भारतीयों को त्वरित न्याय मिले, इसके लिए नई न्याय संहिता लागू की गई है: पीएम मोदी

नई दिल्ली 75वें संविधान दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुप्रीम कोर्ट के एक कार्यक्रम में पहुंचे. इस दौरान कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारतीयों को त्वरित न्याय मिले, इसके लिए नई न्याय संहिता लागू की गई है. दंड आधारित व्यवस्था अब न्याय आधारित व्यवस्था में बदल चुकी है. इसके साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि जम्मू-कश्मीर में पहली बार संविधान दिवस मनाया गया. पीएम मोदी ने कहा, "हमारा संविधान देश की हर अपेक्षा और जरूरत पर खरा उतरा है. संविधान की ताकत के कारण ही आज बाबा साहब का संविधान जम्मू-कश्मीर में पूरी तरह लागू हो पाया है. पहली बार जम्मू-कश्मीर में संविधान दिवस मनाया गया. आज भारत परिवर्तन के एक बड़े दौर से गुजर रहा है और भारत का संविधान हमें रास्ता दिखा रहा है. यह हमारे लिए एक मार्गदर्शक बन गया है." संविधान निर्माताओं की तारीफ कर क्या बोले पीएम मोदी सुप्रीम कोर्ट के कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने कहा, "हमारे संविधान निर्माता ये जानते थे कि भारत की आकांक्षाएं, भारत के सपने समय के साथ नई ऊंचाई पर पहुंचेंगे. वो जानते थे कि आजाद भारत की और भारत के नागरिकों की जरूरतें बदलेंगी, चुनौतियां बदलेंगी. इसलिए उन्होंने हमारे संविधान को महज कानून की एक किताब बनाकर नहीं छोड़ा. बल्कि इसको एक जीवंत, निरंतर प्रवाहमान धारा बनाया." 26/11 हमले को भी किया याद 26 नवंबर को मुंबई में हुए आतंकी हमले को याद करते हुए पीएम मोदी ने कहा, "लोकतंत्र के इस महत्वपूर्ण पर्व का जब हम स्मरण कर रहे हैं, तब ये भी नहीं भूल सकते कि आज के ही दिन मुंबई में हुए आतंकी हमले की भी बरसी है. इस हमले में जिन व्यक्तियों का निधन हुआ, उन्हें मैं श्रद्धांजलि देता हूं. मैं देश का यह संकल्प भी दोहराता हूं कि भारत की सुरक्षा को चुनौती देने वाले हर आतंकी संगठन को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा." recent visitors 70

स्वामी विवेकानंद जयंती धूमधाम से मनाएं, ‘मन की बात’ में पीएम मोदी ने युवाओं से की NCC से जुड़ने की अपील

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री मोदी ने आज 'मन की बात' कार्यक्रम के 116वें एपिसोड को संबोधित किया। इसमें पीएम मोदी ने युवाओं से एनसीसी से जुड़ने की अपील की। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज एनसीसी दिवस है। पीएम मोदी ने कहा कि मैं खुद एनसीसी का कैडेट रहा हूं और इसके अनुभव मेरे लिए अनमोल हैं। एनसीसी युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व और सेवा की भावना पैदा करती है। देश में कहीं भी आपदा होने पर एनसीसी कैडेट आगे बढ़कर मदद करते हैं। प्रधानमंत्री ने मन की बात कार्यक्रम में कहा कि हर साल 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती पर देश युवा दिवस मनाता है। अगले साल स्वामी विवेकानंद की 162वीं जयंती है। इसे खास तरीके से मनाया जाएगा और 11-12 जनवरी को दिल्ली में भारत मंडपम में विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग का आयोजन किया जाएगा। पीएम मोदी ने कहा कि 'मैंने लाल किले की प्राचीर से ऐसे युवाओं से राजनीति में आने का आहवान किया है, जिनके परिवार का कोई भी व्यक्ति राजनीति में नहीं है, ऐसे एक लाख युवाओं को, नए युवाओं को, राजनीति से जोड़ने के लिए देश में कई तरह के विशेष अभियान चलेंगे।' प्रधानमंत्री ने लखनऊ के रहने वाले वीरेंद्र की तारीफ की, जो बुजुर्गलों के लिए डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट में मदद कर रहे हैं। इससे बुजुर्गों को पेंशन लेने में मदद मिली है। इसी तरह भोपाल के महेश की तारीफ की, जो बुजुर्गों को मोबाइल के माध्यम से पेमेंट करना सिखा रहे हैं। इसके बाद प्रधानमंत्री ने चेन्नई की प्रकृत अरिवगम और बिहार के गोपालगंज की प्रयोग लाइब्रेरी की चर्चा की, जो बच्चों में पढ़ने और सीखने की आदत विकसित कर रही हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने हाल ही में कैरेबियाई देशों का दौरा किया था। मन की बात कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि कैरेबियाई देश गुयाना में भी मिनी भारत बसता है। भारत से सैंकड़ों वर्षों पहले लोगों को खेती, मजदूरी के लिए गुयाना ले जाया गया था और आज वहां भारतीय मूल के लोग राजनीति, व्यापार, शिक्षा और संस्कृति के हर क्षेत्र में नेतृत्व कर रहे हैं। गुयाना की तरह ही दुनिया के कई देशों में भारतीय गए और उन्होंने वहां अपनी पहचान बनाई। ओमान में भी कई भारतीय शताब्दियों से रह रहे हैं और व्यापार जगत में अपनी जगह बनाई। आज वे ओमान के नागरिक हैं, लेकिन उनकी रग-रग में भारतीयता बसी है। recent visitors 68

महाराष्ट्र की जीत को बताया ऐतिहासिक, झारखंड में जीत पर पीएम ने हेमंत सोरेन और गठबंधन को बधाई दी: पीएम मोदी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महाराष्ट्र विधानसभा में महायुति की प्रचंड जीत को ऐतिहासिक बताते हुए कहा है कि यह विकास और सुशासन की जीत है। वहीं झारखंड में जीत पर पीएम ने हेमंत सोरेन और JMM के नेतृत्व वाले गठबंधन को बधाई दी है। पीएम ने महाराष्ट्र के नतीजों पर एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, 'विकास की जीत! सुशासन की जीत! एकजुट होकर हम और भी ऊंचे उठेंगे। एनडीए को ऐतिहासिक जनादेश देने के लिए महाराष्ट्र के मेरे भाई-बहनों, खासकर राज्य के युवाओं और महिलाओं का हार्दिक आभार। यह स्नेह और गर्मजोशी अद्वितीय है। मैं लोगों को आश्वस्त करता हूं कि हमारा गठबंधन महाराष्ट्र की प्रगति के लिए काम करता रहेगा। जय महाराष्ट्र।' झारखंड में जेएमएम गठबंधन को दी बधाई वहीं पीएम मोदी ने झारखंड विधानसभा चुनाव के नतीजों पर कहा, 'मैं झारखंड के लोगों को हमारे प्रति उनके समर्थन के लिए धन्यवाद देता हूं। हम लोगों के मुद्दों को उठाने और राज्य के लिए काम करने में हमेशा सबसे आगे रहेंगे। मैं राज्य में उनके प्रदर्शन के लिए JMM के नेतृत्व वाले गठबंधन को भी बधाई देता हूं।' इसके अलावा प्रधानमंत्री ने अन्य राज्यों के उपचुनावों में एनडीए उम्मीदवारों को मिली जीत पर कहा है कि एनडीए के जनहितैषी प्रयासों की गूंज हर जगह सुनाई दे रही है। उन्होंने एक्स पर लिखा, 'मैं विभिन्न राज्यों के लोगों को विभिन्न उपचुनावों में एनडीए उम्मीदवारों को आशीर्वाद देने के लिए धन्यवाद देता हूं। हम उनके सपनों और आकांक्षाओं को पूरा करने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। मुझे एनडीए के हर कार्यकर्ता पर गर्व है, जिन्होंने जमीनी स्तर पर काम किया। उन्होंने कड़ी मेहनत की, लोगों के बीच गए और हमारे सुशासन के एजेंडे पर विस्तार से बात की।' यह जीत हर महाराष्ट्रवासी की जीत: शाह वहीं गृह मंत्री अमित शाह ने महाराष्ट्र की जीत पर कह है कि प्रचंड जनादेश ने झूठ के सहारे संविधान के नकली हितैषी बनने वालों की दुकान पर ताला लगाने का काम किया है। उन्होंने एक्स पर लिखा, 'जय महाराष्ट्र। इस ऐतिहासिक जनादेश के लिए महाराष्ट्र की जनता का कोटि-कोटि वंदन। छत्रपति शिवाजी महाराज, बाबासाहेब आंबेडकर जी, ज्योतिबा फुले जी और वीर सावरकर जी की पुण्यभूमि महाराष्ट्र ने विकास के साथ-साथ संस्कृति और राष्ट्र को सर्वोपरि रखने वाले महायुति गठबंधन को इतना प्रचंड जनादेश देकर भ्रम और झूठ के सहारे संविधान के नकली हितैषी बनने वालों की दुकान पर ताला लगाने का काम किया है। यह जीत हर एक महाराष्ट्रवासी की जीत है।' झारखंड की जनता का व्यक्त किया आभार वहीं अमित शाह ने झारखंड में भाजपा को सबसे अधिक मत प्रतिशत का आशीर्वाद देने के लिए प्रदेश वासियों का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि वह झारखंड भाजपा के सभी कार्यकर्ताओं को उनके अथक परिश्रम के लिए शुभकामनाएं देते हैं। गृह मंत्री ने लिखा, 'भाजपा के लिए जनजातीय समाज की आकांक्षाओं की पूर्ति और उनकी अस्मिता की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। NDA की केंद्र सरकार झारखंड वासियों की उन्नति, प्रगति और जनजातीय विरासतों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और मोदी जी के नेतृत्व में हम निरंतर इस दिशा में कार्य करते रहेंगे। भाजपा झारखंड में एक सकारात्मक विपक्ष की भूमिका निभाएगी।' recent visitors 69

लोकतंत्र प्रथम-मानवता प्रथम का मंत्र, मोदी गुयाना की संसद के एक विशेष अधिवेशन को संबोधित करते हुए यह मंत्र दिया

जॉर्जटाउन/नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुयाना को मौजूदा विश्व में आगे बढ़ने के लिये “लोकतंत्र प्रथम-मानवता प्रथम” का मंत्र देते हुए कहा कि इससे सबको साथ लेकर सबका विकास करते हुए मानवता का हित करना संभव होता है। श्री मोदी गुयाना की संसद के एक विशेष अधिवेशन को संबोधित करते हुए यह मंत्र दिया। इस मौके पर संसद के अध्यक्ष मंजूर नादिर, उप राष्ट्रपति भरत जगदेव, प्रधानमंत्री मार्क एंथनी फिलिप्स, नेता प्रतिपक्ष, चांसलर ऑफ द ज्यूडिशियरी भी उपस्थित थे। प्रधानमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने के प्रयासों के बीच, हमें आज वैश्विक परिस्थितियों पर भी लगातार नजर ऱखनी है। जब भारत और गयाना आजाद हुए थे, तो दुनिया के सामने अलग तरह की चुनौतियां थीं। आज 21वीं सदी की दुनिया के सामने, अलग तरह की चुनौतियां हैं। दूसरे विश्व युद्ध के बाद बनी व्यवस्थाएं और संस्थाएं,ध्वस्त हो रही हैं, कोरोना के बाद जहां एक नई वैश्विक व्यवस्था की तरफ बढ़ना था, दुनिया दूसरी ही चीजों में उलझ गई, इन परिस्थितियों में,आज विश्व के सामने, आगे बढ़ने का सबसे मजबूत मंत्र है-“लोकतंत्र प्रथम—मानवता प्रथम”। “लोकतंत्र प्रथम” की भावना हमें सिखाती है कि सबको साथ लेकर चलो,सबको साथ लेकर सबके विकास में सहभागी बनो। “मानवता प्रथम” की भावना हमारे निर्णयों की दिशा तय करती है, जब हम मानवता प्रथम को अपने निर्णयों का आधार बनाते हैं, तो नतीजे भी मानवता का हित करने वाले होते हैं। श्री मोदी ने कहा कि हमारी लोकतांत्रिक मूल्य इतने मजबूत हैं कि विकास के रास्ते पर चलते हुए हर उतार-चढ़ाव में हमारा संबल बनती हैं। एक समावेशी समाज के निर्माण में लोकतंत्र से बड़ा कोई माध्यम नहीं। नागरिकों का कोई भी मत-पंथ हो, उसका कोई भी बैकग्राउंड हो, लोकतंत्र हर नागरिक को उसके अधिकारों की रक्षा की,उसके उज्जवल भविष्य की गारंटी देती है। और हम दोनों देशों ने मिलकर दिखाया है कि लोकतंत्र सिर्फ एक कानून नहीं है,सिर्फ एक व्यवस्था नहीं है, हमने दिखाया है कि लोकतंत्र हमारे डीएनए में है, हमारे विजन में है, हमारे आचार-व्यवहार में है। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमारी मानव केन्द्रित कार्यशैली,हमें सिखाती है कि हर देश के नागरिक उतने ही अहम हैं, इसलिए, जब विश्व को एकजुट करने की बात आई, तब भारत ने अपनी जी-20 अध्यक्षता के दौरान 'एक पृथ्वी, एक परिवार, एक भविष्य' का मंत्र दिया। जब कोरोना का संकट आया, पूरी मानवता के सामने चुनौती आई, तब भारत ने 'एक पृथ्वी एक स्वास्थ्य' का संदेश दिया। जब जलवायु से जुड़ी चुनौतियों में हर देश के प्रयासों को जोड़ना था, तब भारत ने वन वर्ल्ड, वन सन, वन ग्रिड का विजन रखा, जब दुनिया को प्राकृतिक आपदाओं से बचाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हुए, तब भारत ने सीडीआरआई यानि कोएलिशन फॉर डिज़ास्टर रेज़ीलिएंट इंफ्रास्ट्रक्चर की पहल शुरू की। जब दुनिया में पृथ्वी प्रेमी लोगों का एक बड़ा नेटवर्क तैयार करना था, तब भारत ने मिशन लाइफ जैसा एक वैश्विक आंदोलन शुरु किया। उन्होंने कहा, “लोकतंत्र प्रथम—मानवता प्रथम” की इसी भावना पर चलते हुए, आज भारत विश्वबंधु के रूप में विश्व के प्रति अपना कर्तव्य निभा रहा है। दुनिया के किसी भी देश में कोई भी संकट हो, हमारा ईमानदार प्रयास होता है कि हम फर्स्ट रिस्पॉन्डर बनकर वहां पहुंचे। आपने कोरोना का वो दौर देखा है, जब हर देश अपने-अपने बचाव में ही जुटा था। तब भारत ने दुनिया के डेढ़ सौ से अधिक देशों के साथ दवाएं और वैक्सीन्स शेयर कीं। मुझे संतोष है कि भारत, उस मुश्किल दौर में गयाना की जनता को भी मदद पहुंचा सका।” श्री मोदी ने कहा कि दुनिया में जहां-जहां युद्ध की स्थिति आई,भारत राहत और बचाव के लिए आगे आया। श्रीलंका हो, मालदीव हो, जिन भी देशों में संकट आया, भारत ने आगे बढ़कर बिना स्वार्थ के मदद की, नेपाल से लेकर तुर्की और सीरिया तक, जहां-जहां भूकंप आए, भारत सबसे पहले पहुंचा है। यही तो हमारे संस्कार हैं, हम कभी भी स्वार्थ के साथ आगे नहीं बढ़े, हम कभी भी विस्तारवाद की भावना से आगे नहीं बढ़े। हम संसाधनों पर कब्जे की, संसाधनों को हड़पने की भावना से हमेशा दूर रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैं मानता हूं, अंतरिक्ष हो, समुद्र हो, ये सार्वभौमिक टकराव के नहीं बल्कि सार्वभौमिक सहयोग के विषय होने चाहिए। दुनिया के लिए भी ये समय, टकराव का नहीं है, ये समय, टकराव पैदा करने वाले कारणों को पहचानने और उनको दूर करने का है। आज आतंकवाद, ड्रग्स, साइबर अपराध, ऐसी कितनी ही चुनौतियां हैं, जिनसे मुकाबला करके ही हम अपनी आने वाली पीढ़ियों का भविष्य संवार पाएंगे। और ये तभी संभव है, जब हम लोकतंत्र प्रथम मानवता प्रथम को केन्द्रीय स्थान देंगे।” प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने हमेशा सिद्धांतों के आधार पर, भरोसे और पारदर्शिता के आधार पर ही अपनी बात की है। एक भी देश, एक भी क्षेत्र पीछे रह गया, तो हमारे वैश्विक लक्ष्य कभी हासिल नहीं हो पाएंगे। तभी भारत कहता है – हर देश महत्वपूर्ण है! इसलिए भारत, द्वीपीय देशों को छोटे द्वीपीय देश नहीं बल्कि बड़े महासागरीय देश मानता है। इसी भाव के तहत हमने हिन्द महासागर से जुड़े द्वीपीय देशों के लिए सागर प्लेटफॉर्म बनाया। हमने प्रशांत महासागर के देशों को जोड़ने के लिए भी विशेष फोरम बनाया है। इसी नेक नीयत से भारत ने जी-20 की अध्यक्षता के दौरान अफ्रीकी संघ को जी-20 में शामिल कराकर अपना कर्तव्य निभाया। recent visitors 56

मैं बारबाडोस सरकार और लोगों का बारबाडोस के मानद ऑर्डर ऑफ फ्रीडम अवार्ड से सम्मानित करने के लिए आभारी हूं : पीएम मोदी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कैरेबियाई देशों की यात्रा पर हैं। उन्हें गुयाना, डोमिनिका और बारबाडोस ने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से भी नवाजा है। अपने पोस्टी में पीएम मोदी ने लिखा, ”बारबाडोस की प्रधानमंत्री मिया अमोर मोटले के साथ मुलाकात बहुत अच्छी रही। हमारी बातचीत में विज्ञान और प्रौद्योगिकी, स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, जलवायु परिवर्तन और कृषि जैसे क्षेत्रों पर चर्चा हुई। मैं बारबाडोस सरकार और लोगों का बारबाडोस के मानद ऑर्डर ऑफ फ्रीडम अवार्ड से सम्मानित करने के लिए आभारी हूं। यह सम्मान भारत के लोगों को समर्पित है।” इससे पहले बारबाडोस की प्रधानमंत्री ने भी पीएम मोदी से हुई मुलाकात पर खुशी जताते हुए इसे ऐतिहासिक क्षण बताया था। पीएम मोटले ने भारत-कैरिकॉम शिखर सम्मेलन को अभूतपूर्व बताया। इससे पहले गुयाना के राष्ट्रपति डॉ. मोहम्मद इरफान अली ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘द ऑर्डर ऑफ एक्सीलेंस’ से सम्मानित किया था। बता दें कि पीएम नरेंद्र मोदी गुयाना के सर्वोच्च राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित होने वाले चौथे विदेशी नेता हैं। विदेश मंत्रालय (एमईए) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “भारत के लिए एक और उपलब्धि! गुयाना के राष्ट्रपति डॉ. मोहम्मद इरफान अली ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ग्लोबल समुदाय के लिए उनकी असाधारण सेवा, स्टेट्समैनशिप और भारत-गुयाना संबंधों को गहरा करने में योगदान के लिए देश के सर्वोच्च राष्ट्रीय पुरस्कार ‘द ऑर्डर ऑफ एक्सीलेंस’ से सम्मानित किया।” पीएम मोदी गुयाना की राजकीय यात्रा पर हैं। बुधवार को गुयाना के जॉर्जटाउन स्थित होटल में राष्ट्रपति इरफान अली, प्रधानमंत्री डिकॉन मिशेल, बारबेडियन प्रधानमंत्री मिया मोटली और गुयाना के कई मंत्रियों ने मोदी का गर्मजोशी से स्वागत किया था। पीएम मोदी की यह यात्रा ऐतिहासिक है। 56 साल बाद वो गुयाना पहुंचे।   recent visitors 65

मोदी ने गुरुकुलम में छात्रों द्वारा संस्कृत में रामायण की प्रस्तुत की गयी झलकियां को देखकर उनकी सराहना की

रियो डि जनेरियो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ब्राजील के रियो डि जेनेरियो में विश्व विद्या गुरुकुलम में छात्रों द्वारा संस्कृत में रामायण की प्रस्तुत की गयी झलकियां को देखकर उनकी सराहना की है। श्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में कहा 'जोनास मैसेट्टी और उनकी टीम से मुलाकात हुई। मैंने मनकीबात कार्यक्रम के दौरान वेदांत और गीता के प्रति उनके जुनून के लिए उनका उल्लेख किया था। उनकी टीम ने संस्कृत में रामायण की झलकियाँ प्रस्तुत कीं। यह सराहनीय है कि कैसे भारतीय संस्कृति पूरी दुनिया में प्रभाव डाल रही है।' श्री मोदी ब्राजील में जी-20 शिखर सम्मेलन में भाग लेने गए थे।   recent visitors 110

विदेश मंत्रालय ने इसकी जानकारी साझा की, पीएम मोदी ने छह नेताओं से की द्विपक्षीय मुलाकात

रियो डि जनेरियो/नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यहां जी-20 शिखर सम्मेलन के इतर इंडोनेशिया, पुर्तगाल, नाॅर्वे, इटली, फ्रांस और ब्रिटेन के नेताओं के साथ द्विपक्षीय मुलाकात की और भारत के साथ इन देशों के द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने के उपायों पर चर्चा की। विदेश मंत्रालय ने इसकी जानकारी साझा की। श्री मोदी ने इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो से मुलाकात में उन्हें भारत के पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया। दोनों नेताओं ने मौजूदा क्षेत्रों में भारत इंडोनेशिया व्यापक रणनीतिक साझीदारी को और मजबूत करने के साथ-साथ इसे नए क्षेत्रों में विस्तारित करने के लिए मिलकर काम करने के तरीकों पर चर्चा की। श्री मोदी ने इसके बाद पुर्तगाल के प्रधानमंत्री लुइस मोंटेनेग्रो से मुलाकात की। दोनों पक्षों ने अर्थव्यवस्था, नवीकरणीय ऊर्जा, रक्षा और लोगों से लोगों के संबंधों और बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग सहित द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर विचार-विमर्श किया। श्री मोदी की नॉर्वे के पीएम जोनास गहर स्टोर से मुलाकात में दोनों पक्षों ने भारत-नॉर्वे द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने के तरीकों पर चर्चा की जो विशेष रूप से भारत-ईएफटीए-टीईपीए पर हस्ताक्षर के बाद व्यापार और आर्थिक सहयोग पर केंद्रित थी। दोनों नेताओं ने भू-राजनीतिक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने रियो में जी-20 ब्राजील शिखर सम्मेलन में भाग ले रहीं इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी से भी मुलाकात की। दोनों नेताओं ने लंबे समय से चले आ रहे भारत इटली द्विपक्षीय संबंधों को और आगे बढ़ाने और गति देने के लिए भारत-इटली संयुक्त रणनीतिक कार्य योजना 2025-29 का स्वागत किया। श्री मोदी ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से मुलाकात की। नेताओं ने दोनों देशों के बीच व्यापक रणनीतिक साझीदारी के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की। उन्होंने एक संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभप्रद मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की आवश्यकता को भी स्वीकार किया। श्री मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन से भी मुलाकात की। नेताओं ने व्यापार और निवेश, प्रौद्योगिकी, एआई, डीपीआई के क्षेत्रों में भारत एवं फ्रांस के संबंधों को और मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की। उन्होंने हिन्द प्रशांत समेत क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया।   recent visitors 73