मुख्यमंत्री ने ऑपरेशन सिंदूर को बताया अद्वितीय, आंतकी हमले के मुंहतोड़ जवाब पर बधाई

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सशस्त्र बलों द्वारा ऑपरेशन सिंदूर के संबंध में मीडिया के लिए जारी संदेश में कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जो कहते हैं, वह होता है। हमारी सेना भी जगत जननी मां जगदंबा नवदुर्गा के समान शक्ति संपन्न है, जो दुश्मनों का समूल नाश करने में सक्षम है। पाकिस्तान के 9 आतंकवादी ठिकानों पर भारतीय सेना ने मुंह तोड़ जवाब दिया है, इससे पूरा देश गौरवान्वित है। ऑपरेशन सिंदूर नाम से ही स्पष्ट है, सिंदूर पर हाथ लगाने और गलत निगाह डालने वाले को भारतीय सेना ने जवाब दिया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने कहा था कि हर वह स्थान और हर वह व्यक्ति जो भारत की तरफ गलत निगाह से देखेगा, उसे मिट्टी में मिला देंगे। आपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान के 9 आतंकी ठिकानों का परिणाम आज सबने देखा है। प्रधानमंत्री श्री मोदी को आतंकी खातमे के इस जबर्दस्त प्रहार की कोटिशः बधाई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केन्द्रीय रक्षा मंत्री, गृहमंत्री, सरकार और पहलगाम आतंकी हमले के विरोध में एकजुटता दिखाने वाले सभी भारतवासियों के लिए यह गौरव का विषय है। हम सब प्रधानमंत्री श्री मोदी के साथ चट्टान की तरह खड़े हैं। राज्य सरकार प्रधानमंत्री श्री मोदी के हर कदम के साथ है। हमारे देश के दुश्मनों को सबक सिखाते हुए भारतीय वीरता का जो परचम फहराया गया है, यह सब भारतवासियों के लिए गर्व का आधार है। इस ऑपरेशन में किसी को भी व्यक्तिगत हानि ना पहुँचाते हुए आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया है।   recent visitors 53

मुख्यमंत्री ने की महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा, कामकाजी महिलाओं के लिए हॉस्टल उपलब्ध कराएं

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि कामकाजी महिलाओं की सुविधा के लिए प्रदेश के सभी शहरों में हॉस्टल सुविधा उपलब्ध कराई जाए। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा मिशन शक्ति के अंतर्गत संचालित "सखी-निवास" सुविधा का विस्तार उन औद्योगिक क्षेत्रों में भी किया जाए, जहां महिला कर्मचारी अधिक संख्या में हैं। बालिकाओं और महिलाओं को रोजगारपरक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने तथा उनके कौशल उन्नयन के लिए विभागीय समन्वय से गतिविधियां संचालित की जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य, शारीरिक विकास और पोषण की उचित उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए महिला एवं बाल विकास, स्वास्थ्य और आयुष विभाग निश्चित कार्य योजना बनाकर उसका क्रियान्वयन करें। आंगनवाड़ी भवनों की उपलब्धता और रख रखाव के लिए नगरीय निकायों और पंचायतराज संस्थाओं से भी आवश्यक समन्वय सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बुधवार को महिला एवं बाल विकास विभाग की गतिविधियों की मंत्रालय में समीक्षा के दौरान यह निर्देश दिए। बैठक में कुपोषण मुक्त झाबुआ के लिए चलाए गए "मोटी आई" अभियान पर लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई। नवाचार को अनुकरणीय बताया गया। समीक्षा में महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया, मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा, विभागीय प्रमुख सचिव श्रीमती रश्मि अरूण शमी, आयुक्त महिला बाल विकास श्रीमती सूफिया फारूखी बली सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आंगनवाड़ियों में पूरक पोषण आहार उपलब्ध कराने की व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए एक माह में कार्य योजना प्रस्तुत की जाए। प्रोटीन युक्त भोजन सामग्री उपलब्ध कराने के लिए चना और अन्य प्रोटीन स्रोत अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। दुग्ध संघों से आंगनवाड़ी के बच्चों को दूध भी आवश्यक रूप से उपलब्ध कराया जाए। गर्भवती तथा धात्री महिलाओं को भी सम्पूर्ण पौष्टिक आहार उपलब्ध करायें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश की सामाजिक संस्थाओं, औद्योगिक इकाइयों के साथ मंदिरों में उपलब्ध संसाधनों का उपयोग भी आंगनवाड़ियों की बेहतरी के लिए किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सुरक्षित प्रसव के लिए प्रसव की संभावित तिथि से पहले सुदूरवर्ती ग्रामों तथा अन्य स्थानों से अस्पताल पहुंचने वाली गर्भवती महिलाओं के रहने तथा उनकी देखरेख के लिए आवश्यक व्यवस्था विकसित की जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि समय-सीमा निर्धारित कर यह सुनिश्चित किया जाए की सभी जिलों में आंगनवाड़ियां शासकीय भवनों में संचालित हों। इसके लिए स्कूल शिक्षा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, नगरीय विकास और जनजातीय कार्य विभाग सहित अन्य विभागों के उपलब्ध भवनों का भी उपयोग किया जाए। जिला स्तर पर पंचायत राज संस्थाओं, नगरीय निकायों के सहयोग तथा सांसद-विधायक निधि, डीएमएफ एवं अन्य संसाधनों से प्राथमिकता के आधार पर आंगनवाड़ियों के लिए भवनों का निर्माण कराया जाए। भवनों में जहाँ पर्याप्त स्थान और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध हों, वहीं आंगनवाड़ियों का संचालन हो। मिशन शक्ति में हिंसा से पीड़ित महिलाओं की सहायता के लिए प्रदेश में संचालित 57 वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से वर्ष 2024-25 में 31 हजार 726 महिलाओं को सहायता उपलब्ध कराई गई। महिला हेल्प लाइन-181 से इस वर्ष 82 हजार 552 महिलाओं को सहायता दी गई। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में गर्भवती महिलाओं को मजदूरी की हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में 58 लाख 70 हजार हितग्राहियों को एक हजार 878 करोड़ रूपए का भुगतान किया गया। सशक्त वाहिनी नवाचार में 11 हजार 321 युवतियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया और 156 युवतियां विभिन्न शासकीय विभागों में चयनित हुईं। बैठक में मिशन वात्सल्य, पूरक पोषण आहार कार्यक्रम, सक्षम आंगनवाड़ी केन्द्रों के उन्नयन, पोषण भी पढ़ाई भी, लाड़ली लक्ष्मी योजना और लाड़ली बहना योजना की समीक्षा भी हुई।   recent visitors 43

आतंकियों की मौत पर पाकिस्तानी सेना का मातम, जनाजे में उमड़े फौजी, भारत के खिलाफ नारेबाजी

इस्लामाबाद भारत ने हमला भले ही पाकिस्तान में आतंकवादियों पर किया हो, लेकिन मातम पड़ोसी मुल्क की सेना मना रही है। भारत के खिलाफ आतंकवादियों का इस्तेमाल करता रहा पाकिस्तान बुधवार को एक बार फिर दुनिया के सामने बेनकाब हो गया। पाकिस्तान और पाक अधिकृत कश्मीर में मारे गए आतंकवादियों के जनाजों में पाकिस्तानी सेना, पुलिस और आईएसआई के अफसर भी मातम मनाते नजर आए। इस दौरान भारत के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी ठिकानों पर मंगलवार देर रात मिसाइलों की बारिश कर दी। इन हमलों में बड़ी संख्या में आतंकवादियों के मारे जाने की सूचना है। भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने अपने एयरस्पेस में रहते हुए पाकिस्तान के बहावलपुर और मुरीदके में भी मिसाइल दागे। इन मिसाइलों को बहावलपुर में जैश-ए-मोहम्मद और मुरीदके में मौजूद लश्कर-ए-तैयबा के ठिकानों पर फटने के लिए गाइड किया गया था। जैश के अलावा लश्कर-ए-तैयबा के कई बड़े दहशतगर्दों के चीथड़े उड़ गए। हमले के बाद जहां पाकिस्तान की सरकार हाथ मलते हुए गीदड़-भभकी देने में जुटी थी तो आतंकियों के परिवारों में रोना-धोना मचा था। सोशल मीडिया पर कुछ ऐसे वीडियो वायरल हुए जिनमें ताबूतों के सामने पाक सेना के अफसर सिर झुकाए खड़े हैं। पाकिस्तान में आतंकियों की मौत पर सेना का मातम मीडिया ने भी कुछ तस्वीरें जारी की हैं। इनके कैप्शन में कहा गया है कि मुरीदके में हुए भारत के हमलों में मरे लोगों के जनाजे में पाकिस्तानी सैनिक भी शामिल हुए। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है कि फौजी अफसरों के अलावा पुलिस और आईएसआई के कई आला अधिकारी भी मातम मनाने पहुंचे थे। कुछ वीडियो ऐसे भी सामने आए हैं जिनमें लोग भारत के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सुने जा सकते हैं। गौरतलब है कि पाकिस्तानी में सेना और आतंकियों के बीच बहुत करीबी रिश्ता है। या यूं कहें कि दोनों एक दूसरे के पूरक हैं। ऐसे में भारत के इस प्रहार से सेना को भी दर्द होना लाजिमी है। recent visitors 47

भोपाल में आज सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल और ब्लैक आउट का हुआ अभ्यास

भोपाल भोपाल में बुधवार को सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल और ब्लैक आउट का अभ्यास हुआ। आपदा प्रबंधन की दृष्टि से हुए इस व्यापक पूर्वाभ्यास का उद्देश्य नागरिकों को आपातकालीन परिस्थितियों के प्रति जागरूक करना और प्रशासनिक एजेंसियों की तैयारी को परखना था। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह के निर्देशन में सम्पन्न इस मॉक ड्रिल में शहर के 5 प्रमुख स्थलों पर प्रभावी रेस्क्यू ऑपरेशन का अभ्यास किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य आपदा प्रबंधन कक्ष भोपाल से प्रदेश के 5 जिलों में आयोजित मॉक ड्रिल का वर्चुअली अवलोकन किया। इस दौरान उन्होंने सभी 5 जिलों के कलेक्टरों से चर्चा कर ड्रिल संबंधी जानकारी भी प्राप्त की। डीबी मॉल में फायर ड्रिल के दौरान आगजनी की स्थिति में त्वरित अग्निशमन और घायलों की सुरक्षित निकासी का अभ्यास किया गया। सरोजनी नायडू महाविद्यालय में स्थापित अस्थायी अस्पताल में घायलों को प्राथमिक उपचार प्रदान करने की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक प्रदर्शित किया गया। न्यू मार्केट में लोगों की सुरक्षित निकासी कर पुलिस लाइन तक पहुँचाने का सफल अभ्यास किया गया, जहाँ भीड़ प्रबंधन और राहत कार्यों में उत्कृष्ट समन्वय देखने को मिला। भेल क्षेत्र में सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन के तहत मलबे में फँसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। कोकता मल्टी में भवन ध्वस्तीकरण के दौरान फँसे व्यक्तियों की प्रभावी रेस्क्यू प्रक्रिया को अंजाम दिया गया। कलेक्टर श्री सिंह ने बताया कि इस मॉक ड्रिल से आपात परिस्थितियों में विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय और नागरिकों की सहभागिता की प्रभावशीलता सिद्ध हुई है। उन्होंने सभी प्रतिभागी दलों की कार्य कुशलता की सराहना की । शाम 7:30 से 7:42 बजे तक ब्लैक आउट का अभ्यास भी सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। रेड अलर्ट सायरन की ध्वनि के साथ नागरिकों ने घरों, दुकानों, कार्यालयों एवं संस्थानों की सभी रोशनियाँ बंद कर दीं। वाहन चालकों ने अपने वाहन रोककर हेडलाइट और बैकलाइट बंद रखीं। निर्धारित समय पर ग्रीन अलर्ट सायरन के साथ “ऑल क्लीयर सिग्नल” जारी किया गया और सभी रोशनियाँ पुनः चालू कर दी गईं। इस दौरान नागरिकों ने अनुशासन और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए प्रशासन के निर्देशों का पूर्णतः पालन किया।   recent visitors 67

ब्रिटेन से पेट्रोल और डीजल इंजन वाहन के आयात पर शुल्क रियायत पूर्व-निर्धारित कोटा तक सीमित, नहीं मिलेगी टैरिफ में छूट

नई दिल्ली भारत मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के तहत हीरा, चांदी, स्मार्टफोन और ऑप्टिकल फाइबर जैसे कई संवेदनशील औद्योगिक उत्पादों पर ब्रिटेन की कंपनियों को कोई शुल्क रियायत नहीं देगा। एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह भी कहा कि ब्रिटेन से पेट्रोल और डीजल इंजन वाहन के आयात पर शुल्क रियायत पूर्व-निर्धारित कोटा तक सीमित है। इसी तरह, सीमा शुल्क की रियायती दर पर ब्रिटिश इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) के आयात का कोटा केवल कुछ हजार तक सीमित है। प्लास्टिक, हीरा, चांदी, बेस स्टेशन, स्मार्टफोन, टेलीविजन कैमरा ट्यूब, आप्टिकल फाइबर, आप्टिकल फाइबर बंडल और केबल जैसे संवेदनशील औद्योगिक सामान को एफटीए की सूची से बाहर रखा गया है। निर्यात को बढ़ावा मिलने की संभावना भारत, ब्रिटेन को इन वस्तुओं पर कोई आयात शुल्क लाभ नहीं देता है। वाहन क्षेत्र को खोलने के बारे में अधिकारी ने कहा कि वैश्विक स्तर पर चौथे सबसे बड़े वाहन मैन्युफैक्चरर्स के तौर पर भारत के पास वाहन मूल्य श्रृंखला में वैश्विक अगुआ के रूप में उभरने की रणनीतिक क्षमता है। भारत के मजबूत विनिर्माण आधार के बावजूद, वैश्विक वाहन बाजार में इसकी हिस्सेदारी कम बनी हुई है, जो विस्तार की व्यापक संभावनाओं को दर्शाता है। आईसीई (आंतरिक दहन इंजन) यानी परंपरागत ईंधन के वाहनों के लिए ब्रिटेन के बाजार तक पहुंच से देश के वाहन और वाहन कलपुर्जों के निर्यात को बढ़ावा मिलने की संभावना है। ईवी के लिए भी हुआ फैसला अधिकारी ने कहा, 'ईवी के लिए कोटा से बाहर शुल्क में कोई कमी नहीं की गई है। ईवी से जुड़ी संवेदनशीलता का ध्यान रखा गया है। आईसीई वाहनों पर कोटा से बाहर शुल्क को लंबे समय में धीरे-धीरे कम किया जाएगा, जिससे हमारे उद्योगों को ब्रिटेन से बढ़ने वाले आयात का मुकाबला करने के लिए वक्त मिल सके।' ब्रिटेन सरकार ने 2027 से अपना 'कार्बन बॉर्डर एडजस्टमेंट मैकेनिज्म' (सीबीएएम) लागू करने का निर्णय दिसंबर 2023 में लिया था।   recent visitors 53

विनय नरवाल की बुआ की बेटी वैशाली ने कहा- भविष्य में कभी भी पुलवामा और पहलगाम जैसी घटना न हो सकें

शामली आखिर 15 दिन बाद भारतीय सेना ने पाकिस्तान में घुसकर आतंकियों को मुंहतोड़ जवाब दिया है। इससे पहलगाम हमले में मारे गए लोगों को सच्ची श्रद्धांजलि मिलेगी। भारतीय सेना को आतंकवाद के खिलाफ लगातार ऐसी कार्रवाई करनी चाहिए, जिससे भविष्य में कभी भी पुलवामा और पहलगाम जैसी घटना न हो सकें। ये कहना है पहलगाम हमले में मारे गए लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की बुआ की बेटी वैशाली का। 22 अप्रैल को पहलगाम हमले में मारे गए करनाल निवासी लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की रिश्तेदारी शामली के मुहल्ला काका नगर में भी है। यहां उनकी बुआ रहती हैं। मंगलवार रात भारतीय सेना ने पहलगाम की घटना का बदला लेने के लिए एयर स्ट्राइक की। इस पर लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की बुआ की बेटी वैशाली का कहना कि देश की सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ जो कार्रवाई की है, वह हमारे लिए गर्व की बात है, लेकिन सरकार को लगातार आतंकवादियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई जारी रखनी चाहिए, जिससे भविष्य में कभी भी पाकिस्तान हमला करने की तो दूर कभी सपने में भी भारत की ओर न देखे। उन्होंने कहा कि भाई के अलावा पहलगाम हमले में मारे गए लोगों के लिए यह सच्ची श्रद्धांजलि है, जिन लोगों ने अपनों को खोया है, वह तो कभी वापस नहीं आ सकते, लेकिन सरकार को ऐसा सख्त कदम उठाए की भविष्य में कभी कोई ऐसी घटना न हो। उन्होंने भारत की ओर से की गई एयर स्ट्राइक के बाद अपने मामा और उनके परिवार से भी बातचीत की। recent visitors 43

एमपी में सांची दूध के रेट बढ़े:आज से दो रुपए प्रति लीटर महंगा; अमूल ने 6 दिन पहले बढ़ाए थे दाम

भोपाल मदर डेयरी और अमूल के बाद मध्य प्रदेश के प्रतिष्ठित दुग्ध संघ सांची का दूध भी 7 मई यानी आज से 2 रुपए लीटर महंगा हो गया है। डीटीएम 180 एमएल को छोड़कर सभी वेरिएंट की कीमतों में वृद्धि की है। 1 लीटर फुल क्रीम गोल्ड दूध 67 रुपए प्रति लीटर की दर से मिलेगा। जिनके अग्रिम कार्ड 15 मई तक बन चुके हैं, उन्हें पुरानी दरों पर ही दूध मिलेगा। घी के दाम भी 20 रूपए प्रति लीटर बढ़े हैं, 1 लीटर 630 का होगा।  सांची दूध की कीमतों में दो रुपए प्रति लीटर की दर से बढ़ोतरी की गई है। दुग्ध संघ की ओर से नई कीमतें मंगलवार रात 12 बजे से लागू की गईं हैं। इधर, बढ़े दूध के दाम को लेकर आज बुधवार को कांग्रेस महिला विभाग की प्रदेश अध्यक्ष के नेतृत्व में राजधानी भोपाल में विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। आज से क्या होंगे दूध के दाम आज से प्रदेशभर में सांची दुग्ध संघ द्वारा दूध के दामों में बढ़ोतरी हुई है। नई दरों के तहत अब फुल क्रीम दूध (गोल्ड) 500 एमएल 33 रुपए से की जगह अब 34 रुपए में मिलेगा। फुल क्रीम दूध (गोल्ड) एक लीटर का रेट 65 से 67 रुपए कर दिया गया है। स्टेंडर्ड दूध (शक्ति) 500 एमएल 31 रुपए, टोण्ड दूध (ताजा) 500 एमएल 28 रुपए, डबल टोण्ड दूध (स्मार्ट) 500 एमएल 26 रुपए और चाह दूध एक लीटर 60 रुपए में मिलेगा। अमूल भी बढ़ा चुका दूध के दाम सांची दूध की कीमतों में परिवर्तन के बाद दूध के पैकेटों पर छपी हुई पुरानी कीमतें रद्द मानी जाएंगी। बता दें कि, इससे पहले अमूल ने दूध के दाम बढ़ाए थे। एक लीटर दूध पर 2 रुपए, जबकि आधा लीटर दूध पर एक रुपए की बढ़ोतरी की थी। वहीं, मदर डेयरी इससे पहले दूध के दामों में इतनी ही बढ़ोतरी की थी। recent visitors 44