लोकसभा चुनावों में महाराष्ट्र के 48 सीटों में से 14 में वोट जिहाद देखा गया, हिंदुत्व जगाने का समय- देवेंद्र फडणवीस

मुंबई महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा है कि राज्य में एक लाख से ज्यादा लव जिहाद के मामले सामने आए हैं। उन्होंने कहा है कि फर्जी पहचान बताकर हिंदू लड़कियों को शादी के लिए बहलाया जा रहा है। विपक्षी महा विकास अघाड़ी पर निशाना साधते हुए देवेंद्र फडणवीस ने दावा किया कि हाल के लोकसभा चुनावों में महाराष्ट्र के 48 सीटों में से 14 में वोट जिहाद देखा गया। सोमवार को कोल्हापुर में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए देवेंद्र फडणवीस ने कहा, "एक दशक पहले हम सोचते थे कि लव जिहाद की बात एक बार की घटना है। हमें लगा कि यह कोई साजिश नहीं है। अब हमने देखा है कि एक लाख से ज़्यादा शिकायतें मिली हैं जिनमें हिंदू महिलाओं को दूसरे धर्मों के पुरुषों के साथ भागकर शादी के लिए फुसलाया गया है।" बीजेपी नेता ने यहां वोट जिहाद का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने धुले लोकसभा सीट के नतीजों का हवाला दिया और कहा कि एमवीए उम्मीदवार मालेगांव सेंट्रल विधानसभा सीट पर बीजेपी उम्मीदवार के खिलाफ़ सामूहिक मतदान की वजह से जीते। उन्होंने कहा, “चुनाव परिणाम के अलावा असली चिंता कुछ लोगों के बढ़ते आत्मविश्वास को लेकर है जो सोचते हैं कि अगर वे बड़ी संख्या में मतदान कर सकते हैं तो वे हिंदुत्ववादी ताकतों को हरा सकते हैं भले ही वे अल्पसंख्यक हों। हिंदुत्व को जगाने की जरूरत- फडणवीस देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि यह जागने का समय है। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, "महाराष्ट्र में 48 लोकसभा क्षेत्रों में से 14 सीटों पर वोट जिहाद हुआ। हिंदू धर्म ने कभी भी अन्य धर्मों का अपमान नहीं किया। सहिष्णुता हमारे खून में है। अगर कोई हिंदू विरोधी नेताओं को शीर्ष पदों पर बैठाने के लिए वोट कर रहा है तो मैं हिंदुत्व को जगाने की जरूरत पर जोर देने की जरूरत है।" मुसलमान उन्हें वोट क्यों नहीं देते सोचे बीजेपी- कांग्रेस देवेंद्र फडणवीस की टिप्पणी पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने कहा कि बीजेपी नेता को पता होना चाहिए कि छत्रपति शिवाजी महाराज की सेना में मुस्लिम योद्धा भी थे। नाना पटोले ने कहा, "फडणवीस इतिहास में कमजोर हैं। शिवाजी महाराज की सेना में मुस्लिम योद्धा थे। उन्हें माफी मांगनी चाहिए।" महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार ने कहा कि फडणवीस की टिप्पणी राजनीति से प्रेरित है। उन्होंने आरोप लगाया, "बीजेपी सिर्फ जिहाद, मस्जिद, हिंदू-मुस्लिम और भारत-पाकिस्तान की बात करती है। अगर वे इन चार शब्दों का इस्तेमाल नहीं करते हैं, तो उनके उम्मीदवार चुनाव में जमानत खो देंगे। यह बीजेपी के लोगों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला एक पैटर्न है।" कांग्रेस नेता सचिन सावंत ने आरोप लगाया कि फडणवीस ने वोट जिहाद जैसे शब्दों का इस्तेमाल करके संविधान के मूल्यों का अपमान किया है। सावंत ने कहा, "भाजपा को आत्मचिंतन करना चाहिए कि मुसलमान उन्हें वोट क्यों नहीं देते।" recent visitors 69

महाराष्ट्र में हिंसक हुई कोटे की लड़ाई, मराठा और OBC कार्यकर्ताओं में हाथापाई और गाली-गलौज हुई

पुणे महाराष्ट्र में आरक्षण की लड़ाई में एक बार फिर मराठा कार्यकर्ता और ओबीसी कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए हैं। इस बार मामला हिंसक हो चुका है और नौबत हाथापाई और गाली-गलौज तक पहुंच गई है। पुणे में मराठा समुदाय के सदस्यों ने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) कार्यकर्ता लक्ष्मण हाके के साथ कथित तौर पर हाथापाई और गाली-गलौज की है। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी। एक अधिकारी ने बताया कि सोमवार रात को कोंढवा के निकट हुई इस घटना को लेकर 25 लोगों के खिलाफ एक मामला दर्ज किया गया है। सोशल मीडिया पर सामने आये एक वीडियो में मराठा समुदाय के लोग हाके के खिलाफ प्रदर्शन करते नजर आ रहे हैं। मराठा समुदाय के लोगों ने दावा किया कि हाके नशे में थे और उनमें से कुछ लोगों के साथ गाली-गलौज की। कोंढवा पुलिस थाने के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘‘हमने ओबीसी कार्यकर्ता लक्ष्मण हाके के साथ दुर्व्यवहार और हाथापाई करने के लिए भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत 25 लोगों के खिलाफ एक मामला दर्ज किया है और मामले की जांच की जा रही है।’’ अधिकारी ने कहा कि प्रदर्शनकारी हाके को पुलिस थाने में लाये और उनके नशे में होने का आरोप लगाते हुए मांग की कि उनकी चिकित्सा जांच कराई जाये। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता को कल देर रात भारी सुरक्षा के बीच ससून जनरल अस्पताल ले जाया गया। अधिकारी ने कहा, ‘‘हाके जांच कराने के लिए तैयार थे क्योंकि वे अपने खिलाफ लगे आरोपों से मुक्त होना चाहते थे। जांच के नतीजे दो दिन में आ जाएंगे और उसके आधार पर हम आवश्यक कार्रवाई करेंगे।’’ इस बीच, हाके ने दावा किया कि उनकी हत्या की साजिश रची गई थी और कहा कि पुलिस उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। पिछले सप्ताह हाके और उनके साथी ओबीसी कार्यकर्ता नवनाथ वाघमारे ने मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे द्वारा अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल वापस लेने के बाद अन्य पिछड़ा वर्ग के वास्ते आरक्षण सुनिश्चित करने के लिए जालना में शुरू किया गया अपना अनशन स्थगित कर दिया था। जरांगे मराठा समुदाय के लिए ओबीसी श्रेणी के तहत आरक्षण की मांग कर रहे हैं। ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, जब मराठा कार्यकर्ता और ओबीसी कार्यकर्ता आमने-सामने आए हैं। इसी साल जून महीने में भी मराठा आंदोलनकारी मनोज जरांगे और ओबीसी कार्यकर्ता लक्ष्मण हाके आमने-सामने आ गए थे। हाके ने तब कहा था कि ‘कुनबी’ और ‘मराठा’ समुदाय पूरी तरह से अलग-अलग हैं। हाके ने मराठों को कुनबी ओबीसी श्रेणी के तहत आरक्षण नहीं देने की वकालत और मांग की थी, जबकि मराठा कुनबी समुदाय के तहत ओबीसी आरक्षण की मांग कर रहे हैं। इधर मनोज जरांगे पाटिल ने आरक्षण की मांग पर फिर से अनशन शुरू किया था जो अब खत्म हो गया है। मराठा समुदाय के सदस्यों की अपील का हवाला देते हुए जरांगे ने 25 सितंबर को अपना अनशन खत्म कर दिया था। अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) श्रेणी के तहत मराठा समुदाय को आरक्षण देने की मांग को लेकर जरांगे 17 सितंबर को भूख हड़ताल पर बैठे थे, जो एक साल में उनकी छठी हड़ताल थी। जरांगे ने एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली महायुति सरकार को फिर से धमकी दी कि अगर वह ओबीसी समुदाय के नेताओं के दबाव में आकर मराठा कोटा के लिए अपने आश्वासन से पीछे हटती है, तो यह आगामी महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ गठबंधन के लिए महंगा साबित होगा। जरांगे ने गरीबों और जरूरतमंदों सहित लोगों से महाराष्ट्र में बीड जिले के नारायणगढ़ में आयोजित होने वाली दशहरा रैली में एकता दिखाने की अपील की है। recent visitors 136

पुलिस ने प्रतिबंधित नक्सली संगठन के दो कमांडरों को गिरफ्तार किया, एक मेड इन चाइना एके-47 और नौ कारतूस भी जब्त किए गए

लातेहार झारखंड के लातेहार जिले की पुलिस ने मंगलवार को प्रतिबंधित नक्सली संगठन झारखंड जनमुक्ति परिषद (जेजेएमपी) के दो कमांडरों को गिरफ्तार किया। इनके नाम खुर्शीद अंसारी और फेकू भुइयां उर्फ सर्वनाश हैं। इनके पास से एक मेड इन चाइना एके-47 और नौ कारतूस भी जब्त किए गए हैं। दोनों अपने साथियों के साथ मिलकर बड़ी घटना को अंजाम देने की तैयारी कर रहे थे। लातेहार के एसपी कुमार गौरव ने बताया कि दोनों नक्सली संगठन में सब जोनल कमांडर के ओहदे पर थे। पुलिस को सूचना मिली कि सदर थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव के पास पहाड़ की तलहटी के निकट नक्सलियों का दस्ता बड़ी घटना अंजाम देने के इरादे से जुटा है। उन्होंने मामले में तत्काल एक्शन के लिए थाना प्रभारी प्रमोद कुमार सिन्हा के नेतृत्व में स्पेशल टीम गठित की, जिसने पहाड़ी के पास छापा मारकर दोनों को गिरफ्तार किया। पकड़ा गया खुर्शीद अंसारी लातेहार के पोचरा गांव का और फेकू भुइयां बालूमाथ के कुरियां गांव का रहने वाला है। फेंकू भुइयां पर लातेहार के अलावा आसपास के दूसरे जिलों में नौ और खुर्शीद अंसारी पर लातेहार के विभिन्न थाना क्षेत्र में सात नक्सली वारदात दर्ज हैं। नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन में सब इंस्पेक्टर रंजन कुमार पासवान, देवेंद्र कुमार, सुरेंद्र कुमार महतो, मनोज कुमार, भागीरथ पासवान सहित अन्य पुलिस अफसर शामिल रहे। इसके पहले 18 सितंबर को लातेहार जिले की पुलिस ने पांच लाख के इनामी नक्सली और 13 से ज्यादा नक्सली वारदातों में वांटेड शिवराज सिंह को दुबियाही गांव में फुटबॉल टूर्नामेंट के दौरान गिरफ्तार किया था। हाल के दिनों में नक्सलियों के खिलाफ अभियान में झारखंड में पुलिस को कई उल्लेखनीय सफलता मिली है। 29 सितंबर को गिरिडीह जिले में 10 लाख के इनामी भाकपा माओवादी नक्सली कमांडर रामदयाल महतो उर्फ बच्चन दा ने सरेंडर किया था। जबकि, रांची में 9 दिसंबर को 20 से भी ज्यादा नक्सली वारदातों में वांटेड मुनेश्वर गंझू उर्फ विक्रम और 2 सितंबर को प्रतिबंधित नक्सली संगठन टीएसपीसी (तृतीय सम्मेलन प्रस्तुति कमेटी) के एरिया कमांडर राहुल गंझू उर्फ खलील ने सरेंडर किया था। recent visitors 99

बंगाल में गूंजा ‘कश्मीर मांगे आजादी’ का नारा, भारत विरोधी नारे लगाए जाने के बाद ऐक्शन में गृह मंत्रालय हरकत

कोलकाता रविवार को कोलकाता के जादवपुर इलाके में आरजी कर हॉस्पिटल में ट्रेनी डॉक्टर से रेप और हत्या के खिलाफ किए जा रहे विरोध प्रदर्शन के दौरान भारत विरोधी नारे भी गूंजे। निकाले गए एक विरोध मार्च के दौरान ‘कश्मीर मांगे आजादी’ का नारा सुनाई दिया। इस सिलसिले में पहले अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया था। अब इस मामले में नया मोड़ सामने आया है। बताया जा रहा है कि भारत विरोधी नारे लगाए जाने के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय हरकत में आ गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व वाले केंद्रीय गृह मंत्रालय ने तुरंत इस मामले को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय खुफिया एजेंसियों को जांच के आदेश दिए। सोमवार को इस मामले पर शुरुआती रिपोर्ट दिल्ली भेजी गई है, जिसमें विरोध प्रदर्शन के आयोजकों की पहचान, नारे लगाने वाले व्यक्तियों का संबंध और इस पूरे घटनाक्रम के पीछे की साजिश को लेकर तथ्य शामिल किए गए हैं। इस विरोध मार्च का आयोजन आरजी कर हॉस्पिटल की पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए किया गया था। अलग-अलग बैनरों के तहत प्रोटेस्ट कर रहे थे लेकिन अचानक से 'कश्मीर मांगे आजादी' जैसे नारे गूंजने लगे। इन नारों के चलते कोलकाता पुलिस ने पाटुली थाने में देशद्रोह का मामला दर्ज किया है। बताया जा रहा है कि इस मामले में 15-20 लोगों को चिह्नित कर उनकी फोटो और विस्तृत जानकारी केंद्रीय गृह मंत्रालय को भेजी गई है। इन लोगों में कुछ जादवपुर विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र भी शामिल हैं, जिन पर पहले भी पश्चिम बंगाल में देशविरोधी आंदोलनों में शामिल होने के आरोप लगे हैं। गृह मंत्रालय को आशंका है कि इस नारे के पीछे किसी बड़ी साजिश का हाथ हो सकता है। क्योंकि कश्मीर में अनुच्छेद 370 और 35ए के हटने के बाद पहली बार चुनाव हो रहे हैं और ऐसे में देश के एक सुदूर हिस्से से इस प्रकार के नारे लगने को लेकर सरकार गंभीर है। जांच के तहत यह पता लगाया जा रहा है कि क्या इन नारों का संबंध कश्मीर में किसी संगठन से है, जो कि केंद्र के लिए चिंता का विषय बन चुका है। इसके अलावा, हाल ही में बांग्लादेश में शेख हसीना की सरकार के पतन के बाद से केंद्र पश्चिम बंगाल पर विशेष नजर बनाए हुए है। ऐसे में केंद्र सरकार किसी भी देशविरोधी तत्व को बंगाल में उभरने का मौका देने के मूड में नहीं है। recent visitors 107

बॉम्बे हाईकोर्ट ने 8 साल की बच्ची से रेप के आरोपी को आजीवन कारावास की मिली थी सजा से बरी किया, रेप होता तो खेलने नहीं जाती

नागपुर बॉम्बे हाईकोर्ट की नागपुर पीठ ने 64 साल के एक रेप को आरोपी को बरी कर दिया है। कोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान कहा है कि बच्ची अगर यौन उत्पीड़न का शिकार हुई होती तो वह डर जाती और सामान्य व्यवहार नहीं करती या खेलती नहीं। आरोपी को मार्च 2019 में आठ साल की बच्ची के साथ कथित रूप से बलात्कार करने के लिए पोक्सो अधिनियम और आईपीसी की धारा 376एबी के तहत 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई थी। विजय जवांजल नाम का यह शख्स अमरावती जिले के अचलपुर का रहने वाला है। जस्टिस गोविंदा सनप ने जवांजल को जेल से रिहा करने का आदेश देते हुए कहा, "यदि आरोपी ने बलात्कार किया था तो यह एक जघन्य कृत्य था। इस तरह के हादसे के बाद निस्संदेह बच्ची बहुत डर गई होती। इससे उसे बहुत दर्द और आघात पहुंचा होता। सामान्य परिस्थितियों में वह इस तरह के हादसे के बाद मौके से भागकर अपने घर चली जाती और अपनी मां को घटना के बारे में बताती।" बच्ची ने अगले दिन दी थी जानकारी वकील के मुताबिक तीसरी कक्षा की छात्रा, पीड़िता अपने घर के पास एक सामुदायिक मंदिर में खेलने गई थी। लेकिन कुछ समय तक बच्ची वहां नहीं दिखी। काफी देर बाद जब बच्ची लौटी तो मां ने उसे उसे स्कूल पहुंचा दिया। स्कूल से लौटने के बाद लड़की उदास और असहज लग रही थी। उसने अगले दिन अपनी मां को बताया कि आरोपी ने उसे मिठाई दी थी उसके प्राइवेट पार्ट को जबरदस्ती छुआ था और उसे दर्द हो रहा था। इसके बाद मां ने असेगांव पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी। मां ने सिखाया था आरोपी का नाम- कोर्ट मां की गवाही का हवाला देते हुए जस्टिस सनप ने बताया कि जब वह अपनी बेटी को खोजने गई तो उसने देखा था कि आरोपी पास में बैठा था और लड़की खेल रही थी। कोर्ट ने यह स्पष्ट किया कि अदालत को सतर्क रहना चाहिए और यह सुनिश्चित करना चाहिए कि बच्ची को किसी भी तरह से कुछ सिखाया ना जाए। जज ने कहा कि पीड़िता ने खुद बताया कि उसे आरोपी का नाम बताने के लिए उसकी मां ने सिखाया था। उन्होंने कहा, "लड़की ने कहा है कि उसकी मां ने उसे अदालत को यह बताने के लिए कहा था कि आरोपी कौन है नहीं तो उसे सजा दी जायेगी। उस दिन उसे लू लग गई थी। उसने कहा है कि उसके प्राइवेट पार्ट में दर्द और खुजली थी। उसकी मां ने नकली सबूत गढ़े।" आजीवन कारावास की मिली थी सजा सेशंस कोर्ट द्वारा आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के बाद आरोपी ने हाईकोर्ट में फैसले को चुनौती दी थी। उसने तर्क दिया था कि उनका पोटेंसी टेस्ट नहीं कराया गया था क्योंकि उस समय उनकी उम्र 60 साल थी और मेडिकल रिपोर्ट से मामले का पता नहीं चल पाया था। recent visitors 72

गुजरात में ट्रेन पलटने की साजिश, लूट की नीयत से पटरी के बीच रखा था लोहे का टुकड़ा, 2 अरेस्ट

बोटाद गुजरात के बोटाद में ट्रेन को पलटने की बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है। बोटाद में 25 सितंबर को कुंडली गांव के पास रेलवे ट्रैक के बीच लोहे का टुकड़ा रखा गया था जिससे पैसेंजर ट्रेन टकरा गई थी। पुलिस ने इसके पीछे बड़ा नुकसान पहुंचाने की साजिश की आशंका जताई थी। अब पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस का कहना है कि ट्रेन को पटरी से उतारने की नीयत से इस लोहे के बोल्डर (रेल पटरी का टुकड़ा) को लगाया गया था। मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, बोटाद एसपी किशोर बलोलिया ने बताया कि 25 सितंबर को कुंडली गांव के पास रेलवे ट्रैक के बीच लोहे का टुकड़ा रखकर पैसेंजर ट्रेन को पटरी से उतारने की कोशिश की गई थी। यह बेहद गंभीर घटना थी। बोटाद जिला पुलिस, रेलवे सुरक्षा बल, एटीएस और केंद्र की विभिन्न एजेंसियों ने इस घटना की जांच की। घटना को अंजाम देने के आरोप में दो लोगों रमेश और जयेश को गिरफ्तार किया गया है। बोटाद एसपी किशोर बलोलिया ने बताया कि आरोपियों ने ट्रेन को पटरी से उतारने के बाद यात्रियों के पैसे और अन्य सामान लूटने की साजिश रची थी। मामले की जांच जारी है। बता दें कि बोटाद जिले के रानपुर पुलिस थाना क्षेत्र से गुजर रही ओखा-भावनगर पैसेंजर ट्रेन (19210) तड़के करीब तीन बजे पटरी पर रखे चार फुट लंबे लोहे के टुकड़े से टकरा गई थी। लोहे की पटरी के इस टुकड़े से टकराने के बाद पैसेंजर ट्रेन घंटों रुकी रही थी। यह घटना बोटाद से 12 किलोमीटर दूर कुंडली गांव से आगे हुई थी। बोटाद एसपी किशोर बलोलिया ने बताया कि बताया कि इन आरोपियों को घटनास्थल के समीप के गांव अड़ोव से पकड़ा है। आरोपियों की मंशा थी कि जब ट्रेन के डिब्बे डिरेल होकर पास के खेतों में गिर जाएं तो वे लूटपाट की घटना को अंजाम दे सकें। आरोपी घटनास्थल के पास भटकते रहते थे। ये पुलिस जांच को गुमराह करना चाहते थे। इन्होंने डिमार्केशन के लिए लगाए गए पटरी के टुकड़े को पास से ही उखाड़ कर पटरी के बीच में प्लांट किया था। आरोपियों से सघन पूछताछ जारी है। recent visitors 57

फाजिल्का में दर्दनाक सड़क हादसा, हादसा इतना भयानक था कि वाहनों के परखच्चे उड़ गए, चालक की टूटी टांग

फाजिल्का फाजिल्का में दर्दनाक सड़क हादसा होने की सूचना है। बताया जा रहा है कि आज फाजिल्का-फिरोजपुर रोड पर बाधा टी-प्वाइंट के पास दो ट्रकों की आमने-सामने टक्कर हो गई, जिससे एक ट्रक चालक का ट्रक स्टेयरिंग में फंस गया और उसका पैर कट गया। हादसा इतना भयानक था कि वाहनों के परखच्चे उड़ गए। वहीं घटना की सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और घटना की छानबीन में जुट गया। मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ट्रक ओवरलोड था और पेड़ काफी बड़ा होने के कारण ड्राइवर ने कट मार दिया। जिससे एक ट्रक सामने से आ रहे ट्रक से टकरा गया। उन्होंने बताया कि हादसे के दौरान कोई जनहानि नहीं हुई है, लेकिन आर्थिक नुकसान काफी हुआ है। एक ट्रक सेब से भरा था। घायल ड्राइवर को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।   recent visitors 55