मुख्यमंत्री यादव 18 करोड़ 94 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 38 करोड़ 48 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि-पूजन करेंगे

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के मुख्य आतिथ्य में वन समितियों का सम्मेलन आज मुख्यमंत्री डॉ. यादव 57 करोड़ 42 लाख के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन करेंगे मुख्यमंत्री यादव 18 करोड़ 94 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 38 करोड़ 48 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि-पूजन करेंगे भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मुख्य आतिथ्य में श्योपुर जिले की तहसील वीरपुर मुख्यालय स्थित कृषि उपज मण्डी परिसर में संयुक्त वन प्रबंधन समितियों का जागरूकता सम्मेलन होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव 18 करोड़ 94 लाख रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 38 करोड़ 48 लाख रुपये के विकास कार्यों का भूमि-पूजन करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा वन समिति के सदस्यों के बच्चों को स्कूल बैग का वितरण भी किया जायेगा। कार्यक्रम में अध्यक्ष विधानसभा नरेन्द्र सिंह तोमर, वन एवं पर्यावरण मंत्री रामनिवास रावत, नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री राकेश शुक्ला, किसान कल्याण एवं कृषि विकास मंत्री ऐदल सिंह कंषाना, खजुराहो सांसद विष्णु दत्त शर्मा, मुरैना-श्योपुर संसदीय क्षेत्र के सांसद शिवमंगल सिंह तोमर, उपाध्यक्ष सहरिया अभिकरण राज्य मंत्री दर्जा सीताराम आदिवासी और आम नागरिक उपस्थित रहेंगे। इन विकास कार्यों का होगा लोकार्पण शासकीय महाविद्यालय ढोढर लागत 4 करोड़ 34 लाख, एसडीएम कार्यालय कराहल लागत एक करोड़ 31 लाख, जनजातीय कार्य विभाग के अंतर्गत उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सेसईपुरा में 10 अतिरिक्त कक्ष निर्माण कार्य लागत 3 करोड़ 78 लाख, तहसील वीरपुर में नल-जल योजना लागत 5 करोड़ 39 लाख, ग्राम बड़गाँव नल-जल योजना लागत एक करोड़ 82 लाख, ग्राम आसीदा नल-जल योजना लागत एक करोड़ 30 लाख और ग्राम कुडायथा नल-जल योजना लागत एक करोड़ 30 लाख के विकास कार्य शामिल हैं। विकास कार्यों का होगा भूमि-पूजन पीएम जन-मन योजना में श्योपुर विकासखण्ड के 6 ग्रामों में मल्टीपर्पस सेंटर निर्माण लागत 3 करोड़ 60 लाख, विजयपुर एवं कराहल विकासखण्ड क्षेत्र के 18 ग्रामों में मल्टीपर्पस सेंटर का निर्माण कार्य लागत 10 करोड़ 80 लाख और तहसील विजयपुर में 30 बिस्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र को 100 बिस्तरीय सिविल अस्पताल में उन्नयन निर्माण कार्य लागत 24 करोड़ 8 लाख रुपये के कार्य शामिल हैं।   recent visitors 53

हमारी सरकार गरीब और किसानों की है सरकार : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

विकसित भारत का रास्ता गांव से होकर जाता है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव हमारी सरकार गरीब और किसानों की है सरकार पीएम मोदी के नेतृत्व में देश और प्रदेश विकास के लिये कर रहे हैं निरंतर कार्य : केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भैरूंदा वालों की तो चाँदी कर दी प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए फिर शुरू हुआ सर्वे "हम मध्यप्रदेश को प्रगति और विकास के पथ पर ले जाएंगे" स्व-सहायता समूहों को 150 करोड़ रूपए का बैंक ऋण वितरित प्र-संस्करण इकाइयों एवं सामुदायिक प्रशिक्षण केन्द्रों का किया लोकार्पण तेंदूपता संग्राहकों को 2 करोड़ 70 लाख से अधिक का बोनस वितरित मुख्यमंत्री और केंद्रीय कृषि मंत्री भैरूंदा में "ग्राम विकास सम्मेलन" में हुए शामिल भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि हमारी सरकार गरीब और किसानों की सरकार है। यहाँ सभी को समान रूप से पात्रतानुसार सुविधाएं उपलब्ध है। गरीब एवं किसानों को प्राथमिकता से सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। सड़क दुर्घटना में कोई गरीब भी घायल होता है तो उसे अस्पताल पहुंचाने के लिए सरकार हेलीकॉप्टर पहुंचाएगी। यदि मृत्यु हुई तो सरकार पार्थिव देह को उसके घर तक पहुंचाने की व्यवस्था करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभ से वंचित लोगों को लाभान्वित करने के लिए आज से सर्वे चालू हो गया है। सभी पात्र व्यक्तियों के इस योजना का लाभ मिलेगा। क्षेत्र के विकास के लिए की गई घोषणाएं पूरी होंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान मंगलवार को सीहोर जिले के भैरूंदा में ग्राम विकास सम्मेलन में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री और केन्द्रीय मंत्री ने पीएमजीएसवाई-IV के अन्तर्गत 500 कि.मी. स्वीकृत सड़कों का शुभारंभ किया तथा स्व-सहायता समूहों के लिए 150 करोड़ रूपए के बैंक ऋण व सामुदायिक निवेश राशि का सिंगल क्लिक से अंतरण किया। साथ ही 8 प्र-संस्करण इकाइयों एवं 100 सामुदायिक प्रशिक्षण केन्द्रों का शुभारंभ भी किया। प्रदेश के 5 नए जिलों में आरसेटी प्रशिक्षण केन्द्र की स्थापना की स्वीकृति भी दी गई। कार्यक्रम में सीहोर जिले के 52818 तेंदूपत्ता संग्रहकों को 2 करोड़ 70 लाख रूपये बोनस राशि का वितरण तथा मध्यप्रदेश सरकार की बाँस मिशन योजना में 215 बाँस हितग्राहियों को 2 लाख 90 हजार बाँस पौधों की अनुदान राशि एक करोड़ 4 लाख 27 हजार रूपये का वितरण भी किया गया। प्रधानमंत्री मोदी ने बढ़ाया देश का गौरव मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का पूरी दुनिया में सम्मान है। उन्होंने देश का गौरव बढ़ाया है और दुश्मनों को करारा जवाब दिया है। दुश्मनों से उनका कहना है कि यदि आप गोली फेंकोगे तो हम गोला फेकेंगे। सीमा पर जवान और खेत पर किसान, दोनों का गौरव बढ़ा है। हमारी सरकार इनके कल्याण के कार्य करती है। किसानों को हर संभव सहायता दी जा रही है। प्रदेश के किसानों से समर्थन मूल्य पर सोयाबीन खरीदी जायेगी। आज भैरूंदा से 8 खाद्य प्र-संस्करण इकाइयों का लोकार्पण किया गया है। प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में भी निरंतर कार्य हो रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हमारी सरकार आक्रांताओं के एक-एक चिन्ह को मिटाती जा रही है। भैरूंदा का नाम आक्रांताओं ने नसरुल्लागंज कर दिया था, जिसे बदलकर फिर भैरूंदा कर दिया गया है। उन्होंने क्षेत्र के विकास के लिए कई घोषणाएं भी की। विधानसभा बुदनी के चारों नगरीय निकायों के विकास के लिए 2-2 करोड़ रुपए दिए जाने की घोषणा की। कई नवीन मार्ग भी स्वीकृत किए। केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश एवं प्रदेश में कृषि एवं ग्रामों के विकास के लिए निरंतर कार्य किया जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने तो भैरूंदा वालों की चांदी कर दी है। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. यादव से कहा कि "मोहन तुम प्रदेश को प्रगति और विकास के पथ पर आगे बढ़ाते जाओ, प्रधानमंत्री मोदी का आशीर्वाद और मेरा साथ तुम्हारे साथ है।" क्षेत्र के विकास के लिए केंद्र और राज्य सरकार दोनों मिलकर काम करेंगी। प्रदेश में और भी सीएम राइज स्कूल खोले जाएंगे। केन्द्रीय मंत्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभ से जो भाई-बहन छूट गए हैं, उनके लिए आज से सर्वे चालू हो रहा है, जो आगामी 6 माह में पूरा कर लिया जाएगा। अब सरकार ने इस योजना में 4 शर्तों को समाप्त कर दिया है। पहले जिनके पास फोन थे, मोटरसाइकिल या स्कूटर था, 10 हजार से अधिक मासिक आमदनी थी, ढाई एकड़ सिंचित अथवा 5 एकड़ तक असिंचित जमीन थी, उन्हें योजना में पात्रता नहीं थी। अब इन शर्तों को हटा दिया गया है। अब 15 हजार रूपये तक मासिक आमदनी वालों को भी योजना में पात्रता होगी। मूंग और सोयाबीन के बाद अब मसूर, उड़द और तुवर भी एमएसपी पर खरीदे जाएंगे। विकसित भारत के लिए गावों का विकास जरूरी – केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री पासवान केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का मानना है कि विकसित भारत के लिए गांवों को विकसित बनाना आवश्यक है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश के विकास के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना, नरेगा, दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना जैसी कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। इन सभी योजनओं से सरकार देश के ग्रामों को विकसित बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने निर्णय लिया है कि आगामी 5 साल में दो करोड़ लोगों को आवास योजना से लाभांवित किया जाएगा। प्रधानमंत्री मोदी ने देश के प्रत्येक व्यक्ति को आवास, बिजली, शुद्ध जल देने एवं सभी आवश्यक सुविधाएं देने का संकल्प लिया है। पीएम जनमन में मध्यप्रदेश ने रिकार्ड आवास बनाये प्रदेश के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने कहा कि सरकार देश एवं प्रदेश के विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश का कोई भी गरीब अब आवास योजना से वंचित नही रहेगा। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश में 01 अप्रेल 2016 से प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) शुरू हुई थी और इस योजना के तहत मध्यप्रदेश सरकार ने लगातार लक्ष्य प्राप्त … Read more

दूसरे टी20 मैच में भारत अपना दबदबा बरकरार रखने के लिए मैदान पर उतरेगी

नई दिल्ली पहले मैच में बड़ी जीत से उत्साहित भारतीय टीम बांग्लादेश के खिलाफ आज बुधवार को यहां होने वाले दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में अपना दबदबा बरकरार रखने के लिए मैदान पर उतरेगी। बांग्लादेश की टीम अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करके तीन मैच की श्रृंखला को जीवंत बनाए रखने की कोशिश करेगी लेकिन सूर्यकुमार यादव की अगुवाई वाली भारतीय टीम ने पहले मैच में जिस तरह का प्रदर्शन किया था उसे देखते हुए मेहमान टीम के लिए यह आसान काम नहीं होगा। ऋषभ पंत, अक्षर पटेल और जसप्रीत बुमराह जैसे प्रमुख खिलाड़ियों को विश्राम दिए जाने के बावजूद भारतीय टीम ने ग्वालियर में पहले मैच में जिस तरह से शुरू से लेकर आखिर तक अपना दबदबा बनाए रखा उससे सीमित ओवरों की क्रिकेट में उसकी मजबूत ‘बेंच स्ट्रेंथ’ का पता चलता है। भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन इस मैच में अपनी चमक बिखेरने के लिए आतुर होंगे। उन्होंने 2015 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था लेकिन प्रदर्शन में निरंतरता नहीं होने के कारण वह अंदर बाहर होते रहे। सैमसन अमूमन मध्यक्रम में बल्लेबाजी करते हैं लेकिन पहले मैच में उन्होंने पारी का आगाज किया था तथा 19 गेंद पर 29 रन बनाए थे। कप्तान सूर्यकुमार पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि सैमसन श्रृंखला में आगे भी यह भूमिका निभाते रहेंगे। सैमसन और उनके साथ पारी की शुरुआत करने वाले अभिषेक शर्मा पिछले मैच में अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में नहीं बदल पाए थे। यशस्वी जायसवाल और शुभमन गिल को विश्राम दिए जाने के कारण सैमसन और अभिषेक को यह मौका मिला है जिसका वह पूरा फायदा उठाना चाहेंगे। पहले मैच में आसान जीत दर्ज करने वाली भारतीय टीम में किसी तरह के बदलाव की संभावना नहीं है। अपना पहला मैच खेल रहे तेज गेंदबाज मयंक यादव और ऑलराउंडर नीतीश रेड्डी ने ग्वालियर में अपना प्रभाव छोड़ा था। अर्शदीप सिंह ने तेज गेंदबाजी में अगुआ की भूमिका अच्छी तरह से निभाई थी जबकि स्पिनर वरुण चक्रवर्ती ने तीन साल के बाद सफल वापसी की थी। भारतीय टीम में वॉशिंगटन सुंदर भी हैं जो रविंद्र जडेजा के टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद इस प्रारूप में ऑलराउंडर की जगह पर अपना दावा मजबूत करने की कोशिश करेंगे। जहां तक बांग्लादेश का सवाल है तो अगर उसे श्रृंखला को जीवंत बनाए रखना है तो उसे अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। पहले मैच में उसके बल्लेबाजों ने टीम को खासा निराश किया। बांग्लादेश के कप्तान नजमुल हुसैन शंटो ने मैच के बाद स्वीकार किया था कि उनके बल्लेबाज नहीं जानते कि 180 रन से अधिक का स्कोर कैसे बनाना है। उन्होंने हालांकि यह भी कहा था कि उनकी टीम ने बहुत खराब प्रदर्शन नहीं किया और वह वापसी करने में सक्षम है। टीम इस प्रकार है: भारत: सूर्यकुमार यादव (कप्तान), अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), रिंकू सिंह, हार्दिक पंड्या, रियान पराग, नितीश कुमार रेड्डी, तिलक वर्मा, वाशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, वरुण चक्रवर्ती, जितेश शर्मा (विकेटकीपर), अर्शदीप सिंह, हर्षित राणा, मयंक यादव। बांग्लादेश: नजमुल हुसैन शंटो (कप्तान), तंजीद हसन तमीम, परवेज हुसैन इमोन, तौहीद हृदोय, महमूद उल्लाह, लिट्टन दास, जाकर अली अनिक, मेहदी हसन मिराज, महेदी हसन, रिशाद हुसैन, मुस्तफिजुर रहमान, तस्कीन अहमद, शोरिफुल इस्लाम, तंजीम हसन साकिब, रकीबुल हसन। मैच भारतीय समयानुसार शाम सात बजे से शुरू होगा। भारतीय टीम से सीखें पाक क्रिकेटर : बासित  पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ी बासित अली ने भारतीय टीम की सराहना करते हुए कहा है कि उसने जिस प्रकार से बांग्लादेश को हराया। उससे उसके खेल के स्तर का अंदाजा होता है। भारतीय टीम ने वर्ष प्रभावित इस मैच में आक्रामक बल्लेबाजी और गेंदबाजी कर जीत दर्ज की। बासित ने पाक खिलाड़ी पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें भारतीय खिलाड़ियों से सीखना चाहिये। बांग्लादेश ने भारत दौरे से पाकिस्तान को उसी के घर में टेस्ट सीरीज में 2-0 से मात दी थी। वहीं भारत में उसे करारी हार का सामना करना पड़ा। इसके अलावा टी20 सीरीज में भी भारतीय टीम ने जीत से शुरुआत की है। बासित अली ने कहा है कि, उन्हें नहीं लग रहा है कि ये वही बांग्लादेश टीम है जो पाकिस्तान के खिलाफ आक्रामक खेल रही थी। भारत जाते ही ये टीम सभी कुछ भूल गयी। बासित ने कहा कि, क्या ये वही बांग्लादेशी टी है जिसने पाकिस्तान को 2-0 से हराया था। आप भारत के खिलाफ टेस्ट में उन्हें देखिए। वह पहला टेस्ट मैच 280 रनों से हारे और दूसरा मैच भी दो दिन के खेल में सात विकेट से हार गये बारिश भी उन्हें हार से नहीं बचा पायी। बासित ने आगे कहा कि, भारतीय टीम अपने कौशल के कारण अन्य टीमों पर भारी पड़ती है। खास बात ये है कि वह बड़े खिलाड़ियों के नहीं होने पर भी आसानी से जीत दर्ज करती है।   recent visitors 79

हिज्बुल्लाह के खात्मे तक चलता रहेगा ऑपरेशन, 10 हजार इजरायली सैनिक लेबनान के अंदर

बेरुत इजरायल ने दक्षिणी लेबनान में 130 कस्बों और गांवों से हिज्बुल्लाह आतंकियों को भगा दिया है. यानी इतनी जगहों पर इजरायल का ग्राउंड ऑपरेशन चल रहा है. इस बीच, उत्तरी सीमा पर हुए एक मोर्टार हमले में दो इजरायली रिजर्व सैनिकों की मौत हो गई है. जिसके बाद इजरायल ने लेबनान में और सैनिकों को भेजने की तैयारी कर ली है. इसका मतलब ये है कि बहुत जल्द लेबनान में हिज्बुल्लाह के खिलाफ प्रचंड युद्ध होगा. इजरायल की मिलिट्री ने और सैनिकों को लेबनान के अंदर ग्राउंड ऑपरेशन के लिए उतारा है. यानी हिज्बुल्लाह आतंकियों के सफाए के लिए लेबनान में भारी गोलीबारी होगी. हिज्बुल्लाह भी इस बीच लगातार उत्तरी इजरायल की तरफ रॉकेट दाग रहा है. वेस्ट बैंक सीमा पर ओरानित में 25 वर्षीय मास्टर सार्जेंट एते अजुले और हेरत इलाके में वारंट ऑफिसर अवीव मेगन मोर्टार हमले में मारे गए. दोनों ही इजरायली डिफेंस फोर्सेस की एलीट 5515 कॉम्बैट मोबिलिटी यूनिट के सदस्य थे. एक तीसरा सैनिक भी बुरी तरह से जख्मी हुआ है. फिलहाल उसका इलाज चल रहा है. हिज्बुल्लाह के खात्मे तक चलता रहेगा ऑपरेशन इजरायल ने सीमित, लोकल और टारगेटेड हमले वाला मिलिट्री ऑपरेशन शुरू किया था. ताकि सीमा के आसपास लेबनान के अंदर मौजूद हिज्बुल्लाह के ठिकानों को खत्म किया जा सके. इसके लिए इजरायल ने पहले ही लेबनानी लोगों को शहर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाने को कह दिया था. इजरायली सेना ने साफ कहा है कि अगर जरूरत बढ़ती रही तो हम सैनिकों की संख्या और मिलिट्री ऑपरेशन की तीव्रता को बढ़ाते रहेंगे. ये काम अगले ही कुछ हफ्तों में हो जाएगा. अभी एकदम ताजा निर्देश अवाली नदी के पास मौजूद दो दर्जन गांवों के लिए है, ताकि वो अपने घरों को खाली करके चले जाएं. 10 हजार इजरायली सैनिक लेबनान के अंदर 6 अक्टूबर 2024 की रात में लेबनान में तीसरी इजरायली डिविजन भी घुस चुकी है. दो डिविजन पहले से मौजूद थी. हजारों इजरायली सैनिक लेबनान में ग्राउंड ऑपरेशन में लगे हैं. इस समय करीब 10 हजार इजरायली सैनिक लेबनान के अंदर ग्राउंड क्लियरेंस में लगे हैं. इजरायली डिफेंस फोर्सेस के 98वें और 36वें डिविजन के सात 91वीं गैलीली रीजनल डिविजन लेबनान के अंदर मिशन कर रही है. गैलीली रीजनल डिविजन ही लेबनान सीमा की सुरक्षा करती आई है. लेबनान के दक्षिणी इलाके में हिज्बुल्लाह के छोड़े हुए हथियारों का बड़ा जखीरा इजरायल को मिला है. इजरायल को आशंका है कि हिज्बुल्लाह फिर से 7 अक्टूबर जैसा हमला करने की साजिश कर रहा है.   recent visitors 64

आधार और पेन से क्रेता और विक्रेता की होगी पहचान, रजिस्ट्री प्रक्रिया होगी आसान, प्रदेश में रजिस्ट्री के नये नियम होंगे लागू

मुख्यमंत्री डॉ. यादव आज 10 अक्टूबर को करेंगे सम्पदा 2.0 का शुभारंभ ई-साइन एवं डिजिटल हस्ताक्षर से दस्तावेज होंगे तैयार : वाणिज्यिक कर मंत्री देवड़ा आधार और पेन से क्रेता और विक्रेता की होगी पहचान, रजिस्ट्री प्रक्रिया होगी आसान, प्रदेश में रजिस्ट्री के नये नियम होंगे लागू भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव पंजीयन एवं मुद्रांक विभाग के सम्पदा 2.0 सॉफ्टवेयर का शुभारंभ आज 10 अक्टूबर 2024 को करेंगे। कुशाभाऊ ठाकरे इन्टरनेशनल कन्वेंशन सेन्टर में दोपहर एक बजे शुभारंभ होगा। वित्त एवं वाणिज्यिक कर मंत्री जगदीश देवडा ने बताया कि संपत्ति पंजीकरण प्रक्रिया को डिजिटल बनाने की दिशा में राज्य शासन का यह एक महत्वपूर्ण कदम है। प्रदेश में रजिस्ट्री के नये नियम लागू किये गये है। इस उन्नत सॉफ्टवेयर का पायलेट प्रोजेक्ट का क्रियान्वयन गुना, हरदा, डिण्डौरी और रतलाम जिलों में सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया गया है। आगामी गुरूवार को इसे प्रदेश के सभी 55 जिलों में लागू किया जायेगा। सम्पदा 2.0 से ई-केवाइसी से होगी पहचान सम्पदा 2.0 से ई-केवाइसी से पहचान होगी। इसकी विशेषताओं में संपत्ति की जीआईएस मैपिंग, बायोमैट्रिक पहचान और दस्तावेजों का स्वतः प्ररूपण शामिल है। इस प्रणाली में दस्तावेजों का निष्पादन ई-साइन और डिजिटल सिग्नेचर से किया जाएगा, जिससे गवाह लाने की अनिवार्यता समाप्त हो जाएगी। कुछ दस्तावेजों के पंजीकरण के लिए अब उप पंजीयक कार्यालय में व्यक्तिगत उपस्थिति की आवश्यकता नहीं होगी। पंजीयन अधिकारी से संवाद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया जाएगा, और कई मामलों में किसी भी प्रकार के इंटरैक्शन की आवश्यकता नहीं होगी। व्यक्ति की पहचान के लिए वीडियो केवाईसी का प्रावधान भी रखा गया है। ई-साइन एवं डिजिटल हस्ताक्षर से होगा दस्तावेज का निष्पादन पंजीयन के लिये ई-साइन एंव डिजिटल हस्ताक्षर से दस्तावेज का निष्पादन होगा। दस्तावेजों की ई-कॉपी डिजी लॉकर, व्हाट्सएप, और ई-मेल के माध्यम से उपलब्ध होगी। साथ ही ई-स्टाम्प सृजित करने की सुविधा भी होगी। संपत्ति की सर्च प्रक्रिया को और अधिक सरल बनाया गया है। सम्पदा 2.0 – विशेष मोबाइल एप सम्पदा 2.0 विशेष मोबाइल एप भी लॉन्च किया जा चुका है। यह नवाचार न केवल आम जनता के लिए सुविधाजनक होगा, बल्कि मध्यप्रदेश को ई-गवर्नेंस की दिशा में एक अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करने में भी मदद करेगा। यह पहल साइबर तहसील और डिजिटल प्रक्रियाओं से प्रदेश के राजस्व संग्रहण को भी सुचारू रूप से संचालित करेगी।   recent visitors 136

महिला सशक्तिकरण का “मध्यप्रदेश मॉडल” देश में अनूठा है, बेटियों की शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वावलंबन राज्य सरकार की पहली प्राथमिकता है.

भोपाल महिला सशक्तिकरण के लिये मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में अनेक योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कर महिलाओं को आत्म-निर्भर बनाया गया है. महिला सशक्तिकरण (Women Empowerment) का "मध्यप्रदेश मॉडल" (Madhya Pradesh Model) देश में अनूठा है, जिससे प्रेरित होकर अन्य राज्यों ने भी मध्यप्रदेश की महिला कल्याण की योजनाओं का विश्लेषण कर अपने राज्यों में लागू किया है. मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव (CM Mohan Yadav) ने कहा है कि महिलाओं और बेटियों की शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वावलंबन राज्य सरकार की पहली प्राथमिकता है. CM ने इन उपलब्धियों को गिनाया मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि बात चाहे प्रधानमंत्री आवास (Pradhan Mantri Awas Yojana) के माध्यम से हर परिवार को पक्की छत देने की हो या घर-घर शौचालय बनाकर खुले में शौच से मुक्ति दिलाने की. नल-जल योजना (Nal Jal Yojana) से घर तक शुद्ध पेयजल पहुंचाना हो या उज्ज्वला योजना से रसोई को धुंआ मुक्त बनाने का संकल्प हो. इन सभी योजनाओं का प्रदेश में बेहतर संचालन एवं क्रियान्वयन हुआ है. इसके अलावा महिलाओं को आत्म-निर्भर बनाने के लिये महिला स्व-सहायता समूहों को आर्थिक सहयोग प्रदान कर उन्हें स्व-रोजगार से न केवल जोड़ा है, बल्कि उन्हें लखपति दीदी भी बनाया है. आज समूह की महिलाएँ के द्वारा निर्मित उत्पाद बाजारों में बिक रहे हैं. साथ ही उनका विक्रय ऑनलाइन मॉर्केटिंग से भी किया जा रहा है. महिलाओं के हित में महत्वपूर्ण फैसले     राज्य सरकार ने महिलाओं के हित में एक बड़ा फैसला लेते हुए उनके नाम जमीन, दुकान और घर की रजिस्ट्री कराने पर स्टाम्प शुल्क पर अतिरिक्त छूट दी है. इससे बहनों के पास संपत्ति की शक्ति आई है और समाज में उनका मान बढ़ा है.     सेनिटेशन एवं हाईजीन योजना अंतर्गत 19 लाख से अधिक बालिकाओं के बैंक खाते में 57 करोड़ 18 लाख रुपए की राशि का अंतरण किया गया है.     मध्यप्रदेश में महिलाओं को निकाय चुनाव एवं शिक्षक भर्ती में 50 प्रतिशत, पुलिस भर्ती में 33 प्रतिशत और अन्य भर्तियों में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है.     स्टार्ट-अप नीति में भी महिलाओं के लिये विशेष प्रोत्साहन का प्रावधान किया गया, जिसके फलस्वरूप प्रदेश के कुल स्टार्ट-अप्स में से 47 प्रतिशत की मालकिन महिलाएं हैं.     महिला उद्यमियों के प्रोत्साहन के लिए 850 एमएसएमई इकाइयों को 275 करोड़ रुपए की सहायता उपलब्ध कराई गई.     मासूम बच्चियों के साथ दुष्कर्म करने वालों को मृत्यु दंड देने वाला देश का पहला राज्य मध्यप्रदेश है.     मध्यप्रदेश में महिलाओं से जोर-जबरदस्ती से या बहला-फुसला कर विवाह और धर्म परिवर्तन पर लगाम लगाने के लिए धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम लागू किया गया.     बेटियों की शिक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिये लाड़ली लक्ष्मी योजना का सफल क्रियान्वयन जारी है. योजना में 48 लाख से अधिक लाड़ली लक्ष्मियाँ लाभान्वित हो रही हैं. इस योजना से प्रदेश में लिंगानुपात में भी सुधार परिलक्षित हुआ है.     प्रधानमंत्री मातृ-वंदना योजना में अब तक 42 लाख महिला हितग्राही पंजीकृत हो चुकी हैं. योजना का उद्देश्य गर्भवती महिलाओं को मजदूरी की हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में नगद प्रोत्साहन प्रदान करना और द्वितीय प्रसव पर बालिका जन्म को प्रोत्साहित करना है. हिंसा से प्रभावित महिलाओं को सहायता उपलब्ध कराने के लिये महिला हेल्पलाइन 181 और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 संचालित है. संकटग्रस्त महिलाओं की सहायता के लिये प्रत्येक जिले में वन-स्टॉप सेंटर संचालित हैं.  बालिकाओं में आत्म-विश्वास और कौशल वृद्धि के लिये सशक्त वाहिनी कार्यक्रम अंतर्गत प्रशिक्षण दिया गया. अब तक 128 बालिकाओं का पुलिस / शासकीय विभागों में चयन हो चुका है.     प्रदेश में 97 हजार से अधिक संचालित आंगनवाड़ियों में 81 लाख बच्चे और गर्भवती/धात्री माताएँ एवं किशोरी बालिकाऍ लाभान्वित हो रही हैं. आंगनवाड़ियों में ऑनलाइन उपस्थिति और आंगनवाड़ी एसेट्स डायरी सुविधा प्रारंभ की गई है.     राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में पदक विजेताओं के साथ सहभागिता करने वाली महिला खिलाडियों को नगद राशि देकर प्रोत्साहित किया गया. महिला एवं बाल विकास विभाग का बजट 81 प्रतिशत बढ़ा मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Narendra Modi) के नेतृत्व में हमारी सरकार महिला सशक्तिकरण के हर संकल्प को पूर्ण करने शिद्दत से कार्य कर रही है. राज्य सरकार ने चालू वित्तीय वर्ष 2024-25 में महिला एवं बाल विकास विभाग का बजट 81 प्रतिशत बढ़ाते हुए 26 हजार 560 करोड़ रुपए का प्रावधान किया है. इसमें लाड़ली बहना योजना के लिये 18 हजार 984 करोड़ रुपये से ज्यादा का प्रावधान किया गया है. उन्होंने कहा कि प्रदेश की एक करोड़ 25 लाख से अधिक लाड़ली बहनें इस योजना से लाभान्वित हो रही है. राज्य सरकार उनके मान-सम्मान और स्वाभिमान को सुरक्षित रखने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी. recent visitors 149

राष्ट्रपति मुइज्जू ने भारत को मालदीव में ‘रक्षा प्लेटफॉर्म और संपत्ति’ की तैनाती की अनुमति देने पर सहमति जताई

माले  मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच कई समझौते हुए हैं। इनमें एक महत्वपूर्ण समझौते के तहत राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने भारत को मालदीव में 'रक्षा प्लेटफॉर्म और संपत्ति' की तैनाती की अनुमति देने पर सहमति जताई है। मालदीव का राष्ट्रपति बनने के बाद मुइज्जू ने भारत से सैनिकों को निकालने को कहा था, अब कुछ ही महीने के बाद उनकी सरकार ने भारत के रेडार को देश में लगाने की मंजूरी दी है। समझौते के तहत भारत मालदीव के राष्ट्रीय रक्षा बल की निगरानी क्षमता को बढ़ाने में भी माले की सहायता करेगा। इसके लिए नई दिल्ली से माले को 'रेडार सिस्टम और अन्य उपकरण' दिए जाएंगे। सोमवार को पीएम मोदी और राष्ट्रपति मुइज्जू की मुलाकात के बाद, भारत ने मालदीव को आर्थिक संकट और कर्ज चुकौती से उबारने में मदद देने के लिए भी सहमति जताई। मोदी-मुइज्जू में रक्षा सहयोग पर चर्चा दोनों नेताओं ने सहमति जताई कि भारत मालदीव की क्षमताओं को बढ़ाने में मदद करेगा ताकि उसके विशाल एक्सक्लूसिव आर्थिक क्षेत्र को समुद्री सुरक्षा के लिए पारंपरिक और गैर-पारंपरिक चुनौतियों से बचाया जा सके। पीएम मोदी ने कहा कि उन्होंने और मुइज्जू ने रक्षा और सुरक्षा सहयोग के विभिन्न पहलुओं पर व्यापक चर्चा की है। 'हम मालदीव के राष्ट्रीय रक्षा बलों के प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण में अपना सहयोग जारी रखेंगे।' भारत का चीन को संदेश मालदीव में अपनी गतिविधियां बढ़ा रहे चीन को भी भारत ने संदेश दे दिया है। पीएम मोदी ने कहा, 'हम हाइड्रोग्राफी और आपदा प्रतिक्रिया में अपना सहयोग बढ़ाएंगे।' दोनों नेताओं की बैठक के बाद जारी संयुक्त बयान में कहा गया कि नई दिल्ली मालदीव के राष्ट्रीय रक्षा बल की क्षमताओं को बढ़ाने के लिए 'रक्षा प्लेटफार्मों और परिसंपत्तियों के प्रावधान' के साथ-साथ मालदीव सरकार की राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के अनुरूप अपनी समुद्री और सुरक्षा आवश्यकताओं को आगे बढ़ाने में माले की सहायता करेगी। भारतीय सैनिकों की वापसी का मामला मुइज्जू ने पिछले साल राष्ट्रपति चुनाव से पहले मालदीव में इंडिया आउट अभियान चलाया था। दरअसल भारत ने मालदीव को डोर्नियर विमान और दो एडवांस लाइट हेलीकॉप्टर दिए थे। इनके संचालन के लिए भारत ने कुछ सैन्य कर्मियों को तैनात किया था। मुइज्जू ने चुनाव में वादा किया था कि वे भारत से अपने सभी सैन्य कर्मियों को वापस बुलाने को कहेंगे। राष्ट्रपति बनने के बाद उन्होंने भारत को इस साल 10 मई तक भारत से अपने सभी सैन्य कर्मियों को वापस बुलाने के लिए कहा, जिसके बाद भारत ने नागरिक कर्मियों की तैनाती की थी। recent visitors 85