्दीकी हत्या मामले में अब तक 10 आरोपियो को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो शूटर और हथियार सप्लायर भी शामिल हैं. बाबा सिद्दीकी हत्या मामले में शूटर शिवकुमार गौतम और कई आरोपी जिसे पुलिस ने आरोपी बताया है वो फरार है. आरोपी स्नैपचैट के ज़रिए एक-दूसरे से संपर्क में थे और मैसेज के माध्यम से निर्देश मिलने के बाद उसे तुरंत डिलीट कर देते थे. ऐसे ही जब गिरफ्तार आरोपियों के स्नैपचैट को बारीकी से खंगाला गया तब पता चला कि शूटर्स और प्रवीण लोनकर सीधे-सीधे अनमोल बिश्नोई के संपर्क में थे. इस मामले में अब क्राइम ब्रांच जल्द ही MCOCA की संबंधित धाराएं जोड़ने की तैयारी में है. जांच के दौरान क्राइम ब्रांच को कई स्नैपचैट अकाउंट्स की जानकारी मिली जिसका इस्तेमाल कर आरोपी एक-दूसरे के संपर्क में थे.  पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जांच के दौरान यह खुलासा हुआ है। उन्होंने बताया कि 12 अक्टूबर की हत्या की जांच कर रही शहर पुलिस की अपराध शाखा ने कहा कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में पता चला है कि गिरफ्तार हमलावर धर्मराज कश्यप, गुरमेल सिंह और फरार चल रहे शिवकुमार गौतम ने सितंबर में मुंबई के बाहरी इलाके करजत तहसील के अंतर्गत पलासधारी में एक झरने के पास गोलीबारी का अभ्यास किया था। पुलिस अधिकारी ने बताया कि शूटर्स ने झरने के पास की इस जगह को इसलिए चुना क्योंकि यह सुनसान इलाका है। यहां पर गोलियों की आवाज दूर-दूर तक किसी को सुनाई नहीं दी और न ही किसी ने उन्हें यहां शूटिंग करते हुए देखा। 5 किलोमीटर अंदर जंगल में जाकर करते थे प्रैक्टिस जंगल में शूटिंग की प्रैक्टिस के लिए आरोपियों को रोज जाना पड़ता इसलिए उन्होंने सबसे पास के इलाके में रहने को चुना। उन्होंने सितंबर के दूसरे हफ्ते में कर्जत के जंगल में शूटिंग प्रैक्टिस शुरू की। उससे पहले पलसदरी गांव में एक घर किराए पर लिया। यहां से वे रोज जंगल में अंदर पांच किलोमीटर जाते और शूटिंग की प्रैक्टिस करते थे। ठाणे के गैंग को पहले दिया था हत्या का जिम्मा पुलिस अधिकारी ने बताया कि नितिन सप्रे और राम कनौजिया ने इस ऑपरेशन को लीड किया। उन्होंने महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री सिद्दीकी (66) की हत्या का जिम्मा पहले ठाणे स्थित पांच सदस्यीय सुपारी गिरोह को सौंपा था। अधिकारी के अनुसार, अपराध में प्रयुक्त पिस्तौल कनौजिया और एक अन्य आरोपी भगवत सिंह ओम सिंह राजस्थान से लाए थे। इसलिए गैंग हटा पीछे अपराध को अंजाम देने के लिए 50 लाख रुपये की मांग पर असहमति और दिवंगत राजनेता के प्रभाव को देखते हुए यह गिरोह हत्या का ठेका लेने से पीछे हट गया। हालांकि गैंग ने अटैक को अंजाम देने के लिए जरूरत के सारे सामान और मदद देने का ठेका ले लिया। उदयपुर से यूं लाए पिस्टल पहली टीम ने जब बाबा सिद्दीकी की हत्या करने से इनकार कर दिया था, तब शुभम लोणकर और उसके भाई प्रवीण ने पहली टीम को बहराइच वाली टीम को सारी व्यवस्था उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी सौंपी थी। यही वजह है कि पहली टीम के पांच सदस्य राम कनौजिया, नितिन सप्रे, संभाजी पारधी, चेतन पारधी और प्रदीप ठोंबरे में से राज कनौजिया उदयपुर गया। वहां भगवन सिंह के जरिए पैसे और पिस्टल लेकर मुंबई आया। फिर हरीश निषाद और शुभम लोणकर ने टारगेट की रेकी करने के लिए आरोपियों को कुर्ला में घर दिलाया। नितिन सप्रे, संभाजी पारधी और राम कनौजिया ने शूटर्स को कर्जत के गांव में प्रैक्टिस करने के लिए किराए पर घर दिलवाया। कब हुई बाबा सिद्दीकी की हत्या और आरोपियों की गिरफ्तारी 12 अक्टूबर विजयादशमी के दिन बाबा सिद्दीकी की हत्या हुई थी। हत्या के तुरंत बाद पुलिस ने मौके से दो शूटर गुरनैल सिंह और धर्मराज कश्यप को गिरफ्तार किया था। अगले दिन मुख्य साजिशकर्ता शुभम लोणकर के भाई प्रवीण लोणकर और बहराइच से हरीश निषाद को गिरफ्तार किया गया। फिर एक साथ पांच आरोपियों राम कनौजिया, नितिन सप्रे, संभाजी पारधी, चेतन पारधी और प्रदीप ठोंबरे की गिरफ्तारी हुई। इस मामले में दसवीं गिरफ्तारी बेलापुर से भगवत सिंह की हुई है। तीन आरोपी शुभम लोणकर हरियाणा निवासी जीशान अख्तर और शूटर शिवकुमार गौतम फरार हैं। फेसबुक से रिप्लाई में देरी मुंबई क्राइम ब्रांच के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि तीन फरार आरोपियों को ढूंढने और उनकी लोकेशन को ट्रेस करने में दिक्कतें आ रही हैं। पूरी वारदात के मुख्य साजिशकर्ता शुभम लोणकर ने फेसबुक पर पोस्ट कर जिम्मेदारी ली थी कि यह लॉरेंस बिश्नोई का काम है। उसके कुछ समय बाद उसने फेसबुक से पोस्ट डिलीट भी कर दी थी। संभवतः सिम कार्ड भी निकाल कर फेंक दिया था। मुंबई पुलिस ने उसके एफबी अकाउंट की उस वक्त की लोकेशन जानने के लिए फेसबुक को पत्र लिखा है, लेकिन उसका सर्वर विदेश में होने की वजह से रिप्लाई बहुत देरी से आता है। पुलिस अधिकारी का कहना है कि रिप्लाई में देरी से आरोपी काफी दूर निकल जाते हैं।   recent visitors 162