अयोध्या सांसद बोले सच्चाई का पता लगाकर करें कार्रवाई, अखिलेश की मांग भी दोहराई

अयोध्या सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बाद अब फैजाबाद के सांसद अवधेश प्रसाद ने भी अयोध्या रेप केस में डीएनए टेस्ट की मांग की है. उन्होंने कहा कि किसी निर्दोष को न फंसाया जाए. डीएनए टेस्ट करा लिया जाए. समाजवादी पार्टी पीड़िता और उसके परिवार के साथ पूरी मुस्तैदी के साथ खड़ी है. बीजेपी की तरफ से उठाए गए तस्वीर के मुद्दे पर अवधेश प्रसाद ने कहा, 'रोज कम से कम 500 लोग मेरे साथ फोटो खिंचवाते हैं. हम फोटो को कैसे नकार सकते हैं.' अयोध्या रेप केस के मुख्य आरोपी मोइद खान पर सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा, 'जहां तक इस घटना का सवाल है यह घटना बहुत ही दर्दनाक और शर्मनाक है. इस घटना की जितनी भी निंदा की जाए शब्द कम पड़ जाएंगे. इस घटना से संबंधित जो भी लोग हैं उनकी विवेचना की जाए, सत्य का पता लगाया जाए और जो भी दोषी हों उनके खिलाफ सख्ती के साथ कार्रवाई होनी चाहिए. इस दिशा में पुलिस को भी चाहिए कि किसी भी दबाव में न आकर दूध का दूध और पानी का पानी अलग करें.' 'मामले को और स्पष्ट करने के लिए डीएनए टेस्ट करा लिया जाए' उन्होंने कहा, 'जहां तक पीड़िता का सवाल है, हम और हमारी पार्टी पूरी तरह से उसके साथ खड़े हैं. आज अफसोस के साथ कहना पड़ रहा है कि भारतीय जनता पार्टी इस पर राजनीति कर रही है. मेरा विनम्रतापूर्वक ऐसे लोगों से निवेदन है कि ये राजनीति का मौका नहीं है, संवेदना का है. दर्दनाक घटना हुई है, उसे न्याय दिलाने के लिए लगें और जो भी दोषी है उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए. निर्दोष को फंसाया न जाए. इसे और स्पष्ट करने के लिए डीएनए टेस्ट करा लिया जाए.' 'अपराधी की कोई जाति नहीं होती' अवधेश प्रसाद ने कहा, 'भारतीय जनता पार्टी के पास कोई काम नहीं है. आज देश के सामने बड़े-बड़े सवाल हैं. महंगाई का, रोजगार का. अभी लखनऊ में एक मोटरसाइकिल से एक आदमी एक महिला को लेकर जा रहा था. बहुत पानी भरा था. वे गिर गए और चिल्ला रहे थे.. बचाओ-बचाओ और कुछ लोग उन पर पानी उछाल रहे थे. कम से कम 15-20 लोग थे. हमारे मुख्यमंत्री ने सिर्फ दो नाम लिए. एक यादव का और एक मुस्लिम का. उसमें 15-16 ऐसे लोग हैं जो हर जाति के हैं.' सपा सांसद ने कहा, 'अपराधी की कोई जाति नहीं होती है. मेरी 45 साल की राजनीति है. मैंने कभी भी, जिसका अपराध से कोई भी रिश्ता रहा हो, उसे अपने पास भटकने नहीं दिया. उससे किसी भी प्रकार की सहायता नहीं ली.' 'फोटो को कोई नकार नहीं सकता' उन्होंने कहा, 'जहां तक तस्वीर का सवाल है हम लोग राजनीति करते हैं. चुनाव के दौरान लाखों लोगों ने हमारे साथ फोटो खिंचवाई. लड़के हमारे साथ सेल्फी लेते हैं. मैं जब से दिल्ली में हूं रोज कम से कम 500 लोग मेरे साथ फोटो खिंचवाते हैं. कोई महाराष्ट्र का है, कोई राजस्थान का है, कोई मुरादाबाद का है, कोई बिहार का. 31 को हमारा जन्मदिवस था. तमाम लोग आए, फोटो खिंचवाए. कुछ लोग कहते हैं कि हमारे सिर पर हाथ रख दीजिए, कंधे पर हाथ रख दीजिए. फोटो को कोई नकार नहीं सकता है. हम फोटो को कैसे मना कर सकते हैं. बीजेपी को इस तरह की राजनीति नहीं करनी चाहिए, उसे पीड़िता के साथ न्याय करना चाहिए.'    अखिलेश यादव ने भी की डीएनए टेस्ट की मांग इससे पहले समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने अयोध्या रेप केस पर कहा था कि जिन पर भी आरोप लगा है, उसका डीएनए टेस्ट होना चाहिए और इंसाफ किया जाना चाहिए. सपा प्रमुख ने कहा कि इस केस में सिर्फ आरोप लगाकर सियासत नहीं की जानी चाहिए. उन्होंने कहा कि जो भी दोषी है उसे कानून के हिसाब से पूरी सजा दी जाए. वहीं बीएसपी चीफ मायावती ने अखिलेश यादव को घेरते हुए पूछा, 'सपा सरकार में ऐसे कितने टेस्ट हुए हैं?' मुख्य आरोपी पर बुलडोजर एक्शन शुरू मुख्य आरोपी सपा नेता मोइद खान की बेकरी पर अब बुलडोजर एक्शन शुरू हो गया है. अयोध्या स्थित मोइद खान की बेकरी पर प्रशासन ने बुलडोजर चलाया है. शुक्रवार को ही राजस्व विभाग ने आरोपी की संपत्ति की पैमाइश की थी. मोइद खान पर तालाब और कब्रिस्तान के साथ कई सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जा करने का भी आरोप है. पीड़ित नाबालिग लड़की की मां ने शुक्रवार (2 अगस्त) को लखनऊ में सीएम योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की. इस दौरान सीएम ने सपा नेता मोइद खान समेत अन्य आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिया. इसके बाद अब थाना प्रभारी और चौकी प्रभारी पर भी एक्शन हुआ है और आरोपी की संपत्ति की जांच शुरू कर दी गई है. क्या है पूरा मामला? अयोध्या में एक 12 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ कथित रूप से दुष्कर्म की घटना सामने आई. बताया जा रहा है कि इस मामले में समाजवादी पार्टी के नेता मोइद खान भी शामिल हैं. उन्हें कई बार अयोध्या के सांसद के साथ देखा गया है. आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. हालांकि, आरोप लग रहा है कि यह मामला गैंगरेप का है, जिसका वीडियो भी सपा नेता ने बनाया था. रिपोर्ट में दावा किया जा रहा है कि मोइद खान ने पहले लड़की का रेप किया और फिर घटना को रिकॉर्ड कर लिया. इतना ही नहीं मिली जानकारी में दावा किया गया है कि आरोपी मोइद खान के साथ राजू खान नाम का उनका एक साथी भी साथ है. आरोप के मुताबिक, दोनों ने पीड़िता के साथ ढाई महीने तक सामूहिक बलात्कार करते रहे, मामले का पता तब चला जब वह गर्भवती हो गई. योध्या में नाबालिग से गैंगरेप के मामले में योगी सरकार ने सख्ती दिखाई है। थानेदार और चौकी प्रभारी के निलंबन के बाद अब रेप केस का आरोपी सपा नेता की बेकरी पर बुलडोजर चला है। अधिकारियों की मौजूदगी में सपा नेता की बेकरी को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया। अयोध्या में हुई इस कार्रवाई के बाद से अपराधियों में दहशत फैल गई है। शुक्रवार को दुष्कर्म पीड़ित बच्ची की मां ने मुख्यमंत्री से उनके सरकारी आवास पर मुलाकात के बाद प्रशासन हरकत में आ गया। शनिवार सुबह … Read more

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा आदिकाल से भारत का अपना विशेष चरित्र और आदर्श संस्कृति रही है, इसलिए भारत विश्व गुरु कहलाया

राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के प्रयासों में राज्य सरकार करेगी पूर्ण सहयोग : मुख्यमंत्री डॉ. यादव जीवन में शिक्षा का अधिकार सर्वोपरि-शिक्षा प्रत्येक बच्चे का अधिकार  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा आदिकाल से भारत का अपना विशेष चरित्र और आदर्श संस्कृति रही है, इसलिए भारत विश्व गुरु कहलाया राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग की कार्यशाला में 6 राज्यों ने की भागीदारी भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आदिकाल से भारत का अपना विशेष चरित्र और आदर्श संस्कृति रही है, इसलिए भारत विश्व गुरु कहलाया। "जियो और जीने दो" के सिद्धांत के साथ सभी के कल्याण की कामना हम करते हैं। हमारी व्यवस्था में गुरु की भूमिका अंधकार से प्रकाश की ओर ले जानी वाली रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जीवन में शिक्षा का स्थान सर्वोपरि है। किसी भी पद और हैसियत से अधिक महत्व शिक्षा का है। भगवान श्रीकृष्ण ने मध्यप्रदेश की धरती पर शिक्षा ग्रहण की और महाभारत के युद्ध के समय वे स्वयं अपनी आत्मा से शास्त्रार्थ करते रहे। गीता के विविध पक्ष हैं। गुरुकुल में प्राप्त शिक्षा से सेनाओं का अपना अनुशासन भी देखने को मिला था। जीवन और मृत्यु अटल है। इसके मध्य का समय मुस्कान और उत्साह के साथ सार्थक जीवन जीने का होता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आज भोपाल के आनंद नगर स्थित टीआईटी एक्सीलेंस कॉलेज में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग द्वारा आयोजित कार्यशाला में हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आयोग द्वारा महत्वपूर्ण विषय पर कार्यशाला आयोजित की गई है। राज्य सरकार राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के प्रयासों में पूर्ण सहयोग करेगी। यह प्रयास होगा कि कोई बच्चा स्कूल जाना बंद न करे। किन्हीं परिस्थितियों में ड्राप आउट के लिए विवश का शिकार न बने। शिक्षा ग्रहण करना प्रत्येक विद्यार्थी का अधिकार है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी परीक्षाओं के पहले विद्यार्थियों से संवाद कर उनका आत्म-विश्वास बढ़ाते हैं। उन्होंने नई शिक्षा नीति के माध्यम से शिक्षा के महत्व में वृद्धि की है। अनेक सुविधाएं विद्यार्थियों को उपलब्ध करवाई जा रही हैं। प्रधानमंत्री मोदी भारत में नई शिक्षा नीति लेकर आए। आज अनेक क्षेत्रों में भारत विश्व में अग्रणी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यूक्रेन युद्ध के समय प्रधानमंत्री मोदी की पहल पर भारतीय विद्यार्थियों की रक्षा के लिए उठाए गए कदम का स्मरण भी किया। अध्यक्ष राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग प्रियंक कानूनगो ने कहा कि शिक्षा पूरी पीढ़ी को बदलने का कार्य करती है। विपरीत परिस्थितियों में रहने वाले बच्चों को मुख्यधारा में लाना महत्वपूर्ण है। अभिभावकों द्वारा रोजगार के लिए अन्य राज्यों में जाने पर बच्चों की शिक्षा में बाधा उत्पन्न होती थी। अब अन्य राज्यों में भी हिन्दी में विद्यार्थियों को पाठ्य-पुस्तकें उपलब्ध करवाई जाती हैं। किसी बच्चे के 30 दिन विद्यालय में अनुपस्थित रहने पर इसका कारण ज्ञात कर समाधान के प्रयास किए जा रहे हैं। कानूनगो ने कार्यक्रम के प्रारंभ में मुख्यमंत्री डॉ. यादव का स्वागत कर उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट किया। अतिथियों को पौधे भेंट किए गये। श्रम मंत्री प्रहलाद पटेल ने कहा कि प्रदेश में मजदूरों के हितों का प्राथमिकता के साथ ध्यान रखा जा रहा है। प्रदेश में संचालित आवासीय विद्यालय में पढ़ने वाले वंचित वर्गों के बच्चों को पढ़ाई के लिए सभी संसाधन उपलब्ध कराये जा रहे हैं। मध्यप्रदेश ऐसा राज्य बनेगा, जहां कोई भी बाल श्रमिक नहीं रहेगा। इसके लिए शिक्षा क्षेत्र से जुड़ी सभी सरकारी एजेंसी, स्वयंसेवी संगठन और इस विषय के विशेषज्ञों की मदद ली जाएगी। श्रम मंत्री पटेल ने कहा कि हमारी कोशिश होगी कि वंचित वर्ग और श्रमिकों के बच्चे जो बीच में शाला जाना बंद कर देते हैं उनको पुन: शाला पहुंचाएँ। इस कार्यशाला के माध्यम से 6 राज्यों मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, दादर नगर हवेली-दमन-दीव, गुजरात, महाराष्ट्र और गोवा के प्रतिभागी शामिल हुए हैं। कार्यशाला में विषय-विशेषज्ञ और शिक्षा के क्षेत्र के विद्वानों द्वारा शाला त्यागी बच्चों की स्थिति पर चर्चा की गई। साथ ही प्रदेश में स्कूलों से बच्चों के ड्रॉप आउट की प्रवृत्ति को कम करने के संबंध में विचार-विमर्श किया गया। कार्यशाला में अन्य संस्थाओं की भी भागीदारी रही और जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए। अध्यक्ष मध्यप्रदेश बाल संरक्षण आयोग द्रविन्द्र मोरे और राष्ट्रीय बाल आयोग की सदस्य सचिव रूपाली बैनर्जी, सचिव स्कूल शिक्षा डॉ. संजय गोयल, आयुक्त लोक शिक्षण श्रीमती शिल्पा गुप्ता, श्रम आयुक्त धनराजू एस. राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के पदाधिकारी, शिक्षा विभाग के अधिकारी और स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।   recent visitors 152

मध्यप्रदेश में राशन की दुकानों पर बंटने वाले सामान में ज्वार, बाजरा, रागी शामिल किया जाए, MP के सीएम मोहन यादव बोले

भोपाल  मध्य प्रदेश में गरीबी रेखा के अंतर्गत आने वाले हितग्राहियों को राशन वितरण में अब श्रीअन्न के तहत राज्य में उत्पन्न होने वाले ज्वार, बाजरा और रागी भी दी जाएगी। इसके लिए स्थानीय किसानों से अनाज लेने और प्रक्रिया में स्व-सहायता समूहों को जोड़ने पर विचार किया जाएगा। इसके साथ ही प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत जिन्हें पर्ची जारी की गई है, वह योजना के लिए पात्र हैं या नहीं इसका भी सर्वे कराया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रालय में खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए। बैठक में मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, मुख्य सचिव वीरा राणा, अपर मुख्य सचिव राजेश राजौरा सहित अधिकारी उपस्थित थे। बैठक में खाद्य सुरक्षा अधिनियम, फोर्टिफाईड चावल, शक्कर एवं नमक वितरण अनुसूचित जाति जनजाति विद्यार्थियों को रियायती दर पर खाद्यान्न उपलब्ध कराने, वन-नेशन-वन राशन कार्ड, प्रधानमंत्री राशन आपके ग्राम योजना, मुख्यमंत्री युवा अन्नदूत योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, महिलाओं को 450 रुपये में गैस रिफिल उपलब्ध कराना, प्रधानमंत्री जनमन मिशन, गेहूं उपार्जन की स्थिति और लक्षित सार्वजनिक वितरण प्रणाली के सुदृढ़ीकरण के लिए जारी गतिविधियों पर प्रस्तुतिकरण के साथ चर्चा भी हुई। राज्य स्तर पर गठित होगा गैस कारपोरेशन मुख्यमंत्री ने कहा कि नापतौल विभाग के अमले की यूनिफार्म तय की जाए। अन्य राज्यों जैसे महाराष्ट्र, केरल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना आदि में इस संबंध में जारी व्यवस्था के आधार पर प्रस्ताव प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने पाइप लाइन द्वारा रसोई गैस उपलब्ध कराने संबंधी गतिविधि के लिए राज्य स्तर पर गैस कारपोरेशन गठित करने की आवश्यकता बताई। मुख्यमंत्री ने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र में भी गैस उपयोग की संभावना है, अत: इसकी आपूर्ति को ध्यान में रखते हुए कार्ययोजना बनाई जाए। अन्य राज्यों में इस संबंध में लागू व्यवस्था का भी अध्ययन किया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में दलहन उत्पादन को प्रोत्साहित करने के लिए नीति बनाई जाए। साथ ही भू-जल भंडारण के संरक्षण और बिजली की बचत के दृष्टिगत बिना मौसम की धान व मूंग के उत्पादन को हतोत्साहित किया जाए। इसके लिए किसानों में जागरूकता लाने के उद्देश्य से किसान सम्मेलन और कृषि विशेषज्ञों के साथ परिचर्चाएं भी की जाएं। recent visitors 96

भारत की कृषि विविधता वैश्विक खाद्य सुरक्षा के लिए आशा की किरण- नरेंद्र मोदी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज दिल्ली में राष्ट्रीय कृषि विज्ञान केंद्र (NASC) परिसर में कृषि अर्थशास्त्रियों के 32वें अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन आईसीएई (International Conference of Agricultural Economists) का उद्घाटन किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि हम किसानों के जीवन में सुधार लाने के उद्देश्य से सुधारों और उपायों के साथ कृषि क्षेत्र को मजबूत कर रहे हैं। इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एग्रीकल्चरल इकोनॉमिस्ट्स द्वारा आयोजित त्रिवार्षिक कार्यक्रम 2 से 7 अगस्त, 2024 तक चलेगा और 65 वर्षों के बाद भारत में इसका आयोजन किया जा रहा है। ‘भारतीय कृषि परंपरा में विज्ञान को प्राथमिकता’ ICAE के उद्धाटन अवसर पर पीएम मोदी ने कहा कि ‘भारत जितना प्राचीन है उतनी ही प्राचीन कृषि और भोजन को लेकर हमारी मान्यताएं और हमारे अनुभव हैं। भारतीय कृषि परंपरा में विज्ञान को प्राथमिकता दी गई है। आज दुनिया में भोजन और पोषण को लेकर बहुत चिंता है। लेकिन, हजारों साल पहले, हमारे शास्त्रों में कहा गया है कि भोजन सभी पदार्थों में सर्वश्रेष्ठ है। हमारे ग्रंथों में कहा गया है कि सभी पदार्थों में अन्न श्रेष्ठ है इसलिए अन्न को सभी औषधियों का स्वरूप उनका मूल कहा गया है। हमारे अन्न को औषधीय प्रभावों के साथ इस्तेमाल करने का पूरा आयुर्वेद विज्ञान है। भारत, मिलेट्स का दुनिया का सबसे बड़ा उत्पादक है। जिसे दुनिया सुपरफूड कहती है उसे हमने श्रीअन्न की पहचान दी है।’ ‘भारत वैश्विक खाद्य और पोषण सुरक्षा के लिए खोज रहा है समाधान’ 32वें इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एग्रीकल्चरल इकोनॉमिस्ट्स के उद्घाटन समारोह में बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि ‘भारत में कृषि से जुड़ी शिक्षा और अनुसंधान से जुड़ा एक मजबूत इकोसिस्टम बना हुआ है। इंडियन काउंसिल ऑफ एग्रीकल्चरल रिसर्च के ही 100 से ज्यादा रिसर्च संस्थान हैं। भारत में कृषि और उससे संबंधित विषयों की पढ़ाई के लिए 500 से ज्यादा कॉलेज हैं। भारत में 700 से ज्यादा कृषि विज्ञान केंद्र हैं जो किसानों तक नई तकनीक पहुंचाने में मदद करते हैं।’ उन्होंने कहा कि  पिछली बार जब ICAE सम्मेलन भारत में हुआ था वो भारत की कृषि और खाद्य सुरक्षा को लेकर चुनौतीपूर्ण समय था। भारत को नई-नई आज़ादी मिली थी। लेकिन अब भारत एक खाद्य अधिशेष वाला देश है। आज भारत दूध, दाल और मसालों का सबसे बड़ा उत्पादक है। आज भारत वैश्विक खाद्य सुरक्षा और वैश्विक पोषण सुरक्षा के समाधान देने में जुटा है।’ ‘कृषि के क्षेत्र में डिजिटल तकनीक का उपयोग ‘ प्रभानमंत्री ने कहा ‘भारत में हम कृषि क्षेत्र में डिजिटल तकनीक का उपयोग कर रहे हैं। पीएम किसान सम्मान निधि के तहत, 10 करोड़ किसानों के बैंक खातों में केवल 30 सेकंड में एक क्लिक द्वारा धनराशि स्थानांतरित की जाती है। हम डिजिटल फसल सर्वेक्षण के लिए डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे का विकास कर रहे हैं। हमारे किसानों को रियल टाइम इन्फ़ॉर्मेशन मिलेगी और वो और वे डेटा आधारित निर्णय लेने में सक्षम होंगे।’ उन्होंने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल एक किसान नेता थे जिन्होंने किसानों के उत्थान में योगदान दिया और भारत के स्वतंत्रता संग्राम के दौरान उन्हें मुख्यधारा में ले आए। भारत में हमारे पास उनकी प्रतिमा है स्टैच्यू ऑफ यूनिटी जो दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा है। ये स्टैच्यू ऑफ लिबर्टी से दोगुनी ऊंची है। इसके निर्माण के लिए हमने देश के छह लाख गावों से किसानों द्वारा खेतों में उपयोग किए जाने वाले लोहे के उपकरण एकत्र किए गए हैं और मूर्ति बनाने में उनका उपयोग किया गया है। recent visitors 91

लुटेरी पत्नी को तलाश रहा युवक, राजस्थान-झुंझुनू में 25 लाख और गहने लेकर दुल्हन फरार

झुंझुनू. राज्य में एक बार फिर से लुटेरी दुल्हन का गैंग एक्टिव हो गया है, जो कमजोर और उम्रदराज लोगों को अपना शिकार बनाते हैं। ताजा मामला झुंझुनू जिले का है, जहां 25 लाख कैश समेत लाखों के जेवरात लेकर भाग जाने की खबर है। जानकारी के अनुसार बुहाना इलाके के कुहाड़वास गांव में शादी के महज एक महीने बाद लुटेरी दुल्हन 25 लाख रुपये समेत लाखों के जेवरात लेकर फरार हो गई। पीड़ित घनश्याम शर्मा ने पंजाब से ब्याह कर लाई गई अपनी पत्नी सहित 5 लोगों के खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करवाया है। युवक ने बताया कि 25 फरवरी को पंजाब के मलेरकोटला में आशु नाम की युवती से उसकी शादी हुई थी। सगाई से लेकर शादी तक आशु के परिचित अमन कौर, गुरसेवक प्रिंस एवं कुलजिंदर कौर ने आर्थिक स्थिति ठीक न होने के नाम पर सोने-चांदी के आभूषण सहित 25 लाख हड़प लिए। इन लोगों ने घनश्याम से ज्यादातर पैसे ऑनलाइन ट्रांसफर करवाए थे। इसके बाद शादी के भीतर ही आशु ससुराल से फरार हो गई। इसके बाद से दुल्हन समेत उसके परिचितों के फोन भी स्विच ऑफ आ रहे हैं। पीड़ित युवक का कहना है कि आशु को उसके रिश्तेदार नहीं भेज रहे हैं और जान से मारने की धमकी भी दे रहे हैं। वहीं पत्नी को भेजने के लिए चार लाख रुपये की और डिमांड की जा रही है। पुलिस अब मामले की जांच कर रही है। गौरतलब है कि केवल झुंझुनू ही नहीं बल्कि अन्य जिलों में भी इस तरह के कई गैंग एक्टिव हैं, जो उम्रदराज युवकों को अपने जाल में फंसाते हैं और रुपये ऐंठकर फरार हो जाते हैं। इनके पास प्रोफेशनल वकील भी होते हैं, जो कई बार कोर्ट में गलती के बावजूद अपना पक्ष मजबूत रखते हैं। recent visitors 110

वायनाड भूस्खलन में मृतकों की संख्या बढ़कर 344 पहंची , रेस्क्यू पांचवें दिन भी जारी

वायनाड  केरल के वायनाड में हुए भस्खलन में मरने वालों की संख्या बढ़कर 344 हो गई और 206 लोग अभी भी लापता हैं। रेस्क्यू टीम का शनिवार को पांचवें दिन भी ऑपरेशन जारी है। रक्षा बलों, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस, अग्निशमन सेवा और स्वयंसेवकों के 1,500 से अधिक कर्मियों वाली बचाव टीम ने शनिवार सुबह चार सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों चूरलमाला, वेल्लारीमाला, मुंडकाईल और पुंचिरीमाडोम में तलाशी शुरू कर दी है। अब तक 146 शवों की पहचान हो चुकी है, जबकि 74 की पहचान होनी बाकी है। मृतकों में 30 बच्चे भी शामिल हैं। मलबे से बड़ी संख्या में क्षत-विक्षत शरीर के अंग भी बरामद किये गए हैं। यहां लगभग 100 राहत शिविर हैं, जिनमें लगभग 9,500 लोगों को स्थानांतरित किया गया है। जिले के विभिन्न अस्पतालों में 84 लोग भर्ती हैं। 122 टेरिटोरियल आर्मी में लेफ्टिनेंट कर्नल और कन्नूर इकाई से जुड़े अभिनेता मोहनलाल अपनी इकाई के साथ शनिवार सुबह प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचे। सैन्य वर्दी पहने मोहनलाल सबसे पहले मैप्पडी में स्थित बेस कैम्प पहुंचे और रक्षा बलों से मुलाकात की। फिर वह चूरलमाला पहुंचे और बचाव दल के साथ बातचीत की। उतारे गए रडार वाले ड्रोन वायनाड में राहत और बचाव में रडार वाले ड्रोन को भी उतारा गया है। यह ड्रोन धऱती से 120 मीटर की ऊंचाई पर उड़ता है और एक बार में 40 हेक्टेयर में सर्च करता है। इसमें रडार सिस्टम का इस्तेमाल किया गया है। ये चारों ओर तरंगें भेजता है जिनकी मदद से मलबे के नीचे दबे लोगों का पता लगाया जाता है। वायनाड के भूस्खलन प्रभावित गांव में उन्नत रडार प्रणाली के साथ खोज अभियान चला रहे बचावकर्मियों को संभवतः किसी मानव या पशु द्वारा सांस लेने का संकेत मिलता है। अभियान में शामिल एक अधिकारी ने बताया कि बुरी तरह प्रभावित मुंडक्कई गांव में एक घर की तलाशी के दौरान रडार पर ‘नीला सिग्नल’ प्राप्त हुआ। अधिकारी ने संवाददाताओं से कहा, ‘किसी के लगातार सांस लेने का संकेत मिल रहा है।’ हालांकि, शुक्रवार शाम को खोज अभियान समाप्त हो गया क्योंकि बचावकर्मियों ने निष्कर्ष निकाला कि मलबे के नीचे किसी व्यक्ति की मौजूदगी की संभावना नहीं है। देर शाम फेसबुक पर लिखे एक पोस्ट में मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा कि लोगों की तलाश जारी है, रडार पर छोटी-सी हलचल का पता चला है, जिससे उम्मीद की किरणें दिख रही हैं। उन्होंने कहा, ‘ध्वस्त इमारत के मलबे के बीच, बचावकर्मी अपने प्रयास जारी रखे हुए हैं तथा बचे हुए लोगों को खोजने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं।’ वायनाड जिले के मुंडक्कई क्षेत्र में भूस्खलन के तीन दिन बाद बचावकर्मियों ने शुक्रवार को एक ही परिवार के चार लोगों को पदवेट्टी कुन्नू के निकट एक इलाके में सुरक्षित पाया। भूस्खलन की घटनाओं में मरने वालों की संख्या 210 हो गई है जबकि 273 लोग घायल हुए हैं। केरल स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, इसके अतिरिक्त 134 मानव अंग भी बरामद किए गए हैं। शुक्रवार को तड़के फिर से शुरू हुए खोज और बचाव अभियान को तब बल मिला जब ‘बेली ब्रिज’ के कारण बचाव दलों को भारी मशीनरी, जिसमें उत्खनन मशीनें भी शामिल थीं, और एम्बुलेंस को सबसे अधिक प्रभावित मुंडक्कई और चूरलमाला बस्तियों तक ले जाने में मदद मिली। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, जानमाल के नुकसान का अंदाजा तब लगेगा जब बचावकर्मी भारी मशीनरी का उपयोग करके मलबे और लकड़ी के लट्ठों से ढके घरों को साफ करेंगे। केरल के लोक निर्माण मंत्री पी ए मोहम्मद रियास ने शाम को कहा कि आधार दस्तावेजों, पर्यटकों के विवरण, आशा कार्यकर्ताओं से पूछताछ और राहत शिविरों और अस्पतालों में लोगों से बात करने के बाद जिला प्रशासन के रिकॉर्ड के अनुसार 218 लोग लापता हैं। राज्य के एडीजीपी एम. आर. अजित कुमार ने सुबह कहा था कि लगभग 300 लोग अब भी लापता हैं। वायनाड की जिलाधिकारी मेघाश्री डी. आर. ने पत्रकारों को बताया कि सबसे अधिक प्रभावित मुंदक्कई और चूरलमाला कस्बों को छह जोन में बांटा गया है। इन क्षेत्रों में भारी मशीनरी और स्वान दस्तों के साथ बचावकर्मियों की 40 टीम तैनात की गई हैं। उन्होंने कहा कि ड्रोन से ली गईं तस्वीरों और जीपीएस निर्देशांकों की मदद से ऐसे कई स्थानों को चिह्नित किया गया है, जहां खोज एवं बचाव अभियान चलाया जा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि ड्रोन द्वारा ली गई हवाई तस्वीरों से विशिष्ट खोज स्थानों के जीपीएस निर्देशांक की पहचान करने में मदद मिली है। संयुक्त दलों में सेना, एनडीआरएफ, डीएसजी, तटरक्षक और नौसेना के कर्मी शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि चालियार के 40 किलोमीटर क्षेत्र में स्थित आठ पुलिस थाने के पुलिसकर्मी और स्थानीय तैराक बलों ने साथ मिलकर उन शवों की खोज शुरू कर दी है, जो संभवतः बहकर नीचे चले गए हैं या नदी के किनारे फंसे हुए हैं। इसके साथ ही पुलिस हेलीकॉप्टर की मदद से एक अन्य तलाशी अभियान भी चलाया गया है। इसके अलावा तटरक्षक बल, नौसेना और वन विभाग ने संयुक्त रूप से नदी के किनारों और उन क्षेत्रों में खोज अभियान चलाया जहां शव फंसे हो सकते हैं। recent visitors 100

भोपाल से रीवा के लिए प्रारंभ हुई नई एक्सप्रेस ट्रेन, यादव ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

भोपाल  मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि वर्तमान में देश में रेल मंत्री के क्षेत्र से नहीं, समूचे देश में आवश्यकता को देखते हुए ट्रेन सुविधाएं बढ़ाई जाती हैं। डॉ यादव ने देर रात भोपाल से रीवा के लिए प्रारंभ हुई नई एक्सप्रेस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा समेत अन्य जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। वर्तमान में राजधानी भोपाल से रीवा जाने के लिए रेवांचल एक्सप्रेस प्रतिदिन सागर और कटनी होकर जाती है। नई एक्सप्रेस ट्रेन इटारसी मार्ग से सप्ताह में दो दिन चलेगी। अपने संबोधन में मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि प्रदेश में हर तरह की यातायात कनेक्टिविटी को विकसित किया जा रहा है। राज्य को प्राप्त सुविधाओं को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के प्रति आभार व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि रीवा के लिए वायुयान सुविधा भी उपलब्ध है। गंभीर रोगियों, पर्यटकों और श्रद्धालुओं आदि के लिए प्रदेश के अन्य नगरों के मध्य भी विभिन्न माध्यमों से कनेक्टिविटी प्रारंभ की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व में रेल मंत्री के क्षेत्र में ही रेल सुविधाएं बढ़ाई जाती थी। पिछले 10 साल से इस परिपाटी को बदल दिया गया है। प्रधानमंत्री मोदी ने रानी कमलापति के नाम से सुविधायुक्त रेलवे स्टेशन की सौगात भोपाल को दी थी। अब भोपाल मुख्य स्टेशन का विकास भी तेजी से हो रहा है। भोपाल से रीवा के लिए प्रारंभ हुई नई एक्सप्रेस ट्रेन, यादव ने हरी झंडी दिखाकर किया रवाना  भोपाल के नर्मदापुरम, इटारसी, पिपरिया, गाडरवारा, नरसिंहपुर, जबलपुर, रीवा, सतना व मैहर जाने वाले यात्रियों के लिए शुक्रवार का दिन नई सुविधा की खुशी देने वाला रहा। प्रदेश सरकार की विशेष मांग पर रेलवे की ओर से भोपाल-रीवा सुपरफास्ट द्वि-साप्ताहिक एक्सप्रेस का संचालन शुरू कर दिया है। शुक्रवार रात भोपाल स्टेशन से सीएम डॉ. मोहन यादव ने ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को धन्यवाद किया। सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रदेशवासियों के हितों को ध्यान रखते हुए इस नई ट्रेन की सुविधा दी है। मुख्यमंत्री ने प्लेटफार्म क्रमांक छह से रात करीब 11.05 बजे हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। नई ट्रेन से रवाना हो रहे यात्री प्रसन्न नजर आए। उन्होंने भी मुख्यमंत्री और रेलवे को धन्यवाद दिया। उल्लेखनीय है कि वर्तमान में भोपाल से रीवा के मध्य वंदे भारत रीवा-रानी कमलापति और रेवांचल एक्सप्रेस संचालित हो रही हैं। रेवांचल एक्सप्रेस में कई महीनों तक वेटिंग रहती है, जिससे यात्रियों को काफी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। वहीं वंदे भारत रीवा-रानी कमलापति का किराया अधिक है और साथ ही समय का सही तालमेल भी नहीं है। इस वजह से जबलपुर, रीवा, सतना सहित मैहर जाने वाले यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है। नई सुपरफास्ट एक्सप्रेस रेल सेवा भोपाल और रीवा के बीच यात्री सुविधाओं को बढ़ाने के उद्देश्य से शुरू गई है। यह ट्रेन प्रत्येक शुक्रवार और रविवार को भोपाल से तथा शनिवार और सोमवार को रीवा से चलेगी। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, मंत्री विश्वास सारंग, सांसद भोपाल आलोक शर्मा, विधायक हुजूर रामेश्वर शर्मा, विधायक बैरसिया विष्णु खत्री, विधायक भोपाल (दक्षिण/पश्चिम) भगवानदास सबनानी और महापौर मालती राय सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। यह रहेगा ट्रेन का शेड्यूल गाड़ी संख्या 22145 भोपाल-रीवा सुपरफास्ट द्वि-साप्ताहिक एक्सप्रेस अपने प्रारम्भिक स्टेशन भोपाल से शुक्रवार और रविवार को रात्रि 23:00 बजे प्रस्थान कर रानी कमलापति स्टेशन 23:13 बजे, नर्मदापुरम अगले दिन मध्य रात्रि 00:13 बजे, इटारसी 00:55 बजे, पिपरिया 02:02 बजे, गाडरवारा 02:38 बजे, नरसिंहपुर 03:12 बजे, जबलपुर 04:45 बजे, कटनी 06:05 बजे, मैहर 06:53 बजे, सतना 07:40 बजे और सुबह 09:15 बजे रीवा पहुंचेगी। इसी तरह यह ट्रेन रीवा से शनिवार और सोमवार की रात्रि 11 बजे चलेगी तथा प्रातः 9.15 बजे भोपाल पहुंचेगी।   recent visitors 157