नागपुरी गेट थाना परिसर में सैकड़ों मुस्लिमों ने पत्थर फेंके, नारेबाजी करते हुए FIR करने की मांग

मुंबई पैंगंबर मोहम्मद साहब पर उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद स्थित मंदिर के महंत यति नरसिंहानंद की विवादित टिप्पणी को लेकर महाराष्ट्र में हवाल हो गया। महाराष्ट्र के अमरावती में भीड़ ने थाने पर हमला कर दिया। एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर पहुंची भीड़ ने जमकर पथराव किया, जिसमें कई पुलिसकर्मी जख्मी हो गए। बल ब्रयोग करके भीड़ को किसी तरह काबू किया गया। पीटीआई की ओर से जारी वीडियो में दिख रहा है कि नागपुरी गेट थाना परिसर में सैकड़ों पत्थर फेंके गए। नारेबाजी करते हुए भीड़ देर रात थाने तक पहुंची थी। उनकी मांग थी कि यति नरसिंहानंद के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। इस दौरान अचानक भीड़ उग्र हो गई और थाने पर पथराव शुरू कर दिया गया। पथराव में 21 पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने बताया कि अमरावती शहर के नागपुरी गेट पुलिस थाने के बाहर शुक्रवार रात को हुई पथराव की घटना में कम से कम पुलिस की 10 वैन क्षतिग्रस्त हो गईं। एक अधिकारी ने बताया कि इस सिलसिले में 1,200 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है और पुलिस ने उनमें से 26 की पहचान कर ली है। उन्होंने बताया कि पुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा जारी कर नागपुरी गेट क्षेत्र में पांच या इससे अधिक लोगों के एकत्र होने पर रोक लगा दी है। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में डासना स्थित देवी मंदिर के महंत यति नरसिंहानंद ने 29 सितंबर को पैगंबर मोहम्मद साहब पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। गुरुवार रात इसका वीडियो सामने आया तो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। गाजियाबाद पुलिस ने यति के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। हालांकि, मुस्लिम समाज के लोगों को कहना है कि सिर्फ एफआईआर काफी नहीं है, यति को तुरंत गिरफ्तार किया जाए। एक तरफ जहां सोशल मीडिया पर लोगों ने यति के खिलाफ कार्रवाई के लिए आवाज उठाई तो वहीं कई जगह लोगों ने सड़कों पर उतरकर भी नारेबाजी की। गाजियाबाद में भी शुक्रवार रात कई जगहों पर प्रदर्शन किया गया। वहीं, महाराष्ट्र के अमरावती में भीड़ हिंसक हो उठी। सैकड़ों की संख्या में पहुंचे लोगों ने पहले तो जमकर नारेबाजी की और फिर अचानक पथराव शुरू कर दिया गया। पुलिस ने बड़ी मुश्किल से हालात को काबू किया। शहर में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। नागपुरी थाने के आसपास बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात है। आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है। पुलिस ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है। recent visitors 87

सीएस अनुराग जैन : आधे अधूरे स्टॉफ के सहारे प्रदेश का खनिज विभाग? दिए निर्देश

MP Mining Department: मध्य प्रदेश में तीन महीने की रोक हटने के बाद एक बार फिर से नर्मदा नदी सहित अन्य नदियों से रेत निकालने का काम शुरू होगा. लेकिन यह काम बेहतर ढंग से संचालित होने की उम्मीद कम ही है, ऐसे में अवैध व्यापार को भी बढ़ावा मिल सकता है. मध्य प्रदेश में नर्मदा नदी सहित अन्य नदियों से रेत निकालने का काम फिर शुरू होगा, दरअसल, प्रदेश का Mining department running with half से जूझ रहा है. प्रदेश के किसी जिले में माईनिंग अधिकारी नहीं है तो किसी जिले में प्रभारी इंस्पेक्टरों के भरोसे काम चलाया जा रहा है. जबकि कुछ जिलों में तो मिट्टी परीक्षण अधिकारी खनिज इंस्पेक्टर की भूमिका निभा रहे हैं. अब मध्य प्रदेश के नवागत मुख्य सचिव अनुराग जैन ने पदभार ग्रहण करने के साथ ही Mining department running with half की भी समीक्षा की. इस दौरान माइनिंग को लेकर दिशा निर्देश दिए. सीएस ने कहा कि आप लोग थोक में माइनिंग लीज तो दे देते हैं, लेकिन बाद में तमाम तरह की अनुमतियां देने में लटकाते हैं. सीएस द्वारा लिए गए इस फीडबैक से उम्मीद लगाई जा रही है कि जल्द ही माइनिंग विभाग में स्टाफ की पूर्ति हो सकेगी. स्टाफ की कमी के कारण परेशानी बढ़ गई है. Read More : https://mysecretnews.com/haryana-assembly-elections/ प्रभारी इंस्पेक्टर के भरोसे यह जिलेप्रदेश के कई जिले प्रभारी खनिज इंस्पेक्टर के भरोसे चल रहे हैं. जिनमें श्योपुर, मंदसौर, शहडोल, मंडला, बड़वानी, शाजापुर, देवास, कटनी और भोपाल शामिल हैं, जहां प्रभारी खनिज इंस्पेक्टर प्रभारी माइनिंग अधिकारी के रूप में काम कर रहे हैं. जबकि भोपाल के नजदीकी जिले सीहोर में तो यह पद खाली है. यहां तैनात खनिज इंस्पेक्टर को भोपाल में अटैच किया गया है. मिट्टी परीक्षण अधिकारी के भरोसे जिम्मेदारीप्रदेश के कुछ जिले तो ऐसे हैं, जहां खनिज इंस्पेक्टर की भूमिका मिट्टी परीक्षण अधिकारियों द्वारा संभाली जा रही है. इन जिलों में ग्वालियर, भिंड, नीमच, बालाघाट, छिंदवाड़ा, सागर में मिट्टी परीक्षण अधिकारी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, जबकि रायसेन, कटनी और सतना जिले में माइनिंग अधिकारी ही नहीं है. ऐसे में यह जिले भी प्रभारियों के भरोसे ही संचालित हो रहे हैं. माइनिंग विभाग में स्टाफ की कमी व अवैध रेत उत्खनन को लेकर जब माइनिंग विभाग के प्रमुख सचिव संजय शुक्ला से बात की तो उन्होंने बताया कि जिस-जिस जिले में माइनिंग अधिकारी, माइनिंग इंस्पेक्टर के पद खाली है, वहां पदों की पूर्ति की जाएगी साथ ही अवैध उत्खनन व परिवहन के खिलाफ भी विशेष अभियान चलाया जाएगा. recent visitors 162

प्रधानमंत्री ने वर्चुअली रूप से पीएम किसान सम्मान निधि की राशि की अंतरित

शहडोल  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आज महाराष्ट्र के वाशिम में आयोजित कार्यक्रम को वर्चुअली रूप से कृषि विज्ञान केंद्र शहडोल के सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक जयसिंहनगर श्रीमती मनीषा सिंह ने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा किसानों के हित के लिए लगातार कार्य कर रही है और किसानो को खेती करने के लिए  ऋण भी प्रदान कर रही है। उन्होंने कहा कि किसान कृषि को व्यापारिक रूप से लाभ का धंधा बनाए। उन्होंने कहा कि किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा 6-6 हजार रुपए की राशि प्रदान की जाती है, जिससे किसान नई तकनीकों की फसल लगा सके और खेती को बढ़ावा मिल सके। उन्होंने कहा कि हमारा देश कृषि प्रधान देश है, यदि किसान खेती न करे तो जीवन यापन करना संभव नही है। उन्होंने कहा की एग्रीकल्चर के विद्यार्थी, किसानों को अच्छी पैदावार वाली फसलों, कम भूमि में अधिक पैदावार की फैसले जैसे अन्य कृषि कार्य के लिए जानकारी दे।          प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज महाराष्ट्र के वाशिम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान  पीएम-किसान सम्मान निधि की 18वीं किस्त के तहत 9.4 करोड़ से अधिक लाभार्थी किसानों के खातों में 20 हज़ार करोड़ रुपये से अधिक की राशि अंतरित की। प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने  मध्यप्रदेश के 𝟖𝟏 लाख से अधिक किसानो के लिए 𝟏𝟔𝟖𝟐.𝟗 करोड़ रुपए की राशि एवं शहडोल जिले के 112116 किसानों के लिए 22.42 करोड़ रुपए की राशि वर्चुअली रूप से अंतरित की।         प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के महाराष्ट्र के वाशिम में आयोजित कार्यक्रम को कलेक्टर डॉ.केदार सिंह, उप संचालक कृषि आर पी झरिया, किसान व एग्रीकल्चर के विद्यार्थियों ने वर्चुअली रूप से देखा एवं सुना। recent visitors 72

हरियाणा विधानसभा चुनाव: ओलंपिक पदक विजेता मनु भाकर ने युवाओं से ‘बाहर निकलकर मतदान करने’ का आग्रह किया

Haryana assembly elections: Olympic medallist Manu Bhaker urges youth to 'come out and vote'

Haryana assembly elections: Olympic medallist Manu Bhaker urges youth to ‘come out and vote’ हरियाणा ! दोहरी ओलंपिक पदक विजेता मनु भाकर ने शनिवार को युवाओं से बाहर निकलकर Haryana assembly elections में अपना वोट डालने का आग्रह किया।हाल ही में संपन्न पेरिस ओलंपिक में भाकर ने 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्स्ड टीम इवेंट और महिलाओं की व्यक्तिगत 10 मीटर एयर पिस्टल इवेंट में दो कांस्य पदक जीतेअपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर भाकर ने कहा कि एक ‘जिम्मेदार नागरिक’ के तौर पर उन्होंने Haryana assembly elections में अपना वोट डाला।भाकर ने एक्स पर लिखा, “मुझे स्याही लगी है! एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में, मैंने आज सुबह हरियाणा विधानसभा चुनाव में गर्व के साथ अपना वोट डाला। मैं सभी युवा मतदाताओं से आग्रह करता हूं कि वे बाहर निकलें और बड़ी संख्या में मतदान करें। आपका वोट मायने रखता है।”हरियाणा में 90 विधानसभा सीटों के लिए शनिवार को मतदान शुरू हुआ और सुबह 11 बजे तक 22.70 प्रतिशत मतदान हुआ, भारतीय चुनाव आयोग ने कहा। चुनाव आयोग ने कहा कि हरियाणा में 90 विधानसभा सीटों पर दोपहर 1 बजे तक 36.69 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। Read More : https://mysecretnews.com/sophie-shows-her-utility/ दोपहर 1 बजे तक अंबाला में 39.47 प्रतिशत, भिवानी में 38.27 प्रतिशत, फतेहाबाद में 40 प्रतिशत, हिसार में 38.34 प्रतिशत, करनाल में 39.74 प्रतिशत, रोहतक में 36.19 प्रतिशत, सोनीपत में 33.64 प्रतिशत मतदान हुआ। सबसे कम मतदान पंचकूला में हुआ, जहां दोपहर 1 बजे तक 25.89 प्रतिशत लोगों ने वोट डाला। यह चुनाव काफी महत्वपूर्ण है, क्योंकि भाजपा राज्य में लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की कोशिश कर रही है, जबकि कांग्रेस पार्टी सत्ता विरोधी लहर और किसान आंदोलन तथा पहलवानों के विरोध के मुद्दों पर सत्ता वापस लेने की कोशिश कर रही है। Haryana assembly elections में मुख्य चुनाव लड़ने वाली पार्टियों में भाजपा, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) के साथ-साथ इंडियन नेशनल लोकदल-बहुजन समाज पार्टी (आईएनएलडी-बीएसपी) और जननायक जनता पार्टी (जेजेपी)-आजाद समाज पार्टी (एएसपी) के बीच चुनाव पूर्व गठबंधन शामिल है। Haryana assembly elections अधिकारी पंकज अग्रवाल के अनुसार, 5 अक्टूबर को होने वाले विधानसभा चुनाव में 2,03,54,350 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे, जिनमें 1,07,75,957 पुरुष, 95,77,926 महिलाएं और 467 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल, 1,031 उम्मीदवारों के साथ 90 निर्वाचन क्षेत्रों में 20,632 मतदान केंद्र स्थापित recent visitors 173

सनातन और योगी आदित्यनाथ के खिलाफ की थी आपत्तिजनक टिप्पणी, हाईकोर्ट ने कहा-नहीं होगी FIR निरस्त

जबलपुर भगवान राम, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और हिंदू धर्म के बारे में कथित तौर पर आपत्तिजनक इंस्टाग्राम पोस्ट के मामले में मोहम्मद बिलाल मध्य प्रदेश हाईकोर्ट से झटका लगा है। हाईकोर्ट ने उसके खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग वाली याचिका को खारिज कर दिया है। मोहम्मद बिलाल ने सतना के एक पुलिस स्टेशन में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 294, 153ए, 295ए और एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धारा 3(1) और 3(2) के तहत उसके खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने के लिए याचिका दायर की थी। बिलाल ने अपनी याचिका में दावा किया था कि कुछ लोगों ने दो दिन पहले उसका इंस्टाग्राम अकाउंट हैक कर लिया और आपत्तिजनक पोस्ट अपलोड कर दिया। जस्टिस जीएस अहलूवालिया की सिंगल जज बेंच ने कहा, "एफआईआर से यह स्पष्ट है कि शिकायतकर्ता ने याचिकाकर्ता से पूछा था कि उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर आपत्तिजनक पोस्ट क्यों अपलोड की गई है। यह बताने के बजाय कि वह पोस्ट उसका अकाउंट हैक करके किसी और ने अपलोड की है, उसने (याचिकाकर्ता) शिकायतकर्ता को गाली देना और अपमानित करना शुरू कर दिया और उसकी धार्मिक भावनाओं को भी ठेस पहुंचाई।'' पिछले महीने के हाईकोर्ट के आदेश में कहा गया था, "याचिकाकर्ता का यह आचरण दर्शाता है कि उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर किसी और द्वारा आपत्तिजनक पोस्ट अपलोड करने का बचाव गलत है। चूंकि याचिकाकर्ता ने खुद अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर आपत्तिजनक पोस्ट अपलोड करने की बात स्वीकार की है, इसलिए उसे शिकायतकर्ता के साथ जिस तरह से प्रतिक्रिया की गई, उस तरह से प्रतिक्रिया करने का कोई अधिकार नहीं है।" जस्टिस अहलूवालिया ने कहा कि एफआईआर में लगाए गए आरोप सही हैं या नहीं, इस पर इस समय विचार नहीं किया जा सकता। आदेश में कहा गया है कि इस तथ्य को ध्यान में रखते हुए कि संबंधित एफआईआर में संज्ञेय अपराध का खुलासा किया गया है, हस्तक्षेप करने का कोई मामला नहीं बनता है। recent visitors 64

तलाकशुदा बीबी को फिर शादी का झांसा देकर बनाया हवस का शिकार, थाने पहुंची महिला ने दर्ज करवाया मामला

भोपाल  शहर में एक महिला ने अपने पूर्व पति पर बलात्कार का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि उसके एक्स पति ने दोबारा शादी का झांसा देकर उसका तीन साल तक शारीरिक शोषण किया। मामला ऐशबाग इलाके का है। 35 वर्षीय पीड़िता का पांच साल पहले अपने पति से तलाक हो गया था। उसके बाद उसने काजीकैंप में रहने वाले दूसरे युवक से शादी कर ली। पर इस दौरान भी उसका पूर्व पति से मिलना-जुलना जारी रहा। ख्याल रखने का झांसा देकर बिछाया जाल पूर्व पति बच्चों से मिलने के बहाने अक्सर पीड़िता के घर आता-जाता रहता था। इस दौरान उसने पीड़िता को दोबारा शादी का झांसा दिया और कहा कि वह उसे और बच्चों को अपने साथ रखेगा। पीड़िता पूर्व पति की बातों में आ गई और उसने अपने दूसरे पति को तलाक दे दिया। तीन साल तक किया शारीरिक शोषण इसके बाद वह वापस ऐशबाग में अपने पूर्व पति और बच्चों के साथ रहने लगी। पूर्व पति ने उससे वादा किया था कि वह जल्द ही उससे रीति-रिवाज से शादी कर लेगा। लेकिन तीन साल बीत जाने के बाद भी उसने शादी नहीं की। इस दौरान वह लगातार पीड़िता का शारीरिक शोषण करता रहा। हर बार आरोपी टाल देता शादी की बात हर बार जब भी पीड़िता शादी की बात करती तो वह कोई न कोई बहाना बनाकर टाल देता। आखिरकार तंग आकर पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने दर्ज किया मामला पुलिस ने भी पीड़ित महिला की शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म का मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। recent visitors 68

‘गरबे में न जाएं मुसलमान…’, शहर काजी ने कहा- विवाद न हो इसलिए की अपील

रतलाम  मध्य प्रदेश में गरबा महोत्सव को लेकर माहौल गरमाया हुआ है. इंदौर, भोपाल और खंडवा के बाद अब रतलाम से बड़ी खबर है. रतलाम के शहर काजी का एक लेटर अचानक सुर्खियों में आ गया है. इस लेटर में शहर काजी मौलवी सय्यद अहमद अली ने मुस्लिम नौजवान और मां-बहनों से अपील की है कि वे गरबा देखने और नवरात्रि मेलों में न जाएं. उनकी दलील है कि माहौल बहुत गर्म चल रहा है. उन्होंने लोगों के अपील की है कि वे घरों में ही रहें. इस तरह के उत्सव उनके धर्म में जायज नहीं माने जाते. उनका कहना है कि उनकी अपील का समाज स्वागत कर रहा है. इससे पहले रतलाम में दुकान के बाहर दुकानदार का नाम लिखने के मामले ने तूल पकड़ लिया था. रतलाम के शहर काजी मौलवी सय्यद अहमद अली ने पत्र में लिखा, ‘तमाम रतलाम की मुस्लिम अवाम से पुरखुलूस गुजारिश है कि मुस्लिम नौजवान, मुस्लिम मां और उम्मत की बाहया बेटियां नवरात्रि पर्व पर न ही मेले में जाएं और न ही गरबे देखने जाएं. वक्त और हालात को मद्देनजर रखते हुए अपने घरों में रहें. बाजार, मेलों में घूमना दीन-ए-इस्लाम में जायज नहीं है. लिहाजा, ऐसे गैर दीनी मामलात से सख्ती से बचा जाए.’ शहर काजी ने कही ये बात शहर काजी मौलवी सय्यद अहमद अली ने कहा कि नवरात्रि और गरबे को लेकर जो बाहर से बयान आ रहे हैं, वे ठीक नहीं हैं. इसलिए ये बेहतर है कि महिलाएं-बहनें-युवा घर पर ही रहें. वे घरों में ही इबादत करें और रोजे रखें. कई लोगों ने इस तरह के फरमान भी जारी किए हैं कि विशेष समुदाए का कोई आएगा तो उसे उत्सव में घुसने नहीं देंगे. इस तरह के विवादों में पड़ने से अच्छा है कि हम सभी घरों में रहें. हमने अपने धर्म के मुहर्रम में भी महिलाओं से बाहर न जाने की अपील की थी. कई बार देखने में आ गया है कि बेअदबी हो जाती है, फिर विवाद हो जाता है. recent visitors 56