यूपी सरकार ने गरीबों की थाली तक राशन पहुंचाने के लिए खोला खजाना, 179.42 करोड़ रुपए किये स्वीकृत

लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार हर जरूरतमंद तक राशन पहुंचाने की व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने पर जोर दे रही है। योगी सरकार ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के अंतर्गत उचित दर वितरण प्रणाली को मजबूत करने के लिए 179.42 करोड़ रुपए की बड़ी धनराशि स्वीकृत की है। यह धनराशि उठाई, धराई और अंतर्राज्यीय संचालन से लेकर उपभोक्ताओं तक राशन सामग्री के सुचारू वितरण के लिए स्वीकृत की गई है, जो खाद्य एवं रसद विभाग की कार्यक्षमता को नई गति देगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश के गरीबों की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए) के तहत योगी सरकार एक-एक पात्र गरीब को चिन्हित कर राशन कार्ड जारी कर रही है। प्रदेश में अंत्योदय कार्ड लाभार्थियों की संख्या 1.29 करोड़ से अधिक है। अब तक प्रदेश में 3.16 करोड़ से अधिक परिवारों के पात्र गृहस्थी राशन कार्ड और 40.73 लाख से अधिक परिवारों के अंत्योदय राशन कार्ड बनाए जा चुके हैं। सरकार का लक्ष्य हर जरूरतमंद तक राशन पहुंचाना है और इसके लिए अभियान चलाकर पात्रता की पहचान की जा रही है। उपर्युक्त धनराशि वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ली गई है, जिसके अंतर्गत केंद्रांश और राज्यांश का अनुपात 50-50 रखा गया है। इस योजना का उद्देश्य राज्य भर में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) को और अधिक पारदर्शी, सक्षम और व्यापक बनाना है, ताकि लाभार्थियों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा सके। इसमें अंतर्राज्यीय परिवहन, भंडारण, सामग्री की लदान-उतरान, उचित दर दुकानों तक राशन की आपूर्ति और वितरण व्यवस्था शामिल है। यह राशि खाद्य भंडारण एवं आपूर्ति श्रृंखला की बुनियादी संरचना को मजबूत करने के लिए खर्च की जाएगी, जिससे किसी भी स्तर पर खाद्यान्न वितरण में बाधा न आए। इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी आयुक्त, खाद्य एवं रसद विभाग द्वारा की जाएगी, जिन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि योजना पारदर्शी तरीके से लागू हो और इसका लाभ वास्तविक जरूरतमंदों तक पहुंचे। योगी सरकार ने निर्देश दिया है कि पूर्व में दी गई वित्तीय स्वीकृतियों और योजनाओं से कोई दोहराव न हो तथा हर तिमाही में आवश्यकतानुसार बजट का निर्धारण कर खर्च किया जाए। योगी सरकार गरीबों, जरूरतमंदों और अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक राशन और पोषण पहुंचाने को लेकर पूरी तरह गंभीर है। योगी सरकार ने राशन वितरण में किसी भी तरह का घपला नहीं हो, इसके लिए ई-केवाईसी और आधार सत्यापन प्रणाली लागू की है। इसके तहत राशन कार्डधारकों को अब देश के किसी भी उचित दर दुकान पर ई-केवाईसी कराने की सुविधा मिल रही है। राशन वितरण में ई-पॉस मशीनों के उपयोग ने पारदर्शिता को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है। इन मशीनों के जरिए अन्न का वितरण सीधे लाभार्थियों तक पहुंच रहा है। यह तकनीकी नवाचार न केवल समय पर राशन उपलब्धता सुनिश्चित कर रहा है, बल्कि गरीबों के लिए खाद्य सुरक्षा को भी मजबूत कर रहा है। पात्र कार्डधारकों को प्रति यूनिट 5 किलो गेहूं और चावल दिया जा रहा है। पात्र गृहस्थी कार्डधारकों को प्रति यूनिट 2 किलो गेहूं और 3 किलो चावल (कुल मिलाकर 5 किलो) फ्री में दिया जा रहा है। वहीं, अंत्योदय कार्ड धारक को एकमुश्त 14 किलो गेहूं और 21 किलो चावल (कुल 35 किलो) दिए जा रहे हैं। recent visitors 49

नोएडा में अब तक 2 लाख फ्लैट खरीदारों को कब्जा दिया, लेकिन 18 हजार की ही रजिस्ट्री, DM ने बिल्डरों को भेजा नोटिस

नई नोएडा नोएडा के जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने नोएडा और ग्रेटर नोएडा में फ्लैट की रजिस्ट्री में देरी पर ऐक्शन की तैयारी में है। डीएम ने 95 बिल्डरों को नोटिस जारी करते हुए तलब किया है। इस मामले में जिला प्रशासन ने एक बैठक बुलाई है जिसमें फ्लैट की रजिस्ट्री न होने की शिकायत करने वाले खरीदारों को भी बुलाया गया है। मिली जानकारी के अनुसार, नोएडा और ग्रेटर नोएडा में अब तक 2 लाख फ्लैट खरीदारों को कब्जा तो दे दिया गया है, लेकिन रजिस्ट्री को लेकर अभी भी संशय बना हुआ है। कई फ्लैट मालिक तो पिछले 10 सालों से इसका इंतजार कर रहे हैं। आइए जानते हैं पूरा मामला क्या है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित अमिताभ कांत समिति की सिफारिशें लागू होने के बावजूद कई बिल्डर खरीदारों को उनके फ्लैट का कब्जा तो दे रहे हैं लेकिन फ्लैट की रजिस्ट्री नहीं हुई है। नोएडा और ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में लगभग दो लाख खरीदारों को फ्लैट का कब्जा मिल चुका है, लेकिन अब तक केवल 18 हजार फ्लैट की ही रजिस्ट्री हो पाई है। कई खरीदार करीब एक दशक से इंतजार कर रहे हैं और बिल्डरों के कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उन्हें केवल आश्वासन ही दिया जा रहा है। अब डीएम के नोटिस के बाद बिल्डरों पर ऐक्शन शुरू हो सकता है इस बारे में पूछे जाने पर सहायक पुलिस महानिदेशक बृजेश कुमार ने मीडिया को बताया कि लगातार शिकायतें मिल रही हैं कि बिल्डर जानबूझकर रजिस्ट्री में देरी कर रहे हैं। इस संबंध में नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना विकास प्राधिकरण क्षेत्र के लगभग 95 बिल्डरों को नोटिस जारी किया गया हैं। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा आयोजित बैठक में बिल्डरों को खरीदारों के सवालों का जवाब देना होगा। उनके अनुसार, अगर कोई बिल्डर बैठक में शामिल नहीं होता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 57

बलूचिस्तान हिंदुओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है क्योंकि यहां हिंगलाज माता का मंदिर स्थित है: सीएम सरमा

बलूचिस्तान भारत-पाकिस्तान के बीच जारी तनाव के बीच बलूचिस्तान की आजादी की मांग तेज हो गई है। इस बीच असम के मुख्यमंत्री हिमंत सरमा ने वहां स्थित एक हिंदू मंदिर का जिक्र करते हुए इसे सनातन धर्म के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण तीर्थ स्थल बताया है। सरमा ने गुरुवार को कहा कि बलूचिस्तान हिंदुओं के लिए ऐतिहासिक और आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है क्योंकि यहां हिंगलाज माता का मंदिर स्थित है जो 51 पवित्र शक्तिपीठों में से एक है। यहां पाकिस्तान का सबसे बड़े हिंदू उत्सव हिंगलाज यात्रा मनाया जाता है। हिंगलाज माता का प्राचीन गुफा मंदिर देश के उन कुछ हिंदू स्थलों में से एक है, जहां हर साल बड़ी संख्या में तीर्थयात्री आते हैं। आपको बता दें कि मुस्लिम बहुल पाकिस्तान में 44 लाख हिंदू रहते हैं, जो कि कुल आबादी का सिर्फ 2.14 प्रतिशत है। भक्तगण ज्वालामुखी के शिखर तक पहुंचने के लिए सैकड़ों सीढ़ियां चढ़ते हैं या चट्टानों से होते हुए यात्रा करते हैं। यहां मौजूद गड्ढे में नारियल और गुलाब की पंखुड़ियां फेंकते हैं और हिंगलाज माता के दर्शन के लिए दैवीय अनुमति मांगते हैं। यहां तीन दिवसीय मेला लगता है। मंदिर के सबसे वरिष्ठ पुजारी महाराज गोपाल बताते हैं कि लोग यहां क्यों आते हैं। वह कहते हैं, "यह हिंदू धर्म में सबसे पवित्र तीर्थस्थल है। जो कोई भी इन तीन दिनों के दौरान मंदिर में आता है और पूजा करता है, उसके सभी पाप क्षमा हो जाते हैं।" हिमंत सरमा ने क्या कहा? मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘यह मंदिर हिंगोल राष्ट्रीय उद्यान की दुर्गम पहाड़ियों में स्थित है और ऐसा माना जाता है कि यही वह स्थान है जहां देवी सती का शीश गिरा था। इस कारण यह स्थान देवी शक्ति के सबसे पवित्र स्थलों में से एक माना जाता है।’’ उन्होंने कहा कि ‘‘सिंधी, भावसर और चरण समुदायों’’ के श्रद्धालु सदियों से रेगिस्तानी रास्तों को पार करते हुए इस मंदिर में दर्शन के लिए कठिन यात्राएं करते आ रहे हैं। हिंगोल नेशनल पार्क के बीहड़ इलाकों में बसे इस मंदिर के बारे में माना जाता है कि यह वह स्थान है जहां देवी सती का सिर गिरा था, जो इसे शक्तिपीठ के सबसे पवित्र स्थलों में से एक बनाता है। मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि धार्मिक महत्व से परे, बलूचिस्तान इस क्षेत्र में उपमहाद्वीप के विभाजन से पहले तक हिंदुओं की प्राचीन सांस्कृतिक उपस्थिति का भी गवाह रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि इस तीर्थ स्थल को बलूच समुदाय भी गहरे सम्मान से ‘नानी मंदिर’ कहकर संबोधित करते है, जो विभिन्न समुदायों के बीच साझा विरासत और पारस्परिक श्रद्धा की दुर्लभ मिसाल है। recent visitors 58

आतंकी रहे अहमद अल-शारा से डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात की दुनिया भर में चर्चा, प्रतिबंध हटाने का हुआ ऐलान

दमिश्क अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीरिया के अंतरिम नेता अहमद अल-शारा से मुलाकात की थी। इसके अलावा अमेरिकी नेता ने सीरिया से प्रतिबंध हटाने का भी ऐलान किया है। कभी आतंकी रहे अहमद अल-शारा से डोनाल्ड ट्रंप की मुलाकात की दुनिया भर में चर्चा है। कई देशों और मीडिया की तरफ से आलोचना भी हो रही है। लेकिन सीरिया में जश्न जैसा माहौल है। बुधवार रात को ही सीरिया में बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए हैं। ये लोग नाच रहे हैं और डोनाल्ड ट्रंप की तारीफें कर रहे हैं। आज उनके लिए वही अमेरिका दोस्त बन गया है, जिसे कभी वे 'जानी दुश्मन' मानते थे। इस तरह एक झटके में सीरिया में माहौल बदल गया है। सीरिया के लोगों का कहना है कि अमेरिकी प्रतिबंध हटने के बाद अब उनके देश का आर्थिक विकास हो सकेगा। अब हम भी दुनिया की मुख्यधारा में आएंगे। जश्न मना रहे कई लोगों ने तो कहा कि यह सीरिया के नए जन्म जैसा है। इन लोगों का कहना है कि यह हमारे लिए कई दशक से चली आ रही तबाही से उबरने का एक रास्ता होगा। अब हमारे देश में भी निवेश आएगा और आर्थिक प्रगति की राह खुलेगी। वहीं अहमद अल शारा का कहना है कि डोनाल्ड ट्रंप का फैसला बहुत साहस भरा है। उन्होंने कहा कि अब एक नया और आधुनिक सीरिया खड़ा होगा। यह तो सीरिया के लिए पुनर्जन्म जैसा है। टीवी पर देश को संबोधित करते हुए अहमद अल-शारा ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति का फैसला ऐतिहासिक और साहसी है। इससे सीरिया के लोगों की पीड़ा कम होगी। अब हम क्षेत्रीय शांति और स्थिरता में अपना योगदान दे सकेंगे। दरअसल सीरिया लंबे समय से गृह युद्ध की मार झेल रहा है। फिर आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट ने कब्जा जमा लिया था। लंबे समय तक बशर अल असद और उनके परिवार की देश में तानाशाही रही। इसके चलते सीरिया की 90 फीसदी आबादी गरीबी रेखा से नीचे जीवन गुजार रही है। अब सीरिया के लोगों को लगता है कि यह विकास की नई सुबह होगी। गुरुवार को सुबह ही बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। रात को भी जश्न चला। सोशल मीडिया पर जो वीडियो वायरल हो रहे हैं, उसमें दिखता है कि लोग झंडे लहराते हुए झूम रहे हैं। दमिश्क के मशहूर उम्मैद स्क्वेयर पर हजारों लोगों का जमावड़ा दिखाई दिया। बैकग्राउंड में म्यूजिक बज रहा था और सीरिया के झंडे लहरा रहे थे। वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार जिहाद यजीगी नाम के एक शख्स ने कहा कि अब सरकार कोई बहाना नहीं कर पाएगी कि हमारे ऊपर अमेरिकी प्रतिबंध हैं। वह सीरिया रिपोर्ट के एडिटर भी हैं। वहीं एक अन्य शख्स हाजेम अल-लोदा ने कहा कि असद सरकार से निपटने के लिए अमेरिका ने पाबंदिया लगाई थीं, लेकिन इसे भुगत तो हमारे जैसे आम लोग ही रहे थे। recent visitors 61

आईसीसी ने WTC फाइनल की विजेता को मिलेंगे 30 करोड़, आईसीसी ने किया बंपर प्राइज मनी का एला

नई दिल्ली इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी ने वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025 फाइनल की बंपर प्राइज मनी का ऐलान कर दिया है। इस बार विजेता टीम को पिछले दो टूर्नामेंट के मुकाबले दोगुनी इनामी राशि मिलने वाली है। साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच WTC 2025 का फाइनल मुकाबला 11 जून से लंदन के लॉर्ड्स में खेला जाना है। इस टूर्नामेंट की विजेता टीम को इस बार करीब 30 करोड़ रुपये मिलेंगे और उपविजेता टीम भी मालामाल हो जाएगी, जिसको करीब साढ़े 18 करोड़ रुपये मिलने वाले हैं। लंदन के ऐतिहासिक स्टेडियम में खेले जाने वाले एकमात्र मैच में साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया की भिड़ंत 11 जून से होगी। इस मैच के लिए आईसीसी ने 5.76 मिलियन यूएस डॉलर यानी करीब सवा 49 करोड़ रुपये इनाम के तौर पर बांटने का फैसला किया है। पिछले दो एडिशन्स के मुकाबले इस बार की प्राइज मनी दोगुनी से भी ज्यादा है। इसमें से खिताबी जीत हासिल करने वाली टीम को 3.6 मिलियन अमेरिकी डॉलर यानी करीब पौने 31 करोड़ रुपये मिलेंगे। वहीं, हारने वाली टीम को 2.16 मिलियन यूएस डॉलर यानी करीब साढ़े 18 करोड़ रुपये मिलने वाले हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें 2021 के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल की विजेता न्यूजीलैंड और 2023 के WTC फाइनल की विजेता ऑस्ट्रेलिया को 1.6-1.6 मिलियन यूएस डॉलर यानी करीब साढ़े 13-13 करोड़ रुपये मिले थे। दोनों बार भारतीय टीम मुकाबले हारी थी। दोनों बार भारत को 8-8 लाख अमेरिकी डॉलर मिले थे। भारतीय मुद्रा में ये रकम पौन सात करोड़ के आसपास बैठती है। इस तरह इस बार आईसीसी ने दिल खोलकर इस फॉर्मेट की चैंपियन टीम के लिए इनामी राशि देने का फैसला किया है। सिर्फ विजेता-उपविजेता ही नहीं, बल्कि आईसीसी ने तीसरे से नौवें नंबर तक वाली टीम को भी प्राइज मनी में से हिस्सा दिया है। तीसरे नंबर पर इस बार भारत रहा है, जिसे 1.44 मिलियन यूएस डॉलर (12 करोड़ 32 लाख रुपये) और नंबर चार रहने वाली न्यूजीलैंड की टीम को 1.2 मिलियन यूएस डॉलर यानी 10 करोड़ 26 लाख रुपये मिलने वाले हैं। पांचवें नंबर पर इंग्लैंड थी, जिसे 9 लाख 60 हजार यूएसडी, छठे नंबर वाली श्रीलंका की टीम को 8 लाख 40 हजार यूएसडी, सातवे नंबर वाली बांग्लादेश की टीम को 7 लाख 20 हजार यूएसडी, 8वें नंबर पर विराजमान रहने वाली वेस्टइंडीज की टीम को 6 लाख यूएसडी और नौवें नंबर पर रहने वाली पाकिस्तान की टीम को 4 लाख 80 हजार यूएसडी मिलेंगे। recent visitors 60

Indian Army में निकलीं भर्तियां, फटाफट करें अप्लाई, सैलरी 1.2 लाख महीना

नई दिल्ली अगर आप देश सेवा करना चाहते हैं तो आपके पास अच्छा मौका है. इंडियन आर्मी ने कई पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी किया है. भारतीय सेना की तरफ से टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स (TGC 142) – जनवरी 2026 के लिए आवेदन मांगे गए हैं. इस भर्ती के लिए कैंडिडेट्स 30 अप्रैल 2025 से ऑनलाइन आवेदन कर सकते है. आवेदन करने की आखिरी तारीख  29 मई 2025 को दोपहर 3:00 बजे तक हैं. इस भर्ती में अप्लाई करने के लिए उम्मीदवारों को इंडियन आर्मी की वेबसाइट joinindianarmy.nic.in पर जाकर ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा. टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स (TGC-142) 2026 के लिए आवेदन शुरू आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों को अविवाहित पुरुष होना चाहिए और उनके पास B.E./B.Tech की डिग्री होनी चाहिए, या वे इंजीनियरिंग के अंतिम वर्ष के छात्र होने चाहिए. आयु सीमा 20 से 27 वर्ष के बीच रखी गई है (2 जनवरी 1999 से 1 जनवरी 2006 के बीच जन्मे). इस भर्ती में सीधा SSB इंटरव्यू होगा और कोई लिखित परीक्षा नहीं होगी. सफल उम्मीदवारों को भारतीय सैन्य अकादमी, देहरादून में प्रशिक्षण प्राप्त होगा और बाद में उन्हें स्थायी कमीशन मिलेगा. यह अवसर उन इंजीनियरिंग ग्रेजुएट्स के लिए है जो भारतीय सेना का हिस्सा बनकर गर्व से देश की सेवा करना चाहते हैं. देहरादून में होगी ट्रेनिंग टीजीटी-142 के माध्यम से भारतीय सेना में चयन होने पर, उम्मीदवारों को विभिन्न प्रमुख कॉर्प्स में कमीशन मिलेगा. इसमें इंजीनियर्स कॉर्प्स, सिग्नल कॉर्प्स, और इलेक्ट्रॉनिक्स एंड मैकेनिकल इंजीनियर्स जैसी प्रतिष्ठित शाखाएं शामिल हैं. चयनित उम्मीदवारों को भारतीय सेना के एक प्रशिक्षित अधिकारी के रूप में आईएमए देहरादून में 12 महीने का प्रशिक्षण प्राप्त करना होगा. इसके बाद उन्हें लेफ्टिनेंट के पद पर परमानेंट कमीशन मिलेगा, जिससे उन्हें एक स्थायी अधिकारी के रूप में भारतीय सेना में सेवा करने का अवसर मिलेगा. इतनी मिलेगी सैलरी सैलरी और भत्ते की बात करें तो, आईएमए देहरादून में प्रशिक्षण के दौरान उन्हें 56400 रुपये का मासिक स्टाइपेंड मिलेगा, जो उनके जीवन यापन में सहायक होगा. प्रशिक्षण पूरी होने और कमीशन मिलने के बाद, एक लेफ्टिनेंट के तौर पर उनकी वार्षिक सैलरी लगभग 17-18 लाख रुपये तक हो सकती है. इसके अलावा, उन्हें मुफ्त चिकित्सा कवर, होम टाउन यात्रा पर मुफ्त यात्रा सुविधा, CSD कैंटीन का लाभ, और आवास जैसी कई अन्य आकर्षक सुविधाएं भी प्रदान की जाएंगी. ये सभी भत्ते और सुविधाएं एक सेना अधिकारी को उनके कार्यकाल के दौरान पूरी तरह से सक्षम और संतुष्ट रखने के लिए प्रदान की जाती हैं. recent visitors 71

IPL पर दक्षिण अफ्रीका बोर्ड ने कुर्बान कर दी WTC फाइनल मैच की तैयारी, बदल दी प्रैक्टिस की डेट

नई दिल्ली क्रिकेट साउथ अफ्रीका ने कुछ ही घंटे पहले इस बात का ऐलान किया था कि उनके वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025 फाइनल के लिए टीम में शामिल खिलाड़ियों को IPL 2025 के प्लेऑफ्स के मुकाबले छोड़कर नेशनल ड्यूटी पर लौटना होगा। 26 मई तक वे आईपीएल में हिस्सा ले सकते हैं। हालांकि, अब इस फैसले को बोर्ड ने पलट दिया है और फाइनल तक खिलाड़ियों को आईपीएल में खेलने की अनुमति है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 11 जून से लंदन के लॉर्ड्स में होने वाले WTC Final के लिए टीम 3 जून से ट्रेनिंग शुरू करेगी। बीसीसीआई ने 12 मई को इस बात की जानकारी दी थी कि 17 मई से आईपीएल फिर से शुरू होगा। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के खिलाड़ियों को लेकर असमंजस की स्थिति थी, क्योंकि उनको 11 जून से WTC फाइनल खेलना था। ये स्थिति उस सम और गहरा गई, जब आईपीएल 2025 फाइनल को 25 मई से सीधे 3 जून तक खींच दिया गया। सीएसए ने पहले डब्ल्यूटीसी फाइनल की तैयारियों के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि उन्होंने बीसीसीआई को बताया था कि खिलाड़ी 26 मई को लौट आएंगे। सीएसए के नेशनल टीम और हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर एनोच एनक्वे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा, "वापस लौटना, खेलना या जारी रखना, यह स्पष्ट रूप से एक व्यक्तिगत निर्णय है, लेकिन एक बात हमने स्पष्ट कर दी है, और हम आईपीएल और बीसीसीआई के साथ इस पर अंतिम रूप दे रहे हैं कि डब्ल्यूटीसी की तैयारियों के मामले में हम अपनी मूल योजना पर कायम रहेंगे। टेस्ट खिलाड़ियों के वापस आने की आखिरी तारीख 26 मई है। मूल योजना में कोई बदलाव नहीं हुआ है, क्योंकि नंबर 1 प्राथमिकता WTC फाइनल है।" हालांकि, वेस्ट ऑस्ट्रेलियन टुडे की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि एनक्वे अपने बयान से पलट गए और कहा कि वापसी की तारीख बदल दी गई है। एनक्वे ने कहा कि सीएसए, बीसीसीआई और आईपीएल फ्रेंचाइजी के बीच कार्यकारी और बोर्ड स्तर पर चर्चा चल रही है। उन्होंने कहा, "टीम अब 3 जून को खेल के लिए ट्रेनिंग शुरू करेगी। इस मामले पर मुझसे ऊपर चर्चा की जा रही है। जमीनी स्तर पर, हम WTC फाइनल की तैयारियों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।" साउथ अफ्रीका के करीब एक दर्जन खिलाड़ी आईपीएल 2025 का हिस्सा हैं। इनमें से 8 खिलाड़ी ऐसे हैं, जो WTC फाइनल के लिए चुने गए हैं। इनमें कगिसो रबाडा (गुजरात टाइटन्स), लुंगी एनगिडी (रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु), ट्रिस्टन स्टब्स (दिल्ली कैपिटल्स), एडेन मार्करम (लखनऊ सुपर जायंट्स), रयान रिकेल्टन (मुंबई इंडियंस), कॉर्बिन बॉश (एमआई), मार्को जेनसन (पंजाब किंग्स) और वियान मुल्डर (सनराइजर्स हैदराबाद) का नाम शामिल है। वियान मुल्डर 25 मई को फ्री हो जाएंगे, क्योंकि उनकी टीम प्लेऑफ्स की रेस से बाहर है। इसके अलावा 26 मई को ये पता चल जाएगा कि कौन-कौन सी टीम आगे बढ़ रही है। उस हिसाब से कुछ और खिलाड़ी फ्री हो जाएंगे। एलिमिनेटर के बाद भी कुछ खिलाड़ियों के फ्री होने की उम्मीद होगी। आईपीएल 2025 के प्लेऑफ्स 29 मई से 3 जून तक हैं। recent visitors 57