नवंबर 2024 में आने वाले त्योहारों के लिए रेलवे सीमाओं के भीतर पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था की गई

अंबाला दिपावली, छठ पूजा और गुरुपर्व के दौरान रेलवे ट्रैक, ट्रेन, स्टेशन, पुल और रेलवे परिसर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रहेगी। आगामी त्योहारों को देखते हुए रेलवे ने एडवाइजरी जारी की है। इसी कड़ी में आरपीएफ के वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त द्वारा अंबाला मंडल के सभी प्रभारियों को निर्देश दिए गए हैं कि नवंबर 2024 में आने वाले त्योहारों के लिए रेलवे सीमाओं के भीतर पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था की जाएगी। त्योहारों के दौरान रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की काफी भीड़ लगी रहती है। इसलिए त्योहारों के दौरान धार्मिक स्थानों, भीड़-भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों जैसे बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, ट्रेन और संवेदनशील स्थानों पर असामाजिक तत्व शरारत करके तोड़फोड़ कर सकते हैं। त्योहारों के मद्देनजर पूरे मंडल में पूर्वी उत्तर प्रदेश एवं बिहार की तरफ जाने वाली ट्रनों में भी अधिक भीड़ बढ़ने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। इसलिए अपेक्षित भारी भीड़ को देखते हुए उचित सुरक्षा व्यवस्था बनाई जाए। लगातार जारी रहे पेट्रोलिंग रेलवे ट्रैक की सुरक्षा एवं ट्रेनों के सुचारु संचालन के लिए प्रत्येक ड्यूटी पर तैनात स्टाफ एवं अधिकारी पूरी तरह से आपसी तालमेल के साथ कार्य करें और लगातार पेट्रोलिंग जारी रखें। रेलवे स्टेशन एवं ट्रेनों में अगर कहीं भी कोई संदिग्ध व्यक्ति नजर आता है तो उसकी निगरानी रखें और सूचना उच्चाधिकारियों को दें ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके। अतिरिक्त कर्मचारी तैनात इसके अलावा ट्रेन में तैनात सुरक्षा स्टाफ को भी पूरी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं, कहीं भी कोई शक की वस्तु व्यक्ति नजर आए तो इसकी जानकारी तुरंत कंट्रोल रूम पर साझा की जाए। वहीं, ट्रेनों में पत्थरबाजी की घटनाओं को रोकने के लिए भी संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त कर्मचारी तैनात रहें। स्टेशन एवं ट्रेनों की संयुक्त चेकिंग त्योहारों के दिनों में कोई अप्रत्याशित घटना नहीं होनी चाहिए और इसकी जिम्मेदारी संबधित प्रभारी की होगी। शक होने पर ट्रेन में चढ़ने व उतरने वाले और रेलवे स्टेशन पर आने वाले व्यक्तियों और उनके सामान की जांच गहनता से की जाए। त्योहारों के मद्देनजर जीआरपी, जिला पुलिस और आरपीएफ की ओर से स्टेशन एवं ट्रेनों की संयुक्त चेकिंग की जाए। इस दौरान खुफिया एजेंसियों से भी संपर्क साधा जाए ताकि यदि कोई विशेष सूचना प्राप्त हो तो तत्काल कार्रवाई करके अप्रिय घटना को रोका जा सके। भीड़भाड़ के दौरान रेलवे स्टेशन पर बने रेलवे पुल यानी फुट ओवरब्रिज खाली होने चाहिएं ताकि यात्री आराम से चढ़-उतर सकें और भगदड़ की नौबत न आए। चप्पे-चप्पे की सीसीटीवी से निगरानी स्टेशन के चप्पे-चप्पे की निगरानी सीसीटीवी कैमरों की मदद से की जाए और कर्मचारी लगातार इस पर नजर जमाए रहे। इस दौरान यात्रियों को जहरखुरानी व सामान चोरी की घटनाओं से बचाने के लिए लगातार जागरूक करते रहें। इसके अलावा रेलवे स्टेशनों पर काम करने वाले कुलियों, ऑटो-टैक्सी ड्राइवरों तथा सफाई करने वाले कर्मचारियों से भी संपर्क में रहें। रेलवे स्टेशन पर लगी स्वचालित सीढि़यों के संचालन में कोई अवरोध उत्पन्न न हो, अनारक्षित डिब्बों में यात्रियों को व्यवस्थित रूप से बैठाना तथा ट्रेन में सीट बेचने वाले व्यक्तियों पर विशेष निगरानी रखी जाए। सुरक्षा को लेकर डॉग दस्ते की भी मदद ली जाए। recent visitors 103

हाथकरघा बुनकरों एवं श्रमिकों की सुरक्षा डबल इंजन सरकार की प्राथमिकता : राज्यमंत्री जायसवाल

भोपाल कुटीर एवं ग्रामोद्योग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रदीप जायसवाल ने कहा है कि हाथकरघा बुनकरों एवं श्रमिकों की सुरक्षा डबल इंजन सरकार की प्राथमिकता है। प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना हाथकरघा बुनकरों एवं श्रमिकों की मृत्यु या विकलांगता होने पर आकस्मिक बीमा कवर प्रदान करती है। इस योजना का लाभ 18 से 70 वर्ष के हितग्राही ले सकते हैं। राज्यमंत्री जायसवाल ने बताया कि दुर्घटना में मृत्यु होने या स्थायी विकलांगता पर 2 लाख एवं स्थायी आंशिक विकलांगता पर एक लाख रूपये का बीमा कवरेज मिलता है। योजना में सिर्फ 20 रूपये का प्रीमियम जमा होता है, जिसे भारत सरकार द्वारा वहन किया जाता है। वर्ष 2023-24 में 275 हाथकरघा बुनकरों एवं श्रमिकों ने योजना का लाभ उठाया है।   recent visitors 50

दरवाजे के बाहर से झांक रहे थे खरगे, BJP ने शेयर किया वीडियो, कहा- दलित का अपमान

वायनाड कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने बुधवार को वायनाड लोकसभा सीट से उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया। वह कांग्रेस प्रत्याशी के तौर पर चुनावी मैदान में उतरी हैं। बुधवार को उनके नॉमिनेशन के लिए भव्य तैयारियां की गईं। कांग्रेस के सभी दिग्गज और राष्ट्रीय स्तर के सीनियर नेता शामिल हुए। इस दौरान एक वीडियो सामने आया है। इसमें मल्लिकार्जुन खरगे नॉमिनेशन के दौरान गेट के बाहर से झांकते नजर आ रहे हैं। कहा जा रहा है कि उन्हें अंदर एंट्री नहीं दी गई। बीजेपी अब इस घटनाक्रम को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा रही है। उन्होंने कहा कि खरगे को नामांकन प्रक्रिया से बाहर इसलिए रखा गया क्योंकि वह दलित हैं। सोशल मीडिया पर आए वीडियो में दिख रहा है कि प्रियंका गांधी, राहुल गांधी, सोनिया गांधी और उनका पूरा परिवार नॉमिनेशन के दौरान डीएम कार्यालय में मौजूद है। वहीं मल्लिकार्जुन खरगे नदारद हैं। वह गेट के बाहर से जरा से खुले दरवाजे से अंदर झांक रहे हैं। वीडियो में बेबस नजर आए मल्लिकार्जुन खरगे! वीडियो में दिख रहा है कि एक शख्स गेट पर खड़ा है। वह उन्हें अंदर नहीं आने देता तो वह बाहर से ही यहां-वहां किसी तरह झांकने की कोशिश करते हैं। बीजेपी ने कहा कि खरगे का अपमान हुआ और सारा सम्मान गांधी परिवार को मिला। बीजेपी ने यहां तक कहा कि दलित होने के कारण प्रियंका गांधी के नामांकन में मल्लिकार्जुन खरगे को एंट्री नहीं दी गई। हालांकि कांग्रेस की ओर से इस वीडियो के लेकर कहा गया कि अंदर सिर्फ 5 लोग ही जा सकते थे इसलिए मल्लिकार्जुन खरगे को कलेक्टर ऑफिस के कर्मचारी ने अंदर नहीं जाने दिया। हालांकि जब उन्हें जानकारी हुई तो खरगे को एंट्री दी गई। हिमंत बिस्व सरमा बोले- बेहद निराशाजनक असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने भी इस वीडियो को ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा, 'वायनाड में आज तथाकथित होली ट्रिनिटी के मल्लिकार्जुन खरगे जैसे अनुभवी सांसद और दलित नेता के प्रति दिखाए गए अनादर को देखना बेहद निराशाजनक है। चाहे वह एआईसीसी का अध्यक्ष हो या पीसीसी, क्या परिवार उन लोगों को अपमानित करने में गर्व महसूस करता है जिन्हें वे केवल रबर स्टैंप मानते हैं?' केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह ने ली चुस्की केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने इस घटनाक्रम पर चुस्की ली। उन्होंने लिखा, 'जब आप खरगे हों तो घर के नहीं।' प्रेम शुक्ला ने इस वीडियो को शेयर करके लिखा, 'बेचारे खरगे जी ! इटली वाली बाई की बेटी वायनाड से नामांकन कर रही है। कांग्रेस के जीजाजी, सासूजी, बेटा, बेटी के बेटे अंदर हैं और कांग्रेस के अध्यक्ष सुराख से झांक रहे हैं कि कोई उन्हें भी अंदर ले ले। इसीलिए बालासाहब ठाकरे कहते थे कि सोनिया के सामने हिजड़े झुकते हैं!' गौरव भाटिया ने कहा, गजब बेइज्जती बीजेपी प्रवक्ता गौरव भाटिया ने कहा, 'गजब बेइज्जती है। क्या दलित होना पाप है। मल्लिकार्जुन खड़गे जी को प्रियंका वाड्रा गांधी के नामांकन के दौरान कमरे से बाहर रखा गया। सीताराम केसरी, फिर पीवी नरसिम्हा राव जी अब खड़गे जी। संदेश स्पष्ट है- अगर तुम गांधी परिवार से नहीं हो तो याद रखो गांधी परिवार के पिद्दी की हैसियत भी कांग्रेस अध्यक्ष से ज्यादा है।' recent visitors 84

बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान दाना का असर मध्य प्रदेश में भी होगा

भोपाल  बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवाती तूफान दाना का असर मध्य प्रदेश में भी होगा. मौसम विभाग के अनुसार, चक्रवाती तूफान दाना उत्तर पश्चिम दिशा की ओर आगे बढ़ रहा है, जिससे इसका असर एमपी  में भी होगा. मौसम विभाग ने प्रदेश के बुरहानपुर, खंडवा और खरगोन जिले में दो दिन बारिश की संभावना जताई है.  मौसम विभाग के अनुसार, दाना तूफान के असर की वजह से मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में आज और कल यानी 24-25 अक्टूबर को आंधी के साथ बारिश का अनुमान है. इंदौर, भोपाल, उज्जैन, सीहोर, खंडवा, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, देवास, छिंदवाड़ा में गरज चमक के साथ बारिश होने का अनुमान जताया गया है. इधर मौसम में हुए बदलाव की वजह से तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा रही है. सुबह-शाम हल्की ठंड मौसम में आ रहे बदलाव की वजह से सुबह और शाम के समय हल्की ठंड का असर होने लगा है. हालांकि, दिन के समय कड़ाके की धूप निकल रही है. रात के तापमान में हर दिन थोड़ी गिरावट हो रही है. पचमढ़ी में सुबह का तापमान भी 20 डिग्री के नीचे जा रहा है, जबकि रात के तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा रही है. पचमढ़ी की रात सबसे सर्द प्रदेश में सर्दी की दस्तक के साथ ही पचमढ़ी में सबसे ठंडी रातें दर्ज की जा रही हैं. पचमढ़ी में रात का तापमान 14.4 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि ग्वालियर, इंदौर, खंडवा, रायसेन, रजागढ़, छिंदवाड़ा, बैतूल, जबलपुर, खजुराहो, मंडला, नौगांव, रीवा, सतना, टीकमगढ़, उमरिया और मलाजखंड में भी तापमान 20 डिग्री के नीचे दर्ज किया जा रहा है. मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि दाना तूफान ओडिशा के राष्ट्रीय उद्यान और धामरा बंदरगाह के बीच सतह से टकरा सकता है. यह 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ओडिशा की ओर आ रहा है.  recent visitors 62

अजयगढ़ तहसीलदार की बड़ी कार्रवाई, 19 लाख की 380 ट्रॉली अवैध रेत जब्त

पन्ना  मध्य प्रदेश का पन्ना जिला आए-दिन मीडिया में चर्चा का विषय बना रहता है। इसका एक ताजा मामला हाल ही सामने आया है, जब पुलिस विभाग द्वारा रेत का अवैध उत्खनन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इससे पूरे इलाके के माफियाओं के बीच हड़कंप मचा हुआ है। दरअसल, मामला अजयगढ़ क्षेत्र के उदयपुर गांव का है। जब तहसीलदार को ग्रामीणों द्वारा लगातार शिकायतें मिल रही थी कि सड़क किनारे अवैध रूप से रेत का उत्खनन किया जा रहा है। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए तहसीलदार ने टीम का गठन किया और त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल पर पहुंचकर दबिश दी। इस दौरान रेत से भरी 380 ट्रॉली जब्त की गई, जिसकी मात्रा 1000 घन मीटर बताई जा रही है। मार्केट में इसकी कीमत करीब 19 लाख रुपए बताई गई है। माफियाओं में हड़कंप बता दें कि यहां पर रेत का परिवहन बड़े पैमाने पर किया जाता है। बारिश के मौसम में इस काम को पूरी तरह से रोक दिया जाता है, लेकिन बारिश खत्म होते ही यह काला कारोबार फिर शुरू कर दिया जाता है। माफियाओं द्वारा खुलेआम पुलिस को चुनौती दी जाती है। ग्रामीणों द्वारा विरोध किए जाने पर उन्हें धमकाया भी जाता है। हालांकि, पुलिस भी मामले में लगातार कार्रवाई करती रहती है। फिलहाल, इस मामले में खनिज विभाग को रिपोर्ट दे दी गई है। साथ ही आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। recent visitors 135

पाकीजा शोरुम पर नगर निगम का एक्शन, कार्रवाई का विरोध कर रहे कर्मचारी

इंदौर इंदौर के रीगल तिराहे एमजी रोड पर स्थित सबसे बड़े और पुराने शोरूम में से एक पाकीजा के अवैध निर्माण पर पहली बार नगर निगम टीम के हथौड़े चले हैं। गुरुवार सुबह सात बजे ही निगम की टीम रीगल तिराहे पर पहुंच गई और छत से अवैध निर्माण हटाने की कार्रवाई कई गई। इसे रोकने के लिए भरसक दबाव-प्रभाव जारी थे लेकिन निगमायुक्त शिवम वर्मा के सख्त रूख और दबाव में नहीं आने की उनकी कार्यशैली ने पाकीजा संचालकों की एक नहीं चलने दी। निगम ने पहले 11 अक्टूबर को दस दिन में अवैध निर्माण हटाने का नोटिस दिया, जब यह नहीं हुआ तो फिर बुधवार को 24 घंटे का नोटिस दिया, जो पूरा होने के बाद गुरूवार को कार्रवाई की गई। निगमायुक्त के साफ निर्देश, गलत पर कार्रवाई हो निगमायुक्त शिवम वर्मा ने इंदौर और मप्र के सबसे चर्चित शोरूम में से एक पाकीजा को लेकर आ रहे सभी दबाव-प्रभाव को दरकिनार रखा, उन्होंने बता दिया कि सीएम डॉ. मोहन यादव की यह सरकार और नगर निगम किसी दबाव में नहीं आती है और गलत के खिलाफ कार्रवाई करने से नहीं हिचकती है। लगातार इस मामले में पाकीजा संचालकों द्वारा हर तरह के हथकंडे अपनाते हुए कार्रवाई रुकवाने की कोशिश हो रही थी। लेकिन निगमायुक्त की कार्यशैली के चलते ही इसमें हर किसी के हाथ बंध गए और विधिवत नोटिस जारी कर समय से यह कार्रवाई शुरू हुई। छत पर कामन वाटर टैंक था जिस पर पाकीजा का ही कब्जा था। इससे बिल्डिंग सिद्धार्थ प्लाजा के अन्य प्रॉपर्टी धारकों को भी पाकीजा संचालकों के कब्जे से राहत मिली है। छत पर दो पेंटहाउस बने हैं, जिन पर हथौड़े चलाकर कब्जे हटाए गए। संचालकों ने हाथ जोड़ने के सभी तरीके अपनाए नगर निगम रिमवूल टीम की उपायुक्त लता अग्रवाल के साथ दो थानों का पुलिस बल और रिमूवल दस्ता कर्मचारी मौजूद थे। इस दौरान पाकीजा संचालकों के वकील व संचालक खुद पहुंच गए। इन्होंने पहले चेतावनी देते हुए कहा कि हमें हाईकोर्ट से स्टे मिला है, कार्रवाई नहीं हो सकती। निगम की टीम को धमकाते हुए चेतावनी दी कि सभी के खिलाफ अवमानना लगाएंगे। जब अधिकारी दबाव में नहीं आए तो फिर कुछ लोगों ने हाथ भी जोड़े कि कार्रवाई नहीं की जाए, पेट का सवाल है। लेकिन सारे तरीके फेल हुए। रिमवूल टीम ने छत पर जाकर अवैध बने हिस्से पर हथौड़े चलाने शुरू कर दिए। बेसमेंट पर स्टे इसलिए अभी कार्रवाई नहीं बेसमेंट में पार्किंग की जगह अवैध शोरूम चलाने के मामले में निगम के नोटिस पर एक अक्टूबर को पाकीजा संचालक हाईकोर्ट से स्टे ले आए थे। एक महीने का स्टे मिला हुआ है। इसके चलते निगम की टीम ने हाईकोर्ट के स्टे का सम्मान रखते हुए नियमानुसार अन्य हिस्से पर रिमूवल की कार्रवाई की और बेसमेंट छोड़कर जहां भी अवैध हिस्सा है उस पर हथौड़े चलाए गए। इन सभी को दिया गया था नोटिस नपती में भारी अनियमितता सामने आने के बाद नगर निगम ने मंजूर हुसैन गोरी पिता नूर मोहम्मद, मकसूद हुसैन गोरी पिता नूर मोहम्मद, इकबाल हुसैन गोरी पिता एहमद हुसैन, महबूब हुसैन गोरी पिता नूर मोहम्मद व अन्य को नोटिस भी जारी कर दिया है। इसमें सात दिन के भीतर अवैध निर्माण हटाकर दस दिन के भीतर सूचित करने की बात कही गई है। ऐसा नहीं करने पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यह सारी अनियमितता सामने आई थी नपती में जोन 11 वार्ड 55 के तहत भूखंड 564 एमजी रोड पर भवन सिटी प्लाजा व सिद्दार्थ प्लाजनिर्मित है। भवन निरीक्षण व नपती के दौरान नक्शा स्वीकृति के विपरीत अवैध निर्माण व अधिभोग पाया गया है।      बेसमेंट से छत लेवल तक ओटीएस (ओपन टू स्काय) है, लेकिन मौके पर भूतल पर संपूर्ण बेसमेंट की छत को कंक्रीट स्लैब निर्माण कर ढक लिया गया। इस तरह इसका व्यावसायिक शोरूम बनाकर उपयोग किया जा रहा है।     बेसमेंट में सिटी प्लाजा 210 वर्गमीटर एरिया व सिद्दार्थ प्लाजा 288 वर्गमीटर गोदाम उपयोग के लिए स्वीकृत है। लेकिन मौके पर इससे अधिक एरिया उपयोग में हैं और वह भी गोदाम की जगह पर व्यावसायिक उपयोग है।     नक्शे के विपरीत आंतरिक परिवर्तन किया गया है और संयुक्तीकरण किया गया है। साथ ही व्यावसायिक गतिविधि शोरूम का संचालन किया जा रहा है।      निगम ने चार मंजिला निर्माण की मंजूरी दी थी लेकिन चौथी मंजिल की छत पर भी बिना मंजूरी के ही निर्माण कर व्यावसायिक संचालन किया जा रहा है     फायर सेफ्टी सिस्टम पर्याप्त नहीं है। संपत्ति कर की भी चोरी नगर निगम ने नक्शे के विपरीत निर्माण के साथ ही भारी स्तर पर संपत्तिकर की चोरी पाई है। रीगल तिराहा पाकीजा पर कुल 36 संपत्तिकर खाते पाए गए। यहां बिल्टअप एरिया के हिसाब से ही संपत्ति कर भरा जा रहा है। लेकिन मौके पर इससे अधिक एरिया निर्मित पाया गया और साथ ही व्यावसायिक उपयोग भी पाया गया। ऐसे में निगम ने संपत्ति कर को भी लेकर मंजूर हुसैन गोरी, मकसूद हुसैन, इकबाल हुसैन और मेहबूब हुसैन, रुकसाना पति मंजूर गोरी, शाहेदा बी पति मकसूद हुसैन, रईसा पति इकबाल हुसैन और मेहरून बी पति मेहबूब हुसैन सभी पर कार्रवाई होगी। व्यापारियों ने किया चक्काजाम सपना संगीता क्षेत्र में साड़ी के एक बड़े शोरूम संचालक ने दुकान के बाहर सड़क तक सजावट करते हुए गेट लगा रखा था। रिमूवल टीम ने इसे जब्त कर लिया। इसके बाद क्षेत्र के व्यापारी आक्रोशित हो गए और उन्होंने हंगामा करते हुए चक्काजाम कर दिया। हंगामे की सूचना मिलते ही महापौर परिषद सदस्य मनीष शर्मा मामा पहुंचे। उन्होंने व्यापारियों को आश्वासन दिया कि दीपावली तक कोई रिमूवल कार्रवाई नहीं होगी। दुकानदारों से कहा कि सजावट में ध्यान रखें कि जाम की स्थिति न बने।   recent visitors 76

भोपल में बीमा कंपनी की महिला अधिकारी की संदिग्ध हालत में मौत, बंद कमरे में अर्धनग्न मिली लाश

भोपाल  राजधानी के अवधपुरी थाना इलाके में किराए के मकान में अकेली रहने वाली 36 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वह एक निजी बीमा कंपनी में मैनेजर थी। पुलिस ने मर्ग कायमी के बाद मामले की जांच शुरू कर दी है। मृतका मूलत: इंदौर की रहने वाली थी। पोस्टमार्टम के बाद महिला का शव स्वजन के सुपुर्द कर दिया गया है। अवधपुरी थाना पुलिस के मुताबिक इलाके में स्थित निर्मल पैलेस कॉलोनी में रहने वाले बृजेश तिवारी ने घटना की सूचना दी थी। उन्होंने बताया कि मकान के भूतल और पहली मंजिल पर उनका परिवार रहता है। जबकि दूसरी मंजिल में मूल रूप से इंदौर की रहने वाली नेहा विजयवर्गीय पिता राजेंद्र विजयवर्गीय (36) किराए से रहती थी। नेहा एक बीमा कंपनी में मैनेजर के तौर पर पदस्थ थी। जानकारी के अनुसार नेहा विजयवर्गीय (36) मूलतः राजगढ़ की रहने वाली थी। वह अवधपुरी स्थित निर्मल पैलेस में दूसरी मंजिल पर किराए से रहती थी और होशंगाबाद रोड स्थित एक निजी बीमा कंपनी में मैनेजर थी। मंगलवार को नेहा परिजनों का फोन रिसीव नहीं कर रही थी। इसके बाद मां ने उसके मकान मालिक को फोन किया था। शाम को मकान मालिक कमरे पर पहुंचे तो दरवाजा भीतर से बंद मिला। काफी प्रयास के भी जब दरवाज नहीं खुला तो इसकी सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस टीम ने बांस डालकर दरवाजे की कुंडी खोली तो अंदर बेड के पास फर्श पर नेहा का शव पड़ा हुआ था। मृतका के पास नहीं मिला सुसाइड नोट मृतका के मुंह से झाग निकला हुआ था। इसके साथ ही कमरे में उल्टी भी पड़ी थी, जिसेस अनुमान है कि उसने कोई जहर खाया होगा। हालांकि, कमरे से जहर की शीशी अथवा किसी प्रकार का रैपर नहीं मिला है। कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है। नेहा के पिता नहीं हैं, जबकि दो बहनों की शादी हो चुकी है। उसकी मां का बेटियों के घर आना-जाना लगा रहता है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही मौत के सही कारणों का खुलासा हो पाएगा। परिजनों ने नेहा के साथ अनहोनी की आशंका जताई है। परिजनों का तर्क है कि वह आत्महत्या नहीं कर सकती, किसी ने उसे जहर देकर मारा होगा। मंगलवार शाम को नेहा की मां ने उससे बात करने के लिए काफी देर तक फोन लगाया, लेकिन नेहा ने न तो कॉल रिसीव किया और न ही मां को वापस फोन लगाया। इस पर मां ने मकान मालिक बृजेश तिवारी को फोन कर बेटी से बात कराने को बोला। बृजेश ने ऊपर जाकर देखा तो कमरे में नेहा मृत हालत में पड़ी थी। उसके मुंह से झाग निकल रहा था। इसके बाद बृजेश ने पुलिस को फोन किया। पुलिस को अंदेशा हुआ कि कही युवती ने कोई जहरीली चीज तो नहीं खा ली, लेकिन तलाशी लेने पर मौके से ऐसा कोई पदार्थ नहीं मिला। प्रारंभिक पूछताछ में परिजनों ने पुलिस को बताया कि नेहा कुछ समय से बीमार चल रही थी। पीएम के बाद महिला का शव परिजनों को सौंप दिया गया, जिसे लेकर वे वापस इंदौर रवाना हो गए। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 90