मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में गर्मी के तेवर और तीखे होने की संभावना, रेवाड़ी में 42 डिग्री तक पहुंचा तापमान

रेवाड़ी मौसम में फिर तल्खी बढ़ने लगी है। बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस रहा। अप्रैल माह में अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तीसरी बार पहुंचा है। इससे पहले आठ व नौ अप्रैल को भी अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस रहा है। अप्रैल माह का पहला पखवाड़ा उतार चढ़ाव भरा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में गर्मी के तेवर और तीखे होने की संभावना है। बृहस्पतिवार को जिले में सुबह तेज धूप के बीच हल्की हवा चलने के बाद भी गर्मी से राहत नहीं मिल रही थी। अधिकतम तापमान 42 डिग्री पहुंचा वहीं, बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 42 तो न्यूनतम 24.5 डिग्री सेल्सियस रहा। बुधवार को अधिकतम 39.5 और न्यूनतम 22.5 डिग्री सेल्सियस था। गर्मी के चलते बाजार में ठंडे पेय और खाद्य पदार्थों की दुकानों पर लोग पहुंच रहे हैं। कहीं आइसक्रीम खाने में तो कोई नींबू पानी, गन्ने का रस और अन्य पेय पदार्थों का सेवन कर गर्मी से बचाव का प्रयास करते नजर आए। दोपहर के समय तेज धूप होने से लोग सिर पर तौलिया, टोपी पहने नजर आए। बताया गया कि पिछले दो दिनों से रेवाड़ी में गर्मी के तेवर तीखे बने हुए हैं। पंखा कूलर की हवा में ठंडक गायब है। घरों और प्रतिष्ठानों में एसी और पंखे कूलर लगातार चलने लगे हैं। इस माह का तुलनात्मक तापमान दिनांक इस साल पिछले साल अधिकतम/ न्यूनतम अधिकतम/ न्यूनतम 17 अप्रैल 42.0/24.5 36.0/21.5 16 अप्रैल 39.5/22.5 36.0/23.6 15 अप्रैल 37.5/22.0 37.0/23.0 14 अप्रैल 38.0/20.0 31.2/22.5 13 अप्रैल 36.5/20.5 38.5/20.5 12 अप्रैल 34.0/17.0 40.0/17.5 11 अप्रैल 37.0/22.5 39.5/17.6 10 अप्रैल 40.5/26.5 40.2/17.5 नौ अप्रैल 42.0/22.5 39.0/17.0 आठ अप्रैल 42.0/22.5 38.0/16.0 जिला प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी इन दिनों स्वास्थ्य विशेषज्ञों के पास ज्यादातर मरीज सिरदर्द, चक्कर आना, वायरल, खांसी आदि के साथ एलर्जी से संबंधित पहुंच रहे हैं। ऐसे में जिला प्रशासन की ओर से एडवाइजरी जारी की हुई है। नागरिक अस्पताल के फिजिशियन डा. गौरव यादव का कहना है कि गर्मी के मौसम में हवा के गर्म थपेड़ों और बढ़े हुए तापमान से लू (हीट वेव) लगने का खतरा बढ़ जाता है। धूप में घूमने वालों, खिलाड़ियों, बच्चों, बुजुर्गों और बीमार व्यक्तियों को लू लगने का डर ज्यादा रहता है। लू लगने पर उसके इलाज से बेहतर है, हम लू से बचे रहें यानी बचाव इलाज से बेहतर है। गर्मी में हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनें, अपना सिर ढककर रखें, कपड़े, हैट अथवा छतरी का उपयोग करें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं भले ही प्यास न लगी हो। ओआरएस (ओरल रीहाइड्रेशन सोल्यूशन), घर में बने पेय जैसे लस्सी, तोरानी (चावल का मांड), नींबू पानी, छाछ आदि का सेवन कर तरोताजा रहें। पार्किंग के समय बच्चों को वाहनों में छोड़कर न जाएं उन्हें लू लगने का खतरा हो सकता है। नंगे पांव बाहर न जाएं, गर्मी से राहत के लिए हाथ का पंखा अपने पास रखना चाहिए। गर्मी के मौसम में जंक फूड का सेवन नहीं करना चाहिए। ताजे फल, सलाद तथा घर में बना खाना खाना चाहिए। recent visitors 27

महाकाल मंदिर में नियुक्ति से पहले पुलिस वेरिफेक्शन आवश्यक

उज्जैन  मध्य प्रदेश के उज्जैन में स्थापित महाकालेश्वर मंदिर देश ही नहीं विदेशों में भी फेमस है. महाकाल मंदिर में हर दिन बड़ी हस्तियों से लेकर आम श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रहती है. वहीं महाकाल मंदिर के दर्शन और प्रसाद को लेकर भी नए-नए नियम आते रहते हैं. इसी तरह खबर है कि ठगी से बचने के लिए महाकालेश्वर मंदिर में अब कोई भी नई नियुक्ति बिना पुलिस वेरिफिकेशन के नहीं हो सकेगी. नियुक्ति से पहले चेक होगा पुलिस रिकॉर्ड एसपी प्रदीप शर्मा ने इस संबंध में महाकाल मंदिर के प्रशासक को एक आधिकारिक पत्र भेजा है. पत्र में कहा गया है कि किसी भी व्यक्ति की नियुक्ति से पहले उसका पुलिस रिकॉर्ड अनिवार्य रूप से जांचा जाएगा. यह कदम हाल ही में सामने आए ठगी और अवैध वसूली के मामलों के बाद उठाया गया है. एसपी प्रदीप शर्मा ने कहा कि "ठगी को देखते हुए पुलिस वेरिफिकेशन अनिवार्य किया गया है." मंदिर में ठगी के मामलों के बाद लिया फैसला कुछ समय पहले दर्शन और भस्म आरती के नाम पर श्रद्धालुओं से धोखाधड़ी के मामलों में 14 लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई थी. इन आरोपियों में मंदिर के कर्मचारी भी शामिल थे. वहीं भस्म आरती बुकिंग और दर्शन के नाम पर भी फर्जीवाड़ा सामने आया था. जिसमें मंदिर की आउटसोर्स कंपनी के कर्मचारियों की संलिप्तता पाई गई. इन मामलों में शामिल कर्मचारियों को हाल ही में 90 दिनों बाद जमानत मिली है. मंदिर प्रशासन को सतर्क रहने की अपील इन घटनाओं को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने मंदिर समिति को सतर्क रहने की सलाह दी है. अब हर नई नियुक्ति से पहले पुलिस वेरिफिकेशन की प्रक्रिया को अनिवार्य कर दिया गया है, क्योंकि लगातार देखने में आ रहा था कि महाकालेश्वर मंदिर में श्रद्धालुओं के साथ ठगी हो रही थी. इसी के साथ अब महाकालेश्वर मंदिर में नई भर्ती होने से पहले पुलिस सत्यापन करना जरूरी होगा. इसको लेकर उज्जैन एसपी ने पत्र लिखकर महाकाल प्रबंधन समिति को कहा है. recent visitors 56

ग्राम गबोद अब “हर घर जल ग्राम“ घोषित, महिलाओं को स्वच्छ जल मिलने से स्वास्थ्य में सुधार हुआ

रायपुर हर घर जल योजना के तहत् महासमुंद जिले के पिथौरा विकासखण्ड का ग्राम गबोद, में तस्वीर बदल गई है। उल्लेखनीय है कि ग्राम गबोद हरियाली और स्वच्छता के लिए “ग्रीन गाँव” के नाम से प्रसिद्ध है। जल जीवन मिशन के द्वारा हर घर नल हर घर जल योजना से हुए सफलता पूर्वक कार्यों के कारण अब गबोद एक और बड़ी उपलब्धि के साथ नई पहचान बना रहा है। यह गांव अब “हर घर जल ग्राम“ घोषित हो चुका है। 14 जनवरी 2025 को गबोद गांव को यह उपाधि तब मिली जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी योजना के तहत यहां हर घर में शुद्ध पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित हो गई। यहां गांववासियों का अनुशासन और देशभक्ति भी तारीफे काबिल है। हर सुबह 7ः30 बजे गांव का हर नागरिक अपने घर के बाहर आकर राष्ट्रगान में भाग लेता है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में 89.39 लाख रुपये की लागत से गांव में 40 किलोलीटर की उच्चस्तरीय जलागार और 760 मीटर पाइपलाइन के साथ 138 घरों में नल कनेक्शन प्रदान किए गए। इस योजना के तहत अब गांव के हर घर तक शुद्ध जल पहुंच रहा है। इससे पहले महिलाओं और बच्चों को गांव के 5 हैंडपंप और कुछ कुओं से पानी लाना पड़ता था। बरसात के समय पानी लाने में कई परेशानियों का सामना करना पड़ता था, और कभी-कभी विवाद भी हो जाते थे। अब यह समस्या पूरी तरह समाप्त हो चुकी है। महिलाओं को स्वच्छ जल मिलने से स्वास्थ्य में सुधार हुआ है और समय की बचत होने से वे अब आर्थिक गतिविधियों में भाग ले रही हैं। बच्चों को पढ़ाई का समय मिलने लगा है और गर्भवती महिलाओं को भी विशेष लाभ मिला है, जिससे गर्भपात जैसी समस्याएं कम हुई हैं। गांव के लोग अब जल संरक्षण और पौधारोपण जैसे कार्यों में भी बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं। ग्रीन गाँव का यह उदाहरण अन्य गांवों के लिए प्रेरणा बन रहा है। गांव की महिला श्रीमति पूजा सिंह ठाकुर ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि, “अब पानी की वह समस्या नहीं रही जो पहले होती थी। हम सब सरकार के आभारी हैं।” गबोद ग्राम के समस्त नागरिकों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को इस उपलब्धि के लिए धन्यवाद दिया है। recent visitors 24

शेयर मार्केट ने भरी उड़ान, सेंसेक्स 1500 अंक उछलकर हुआ बंद, निवेशकों के लौट रहे अच्छे दिन

मुंबई शेयर मार्केट तेजी के ट्रैक पर सरपट दौड़ रहा है। ऐसा लग रहा मार्केट के अच्छे दिन लौट रहे हैं। सप्ताह के चौथे दिन गुरुवार को सेंसेक्स 1,508.91 अंक उछलकर 78,553.20 अंक पर बंद हुआ। निफ्टी 414.45 अंक चढ़कर 23,851.65 अंक पर ठहरा। शेयर मार्केट आज उड़ान भर रहा है। सुबह की गिरावट के बाद मार्केट में गजब की खरीदारी दिख रही है। सेंसेक्स में 1300 से अधिक अंकों की बंपर उछाल है। सेंसेक्स अब 78,349 पर है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 352 अंकों की उछाल के साथ 23789 पर पहुंच गया है। बैंकिंग स्टॉक्स उड़ान भर रहे हैं। शेयर मार्केट लगातार चौथे दिन भी बमबम बोल रहा है। सेंसेक्स में 78160 पर पहुंच गया है। इसमें अभी 1116 अंकों की बंपर उछाल है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 314 अंकों की उछाल के साथ 23751 पर पहुंच गया है। एयरटेल, आईसीआईसीआई बैंक, सन फार्मा, इंडसइंड बैंक, एक्सिस बैंक, रिलायंस, एचडीएफसी बैंक के दम पर सेंसेक्स में 77,629.43 पर पहुंच गया है। इसमें अभी 585.14 अंकों की उछाल है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 161 अंकों की उछाल के साथ 23598 पर पहुंच गया है। एनएसई पर 48 स्टॉक्स 52 हफ्ते के हाई और 11 लो पर हैं। 1821 शेयरों में तेजी और 782 में मंदी है। जबकि, 73 स्टॉक्स में अपर सर्किट लगा है। शेयर मार्केट खराब शुरुआत के बाद तेजी के ट्रैक पर आ गया है। सेंसेक्स में 486 अंकों की उछाल है और बीएसई का यह प्रमुख सूचकांक 77530 पर पहुंच गया है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 166 अंकों की उछाल के साथ 23602 पर पहुंच गया है। शेयर मार्केट खराब शुरुआत के बाद कभी हरा तो की ला हो रहा है। सेंसेक्स अभी 10 अंकों फायदे के साथ 77054 पर है। जबकि, निफ्टी 13 अंक नीचे 23423 पर ट्रेड कर रहा है। सेंसेक्स टॉप गेनर्स में आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, इटर्नल, बजाज फिनसर्व, स्टेट बैंक, एयरटेल, एनटीपीसी, एक्सिस बैंक और नेस्ले हैं। शेयर मार्केट की लगातार तीन कारोबारी दिनों की तेजी पर आज ब्रेक लगा है। सेंसेक्स आज गुरुवार 17 अप्रैल को 76 अंकों के नुकसान के साथ 76968 पर खुला। जबकि, निफ्टी ने बुधवार के बंद के मुकाबले 35 अंकों की गिरावट के साथ 23402 के लेवल से आज के दिन की शुरुआत की। फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल की चेतावनी के बाद एशियाई बाजारों में मिलाजुला कारोबार हुआ, जबकि अमेरिकी शेयर मार्केट रातोंरात तेज गिरावट के साथ बंद हुए। वहीं, गिफ्ट निफ्टी 23,343 के स्तर के आसपास कारोबार कर रहा था। यह निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद से लगभग 90 अंकों की छूट है, जो भारतीय शेयर बाजार सूचकांकों के लिए नकारात्मक शुरुआत का संकेत देता है। ऐसे में घरेलू शेयर मार्केट के बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी 50, मिश्रित वैश्विक बाजार संकेतों के बाद गुरुवार को गिरावट के साथ खुलने के आसार हैं। बता दें बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में लगातार तीसरे दिन भी रैली रही। सेंसेक्स 309.40 अंक या 0.40 प्रतिशत बढ़कर 77,044.29 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 108.65 अंक या 0.47 प्रतिशत बढ़कर 23,437.20 पर बंद हुआ। recent visitors 60

शराब माफिया ने रायसेन में किया आबकारी टीम पर हमला, महिला अफसर और ड्राइवर को आई चोटें

रायसेन  एक तरफ जहां सरकार मध्य प्रदेश में शराब की अवैध बिक्री पर नकेल कसने के तमाम दावे कर रही है। यहां तक की धार्मिक क्षेत्रों के आसपास लीगल शराब कारोबार तक को बंद करा रही है तो वहीं दूसरी तरफ सूबे के शराब माफियाओं के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं। आलम ये है कि, ये बेखौफ शराब माफिया अब आबकारी विभाग की टीम पर भी हमला करने से गुरेज नहीं कर रहे हैं। इसकी ताजा बानगी रायसेन जिले में देखने को मिली, जहां अवैध शराब पकड़ने गई आबकारी टीम पर इन शराब माफियाओं ने जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने न सिर्फ सरकारी वाहन में तोड़फोड़ की, बल्कि पथराव किया, जिसमें टीम के कुछ सदस्य गंबीर घायल हुए हैं।  बता दें कि जिला मुख्यालय के पास ग्राम पठारी में बुधवार को अवैध शराब बिक्री की सूचना मिलने पर छापामार कार्रवाई करने पहुंची आबकारी विभाग की टीम पर शराब माफिया ने हमला कर दिया। आबकारी टीम ने शराब माफिया महिला की दुकान से बड़ी मात्रा में अवैध शराब जब्त कर ली थी। महिला शराब माफिया को जब मेहसूस हुआ कि, वो बुरी तरह फंस चुकी है तो उसने कार्रवाई के बीच मौका पाकर योजना बद्ध तरीके से उसके साथियों और ग्रामीणों के साथ मिलकर टीम पर हमला और पथराव कर दिया। सहायक आबकारी अधिकारी भोपाल रेफर शराब माफियाओं के हमले में आबकारी अधिकारी सरिता चंदेल और उनके ड्राइवर को गंभीर चौटें आई हैं। महिला अधिकारी की हालत देखते हुए उन्हें रायसेन जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार देने के बाद भोपाल रेफर कर दिया गया है। महिला समेत 5 गिरफ्तार,11 पर केस दर्ज वहीं, दूसरी तरफ मामले में कारर्वाई करते हुए कोतवाली पुलिस ने एक महिला सामेत 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया हैं, जबकि आबकारी टीम पर हमला करने वाले 11 आरोपियों के खिलाफ बलवा, पथराव आदि धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही पुलिस मामले को लेकर एसडीओपी प्रतिभा शर्मा ने बताया कि, एसडीओ सरिता चंदेल आबकारी टीम के साथ छापा मारने पहुंची थीं। ग्राम पठारी में रहने वाली मुख्य आरोपी काशीबाई के ठिकाने से टीम ने 75 क्वार्टर अवैध शराब जब्त की थी। कार्रवाई के दौरान काशीबाई को जब ये स्पष्ट हो गया कि, अब वो नहीं बच सकेंगी तो उसने अपने साथियों, परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों के साथ मिलकर टीम पर पथराव शुरु कर दिया। आरोप है कि, इस दौरान आबकारी टीम के साथ मारपीट भी की गई। हमले में सरिता चंदेल और उनके ड्राइवर घायल हुए हैं, जिन्हें बेहतर उपचार के लिए भोपाल रेफर किया गया है। फिलहाल, मामले के सभी आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाले जा रहे हैं। अबतक दो आरोपियों के अपराधिक रिकॉर्ड मिले हैं, अन्य के भी खंगाले जा रहे हैं। recent visitors 40

आगर मालवा में पराली जलाने वाले 770 किसानों पर 16.71 लाख रुपये का अर्थदंड

आगर मालवा खेतों में नरवाई जलाने वाले किसानों पर कलेक्टर राघवेंद्र सिंह की सख्त नजर है। उन्होंने ऐसे किसानों पर अर्थ दंड लगाए जाने की कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। कलेक्टर का रुख देखते हुए कृषि और राजस्व अमला भी सक्रिय हो गया है। ऐसे में कृषि और राजस्व अमले की ओर से जिले के विभिन्न क्षेत्रों में खेतों में जली नरवाई का सर्वे करते हुए किसानों को चिन्हित किया है। अब इन पर अर्थ दंड की कार्रवाई होगी। गेहूं अवशेष (नरवाई) जलाने से पशु-पक्षी, मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण को होने वाली हानि को रोकने हेतु आगर-मालवा जिले में कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह द्वारा प्रतिबंध लगाया गया है। प्रतिबंध के बाद भी जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में नरवाई जलाने वाले कृषकों पर नियमानुसार अर्थदंड लगाने हेतु बुधवार को राजस्व एवं कृषि विभाग के अमले द्वारा गांवों में पहुंचकर मौका मुआयना कर पंचनामा तैयार किया गया है। जिन पर नियमानुसार अर्थदंड लगाकर वसूलने तथा शासकीय योजनाओं के लाभ से वंचित करने की कार्रवाई की जाएगी। कृषि विभाग से प्राप्त जानकारी अनुसार तहसील आगर के ग्राम तनोडिया में कृषक भगवती पिता गंगाराम, बलवंत सिंह पिता निर्भय सिंह, कृष्णपाल सिंह पिता उमराव सिंह, गंगाराम पिता भागीरथ सहित 26 कृषकों द्वारा नरवाई जलाने पर पंचानामा बनाया गया। इसी तरह तहसील सुसनेर के ग्राम भवानीपुरा में कृषक इरफान खां पिता रहमान खां, मेहरबानसिंह पिता रामलाल सहित 05 कृषक, ग्राम मोडी, बाजना, कड़िया में कृषक श्री रामनारायण पिता देवीलाल, ललताबाई पति रामप्रसाद, अंजली पति गौर कुल 4 कृषक, तहसील नलखेडा के ग्राम हिरनखेडी में कृषक बद्रीलाल पिता बालुजी, प्रभुलाल पिता बालुजी, प्रभुलाल पिता रोडमल मालवीय द्वारा नरवाई जलाना पाया गया है। नरवाई नहीं जलाने की अपील कृषकों से अपील नरवाई नहीं जलाएं जिला प्रशासन की कृषकों से अपील है कि गेहूं अवशेष (नरवाई) नहीं जलाएं, नरवाई का प्रबंधन करें, जिससे की मिट्टी और अधिक उपजाऊ बनें। नरवाई जलाने की सैटेलाइट से निगरानी रखी जा रही है, नरवाई जलाने पर 2500 से 15 हजार रुपए तक जुर्माना लगाने की कार्रवाई की जाएगी। 770 किसानों पर 16.71 लाख रुपये का अर्थदंड इंदौर जिले में फसल अवशेष (नरवाई) जलाने वालों के विरुद्ध कलेक्टर आशीष सिंह के निर्देशन में सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बुधवार को तीन किसानों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराई है। अभियान चलाकर की जा रही इस कार्रवाई में नरवाई जलाने पर अभी तक 770 किसानों के विरुद्ध 16 लाख 71 हजार 500 रुपये का अर्थदंड किया गया है। जनसम्पर्क अधिकारी महिपाल अजय ने बताया कि जिले में बुधवार को एक दिन में ही 102 किसानों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज करते हुए तीन लाख 9 हजार 500 रुपये का अर्थदंड किया गया है। यह कार्यवाही आगामी दिनों में भी निरन्तर जारी रहेगी। जिले में आज कलेक्टर आशीष सिंह के निर्देश पर हातोद क्षेत्र में एक, जूनी इंदौर क्षेत्र में एक तथा भिचोलीहप्सी क्षेत्र में एक एफआईआर दर्ज कराई गई है। जिले में ग्राम पंचायत मुख्यालय पर कृषि से संबंधित मैदानी अधिकारियों एवं राजस्व विभाग के पटवारियों द्वारा पंचायत सचिवों के साथ समन्वय कर कृषक संवाद कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं तथा किसानों को नरवाई जलाने से होने वाले नुकसानों से किसानों को अवगत कराया जा रहा है। किसानों से अपील की जा रही है कि नरवाई न जलाएँ, नरवाई जलाने से पर्यावरण को नुकसान होता है। किसान यदि नरवाई जलाता है तो राज्य शासन के नोटिफिकेशन प्रावधान अनुसार पर्यावरण विभाग द्वारा उक्त अधिसूचना अंतर्गत नरवाई में आग लगाने के विरुद्ध पर्यावरण क्षतिपूर्ति राशि दण्ड का प्रावधान निर्धारित किया गया है। ऐसा कोई व्यक्ति/निकाय/कृषक जिसके पास 2 एकड़ तक की भूमि है तो उनको नरवाई जलाने पर पर्यावरण क्षति के रूप में 2500 रुपये प्रति घटना के मान से आर्थिक दण्ड भरना होगा। जिसके पास 2 से 5 एकड़ तक की भूमि है तो उनको नरवाई जलाने पर पर्यावरण क्षति के रूप में 5 हजार रुपये प्रति घटना के मान से आर्थिक दण्ड भरना होगा तथा जिसके पास 5 एकड़ से अधिक भूमि है तो उनको नरवाई जलाने पर पर्यावरण क्षति के रूप में 15 हजार प्रति घटना के मान से आर्थिक दण्ड भरना होगा। recent visitors 27

चिकित्सालय में आवश्यक सभी चिकित्सा उपकरण, तकनीकी संसाधन, और मरीजों की सुविधाओं की उपलब्धता को प्राथमिकता से सुनिश्चित किया जाए: मंत्री जायसवाल

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार जनकल्याण के संकल्प के साथ काम कर रही है, और हमारा उद्देश्य है कि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को सुलभ, सस्ती और उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने आज मंत्रालय नवा रायपुर में डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय, रायपुर में चिकित्सा सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण और विस्तार के सम्बन्ध में आयोजित बैठक में अधिकारियों को दिशानिर्देश देते हुए यह बात कही। बैठक में स्वास्थ्य विभाग सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में अस्पताल की संरचना और सेवाओं को आधुनिक और जनसुलभ बनाने के लिए विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। बैठक में मंत्री जायसवाल ने निर्देश दिए कि चिकित्सालय में आवश्यक सभी चिकित्सा उपकरण, तकनीकी संसाधन, और मरीजों की सुविधाओं की उपलब्धता को प्राथमिकता से सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने  कहा कि अस्पताल में  विस्तारीकरण और विद्युतीकरण के कार्यों में विभागीय समन्वय मजबूत किया जाए, ताकि निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण परिणाम प्राप्त हो सकें। बैठक में स्वास्थ्य विभाग के सचिव अमित कटारिया, आयुक्त चिकित्सा शिक्षा सुकिरण कौशल, चिकित्सा महाविद्यालय रायपुर के डीन, अस्पताल प्रबंधन प्रतिनिधि एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे। recent visitors 28