कप्तान हार्दिक पांड्या ने बताया क्यों जसप्रीत बुमराह, सैंटनर का टीम में होना आसान हो जाता है उनका काम

नई दिल्ली पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस ने बुधवार को वानखेड़े में दिल्ली कैपिटल्स को 59 रन से शिकस्त देकर इंडियन प्रीमियर लीग के प्लेऑफ में पहुंचने वाली चौथी और आखिरी टीम बन गई। जीत के बाद एमआई के कप्तान हार्दिक पांड्या ने अपने गेंदबाजों और बल्लेबाजों की तारीफ की। मुंबई इंडियंस ने ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ रहे सूर्यकुमार यादव (नाबाद 73 रन) के अर्धशतक के बाद मिचेल सैंटनर और जसप्रीत बुमराह के तीन-तीन विकेट की बदौलत जीत दर्ज की। पांड्या से मैच के बाद जब पूछा गया कि क्या बुमराह और सैंटनर का टीम में होना ‘लग्जरी’ है तो उन्होंने कहा, ‘बिल्कुल। मैं जब चाहूं उन्हें गेंदबाजी के लिए लगा सकता हूं। वे इतने नियंत्रण और ‘परफेक्शन’ से अपना काम करते हैं जिससे मेरा काम आसान हो जाता है।’ उन्होंने कहा, ‘हमने शुरू में सोचा था कि 180 रन का स्कोर अच्छा होगा। लेकिन अब लग रहा है कि 160 रन तक पहुंचना बहुत अच्छा होता। लेकिन जिस तरह से नमन धीर और सूर्यकुमार ने पारी खत्म की, खासकर नमन ने जिस तरह से मुश्किल ट्रैक पर आकर हिट किया, वह शानदार था।’ दिल्ली कैपिटल्स के कार्यवाहक कप्तान फाफ डुप्लेसी ने कहा, ‘हम मैदान में बेहतरीन थे, खिलाड़ियों ने शानदार जज्बा दिखाया। गेंदबाजों ने अच्छा प्रदर्शन किया। बल्लेबाजी के लिए यह आसान पिच नहीं थी। हमने आखिरी दो ओवरों में मैच गंवा दिया और उन्हें लगभग 50 रन दे दिए।’   recent visitors 60

लुटेरी दुल्हन ने 7 महीने में की 25 शादियां, लूटकर हुई फरार,Police ने किया पर्दाफाश

भोपाल  लुटेरी दुल्हन अनुराधा पासवान अभी सवाई मधोपुर पुलिस की कस्टडी में है। वहां के विष्णु शर्मा से शादी के बाद अनुराधा पासवान भाग गई थी। इसके बाद पुलिस ने भोपाल से उसे गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद अनुराधा के बारे में कई राज खुले हैं। वह पहले से शादीशुदा थी। साथ ही उसके दो बच्चे भी हैं। पति से तलाक नहीं हुआ है। पति और बच्चों को छोड़कर वह भोपाल में रह रही थी। भोपाल में ही रहने के दौरान वह शादी कराने वाले गिरोह का हिस्सा बनी है। गिरोह के लोगों को जरिए ही अनुराधा लोगों से शादी के नाम पर ठगी करने लगी। सात महीने में 25 शादियां पुलिस ने उन 25 पीड़ित लोगों की पहचान कर ली है, जिनसे अनुराधा पासवान ने इन सात महीनों में शादी की थी। आशंका है कि पीड़ितों की संख्या बढ़ भी सकती है। यह गिरोह मध्य प्रदेश और राजस्थान के अलग-अलग हिस्सों में सक्रिय है। अनुराधा के फोन में पुलिस को मैसेज मिले हैं कि वह एजेंट पर दबाव बनाती थी कि जल्दी से शादी कराओ, नहीं तो मैं दूसरी देख रही हूं। भोपाल में कुछ दिन एग डोनर का काम करते हुए गोलू नाम के युवक के संपर्क में लुटेरी दुल्हन आई। गोलू उस गिरोह का सदस्य था, जो फर्जी शादी कराता था। लुटेरी दुल्हन अनुराधा पासवान को हर शादी के एवज में 50 हजार दिये जाते थे। गिरोह के सदस्यों ने अनुराधा पासवान को निर्देश दिए थे कि, शादी के 7 दिनों में घर से फरार होना है। इकरारनामे के जरिए शादी कराई जाती थी। अनुराधा पासवान को अनाथ बताया जाता था। लोकल एजेंट के जरिए पूरा जाल बिछाया जाता था। गिरोह में गोलू, मजबूत सिंह यादव, रोशनी, रघुवीर और सुनीता का नाम सामने आए हैं। ठग दूल्हे के परिवार से 2 से 5 लाख रुपए लेते थे। इसके अलावा सात दिनों के भीतर जितना कीमती सामान दूल्हा के घर से बटोरा जा सकता, अनुराधा बटोरकर फरार हो जाती। फिलहाल, पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। 7 से 15 दिन का होता था टारगेट अनुराधा पासवान एक शादी के बाद ससुराल में 7 से 15 दिन तक रहती थी। इस दौरान वह पत्नी और बहू होने का पूरा धर्म निभाती थी। सवाई माधोपुर में विष्णु शर्मा के घर पर वह 12 दिनों तक रही थी। इसके बाद भाग गई थी। अनुराधा जब ससुराल से भागती थी तो वहां से कीमती सामान और जूलरी लेकर भागती थी। इसके बाद वह दूसरे शिकार की तलाश पर निकल जाती थी। एक शादी पर मिलते थे 50000 रुपए फर्जी शादी कराने वाले लोगों का पूरा गैंग है। उनके निशाने पर ऐसे लोग होते थे, जिनकी शादी नहीं हो रही होती है। लोकल एजेंट के जरिए ये लोग उन्हें फंसाते थे। इसके बाद पीड़ितों से शादी के बदले में दो से तीन लाख रुपए लेते थे। इसमें से 50000 रुपए पर शादी अनुराधा को मिलते थे। रुपए मिलने की वजह से अनुराधा को फर्जी शादी का चस्का लग गया था। अनाथ है यह.. वहीं, शादी से पहले एजेंट दूल्हा पक्ष के साथ इकरारनामा कराते थे कि दुल्हन अनाथ है। इसका पूरा ख्याल रखना है। अनुराधा ने बचपन से गरीबी देखी है। इसे माता-पिता का प्यार नहीं मिला है। इससे अच्छे से रखोगे तो यह लोगों का ख्याल रखेगी। भोपाल में भी कर ली थी शादी सवाई माधोपुर से भागकर अनुराधा पासवान ने भोपाल में भी शादी कर ली थी। पुलिस जब इसे गिरफ्तार करने पहुंची तो वह ससुराल में थी। राजस्थान पुलिस की टीम जब ससुरालवालों की इसकी हकीकत बताई तो लोग सन्न रह गए। वहीं, उनलोगों ने कहा था कि शादी के लिए दो लाख रुपए दिए हैं। आपलोग इसे ले जाने से पहले दो लाख रुपए दीजिए। पति से नहीं हुआ था तलाक अनुराधा पासवान मूल रूप से यूपी के महाराजगंज की रहने वाली है। वहां उसने विशाल नाम के युवक से शादी की थी। विशाल से अनुराधा के दो बच्चे भी हैं। एक बेटा और बेटी है। सभी को छोड़कर वह भोपाल में रहने लगी थी। पहले पति से उसका कानूनी रूप से तलाक भी नहीं हुआ है और अनुराधा ने 25 शादियां कर ली है। अनुराधा की तरह अन्य महिलाएं भी वहीं, गैंग में अनुराधा की तरह अन्य महिलाएं भी हैं, जो फर्जी शादी करने का काम करती थी। गिरफ्तार एजेंट के पास से 15-20 महिलाओं की तस्वीर मिले हैं। पुलिस उन सभी की जांच कर रही है। साथ ही गिरोह के अन्य लोगों की तलाश कर रही है। recent visitors 49

भिंड का मृत्यु सर्टिफिकेट जारी करने वाले तहसीलदार मोहन लाल शर्मा को हटाया, लोक सेवा केंद्र भी आया कटघरे में

 भिंड मध्य प्रदेश के भिंड जिले में एक तहसीलदार को लापरवाही के आरोप में पद से हटा दिया गया, क्योंकि तहसीलदार कार्यालय की ओर से जारी किए गए मृत्यु प्रमाण-पत्रों के सभी कॉलम में 'भिंड' लिखा पाया गया.यह कार्रवाई तब की गई, जब सोशल मीडिया पर एक ऐसे प्रमाण-पत्र को पोस्ट किया गया, जिसमें आवेदक और मृतक के नाम व मृत्यु के स्थान के कॉलम में 'भिंड' लिखा हुआ था. यह पोस्ट 'भिंड का मृत्यु प्रमाण-पत्र' के रूप में ट्रेंड करने लगा.भिंड के अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट एल के पांडे ने पुष्टि की कि तहसीलदार मोहन लाल शर्मा को लापरवाही के आरोप में पद से हटा दिया गया है.भिंड के चतुर्वेदी नगर कॉलोनी निवासी गोविंद ने लोक सेवा केंद्र में अपने पिता रामहेत के मृत्यु प्रमाण-पत्र के लिए आवेदन किया था. यह प्रमाण पत्र 5 मई को तहसीलदार कार्यालय की ओर से जारी किया गया था.मामले से परिचित लोगों ने बताया कि प्रमाण पत्र के सभी कॉलम में 'भिंड' लिखा हुआ था. जब इस संबंध में तहसीलदार से संपर्क किया गया तो उन्होंने इसे 'टाइपिंग की गलती' बताया और लोक सेवा केंद्र को दोषी ठहराया. नाम, पता और स्थान सभी जगह लिख दिया भिंड दरअसल, ये पूरा मामला शहर के चतुर्वेदी नगर का है. यहां रहने वाले गोविंद के पिता रामहेत का निधन वर्ष 2018 में हो गया था. अप्रैल 2025 में जब उनके परिवार को डेथ सर्टिफिकेट की आवश्यकता पड़ी, तो उन्होंने आवेदन किया. 5 मई 2025 को जब भिंड तहसीलदार कार्यालय से प्रमाण पत्र जारी हुआ, तो इसे देखकर आवेदक के साथ ही बाकी के दूसरे लोग चौंक गए, क्योंकि उस प्रमाण पत्र में मृतक का नाम “भिंड”, पता “भिंड” और स्थान “भिंड” दर्ज था. सोशल मीडिया पर लोग ले रहे हैं चुटकी अब यह गजब सर्टिफिकेट सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो चुका है. लोग कह रहे हैं कि लगता है इस बार पूरा जिला ही चल बसा! जब तहसीलदार मोहन लाल शर्मा से बात की गई, तो उन्होंने इसे “टाइपिंग मिस्टेक” करार दिया और दोष लोकसेवा केंद्र के सिर मढ़ दिया. लोकसेवा प्रबंधन के खिलाफ कार्रवाई तहसीलदार ने इस मामले में लोकसेवा प्रबंधन को दोषी मानते हुए केंद्र के संचालक को नोटिस जारी कर दिया है और 25 हजार रुपये की पेनल्टी का शोकॉज नोटिस भी थमा दिया है. उनका दावा है कि आगे से इस तरह की लापरवाही न हो, इसके लिए सख्ती बरती जा रही है. नोटिस जारी करने से पहले तहसीलदार साहब यह भूल गए की मृत्यु प्रमाण-पत्र पर खुद के भी डिजिटल सिग्नेचर है. कठघरे में तहसीलदार सवाल यह है कि सिग्नेचर करने से पहले तहसीलदार साहब ने क्यों नहीं देखा. लापरवाही तो उनकी भी बनती है. हालांकि, अपर कलेक्टर एलके पांडेय ने तहसीलदार माखनलाल शर्मा की गलती मानते हुए तहसीलदार को तहसील कार्यालय से हटाकर भू-अभिलेख में अटैच कर दिया है. अब सवाल ये है कि जब एक जिले का नाम मृत्यु प्रमाण पत्र में मृतक के रूप में आ सकता है, तो आम आदमी अपने कागज़ात की शुद्धता की उम्मीद आखिर कैसे करे? जबकि, सरकारी दस्तावेजों में ज़रा सी चूक भी आमजन के लिए भारी परेशानी का सबब हो सकती है. ऐसे में उम्मीद है कि इस वायरल मौत से व्यवस्था कुछ सबक लेगी!     recent visitors 37

इंदौर में चीन और बांग्लादेश का बॉयकॉट, इन देशों से आए कपड़े बेचने पर ‘BAN’

 इंदौर इंदौर में खुदरा वस्त्र संघ ने चीन और बांग्लादेश में बने कपड़े बेचने वाले दुकानदारों पर सख्त कार्रवाई का ऐलान किया है. संगठन ने फैसला किया है कि यदि कोई सदस्य दुकानदार इन देशों के कपड़े बेचता पाया गया, तो उस पर 1.11 लाख रुपए का जुर्माना लगाया जाएगा. इंदौर खुदरा वस्त्र संघ के अध्यक्ष अक्षय जैन ने मीडिया से बातचीत में कहा, "हमारा संगठन मानता है कि चीन और बांग्लादेश में बने कपड़ों का कारोबार भारतीय हितों के खिलाफ है. इसलिए, हमने निर्णय लिया है कि हमारे किसी भी सदस्य दुकानदार को इन देशों के कपड़े बेचते हुए पकड़ा गया, तो उस पर 1.11 लाख रुपए का जुर्माना लगेगा." जैन ने बताया कि जुर्माने की राशि भारतीय सेना के लिए केंद्र सरकार के कोष में जमा की जाएगी. उन्होंने दावा किया कि इंदौर के 600 व्यापारियों ने अब तक इस प्रस्ताव का समर्थन किया है और चीन व बांग्लादेश में बने कपड़े न बेचने की प्रतिबद्धता जताई है. बांग्लादेश और चीन से बड़े पैमाने पर आता है कपड़ा बताया गया है कि चीन और बांग्लादेश से बड़े पैमाने पर कपड़ा आता है, जिसका अब बहिष्कार (Boycott of China Bangladesh in MP) किया जाएगा। सुभाष चौक मंदिर में भगवान हनुमान को साक्षी मानकर 600 से अधिक व्यापारियों ने इस संकल्प पर सहमति दी है। इस दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष अक्षय जैन, राजेश जैन, पवन पंवार, पप्पी विल्सन, मिलन जैन, दीपक पंवार, चेतन डेमला, रूपेश गुप्ता, मोहन पोरवाल, सचिन सुराणा, शैलेंद्र दुबे, अंशुल मांडलिक सहित बड़ी संया में व्यापारी मौजूद थे। इस सामूहिक फैसले को लेकर सभी दुकानों पर पोस्टर लगाए गए हैं। इनमें लिखा है कि हम चीन और बांग्लादेश के कपड़े नहीं बेचेंगे। पोस्टर के साथ व्यापारियों ने प्रदर्शन भी किया। डिस्ट्रीब्यूटर्स को लिखा पत्र एसोसिएशन अध्यक्ष अक्षय जैन ने बताया कि इंदौर के अलावा चीन और बांग्लादेशी कपड़ों के अन्य शहरों के डिस्ट्रीब्यूटर्स को पत्र लिखकर जानकारी दी है कि अब इन देशों का कपड़ा नहीं बेचेंगे। इस मुहिम से जुड़कर केवल स्वदेशी कपड़े का व्यापार होगा, ताकि भारत की आर्थिक व्यवस्था को हम मजबूत बना सकें। किसी भी व्यापारी के पास चीन व बांग्लादेश का कपड़ा बिक्री के लिए मिलेगा तो उस पर 1.11 लाख रुपए का दंड लगाया जाएगा, जो सेना को देंगे। सभी व्यापारी इस फैसले से सहमत हैं। कपड़ा और मटेरियल होगा नष्ट एसोसिएशन ने चीन की एसेसरीज, कपड़ा और अन्य मटेरियल को नष्ट करने का भी फैसला लिया है। इसमें निकला वेस्ट नगर निगम को सौंपा जाएगा। recent visitors 36

भारत ने WHO में पाकिस्तान को कड़ा जवाब देते हुए आतंकवाद को बढ़ावा देने में उसकी भूमिका को उजागर किया

नई दिल्ली आतंकवाद से पीड़ित होने का दावा कर रहे पाकिस्तान को भारत ने WHO यानी विश्व स्वास्थ्य संगठन में जमकर सुनाया। भारत ने पड़ोसी मुल्क को पाकिस्तान का 'जन्म देने वाला' बताया है। साथ ही कहा है कि पाकिस्तान आतंकवाद से पीड़ित होने का दिखावा नहीं कर सकता। जवाब दे रहीं IFS यानी भारतीय विदेश सेवा अधिकारी अनुपमा सिंह का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। क्या बोला भारत भारतीय राजनयिक अनुपमा सिंह ने कहा, 'हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि आतंकवाद के प्रायोजक और आयोजक पाकिस्तान की धरती से काम करते हैं। इसके जवाब में भारत ने ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया। जो सटीक था और पाकिस्तान के अंदर बने आतंकवादी ढांचे को निशाना बना रहा था।' उन्होंने यह भी कहा, 'पाकिस्तान सिंधु जल समझौते को लेकर भी झूठी कहानियां गढ़ रहा है और मामले को उलझाने की कोशिश कर रहा है।' सिंह ने कहा, 'हमने यह सुनिश्चित करने के लिए भी उपाय किए हैं कि कोई आम नागरिक निशाना ना बने और ना ही घायल हो और सिर्फ पाकिस्तान से प्रशिक्षण हासिल किए आतंकवादी और उनके ठिकाने निशाना बनें।' उन्होंने कहा, ‘एक देश जो आतंकवाद को जन्म देता है, वो पीड़ितों की तरह दिखावा नहीं कर सकता।’ अनुपमा सिंह ने आगे कहा, "हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि आतंकवाद के प्रायोजक और आयोजक पाकिस्तानी धरती से काम करते हैं।" इसके जवाब में, भारत ने "ऑपरेशन सिंदूर" शुरू किया। यह ऑपरेशन सटीक था और पाकिस्तान के अंदर आतंकवाद के बुनियादी ढांचे पर केंद्रित था। भारत ने संयम बरतते हुए कहा, "हमने यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए कि उनके नागरिकों को निशाना न बनाया जाए और उन्हें नुकसान न पहुंचे। हमने सिर्फ पाकिस्तान में प्रशिक्षित आतंकवादियों और उनके ठिकानों को निशाना बनाया।" कौन हैं अनुपमा सिंह अनुपमा सिंह 9 सालों से IFS में हैं और इससे पहले वह साल 2012 से लेकर 2014 तक KPMG कंपनी में थीं। उन्होंने कंपनी ने कंसल्टेंट के तौर पर शुरुआत की थी और बाद में सीनियर कंसल्टेंट बनीं। उन्होंने साल 2014 में लाल बहादुर शास्त्री नेशनल एकेडमी ऑफ एडमिनिस्ट्रेशन से ट्रेनिंग पूरी की। वह साल 2008 से 2011 तक CFA प्रोग्राम में भी शामिल रहीं। सिंह ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से फाइनेंस में MBA किया है और कॉरपोरेट फाइनेंस, वेल्युएशन और पोर्टफोलियो मैनेजमेंट में महारत हासिल है। खास बात है कि उन्होंने MANIT यानी मौलाना आजाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय से बीटेक की डिग्री भी हासिल की है। recent visitors 57

मीटिंग के दौरान ट्रंप ने अचानक ही रामफोसा को नस्लवाद के मुद्दे पर घेरना शुरू कर दिया फिर वह हुआ …….

वाशिंगटन व्हाइट हाउस में एक बार फिर इतिहास दोहराया गया. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप व्हाइट हाउस में दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा से भिड़ गए. दोनों राष्ट्राध्यक्षों के बीच ठीक वैसी ही तीखी बहस हुई, जैसे कुछ महीने पहले यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की और ट्रंप के बीच देखने को मिली थी. दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति रामफोसा 19 मई को वॉशिंगटन पहुंचे थे. उनकी इस यात्रा का मकसद अफ्रीका और अमेरिका के संबंधों में नई जान फूंकना है. लेकिन व्हाइट हाउस में इस मीटिंग के दौरान ट्रंप ने अचानक ही रामफोसा को नस्लवाद के मुद्दे पर घेरना शुरू कर दिया. ट्रंप ने सिरिल रामफोसा पर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके कार्यकाल में दक्षिण अफ्रीका में श्वेत किसानों का नरसंहार हो रहा है और आप तमाशबीन बने हुए हैं. इस आरोप को जैसे ही रामफोसा ने खारिज करना शुरू किया. ट्रंप ने बिग स्क्रीन पर एक वीडियो दिखाया. इस  वीडियो में दावा किया गया कि दक्षिण अफ्रीका में हजारों श्वेत किसानों की हत्या की गई है. इस दौरान ट्रंप ने मीडिया में छपे कुछ लेख की कॉपी भी सिरिल रामफोसा को दिखाई, जिसमें अफ्रीका में श्वेत किसानों के नरसंहार का दावा किया गया है. रामफोसा को ये कॉपी दिखाते हुए ट्रंप ने जोर देकर कहा Death, Death… इससे माहौल बहुत तनावपूर्ण हो गया. रामफोसा ने ट्रंप को नेल्सन मंडेला की याद दिलाई… ट्रंप के इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए सिरिल रामफोसा ने कहा कि अफ्रीका में हिंसा बढ़ी है और सभी जातियां और वर्ग इससे जूझ रहे हैं. इन हिंसा में मारे गए लोग सिर्फ श्वेत नहीं है बल्कि अश्वेत भी मारे जा रहे हैं. श्वेतों से ज्यादा अश्वेत लोगों की हत्याएं हुई हैं. रामफोसा ने कहा कि मैंने पहले कभी यह वीडियो नहीं देखा है. हम इसकी प्रमाणिकता का पता लगाएंगे कि वीडियो कहां का है. हमारे देश में अपराध है और इससे सभी प्रभावित हैं फिर चाहे वह श्वेत हो या अश्वेत. मेरी अमेरिकी यात्रा का मकसद दोनों देशों के बीच संबंधों को बेहतर करना था, जो 1994 में रंगभेद युग के बाद से निचले स्तर पर हैं. इस दौरान रामफोसा ने ट्रंप को कतर की सरकार से गिफ्ट में मिले रॉयल प्लेन पर भी तंज कसा. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार दक्षिण अफ्रीका में रंगभेद दूर करने की कोशिश कर रही है. हालांकि, मुझे दुख है कि मेरे पास आपको देने के लिए विमान नहीं है, जिस पर ट्रंप ने कहा कि काश आपके पास होता. बता दें कि ट्रंप के कतर दौरे के दौरान अमेरिका को कतर सरकार की ओर से 3400 करोड़ रुपये का लग्जरी प्लेन गिफ्ट किया गया था. बता दें कि फरवरी महीने में ही ट्रंप ने दक्षिण अफ्रीका को दी जाने वाली सहायता रोकने की घोषणा की थी, जिसका कारण उन्होंने वहां श्वेत लोगों के खिलाफ कथित उत्पीड़न और भूमि अधिग्रहण की नीतियों को बताया था. रामाफोसा ने इसका जवाब देते हुए ट्रंप से दक्षिण अफ्रीका के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप न करने को कहा था. बता दें कि इस साल 20 जनवरी को अमेरिकी राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद यह दूसरा मौका है, जब उनकी व्हाइट हाउस में किसी देश के राष्ट्रपति के साथ बहस हुई. इससे पहले 28 फरवरी को ट्रंप की यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की के साथ यूक्रेन जंग पर व्हाइट हाउस में तीखी बहस हुई थी.   recent visitors 54

करमदा शिविर में 1786 हितग्राही योजनाओं से हुए लाभान्वित

लोगों की समस्या सुनने व निराकरण करने का माध्यम है समाधान शिविर – राजस्व मंत्री वर्मा राजस्व मंत्री वर्मा बोले लोगों की समस्या सुनने व निराकरण करने का माध्यम है समाधान शिविर करमदा शिविर में 1786 हितग्राही योजनाओं से हुए लाभान्वित रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में गांव एवं शहरी क्षेत्रों में सुशासन तिहार का आयोजन किया जा रहा है इसी क्रम में बलौदाबाजार विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत करमदा में बुधवार क़ो आयोजित समाधान शिविर में राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा शामिल हुए। इस अवसर पर विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत 1786 हितग्राहियों क़ो लाभान्वित किया गया।  शिविर में 10 ग्राम पंचायतों के लोग शामिल हुए। कुल प्राप्त 2298 आवेदनों में 2276 मांग एवं 22 शिकायत से सम्बधित थे। राजस्व मंत्री वर्मा ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि सुशासन तिहार में आयोजित शिविर में मुख्यमंत्री सहित मंत्री, अधिकारी गांव में पहुंचकर लोगों की समस्या सुन रहे है और समाधान भी कर रहे हैं। शिविर में अधिकारी प्राप्त आवेदनों का  निराकरण कर जानकारी दे रहे हैं इसके साथ ही पात्रता अनुसार हितग्राहियों क़ो योजना से लाभान्वित भी किया जा रहा है।प्रदेश में  सरकार तेजी से विकास कार्य कर रही है, लोगों का सरकार के प्रति विश्वास बढ़ा है। उन्होंने कहा कि मोदी की गारंटी के तहत हमारी सरकार ने सभी वायदे पूरे किये है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्के मकान का सपना पूरा हो रहा है, महतारी वंदन योजना से नारी सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जल जीवन मिशन के तहत हर घर नल से जल पहुंचाया जा रहा है। जिले में खेल सुविधाओं व सड़क विस्तार में तेजी से काम किया जा रहा है। राजस्व मंत्री बलौदाबाजार नगरपालिका के नगर भवन में आयोजित समाधान शिविर में भी शामिल हुए और हितग्राहियों क़ो विभिन्न योजना के तहत सामग्री वितरित किया। विकास कार्याे का भूमिपूजन राजस्व मंत्री वर्मा ने नगरपालिका बलौदाबाजार अंतर्गत हाउसिंग बोर्ड कालोनी में लगभग 66 लाख रुपये के विकास कार्याे का भूमि पूजन किया। इसमें नाली निर्माण, सी सी रोड निर्माण, स्ट्रीट लाईट व गार्डन विकास सम्मिलित हैं। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष आकांक्षा जायसवाल, नगर पालिका अध्यक्ष अशोक जैन, जनपद अध्यक्ष सुलोचना यादव, अन्य जनप्रतिनिधिगण, कलेक्टर दीपक सोनी, अधिकारी कर्मचारी सहित बड़ी संख्या में नागरिकगण उपस्थित थे। recent visitors 38