दिल्ली एयरपोर्ट पर दिखा तूफान का कहर, टर्मिनल-1 की छत का हिस्सा टूटकर गिरा, यात्रियों में अफरा-तफरी का माहौल बना

नई दिल्ली दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (IGI Airport) के टर्मिनल-1 पर अचानक एक हादसा हो गया। तेज बारिश और आंधी के कारण टर्मिनल के बाहर छत का एक हिस्सा यानी ओवरहैंग नीचे गिर गया। इस घटना का वीडियो और तस्वीरें सामने आई हैं जिनमें देखा जा सकता है कि ओवरहैंग का एक बड़ा टुकड़ा फुटपाथ पर गिरा पड़ा है और चारों ओर पानी ही पानी भरा है। हालांकि इस हादसे में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है लेकिन इससे यात्रियों में अफरा-तफरी का माहौल जरूर बन गया। तेज आंधी और बारिश के कारण हवाई यातायात पर भी असर पड़ा। दिल्ली एयरपोर्ट से जारी बयान के अनुसार, 24 मई की रात हुई भारी बारिश और तेज हवा की वजह से कुल 49 फ्लाइट्स को डायवर्ट किया गया। इनमें से 17 अंतरराष्ट्रीय उड़ानें थीं। हवाई अड्डे के अधिकारियों ने बताया कि मौसम की मार से प्रभावित ऑपरेशनों को सामान्य करने के लिए तुरंत कार्रवाई की गई और ग्राउंड स्टाफ ने सक्रिय भूमिका निभाई। 80 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाएं, 81.2 मिमी बारिश भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, शनिवार रात 11:30 बजे से रविवार सुबह 5:30 बजे तक राजधानी में 81.2 मिमी बारिश दर्ज की गई। हवाओं की रफ्तार 82 किमी प्रति घंटे तक पहुंच गई, जिससे पेड़ और अस्थायी ढांचे गिर गए। दिल्ली एयरपोर्ट के मुताबिक, यह बारिश अचानक और बहुत तीव्र थी जो महज 30 से 45 मिनट के भीतर हुई। तेज बारिश के कारण टर्मिनल-1 अराइवल फोरकोर्ट पर लगे बाहरी तन्यता कपड़े (टेंशन फैब्रिक स्ट्रक्चर) का एक हिस्सा दबाव के कारण ढह गया, जिससे पानी फैलाने में मदद मिल सकी। एयरपोर्ट प्रशासन ने साफ किया है कि टर्मिनल के अन्य हिस्सों पर कोई नुकसान नहीं हुआ है। जलभराव और ट्रैफिक ने शहर को रोका तेज बारिश के बाद दिल्ली के कई हिस्सों में भीषण जलभराव देखने को मिला। सड़कें पानी में डूबी हुई थीं और कई जगहों पर वाहन धीमे चलते नजर आए। मिंटो रोड जैसे इलाकों से तस्वीरें आईं जिनमें एक कार पानी में डूबी नजर आ रही थी। ट्रैफिक पुलिस को कई स्थानों पर यातायात डायवर्ट करना पड़ा और लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ा। तेज आंधी और बारिश के बाद राजधानी के कई इलाकों में बिजली की आपूर्ति भी बाधित हुई। कुछ जगहों पर घंटों तक लाइट नहीं आई। अधिकारियों ने बताया कि बिजली लाइनों पर पेड़ गिरने और तकनीकी खराबी के कारण यह समस्या उत्पन्न हुई, जिसे जल्दी ठीक कर लिया गया। पहले भी आया था मौसम का झटका इससे पहले बुधवार को भी दिल्ली के ऊपर बादलों का एक घना समूह मंडराया था और तेज धूल भरी आंधी के साथ-साथ हल्की बारिश भी हुई थी। हवाओं की रफ्तार तब भी 70 किमी प्रति घंटे तक पहुंच गई थी जिससे कुछ इलाकों में पेड़ गिरे और बिजली गुल हो गई थी। दिल्ली एयरपोर्ट ने कहा कि प्राकृतिक आपदा की स्थिति में टर्मिनल स्ट्रक्चर ने सामान्य प्रक्रिया के तहत पानी के दबाव को सहा और जहां भी आवश्यकता पड़ी, वहां क्षति को रोकने के लिए बनावट ने खुद को समायोजित किया। साथ ही, टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एयरपोर्ट पर सामान्य स्थिति बहाल कर दी ताकि यात्रियों को अधिक परेशानी न हो। recent visitors 90

विदिशा में जल गंगा संवर्धन अभियान में किसानों को पानी के महत्व के बारे में बताया जा रहा

भोपाल जल गंगा संवर्धन अभियान में जल संरचनाओं का निर्माण, पुरानी जल संरचनाओं का जीर्णोद्धार, रेन वाटर हार्वेस्टिंग, ट्यूबवैल, कुओं एवं हैंडपंप जैसी जल संरचनाओं के आसपास रिचार्ज संरचनाओं के निर्माण और तालाबों का गहरीकरण जैसे जल संवर्धन कार्यों से मध्यप्रदेश में करोड़ों लीटर वर्षा जल सीधे भूगर्भ में सहेजा जा सकेगा। उद्यानिकी फसलों के लिये जल-संचयन पर जोर विदिशा में जल गंगा संवर्धन अभियान में किसानों को पानी के महत्व के बारे में बताया जा रहा है। उद्यानिकी और कृषि विभाग ग्रामीण क्षेत्रों में संगोष्ठी का आयोजन कर ग्रामीणों को ऐसी तकनीकों के बारे में जानकारी दे रहे हैं, जहाँ किसान उद्यानिकी फसलों को पानी के सदुपयोग के बाद अच्छे तरीके से ले सकते हैं। किसानों को जल संरचनाओं के महत्व, सूक्ष्म सिंचाई में ड्रिप और स्प्रिंकलर के प्रयोग के बारे में बताया जा रहा है। किसानों को यह बताया गया कि ड्रिप एरीगेशन से उद्यानिकी फसलों में 60 से 70 प्रतिशत पानी की बचत की जा सकती है। सिंचाई की यह पद्धति घुलनशील होती है, जो जमीन को पोषक तत्वों को पौधों की जड़ों तक पहुँचाती है। कल्याणी नदी में श्रमदान सीहोर जिले के ग्राम बरखेड़ादेवा और रसूलपुरा में कल्याणी नदी में श्रमदान किया गया। ग्रामीणों ने नदी के आसपास की सफाई की। ग्रामवासियों को जल संरक्षण की शपथ दिलायी गयी। जिले में जल संरक्षण की अनेक गतिविधियाँ आयोजित की जा रही हैं। जिले में दीवार-लेखन, जागरूकता रैली, पोस्टर-बैनर, रंगोली, ग्रामसभा, कलश-यात्रा हो रही हैं। अनेक ग्रामों में कूप मरम्मत, तालाब जीर्णोद्धार, डेम की साफ-सफाई सहित अनेक कार्य किये जा रहे हैं। जल गंगा संवर्धन अभियान का प्रमुख उद्देश्य जन-भागीदारी से जल संरक्षण तथा संवर्धन सुनिश्चित करना है। जन-भागीदारी से जल-स्रोतों को प्रदूषण मुक्त करने के लिये मिलकर काम किया जा रहा है। जिले में आगामी वर्षा मौसम को ध्यान में रखते हुए पौध-रोपण के कार्य किये जा रहे हैं। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान बुरहानपुर जिले में ग्राम सीवल, बाकड़ी, मांडवा में चौपाल आयोजित कर ग्रामीणों को जल संवर्धन अभियान और धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के बारे में जानकारी दी गयी। जिला पंचायत सीईओ सुश्री लता शरणागत ने ग्रामीणों को धरती आबा जनजातीय उत्कर्ष अभियान के बारे में जानकारी दी। उन्होंने इस योजना का लाभ उठाने के लिये आगे आने के लिये कहा। चौपाल में ग्रामीणों को अपने खेत के छोटे से हिस्से में तालाब निर्माण करने की सलाह दी। इसी के साथ कपिलधारा कुएँ के निर्माण के बारे में बताया गया। चौपाल में ग्रामीणों को पानी की बचत की शपथ दिलायी गयी। ग्रामीणों से कहा गया कि आगामी वर्षा के मौसम को ध्यान में रखते हुए गाँव में फलदार पौधे लगाने के लिये अभी से सामूहिक तैयारी करें। जल गंगा संवर्धन अभियान में श्रमदान सतना जिले में जल संरचनाओं के पुनर्जीवीकरण के लिये रामपुर बघेलान नगर परिषद में नर नदी के घाट पर श्रमदान किया गया। श्रमदान के बाद नागरिकों को जल संरचनाओं की स्वच्छता के लिये शपथ दिलायी गयी। श्रमदान में अनेक जन-प्रतिनिधि शामिल हुए। नगर परिषद कोठी के वार्ड क्रमांक-9 में खटोला स्थित वृंदावन आश्रम कुंड की सफाई की गयी। जिले में 30 जून तक जल गंगा संवर्धन अभियान चलेगा। सभी जल-स्रोतों को चिन्हित कर लिया गया है। जिले में पौध-रोपण की कार्य-योजना भी तैयार की जा रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में युवाओं ने जल यात्रा के माध्यम से जन-जागरूकता लाने के भी प्रयास किये हैं। नागरिकों को अच्छे भविष्य के लिये पानी की बचत की समझाइश दी जा रही है। ग्रामीणों के बीच जल संरक्षण संवाद छिंदवाड़ा जिले में जल संरक्षण संवर्धन अभियान में निरंतर गतिविधियाँ हो रही हैं। कन्हान वन ग्राम में पानी बचाने के लिये वनवासियों के बीच बैठक की गयी। वनवासियों से वर्षा जल का संचयन करने की समझाइश दी गयी। ग्राम पीपरढार में स्कूल के सामने वाले हैण्ड-पम्प की साफ-सफाई का कार्य किया गया। पानी के निस्तार के लिये गाद निकाल कर नाली बनायी गयी। ग्राम देव नदी में ग्रामीणों के बीच जल संरक्षण संवाद कार्यक्रम हुआ। विकासखण्ड बिछुआ के देव नदी गांव में किसान के खेत में खेत-तालाब के लिये श्रमदान किया गया। ग्राम पिपरियाकला में जल संरक्षण के अंतर्गत जल संगोष्ठी हुई। ग्रामीणों ने श्रमदान कर पोखर तालाब में सफाई कार्य किया। जिले में यह अभियान 30 जून तक निरंतर चलेगा। जल संवाद कार्यक्रम में “जल है तो कल है’’ जैसे नारे के बारे में युवाओं में जोश एवं उत्साह भरा जा रहा है।   recent visitors 111

PM मोदी ने खुद हस्तक्षेप करते हुए बीजेपी नेताओं को स्पष्ट संदेश दिया- वाणी पर रखें संयम, अनावश्यक बयानबाजी से बचें

नई दिल्ली 'ऑपरेशन सिंदूर' को लेकर चल रही बयानबाजी ने सियासी गलियारों में तूफान खड़ा कर दिया है। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद हस्तक्षेप करते हुए बीजेपी नेताओं को स्पष्ट संदेश दिया है कि वे अपनी वाणी पर संयम रखें और गैरजरूरी बयान देने से बचें। उन्होंने कहा कि कुछ भी, कहीं भी बोलना पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचा सकता है। एनडीए के मुख्यमंत्रियों और उपमुख्यमंत्रियों की हालिया बैठक में पीएम मोदी ने यह संदेश सीधे तौर पर नेताओं को दिया। उनका कहना था कि सेना के पराक्रम और सरकार की रणनीति की आड़ में किसी भी तरह की गैर-जिम्मेदार टिप्पणी न की जाए। एनडीए बैठक में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की प्रशंसा, पर नसीहत भी बैठक के दौरान शिवसेना नेता और महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने एक प्रस्ताव रखा, जिसमें 'ऑपरेशन सिंदूर' को भारतीयों के आत्मविश्वास को बढ़ाने वाला बताया गया। प्रस्ताव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की गई और कहा गया कि उन्होंने हमेशा सशस्त्र बलों का समर्थन किया है। साथ ही 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि दी गई। लेकिन इसके साथ ही प्रधानमंत्री ने साफ कर दिया कि कोई भी नेता इस ऑपरेशन पर अनावश्यक और भड़काऊ बयान न दे। उन्होंने यह बात शायद हरियाणा और मध्यप्रदेश के नेताओं के हालिया बयानों के चलते कही। कौन-कौन से बयान बने विवाद की वजह? हरियाणा के बीजेपी सांसद रामचंद्र जांगड़ा और मध्य प्रदेश के डिप्टी सीएम जगदीश देवड़ा एवं मंत्री विजय शाह के बयान विपक्ष के निशाने पर आ गए हैं। रामचंद्र जांगड़ा के एक बयान को लेकर आरोप है कि उन्होंने शहीदों और उनकी पत्नियों पर अमर्यादित टिप्पणी की। वहीं जगदीश देवड़ा ने सेना की कार्रवाई को लेकर बयान देकर पार्टी को मुश्किल में डाल दिया। विजय शाह का एक बयान सोशल मीडिया पर काफी ट्रोल हुआ, जिसमें उन्होंने एक शहीद कर्नल की पत्नी पर अनुचित टिप्पणी की थी। कांग्रेस का वार: माफी मांगें प्रधानमंत्री कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने और दोषी नेताओं को पार्टी से बाहर करने की मांग की है। पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने तीखा हमला करते हुए कहा कि बीजेपी नेताओं में शहीदों और सेना के खिलाफ बयानबाजी की होड़ लग गई है। खरगे ने कहा, "मोदी जी कहते हैं कि उनकी रगों में सिंदूर है। अगर ऐसा है तो उन्हें महिलाओं के सम्मान के लिए इन नेताओं को पार्टी से बाहर करना चाहिए।" कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने भी भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि बीजेपी अब इतनी असंवेदनशील हो चुकी है कि सुरक्षा चूक को नजरअंदाज कर रही है और शहीदों के परिवारों पर उंगली उठा रही है। उन्होंने सवाल किया कि प्रधानमंत्री और पार्टी नेतृत्व अब तक चुप क्यों हैं? क्या इसे मौन स्वीकृति माना जाए?   पीएम मोदी की चुप्पी अब नहीं चलेगी: विपक्ष विपक्षी दलों का कहना है कि प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी नेतृत्व की चुप्पी, इन विवादित बयानों को अप्रत्यक्ष समर्थन जैसा है। ऐसे में प्रधानमंत्री का सार्वजनिक रूप से बोलना जरूरी हो गया था। पीएम मोदी का बयान इस दिशा में एक जरूरी पहल है, लेकिन विपक्ष अब भी कड़ी कार्रवाई की मांग पर अड़ा है।   recent visitors 73

कॉलेज छात्रा से छेड़छाड़, अभद्रता और जबरन मोटरसाइकिल में बैठाने की कोशिश करने वाले आरोपी गिरफ्तार

डिंडौरी आदिवासी बहुल क्षेत्र के समनापुर थाना अंतर्गत एक शासकीय महाविद्यालय में पढ़ने वाली बीएससी द्वितीय वर्ष की छात्रा से छेड़छाड़, अभद्रता और जबरन मोटरसाइकिल में बैठाने की कोशिश करने वाले आरोपी शहीद खान को पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना 21 मई 2025 को उस समय हुई जब छात्रा परीक्षा देने कॉलेज पहुंची थी। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़िता ग्राम अमरपुर निवासी शहीद खान की ऑनलाइन सेवा केंद्र में कॉलेज से संबंधित कार्यों के लिए जाती थी। इसी दौरान आरोपी ने छात्रा से संपर्क बढ़ाने की कोशिश की और बार-बार उसके मोबाइल नंबर पर कॉल व व्हाट्सएप संदेश भेजने शुरू कर दिए। जब छात्रा ने इसका विरोध किया, तो आरोपी ने उसे गालियां देना शुरू कर दिया और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगा। घटना के दिन शहीद खान कॉलेज के सामने पहुंचा और छात्रा को जबरन रोककर उसके साथ बदसलूकी की। उसने लड़की का हाथ पकड़ते हुए अभद्र भाषा का प्रयोग किया और जबरदस्ती उसे अपनी मोटरसाइकिल में बैठाने का प्रयास किया। पीड़िता किसी तरह वहां से भागकर कॉलेज स्टाफ की मदद से सुरक्षित स्थान पर पहुंची और तत्परता से थाने में शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता की शिकायत पर समनापुर थाना पुलिस ने एफआईआर क्रमांक 202/25 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धाराओं 354, 354(घ), 294, 506 और 509 में मामला दर्ज किया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तत्काल एक संयुक्त टीम गठित की गई। समनापुर थाना व संबंधित चौकी के पुलिसकर्मियों ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए आरोपी शहीद खान (35 वर्ष), पिता रशीद खान, निवासी ग्राम अमरपुर को उसके निवास से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और एक रियलमी कंपनी का मोबाइल फोन भी जब्त किया है, जिससे छात्रा को लगातार परेशान किया जा रहा था। आरोपी को विधिक प्रक्रिया के तहत न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि महिला सुरक्षा को लेकर ऐसे मामलों में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है और पीड़िताओं को पूर्ण संरक्षण व न्याय दिलाने के लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे।   recent visitors 69

राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने कहा- पिछड़ा वर्ग कन्या छात्रावास शीघ्र प्रारंभ करें

भोपाल पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण, विमुक्त घुमन्तु और अर्धघुमन्तु कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्रीमती कृष्णा गौर ने नीमखेड़ा जबलपुर में नवनिर्मित पिछड़ा वर्ग कन्या छात्रावास को शीघ्र प्रारम्भ करने के निर्देश दिए है । राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने रविवार को जबलपुर भ्रमण के दौरान नवनिर्मित 500 सीटर पिछड़ा वर्ग पोस्ट मैट्रिक कन्या छात्रावास का निरीक्षण किया। राज्यमंत्री श्रीमती गौर ने नवनिर्मित छात्रावास के कक्ष, मेस,किचन सहित सम्पूर्ण परिसर और उपलब्ध संसाधनों का निरीक्षण किया। उन्होंने छात्रावास परिसर की अधूरी बाउंड्रीबॉल को शीघ्र पूर्ण कराए जाने एवं परिसर में पौधारोपण करने के भी निर्देश दिए। भ्रमण के दौरान विछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण जबलपुर के जिला अधिकारी श्री आशीष दीक्षित उपस्थित थे।   recent visitors 69

मंत्री श्री टेटवाल ने बताया – अहिल्याबाई का शासन जल, जंगल और ज़मीन की संवेदना से जुड़ा था

भोपाल कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री गौतम टेटवाल ने कहा है कि लोकमाता देवी अहिल्या बाई ने सेवा, सुशासन और सामाजिक चेतना का जो दृष्टिकोण प्रस्तुत किया, वह आज भी मार्गदर्शक है। उन्होंने विधवा पुनर्विवाह और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देकर तत्कालीन रूढ़ियों को तोड़ा और समाज के हर वर्ग को सम्मान से जोड़ा। मंत्री श्री टेटवाल राजगढ़ जिले के सारंगपुर में होल्कर वंश की राजमाता देवी अहिल्याबाई की 300वीं जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में उनके सुशासन और आदर्शों पर बोल रहे थे। कार्यक्रम महिला सशक्तीकरण, सांस्कृतिक विरासत और आत्मनिर्भता की प्रेरणा पर केन्द्रित था। योजनाओं में परिलक्षित होती है अहिल्याबाई की सोच मंत्री श्री टेटवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री मोहन यादव के नेतृत्व में आज देश और प्रदेश में जो योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं, वे देवी अहिल्याबाई के आदर्शों से प्रेरित नजर आती हैं। मुद्रा योजना, स्टार्ट-अप इंडिया, मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, लाड़ली बहना योजना और सीएम स्टार्टअप चैलेंज जैसी योजनाएं महिलाओं और युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में प्रभावी कदम हैं। जल जंगल जमीन की संवेदनाओं से जोड़ा था शासन मंत्री श्री टेटवाल ने कहा कि अहिल्याबाई का शासन जल, जंगल और ज़मीन की संवेदना से जुड़ा था। कुएं, बावड़ियां और वृक्षारोपण जैसे कार्यों के माध्यम से उन्होंने पर्यावरण और जनकल्याण को जोड़ा। उनकी सोच 'हर हाथ को काम, हर खेत को पानी' की भावना को साकार करती थी। उन्होंने बताया कि हाल ही में इंदौर में संपन्न मंत्रिपरिषद की बैठक में देवी अहिल्याबाई कौशल प्रशिक्षण योजना को मंजूरी दी गई है। यह योजना प्रदेश की बेटियों और युवाओं को रोजगार-स्वरोजगार से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनेगी। recent visitors 60

प्रकाश तरण पुष्कर अब मध्यप्रदेश के खेल विभाग के अंतर्गत आएगा: मंत्री विश्वास कैलाश सारंग

भोपाल खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने घोषणा की है कि प्रकाश तरण पुष्कर अब मध्यप्रदेश के खेल विभाग के अंतर्गत आएगा। उन्होंने कहा कि लंबे समय से इसके लिए प्रयास किया जा रहे थे जल्दी ही इसे खेल विभाग में शामिल कर स्वीमिंग अकादमी की शुरुआत करेंगे। मंत्री श्री सारंग रविवार को भोपाल जिला तैराकी प्रतियोगिता के शुभारंभ समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रकाश तरण पुष्कर में पहले से काम कर रहे कर्मचारी पूर्ववत काम करते रहेंगे। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि प्रकाश तरण पुष्कर का संचालन अभी तक पीडब्ल्यूडी द्वारा किया जाता है। उन्होंने कहा कि सभी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी है, जल्द ही प्रकाश तरुण पुष्कर को खेल विभाग में शामिल किया जाएगा। यहां जल्द ही एक व्यापक सुव्यवस्थित स्वीमिंग अकादमी की शुरुआत की जाएगी। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि इस स्वीमिंग अकादमी में देश के बड़े प्रशिक्षक रखने के प्रयास होंगे। स्वीमिंग ऐसा खेल है जिसमें मध्यप्रदेश का अभी कोई स्थान नहीं है। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि खेल विभाग के अधीन प्रदेश के खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्धियां हासिल की हैं। अब प्रदेश स्वीमिंग में भी उपलब्धियां हासिल करेगा। इस अकादमी की स्थापना से मध्यप्रदेश के होनहार प्रतिभाएं सामने आएंगी। प्रदेश में तैराकी के लिए एक उपयुक्त स्थान शहर के बीचो-बीच मिल जाएगा, इसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं करवाई जाएगी।   recent visitors 60