राष्ट्रीय राजमार्ग-146 के अपग्रेडशन और विकास के लिए 903.44 करोड़ की मंजूरी

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश को नई सौगातें देने पर प्रधानमंत्री मोदी का माना आभार CM यादव ने मध्यप्रदेश की प्रगति के लिए नित नई सौगातें देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हृदय से आभार माना राष्ट्रीय राजमार्ग-146 के अपग्रेडशन और विकास के लिए 903.44 करोड़ की मंजूरी भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्यप्रदेश की प्रगति के लिए नित नई सौगातें देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का हृदय से आभार माना है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्रीय कैबिनेट ने राष्ट्रीय राजमार्ग-146 के ग्यारसपुर से राहतगढ़ खंड को 4-लेन में अपग्रेड एवं विकास करने के लिए 903.44 करोड़ रुपए की मंजूरी निश्चित ही इस क्षेत्र के साथ प्रदेश की प्रगति में नया अध्याय होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का निर्णय अभिनंदनीय है। पेसा मोबिलाइजर्स का मानदेय 4 हजार से 8 हजार रुपए प्रतिमाह किया मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि केंद्र कैबिनेट द्वारा आज जनजातीय क्षेत्रों में ग्राम सभाओं को सशक्त बनाने के उद्देश्य की पूर्ति में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करने वाले पेसा मोबिलाइजर्स का मानदेय 4 हजार रुपए प्रतिमाह से बढ़ाकर 8 हजार रुपए प्रतिमाह देने निर्णय से मध्यप्रदेश सरकार का एक और संकल्प पूर्ण हुआ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सभी पेसा मोबिलाइजर्स को बधाई और शुभकामनाएँ देते हुए कहाकि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हम जनजातीय वर्ग के कल्याण के लिएपूर्ण प्रतिबद्धता के साथ निरंतर कार्यरत हैं। अंतरिक्ष के लिए उद्यम पूंजी कोष की स्थापना को स्वीकृति प्रदान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय कैबिनेट द्वारा IN-SPACe के अंतर्गत अंतरिक्ष के लिए एक हजार करोड़ के उद्यम पूंजी कोष की स्थापना को स्वीकृति प्रदान करने के निर्णय का भी स्वागत किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह कोष अंतरिक्ष क्षेत्र में कार्यरत लगभग 40 स्टार्टअप को आर्थिक रूप से मजबूत बनाएगा। प्रधानमंत्री मोदी के आत्मनिर्भर भारत के संकल्प से प्रेरित यह निर्णय भारतीय अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी में निजी क्षेत्र के निवेश की भागीदारी बढ़ाते हुए इसकी प्रगति भी सुनिश्चित करेगा।   recent visitors 69

मंत्री काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों पर पहुंचेगा

भोपाल सूक्ष्म, लघु एवम मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने विनोबा भावे सीएम राइज स्कूल रतलाम को लंदन की संस्था T-4 द्वारा इनोवेशन कैटेगरी में प्रथम स्थान पर घोषित किए जाने पर बधाई दी है। उन्होंने इसे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य सरकार की गुणवत्ता पूर्ण और नवाचारी शिक्षा व्यवस्था के संकल्प की शानदार उपलब्धि बताया है। मंत्री काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में मध्यप्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों पर पहुंचेगा। मंत्री काश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में आज सीएम राइज स्कूल को यह बड़ी उपलब्धि मिली है। हमारे शिक्षकों को इससे प्रेरणा मिलेगी। उन्होंने कहा कि इच्छा शक्ति हो तो सारी ऊंचाइयों को सुनियोजित और नवाचारी प्रयासों से पाया जा सकता है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह को भी उन्होंने धन्यवाद दिया है और आशा व्यक्त की है कि वे रतलाम के स्कूल के नवाचार को पूरे प्रदेश में एक मॉडल के रूप में आगे बढ़ाएंगे। मंत्री काश्यप ने कहा है कि लंदन से मिला यह पुरस्कार रतलाम के साथ ही मध्यप्रदेश के लिए गौरव का क्षण है। उन्होंने कहा कि हमारे शासकीय स्कूल के शिक्षकों, पालकों और विद्यार्थियों ने मिलकर कीर्तिमान बनाया है। काश्यप ने कहा कि यह उपलब्धि निश्चित ही प्रदेश के सभी शासकीय स्कूलों को प्रेरणा देगी।   recent visitors 46

नई पीढ़ी का कौशल विकास के महत्व को समझना और आत्मसात करना देश के प्रौद्योगिक विकास के लिए आवश्यक – मंत्री टेटवाल

नई पीढ़ी का कौशल विकास के महत्व को समझना और आत्मसात करना देश के प्रौद्योगिक विकास के लिए आवश्यक – मंत्री टेटवाल आईटीआई झाबुआ में हुआ युवा कौशल संवाद- 2024 भोपाल कौशल विकास एवं रोजगार राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल आईटीआई झाबुआ में युवा कौशल संवाद- 2024 के तहत वी इन स्टेम(we-in stem) ट्रेनिंग प्रोग्राम मे प्रशिक्षित झाबुआ जिले की बालिकाओं के साथ संवाद में सम्मिलित हुए। मंत्री टेटवाल ने बालिकाओं के साथ युवा कौशल संवाद के तहत चर्चा की। उन्होंने बालिकाओं द्वारा "वी इन स्टेम" ट्रेड में प्राप्त शिक्षा, ऑन फील्ड अनुभव, कॉलेज में विभिन्न ट्रेड की स्थिति के सम्बन्ध में भी बात की। उन्होंने कहा कि समय के साथ आगे बढ़ना आवश्यक है। इसके लिये जरूरी है कि नई पीढ़ी कौशल विकास के महत्व को समझें, साथ ही आत्मसात भी करें। यह देश के प्रौद्योगिक विकास को और अधिक गति प्रदान करेंगा। मंत्री टेटवाल ने उपस्थित बालिकाओं को लोकमाता अहिल्याबाई का उदाहरण देते हुए कहा कि अहिल्याबाई के द्वारा जनता का कौशल विकास कर माहेश्वरी साड़ी का अद्भूत कारखाना लगाया गया, जो आज तक अपनी विशिष्टता के लिए प्रसिद्ध है। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार भारतीय इतिहास मे महिलाओ की साझेदारी एवं वर्तमान समय में स्टेम फील्ड में महिलाओ के योगदान को नमन करते हुए, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन हम सभी निरंतर कार्य रहे है। कार्यक्रम में संयुक्त राष्ट्र महिला की स्टेट हेड ज्योति रे द्वारा बताया गया कि वी इन स्टेम प्रोग्राम यूएन वीमेन (UN-Women) और मध्यप्रदेश राज्य कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण बोर्ड भोपाल के संयुक्त तत्वाधान में प्रशिक्षण कार्यक्रम चल रहा है। अभी तक प्रदेश के 12 आदिवासी बाहुल्य जिलों में प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किये जा रहे हैं। झाबुआ जिले में स्टेम (विज्ञान, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग, गणित) ट्रेड में प्रशिक्षित 11 बालिकाओं का टाटा मोटर्स में प्लेसमेंट हुआ है। मध्यप्रदेश राज्य कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण बोर्ड भोपाल के प्रोजेक्ट डायरेक्टर गौतम सिंह ने वी इन स्टेम कार्यक्रम का महत्व बताते हुए कहा कि बालिकाओं की साइन्स के प्रति रुचि, उसी ट्रेड में पढ़ाई और प्लेसमेंट हमारा लक्ष्य है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मंशानुसार सर्प अनुसन्धान से सम्बन्धित ट्रेड में कम से कम 10 इच्छुक आवेदकों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। मंत्री टेटवाल ने वी इन स्टेम ट्रेनिग प्रोग्राम की 11 बालिकाओं, पीएम विश्वकर्मा योजना के हितग्राहियों एवं एनसीवीटी प्रोग्राम के टॉपर को प्रमाण पत्र वितरण किया गया। कार्यक्रम में मध्यप्रदेश राज्य कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण बोर्ड भोपाल के प्रोजेक्ट डायरेक्टर गौतम सिंह, कलेक्टर नेहा मीना, पुलिस अधीक्षक पद्म विलोचन शुक्ल, जन प्रतिनिधि भानु भूरिया उपस्थित रहे।   recent visitors 61

South Africa की जीत से WTC टेबल मेें उथल-पुथल, बांग्लादेश बाहर, जानें टीम इंडिया का समीकरण

मीरपुर बांग्लादेश और साउथ अफ्रीका के बीच टेस्ट सीरीज का पहला मुकाबला मीरपुर के शेरे बांग्ला नेशनल स्टेडियम में खेला गया. इस मुकाबले में साउथ अफ्रीका ने मेजबान बांग्लादेश को सात विकेट से हरा दिया. अफ्रीकी टीम को जीत के लिए 106 रनों का टारगेट मिला था, जिसे उसने खेल के चौथे दिन (24 अक्टूबर) हासिल कर लिया. साउथ अफ्रीका ने 10 साल बाद एशियाई महाद्वीप में टेस्ट जीत हासिल की है. इससे पहले एशियाई महाद्वीप में साउथ अफ्रीका को आखिरी टेस्ट जीत 2014 में श्रीलंका के खिलाफ गॉल में मिली थी. साउथ अफ्रीका को बंपर फायदा, बांग्लादेश बाहर मीरपुर टेस्ट में यादगार जीत के बाद साउथ अफ्रीका को वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप (WTC) के पॉइंट्स टेबल में बंपर फायदा हुआ है. अफ्रीकी टीम अब WTC अंकतालिका में चौथे नंबर पर पहुंच गई है. साउथ अफ्रीका का अंक प्रतिशत (PCT) बढ़कर 47.62 हो गया है. अफ्रीकी टीम अंकतालिका में न्यूजीलैंड (44.44 ) और इंग्लैंड (43.06 ) से आगे निकल गई है है. उधर बांग्लादेश की टीम इस हार के बावजूद WTC टेबल में सातवें स्थान पर बनी हुई है, हालांकि उसका पीसीटी 34.38 से घटकर 30.56 हो गया है. अब बांग्लादेशी टीम फाइनल की दौड़ से भी बाहर हो गई है. देखा जाए तो साउथ अफ्रीकी टीम को मौजूदा चक्र में पांच और मुकाबले खेलने हैं. यदि अफ्रीकी टीम इन पांचों मुकाबलों में जीत हासिल कर लेती है, तो वह अधिकतम 69.44 प्रतिशत अंक हासिल कर सकती है जो उसे अगले साल लॉर्ड्स में होने वाले फाइनल में जगह दिलाने के लिए पर्याप्त होगा. चार मैच जीतने पर भी साउथ अफ्रीका 61.11 प्रतिशत अंकों के साथ फाइनल के लिए तगड़ी दावेदारी पेश करेगा. भारतीय टीम के क्या समीकरण? बता दें कि भारतीय टीम वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप की अंकतालिका में फिलहाल पहले स्थान पर है. उसके अब तक 12 मैचों में 8 जीत, 3 हार और एक ड्रॉ से 98 अंक हैं. उसके अंकों का प्रतिशत 68.06 है. भारत को मौजूदा चक्र में 7 मैच और खेलने हैं. भारतीय को नवंबर में पांच टेस्ट मैचों के लिए ऑस्ट्रेलिया का दौरा करना है. उससे पहले वह पुणे और मुंबई में न्यूजीलैंड से टेस्ट मैच खेल रही है. भारत को फाइनल में पहुंचने के लिए इन सात मैचों में कम से कम 3 में तो जरूर जीत हासिल करनी होगी. यदि वो 4 मैच जीतती है, तो जगह पूरी तरह पक्की होगी. 3 टेस्ट जीतने की स्थिति में भारत को अन्य किसी टीम की जीत या हार पर निर्भर रहना पड़ सकता है. WTC टेबल में ऑस्ट्रेलिया दूसरे स्थान पर है. कंगारू टीम के 12 मैच में 8 जीत, तीन हार एवं एक ड्रॉ से 90 अंक हैं. उसका अंक प्रतिशत 62.50 है. उधऱ श्रीलंकाई टीम तीसरे स्थान पर है. श्रीलंका के नौ मैचों में 55.56 प्रतिशत अंक और 60 पॉइंट हैं. वहीं साउथ अफ्रीका चौथे, न्यूजीलैंड पांचवें और इंग्लैंड छठे पायदान पर है. जबकि बांग्लादेश सातवें, पाकिस्तान आठवें और वेस्टइंडीज नौवें नंबर पर है. कहने का अर्थ यह है कि WTC टेबल में पाकिस्तान सिर्फ वेस्टइंडीज से आगे है. बता दें कि वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप का यह तीसरा चक्र है, जो 2023 से 2025 तक चलेगा. इस तीसरे चक्र के लिए आईसीसी पॉइंट्स सिस्टम से जुड़े नियमों को पहले ही रिलीज कर चुकी है. टेस्ट मैच जीतने पर टीम को 12 अंक, मैच ड्रॉ होने पर 4 अंक और मुकाबला टाई होने पर 6 पॉइंट मिलेंगे. वहीं मैच जीतने पर 100 फीसदी, टाई होने पर 50 फीसदी, ड्रॉ होने पर 33.33 फीसदी और हार पर शून्य फीसदी अंक जोड़े जाएंगे. किसी दो मैच की सीरीज में कुल 24 प्वाइंट और पांच मैच की सीरीज में 60 अंक उपलब्ध होंगे. WTC टेबल में जीत प्रतिशत के आधार पर रैंकिंग का प्राथमिक तौर पर निर्धारण होता है. recent visitors 91

दिल्ली-हैदराबाद विस्तारा फ्लाइट की इमरजेंसी लैंडिंग, जयपुर डायवर्ट हुई फ्लाइट

 जयपुर दिल्ली हैदराबाद जा रही विस्तारा की फ्लाइट की जयपुर में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई. हालांकि, थोड़ी देर बाद प्लेन को वापस हैदराबाद के लिये रवाना कर दिया गया. प्लेन को मेडिकल इमरजेंसी के चलते जयपुर में लैंड कराया गया था. जिस फ्लाइट की जयपुर में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई, वह विस्तारा की UK-829 फ्लाइट थी. बताया जा रहा है कि प्लेन को मेडिकल इमरजेंसी के चलते जयपुर में लैंड कराना पड़ा, जिसके बाद बीमार यात्री को एंबुलेंस से नजदीकी अस्पताल भिजवाया गया. हाल ही में आकासा एयर की एक फ्लाइट को भी मेडिकल इमरजेंसी के बाद मध्य प्रदेश के भोपाल में लैंड कराया गया था. यह फ्लाइट वाराणसी से मुंबई जा रही थी. हालांकि, इमरजेंसी लैंडिंग के बाद भी यात्री की जान नहीं बच सकी थी. घटना 15 अगस्त 2024 को हुई थी. 172 यात्रियों के साथ अकासा एयर की वाराणसी-मुंबई उड़ान की एक यात्री के बीमार पड़ने के बाद भोपाल के राजा भोज हवाई अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी थी. डॉक्टरों ने जांच के बाद यात्री को मृत घोषित कर दिया था. बता दें कि पिछले कुछ दिनों से विमानों में बम की झूठी धमकी की खबरें भी लगातार सामने आ रही हैं. पिछले हफ्ते कम 85 विमानों में बम की धमकी मिलीं, जिसमें से अधिकतर अंतरराष्ट्रीय रूट पर उड़ान भरने वाली फ्लाइट शामिल थीं. प्रभावित उड़ानों में एअर इंडिया के 20, इंडगो के 20, विस्तारा के 20 और अकासा के 25 विमान शामिल हैं.   recent visitors 111

‘AI Summit’ में हुआंग ने भारत में अपने परिवेश तंत्र के विस्तार के लिए एनवीडिया की प्रतिबद्धता पर जोर दिया

भारत में 2024 में कंप्यूटिंग क्षमताओं में 20 गुना वृद्धि होगी : एनवीडिया के सीईओ भारत 2024 में कंप्यूटिंग क्षमता में 20 गुना वृद्धि और वह जल्द ही प्रभावशाली एआई समाधानों का निर्यात करेगा-  हुआंग  'AI Summit' में हुआंग ने भारत में अपने परिवेश तंत्र के विस्तार के लिए एनवीडिया की प्रतिबद्धता पर जोर दिया मुंबई  एनवीडिया के संस्थापक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) जेन्सेन हुआंग ने  कहा कि विश्व के कंप्यूटर उद्योग के लिए ‘‘प्रिय’’ भारत में 2024 में कंप्यूटिंग क्षमता में 20 गुना वृद्धि होगी और वह जल्द ही प्रभावशाली एआई समाधानों का निर्यात करेगा। ‘एनवीडिया एआई शिखर सम्मेलन’ 2024 में हुआंग ने भारत में अपने परिवेश तंत्र के विस्तार के लिए एनवीडिया की प्रतिबद्धता पर जोर दिया। उन्होंने कहा, ‘‘भारत विश्व के कंप्यूटर उद्योग के लिए बहुत प्रिय है, आईटी उद्योग के लिए केन्द्रीय स्थान है तथा विश्व की लगभग प्रत्येक कंपनी की आईटी के केन्द्र व मूल में है।’’ सीईओ हुआंग ने कहा, ‘‘भारत में एनवीडिया का परिवेश तंत्र बेहद समृद्ध है। भारत में 2024 तक कंप्यूटिंग क्षमताओं में 20 गुना वृद्धि देखी जाएगी।’’ हुआंग ने कहा कि परंपरागत रूप से सॉफ्टवेयर निर्यात का केंद्र रहा भारत, भविष्य में एआई निर्यात में अग्रणी बनने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, ‘‘भारत ने सॉफ्टवेयर का निर्यात किया है; भविष्य में भारत एआई का निर्यात करेगा।’’ हुआंग ने इस बात जोर दिया कि देश अब सॉफ्टवेयर उत्पादन के लिए एक ‘बैक ऑफिस’ से एआई विकास तथा वितरण में एक ‘पावरहाउस’ बनने की दिशा में बढ़ रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘भारत ने सॉफ्टवेयर उत्पादन के लिए एक ‘बैक ऑफिस’ बनने पर ध्यान केंद्रित किया, इसकी अगली पीढ़ी एआई का उत्पादन तथा वितरण करने वाली होगी। यह नाटकीय रूप से अधिक प्रभावशाली होगा।’’ सीईओ ने कहा, ‘‘दीर्घावधि में, मैं उम्मीद करता हूं कि हम सभी के पास अपने स्वयं के एआई ‘को-पायलट’ होंगे।’’ नौकरी विस्थापन को लेकर उत्पन्न चिंताओं पर हुआंग ने जोर देकर कहा कि हालांकि एआई नौकरियों को पूरी तरह से खत्म नहीं करेगा, लेकिन यह काम करने के तरीके में बुनियादी बदलाव लाएगा। उन्होंने कहा, ‘‘एआई किसी भी प्रकार से नौकरी नहीं छीनेगा, लेकिन जो व्यक्ति किसी काम को बेहतर ढंग से करने के लिए एआई का इस्तेमाल करेगा, वह नौकरी छीन लेगा।’’     recent visitors 106

खो-खो वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिए फेडरेशन टीम का आठ दिसम्ब से एक माह का फिटनेस और प्रशिक्षण शिविर लगाएगा

नई दिल्ली  अगले साल जनवरी में होने वाले पहले खो-खो वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिए खो-खो फेडरेशन ऑफ़ इंडिया भारतीय टीम का आठ दिसम्बर 2024 से एक माह का फिटनेस और प्रशिक्षण शिविर लगाएगा। भारत के प्राचीनतम खेलों में से एक खो-खो के इस विश्व कप के उद्घाटन संस्करण का आयोजन 13 से 19 जनवरी 2025 तक नई दिल्ली में होगा। इस आयोजन में छह महाद्वीपों के 24 देश भाग लेंगे, जिनमें 16 पुरुष और 16 महिला टीमें शामिल होंगी। अन्तर्राष्ट्रीय खो खो फेडरेशन के अध्यक्ष सुधांशु मित्तल ने बताया कि इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में आयोजित किये जाने बाले इस कैंप के माध्यम से खिलाडियों में टीम भावना भरने के साथ खिलाड़ियों की शारीरिक और मानसिक क्षमता को बढ़ाने पर फोकस किया जायेगा ताकि वह अन्तराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने बताया कि इस प्री सीजन फिटनेस और फील्डिंग ट्रेनिंग कैंप में खिलाडियों के फिटनेस स्तर, स्फूर्ति, नेतृत्व ,रणनीतिक सोच तथा खेल के मैदान में बेहतर प्रदर्शन के लिए व्यापक प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा ताकि वह विश्व कप में बेहतर प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने बताया कि महिला और पुरुष प्रत्येक टीम के 60- 60 खिलाडियों को विश्व कप की प्रतिस्पर्धा के विभिन्न पहलुओं के बारे में इस कैंप में गहन प्रशिक्षण दिया जायेगा। अन्तर्राष्ट्रीय खो-खो फेडरेशन के अध्यक्ष सुधांशु मित्तल ने बताया कि इन 60 खिलाडियों का चयन राष्ट्रीय खो-खो चैंपियनशिप में उनके बेहतर प्रदर्शन के आधार पर नेशनल सिलेक्शन कमेटी द्वारा किया गया है। उन्होंने बताया कि खिलाडियों को दबाव से मुक्त रखने और कठिन परिस्थितियों में तनाव मुक्त तरीके से खेलने के लिए एक खेल मनोवैज्ञानिक की व्यवस्था की गई है ताकि वह अपनी चुनौतियों के बारे में खुल कर बात कर सकें। इस प्रशिक्षण शिविर के माध्यम से खो-खो वर्ल्ड कप के लिए महिला और पुरुष दोनों टीमों के लिए 15-15 खिलाडियों का चयन किया जायेगा। मित्तल ने बताया कि इस समय खो-खो विश्व के 54 देशों में खेला जा रहा है और इनमे से 23 देशों की 32 टीमें वर्ल्ड कप में हिस्सा लेंगी जबकि कुछ देश ऑब्जरवेशन डेलिगेट भेजेंगे। उन्होंने बताया कि अन्तर्राष्ट्रीय टीमें दस जनवरी, 2025 से नई दिल्ली पहुंचना शुरू हो जाएंगी तथा खो खो फेडरेशन ऑफ़ इंडिया द्वारा मेहमान टीमों के रहने, खाने और परिवहन की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस चैंपियनशिप में विदेशों से 800 खिलाडी ,सहायक स्टाफ और कोचों के हिस्सा लेने की संभावना है तथा कहा कि खो-खो फेडरेशन ऑफ़ इंडिया इन सभी को सभी सुविधाएं निशुल्क प्रदान करेगा। मित्तल ने बताया कि इस चैंपियनशिप के आयोजन पर लगभग 75 करोड़ रूपये खर्च आने की संभावना है। उन्होंने बताया कि “ईज़ माई ट्रिप ” को ट्रेवल और होस्ट पार्टनर चुना गया है जबकि बाकि मुद्दों पर स्पॉन्सरशिप के लिए कॉर्पोरेट घरानों से बातचीत जारी है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा भी इस आयोजन की फंडिंग की संभावना है । उन्होंने बताया कि स्टार स्पोर्ट्स सभी मैचों की लाइव कवरेज करेगा जबकि सभी मैचों की लाइव स्ट्रीमिंग सोशल मीडिया के माध्यम से की जाएगी। मैच के दौरान दर्शकों की अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए दर्शकों को मुफ्त प्रवेश दिया जायेगा तथा इसके अतिरिकत छोटे बच्चों में खो-खो के प्रति आकर्षण और रूचि पैदा करने के लिए दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के सभी शिक्षण संस्थानों के बच्चों को मैच देखने के लिए आमंत्रित किया जायेगा। खो-खो फेडरेशन ऑफ़ इंडिया द्वारा विश्व कप से पहले, खो-खो खेल को बढ़ावा देने के लिए 10 शहरों के 200 शीर्ष स्कूलों में खेल को ले जाने की योजना बनाई गई है। महासंघ स्कूली छात्रों के लिए सदस्यता अभियान भी चलाएगा, जिसका उद्देश्य विश्व कप से पहले कम से कम 50 लाख खिलाड़ियों को पंजीकृत करना है। सुधांशु मित्तल ने बताया कि हम 2025 में पहले खो-खो विश्व कप के लिए आधिकारिक भागीदार बनने के लिए उत्साहित हैं। यह आयोजन न केवल खो-खो की गतिशील भावना को प्रदर्शित करने में बल्कि ओलंपिक और एशियाई खेलों में इसे लाने की आकांक्षाओं के साथ वैश्विक मंच पर इसके समावेश को बढ़ावा देने में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। यह ऐतिहासिक चैंपियनशिप खो-खो के लिए एक बड़ी छलांग है, जिसने इसे एक प्रिय स्थानीय खेल से वैश्विक इवेंट में बदल दिया है। भारत इस खेल क्रांति का नेतृत्व कर रहा है और 2025 विश्व कप गति, रणनीति और खेल उत्कृष्टता का एक अविस्मरणीय उत्सव होने का वादा करता है।     recent visitors 81