‘जो हमारी रक्षा करते हैं, ईश्वर उनकी रक्षा करे, मैं अपनी सेना की रक्षा और सफला के लिए प्रार्थना करती हूं: कंगना

मंडी कंगना रनौत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का वीडियो शेयर कर सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ की है और अपना समर्थन दिखाया है। कंगना रनौत ने लिखा, ‘उन्होंने कहा था मोदी को बता दो और मोदी ने इनकाे बता दिया। #ऑपरेशन सिंदूर।’ इसके बाद, कंगना ने इंस्टाग्राम स्टोरीज पर आर्मी द्वारा शेयर किया गया वीडियो पोस्ट किया। कंगना ने लिखा, ‘जो हमारी रक्षा करते हैं, ईश्वर उनकी रक्षा करे। मैं अपनी सेना की रक्षा और सफला के लिए प्रार्थना करती हूं।’ दो वीडियो शेयर करने के बाद कंगना ने भाजपा फॉर इंडिया द्वारा शेयर किया गया पोस्ट री-शेयर किया। उस पोस्ट में नरेंद्र मोदी की तस्वीर बनी हुई है और उसके ऊपर लिखा हुआ है, ‘पहचान करो, ढूंढो और दंडित करो।’ कंगना के अलावा अक्षय कुमार ने भी अपना समर्थन दिखाया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का पोस्ट शेयर कर ‘जय हिंद, जय महाकाल’ लिखा है। वहीं सुनील शेट्टी ने इंस्टाग्राम पर लिखा, “आतंकवाद के लिए कोई जगह नहीं है। जीरो टॉलरेंस। पूर्ण न्याय।” वेट्टैयान' अभिनेता ने एक्स पर लिखा, “लड़ाकू की लड़ाई शुरू हो गई है… मिशन पूरा होने तक कोई रोक नहीं! पूरा देश आपके साथ है @PMOIndia @HMOIndia #ऑपरेशन सिंदूर, जय हिंद।” recent visitors 53

भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव के चलते ₹97000 के नीचे आ गया गोल्ड, सोने-चांदी के रेट में गिरावट

मुंबई भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति से पहले मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर सोने की कीमतों में गिरावट देखी गई। MCX पर सोने का भाव ₹96,900 प्रति 10 ग्राम पर खुला, जबकि पिछले बंद भाव ₹97,491 था। सुबह 9:05 बजे, MCX पर सोने का भाव ₹841 या 0.86% की गिरावट के साथ ₹96,650 प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था। पिछले सत्र में सोने की कीमतों में 3% से अधिक की तेजी आई थी। चांदी की कीमतों में भी गिरावट MCX पर चांदी का भाव भी कम होकर खुला और ₹251 या 0.26% की गिरावट के साथ ₹96,450 प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रहा था। बता दें कि भारत और पाकिस्तान के बीच भू-राजनीतिक तनाव तब बढ़ गया जब भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में आतंकी ढांचे पर सटीक हमले करते हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया। इस ऑपरेशन में नौ आतंकी ठिकानों पर हमला किया गया, जो मुख्य लक्ष्य थे। रुपये में गिरावट पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवादी ठिकानों पर भारत के सैन्य हमलों के बाद सीमा पार तनाव बढ़ने के बीच रुपया बुधवार को शुरुआती कारोबार में 31 पैसे कमजोर होकर 84.66 प्रति डॉलर पर आ गया। विदेशी मुद्रा कारोबारियों ने बताया कि पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकवादी ठिकानों पर सैन्य हमलों से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ने का असर रुपये दिखा। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 84.65 प्रति डॉलर पर खुला। फिर डॉलर के मुकाबले 84.66 पर आ गया जो पिछले बंद भाव से 31 पैसे की गिरावट दर्शाता है। रुपया मंगलवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 84.35 पर बंद हुआ था। recent visitors 114

बौखलाए पाक ने LoC पर की गोलीबारी, 10 निर्दोषों की मौत और 48 घायल; भारत ने दिया मुंहतोड़ जवाब

श्रीनगर/जम्मू  पहलगाम आतंकी हमले (Pahalgam Terror Attack) के ठीक 15वें दिन मंगलवार रात करीब 1:44 बजे भारत ने पाकिस्तान और गुलाम जम्मू-कश्मीर (PoK) में स्थित आतंकी ठिकानों पर हमला कर दिया, जिससे पाकिस्तान बौखला गया है। पाकिस्तान ने अपनी बौखलाहट दूर करने के लिए जम्मू-कश्मीर में निंयत्रण रेखा पर रातभर गोलीबारी की है। रक्षा सूत्रों ने बुधवार को बताया कि जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर रातभर पाकिस्तानी सेना की ओर से की गई भारी गोलीबारी में 10 नागरिकों की मौत हो गई। पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में नौ आतंकी ठिकानों पर भारत द्वारा मिसाइल हमले किए जाने के बाद पाकिस्तानी सेना द्वारा संघर्ष विराम उल्लंघन पर उन्होंने कहा कि भारतीय सेना भी गोलाबारी का बराबर जवाब दे रही है। पाकिस्तान की गोलीबारी में 10 निर्दोष की गई जान सूत्रों ने बताया कि 6 और 7 मई की दरम्यानी रात को पाकिस्तानी सेना ने जम्मू-कश्मीर के सामने नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर चौकियों से तोपखाने से गोलाबारी समेत मनमाने तरीके से गोलीबारी की। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान की ओर से की गई अंधाधुंध गोलीबारी और गोलाबारी में 10 निर्दोष नागरिकों की जान चली गई। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों में एक महिला भी शामिल है, जिसका घर पुंछ जिले के मनकोट इलाके में मोर्टार शेल की चपेट में आ गया था। उसकी 13 वर्षीय बेटी घायल हो गई। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान की ओर से की गई भारी गोलाबारी में पुंछ के विभिन्न सेक्टरों में लगभग 48 अन्य नागरिक भी घायल हुए हैं। पुंछ जिले में गोलाबारी में हताहत लोग 1. मोहम्मद आदिल पुत्र शाईन नूर, निवासी सगरा, थाना मेंढर, पुंछ। 2. सलीम हुसैन पुत्र अल्ताफ हुसैन, निवासी बालाकोट, थाना मेंढर, पुंछ। 3. रूबी कौर पत्नी शल्लू सिंह, मोहल्ला सरदारन, मनकोटे, थाना मेंढर, पुंछ। 4. एक मोहम्मद ज़ैन (10 वर्ष) पुत्र रमीज खान निवासी गांव कलानी थाना मंडी ए/पी क्राइस्ट स्कूल पुंछ के पास। 5. मोहम्मद अकरम (55 वर्ष) पुत्र अब्दुल सुभान वार्ड नंबर 01, मोहल्ला सुक्का कथा, थाना पुंछ। 6. अमरीक सिंह पुत्र अवतार सिंह निवासी मोहल्ला सैंडीगेट, थाना पुंछ। 7. रणजीत सिंह पुत्र जोगा सिंह निवासी सैंडीगेट। 8. जोया खान (12 वर्ष पुत्री रमीज खान निवासी गांव कलानी थाना मंडी ए/पी क्राइस्ट स्कूल पुंछ के पास)। 9. मोहम्मद रफी (36) पुत्र मोहम्मद दीन निवासी गांव कोजरा, बांदीचेचियां थाना पुंछ। 10. मोहम्मद इकबाल (45) पुत्र पीर बख्श निवासी ग्राम बैला, वार्ड नंबर 02, थाना पुंछ। स्कूल-कॉलेज बंद करने के दिए गए आदेश अधिकारियों ने आदेश दिया है कि जम्मू क्षेत्र के पांच सीमावर्ती जिलों में सभी शैक्षणिक संस्थान बुधवार को बंद रहेंगे। संभागीय आयुक्त रमेश कुमार ने एक्स को बताया, 'मौजूदा स्थिति को देखते हुए जम्मू, सांबा, कठुआ, राजौरी और पुंछ में सभी स्कूल, कॉलेज और शैक्षणिक संस्थान आज बंद रहेंगे।' बता दें कि मनकोट के अलावा पुंछ में कृष्णा घाटी और शाहपुर सेक्टर, जम्मू क्षेत्र में राजौरी जिले में लाम, मंजाकोट और गंभीर ब्राह्मणा और उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा और बारामुल्ला जिलों में करनाह और उरी सेक्टरों में सीमा पार से भारी गोलाबारी की खबर है। लोगों को बंकरों में लेनी पड़ी शरण अधिकारियों ने बताया कि सीमा की रखवाली कर रहे भारतीय सुरक्षाबलों ने भी जवाबी कार्रवाई की और अंतिम रिपोर्ट मिलने तक दोनों पक्षों के बीच सीमा पार से गोलाबारी जारी थी। उन्होंने कहा कि पाकिस्तानी गोलाबारी के कारण लोगों को भूमिगत बंकरों में शरण लेनी पड़ी। पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले के बाद बढ़े तनाव के बीच जम्मू-कश्मीर में सीमा पर बिना उकसावे के गोलीबारी की यह लगातार 13वीं रात थी। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे, जिनमें ज्यादातर पर्यटक थे। इस भीषण नरसंहार के जवाब में भारतीय सशस्त्र बलों ने बुधवार तड़के पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में नौ आतंकवादी ठिकानों पर मिसाइल हमले किए, जिनमें बहावलपुर भी शामिल है, जो जैश-ए-मोहम्मद आतंकवादी संगठन का एक प्रमुख अड्डा है। भारतीय सेना ने रात 1:44 बजे जारी एक बयान में कहा कि सैन्य हमले 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत किए गए। भारतीय सेना के अतिरिक्त लोक सूचना महानिदेशालय (ADGPI) ने X पर लिखा, 'पाकिस्तान ने पुंछ-राजौरी क्षेत्र में भीमबेर गली में तोपखाने से गोलीबारी करके एक बार फिर संघर्ष विराम समझौते का उल्लंघन किया है। भारतीय सेना उचित तरीके से जवाब दे रही है।' सिंधु जल संधि निलंबन के बाद लगातार गोलीबारी कर रहा था पाक 25 फरवरी, 2021 को भारत और पाकिस्तान द्वारा संघर्ष विराम समझौते को नवीनीकृत करने के बाद नियंत्रण रेखा और अंतर्राष्ट्रीय सीमा (IB) पर संघर्ष विराम उल्लंघन बहुत कम हुआ है। 24 अप्रैल की रात से, पहलगाम में आतंकी हमले के बाद भारत द्वारा सिंधु जल संधि को निलंबित करने के कुछ ही घंटों बाद, पाकिस्तानी सैनिक कश्मीर घाटी से शुरू होकर जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा पर विभिन्न स्थानों पर बिना उकसावे के गोलीबारी कर रहे हैं। अधिकारियों ने कहा कि शुरुआत में उत्तरी कश्मीर के कुपवाड़ा और बारामुल्ला जिलों में नियंत्रण रेखा पर कई चौकियों पर बिना उकसावे के छोटे हथियारों से गोलीबारी शुरू करने के बाद, पाकिस्तान ने तेजी से पुंछ सेक्टर और उसके बाद जम्मू क्षेत्र के अखनूर सेक्टर में अपने संघर्ष विराम उल्लंघन का विस्तार किया। इसके बाद राजौरी जिले के सुंदरबनी और नौशेरा सेक्टर में नियंत्रण रेखा के पास कई चौकियों पर छोटे हथियारों से गोलीबारी की गई।   recent visitors 53

नागरिक सुरक्षा योजनाओं का अभ्यास (Mock drill) करने के लिये केन्द्र सरकार ने निर्देश दिये

प्रदेश के 5 जिलों में होगा नागरिक सुरक्षा का अभ्यास (Mock drill) नागरिक सुरक्षा योजनाओं का अभ्यास (Mock drill) करने के लिये केन्द्र सरकार ने निर्देश दिये Mock drill : ग्वालियर, भोपाल, इंदौर, जबलपुर और कटनी में होगा हवाई हमले से बचाव का अभ्यास भोपाल अपर मुख्य सचिव गृह जे.एन. कंसोटिया ने कहा है कि नागरिक सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन राष्ट्र का महत्वपूर्ण विषय एवं जिम्मेदारी है, फलस्वरुप नागरिकों की सुरक्षा के लिये सिविल डिफेंस अधिनियम 1968 एवं अन्य नियमों में नागरिक सुरक्षा करने के प्रावधान किये गये हैं। नागरिक सुरक्षा की जिम्मेदारी भारत सरकार के गृह मंत्रालय की है, जो समय-समय पर राज्यों को आवश्यक निर्देश देती है कि राज्य सरकारें नागरिक सुरक्षा योजनाएं बनायें, योजनाओं की समय-समय पर समीक्षा करें और आवश्यकता पड़ने पर संशोधन करें। नागरिक सुरक्षा योजनाएं नागरिकों की सुरक्षा, विभिन्न महत्वपूर्ण उद्योगों एवं नागरिक सुविधाओं की सुरक्षा जिनमें रासायनिक, परमाणु एवं अन्य उद्योग प्रतिष्ठान, जल विद्युत योजनाएं एवं अन्य नागरिक संस्थाएं हैं। इन योजनाओं में स्पष्ट रुप से प्रावधान किये जाते हैं कि जब आपदा की स्थिति उत्पन्न होती है या किसी भी प्रकार का संकट आता है तो योजना के अनुसार सरकार के विभिन्न विभागों जैसे पुलिस, सेना, रेल्वे, स्वास्थ्य एवं एयरपोर्ट इत्यादि द्वारा आवश्यक कार्रवाई की जाती हैं। नागरिक सुरक्षा योजनाएं बनाने एवं समीक्षा करना एवं संशोधन करना, अभ्यास करना, इत्यादि सामान्य प्रक्रियाएं हैं, जो समय-समय पर की जाती हैं। इन गतिविधियों का उद्देश्य नागरिक सुरक्षा करना, व्यवस्था एवं नागरिकों को जागरुक करना, प्रशिक्षण देना एवं सभी तैयारियों को अपडेट रखना है। नागरिक सुरक्षा योजनाओं का अभ्यास (Mock drill) करने के लिये केन्द्र सरकार ने निर्देश दिये हैं कि प्रदेश के 5 जिलों ग्वालियर, भोपाल, इन्दौर, जबलपुर एवं कटनी में यह अभ्यास बुधवार 7 मई 2025 को शाम 4 बजे से 8 बजे के मध्य किया जाये। यह अभ्यास किया जावेगा कि हवाई हमला होने की स्थिति में किस तरीके से बचाव करना है। इस अभ्यास के अन्तर्गत एक हवाई हमला होने का काल्पनिक संकट आने का संकेत इन जिलों को प्राप्त होगा। जिलें के नागरिकों की सुरक्षा की दृष्टि से नागरिकों को काल्पनिक संभावित हमले की सूचना सायरन के माध्यम से देंगे, जिससे नागरिक एवं अन्य संस्थाएं ब्लैक ऑउट का अभ्यास करेंगे। प्रदेश में इस के लिए बुधवार शाम 7:40 बजे का समय निर्धारित किया गया है। इस ब्लैक आउट के साथ ही किसी निश्चित भवन में आग लगने पर खोज एवं बचाव के अभ्यास, आकस्मिक रुप से निर्धारित भवन से लोगों का बचाव करने, अस्थाई रुप से अस्पताल बनाने और खतरे वाले स्थान से नागरिकों को सुरक्षित स्थान पर भेजने इत्यादि का अभ्यास किया जावेगा। इस अभ्यास की सूचना राज्य के कन्ट्रोल रुम को दी जावेगी एवं कंट्रोल रुम से केन्द्र सरकार के कंट्रोल रुम को सूचना दी जावेगी। यह अभ्यास रक्षा मंत्रालय, रेल्वे, विमानन एवं विभिन्न विभागों के सहयोग से जिला प्रशासन द्वारा किया जा रहा है। नागरिकों से अपील इस अभ्यास से किसी भी नागरिक को भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है। इसलिये सभी नागरिकों से अपील की जाती है कि वे अभ्यास में सम्मिलित होकर अपना महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान करें तथा प्रशासन द्वारा सायरन के माध्यम से सूचना उपरान्त उन्हें स्वयं एवं परिजनों को सुरक्षित स्थान पर रखने का अभ्यास करना है। हवाई हमले का लाल सिग्नल दो मिनिट तक ऊंची-नीची आवाज में सायरन का बजना होता है तथा खतरा टलने के बाद दो मिनिट तक सायरन बजाकर सूचना दी जाती है। ब्लैक आउट के संबंध में सामान्यजन से अपेक्षा है कि घर/कार्यालय के पर्दों एवं लाईट को बंद करें तथा पुनः सायरन बजने पर लाईट जला लें। भीड़-भाड़ न बढायें, अफवाह न फैलायें एवं यातायात / पुलिस / एम्बुलेंस सुविधाओं को सुचारु रुप से चलते रहने में सहयोग करें एवं अभ्यास के दौरान प्रशासन के निर्देशों का पालन कर अभ्यास को सफल बनायें।   recent visitors 43

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया विभिन्न प्रतिभाओं का सम्मान

 मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया विभिन्न प्रतिभाओं का सम्मान निजी न्यूज चैनल के स्थापना दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल में एक निजी न्यूज चैनल की स्थापना के एक वर्ष पूर्ण होने पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिभाओं को सम्मानित किया। इनमें सिंगरौली की सुप्रज्ञा जायसवाल भी शामिल है जिसने आज घोषित हाई स्कूल परीक्षा परिणाम में शत प्रतिशत 500 अंकों के साथ मध्यप्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। देश एकजुट है मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज पहलगाम की घटना के बाद पूरे राष्ट्र के नागरिक एकजुट हैं और शत्रु से बदला लेने की बात पर सहमत हैं। सिंहस्थ :2028 होगा सर्वश्रेष्ठ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आने वाला सिंहस्थ अब तक का सबसे भव्य सिंहस्थ होगा। इसके लिए आवश्यक कार्यों को पूरा किया जा रहा है। प्रदेश में उद्योगों और कृषि क्षेत्र का विकास मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में उद्योगों के विकास के साथ ही किसानों को नए कृषि यंत्रों और कृषि अनुसंधान का लाभ दिलवाने के लिए प्रयास प्रारंभ किए गए हैं। हाल ही में मंदसौर में संपन्न किसान मेला किसानों को नए कृषि उपकरणों और तकनीक की जानकारी देने की दृष्टि से उपयोगी रहा। उन्होंने बताया कि आगामी 26 मई को नरसिंहपुर में इस तरह का आयोजन होगा।   recent visitors 40

बलूचिस्तान में BLA ने पाक आर्मी के ट्रक को IED ब्‍लास्‍ट कर उड़ाया, 6 जवानों की मौत, आसिम मुनीर रह गए शॉक्‍ड

बलूचिस्तान अशांत बलूचिस्तान प्रांत में पाकिस्तानी सेना के वाहन पर बड़ा हमला हुआ है। इस हमले में पाकिस्तानी सेना की फ्रंटियर कोर (एफसी) के छह जवान मारे गए हैं। जबकि पांच अन्य घायल हुए हैं। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई। किस इलाके में हुआ वाहन में विस्फोट जानकारी के मुताबिक, आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) विस्फोट प्रांत के बोलान इलाके में आमिर पोस्ट और अली खान बेस के बीच हुआ। रिपोर्ट के मुताबिक, यह धमाका आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) के जरिए किया गया है, जिसमें फ्रंटियर कोर के काफिले को निशाना गया। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब बलूचिस्तान में हिंसा का ग्राफ फिर से तेजी से ऊपर जा रहा है। पिछले हफ्ते ही 30 से 40 हथियारबंद हमलावरों ने बलूचिस्तान से गुजरने वाले एक अहम हाईवे को जाम कर दिया था और एक पुलिस की वैन को निशाना बनाते हुए उसमें सवार 5 पुलिसकर्मियों को अगवा कर लिया था। इन घटनाओं ने पूरे सूबे में सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बलूचिस्तान लंबे समय से अलगाववादी विद्रोह की चपेट में है। यहां सक्रिय उग्रवादी गुट लगातार सुरक्षा बलों पर हमले करते रहते हैं। उनका आरोप है कि पाकिस्तान सरकार बलूच जनता को उनके ही जमीनी और प्राकृतिक संसाधनों से दूर कर रही है और उनके अधिकारों को कुचल रही है। गौरतलब है कि बलूच लिबरेशन आर्मी बलूचिस्तान में सबसे सक्रिय और संगठित विद्रोही संगठन माना जाता है। हमले में कौन-कौन मारे गए स्थानीय मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, हमले में पाकिस्तानी सेना के मेजर (स्पेशल ऑपरेशंस कमांड) तारिक इमरान, नायक आसिफ, सुबेदार फारूक, नायक मशकूर, सिपाही वाजिद, सिपाही काशिफ की मौत हुई है। वहीं, सिपाही जीशान, सिपाही शादमान, नायक ओवैस, सिपाही जैनुल्लाह, सिपाही तय्यब घायल हुए हैं।   सुरक्षा बलों ने तलाशी अभियान शुरू किया सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। अब तक किसी भी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।  recent visitors 52

देश में बढ़ रहे इलेक्‍ट्र‍िक व्‍हीकल, इतने साल में बढ़कर 12 करोड़ के पार पहुंच जाएंगे EV

मुंबई भारत में इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की संख्या में तेजी से वृद्धि होने जा रही है। देश की सड़कों पर 2032 तक 123 मिलियन ईवी होने का अनुमान है। यह जानकारी मंगलवार को आई एक लेटेस्ट रिपोर्ट में दी गई। सस्टेनेबल विकास और 2070 तक नेट शून्य उत्सर्जन प्राप्त करने के लिए ईवी को अपनाने की जरूरत है इंडिया एनर्जी स्टोरेज अलायंस (आईईएसए) और कस्टमाइज्ड एनर्जी सॉल्यूशन (सीईएस) की एक रिपोर्ट के अनुसार, सस्टेनेबल विकास और 2070 तक नेट शून्य उत्सर्जन प्राप्त करने के लिए ईवी को अपनाने की जरूरत है। ईवी को अपनाया जाना भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत कर सकता है और साथ ही 2030 तक 30 प्रतिशत ईवी पेनिट्रेशन के लक्ष्य को प्राप्त करने में मददगार होगा। रिपोर्ट के अनुसार, भारत में ऑन-रोड लिथियम-आयन इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या लगभग बारह गुना बढ़ गई है रिपोर्ट का अनुमान है कि भारत की संचयी ऑन-रोड लिथियम-आयन इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) लगभग बारह गुना बढ़ गए हैं, जो 2019 में 0.35 मिलियन से बढ़कर 2024 में 4.4 मिलियन हो गए हैं। इस तेज वृद्धि को सहायक सरकारी नीतियों, जैसे कि एफएएमई-2 योजना से बढ़ावा मिला है। यह योजना पब्लिक चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए पूंजी सब्सिडी के साथ-साथ इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और चार पहिया वाहनों के लिए मांग आधारित प्रोत्साहन प्रदान करती है। 2024 में भारत के ऑन-रोड ईवी स्टॉक में इलेक्ट्रिक दोपहिया और तिपहिया वाहनों का कुल मिलाकर 93 प्रतिशत से अधिक हिस्सा होगा रिपोर्ट में आगे बताया गया है कि 2024 में भारत के ऑन-रोड ईवी स्टॉक में इलेक्ट्रिक दोपहिया और तिपहिया वाहनों का कुल मिलाकर 93 प्रतिशत से अधिक हिस्सा होगा। इसके विपरीत, इलेक्ट्रिक चार पहिया वाहनों का प्रतिनिधित्व लगभग 6 प्रतिशत था, जबकि इलेक्ट्रिक बसों और ट्रकों का हिस्सा 1 प्रतिशत से भी कम था। अनुमानित ईवी वृद्धि को सपोर्ट करने के लिए हम अनुमान लगा सकते हैं आईईएसए के अध्यक्ष देबमाल्या सेन ने कहा, “अनुमानित ईवी वृद्धि को सपोर्ट करने के लिए हम अनुमान लगा सकते हैं कि भारत के संचयी इंस्टॉल्ड ईवी चार्जिंग पॉइंट, पब्लिक और कैप्टिव, को लगभग 12 से 28 गुना बढ़ाने की जरूरत होगी, जो 2024 में लगभग 76,000 से बढ़कर 2032 तक 0.9 मिलियन और 2.1 मिलियन के बीच हो जाएगा।” सेन ने कहा कि इंस्टॉल्ड चार्जिंग क्षमता को भी 17 गुना से अधिक बढ़ाना होगा, जो ईवी अपनाने और इंफ्रास्ट्रक्चर के उपयोग के स्तर पर निर्भर करते हुए 1.3 गीगावाट से बढ़कर 23 गीगावाट हो जाएगी। सीईएस के प्रबंध निदेशक विनायक वालिम्बे ने कहा कि 2032 तक, आईईएसए और सीईएस का अनुमान है कि भारत का ऑन-रोड ईवी स्टॉक लगभग 49 मिलियन (सबसे खराब स्थिति), 60 मिलियन (बिजनेस-एज-यूजुअल) या 123 मिलियन (एनईवी परिदृश्य) तक पहुंच सकता है। अधिकांश आवासीय क्षेत्रों में स्थापित टाइप-2 एसी चार्जर पर निर्भर थे रिपोर्ट के अनुसार, 2024 में सड़कों पर लगभग 2,20,000 पर्सनल इलेक्ट्रिक फोर-व्हीलर (ई4डब्ल्यू) थे, जिनमें से अधिकांश आवासीय क्षेत्रों में स्थापित टाइप-2 एसी चार्जर पर निर्भर थे। उसी वर्ष तक भारत में अनुमानित 3,20,000 निजी टाइप-2 एसी चार्जर थे, जिनमें से 70 प्रतिशत 3.3 किलोवाट इकाइयां, 28 प्रतिशत 7.4 किलोवाट इकाइयां और शेष 11-22 किलोवाट इकाइयां उच्च क्षमता के रूप में वर्गीकृत थीं। recent visitors 64