मणिपुर में सुरक्षा बलों को मिली कामयाबी, दो जिलों से गिरफ्तार किए गए 9 उग्रवादी, भारी मात्रा हथियार बरामद

 इंफाल मणिपुर में सीएम बीरेन सिंह के इस्तीफे के बाद राष्ट्रपति शासन लागू हो गया है. इसी बीच, सुरक्षाबलों ने  पूर्वी इंफाल और थौबल जिलों से विभिन्न प्रतिबंधित संगठनों के 9 उग्रवादियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी. अधिकारियों ने बताया कि अपहरण और वसूली गतिविधियों में शामिल प्रतिबंधित कांगलेईपाक कम्युनिस्ट पार्टी (नोयोन) के चार सक्रिय सदस्यों को शुक्रवार को थौबल जिले के चिंगडोम्पोक इलाके से गिरफ्तार किया गया. एक अन्य ऑपरेशन में, सुरक्षाबलों ने शुक्रवार को इंफाल पूर्वी जिले के खाबेइसोई इलाके से जबरन वसूली गतिविधि में शामिल केसीपी (पीडब्ल्यूजी) के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया. पुलिस ने  इंफाल पूर्वी जिले के नुंगोई अवांग लीकाई इलाके से यूएनएलएफ (पामबेई) के एक सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया. उन्होंने कहा, ''गिरफ्तार व्यक्ति इम्फाल शहर और उसके आसपास वसूली गतिविधियों और हथियारों और गोला-बारूद की तस्करी में शामिल था.'' सूबे में लागू हुआ राष्ट्रपति शासन मणिपुर में बीरेन सिंह के सीएम पद से इस्तीफे के बाद अब सूबे में राष्ट्रपति शासन लागू कर दिया गया है. मणिपुर में मैतेई और कुकी समुदायों के बीच हिंसा के चलते कानून-व्यवस्था की स्थिति गंभीर बनी हुई है. बीते रविवार को बीरेन सिंह ने राज्यपाल अजय कुमार भल्ला से मुलाकात कर मुख्यमंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया था. इसके बाद से ही नए मुख्यमंत्री के नाम पर मुहर लगाने के लिए बीजेपी नेताओं की बैठकों का दौर शुरू हो गया था. मणिपुर प्रभारी संबित पात्रा बीजेपी के दिग्गज नेताओं के साथ मीटिंग कर रहे थे. हालांकि अब सूबे में राष्ट्रपति शासन लागू कर दिया गया है. संविधान के अनुच्छेद 174(1) के अनुसार राज्य विधानसभाओं को अपनी अंतिम बैठक के छह महीने के भीतर बुलाना अनिवार्य है. मणिपुर में पिछला विधानसभा सत्र 12 अगस्त 2024 को बुलाया किया गया था. लेकिन बीते दिन यानी बुधवार को विधानसभा सत्र बुलाने की समय सीमा खत्म हो गई.     recent visitors 67

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से पहले मेहमानों को लुभाने भोपाल तैयार, वन विहार में छोड़े गए एशियाटिक लॉयन

भोपाल राजधानी भोपाल में 24 और 25 फरवरी को होने वाली ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट( जीआईएस) से पहले विश्वर भर से आ रहे उद्योगपति मेहमानों को लुभाने से लिए राजधानी भोपाल को तैयार किया जा रहा है। इसी कड़ी में शनिवार को सुबह एशियाटिक लॉयन के जोडे़े वन विहार छोड़ दिए गए हैं। देसी-विदेशी मेहमान अब भोपाल में एशियाटिक सिंह भी देख सकेंगे। हाउस से बाड़े में जाते ही सिंह का यह जोड़ा मस्ती करने लगा। दोनों को एक ही बाड़े में छोड़ा गया है। यह जोड़ा गुजरात के जूनागढ़ से दिसंबर में लाया गया था। नर सिंह का नाम जूना और मादा सिंह का नाम गिरी है। 21 दिन किया क्वारेंटाइन लॉयन के इन जोडों को  21 दिन की क्वारेंटाइन अवधि के लिए हाउस में रखा गया था। क्वारेंटाइन की अवधि तीन गुना हो गई थी। दोनों ही सिंह पूर्णत: स्वस्थ्य हैं। इसलिए उन्हें अब बाड़े में छोड़ा गया है। अब टूरिस्ट इनके दीदार कर सकते हैं। वन विहार नेशनल पार्क में लोग शनिवार से ही एशियाई शेरों के दीदार करना शुरू कर दिया है।  पहले दिन पिंजरा खुलते ही शेरों ने अपने बाड़े में छलांग लगा दी थी। हालांकि, पहले वे थोड़े डरे-सहमे नजर आए थे लेकिन फिर इधर-उधर मंडराने लगे। खाने के लिए उन्हें मीट भी दिया गया। इसके बाद वे माहौल में ढल गए हैं। पांच दिन एक हजार किलों मीटर का किया था सफर वन विहार के डायरेक्टर अवधेश मीना ने बताया कि वन विहार का 9 सदस्यीय दल 17 दिसंबर को जूनागढ़ के सक्करबाग चिड़ियाघर में शेर को लेने पहुंचे थे, शियाई शेरों का जोड़ा  21 दिसंबर को भोपाल लाया गया था। 5 दिन में 1000 किमी का सफर तय किया था। इसके बाद इन्हें 21 दिन तक क्वारेंटाइन रखा गया था। 11 जनवरी को यह अवधि पूरी हो गई। हालांकि, उनकी सेहत को देखते हुए इन्हें ज्यादा समय तक यहां रखा गया। करीब पौने दो महीने के बाद इन्हें अब बाड़े में छोड़ा गया है। नर और मादा शेर की उम्र करीब 3 साल है। 2 नर और 3 मादा शेरों की हो गई संख्या राजधानी स्थित वन विहार में अभी तक 3 शेर थे। जिनमें सत्या, गंगा और नदी शामिल हैं। नंदी और सत्या नंदन कानन चिड़ियाघर से लाए गए थे। अब 2 लॉयन और आ गए। इसके बाद यहां 2 नर और 3 मादा शेर हो गई हैं। गुजरात ने वन विहार नेशनल पार्क की बात 16 साल बाद मानी और चार साल के शेरों का जोड़ा दिया। इसके बदले में बांधवगढ़ नेशनल पार्क से लाए गए बाघ बी-2 और बाघिन बंदनी सक्करबाग चिड़ियाघर भेजे हैं।   recent visitors 50

तीन दोस्त तालाब में नहाने पहुंचे, दो गहरे पानी में जाने से डूबे, शव बरामद

उज्जैन उज्जैन जिले की तराना तहसील के ग्राम कनार्दी में दुखद घटना सामने आई। जहां, तीन दोस्त तालाब में नहाने पहुंचे थे, जिनमें से दो गहरे पानी में जाने से डूब गए। घटनाक्रम सामने आने के बाद डूबे बालकों की तलाश शुरू की गई। एक से डेढ़ घंटे की तलाश के बाद दोनों के शव बाहर निकाले गए। तराना थाना प्रभारी पी.एस. दलोदिया ने बताया कि दोपहर को खबर मिली थी कि ग्राम कनार्दी में नहाने गए दो बालक तालाब में डूब गए हैं। पुलिस मौके पर पहुंची, ग्रामीणों द्वारा दोनों बालकों की तलाश शुरू कर दी गई थी। जानकारी लेने पर सामने आया कि घटना दोपहर करीब 2 बजे की है। गांव में रहने वाला कार्तिक पिता बनेसिंह (14 वर्ष) और सोनू पिता ताराचंद नरवरिया (12 वर्ष) अपने हमउम्र नितिक के साथ गांव से बाहर तालाब में नहाने आए थे। दोनों के गहरे पानी में जाने की सूचना नितिक द्वारा गांव वालों को दी गई थी। थाना प्रभारी ने घटना की जानकारी एसडीएम राजेश बौरासी, एसडीओपी भविष्य भास्कर और तहसीलदार रामलाल मुनिया को दी। कुछ देर में ही प्रशासनिक अधिकारी भी कनार्दी के मोरीजरी नया तालाब पहुंच गए। ग्रामीण अपने स्तर पर तलाश कर रहे थे। पुलिस और प्रशासन ने गोताखोरों को बुलाकर सर्चिंग शुरू कराई, जिसके बाद दोनों को बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।  शवों को तराना के शासकीय अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर पोस्टमार्टम कराया है।   recent visitors 54

सीईओ विजय आनंद ने प्रदेश में डेटा सेंटर, ग्रीन हाइड्रोजन, सौर ऊर्जा सेक्टर में 9100 करोड़ रूपये के निवेश का प्रस्ताव दिया

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से "टेक डेटा लिमिटेड कंपनी" के सीईओ विजय आनंद ने भेंट की। उन्होंने प्रदेश में डेटा सेंटर, ग्रीन हाइड्रोजन, सौर ऊर्जा और ट्रांसमिशन सेक्टर में निवेश की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत कर 9100 करोड़ रूपये के निवेश का प्रस्ताव दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से प्रदेश में उन्नत बुनियादी ढांचे और तकनीकी विस्तार पर चर्चा हुई। टेक डेटा लिमिटेड ने इंदौर में 4 हजार करोड़ रूपये की लागत से डेटा सेंटर स्थापित करने, बीना (सागर) में 3 हजार करोड़ रूपये की लागत से ग्रीन हाइड्रोजन प्लांट विकसित करने, उज्जैन में 600 करोड़ रूपये के निवेश से सोलर पॉवर यूनिट स्थापित करने और उज्जैन में ही बिजली ट्रांसमिशन एवं वितरण अवसंरचना के लिए 1500 करोड़ रूपये के निवेश प्रस्ताव दिये। बैठक में जिला उद्योग केंद्र भोपाल के जीएम कैलाश मानेकर भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश निवेशकों के लिए देश के सबसे अनुकूल स्थलों में से एक बन चुका है। मजबूत बुनियादी ढांचे, सुलभ नीतियों और अनुकूल औद्योगिक वातावरण होने से वैश्विक कंपनियाँ प्रदेश में निवेश के लिए आकर्षित हो रही हैं। टेक डेटा लिमिटेड के सीईओ आनंद ने कहा कि यह निवेश प्रदेश में डिजिटल और हरित ऊर्जा क्रांति को गति देगा, जिससे अत्याधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास होगा और हजारों नए रोजगार के अवसर सृजित होंगे। उन्होंने परियोजनाओं के शीघ्र कार्यान्वयन के लिए राज्य सरकार से नीति समर्थन, भूमि आवंटन और अन्य आवश्यक सहयोग का अनुरोध किया। टेक डेटा लिमिटेड का यह निवेश मध्यप्रदेश के औद्योगिक और आर्थिक विकास को नई दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इससे न केवल तकनीकी और ऊर्जा क्षेत्रों में प्रदेश अग्रणी राज्य बनेगा बल्कि स्थानीय युवाओं और स्टार्ट-अप्स को भी नए अवसर प्राप्त होंगे।   recent visitors 67

नर्मदा के विकास के लिए मोहन यादव सरकार ने बनाई खास योजना, परिक्रमा मार्ग पर बढ़ेंगी सुविधाएं, सामुदायिक भवन भी बनेगा

अनूपपुर  मां नर्मदा के उद्गम स्थल अमरकंटक से प्रतिवर्ष हजारों की संख्या में लोग मां नर्मदा की परिक्रमा प्रारंभ करते हैं। मां नर्मदा का उद्गम स्थल होने के बावजूद परिक्रमा वासियों के लिए यहां उपलब्ध सुविधाएं नाकाफी हैं। जरूरी सुविधाएं न मिल पाने के कारण श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसको देखते हुए जिला प्रशासन ने यहां 14 ग्राम पंचायतों में परिक्रमावासियों के लिए मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना बनाई है। इसके तहत नर्मदा परिक्रमा मार्ग पर सड़क ,बिजली, पानी, सामुदायिक भवन सहित अन्य जरूरी व्यवस्थाएं बनाई जा रही हैं। मां नर्मदा परिक्रमा मार्ग में आने वाले 14 ग्राम पंचायतों सिजघाट में खाल्हेदूधी, इटौर, घोघरी, बरांझ, बीजापुरी, चंदन घाट के कछरा टोला, खेतगांव, ठाढ़ पाठर, देवरी, दमेहडी, भीम कुंडी, मोहंदी, हरई, दमगढ़ का चयन किया गया है। परिक्रमावासियों के लिए मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता बनाने की योजना तैयार की गई है। वरिष्ठ कार्यालय को इसके अनुमोदन के लिए पत्राचार किया गया है। स्वीकृति मिलने के बाद कार्य प्रारंभ किया जाएगा। अभी असुविधा के बीच करनी पड़ती है परिक्रमा वर्तमान समय में भी यहां पर नर्मदा परिक्रमावासी प्रतिवर्ष मां नर्मदा की परिक्रमा कर रहे हैं। जहां पर सड़क बिजली पानी सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं वर्तमान में नहीं है जिसके कारण परिक्रमा वासियों को काफी असुविधा का सामना यहां करना पड़ता है। मां नर्मदा की परिक्रमा का धार्मिक महत्व होने के कारण प्रतिवर्ष देश के विभिन्न हिस्सों से यहां लोग मां नर्मदा की परिक्रमा प्रारंभ करने के लिए पहुंचते हैं और स्थानीय स्तर पर कोई सुविधा उपलब्ध न होने से उन्हें इससे जूझना पड़ता है। पंचायतों में ये सुविधाएं की जाएंगी विकसित सामुदायिक भवन, सोलर लाइट, पानी टंकी, सीएससी, हैंड पंप, घाट निर्माण, ग्रेवल रोड सहित अन्य कार्य प्रत्येक ग्राम पंचायत में कराए जाने की योजना बनाई गई है। 14 ग्राम पंचायत में निर्माण के लिए एस्टीमेट तैयार किया गया है जिसमें इन सभी कार्यों को शामिल करते हुए उनकी अनुमानित लागत 50 करोड़ 14 लाख रुपए निर्धारित की गई है। स्वीकृति मिलते ही कार्य प्रारंभ किया जाएगा। इसके बाद यहां परिक्रमा वासियों को होने वाली असुविधा दूर हो सकेगी। नर्मदा तट पर सुविधा विकसित किए जाने के लिए योजना तैयार की गई है जल्द ही वरिष्ठ कार्यालय से इस पर अनुमति मिलने के पश्चात कार्य किया जाएगा। तन्मय वशिष्ठ शर्मा, सीईओ जिपं recent visitors 74

अडानी को एक और झटका अमीरों की लिस्ट में 23वें स्थान पर फिसले

नई दिल्ली  देश की तीसरे बड़े औद्योगिक घराने अडानी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी दुनिया की अमीरों की लिस्ट में 23वें स्थान पर खिसक गए हैं। ब्लूमबर्ग बिलिनेयर इंडेक्स के मुताबिक शुक्रवार को उनकी नेटवर्थ में 2.73 अरब डॉलर यानी करीब ₹2,36,60,45,95,500 की गिरावट आई। अब उनकी नेटवर्थ 66.1 अरब डॉलर रह गई है। इस साल उनकी नेटवर्थ में 12.6 अरब डॉलर की गिरावट आई है। इसके साथ ही उनके अब एशियाई अमीरों की लिस्ट में तीसरे नंबर पर खिसकने का खतरा मंडराने लगा है। चीन के झोंग शैनशैन 57.4 अरब डॉलर के साथ दुनिया के अमीरों की लिस्ट में 24वें और एशिया में तीसरे नंबर पर हैं। घरेलू शेयर बाजार में लगातार आठ सत्र से गिरावट आ रही है। इस कारण भारतीय रईसों की नेटवर्थ में गिरावट आई है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और एशिया के सबसे बड़े रईस मुकेश अंबानी की नेटवर्थ में इस साल 4.55 अरब डॉलर की गिरावट आई है। वह 86.1 अरब डॉलर की नेटवर्थ के साथ दुनिया के अमीरों की लिस्ट में 17वें नंबर पर बने हुए हैं। एचसीएल के शिव नाडर ने इस साल 4.14 अरब डॉलर, शापूरजी मिस्त्री ने 2.18 अरब डॉलर, अजीम प्रेमजी ने 18.8 करोड़ डॉलर, सावित्री जिंदल ने 5.20 अरब डॉलर और सन फार्मा के दिलीप सांघवी ने 3.40 अरब डॉलर गंवाए हैं। मस्क और जकरबर्ग का हाल दुनिया में सबसे ज्यादा नेटवर्थ गंवाने के मामले में एलन मस्क पहले नंबर पर हैं जबकि सबसे ज्यादा कमाई करने में मार्क जकरबर्ग सबसे आगे हैं। दुनिया के सबसे बड़े रईस मस्क की नेटवर्थ में इस साल 34.1 अरब डॉलर गंवाए हैं। अब उनकी नेटवर्थ 398 अरब डॉलर रह गई है। दूसरी तरफ फेसबुक की पेरेंट कंपनी मेटा प्लेटफॉर्म्स के सीईओ जकरबर्ग की नेटवर्थ में इस साल 52 अरब डॉलर की तेजी आई है। वह 259 अरब डॉलर की नेटवर्थ के साथ दुनिया के अमीरों की लिस्ट में मस्क के बाद दूसरे नंबर पर हैं। recent visitors 91

बाड़मेर के इस नेता को मिला MP का प्रभार, कांग्रेस ने संगठन में किया बड़ा बदलाव

भोपाल मध्य प्रदेश कांग्रेस में बदलाव का दौर जारी है. अब प्रदेश कांग्रेस संगठन में बड़ा बदलाव हुआ है. भंवर जितेंद्र सिंह को प्रभारी पद से हटाया गया है. उनकी जगह हरीश चौधरी मध्य प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी बनाए गए हैं. भंवर जितेंद्र सिंह के पास दो राज्यों की जिम्मेदारी थी. जितेंद्र सिंह मध्य प्रदेश के अलावा असम के प्रभारी थे. कांग्रेस ने 13 राज्यों और 4 केंद्र शासित प्रदेशों में नए प्रभारी नियुक्ति किए हैं. हरीश चौधरी राजस्थान में गहलोत सरकार में मंत्री रह चुके हैं. वर्तमान में बाड़मेर जिले की बायतु विधानसभा क्षेत्र से राजस्थान विधान सभा के MLA हैं. हरीश चौधरी को गांधी परिवार का बेहद करीबी माना जाता है. हरीश चौधरी मध्य प्रदेश में पीसीसी चीफ जीतू पटवारी के साथ मिलकर कांग्रेस संगठन का काम देखेंगे.   पटवारी ने भाजपा पर निशाना साधा इधर, भोपाल में पीसीसी चीफ जीतू पटवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए भाजपा पर निशाना साधा. MP करप्शन के मामले में टॉप 3 में है. अधिकारियों के 300 से अधिक प्रकरण लंबित है. 21 साल पुराने मामले पर उनके और उनके परिवार पर FIR कर दी है. हेमंत कटारे हमेशा भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे थे. मेरा सवाल मोहन यादव से है. क्या एक ही ऐसा केस है पूरे MP में ऐसा? ऐसे कितने ही एमपी में कैसे हैं और यह कैस तो सिविल का है. कांग्रेस के नेताओं पर दबाव बनाने के लिए FIR दर्ज कराई जा रही है. सौरभ शर्मा केस कैसे रफा दफा हो जाए सरकार उसमें जुटी है. कांग्रेस ने गिनाए घोटाले पटवारी ने कहा कि BJP के नेता की बैलेंस शीट बढ़ी है. चोरी कलंकित, करप्शन आप करो FIR कांग्रेस के नेता पर कर रहे हो. परिवहन घोटालों पर ध्यान दो और लोकायुक्त में जांच चल रही उसे पूरा करो. जांच की जाए तो मंत्रालय में बैठे सभी मंत्री जेल में चले जाएंगे. पटवारी ने नल जल योजना को लेकर कहा कि मैं पत्रकारों को चुनौती देता हूं जहां भी 100 प्रतिशत योजना पहुंची हो तो मैं उस पत्रकार ओर व्यक्ति का स्वागत करूंगा. मुख्यमंत्री के विधानसभा में, मंत्री संपत्तियां उईके के विधानसभा हो या किसी विधायक के विधानसभा का एक भी गांव ऐसा बता दो जहां नल-जल योजना से पानी मिल रहा हो. नल जल योजना में 65 प्रतिशत का घोटाला है.  recent visitors 82