इस हफ्ते 3 दिन दिल्लील में तूफान के साथ बारिश हो सकती है, भीषण गर्मी से मिल सकती है राहत: मौसम विभाग

नई दिल्ली दिल्ली-एनसीआर वालों को क्या आने वाले दिनों में गर्मी से राहत मिलेगी? मौसम विभाग ने अपने ताजा पूर्वानुमान में इस बात की जानकारी दी है। मौसम विभाग ने दिल्ली एनसीआर में आंधी और बारिश की आशंका जताई है। मौसम विभाग के मुताबिक इस हफ्ते 3 दिन दिल्लील में तूफान के साथ बारिश हो सकती है। इस दौरान गरज और धूल भरी आंधी की आशंका भी जताई गई है। इसी के इस हफ्ते तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा सकती है जिससे दिल्ली एनसीआर वालों को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है। मौसम विभाग के नए अपडेट के मुताबिक आज यानी 20 मई को दिल्ली एनसीआर में आंधी और बारिश के आसार है। मौसम विभाग ने इसके लिए गौतम बुद्ध नगर और गाजियाबाद में येलो अलर्ट भी जारी किया है। वहीं आज दिल्ली का अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री दर्ज किया जा सकता है। हालांकि इसके बाद अधिकतम तापमान में गिरावट आ सकती है। अगले दो दिन तूफान के साथ बारिश की चेतावनी मौसम विभाग के मुताबिक 21 औ 22 मई को दिल्ली में आंधी के साथ बारिश हो सकती है। वहीं इन दोनों ही दिन गाजियाबाद और गौतमबुद्ध नगर में भी आंधी का येलो अर्लट जारी किया गया है। दिल्ली में इन दोनों दिन अधिकतम तापमान 39 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27-28 डिग्री दर्ज किया जा सकता है। हालांकि 21 और 22 मई को फरीदाबाद और गुरुग्राम में हीटवेव का येलो अलर्ट जारी किया गया है। हफ्ते के आखिरी तीन दिन कैसा मौसम आईएडी ने अपने ताजा पूर्वानुमान में बताया है कि 23 से 26 मई तक दिल्ली में आसमान में बादल छाए रह सकते हैं। हालांकि इन तीनों दिन ही बारिश की चेतावनी नहीं है। इस दौरान अधिकतम तापमान 38-39 डिग्री और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री के आसपास दर्ज किया जा सकता है। recent visitors 61

जापान-फ्रांस को क्यों चाहिए PL-15E का अवशेष, कई देशों में क्यों मची होड़, भारत से की मलबे की मांग

नई दिल्ली पिछले महीने 22 अप्रैल को कश्मीर के पहलगाम में हुए आंतकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान और पाक अधिकृत कश्मीर (PoK) से आतंकियों का खात्मा करने और उनके ठिकानों को ध्वस्त करने के लिए ऑपरेशन सिंदूर चलाया था। इससे बौखलाए पाकिस्तान ने भारत पर हमला बोल दिया था। चार दिनों के सैन्य संघर्ष में पाकिस्तान की तरफ से करीब 800 से 1000 ड्रोन और मिसाइल दागे गए थे, जिसे भारतीय सशस्त्र बलों ने मार गिराया था। पाकिस्तान ने ये ड्रोन और मिसाइल भारत के 30 शहरों में आम नागरिकों और सैन्य बेस को निशाना बनाकर दागे थे लेकिन सभी हमलों को नाकाम कर दिया गया। इन हमलों में भारत में कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ। पिछले दिनों जब सेना के तीनों सैन्य संचालन महानिदेशकों (DGMOs) ने प्रेस कॉन्फ्रेन्स की थी और दुश्मन देश द्वारा हमले में इस्तेमाल किए गए ड्रोन्स और मिसाइलों के मलबों की तस्वीरों का सार्वजनिक तौर पर प्रदर्शन किया था, तब बताया गया था कि पाकिस्तान ने तुर्की के ड्रोन समेत चीन के PL-15E मिसाइलों का भी इस्तेमाल भारत के खिलाफ किया था, जिसे हमारी एयर डिफेंस सिस्टम ने नाकाम कर दिया था। PL-15E हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल PL-15E चीन निर्मित हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल है, जिसे सीमावर्ती इलाकों में मार गिराया गया था। इस मिसाइल के टुकड़े पंजाब के खेतों में मिले थे। पंजाब के होशियारपुर में एक जगह तो यह मिसाइल बिना ऐक्टिव हुए ही खेतों में गिरा मिला, जिसकी सुरक्षा बलों ने जांच की तो पाया कि यह चीन की उन्नत मिसाइल PL-15E है। मीडिया रिपोर्ट्स में इस मिसाइल की अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये प्रति यूनिट बताई जा रही है। इसे हवा से हवा में मार करने वाली लंबी दूरी की एडवांस मिसाइलों में गिना जाता है। जापान-फ्रांस को क्यों चाहिए PL-15E का अवशेष अब नए घटनाक्रम में जापान, फ्रांस और फाइव आइज के कई देशों की खुफिया एजेसियों ने भारत से इस मिसाइल के मलबे की मांग की है। विशेषज्ञों के अनुसार, चीन निर्मित मिसाइल की बरामदगी एक बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि यह अपनी मारक क्षमताओं और रेंज के बारे में बहुमूल्य जानकारी देने में सक्षम होगी, जिसका उपयोग उसकी काट तैयार करने और उससे निपटने की रणनीति तैयार करने समेत चीनी मिसाइल निर्माण की तकनीक हासिल करने में किया जा सकता है। दरअसल, फ्रांस और जापान, जो हाई टेक एयर-टू-एयर मिसाइल प्रणालियों में भारी निवेश कर रहे हैं, उन्हें चीन के इस गुप्त PL-15E मिसाइल के मलबे से न सिर्फ उसकी संरचना और तकनीकी पहलुओं से नई जानकारी प्राप्त होगी बल्कि विदेशी मिसाइल के रडार सिग्नेचर, मोटर संरचना, मार्गदर्शन तकनीक और संभवतः इसके एईएसए (एक्टिव इलेक्ट्रॉनिकली स्कैन्ड एरे) रडार की मायावी वास्तुकला का पता लगाने में भी बड़ी मदद मिल सकेगी। फ्रांस के मेटियोर मिसाइल के लिए सीधा खतरा फ्रांस, इसलिए भी इस मिसाइल की स्टडी करने को उत्सुक है क्योंकि इस चीनी मिसाइल को मेटियोर मिसाइल के लिए सीधा खतरा माना जाता है। रैमजेट प्रणोदन प्रणाली और एक महत्वपूर्ण "नो-एस्केप ज़ोन" के साथ, मेटियोर लंबे समय से हवाई प्रभुत्व के लिए बेंचमार्क रहा है। हालांकि, PL-15E ने लंबी दूरी और हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइल के रूप में एक दुर्जेय प्रतिद्वंद्वी के रूप मेंअपनी पहचान स्थापित की है। पाकिस्तान द्वारा युद्ध में पहली बार इस मिसाइल का इस्तेमाल करना भी सैन्य आपूर्तिकर्ता के रूप में चीन की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है। फाइव आईज देश और जापान एशिया में खासकर इंडो-पैसिफिक सुरक्षा ढांचे में बीजिंग के बढ़ते प्रभाव को एक रणनीतिक चुनौती के रूप में देख रहे हैं। इसलिए उसकी मिसाइल टेकनोलॉजी का गहराई से अध्ययन करना चाहते हैं और इस दिशा में पंजाब के खेतों में मिला चीनी मिसाइल का मलबा एक अहम कड़ी साबित हो सकता है। recent visitors 49

सोना तस्करी मामले में रान्या राव को मिली जमानत.

बेंगलुरु सोने की तस्करी मामले में कन्नड़ ऐक्ट्रेस रान्या राव और दूसरे आरोपी कोंडारू राजू को मंगलवार को आर्थिक अपराधों की स्पेशल कोर्ट से सशर्त जमानत दे दी गई। कोर्ट ने दोनों से दो जमानती गवाह और 2-2 लाख रुपये के बॉन्ड जमा करने को कहा है। जज विष्णनाथ सी. गौदार ने यह जमानत दी, लेकिन शर्त रखी कि दोनों आरोपी न तो देश छोड़ सकते हैं और न ही दोबारा ऐसा जुर्म करेंगे। ये फैसला तब आया जब डायरैक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (डीआरआई) आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट पेश करने में नाकाम रही।  रिपोर्ट के मुताबिक, रान्या राव को स्पेशल कोर्ट ने सोने की तस्करी मामले में जमानत तो दे दी है, मगर वो फिलहाल रिहा नहीं होंगी। वजह यह है कि उनके खिलाफ अब एक और सख्त कानून विदेशी मुद्रा संरक्षण और तस्करी रोकथाम अधिनियम, 1974 के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह कानून भारत में तस्करी और विदेशी मुद्रा की हेराफेरी पर रोक लगाने के लिए इस्तेमाल होता है और इसके तहत बिना मुकदमा चलाए भी किसी को हिरासत में रखा जा सकता है। जब तक रान्या राव को इस कानून के तहत भी जमानत नहीं मिलती, तब तक उनकी रिहाई मुमकिन नहीं है। बता दें कि रान्या राव को 3 मार्च को बेंगलुरु इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर गिरफ्तार किया गया था, जब वो दुबई से करीब 14.2 किलो सोना चुपचाप अपने साथ ला रही थीं। इस सोने की कीमत 12.56 करोड़ रुपये से ज्यादा आंकी गई है और इसे उन्होंने अपने शरीर पर छुपा रखा था। डीआरआई अधिकारियों को उनके खिलाफ पहले से ही सूचना मिली हुई थी और लंबे समय से उन पर नजर रखी जा रही थी। जांच एजेंसियों का कहना है कि रान्या और उनके साथी कोंडारू राजू ने साल 2023 से 2025 के बीच दुबई के कुल 52 चक्कर लगाए, जिनमें से 45 बार वो सिर्फ एक दिन में जाकर लौट आए। इन लगातार अंतरराष्ट्रीय यात्राओं से उन पर शक गहराता गया और आखिरकार वो डीआरआई के शिकंजे में आ गईं। कन्नड़ सिनेमा की पॉपुलर एक्ट्रेस रान्या राव पर सोने की तस्करी करने के आरोप में कई शिकायतें दर्ज हुई हैं। 3 मार्च, 2025 को बैंगलोर के केंपगौड़ा एयरपोर्ट पर एक्ट्रेस 12.56 करोड़ के गोल्ड के साथ पकड़ाई थीं। जांच में सामने आया कि एक्ट्रेस बीते लंबे समय से गोल्ड स्मगलिंग कर रही हैं, जिसके तार लंदन, यूरोप और दुबई से जुड़े हुए हैं। अब इसी मामले में 26 अप्रैल को कन्नड़ एक्ट्रेस रान्या राव पर COFEPOSA (कंजर्वेशन ऑफ फॉरेन एक्सचेंज एंड प्रिवेंशन ऑफ स्मगलिंग एक्टिविटीज) के तहत शिकायत दर्ज हुई है। इसके चलते रान्या के कम से कम एक साल तक जमानत नहीं मिल सकेगी। जांच एथॉरिटी के अनुसार, रान्या राव इन्वेस्टिगेशन में सहायता नहीं कर रही थीं। उन्होंने कई बार जमानत याचिका दायर की थी। ये धारा इसलिए लगाई गई है, जिससे वो उन्हें दोबारा इस गैरकानूनी काम में जाने से रोका जा सके। क्या है पूरा मामला? कन्नड़ एक्ट्रेस और सीनियर पुलिस ऑफिसर के. रामचंद्र राव की सौतेली बेटी रान्या राव 3 मार्च को बैंगलोर के केंपगौड़ा एयरपोर्ट पर उतरी थीं। करीब 6 बजे रान्या एग्जिट गेट की ओर बढ़ीं। बाहर निकलने के लिए वे ग्रीन चैनल की ओर चली गईं। ग्रीन चैनल उन पैसेंजर्स के लिए होता है, जिनके पास जांच के लिहाज से कोई सामान नहीं होता। रान्या पहले भी इसी तरह एयरपोर्ट से बाहर निकलती थीं। उस दिन डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस यानी DRI के अफसरों ने उन्हें रोक लिया। पूछा- क्या आपके पास सोना या ऐसी कोई चीज है जो बतानी हो? रान्या ने जवाब दिया- नहीं। इतनी सी बातचीत में रान्या के चेहरे पर घबराहट दिखने लगी। अफसरों को शक हुआ। उन्होंने दो महिला अधिकारियों को बुलाया और रान्या को चेक करने के लिए कहा। जब उनकी तलाशी ली गई तो उनके शरीर के अलग-अलग हिस्सों में सोना मिला। उनके पास कुल 14.2 किलोग्राम सोना बरामद हुआ, जिसकी कीमत 12.56 करोड़ रुपए थी। रान्या को तुरंत हिरासत में ले लिया गया। तब से ही रान्या पुलिस हिरासत में हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक रान्या ने बताया है कि वो कई बार यूरोप, अमेरिका और मिडिल ईस्ट के देशों में गई थीं। उन्होंने इसकी वजह मॉडलिंग फोटो शूट और रियल एस्टेट से जुड़ा काम बताया। रान्या फिलहाल बैंग्लोर की सेंट्रल जेल में दो सह-आरोपियों तरुण राजू और साहिल सकरिया के साथ बंद हैं। इस मामले की जांच डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस और इन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट और CBI द्वारा की जा रही है। recent visitors 65

दिल्ली की रेखा सरकार ने आज से एक जलदूत योजना शूरू की, शहर के प्रमुख बस स्टैंडों में ठंडा पानी उपलब्ध कराया जाएगा

नई दिल्ली देश की राजधानी दिल्ली भी इस वक्त भीषण गर्मी की चपेट में है। हालांकि बीच में गरज-चमक के साथ बारिश जरूर राहत पहुंचा रही है,लेकिन दोपहर में तेज धूप और तापमान में वृद्धि लोगों को परेशान कर रही है। इस बीच दिल्ली की रेखा सरकार ने आज से एक नई योजना शूरू की है। इस योजना का नाम जलदूत योजना रखा गया है। दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज सिंह ने जलदूत योजना की शुरुआत करते हुए बताया कि इस योजना के तहत शहर के प्रमुख बस स्टैंडों में ठंडा पानी उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ जलदूत स्वयंसेवकों की भी तैनाती की जाएगी। मंत्री पंकज सिंह ने जलदूत योजना के बारे में विस्तार से बचाते हुए कहा कि दिल्ली सरकार ने हमारी बड़ी हीट स्ट्रोक रोकथाम योजना के हिस्से के रूप में जलदूत योजना शुरू की है। हमारा लक्ष्य सीधा है:गर्मी में दिल्ली में कोई भी साफ,ठंडे पानी की कमी से पीड़ित न हो। आज से,शहर भर के प्रमुख बस स्टैंडों पर साफ और ठंडा पीने का पानी उपलब्ध कराया जाएगा। यह पहल दिल्ली परिवहन के सहयोग से लागू की जा रही है। जरूरतमंदों को आसानी से पानी वितरित किया जा सके,इसके लिए इन बस स्टैंडों पर विशेष स्वयंसेवक तैनात रहेंगे। उन्होंने आगे बताया कि वर्तमान में,बारह सक्रिय आश्रय स्थल स्थापित किए गए हैं। आश्रय स्थल भीड़ को संभालने और सुचारू जल वितरण सुनिश्चित करने के लिए रस्सियों और अन्य बुनियादी ढांचे से लैस होंगे। जनता की सहायता के लिए इन स्थानों पर 100 से अधिक समर्पित स्वयंसेवक तैनात किए जाएंगे। यदि स्थिति की मांग हुई,तो हम इस प्रयास को और आगे बढ़ाएंगे। दिल्ली सरकार,स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर,लोगों को हीट स्ट्रोक से बचाने और यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि इस गर्मी में कोई भी प्यासा न रहे। मंत्री पंकज सिंह ने इसके अलावा DTC नेहरू प्लेस टर्मिनल और स्मार्ट कोल्ड RO वाटर डिस्पेंसर के उद्घाटन समारोह में भी हिस्सा लिया। recent visitors 59

पवन कल्याण की चेतावनी, स्थानीय लोगों की रोजगार से बेदखली, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा बताया

विजयवाड़ा आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने मंगलवार को राज्य में रोहिंग्या घुसपैठियों को लेकर गहरी चिंता जताई। उन्होंने इसे न केवल स्थानीय लोगों की रोजगार से बेदखली, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा बताया। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे लोग आधार कार्ड और राशन कार्ड कैसे पा रहे हैं? पवन कल्याण ने कहा, "2017-18 के बीच मुझे खासकर सुनार समुदाय से कई शिकायतें मिलीं कि बंगाल से लोग आंध्र आकर काम करने लगे हैं। शक है कि इनमें से कई म्यांमार से आए रोहिंग्या हैं। इसके पीछे स्थानीय स्तर पर कोई नेटवर्क काम कर रहा है, जिसकी जांच बेहद जरूरी है। मैंने इस विषय को संबंधित अधिकारियों के साथ साझा किया है।" लोकल के हक पर कब्जा कर रहे घुसपैठिए पवन कल्याण ने स्थानीय युवाओं के रोजगार पर चिंता जताते हुए कहा, “तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में नौकरियों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। जब अपने ही लोगों के लिए पर्याप्त रोजगार नहीं हैं, तब हम अवैध घुसपैठियों को ये अवसर नहीं दे सकते।” दक्षिण भारत बना सॉफ्ट टारगेट उन्होंने कहा कि दक्षिण भारत पहले से सॉफ्ट टारगेट रहा है। "कोयंबटूर और हैदराबाद जैसे शहरों में हम पहले ही धमाके देख चुके हैं। काकीनाडा पोर्ट पर संभावित खतरे की जानकारी मैंने डीजीपी को दी थी। बाद में तेलंगाना और आंध्र पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में एक संदिग्ध को पकड़ा भी।" पवन कल्याण ने सरकार और प्रशासन से अपील की कि "स्थानीयों की रोजगार प्राथमिकता और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाए। अवैध घुसपैठ को लेकर निर्णायक और सतर्क रवैया अपनाना जरूरी है।" recent visitors 54

अभिषेक-राठी विवाद तो कुछ नहीं, IPL में हो चुके हैं ये 7 बड़े कांड, श्रीसंत को थप्पड़, शाहरुख खान का पंगा, स्पॉट फिक्सिंग

नई दिल्ली सनराइजर्स हैदराबाद के अभिषेक शर्मा और लखनऊ सुपर जॉइंट्स के दिग्वेश राठी के बीच मैच के दौरान गरमागरमी का मामला चर्चा में है। सोमवार को मैच के दौरान राठी ने शर्मा को आउट करने के बाद आक्रामक और उकसावे वाले ढंग से उन्हें पवैलियन लौटने का इशारा किया। नोटबुक सेलिब्रेशन भी किया। फिर दोनों के बीच मैदान में ही हाथपाई जैसी नौबत आ गई। भला हो अंपायर और वहां मौजूदा बाकी खिलाड़ियों का जिन्होंने ये नौबत नहीं आने दी। वैसे अभिषेक शर्मा और दिग्वेश राठी का विवाद तो कुछ भी नहीं है। आईपीएल में एक से बढ़कर एक कांड हो चुके हैं। आइए देखते हैं ऐसी ही कुछ 7 बड़ी घटनाएं। 1- पहले ही सीजन में गूंजा थप्पड़ कांड आईपीएल इतिहास के कुछ बहुत ही गरमागरमी वाले क्षणों और विवादों की बात करें तो 2008 के हरभजन सिंह-श्रीसंत थप्पड़ कांड के जिक्र के बिना हर लिस्ट अधूरी होगी। उसी साल आईपीएल ने जन्म लिया था। मुंबई इंडियंस और किंग्स इलेवन पंजाब के मैच के भज्जी ने श्रीसंत को कथित तौर पर थप्पड़ जड़ दिया था। भज्जी मुंबई इंडियंस में थे और उनकी टीम हार गई थी। हार के बाद किंग्स इलेवन पंजाब के श्रीसंत ने स्टार ऑफ स्पिनर को चिढ़ाते हुए 'हार्ड-लक भज्जी पा' कह दिया था। उसी के बाद हरभजन सिंह ने थप्पड़ जड़ा था जिसके बाद श्रीसंत बच्चों की तरह रोते दिखे थे। 2- स्पॉट फिक्सिंग आईपीएल को शुरू हुए अभी 5 साल ही हुए थे कि उसका दामन स्पॉट-फिक्सिंग से दागदार हो गया। 2013 में कुछ खिलाड़ियों ने कुछ विशेष तरह की भाव-भंगिमाओं और हरकतों जैसे थोड़ी बहुत स्ट्रेचिंग, ट्राउजर से टॉवल लटकाना आदि से इशारा करके स्पॉट फिक्सिंग किया था। इस मामले में एस श्रीसंत गिरफ्तार भी हुए थे। बीसीसीआई ने श्रीसंत, अंकित चाह्वाण और अजीत चंदीला पर जीवनभर के लिए प्रतिबंध लगा दिया था। हालांकि, श्रीसंत अदालत चले गए और उनका आजीवन प्रतिबंध घटकर 7 साल का हो गया। 3- शाहरुख खान का पंगा आईपीएल 2012 के दौरान बॉलीवुड सुपर स्टार और किंग खान के नाम से चर्चित शाहरुख खान पर मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में घुसने पर 5 साल का प्रतिबंध लगा था। यह प्रतिबंध मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन ने सुरक्षाकर्मियों के साथ बदसलूकी को लेकर लगाया था। हालांकि, शाहरुख खान का कहना था कि सुरक्षाकर्मियों ने उनके साथ बच्चों के समूह के साथ दुर्व्यवहार किया। बच्चों के ग्रुप में उनकी बेटी सुहाना खान भी शामिल थी। बाद में 2015 में शाहरुख खान से प्रतिबंध हटा लिया गया। बॉलिवुड स्टार आईपीएल की फ्रेंचाइजी कोलकाता नाइट राइडर्स के सह-मालिक हैं। जब आईपीएल के दौरान वानखेड़े स्टेडियम में सुरक्षाकर्मियों से उलझ पड़े थे शाहरुख खानजब विराट कोहली और गौतम गंभीर आपस में ही भिड़ गए थे 5- जब कैप्टन कूल ने खो दिया कूल महेंद्र सिंह धोनी को कैप्टन कूल कहा जाता है लेकिन आईपीएल 2019 के दौरान एक मैच में वह कूल नहीं रह पाए। उनकी कप्तानी वाली सीएसके का राजस्थान रॉयल्स से मैच था। मैच में आखिर की 3 गेंद बची थीं। सीएसके 152 रन के लक्ष्य का पीछा कर रही थी। उसे जीत के लिए 3 गेंदों में 8 रन चाहिए थे और हाथ में बचे थे 4 विकेट। सैंटनर बल्लेबाजी कर रहे थे। आरआर के बेन स्टोक्स ने फुल टॉस फेंकी। अंपायर ने ऊंचाई ज्यादा होने की वजह से गेंद को नो बॉल करार दे दिया। इसी बीच लेग अंपायर ने कह दिया कि नो बॉल नहीं है, वैध गेंद है। गेंद नो है या नहीं, इसे लेकर कन्फ्यूजन हो गया। आखिरकार लेग अंपायर का फैसला मान्य हुआ। इसी दौरान डगआउट में बैठे महेंद्र सिंह धोनी दौड़ते हुए फील्ड में आ गए और अंपायरों से बहस करने लगे। इस वजह से उनके खिलाफ मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना लगा था। खैर, उस मैच को चेन्नई 4 विकेट से जीतने में कामयाब हुई थी। 6- आर अश्विन की 'माकंडिंग' आईपीएल 2019 में ही 'माकंडिंग' को लेकर काफी विवाद हुआ था। राजस्थान रॉयल्स और किंग्स इलेवन पंजाब का मैच था। विस्फोटक बल्लेबाज जोस बटलर नॉन स्ट्राइक एंड पर थे। आर अश्विन गेंदबाजी कर रहे थे। उनके हाथ से गेंद अभी छूटती, उससे पहले ही बटलर दौड़ चुके थे। अश्विन ने गेंद रोक ली और गिल्लियां बिखेर दी। उनकी अपील के बाद थर्ड अंपायर ने जोस बटलर का आउट करार दिया गया। क्रिकेट की रूल बुक के हिसाब से ऐसी स्थिति में बल्लेबाज आउट है। लेकिन इस विवाद के वक्त नैतिकता के सवाल उठाए गए। कुछ लोगों ने 'नैतिकता' नहीं दिखाने के लिए अश्विन की आलोचना की थी। उस पर बहस अब भी जब-तब छिड़ जाती है। पहली बार आईपीएल में कोई इस तरह आउट हुआ था 7- यूसुफ पठान 'ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड' विवाद आईपीएल 2013 के दौरान एक मैच में यूसुफ पठान बल्लेबाजी कर रहे थे। रन लेने के दौरान उन्होंने फील्डर की तरफ से फेंकी गई गेंद को हाथ से रोक दिया। विरोधी टीम ने आउट की अपील की। 'ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड' नियम ऐसी ही स्थिति में लागू होता है। थर्ड अंपायर ने पठान को आउट करार दिया। इस तरह युसुफ पठान आईपीएल इतिहास के पहले ऐसे खिलाड़ी हो गए जो 'ऑब्सट्रक्टिंग द फील्ड' नियम के तहत आउट हुए। recent visitors 51

विल जैक्स, रेयान रिकेल्टन और कॉर्बिन बॉश के रिप्लेसमेंट का ऐलान- 26 मई को मुंबई का अंतिम लीग मैच

नई दिल्ली आईपीएल 2025 में मुंबई इंडियंस के कुछ विदेशी खिलाड़ी 26 मई को अपने देश लौट जाएंगे। 26 मई को मुंबई का अंतिम लीग मैच भी है। इसके बाद अगर मुंबई इंडियंस प्लेऑफ के लिए क्वॉलीफाई करती है तो उसे विदेशी खिलाड़ियों की जरूरत पड़ेगी। इसको देखते हुए उसने विकल्प के तौर पर जॉनी बेयरस्टो, रिचर्ड ग्लीसन और चरिथ असलंका को अनुबंधित किया है। गौरतलब है कि इंग्लैंड के विल जैक्स और दक्षिण अफ्रीका के रेयान रिकेल्टन और कॉर्बिन बॉश 26 मई को पंजाब किंग्स के खिलाफ मुंबई के अंतिम लीग मैच के बाद वापस लौट जाएंगे। जॉनी बेयरस्टो के लिए भारी कीमत आईपीएल की आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक जैक्स की जगह इंग्लैंड के विकेटकीपर बल्लेबाज जॉनी बेयरस्टो लेंगे जो 5.25 करोड़ रुपए में टीम में शामिल होंगे। विज्ञप्ति में कहा गया कि इंग्लैंड के तेज गेंदबाज रिचर्ड ग्लीसन एक करोड़ रुपए के आधार मूल्य पर रेयान रिकेल्टन जबकि श्रीलंकाई बल्लेबाज चरिथ असलंका 75 लाख रुपए में कॉर्बिन बॉश की जगह लेंगे। विल जैक्स, रेयान रिकेल्टन और कार्बिन बॉश ने मुंबई के लिए इस सीजन में काफी अच्छा प्रदर्शन किया था। खासतौर पर विल जैक्स और रिकेल्टन ने। इन दोनों ने शीर्ष क्रम में अच्छी बल्लेबाजी करते हुए टीम के लिए बेहद जरूरी रन बनाए थे। रिकेल्टन ने विकेटों के पीछे भी अच्छे से जिम्मेदारी संभाली थी। टॉप-2 में भी फिनिश कर सकती है एमआई तीनों वैकल्पिक खिलाड़ी प्लेऑफ चरण से ही उपलब्ध होंगे, बशर्ते कि मुंबई इंडियंस नॉकआउट दौर के लिए क्वालीफाई कर ले। अगर बात करें मुंबई इंडियंस की तो यह टीम अभी अंक तालिका में शीर्ष चार में है। प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की करने के लिए उसे बुधवार को दिल्ली कैपिटल्स को हराना होगा। वहीं, दिल्ली के लिए भी प्लेऑफ में जगह पक्की करने की शर्त यही है कि वह अपने बचे हुए दोनों मैचों में जीत दर्ज कर ले। वहीं, मुंबई की टीम अगर अपने दोनों मैच जीत लेती और बाकी मैचों के परिणाम भी उसके अनुकूल रहते हैं तो वह प्वॉइंट्स टेबल में टॉप-2 में भी फिनिश कर सकती है। recent visitors 56