मंदसौर में 18 महीने पहले हत्या, अब जिंदा लौटी महिला, मर्डर में 4 लोग काट रहे जेल

मंदसौर के मंदसौर में करीब डेढ़ साल पहले मृत घोषित की गई दो बच्चों की मां अचानक फिर से प्रकट होने से उसका परिवार और पुलिस दोनों ही हैरान हैं। महिला की कथित 'हत्या' के लिए चार लोग पहले से ही जेल में हैं। पुलिस को अब इस एक हत्या और इस महिला के गुम होने की गुत्थी सुलझानी है। वहीं यह भी पता लगाना होगा कि वह महिला कौन थी जिसकी पहचान परिवार ने कर अंतिम संस्कार किया था? द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, सितंबर 2023 में महिला के परिवार ने पुलिस को मंदसौर राजस्थान बॉर्डर के करीब गांधी सागर से महिला के लापता होने की सूचना दी थी। कुछ दिन बाद झाबुआ जिले के थांदला में मंदसौर से 150 किमी दूर मुंबई-दिल्ली हाईवे के किनारे एक महिला का क्षत-विक्षत शव मिला था। थांदला थाना प्रभारी बृजेश मालवीय ने गुरुवार को बताया कि मृतक महिला का चेहरा और सिर भारी पत्थर से कुचला हुआ था। महिला की पहचान करने के लिए पुलिस ने उसकी फोटो सोशल मीडिया पर सर्कुलेट करने के साथ ही क्राइम ट्रैकिंग सिस्टम सीसीटीएनएस पर अपलोड की थी। एसएचओ मालवीय ने कहा, ''हमें गांधी सागर से एक कॉल आया। कुछ परिवार के सदस्य आए और महिला के टखने पर टैटू और धागे से उसकी पहचान अपनी बेटी के रूप में की। उन्होंने यह भी बयान दिया कि उनकी बेटी शाहरुख नाम के एक व्यक्ति के साथ भाग गई थी। उनके बयानों के आधार पर शाहरुख और उसके साथियों को हिरासत में लेकर अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया था।'' इसके बाद उस शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया और थांदला पुलिस ने चार संदिग्धों शाहरुख, इमरान, सोनू और एजाज के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया था, जो गांधी सागर से 30 किलोमीटर दूर भानपुरा के रहने वाले हैं। मालवीय ने कहा, ''हमारे पास यह साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत थे कि उन्होंने अपराध किया है, इसलिए चार्जशीट पेश की गई। मामला अब अदालत में है और मैं इस पर कोई टिप्पणी नहीं कर सकता।'' कुछ दिन पहले जब महिला घर लौटी तो उसका परिवार हैरान रह गया। उसके दो बच्चे, जो यह मानते थे कि उनकी मां मर चुकी है, खुशी से झूम उठे। उसका परिवार तुरंत उसे पहचान साबित करने के लिए आधार कार्ड, वोटर आईडी और अन्य दस्तावेजों के साथ गांधी सागर थाने ले गया। गांधी सागर थाना प्रभारी तरुणा भारद्वाज ने पुष्टि की कि जिस महिला को मृत माना जा रहा था, वह कुछ दिन पहले उनके पास आई थी और उसने बताया कि वह जीवित है। पुलिस ने ग्रामीणों और परिवार के सदस्यों से उसकी पहचान की पुष्टि कराई है। महिला के पिता ने कहा, ''हमारी बेटी लापता थी। पुलिस ने हमें एक शव दिखाया, जिसके बारे में हमें लगा कि वह उसी का है। हमने कभी नहीं सोचा था कि वह जिंदा होगी और वापस लौटेगी।'' पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पिछले 18 महीनों में क्या हुआ था और किसके शव का अंतिम संस्कार परिवार द्वारा किया गया था। महिला ने पुलिस को बताया कि वह शाहरुख के साथ अपनी मर्जी से भानपुरा गई थी, लेकिन दो दिन बाद ही उसने कथित तौर पर उसे शाहरुख नाम के एक अन्य व्यक्ति को 5 लाख रुपये में बेच दिया। उसने पुलिस को बताया कि वह 18 महीने तक कोटा में दूसरे शाहरुख के साथ रही और हमेशा भागने का मौका तलाशती रही। कुछ दिन पहले वह किसी तरह से वहां से निकलकर घर पहुंची। उसने बताया, ''मैंने अपने गांव पहुंचने के लिए स्थानीय लोगों की मदद ली। मेरे पास फोन नहीं था और मुझे कहीं जाने की इजाजत नहीं थी, इसलिए मैं इस दौरान अपने परिवार से संपर्क नहीं कर पाई।'' गांधी सागर थाना प्रभारी तरुणा भारद्वाज ने कहा, "हमने अपने वरिष्ठ अधिकारियों और थांदला थाना के अधिकारियों को इस घटनाक्रम के बारे में सूचित कर दिया है। मामले की दोबारा जांच या आगे की जांच थांदला पुलिस द्वारा की जाएगी।" recent visitors 43

इंदौर क्राइम ब्रांच की टीम ने हाथ की सफाई दिखाते 40 लोगों को किया गया गिरफ्तार

इंदौर रंगपंचमी के अवसर पर निकली पारंपरिक गेर में इस बार कानून व्यवस्था बनाए रखना पुलिस के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। क्राइम ब्रांच की विशेष टीम ने सादी वर्दी में तैनात रहकर 40 असामाजिक तत्वों को गिरफ्तार किया, जिनमें दिल्ली और हरियाणा से आई चेन कटिंग गैंग की 14 महिलाएं भी शामिल थीं। चेन कटिंग गैंग का पर्दाफाश गेर के दौरान सक्रिय अपराधियों पर नजर रखने के लिए क्राइम ब्रांच की विशेष टीम तैनात थी। इस दौरान एक चेन लुटेरे सोनू (32) पिता तेजसिंह पंवार, निवासी मेघपुर (फरीदाबाद, हरियाणा) को रंगे हाथों पकड़ लिया गया। पुलिस ने उसके पास से चेन काटने का औजार और महू से आए व्यापारी मोहनलाल रूनवाल (65) की साढ़े चार तोला वजनी सोने की चेन बरामद की है। जांच में पता चला कि आरोपी 17 मार्च को हरियाणा से उज्जैन पहुंचा था और फिर वहां से बुधवार सुबह इंदौर आकर गेर में शामिल हुआ। पुलिस अब गैंग के अन्य फरार सदस्यों की तलाश कर रही है। छेड़छाड़ और हुड़दंग करने वाले भी पकड़े गए गेर में महिलाओं से छेड़छाड़, भद्दे कमेंट करने, गलत हरकत करने और जूते-चप्पल उछालने वाले 8 बदमाशों को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया। इनकी पहचान अभिषेक जाटव (21) उज्जैनी, दीपांशु चौहान (23) खंडवा नाका, प्रकाश प्रजापत (44) गणेश नगर, उमंग डाकचे (19) खजराना खेड़ी, नरेंद्र कुशवाह (46) श्रीकृष्ण पैराडाइज, मनीष तंमाड़े (32) भागीरथपुरा, ऋषि रावल (38) नंदलालपुरा और प्रशांत नाथ (26) जवाहर मार्ग के रूप में हुई। महिला-पुरुषों से बदसलूकी करने वाले 5 और गिरफ्तार इसके अलावा गेर में परिवार के साथ आए लोगों से बदसलूकी करने के आरोप में दीपक (21) हरिनगर (हरियाणा), पवन (22) दिल्ली, अमरजीत (18) फरीदाबाद, सोनू (32) वेगपुर (फरीदाबाद) और ओमवीर को भी गिरफ्तार कर थाने भेजा गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस बार सुरक्षा को लेकर खास सतर्कता बरती गई थी, जिसके चलते कई बदमाशों को समय रहते पकड़ा जा सका। पुलिस अब इन गिरोहों के नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है। recent visitors 32

अवैध नशे पर Police का बड़ा एक्शन, पुलिस ने कंटेनर से 500 किलो गांजा किया जब्त

 कोरबा छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में पुलिस ने गांजा तस्करी के रैकेट का भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने करीब एक करोड़ रुपये मूल्य का गांजा जब्त करते हुए कंटेनर ट्रक चालक को गिरफ्तार किया है. फिलहाल पुलिस चालक से पूछताछ कर रही है. दावा किया जा रहा है कि पूछताछ में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं. इस बात की जानकारी एक अधिकारी ने एक न्यूज एजेंसी को दी. अधिकारी के मुताबिक छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक कंटेनर ट्रक से करीब एक करोड़ रुपये मूल्य का गांजा जब्त किया है और उसके चालक को गिरफ्तार किया है. चालक प्रतिबंधित पदार्थ की अंतरराज्यीय तस्करी में शामिल था. कोरबा के पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी ने बताया कि एक गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए ट्रक को सोमवार रात कटघोरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत बिलासपुर-अंबिकपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर सुतार्रा-रापाखर्रा पुल के पास रोका गया. ट्रक ओडिशा से उत्तर प्रदेश जा रहा था. ट्रक की जांच के दौरान अंदर पैकेट में रखा 500 किलोग्राम गांजा (भांग) मिला, जिसकी कीमत करीब एक करोड़ रुपये है. अधिकारी ने बताया कि चालक की पहचान दिल्ली के रहने वाले राहुल गुप्ता के रूप में हुई है और उसे गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी पर नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच की जा रही है. आपको बता दें कि इससे पहले भी छत्तसीगढ़ पुलिस ने राज्य के एक जिले से गांजा की जब्ती की थी. ओडिशा से उत्तर प्रदेश जा रही थी खेप, पुलिस ने की घेराबंदी कटघोरा पुलिस को सूचना मिली कि एक माजदा वाहन में भारी मात्रा में गांजा छिपाकर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस अलर्ट हो गई और सुतर्रा रापाखर्रा पुल के पास घेराबंदी कर संदिग्ध वाहन को रोका। ओडिशा से उत्तर प्रदेश गांजे की तस्करी की जा रही थी। चेकिंग में भूरे रंग के टेप में लिपटे कई बड़े पैकेट मिले वाहन की तलाशी के दौरान पुलिस को कंटेनर के अंदर भूरे रंग के टेप में लिपटे कई बड़े पैकेट मिले। जब इन पैकेटों को खोला गया तो उनमें से गांजा बरामद हुआ। पुलिस के अनुसार, पूरे 500 किलो गांजे की तस्करी की जा रही थी। इसकी अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ रुपए आंकी गई है। अंतरराज्यीय गिरोह के तार जुड़े होने की आशंका पुलिस ने इस मामले में वाहन चालक को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह एक बड़े अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह का हिस्सा है, जो ओडिशा से उत्तर प्रदेश और अन्य राज्यों में गांजा सप्लाई करता है। ड्राइवर ने अभी तक किसी का नाम बताया है। हालांकि पुलिस का कहना है कि पूछताछ के बाद जल्द ही इस गिरोह के अन्य सदस्यों का भी खुलासा हो सकता है। पुलिस जल्द करेगी बड़ा खुलासा फिलहाल, पुलिस ने जब्त गांजे की सही मात्रा और उसकी कीमत का आकलन करने के लिए जांच जारी रखी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अगले 24 घंटे में इस मामले में बड़ा खुलासा किया जा सकता है।   recent visitors 37

इंदौर में होली ड्यूटी पर तैनात TI के सीने में उठा दर्द, अस्पताल ले जाने से पहले मौत

भोपाल/इंदौर मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर से हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां होली के दिन ड्यूटी पर तैनात थाना प्रभारी संजय पाठक की अचानक मौत हो गई। ड्यूटी के दौरान टीआई संजय पाठक के सीने में दर्द की शिकायत के बाद उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि यहां आने से पहले ही हार्ट अटैक के कारण इनकी मौत हो चुकी है। पाठक की ड्यूटी शुक्रवार को बेटमा में लगाई गई थी। वे आईजी ऑफिस में पदस्थ थे। वे मूल रूप से भोपाल के रहने वाले थे। सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारी अस्पताल पहुंचे। पुलिस का होली मिलन समारोह निरस्त थाना प्रभारी संजय पाठक की अचानक निधन के बाद शनिवार को डीआरपी लाइन में होने वाला होली मिलन समारोह निरस्त कर दिया गया। इंदौर के कई थानों में रहे पदस्थ संजय पाठक 1988 बैच के अफसर थे। उनके पिता भेल संयंत्र में रहे हैं। वे इंदौर में साउथ तुकोगंज में रहते थे परिवार में दो बेटियां हैं। बड़ी बेटी सुरभि पाठक नेशनल शूटर है। वह इंडियन टीम में भी रह चुकी हैं। पत्नी हाउस वाइफ है। संजय पाठक जूडो कराटे में ब्लैक बेल्ट रह चुके हैं। इंदौर के कई थानों में उन्होंने ड्यूटी की है। डीजीपी मकवाना ने जताया दुख टीआई की मौत के बाद डीजीपी कैलाश मकवाना ने श्रद्धांजलि दी। उन्होंने एक्स पर लिखा-इंदौर ग्रामीण जोन में होली की ड्यूटी के दौरान थाना प्रभारी संजय पाठक को हार्ट अटैक आया था। दुर्भाग्य से उनका देहवासन हो गया। विनम्र श्रद्धांजलि। इंदौर के कई थानों में रहे पदस्थ संजय पाठक 1988 बैच के अफसर थे। उनके पिता भेल संयंत्र में रहे हैं। वे इंदौर में साउथ तुकोगंज में रहते थे परिवार में दो बेटियां हैं। बड़ी बेटी सुरभि पाठक नेशनल शूटर है। वह इंडियन टीम में भी रह चुकी हैं। पत्नी हाउस वाइफ है। संजय पाठक जूडो कराटे में ब्लैक बेल्ट रह चुके हैं। इंदौर के कई थानों में उन्होंने ड्यूटी की है। डीजीपी मकवाना ने जताया दुख टीआई की मौत के बाद डीजीपी कैलाश मकवाना ने श्रद्धांजलि दी। उन्होंने एक्स पर लिखा-इंदौर ग्रामीण जोन में होली की ड्यूटी के दौरान थाना प्रभारी संजय पाठक को हार्ट अटैक आया था। दुर्भाग्य से उनका देहवासन हो गया। विनम्र श्रद्धांजलि। recent visitors 35

मुरैना में पशु चारे की बोरियों में छिपाकर तस्करी, ट्रक से 6.20 करोड़ का गांजा बरामद

मुरैना  मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में दिल्ली जा रहे एक ट्रक से 6.2 करोड़ रुपये मूल्य का कम से कम 30 क्विंटल गांजा जब्त किया गया और उसके चालक को गिरफ्तार कर लिया गया, पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। पुलिस अधीक्षक समीर सौरभ ने पीटीआई को बताया कि महाराष्ट्र से आ रहे वाहन को गुरुवार देर रात मुरैना के सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के अंतर्गत सवितापुर के पास रोका गया। जब्त किए गए प्रतिबंधित पदार्थ की कीमत 6.2 करोड़ रुपये उन्होंने कहा कि पुलिस को सूचना मिली थी कि नासिक (महाराष्ट्र) से एक ट्रक में गांजे की एक बड़ी खेप गुप्त रूप से राष्ट्रीय राजधानी जा रही है। उन्होंने कहा कि यह प्रतिबंधित पदार्थ चारे की बोरियों के नीचे छिपाकर दिल्ली लाया जा रहा था। उन्होंने कहा कि जब्त किए गए प्रतिबंधित पदार्थ की कीमत 6.2 करोड़ रुपये है। उन्होंने कहा कि ट्रक पर छत्तीसगढ़ का पंजीकरण नंबर है। उत्तर प्रदेश के जौनपुर के रहने वाले ट्रक चालक सौरभ ने बताया, "उत्तर प्रदेश के जौनपुर के रहने वाले ट्रक चालक सामू यादव को हिरासत में लिया गया और बाद में शुक्रवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उससे पूछताछ की जा रही है, ताकि उसके काम करने के तरीके के बारे में जानकारी जुटाई जा सके।" पूछताछ में आरोपी सहयोग नहीं कर रहा था। एसपी ने बताया कि सुबह उसने बताया कि वह ओडिशा से खेप लेकर आ रहा है, लेकिन गहन पूछताछ के बाद उसने जांचकर्ताओं को बताया कि प्रतिबंधित दवा नासिक से लाई जा रही थी। उन्होंने बताया, "आरोपी कल रात से ही अलग-अलग बयान दे रहा है। इसलिए हमने उससे पूछताछ के लिए एक विशेष टीम बनाई है, क्योंकि हमें संदेह है कि इस अंतर-राज्यीय ड्रग तस्करी रैकेट में कुछ शक्तिशाली लोग शामिल हैं।" हैदराबाद में गांजा युक्त आइसक्रीम और मिठाई जब्त तेलंगाना आबकारी एवं निषेध अधिकारियों ने बताया कि होली के दौरान गांजा युक्त आइसक्रीम, कुल्फी और मिठाई बेचने की कोशिश करने के आरोप में शुक्रवार को हैदराबाद में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया। आगे की जांच जारी आबकारी अधीक्षक एन अंजी रेड्डी ने बताया कि विशेष सूचना पर कार्रवाई करते हुए कई स्थानों पर छापे मारे गए, जिसके बाद गांजा युक्त सामान तैयार करने में शामिल तीन लोगों को हिरासत में लिया गया। अधिकारियों ने आरोपियों के पास से गांजा युक्त आइसक्रीम, कुल्फी, बर्फी और चांदी की परत चढ़ी गेंदें जब्त कीं। उनके खिलाफ मामले दर्ज किए गए हैं और आगे की जांच जारी है।   recent visitors 32

राजधनी में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस ने व्यापक योजना, जिसमें फ्लैग मार्च, बैरियर चेकिंग और सोशल मीडिया पर निगरानी शामिल

 भोपाल इंदौर के महू कस्बे में हुई हिंसा के बाद मध्यप्रदेश पुलिस हाई अलर्ट पर है. खासकर राजधानी भोपाल में आगामी होली के त्योहार और जुमे की नमाज को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद कर दिया है. शहर में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस ने व्यापक योजना तैयार की है, जिसमें फ्लैग मार्च, बैरियर चेकिंग और सोशल मीडिया पर निगरानी शामिल है.   मंगलवार को भोपाल पुलिस ने पुराने शहर में लंबा फ्लैग मार्च निकाला, जिसमें मोती मस्जिद, सदर मंजिल, काजी कैंप समेत 25 से ज्यादा संवेदनशील इलाकों को कवर किया गया. यह फ्लैग मार्च असामाजिक तत्वों को कड़ा संदेश देने के लिए निकाला गया. पुराना भोपाल ऐसा क्षेत्र है, जहां सबसे ज्यादा मस्जिदें हैं और जुमे की नमाज के दौरान भारी भीड़ उमड़ती है. साथ ही, होली के दौरान भी यहीं बड़ी संख्या में लोग जुलूस निकालते और रंग खेलते हैं. जुलूस और नमाज के लिए खास इंतजामात पुलिस ने होली के जुलूस और जुमे की नमाज के समय को मैनेज करने के लिए खास रणनीति बनाई है. कई जगहों पर जुलूस का रूट और मस्जिदें एक ही क्षेत्र में पड़ते हैं. ऐसे में पुलिस दोनों समुदायों के बीच तालमेल बनाए रखने के लिए सक्रिय रहेगी. मस्जिदों और अंदरूनी इलाकों के आसपास भी फ्लैग मार्च निकाला गया, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके. 1000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात शहर भर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए 1000 से अधिक पुलिस जवान तैनात किए जाएंगे. संवेदनशील इलाकों में बैरियर लगाकर चेकिंग की जा रही है. इसके अलावा, भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अतिरिक्त बल की तैनाती की गई है, ताकि किसी भी स्थिति से तुरंत निपटा जा सके. सोशल मीडिया पर 24 घंटे निगरानी पुलिस ने सोशल मीडिया पर भी कड़ी नजर रखने का फैसला किया है. भड़काऊ पोस्ट या अफवाहों को रोकने के लिए साइबर सेल 24 घंटे सक्रिय रहेगी. किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी. पुलिस की अपील भोपाल पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे शांति बनाए रखें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें. होली और जुमे की नमाज के दौरान आपसी भाईचारे का परिचय देने की सलाह दी गई है. पुलिस का कहना है कि किसी भी असामाजिक तत्व को बख्शा नहीं जाएगा और कानून व्यवस्था को हर हाल में बनाए रखा जाएगा. महू की घटना के बाद पूरे मध्यप्रदेश में पुलिस की यह सतर्कता शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम है. भोपाल में तैयारियां पूरी हैं और पुलिस हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार है. महू में क्या हुआ था? बता दें कि ICC चैंपियंस ट्रॉफी में भारत की जीत का जश्न मनाने के लिए महू में एक रैली निकाली जा रही थी. इस दौरान कुछ लोगों के बीच कहासुनी हो गई, जो बढ़कर दो पक्षों द्वारा एक-दूसरे पर पत्थर फेंकने तक पहुंच गई. झड़पों से कस्बे के कई इलाकों में दहशत फैल गई. बाद में कुछ लोगों ने कई मोटरसाइकिल को आग लगा दी, जिससे तनाव और बढ़ गया था.   recent visitors 35

देवास में चैंपियंस ट्रॉफी में जीत की खुशी का जश्न मनाने के दौरान हुड़दंग मचाने वाले युवकों पर पुलिस ने कार्रवाई की, विधायक ने एसपी से की मुलाकात

देवास भारतीय क्रिकेट टीम की जीत की खुशी में हुड़दंग करने वाले युवकों के खिलाफ देवास पुलिस ने सख्त कार्रवाई की. पुलिस ने हुड़दंगियों का मुंडन करवाया और फिर जुलूस निकाला. इसके चलते युवक अपना मुंह छिपाते नजर आए. ICC चैंपियंस ट्रॉफी फाइनल मैच में न्यूजीलैंड पर भारत की जीत के बाद रविवार रात देवास शहर के एबी रोड़ स्थित सयाजी द्वार पर भारी भीड़ जमा हो गई थी. जीत की खुशी में उत्साहित लोग बम-पटाखे फोड़ने लगे. इससे राहगीर और वाहन चालक घबरा गए. कई वाहन चालक बड़ी मुश्किल से बचकर निकले. जब मौके पर मौजूद सिटी कोतवाली टीआई अजय सिंह गुर्जर ने लापरवाहीपूर्वक इधर-उधर एक-दूसरे पर पटाखे फेंक रहे युवकों को समझाने की कोशिश की तो नाराज़ युवकों ने टीआई के साथ अभद्रता की थी. उग्र युवकों ने पुलिस वाहन में तोड़फोड़ करने का भी प्रयास किया था. टीआई ने किसी तरह अपना वाहन उग्र भीड़ से बाहर निकाला. वहीं, इसी दौरान एक पुलिसकर्मी ने एक बेकसूर मोमोज दुकान संचालक की पिटाई कर दी थी. वहीं, पुलिस की पिटाई से घायल हुए एक युवक के परिवार ने एसपी पुनीत गेहलोद को आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की. मारपीट का CCTV फ़ुटेज भी वायरल हुआ. सोमवार को पुलिस ने जीत के जश्न में हुड़दंग करने वाले युवकों को वीडियो देखकर चिन्हित किया. सभी को हिरासत में लेकर पूछताछ की और देर शाम उनका मुंडन कर एमजी रोड पर जुलूस निकाला. जुलूस के दौरान युवक अपना चेहरा छुपाते नजर आए. सीएसपी दीशेष अग्रवाल के मुताबिक, रविवार रात शहर के बीचो-बीच स्थित सयाजी द्वार पर कुछ असामाजिक तत्वों ने माहौल खराब किया. वीडियो के आधार पर 10 लोगों को चिह्नित कर उनके खिलाफ शांति भंग करने सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया. फुटेज में दिखने वाले अन्य लोगों पर भी कार्रवाई होगी. वहीं, चौपाटी स्थित मोमोज दुकानदार अखिलेश यादव से मारपीट के मामले में आरक्षक मन्नूलाल वर्मा को लाइन अटैच कर दिया गया है. मारपीट में घायल युवक इंदौर रेफर कर दिया गया था. उसकी हालत स्थिर है. बता दें कि पूरे घटनाक्रम को लेकर सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं का दौर लगातार जारी है. कोई जीत का जश्न मना रहे युवकों पर पुलिसिया कार्रवाई को गलत करार दे रहा है तो कोई हुड़दंगियों पर कार्रवाई करने वाली पुलिस की तारीफ़ कर रहा है. recent visitors 58