Ghibli ट्रेंड सिर्फ मजेदार फोटो नहीं, यह आपकी प्राइवेसी के लिए है खतरा?

Ghibli trend photo is not just

Ghibli trend photo is not just a fun photo, is it a threat to your privacy? Ghibli AI ट्रेंड सिर्फ मजेदार इमेजेस नहीं, बल्कि आपकी प्राइवेसी के लिए खतरा भी बन सकता है। जानें कि AI-Generated Ghibli पोर्ट्रेट्स कैसे आपकी डिजिटल सुरक्षा को प्रभावित कर सकते हैं… Ghibli trend photo is not just Ghibli AI Trend: जब से ओपनएआइ ने चैटजीपीटी के घिबली-स्टाइल एआइ इमेज जनरेटर को लॉन्च किया है, तब से इसने सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है। राजनेता हों या मशहूर हस्तियां, हर कोई घिबली के दिग्गज हयाओ मियाज़ाकी की खास शैली में अपने एआइ-जनरेटेड पोर्ट्रेट शेयर करता दिखाई देता है। एक ओर यह ट्रेंड हावी है तो दूसरी ओर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर डिजिटल प्राइवेसी एक्टिविस्ट्स लोगों को इसके जोखिमों से रूबरू कर रहे हैं। उनका दावा है कि ओपनएआइ इस ट्रेंड का उपयोग एआइ प्रशिक्षण के लिए लाखों व्यक्तिगत छवियों को इकट्ठा करने के तरीके के रूप में कर सकता है। आलोचकों ने चेतावनी दी है कि वे अनजाने में ओपनएआइ को नया फेशियल डेटा सौंप रहे हैं जिससे प्राइवेसी संबंधी गंभीर चिंताएं पैदा हो सकती हैं। Ghibli trend photo is not just AI टूल्स के लिए जरूरी सुरक्षा उपाय जनरल डेटा प्रोटेक्शन रेगुलेशन (जीडीपीआर) के तहत, ओपनएआइ को ‘वैध हित’ के कानूनी आधार के तहत इंटरनेट से इमेज-हार्वेस्टिंग (स्क्रेपिंग) का औचित्य सिद्ध करना चाहिए, जिसका अर्थ है कि उन्हें उपयोगकर्ता की गोपनीयता की रक्षा करने और अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा उपाय लागू करने होंगे। डिजिटल प्राइवेसी एक्टिविस्ट्स के अनुसार ओपनएआइ या अन्य टूल्स यह प्रदर्शित करें कि डेटा संग्रह आवश्यक है, यह व्यक्तियों के अधिकारों का हनन नहीं करता है, और सख्त पारदर्शिता और जवाबदेही उपायों का पालन किया जाता है। Read more: प्रिंसिपल ने महिला प्रोफेसर को लिखा ‘I Love You’, KISS की इमोजी वाली व्हाट्सएप चैट से कॉलेज में हड़कंप  सहमति और स्वतंत्रता एआई, टेक एंड प्राइवेसी एकेडमी की सह-संस्थापक लुइजा जारोव्स्की के अनुसार, जब लोग स्वेच्छा से इन छवियों को अपलोड करते हैं, तो वे ओपनएआइ को उन्हें संसाधित करने के लिए अपनी सहमति देते हैं (जीडीपीआर का अनुच्छेद 6.1.ए)। यह एक अलग कानूनी आधार है जो ओपनएआइ को अधिक स्वतंत्रता देता है, और इस तरह वैध हित संतुलन परीक्षण लागू नहीं होता है। Ghibli trend photo is not just कैसे सुरक्षित रखें अपना बायोमेट्रिक डेटा एआइ द्वारा जनरेट की गई छवियों के लिए व्यक्तिगत फोटो अपलोड करने से पहले दो बार सोचें।ऐसे कर सकते हैं अपनी गोपनीयता की सुरक्षासोशल मीडिया पर हाई-रिजॉल्यूशन वाली छवियों को साझा करने से बचें, एआइ प्रशिक्षण, डेटा वर्गीकरण और अन्य अनुप्रयोगों के लिए डेटा हार्वेस्टिंग की तकनीक इमेज-स्क्रेपिंग में इनका इस्तेमाल किया जा सकता है।डिवाइस को अनलॉक करने के लिए चेहरे की पहचान के बजाय पिन या पासवर्ड का उपयोग करें। ऐप्स की कैमरे तक एक्सेस को सीमित करें। समय-समय पर सेटिंग्स में एक्सेस को जांचते रहें। recent visitors 99

इस माह से शुरू होने से जा रही नोएडा से देहरादून और हरिद्वार के लिए बस सेवा

नोएडा नोएडा से देहरादून और हरिद्वार के लिए बस सेवा इसी माह से शुरू होने से जा रही है। डिपो को 50 नई बसें मिलेंगी। देवभूमि के अन्य स्थलों समेत यूपी के पूर्वांचल के लिए भी यहां से बस सेवा शुरू हो सकती है। डिपो प्रबंधन समय सारिणी का चार्ट जारी करेगा। देहरादून जाने वालों को 428 और हरिद्वार के लिए 381 रुपये प्रति व्यक्ति किराया निर्धारित किया गया है। तीन से चार घंटे के अंतराल पर देवभूमि के लिए नोएडा डिपो से बसें मिल सकेंगी। भर्ती के लिए 13 चालकों के टेस्ट हुए हैं। 167 परिचालकों की भर्ती और की जाएगी। नए रूट हल्द्वानी, देहरादून और ऋषिकेश पर भी नई बसों चलाया जाएगा। छुट्टी के दिन परिवार के साथ भारी संख्या में यात्री उत्तराखंड घूमने के लिए जाते हैं। इनमें हरिद्वार, ऋषिकेश तीर्थस्थल भी शामिल हैं। नोएडा से सीधे यात्री इन तीर्थस्थलों पर पहुंच सकें इसके लिए डिपो से इस माह बसों का संचालन होगा। यात्रियों की मांग बढ़ने पर कैंचीधाम, नीलकंठ, हरिद्वार और टपकेश्वर के लिए भी बसें संचालित की जा सकतीं हैं। 33 प्रतिशत बढ जाएगी बसों की संख्या नोएडा डिपो से वर्तमान में 158 बसें संचालित होती हैं। नई बसें मिलने से संख्या में 33 प्रतिशत की बढ़ोतरी होने से कुल 208 बसों का संचालन यहां से होगा। बुदंलशहर, आगरा, एटा, इटावा रूट पर बढेंगी बसें एआरएम एसएन पांडेय ने कहा कि बुलंदशहर रूप पर सबसे अधिक यात्री होते हैं। डिपो को सबसे अधिक राजस्व भी यहां से मिलता है। आगरा, एटा, इटावा, सहारनपुर के लिए भी यात्रियों की संख्या अधिक रहती है। नई बसें मिलने पर इन रूटों पर संख्या बढ़ाई जाएगी। 414 चालक डिपो के पास हैं वर्तमान में डिपो से संचालित हो रहीं 158 बसों के लिए 414 चालक और 416 परिचालक हैं। नई बसों के लिए कुछ चालक और 167 परिचालकों की भर्ती भी होगी। recent visitors 61

ग्लोबल मार्केट में हड़कंप से भारतीय शेयर बाजार हुआ धाराशायी, सेंसेक्‍स 800 टूटा

मुंबई US स्‍टॉक मार्केट में हाहाकार मचा हुआ है. गुरुवार रात अमेरिकी बाजार में नैस्डैक करीब 6 फीसदी टूट गया, जबकि Dow Jones इंडेक्स में 1600 अंक या करीब 4 फीसदी की गिरावट देखी गई. S&P 500 में भी करीब 5 फीसदी की गिरावट आई. जिसका असर आज भारतीय शेयर बाजार में भी देखने को मिल रहा है. भारतीय शेयर बाजार में गिरावट धीरे-धीरे हावी हो रही है. Sensex में 800 अंक से भी ज्‍यादा टूट चुका है, जबकि Nifty में भी 300 अंक से ज्‍यादा की गिरावट देखी जा रही है. निफ्टी अभी 23000 लेवल के नीचे कारोबार कर रहा है. जबकि Sensex 75500 के नीचे नजर आ रहा है. हालांकि निफ्टी बैंक में 90 अंकों की गिरावट है. BSE टॉप 30 शेयरों में से 26 शेयर भारी गिरावट पर कारोबार कर रहे हैं, जबकि HDFC Bank, Bharti Airtel समेत 2 और शेयर उछाल पर है. सबसे ज्‍यादा गिरावट Tata Motors के शेयर में 4 फीसदी की आई है. इसके बाद टाटा स्‍टील और एल एंड टी के शेयर भी 2.5 फीसदी के आसपास टूट चुके हैं. बिखर गए ये शेयर अमेरिकी बाजार का असर भारतीय बाजार में भी दिख रहा है. यहां आज Angel One के शेयर 4 फीसदी टूटकर कारोबार कर रहे हैं. Trump Tariff के कारण Tata Motors के शेयर में 4 प्रतिशत की गिरावट आई है. वहीं हिंदुस्‍तान कॉपर्स 3 फीसदी, Mazagon Dock के शेयर में 6 फीसदी की गिरावट देखी जा रही है. इसके अलावा, Vedanta के शेयर में 5.28 फीसदी की गिरावट आई है. 3 फीसदी से ज्‍यादा टूटा रिलायंस ग्‍लोबल टेंशन की वजह से रिलायंस इंडस्‍ट्रीज (RIL Share) के शेयर में बड़ी गिरावट देखी जा रही है. रिलायंस के शेयर 3.25% टूटकर 1205 रुपये पर कारोबार कर रहे हैं. वहीं दूसरी ओर HDFC बैंक ने मार्केट को संभालने की कोशिश की है. जो 2.35 फीसदी चढ़कर 1837 रुपये प्रति शेयर पर कारोबार कर रहा है, जिस कारण निफ्टी बैंक अब ग्रीन जोन में आ चुका है. शेयर बाजार की धीमी शुरुआत, ट्रंप के टैरिफ का दिखा असर 4 अप्रैल 2025 को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत धीमी रही. प्री-ओपनिंग सेशन में सेंसेक्स 135.27 अंक यानी 0.18% नीचे  76,160.09 पर था. वहीं, निफ्टी 59.70 अंक यानी 0.26% की गिरावट के साछ 23,190.40 पर ट्रेड कर रहा था. प्री-ओपनिंग के बाद जब बाजार खुला, तो गिरावट और तेज हो गई. सुबह 9:21 बजे तक के आंकड़ों के मुताबिक, सेंसेक्स 562.90 अंक गिरकर 75,732.46 पर पहुंच गया. निफ्टी भी 203.45 अंक टूटकर 23,046.65 पर कारोबार कर रहा था. ये गिरावट अमेरिका के नए टैरिफ ऐलान के चलते ग्लोबल मार्केट में आए भूचाल की वजह से देखी गई. ग्लोबल मार्केट में हाहाकार, वॉल स्ट्रीट को बड़ा झटका ट्रंप ने ऐलान किया है कि अमेरिका अब सभी इंपोर्ट्स पर कम से कम 10% टैरिफ लगाएगा. खासतौर पर चीन, वियतनाम, इंडोनेशिया और यूरोपीय संघ (EU) के उत्पादों पर यह दर 25% तक जा सकती है. चीन पर कुल 54% तक टैरिफ लगाया गया है, जबकि वियतनाम पर 46%, कंबोडिया पर 49% और इंडोनेशिया पर 32% का टैरिफ लगाया गया है. NSE के 2,518 शेयरों में से 531 शेयर उछाल पर हैं, जबकि 1,934 शेयर गिरावट पर कारोबार कर रहे हैं. इसके अलावा 53 शेयर अनचेंज दिख रहे हैं. 18 शेयरों में लोअर सर्किट और 124 शेयर अपर सर्किट पर है. 20 52 सप्‍ताह के निचले स्‍तर पर और 22 शेयर 52 सप्‍ताह के उच्‍च स्‍तर पर पहुंच गया है. अमेरिकी, जापान, यूरोप सहित ग्लोबल मार्केट क्रैश इस फैसले का असर अमेरिकी बाजार पर भी पड़ा. डॉव जोंस 1,700 अंक लुढ़क गया और करेक्शन जोन में पहुंच गया. एसएंडपी 500 में 5% और नैस्डैक में करीब 6% की गिरावट आई. अमेरिका के साथ जापान, यूरोप और अन्य ग्लोबल बाजारों में भी गिरावट दर्ज की गई. टोक्यो का निक्केई 4% से ज्यादा गिरा, जबकि पेरिस और फ्रैंकफर्ट में 3% से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली. भारतीय बाजार पर असर, निवेशकों को नुकसान भारतीय बाजार पर भी इस ग्लोबल गिरावट का असर पड़ा. गुरुवार को बीएसई सेंसेक्स 322.08 अंक यानी 0.42% गिरकर 76,295.36 अंक पर बंद हुआ. कारोबार के दौरान यह 809.89 अंक तक गिर गया था. हालांकि, फार्मा सेक्टर में मजबूती आने से बाजार की गिरावट कुछ हद तक थम गई. वहीं, निफ्टी 82.25 अंक यानी 0.35% गिरकर 23,250.10 पर बंद हुआ. recent visitors 53

यूपी में सरकारी कर्मचारियों को इस माह मिल सकता है 2% बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता

traditional culture was seen

लखनऊ राज्य कर्मचारियों को उनके महंगाई भत्ते में दो प्रतिशत वृद्धि का लाभ जल्द मिल जाने की उम्मीद है। अप्रैल माह का वेतन जो मई में कर्मचारियों को मिलेगा उसके साथ बढ़े दर से महंगाई भत्ता दिए जाने का आदेश जारी हो सकता है। दो प्रतिशत वृद्धि के साथ ही महंगाई भत्ता 55 प्रतिशत हो जाएगा। अभी महंगाई भत्ते की दर 53 प्रतिशत है। गौरतलब है कि कुछ दिनों ही पूर्व केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों को दो प्रतिशत बढ़े दर से मंहगाई भत्ता दिए जाने का आदेश जारी किया था। केंद्र सरकार द्वारा बढ़े दर से महंगाई भत्ता दिए जाने के बाद ही राज्य सरकार अपने कर्मचारियों को इस वृद्धि का लाभ देती है। जल्द मिलेगा महंगाई भत्ता राज्यकर्मियों को बढ़े दर से महंगाई भत्ता दिए जाने का प्रस्ताव बनाने की तैयारी शुरू कर दी गई है। जल्द ही इस प्रस्ताव को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा। राज्य सरकार द्वारा महंगाई भत्ता की दर में वृद्धि का फैसला लिए जाने पर इससे 16 लाख राज्य कर्मचारी लाभान्वित होंगे। लगभग 12 लाख पेंशनरों की महंगाई राहत की दर भी दो प्रतिशत बढ़ेगी। बढ़े महंगाई भत्ता का लाभ कर्मचारियों को जनवरी से मिलेगा। पिछले महीनों का एरियर सरकार कर्मचारियों के भविष्य निधि खातों के साथ ही राष्ट्रीय बचत पत्रों के माध्यम से देगी। recent visitors 51

भारतीय अंतरिक्ष यात्रा का एक नया अध्याय मई 2025 में शुरू होने जा रहा, शुभांशु शुक्ला भरेंगे उड़ान

नई दिल्ली भारत के लिए एक और ऐतिहासिक पल आने वाला है। जहां एक समय सुनिता विलियम्स ने भारतीय मूल के अंतरिक्ष यात्री के तौर पर अपनी पहचान बनाई थी, वहीं अब भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला 2025 में NASA के साथ एक अंतरिक्ष मिशन का हिस्सा बनने जा रहे हैं। बता दें कि भारतीय अंतरिक्ष यात्रा का एक नया अध्याय मई 2025 में शुरू होने जा रहा है, जब भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) के लिए उड़ान भरेंगे। वे Axiom Mission 4 (Ax-4) का हिस्सा होंगे, जो भारतीय अंतरिक्ष यात्री के लिए एक ऐतिहासिक मिशन साबित होने जा रहा है। यह मिशन भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के लिए भी एक अहम कदम है, जो भारत की अंतरिक्ष यात्रा में बढ़ती भागीदारी को दर्शाता है। मिशन Ax-4 का उद्देश्य Axiom Mission 4 (Ax-4) एक 14 दिवसीय मानवयुक्त अंतरिक्ष मिशन होगा, जिसमें अंतरिक्ष यात्री वैज्ञानिक प्रयोग, शैक्षिक पहलों और व्यावसायिक गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इस मिशन के तहत, शुभांशु शुक्ला भारत की समृद्ध संस्कृति को अंतरिक्ष में प्रदर्शित करेंगे। वे विभिन्न भारतीय राज्यों से जुड़ी सांस्कृतिक कलाकृतियां अपने साथ ले जाएंगे और माइक्रोग्रैविटी (Microgravity) वातावरण में योग करने का प्रयास भी करेंगे। शुभांशु शुक्ला का परिचय शुभांशु शुक्ला का जन्म 10 अक्टूबर 1985 को उत्तर प्रदेश के लखनऊ में हुआ था। वे भारतीय वायुसेना के एक अनुभवी पायलट हैं और Su-30 MKI, MiG-21, MiG-29, Jaguar, Hawk, Dornier और An-32 जैसे लड़ाकू विमानों के पायलट रहे हैं। 2006 में भारतीय वायुसेना में कमीशन प्राप्त करने के बाद, उन्होंने 2,000 घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव प्राप्त किया है। मार्च 2024 में उन्हें ग्रुप कैप्टन के पद पर पदोन्नत किया गया। इसके अलावा, वे भारत के महत्वाकांक्षी गगनयान मिशन के लिए भी अंतरिक्ष यात्री चुने गए हैं। मिशन की महत्वपूर्ण जानकारी कमांडर: इस मिशन का नेतृत्व पूर्व NASA अंतरिक्ष यात्री पेगी व्हिटसन करेंगी, जो अब Axiom Space में मानव अंतरिक्ष उड़ान की निदेशक हैं। पायलट: भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला इस मिशन के पायलट होंगे। अंतरिक्ष यात्री: मिशन में अन्य अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष यात्री भी शामिल होंगे, जिनमें पोलैंड और हंगरी के प्रतिनिधि शामिल हैं। मिशन के प्रभाव Ax-4 मिशन, न केवल भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर होगा, बल्कि यह भारतीय अंतरिक्ष विज्ञान और मानव अंतरिक्ष मिशन की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा। शुभांशु शुक्ला का यह अंतरिक्ष मिशन भारत के लिए गर्व की बात है और यह इस बात को भी प्रमाणित करता है कि भारत अब अंतरिक्ष यात्रा में पूरी तरह से आत्मनिर्भर है।  इस मिशन में चार अंतरिक्ष यात्री शामिल होंगे, जिनमें: पेगी व्हिटसन: मिशन की कमांडर, पूर्व NASA अंतरिक्ष यात्री और Axiom Space की मानव अंतरिक्ष उड़ान निदेशक। शुभांशु शुक्ला: भारतीय अंतरिक्ष यात्री और मिशन के पायलट। स्लावोज़ उज़्नांस्की-विश्निव्स्की: पोलैंड के अंतरिक्ष यात्री, जो यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी से जुड़े हैं। टिबोर कपु: हंगरी के अंतरिक्ष यात्री, जो HUNOR मिशन का हिस्सा हैं। यह मिशन न केवल भारत के लिए, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी एक नया अध्याय है, और शुभांशु शुक्ला के रूप में भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए इस ऐतिहासिक यात्रा का हिस्सा बनना सचमुच गर्व की बात है। recent visitors 83

RBI इस महीने जारी करेगा 50 रुपये का नया नोट, क्या है नए नोट की खासियत?

नई दिल्ली भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने 50 रुपए के नए नोट को लेकर एक अहम घोषणा की है, जिससे इस नोट को लेकर जनता में हलचल मच गई है। नए 50 रुपए के नोट में गवर्नर संजय मल्होत्रा के हस्ताक्षर होंगे, और इसे जल्द ही सर्कुलेशन में लाया जाएगा। RBI ने यह भी स्पष्ट किया कि इससे पहले जारी किए गए सभी 50 रुपए के नोट वैध बने रहेंगे, यानी पुराना नोट चलन से बाहर नहीं होगा। साथ ही, यह नया नोट महात्मा गांधी (NEW) सीरीज के डिज़ाइन के अनुरूप होगा, जो पहले से जारी किए गए 50 रुपए के नोटों जैसा ही होगा। नए नोट का आकार और डिज़ाइन भी पहले जैसे होंगे, जिसमें फ्लोरोसेंट नीला रंग और हम्पी के रथ का चित्र शामिल होगा, जो भारतीय सांस्कृतिक धरोहर को दर्शाता है। क्या है नए नोट की खासियत?- इस नोट के पीछे हम्पी के रथ का चित्र है, जो भारतीय संस्कृति की समृद्धि और इतिहास को प्रदर्शित करता है। महात्मा गांधी (नई) सीरीज में जारी होने वाले इस नोट में कुछ नई सुरक्षा विशेषताएं भी होंगी, जो इसे और अधिक सुरक्षित बनाएंगी। पुराने नोट भी रहेंगे वैध- RBI ने यह भी कहा कि पुराने 50 रुपए के नोट जो पहले जारी किए गए थे, वे वैध मुद्रा बने रहेंगे और उनका कोई भी असर नए नोट पर नहीं पड़ेगा। 2000 रुपये के नोट की वापसी का अपडेट- वहीं, 2000 रुपए के नोटों को लेकर भी हाल ही में एक महत्वपूर्ण अपडेट आया है। रिजर्व बैंक ने बताया कि 31 जनवरी 2025 तक 98.15% 2000 रुपए के नोट वापस बैंकिंग सिस्टम में लौट चुके हैं, और अब भी कुछ पुराने नोट लोगों के पास हैं। नए नोट के जारी होने से पहले, यह एक अहम वक्त है जब जनता को पुराने और नए नोटों के बीच अंतर समझने और उनका इस्तेमाल सही तरीके से करने की आवश्यकता है। recent visitors 76

दिल्ली में अब मुफ्त बस सफर करना है तो दो अहम शर्तों का करना होगा पालन, रजिस्ट्रेशन भी जल्द

नई दिल्ली दिल्ली में मुफ्त बस सफर की सुविधा पर रेखा गुप्ता सरकार दो अहम शर्तें लगाने जा रही है। राजधानी में मुफ्त बस यात्रा का लाभ अब उन्हीं महिलाओं को मिलेगा, जो दिल्ली की निवासी हैं। दूसरी शर्त यह है कि दिल्ली महिलाओं को भी इस सुविधा का लाभ लेने के लिए रजिस्ट्रेशन कराना होगा। इसका मतलब है कि यदि अन्य किसी राज्य की महिला दिल्ली में घूमने या अन्य किसी काम से आई है तो उसे बस में सफर के लिए टिकट का भुगतान करना होगा। यदि आप दिल्ली की रहने वाली हैं और रजिस्ट्रेशन करवाकर स्मार्ट कार्ड हासिल नहीं किया है तो आपको भी टिकट खरीदकर यात्रा करनी होगी। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली की महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा देने के लिए 'स्मार्ट कार्ड' जारी किया जाएगा, जो 'लाइफटाइम' वैध रहेगा। अधिकारियों के मुताबिक, दिल्ली की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार बसों में मुफ्त यात्रा के लिए स्मार्ट कार्ड पाने की इच्छुक महिलाओं के लिए जल्द ही रजिस्ट्रेशन शुरू करेगी। यह कदम मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के दिल्ली विधानसभा के बजट सत्र में पूर्ववर्ती आम आदमी पार्टी (आप) सरकार पर गुलाबी टिकट योजना के तहत भ्रष्टाचार का आरोप लगाने के कुछ दिनों बाद उठाया गया है। गुप्ता ने कहा था, 'हम महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा देने के लिए प्रतिबद्ध हैं… भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हम महिलाओं के लिए डिजिटल यात्रा कार्ड शुरू करेंगे, जो उन्हें सरकारी बसों में कभी भी स्वतंत्र रूप से मुफ्त यात्रा करने की सुविधा देगा, जिससे टिकट से जुड़ा 'गुलाबी भ्रष्टाचार' खत्म हो जाएगा।' उन्होंने इस बात पर जोर दिया था कि दक्षता बढ़ाने के लिए टिकट प्रणाली को पूरी तरह से डिजिटल किया जाएगा। गुप्ता ने कहा था कि संपूर्ण प्रणाली का आधुनिकीकरण किया जाएगा और पारदर्शिता और दक्षता सुनिश्चित करने के लिए मौजूदा त्रुटिपूर्ण योजनाओं में सुधार किया जाएगा। उन्होंने कहा था, 'हमारा लक्ष्य दिल्ली के सार्वजनिक परिवहन को अधिक सुलभ, विश्वसनीय और विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त बनाना है।' 'आप' ने 2019 में भाई दूज के अवसर पर गुलाबी टिकट योजना पेश की थी, जिसके तहत महिलाओं को दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) की बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा प्रदान की जाती है। महिलाओं को गुलाबी टिकट के रूप में एकल यात्रा पास मिलते हैं, जिसमें दिल्ली सरकार प्रति टिकट 10 रुपये की लागत वहन करती है और जारी किए गए कुल टिकट के आधार पर बस कंपनियों को भुगतान करती है। अधिकारियों के अनुसार, भाजपा सरकार के अगले दो से तीन सप्ताह के भीतर स्मार्ट कार्ड पहल पर काम शुरू करने की उम्मीद है। उन्होंने पात्रता मानदंड के बारे में बताया कि स्मार्ट कार्ड केवल दिल्ली में रहने वाली महिलाओं को जारी किया जाएगा, जिससे उन्हें बिना किसी पाबंदी के कहीं भी, कभी भी यात्रा करने की सुविधा मिलेगी। recent visitors 60