गर्मी से बच्चों को मिली राहत, 15 जून तक अवकाश घोषित, सरकार ने घोषित की ग्रीष्मकालीन छुट्टी

रायपुर प्रदेश में लगातार बढ़ रही गर्मी और लू की स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने स्कूलों में ग्रीष्कालीन अवकाश की छुट्टी देने का फैसला लिया है। अब 25 अप्रैल 2025 से 15 जून 2025 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश रहेगा। पहले ये ग्रीष्मकालीन अवकाश एक मई से घोषित किया जाता रहा है। गर्मी के कारण छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए स्कूल शिक्षा विभाग ने पांच दिन पहले ही छुट्टी घोषित करने का आदेश जारी किया है। राज्य सरकार का ये निर्णय प्रदेश के सभी शासकीय, अशासकीय, अनुदान प्राप्त और गैर अनुदान प्राप्त स्कूलों के लिए लागू होगा। हालांकि ये अवकाश केवल बच्चों के लिए है। शिक्षकों को अभी भी स्कूल में उपस्थिति देनी होगी। बतादें कि रायपुर में अधिकतम तापमान 44.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29.3 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। गर्म हवा के थपेड़ों से हर कोई बेहाल है। इस निर्णय से प्रदेश के 60 लाख बच्चों ने राहत की सांस ली है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया था कि एकल पाली वाले स्कूल सुबह सात से 11 बजे तक संचालित हो रहे हैं, लेकिन दो पालियों वाले स्कूलों में कक्षा एक से आठ तक की पढ़ाई सुबह सात से 11 बजे तक और हाई स्कूल व हायर सेकेंडरी की कक्षाएं 11 बजे से दोपहर दो बजे तक चल रही थीं। इससे लगभग एक हजार स्कूलों के करीब पांच लाख छात्रों को लू के बीच स्कूल जाना पड़ रहा था। नईदुनिया की चेतावनी और जनहित में की गई रिपोर्टिंग का असर साफ नजर आया। जब सरकार ने तुरंत संज्ञान लेते हुए राहत भरा निर्णय लिया। अब छात्र न केवल गर्मी से बच सकेंगे, बल्कि इस अवकाश के दौरान घर पर रहकर अपने मनपसंद रचनात्मक कार्यों में भी समय बिता सकेंगे। मुख्यमंत्री ने बच्चों को किया सतर्क,कहा- आनंद से मनाएं छुट्टी मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इसकी जानकारी साझा करते हुए लिखा, “प्रदेश में पड़ रही भीषण गर्मी और लू को देखते हुए छात्रों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। इसलिए सभी शासकीय एवं गैर शासकीय स्कूलों में 25 अप्रैल से 15 जून तक ग्रीष्मकालीन अवकाश घोषित किया गया है। सभी बच्चों से आग्रह है कि वे तेज धूप से बचें, खूब पानी पिएं, घर पर रहें और रचनात्मक गतिविधियों में भाग लें और छुट्टियों का आनंद लें बच्चे।” बता दें कि छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन ने भी मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर गर्मी की छुट्टियों की मांग की थी। संगठन ने कहा था कि बच्चों का स्वास्थ्य सर्वोपरि है और ऐसे मौसम में स्कूल संचालन खतरनाक साबित हो सकता है।   recent visitors 45

प्रदर्शनकारी शिक्षकों से बोलीं ममता बनर्जी, शिक्षकों से स्कूलों में लौटने का आग्रह किया, वेतन की व्यवस्था हम करेंगे

कोलकाता पश्चिम बंगाल में शिक्षक भर्ती विवाद बढ़ता ही जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद करीब 26 हजार शिक्षक और अन्य कर्मचारियों की नियुक्तियां रद्द हो गई है। इसके बाद शिक्षक प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं मंगलवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जीन ने शिक्षकों से स्कूलों में लौटने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि सरकार उनके वेतन की भी व्यवस्था करेगी। सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद अपनी नौकरी गंवा चुके हजारों शिक्षक प्रदर्शन कर रहे हैं। साल्ट लेक में पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग (डब्ल्यूबीएसएससी) मुख्यालय के बाहर मंगलवार को उनका प्रदर्शन जारी है। ममता बनर्जी ने कहा, “आपको इस बात की चिंता करने की जरूरत नहीं है कि कौन दागी है और कौन नहीं। आपको केवल इस बात की चिंता करने की जरूरत है कि क्या आपके पास नौकरी है या नहीं और क्या आपको समय पर वेतन मिल रहा है या नहीं। दागी और बेदाग शिक्षकों की पहचान करने वाली सूची सरकार और अदालतों के पास है।’ बनर्जी ने मिदनापुर में एक प्रशासनिक कार्यक्रम में कहा, ‘हम आश्वासन देते हैं कि आपकी नौकरी अभी सुरक्षित है और आपको आपका वेतन मिलेगा। कृपया अपने स्कूलों में वापस जाएं और कक्षाएं फिर से शुरू करें। मैंने कल रात से कई बार इस बारे में बात की है। हम आपके साथ हैं।’ मुख्यमंत्री ने कहा कि नौकरी गंवाने वाले ग्रुप ‘सी’ और ‘डी’ के कर्मचारियों के लिए एक पुनर्विचार याचिका भी उच्चतम न्यायालय में दायर की जाएगी और “तब तक हम पर अपना विश्वास बनाए रखें”। बनर्जी ने यह भी कहा कि वह मई के पहले सप्ताह में मुर्शिदाबाद के अशांत क्षेत्रों का दौरा करेंगी। बता दें कि पश्चिम बंगाल में एक तरफ शिक्षकों का प्रदर्शन चल रहा है तो दूसरी तरफ मुर्शिदाबाद के दंगों को लेकर भी विपक्षी ममता सरकार को घेर रहे हैं। बीजेपी का आरोप है कि टीएमसी ही कट्टरपंथियों को बढ़ावा दे रही है। वक्फ कानून को लेकर प्रदर्शन के बाद मुर्शिदाबाद में हुए दंगों में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई थी। recent visitors 35

भारत की विकास क्षमता को विश्व बैंक और आईएमएफ संस्थाओं ने स्वीकार किया: मंत्री निर्मला सीतारमण

नई दिल्ली केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा है कि भारत की विकास क्षमता को विश्व बैंक और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) जैसी वैश्विक संस्थाओं ने भी स्वीकार किया है। उन्होंने भारतीय प्रवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि भारत वैश्विक आर्थिक विकास में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। सीतारमण ने कहा, "जब हम कहते हैं कि भारत सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था है और जब आईएमएफ या विश्व बैंक यह मानते हैं कि भारत अपनी विकास क्षमता के कारण नकारात्मक या लगभग सकारात्मक क्षेत्र में चल रहे विश्व व्यापार को आगे बढ़ाने का इंजन बन सकता है तो वे भारत में मौजूद क्षमता को पहचान रहे हैं।" वित्त मंत्री सीतारमण इस समय अमेरिका और पेरू की यात्रा पर हैं जहां वे प्रमुख फंड प्रबंधन फर्मों और आईटी फर्मों के सीईओ के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकें करेंगी। उन्होंने आगे कहा, "इस क्षमता के साथ आगे बढ़ने से, हम वैश्विक स्तर पर विभिन्न अनिश्चितताओं के कारण देखी जा रही गिरावट को सुधार सकेंगे। इन अनिश्चितताओं में कम वृद्धि, कम व्यापार और कुछ स्थानों पर उच्च मुद्रास्फीति शामिल है।" सीतारमण ने वैश्विक व्यापार के मौजूदा परिदृश्य पर भी बात की और टैरिफ युद्ध के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था की वृद्धि पर प्रकाश डाला। उन्होंने 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र या "विकसित भारत" में बदलने की सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया। प्रधानमंत्री मोदी का यह दृष्टिकोण चार प्रमुख स्तंभों पर केंद्रित है: महिलाएं, वंचित, युवा और किसान। उन्होंने यह भी कहा कि भारत का ध्यान 'उभरते क्षेत्रों' पर है, जो हमारी क्षमता निर्माण के लिए महत्वपूर्ण हैं, और डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई) जैसे क्षेत्रों पर भी है, जहां भारत वैश्विक नेता के रूप में उभरा है। 22-25 अप्रैल तक अमेरिका के वाशिंगटन में अपनी यात्रा के दौरान, सीतारमण अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) और विश्व बैंक की वसंत बैठकों, दूसरी जी-20 वित्त मंत्रियों और केंद्रीय बैंक गवर्नरों (एफएमसीबीजी) की बैठक, विकास समिति पूर्ण बैठक, आईएमएफसी पूर्ण बैठक और वैश्विक संप्रभु ऋण गोलमेज (जीएसडीआर) बैठक में भाग लेंगी।   recent visitors 43

एमपी में 1 मई से होंगे कर्मचारियों के तबादले: अगले हफ्ते आएगी ट्रांसफर नीति

Employees will be transferred in MP from May 1: Transfer policy will come next week भोपाल,सुशील दामले । मध्यप्रदेश में करीब ढाई साल बाद 1 से 31 मई तक कर्मचारियों के तबादले होंगे। मंगलवार को डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने कैबिनेट बैठक की ब्रीफिंग के दौरान यह जानकारी दी। बैठक शुरू होने से पहले एक न्यूज एजेंसी से चर्चा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी तबादलों से रोक हटाने के संकेत दिए थे। सीएम ने कहा, हमारी कोशिश रहेगी कि तबादला नीति अगली कैबिनेट बैठक तक आ जाए। से चर्चा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी तबादलों से रोक हटाने के संकेत दिए थे। सीएम ने कहा, हमारी कोशिश रहेगी कि तबादला नीति अगली कैबिनेट बैठक तक आ जाए। बता दें, मध्यप्रदेश के कर्मचारी लंबे समय से तबादलों का इंतजार कर रहे हैं। पिछले साल के अंत में कुछ विशेष मामलों में तबादलों की छूट दी गई थी, लेकिन इससे कई कर्मचारी वंचित रह गए थे। सीएम चाहते थे शैक्षणिक सत्र के बाद हों तबादलेएक वरिष्ठ मंत्री ने बताया कि पिछले साल मुख्यमंत्री की यह मंशा थी कि शैक्षणिक सत्र के बीच में तबादले न हों। इसकी दो वजह भी बताईं… सत्र के बीच किसी शिक्षक का तबादला होता है, तो उस स्कूल के छात्रों का कोर्स प्रभावित होता है। शिक्षक को भी नई संस्था में जाने के बाद रुटीन में आने में समय लगता है। दूसरे विभागों के कर्मचारियों के बीच में तबादले होते हैं, तो उनके बच्चों को स्कूल शिफ्ट करने में परेशानी होती है। कर्मचारी और परिवार सत्र खत्म होने तक दूर-दूर रहते हैं। आखिरी बार अक्टूबर 2022 में हुए थे तबादलेबता दें, एमपी में 2022 के बाद अब तबादले हाेंगे। तब जून 2021 की तबादला नीति के आधार पर तबादले हुए थे। प्रदेश में 7.50 लाख कर्मचारी हैं। इनमें से डेढ़ से दो लाख कर्मचारी तबादलों से प्रभावित होते हैं। जनवरी 2025 में सरकार ने गंभीर बीमारी या कारण वाले मामलों में तबादले में छूट दी थी। ये तबादले प्रभारी मंत्री की सहमति से किए गए थे। recent visitors 107

22 अप्रैल तक की बात करें तो आईपीएल के 18वें सीजन में चार टीमों की हालत ज्यादा ही खराब

नई दिल्ली इंडियन प्रीमियर लीग यानी आईपीएल 2025 के सीजन का आधा सफर समाप्त हो चुका है। दूसरा हाफ शुरू हो चुका है और 22 अप्रैल तक की बात करें तो आईपीएल के 18वें सीजन में चार टीमों की हालत ज्यादा ही खराब है। इनमें चेन्नई सुपर किंग्स, सनराइजर्स हैदराबाद, राजस्थान रॉयल्स और कोलकाता नाइट राइडर्स का नाम शामिल है। इन टीमों ने इस सीजन कम से कम 5-5 मैच गंवाए हैं। इन टीमों के लिए प्लेऑफ्स में पहुंचना बहुत ज्यादा कठिन हो गया, खासकर उन टीमों के लिए जो 6-6 मैच हार चुकी है। सबसे पहले बात पॉइंट्स टेबल में सबसे आखिरी पायदान पर चल रही चेन्नई सुपर किंग्स की करते हैं, जो 8 में से 6 मुकाबले हार चुकी है। टीम प्लेऑफ्स की रेस में है, लेकिन इसके लिए टीम को बाकी के 6 मुकाबले जीतने होंगे। अगर टीम एक भी मैच हार जाती है तो प्लेऑफ्स की रेस से लगभग बाहर हो जाएगी। वहीं, नौवें नंबर पर विराजमान सनराइजर्स हैदराबाद ने अब तक खेले सात मैचों में से 5 मुकाबले गंवाए हैं। इस तरह एसआरएच के पास अभी भी खुद के दम पर प्लेऑफ्स में पहुंचने का मौका है। इसके लिए टीम को बाकी बचे सात मैचों में से कम से कम 6 मुकाबले जीतने होंगे और नेट रन रेट का भी ख्याल रखना होगा। राजस्थान की भी हालत खराब पॉइंट्स टेबल में आठवें नंबर पर चल रही राजस्थान रॉयल्स की बात करें तो इस सीजन टीम 8 में से 2 ही मैचों में जीत दर्ज कर कर पाई है। अभी भी टीम के 6 मुकाबले बाकी हैं और 6 मैचों को जीतकर टीम के खाते में 16 अंक हो सकते हैं और इस तरह टीम प्लेऑफ्स के लिए क्वॉलिफाई कर जाएगी, लेकिन पहले हाफ की परफॉर्मेंस को देखकर लगता नहीं है कि आरआर इस बार टॉप 4 में फिनिश कर पाएगी। मौजूदा चैंपियन कोलकाता नाइट राइडर्स की भी हालत इस सीजन पतली लग रही है। टीम 8 मैचों में से सिर्फ तीन मुकाबले ही जीत पाई है। पांच मैचों में हार मिल चुकी है। टीम अभी भी 18 अंकों तक पहुंच सकती है, लेकिन जिस तरह का प्रदर्शन उसके मध्य क्रम और निचले क्रम के बल्लेबाज कर रहे हैं, उसे देखते हुए कहा नहीं जा सकता कि केकेआर टॉप 4 में बने रहने लायक है। हालांकि, क्रिकेट अनिश्चितताओं का खेल है, यहां कुछ भी हो सकता है तो किसी भी टीम को कमतर नहीं आंका जा सकता। recent visitors 37

जसप्रीत बुमराह और स्मृति मंधाना बने दुनिया के सर्वश्रेष्‍ठ क्रिकेटर, 5 और खिलाड़ियों को भी सम्मान

नई दिल्ली  भारतीय क्रिकेटर स्मृति मंधाना और जसप्रीत बुमराह को 2024 के लिए विजडन ने दुनिया के सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर चुना है। मंधाना को महिला और बुमराह को पुरुष कैटेगरी में यह सम्मान मिला है। यह घोषणा विजडन क्रिकेटर्स अलमानैक के 2025 एडिशन में की गई। मंधाना ने दूसरी बार यह अवॉर्ड जीता है और वह ऐसा करने वाली पहली भारतीय महिला हैं। इससे पहले 2018 में भी उन्हें यह अवॉर्ड मिला था। स्मृति मंधाना का 2024 में प्रदर्शन स्मृति मंधाना को यह खिताब इसलिए मिला क्योंकि उन्होंने 2024 में 1659 इंटरनेशनल रन बनाए। यह महिला क्रिकेट में एक साल में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड है। उन्होंने वनडे में चार शतक भी लगाए। उन्होंने टी20I में 763 रन बनाए और वनडे में 747 रन बनाए। साउथ अफ्रीका के खिलाफ उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने तीन वनडे में 117, 136 और 90 रन बनाए। यह एक द्विपक्षीय सीरीज में 343 रन का रिकॉर्ड है। उन्होंने एक टेस्ट में 149 रन भी बनाए। टी20 वर्ल्ड कप जीते के हीरो रहे बुमराह जसप्रीत बुमराह को पुरुषों का सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर इसलिए चुना गया क्योंकि उन्होंने हर फॉर्मेट में कमाल का प्रदर्शन किया। उन्होंने 2024 में 14.92 की औसत से 71 टेस्ट विकेट लिए। यह किसी भी गेंदबाज का एक साल में सबसे कम औसत है। उन्होंने कई मैचों में महत्वपूर्ण योगदान दिया। विशाखापत्तनम में उन्होंने इंग्लैंड के टॉप ऑर्डर को ध्वस्त कर दिया। टी20 वर्ल्ड कपके फाइनल में साउथ अफ्रीका के खिलाफ मैच जिताऊ गेंदबाजी की। वह 20 से कम की औसत से 200 टेस्ट विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज भी बने। रोहित शर्मा की गैरमौजूदगी में पर्थ में बुमराह की कप्तानी में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को हराया था। टी20 वर्ल्ड कप में उन्होंने 4.17 की इकोनॉमी रेट से 15 विकेट लिए। उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया था। विजडन ने बेस्ट 5 क्रिकेटर भी चुने विजडन ने जिन पांच क्रिकेटरों को साल का सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर चुना है। इसमें गस एटकिंसन, लियाम डॉसन, सोफी एक्लेस्टोन, जेमी स्मिथ और डैन वॉरॉल शामिल हैं। ये सभी इंग्लैंड के खिलाड़ी है। सोफी महिला टीम के प्रमुख स्पिनर हैं तो वॉरॉल ने अभी तक इंग्लैंड के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट नहीं खेला है। 2016 में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए खेलता था लेकिन 2018 में इंग्लैंड आ गए। बुमराह को बताया ‘स्‍टार ऑफ द ईयर’ 2024 में 20 से कम औसत से 200 विकेट लेने वाले इतिहास के पहले टेस्ट गेंदबाज बने जसप्रीत बुमराह को विजडन के संपादक लॉरेंस बूथ ने ‘स्‍टार ऑफ द ईयर’ बताया है। बुमराह ने 15 से कम औसत से 71 टेस्ट विकेट लिए और जून में कैरिबियन में टी20 विश्व कप में भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई थी। बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में बुमराह ने अकेले ही 13.06 की औसत से 32 विकेट चटकाए थे। बूथ ने लिखा कि वह बहुत घातक था। उन्‍होंने बुमराह को सभी समय का सबसे महान खिलाड़ी माने जाने का दावा भी किया। स्‍मृति मंधाना दुनिया की बेस्‍ट महिला खिलाड़ी भारतीय महिला क्रिकेटर स्मृति मंधाना को विजडन ने दुनिया की बेस्‍ट महिला खिलाड़ी माना है। मंधाना ने 2024 में सभी फॉर्मेट में 1659 रन बनाए, जो कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के एक कैलेंडर वर्ष में किसी महिला खिलाड़ी द्वारा बनाए गए सबसे अधिक रन हैं। इसमें उनके बल्‍ले से निकले चार एकदिवसीय शतक भी शामिल हैं, जो एक और रिकॉर्ड है। मंधाना ने जून में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दस विकेट की जीत में दूसरा टेस्ट शतक (149) लगाया था। निकोलस पूरन बने सर्वश्रेष्ठ टी20 खिलाड़ी वहीं, वेस्टइंडीज के स्‍टार बल्लेबाज निकोलस पूरन को वर्ष का सर्वश्रेष्ठ टी20 खिलाड़ी घोषित किया गया। वर्ष के पांच क्रिकेटर में सर्रे का दबदबा इस बार विजडन के वर्ष के पांच क्रिकेटर में सर्रे काउंटी के तीन खिलाड़ी गस एटकिन्सन, जेमी स्मिथ और डैन वॉरल को शामिल किया है। इनके अलावा हैम्पशायर के लियाम डॉसन और इंग्लैंड की खिलाड़ी सोफी एक्लेस्टोन को भी इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा गया है। मिचेल सैंटनर को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन का सम्मान भारत के खिलाफ खेले पुणे टेस्ट में न्‍यूजीलैंड के मिचेल सैंटनर के 13 विकेट ने कीवी टीम को सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त दिलाई थी। इस कारण भारत 2012 के बाद पहली घरेलू टेस्ट सीरीज हार गया था। इस प्रदर्शन के लिए सैंटनर को विजडन ट्रॉफी से सम्मानित किया गया है। recent visitors 41

मध्य प्रदेश के इंदौर में कोरोना का एक नया मामला सामने आया, इलाज के दौरान महिला की मौत, डॉक्टर्स पॉजिटिव युवक का इलाज कर

इंदौर  मध्य प्रदेश में एक बार फिर कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी. इंदौर के एक प्राइवेट अस्पताल में एक महिला पेट दर्द की शिकायत लेकर आई थी, उसका किडनी से संबंधित बीमारी का इलाज किया जा रहा था, लेकिन जांच में वह कोरोना पॉजिटिव मिली. इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. घटना से स्वास्थ्य महकमें में हड़कंप मच गया. अन्य दो लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं. डॉक्टर्स कोरोना वायरस के लौटने से हैरान हैं. मध्य प्रदेश के इंदौर में लंबे समय बाद कोविड के दो मरीज मिले हैं. इनमें एक युवक है जबकि, दूसरी बुजुर्ग महिला है. दोनों को एक प्राइवेट हॉस्पिटल में एडमिट किया गया था. दोनों को अलग-अलग बीमारियां हैं. इनमें से महिला की अन्य बीमारियों के चलते सोमवार को मौत हो गई जबकि युवक का इलाज चल रहा है. बताया जा है कि दोनों मरीज इंदौर के हैं. इनमें से युवक को दो-तीन दिनों से सर्दी खांसी थी. उसने पहले दूसरे अस्पताल में दिखाया, लेकिन फर्क नहीं पड़ने पर अरबिंदो अस्पताल में दिखाया. यहां उसकी कई प्रकार की जांचें हुईं, जिनमें कोविड की पुष्टि हुई. ऐसे भर्ती हुई महिला प्राप्त जानकारी के मुताबिक, महिला इंदौर के पश्चिमी क्षेत्र की रहने वाली थी. 74 वर्षीय महिला को किडनी की बीमारी के कारण एडमिट किया गया था, उसे सीवियर सेप्टिक था. वह कोमार्बिट पैसेंट थी. उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसकी भी फ्लू पैनल जांच की गई. जिसमें वह भी कोविड पॉजिटिव पाई गई. सोमवार को उसकी मौत हो गई. डॉक्टर्स का कहना है कि महिला को किडनी में समस्या के साथ अन्य बीमारियां थीं साथ ही वह कोरोना पॉजिटिव भी पाई गई थी, जिसकी से उसकी मौत हुई. युवक का इलाज जारी डॉक्टर्स ने जानकारी देते हुए बताया कि महिला के बाद एक युवक भी काफी दिनों से सर्दी खांसी की समस्या से परेशान था. उसके इलाज के लिए उसकी कई प्रकार की जांच की गई. जिसमें कोरोना का जांच भी शामिल थी. उसे कोरोना की जांच में पॉजिटिव मिलने पर सावधानियां बरती गईं. फिलहाल युवक ठीक है. उसका इलाज जारी है. recent visitors 44