RSS की अखिल भारतीय की चार दिवसीय बैठक ग्वालियर में, दीवाली के दिन से शुरू होने वाली, भागवत रहेंगे मौजूद

 ग्वालियर  राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की अखिल भारतीय स्तर की चार दिवसीय बैठक मध्य प्रदेश के ग्वालियर (Gwalior) में होनी है. दीवाली के दिन से शुरू होने वाली इस महत्वपूर्ण बैठक में संघ के प्रमुख डॉ. मोहन भागवत (Dr. Mohan Bhagwat) पूरे समय उपस्थित रहेंगे. यह बैठक 31 अक्टूबर से शुरू होगी. बताया गया कि संघ की यह राष्ट्रीय बैठक शहर के शिवपुरी लिंक रोड पर स्थित सरस्वती शिशु मंदिर केदारपुर परिसर में होगी. इसमें डॉ. भागवत चार दिन तक पूरे समय उपस्थित रहेंगे. उपस्थित रहेंगे ये लोग डॉ. मोहन भागवत के साथ संघ के कार्यवाह दत्तात्रय हौसबोले और अखिल भारतीय टोली के सभी सदस्य भी पूरे समय उपस्थित रहेंगे. आरएसएस की दीपावली बैठक के नाम से हर वर्ष होने वाली इस बैठक के लिए इस बार ग्वालियर को चुना गया है. इस बैठक में संघ परिवार की आगामी रणनीति और पाठ्यक्रमों में संभावित बदलावों पर व्यापक चर्चा होगी. इन संगठनों को भी किया गया आमंत्रित सूत्रों के अनुसार बैठक में भाग लेने आरएसएस के विभिन्न आनुषंगिक संगठनों के अपेक्षित पूर्णकालिक पदाधिकारी 30 अक्टूबर से ग्वालियर पहुंचना शुरू हो जाएंगे. इस बैठक का औपचारिक समापन 4 नवंबर को होगा. इस बैठक में भारतीय किसान संघ, भारतीय मजदूर संघ, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, विश्व हिंदू परिषद सहित संघ से जुड़े संगठनों के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया है. इस बैठक की तैयारियों को लेकर बीती रात से यहां बैठकों का दौर शुरू हो गया है. रात को हुई बैठक में विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों को भोजन और व्यवस्था संबंधी दायित्व सौंपे गए. recent visitors 82

पंचायत राज अधिनियम में संशोधन कर नया प्रविधान करने जा रही सरकार

भोपाल प्रदेश में नगरीय निकायों के अध्यक्षों के विरुद्ध जिस तरह से अविश्वास प्रस्ताव आता है, वैसा ही अब सरपंचों के विरुद्ध भी लाया जा सकेगा। इसके लिए सरकार पंचायत राज अधिनियम में संशोधन कर नया प्रविधान करने जा रही है। इसके लिए पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा अध्यादेश लाया जाएगा। इसमें यह प्रविधान किया जाएगा कि तीन चौथाई पंच के हस्ताक्षर से ही आवेदन पत्र स्वीकार होगा और यह तीन वर्ष की कार्यावधि पूर्ण होने पर ही लाया जा सकेगा। नगरीय निकायों के बाद अब पंचायत में भी नए नियम होंगे लागू प्रदेश में अभी तक नगरीय निकायों के विरुद्ध अविश्वास प्रस्ताव लाने का ही प्रविधान था। इसमें भी दो वर्ष की कार्यावधि पूरी होने पर दो तिहाई पार्षदों के समर्थन से प्रस्ताव लाया जा सकता था। इस अवधि को बढ़ाकर सरकार ने तीन वर्ष की कार्यावधि और तीन चौथाई पार्षदों का समर्थन अनिवार्य कर दिया है। यही व्यवस्था सरपंच के लिए भी लागू करने की मांग विभिन्न संगठनों ने उठाई थी। पिछले दिनों पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक में इस प्रस्ताव पर सहमति जताई। इसके बाद विभाग ने अधिनियम में संशोधन की तैयारी प्रारंभ दी है। अध्यादेश के माध्यम के संशोधन विभागीय अधिकारियों कहा है कि चूंकि अभी विधानसभा का कोई सत्र प्रस्तावित नहीं है, इसलिए अध्यादेश के माध्यम के संशोधन किया जाएगा। प्रारूप तैयार करके वरिष्ठ सचिव समिति को भेजा जाएगा और फिर विधि एवं विधायी विभाग से परिमार्जित कराकर अंतिम निर्णय के लिए अगले माह तक कैबिनेट के समक्ष प्रस्तुत किया जा सकता है। recent visitors 76

बहराइच हिंसा में आरोपियों के खिलाफ डेमोलेशन ऐक्शन पर रोक, सुप्रीम कोर्ट आज करेगा केस की सुनवाई

नई दिल्ली  उच्चतम न्यायालय ने  कहा कि उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले में हिंसा और दंगों में कथित रूप से शामिल आरोपियों के खिलाफ 'बुलडोजर' चलाने की प्रस्तावित कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिका पर बुधवार को सुनवाई की जायेगी। न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन की पीठ ने याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता सी यू सिंह और अन्य वकीलों की शीघ्र सुनवाई करने की गुहार स्वीकार करते हुए इस मामले को 23 अक्टूबर के लिए सूचीबद्ध करने का निर्देश दिया। पीठ के समक्ष मामले का उल्लेख करते हुए अधिवक्ताओं ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार कथित रूप से दंगों में शामिल लोगों के खिलाफ तोड़-फोड़ की कार्रवाई इस आधार पर करना चाहती है कि उनका निर्माण अवैध है।इस पर पीठ ने कहा, "आप इस अदालत द्वारा पारित आदेशों से अवगत हैं। यदि वे (राज्य सरकार) इन आदेशों का उल्लंघन करने का जोखिम उठाना चाहते हैं, तो यह उनकी पसंद है।" पीठ ने उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से पेश अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल के एम नटराज से कहा कि उसे बुधवार तक कोई कार्रवाई नहीं करनी चाहिए।इस पर अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ने सहमति जताते हुए कहा, "हम कुछ नहीं करेंगे।" उत्तर प्रदेश लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) ने बहराइच जिले के एक गांव में धार्मिक जुलूस के दौरान संगीत बजाने को लेकर कथित रूप से सांप्रदायिक हिंसा में शामिल तीन लोगों की अचल संपत्ति के ध्वस्तीकरण के लिए नोटिस जारी किया है। सर्वोच्च न्यायालय ने एक अक्टूबर को अपने 17 सितंबर के आदेश को बढ़ा दिया था कि इस न्यायालय की अनुमति के बिना किसी आपराधिक मामले में शामिल अभियुक्त की संपत्ति को ध्वस्त करने के लिए राज्यों द्वारा बुलडोजर का उपयोग नहीं किया जाएगा शीर्ष अदालत ने हालांकि,तब सार्वजनिक सड़कों, फुटपाथों, रेलवे लाइनों या जल निकायों पर अतिक्रमण से जुड़ी कार्रवाई को छूट दी थी।शीर्ष अदालत ने तब बुलडोजर कार्रवाई के लिए दिशानिर्देश निर्धारित करने पर अपना फैसला सुरक्षित रखा था। सर्वोच्च न्यायालय ने एक अक्टूबर को कहा था कि वह "बुलडोजर न्याय" के विवादास्पद मुद्दे से निपटने के लिए अखिल भारतीय स्तर पर दिशा-निर्देश तैयार करेगा, जिसका उपयोग कुछ राज्य सरकारें किसी व्यक्ति पर अपराध का आरोप लगने के तुरंत बाद उसके घर या दुकान को ध्वस्त करने के लिए करती हैं।     recent visitors 107

रिलायंस रिटेल के स्टोर्स पर भारत ब्रांड का सस्ता आटा-चावल बेचेगी सरकार

नई दिल्ली  सरकार महंगाई पर लगाम लगाने के लिए भारत ब्रांड का आटा, चावल और दाल रिटेल चेन के जरिए बेचने पर विचार कर रही है। सूत्रों के मुताबिक इसके लिए सरकार मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस रिटेल से बातचीत कर रही है। हालांकि आम चुनावों के दौरान कीमतों में स्थिरता लाने के लिए भारत ब्रांड के उत्पादों को रिलायंस के जियोमार्ट, ऐमजॉन और बिगबास्केट सहित ई-कॉमर्स फर्मों के साथ पहले भी अल्पकालिक व्यवस्थाएं की गई हैं। लेकिन यह पहली बार है कि सरकार अपने बफर स्टॉक से खाद्य उत्पादों को रियायती कीमतों पर बेचने के लिए एक निजी खुदरा विक्रेता के साथ दीर्घकालिक व्यवस्था पर विचार कर रही है। सूत्र ने बताया कि सरकार इसी तरह की व्यवस्था के लिए खुदरा श्रृंखला डीमार्ट और अन्य किराना खुदरा विक्रेताओं के साथ भी बातचीत शुरू करने पर विचार कर रही है। रिलायंस ने इस पर कोई टिप्पणी नहीं की, जबकि डीमार्ट की मूल कंपनी एवेन्यू सुपरमार्ट्स ने टिप्पणी के लिए भेजे ईमेल का तुरंत जवाब नहीं दिया। भारत ब्रांड के तहत सरकार रियायती कीमत पर खाद्यान्न और अन्य आवश्यक वस्तुएं लोगों को उपलब्ध कराती है। रिलायंस के स्टोर सरकार ने 2023 में लोगों को महंगाई से राहत देने के लिए भारत आटा, भारत दाल और भारत चावल लॉन्च किया था। यह योजना खासकर उन लोगों के लिए है जो गरीबी रेखा से नीचे नहीं हैं। इसलिए प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत मुफ्त अनाज के पात्र नहीं हैं। भारत-ब्रांडेड उत्पाद वर्तमान में भारतीय राष्ट्रीय सहकारी उपभोक्ता संघ और नेफेड द्वारा अपने आउटलेट और मोबाइल स्टोर सहित केंद्रीय भंडार के माध्यम से बेचे जाते हैं। सूत्र ने बताया कि एक बड़े खुदरा विक्रेता के साथ गठजोड़ करने से भारत ब्रांड के उत्पादों की पहुंच बढ़ेगी, जिससे वे अधिक लोगों तक पहुंच सकेंगे। रिलायंस इंडस्ट्रीज की खुदरा कंपनी रिलायंस रिटेल देश में 2,700 से अधिक किराना स्टोर संचालित करती है। कंपनी की वेबसाइट के अनुसार इन स्टोर्स में ताजे फल और सब्जियां, डेयरी और अनाज से लेकर मसाले, प्रसंस्कृत खाद्य और पेय पदार्थ और घरेलू और व्यक्तिगत देखभाल उत्पाद बेचे जाते हैं। बढ़ गई कीमत इस बीच सरकार ने भारत ब्रांड आटा, चावल और दाल की कीमतों में इजाफा किया है। सूत्रों के मुताबिक 10 किलो का भारत आटा अब 300 रुपये में मिलेगा जबकि 10 किलो भारत चावल की कीमत 340 रुपये होगी। इसी तरह चना दाल की कीमत भी बढ़ा दी गई है। पहले 10 किलो आटे की कीमत 275 रुपये थी जबकि 10 किलो चावल 290 रुपये में मिलता था। इसी तरह भारत ब्रांड की एक किलो चना दाल 60 रुपये में मिलती थी। इसी कीमत अब 70 रुपये कर दी गई है। recent visitors 96

वाइब्रेंट विंध्य: रीवा में प्रदेश की 5वीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव

विंध्य क्षेत्र को निवेश और औद्योगिक केन्द्र के रूप में करेंगे स्थापित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव  औद्योगिक परिदृश्य को सशक्त बनाने रीवा में प्रदेश की पांचवीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आज  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव वाइब्रेंट विंध्य: रीवा में प्रदेश की 5वीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश के औद्योगिक परिदृश्य को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से आज 23 अक्टूबर को रीवा में प्रदेश की पांचवीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव होने जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य विंध्य क्षेत्र को निवेश और औद्योगिक अवसरों के केंद्र के रूप में स्थापित करना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वर्ष 2025 को ‘उद्योग एवं रोजगार वर्ष’ घोषित किया गया है। इसके दृष्टिगत प्रदेश में हुई आरआईसी को एक महत्वपूर्ण पड़ाव के रूप में देखा जा रहा है। रीवा स्थित कृष्णा राज कपूर ऑडिटोरियम में होने वाली कॉन्क्लेव में 4 हजार से अधिक प्रतिभागियों ने पंजीकरण कराया है, जिसमें 50 से अधिक प्रमुख निवेशक और 3 हजार से अधिक एमएसएमई उद्यमी शामिल होंगे। सम्मेलन का मुख्य फोकस राज्य के प्रमुख क्षेत्रों— ऊर्जा, खनन, कृषि, डेयरी, खाद्य प्र-संस्करण, पर्यटन एवं हस्तशिल्प में निवेश को प्रोत्साहित करने पर होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की इस पहल का उद्देश्य राज्य में निवेशकों और उद्यमियों के बीच एक सार्थक संवाद स्थापित करना है, जिससे औद्योगिक विकास के नए द्वार खुलेंगे। प्रेजेन्टेशन के साथ राउंडटेबल और सेक्टोरल-सत्र कॉन्क्लेव में राज्य सरकार के विभिन्न विभाग औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, एमएसएमई, आईटी, खनन, ऊर्जा और पर्यटन विभागों द्वारा प्रमुख प्रस्तुतियां दी जाएंगी। इसके अलावा नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा पर एक विशेष राउंडटेबल-सत्र भी आयोजित किया जाएगा, जिसमें उद्योग के उभरते अवसरों और चुनौतियों पर विचार-विमर्श होगा। चार सेक्टोरल-सत्र भी होंगे, जो एमएसएमई, स्टार्टअप्स, खनन एवं खनिज, पर्यटन और कुटीर उद्योगों में निवेश अवसरों पर केंद्रित होंगे। वन-टू-वन बैठकें और भूमि-पूजन मुख्यमंत्री डॉ. यादव से 20 से अधिक निवेशक वन-टू-वन बैठक करेंगे, जिससे सरकार और निवेशकों के बीच सीधा संवाद स्थापित हो सकेगा। साथ ही, मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा रीवा आईटी पार्क और चुरहटा औद्योगिक क्षेत्र में विद्युत उपकेंद्र सहित 20 से अधिक औद्योगिक प्रतिष्ठानों का वर्चुअल भूमिपूजन किया जाएगा। इसके अलावा, 80 से अधिक निवेशकों को भूमि आवंटन पत्र भी वितरित किए जाएंगे, जो प्रदेश में निवेश की प्रक्रिया को और सरल बनाएंगे। ओडीओपी और जी-2-सी प्रदर्शनी स्टॉल कॉन्क्लेव में ओडीओपी (एक जिला-एक उत्पाद) और जी-2-सी (सरकार से नागरिक) स्टॉल भी स्थापित किए जाएंगे। इनमें एमपी इंडस्ट्रियल डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन, एमपी स्टेट इलेक्ट्रॉनिक डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन, डायरेक्टोरेट ऑफ़ फ़ॉरेन ट्रेड, कस्टम विभाग, ईसीजीसी लिमिटेड, फेडरेशन ऑफ़ इंडियन एक्सपोर्ट और हस्तशिल्प विकास निगम सहित 16 से अधिक विभाग और संस्थान शामिल होंगे। यह प्रदर्शनी उद्यमियों को सरकारी योजनाओं और नीतियों की विस्तृत जानकारी प्रदान करेगी, जिससे वे अपने व्यावसायिक निर्णयों को प्रभावी ढंग से ले सकेंगे। व्यापारिक प्रोत्साहन और अवसर कॉन्क्लेव का उद्देश्य न केवल व्यापारिक अवसरों को बढ़ावा देना है, बल्कि निवेशकों और उद्यमियों के लिए राज्य में उद्योग स्थापित करने की प्रक्रिया को और आसान बनाना है। बिज़नेस प्रमोशन सेंटर के अंतर्गत, विभिन्न ट्रेड एसोसिएशन और सरकारी विभागों के प्रतिनिधि व्यापारिक संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा करेंगे। एमपी इंडस्ट्रियल डेवेलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमपीआईडीसी) द्वारा व्यापारिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए नवीनतम नीतियों और योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। नवकरणीय ऊर्जा पर राउंड टेबल सत्र और सेक्टोरल-सत्र कॉन्क्लेव में नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा पर एक विशेष राउंड टेबल-सत्र होगा, जिसमें उद्योग जगत के विशेषज्ञ पर्यावरणीय संतुलन और औद्योगिक विकास पर चर्चा करेंगे। साथ ही, चार थीमेटिक-सत्रों के माध्यम से एमएसएमई, स्टार्टअप्स, खनन, पर्यटन और कुटीर उद्योगों में उभरते अवसरों पर विचार-विमर्श होगा। वाइब्रेंट विंध्य: औद्योगिक विकास की नई दिशा रीवा में होने वाली कॉन्क्लेव विंध्य क्षेत्र के औद्योगिक विकास में मील का पत्थर साबित होगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव की पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल स्थानीय उद्योगों को प्रोत्साहित करना है, बल्कि पूरे मध्यप्रदेश को एक औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करना है। 'इन्वेस्ट मध्यप्रदेश ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2025' के लिए जारी किए गए विशेष आमंत्रण के साथ, यह सम्मेलन राज्य के आर्थिक विकास और निवेश के लिए नए अवसरों का द्वार खोलने में सहायक सिद्ध होगा। वाइब्रेंट विंध्य का यह आयोजन न केवल विंध्य क्षेत्र, बल्कि पूरे मध्यप्रदेश के औद्योगिक परिदृश्य को एक नई दिशा देने का कार्य करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की नेतृत्व में प्रदेश सरकार के समर्पण और प्रयासों से राज्य जल्द ही एक औद्योगिक केंद्र के रूप में उभरने की राह पर अग्रसर है।   recent visitors 89

चक्रवाती तूफान ‘दाना’ 24 अक्टूबर की रात को ओडिशा के तट के पास पहुंचेगा

कोलकाता पश्चिम बंगाल में चक्रवात और तूफान की आशंका के बीच भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने चेतावनी जारी की है कि चक्रवाती तूफान ‘दाना’ बंगाल के कई जिलों में विकराल रूप लेगा। यह तूफान 24 अक्टूबर की रात से 25 अक्टूबर की सुबह के बीच ओडिशा तट को पार कर पश्चिम बंगाल के तट पर पहुंच सकता है। इस दौरान हवा की गति 100 से 120 किलोमीटर प्रति घंटे तक हो सकती है। मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार रविवार को दक्षिण अंडमान सागर में चक्रवात बन रहा है। यह चक्रवात मंगलवार तक बंगाल की खाड़ी के ऊपर विकसित हो गया । मौसम वैज्ञानिकों ने अनुमान जताया है कि यह 24 अक्टूबर की रात को ओडिशा के तट के पास पहुंचेगा। मौसम विभाग ने यह भी कहा कि बंगाल में होने वाली भव्य काली पूजा से पहले बंगाल में भयंकर आपदा आ सकती है। इसको लेकर बंगाल के पूर्वी मेदिनीपुर जिला प्रशासन ने तटीय इलाकों के सभी बीडीओ और एसडीओ के साथ बैठक की है, सभी जगहों पर राहत सामग्री का स्टॉक कर दिया गया है। तटीय इलाकों में निगरानी की जाएगी। इसके अलावा मछुआरों को गहरे समुद्र में आगे जाने से रोकने के लिए चेतावनी जारी है। दूसरी ओर, राज्य के सबसे महत्वपूर्ण पर्यटन स्थलों में से एक दीघा के मौसम की स्थिति को देखते हुए पर्यटकों पर प्रतिबंध लगाए जाएंगे या नहीं, इसकी जानकारी कल दी जाएगी। पूर्व मेदिनीपुर के जिलाधिकारी पूर्णेन्दु माजी ने कहा कि पूर्व मेदिनीपुर जिला प्रशासन हर तरफ से चक्रवात से निपटने के लिए तैयार है। इस दौरान ओडिशा और पश्चिम बंगाल के अलावा पड़ोसी राज्य आंध्र प्रदेश और झारखंड के कई जिलों में भी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 23 अक्टूबर को पश्चिम बंगाल के तटीय जिलों पूर्वी मेदिनीपुर, पश्चिम मेदिनीपुर, दक्षिण 24 परगना और उत्तर 24 परगना में भारी बारिश का अनुमान जताया है। विभाग ने कहा कि 24 और 25 अक्टूबर को पूर्वी मेदिनीपुर, पश्चिम मेदिनीपुर, दक्षिण 24 परगना और झारग्राम में एक या दो स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश के साथ, भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। मौसम विभाग ने यह भी कहा कि 24 और 25 अक्टूबर को कोलकाता, हावड़ा, हुगली, उत्तर 24 परगना, पुरुलिया और बांकुड़ा जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश होने का अनुमान है। ओडिशा: चक्रवाती तूफान ‘दाना’ गुरुवार को पुरी और सागर द्वीप समूह के बीच पहुंचेगा चक्रवाती तूफान ‘दाना’ के 24 अक्टूबर को उत्तरी ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटों पर पुरी और सागर द्वीप समूह के बीच पहुंचने की आशंका है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने बताया, “उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर बढ़ते हुए, यह 24 अक्टूबर की रात और 25 अक्टूबर की सुबह पुरी तथा सागर द्वीप के बीच उत्तरी ओडिशा एवं पश्चिम बंगाल के तटों को एक गंभीर चक्रवाती तूफान के रूप में पार कर सकता है। इसके कारण हवा की रफ्तार 100 से 110 किमी प्रति घंटे से 120 किमी प्रति घंटे तक हो सकती है।” आईएमडी ने 24 अक्टूबर को मयूरभंज, बालासोर, भद्रक, केंद्रपाड़ा, जगतसिंहपुर, जाजपुर, कटक जिलों में अलग-अलग जगहों पर 20 सेमी से अधिक भारी बारिश होने की संभावना जताते हुए रेड अलर्ट भी जारी किया है। इसी तरह, 24 अक्टूबर को पुरी, गंजम, खोरधा, नयागढ़, क्योंझर, अंगुल और ढेंकनाल जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इस बीच, 25 अक्टूबर को उत्तर ओडिशा के क्योंझर, भद्रक, बालासोर और मयूरभंज जैसे जिलों में बहुत भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने का रेड अलर्ट जारी किया गया है। आईएमडी ने जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा, कटक, जाजपुर, ढेंकनाल, अंगुल, देवगढ़, सुंदरगढ़ सहित जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश के संबंध में ऑरेंज अलर्ट की चेतावनी जारी की है। आईएमडी ने अचानक बाढ़, निचले इलाकों और कृषि क्षेत्रों में जलभराव, पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, सड़कों को संभावित नुकसान और कमजोर घरों की दीवारें गिरने की भी चेतावनी दी है। ओडिशा के राजस्व मंत्री पुजारी ने कहा कि राज्य सरकार संभावित चक्रवाती तूफान का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने लोगों से नहीं घबराने की अपील की है। मंत्री ने कहा, “सभी जिलों के कलेक्टरों को संभावित चक्रवाती तूफान के प्रति सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।”       recent visitors 99

प्रयागराज में महाकुंभ 2025 के आयोजन को लेकर पूरे शहर, आस-पास एवं मेला क्षेत्र में कई निर्माण कार्य चल रहे

महाकुंभ 2025 के निर्माण कार्यों से बढ़ी प्रयागराज में होटल और होम स्टे की मांग Mahakumbh 2025 :प्रयागराज में न केवल संगम क्षेत्र बल्कि पूरे शहर में निर्माण कार्य युद्धस्तर पर जारी प्रयागराज में महाकुंभ 2025 के आयोजन को लेकर पूरे शहर, आस-पास एवं मेला क्षेत्र में कई निर्माण कार्य चल रहे प्रयागराज  सनातन आस्था के सबसे बड़े आयोजन महाकुंभ 2025 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में दिव्य, भव्य, नव्य और ग्रीन बनाने के कार्य प्रयागराज में जोर-शोर से चल रहे हैं। प्रयागराज में न केवल संगम क्षेत्र बल्कि पूरे शहर में निर्माण कार्य युद्धस्तर पर जारी है। शहर में सड़कों, चौराहों, फ्लाईओवर, पार्कों और होटलों का निर्माण एवं सौंदर्यीकरण का कार्य हो रहा है। इसके चलते शहर में पिछले कुछ महीनों से कई राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय कंस्ट्रक्शन कंपनियां डेरा जमाए हुए हैं। इन कंपनियों के इंजीनियर, अधिकारियों और कर्मचारियों के शहर में ठहरने की जरूरत ने प्रयागराज निवासियों, होटल और मकान मालिकों को आय का नया स्रोत प्रदान किया है। प्रयागराजवासी महाकुंभ 2025 के आयोजन को लेकर आशान्वित और उत्साहित हैं। प्रयागराज में महाकुंभ 2025 के आयोजन को लेकर पूरे शहर, आस-पास एवं मेला क्षेत्र में कई निर्माण कार्य चल रहे हैं। सीएम योगी के निर्देश के अनुरूप सभी निर्माण एवं सौंदर्यीकरण के कार्य 15 दिसंबर तक पूरे किए जाने हैं। कई सरकारी और निजी कंस्ट्रक्शन कंपनियां शहर में अपने प्रोजेक्टस तेजी से पूरे करने में जुटी हैं। इसके चलते इन कंपनियों के अधिकारियों और कर्मचारियों को शहर में ठहरने के लिए किराए के मकान, होटल और होम स्टे की जरूरत पड़ रही है। इन अधिकारियों और कर्मचारियों की जरूरत के मुताबिक शहर में वेल फर्निश्ड, नॉन फर्निश्ड मकानों की मांग बढ़ी है। प्रयागराज के प्रापर्टी डीलरों का कहना है कि बड़ी संख्या में उनके पास क्वेरी आ रही हैं। इसके दृष्टिगत कई मकान मालिक अपने खाली पड़े कमरों और मकानों को होम स्टे में बदल रहे हैं। जहां लोगों को रहने, खाने और अन्य दैनिक जरूरतों की सुविधाएं भी दी जा रही हैं। इसके साथ ही, रेस्टोरेंट्स और टिफिन संचालकों की भी आमदनी बढ़ी है। प्रयागराज होटल्स और रेस्टोरेंट्स ओनर्स एसोसिएशन के प्रेसिडेंट हरजिंदर सिंह का कहना है कि महाकुंभ 2025 को लेकर शहर के सभी होटल्स व रेस्टोरेंट संचालक उत्साहित हैं। वो अपने-अपने होटल्स और रेस्टोरेंट में महाकुंभ के मुताबिक सुविधाओं का निर्माण करा रहे हैं। शहर के होटल्स में कई नेशनल और मल्टीनेशनल कंपनियों के लिए कमरे बुक हैं और उनके कई अधिकारी पिछले कई दिनों से उनमें रह भी रहे हैं। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि अभी से कई श्रद्धालु और पर्यटक महाकुंभ के दिनों के लिए इनक्वायरी और एडवांस बुकिंग भी करा रहे हैं। महाकुंभ 2025 का दिव्य, भव्य, नव्य आयोजन प्रयागराज वासियों के लिए उमंग, उत्साह के साथ-साथ आय के नए स्रोत भी पैदा कर रहा है।     recent visitors 138